<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	xmlns:media="http://search.yahoo.com/mrss/"
	>

<channel>
	<title>गोंदिया &amp;#8211; Hindi News, Hindi Samachar, Latest News in Hindi: Navbharat Live</title>
	<atom:link href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/feed" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://navbharatlive.com</link>
	<description>सदैव अपने पाठकों के साथ</description>
	<lastBuildDate>Thu, 18 Jun 2026 08:35:57 +0000</lastBuildDate>
	<language>hi</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9</generator>

<image>
	<url>https://d1xx0c244jch9c.cloudfront.net/wp-content/uploads/2025/05/favicon-96x96.png</url>
	<title>गोंदिया &amp;#8211; Hindi News, Hindi Samachar, Latest News in Hindi: Navbharat Live</title>
	<link>https://navbharatlive.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>गोंदिया में मानसून की सुस्ती, केवल 9.2 मिमी बारिश से 2.05 लाख हेक्टेयर बुआई प्रभावित</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kharif-season-paddy-sowing-delayed-low-rainfall-data-2026-1805529.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 18 Jun 2026 14:05:57 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 18 Jun 2026 14:05:57 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Kharif-Sowing-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1805529</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Rainfall Deficit: यवतमाल-वाशिम के सांसद संजय देशमुख द्वारा 6 सांसदों के साथ शिवसेना ठाकरे गुट से बगावत कर शिंदे गुट में शामिल होने की खबरों से जिले की सियासत गरमा गई है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Kharif-Sowing-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Kharif Season Paddy Sowing Delayed Low Rainfall Data 2026"  fetchpriority="high"   /></figure><p><strong>Gondia District Kharif Sowing: </strong>गोंदिया जिले में खरीफ सीजन में 2.05 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में बुआई की जाती है। जिसमें से सबसे ज्यादा 1.94 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में धान की रोपाई की जाती है। जिले में 17 जून तक 109.3 मि.मी. बारिश की उम्मीद थी। लेकिन अब तक सिर्फ 9.2 मि.मी. ही बारिश हुई है। जिसके कारण जिले में 2.05 लाख हेक्टेयर की बुआई अटक गई है।</p>
<p>बारिश नहीं होने से किसान चिंता में दिखाई दे रहे हैं। जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल 5,64,100 हेक्टेयर है, जिसमें से लगभग 2,56,400 हेक्टेयर कृषि योग्य है। इस वर्ष खरीफ सीजन के दौरान जिले में लगभग 2.02 लाख से 2.05 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में वास्तविक बुआई होने का अनुमान है।</p>
<p>पिछले कुछ वर्षों के आंकड़ों पर गौर करें तो<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/tiroda-gondia-open-wells-without-parapet-wildlife-accidents-risk-2026-1803353.html"> गोंदिया जिले</a> का खरीफ खेती का प्रतिशत हमेशा 100 प्रश। से ऊपर रहा है। इस वर्ष भी कृषि विभाग ने बीज व उर्वरक की आपूर्ति सुचारु रखने के लिए अच्छी योजना बनाई है। खरीफ के कुल क्षेत्रफल में से 1।94 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में अकेले धान की खेती की जाती है। जिले में करीब 800 से 900 हेक्टेयर में धान के अलावा दलहन और गन्ने की खेती होती है।</p>
<p>हाल के दिनों में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/agriculture-department-cracks-down-bogus-seeds-fertilizers-licenses-suspended-2026-1785111.html">कृषि विभाग</a> द्वारा पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए मक्के की फसल को विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा है। इसलिए मक्के का क्षेत्रफल भी कुछ हद तक बढ़ रहा है। अरहर, उडद और मूंग जैसी फसलें धान के तटबंधों पर या कुछ शुष्क क्षेत्रों में कम मात्रा में उगाई जाती हैं। फिलहाल जिले में जून के मध्य में अधिकतम तापमान 42 डिग्री के आसपास है और मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश की चेतावनी दी है।</p>
<h3>जिले में शुष्क गर्मी नहीं हो रही कम</h3>
<p>इस साल गर्मी शुरू से ही झुलसाने वाली रही और अप्रैल और मई में देखा गया कि पारा 40 डिग्री से नीचे नहीं गया। इस साल भी पारा 46 डिग्री तक चला गया है और रिकॉर्ड किया गया है कि जून के बरसाती महीने में भी पारा 42 डिग्री तक चला गया है। बारिश नहीं होने के कारण शुष्क गर्मी कम नहीं हो रही है और इस कारण जिलेवासी शुष्क मौसम में गर्मी से बेहाल है।</p>
<h3>बुआई के लिए 80-100 मिमी बारिश जरूरी</h3>
<p>कृषि अधिकारी, गोंदिया जिला अधीक्षक निलेश कानवडे ने कहा है कि &amp;#8220;किसानों को बुआई में जल्दबाजी नहीं करना चाहिए। मुख्य फसल की बुआई करने के पहले 80 से 100 मिमी बारिश होना आवश्यक है। जब तक आवश्यकता के अनुसार बारिश नहीं हो जाती, तब तक बुआई न की जाए।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="छत्रपति संभाजीनगर में जायकवाड़ी बांध पर जल्द बनेगा अप्रोच चैनल, 9 जलकुंभों से 8 दिनों में शुरू होगी जलापूर्ति" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/jayakwadi-sambhajinagardam-approach-channel-water-supply-project-1805496.html"> छत्रपति संभाजीनगर में जायकवाड़ी बांध पर जल्द बनेगा अप्रोच चैनल, 9 जलकुंभों से 8 दिनों में शुरू होगी जलापूर्ति </a></strong></p>
<h3>तहसीलवार दर्ज बारिश</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="2">
<thead>
<tr>
<td><strong>तहसील का नाम </strong></td>
<td><strong>बारिश मिमी में </strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,1,0,0"><b data-path-to-node="2,1,0,0" data-index-in-node="0">सड़क अर्जुनी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,1,1,0">17.6</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,2,0,0"><b data-path-to-node="2,2,0,0" data-index-in-node="0">गोंदिया</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,2,1,0">12.8</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,3,0,0"><b data-path-to-node="2,3,0,0" data-index-in-node="0">अर्जुनी मोरगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,3,1,0">10.3</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,4,0,0"><b data-path-to-node="2,4,0,0" data-index-in-node="0">देवरी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,4,1,0">8.4</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,5,0,0"><b data-path-to-node="2,5,0,0" data-index-in-node="0">गोरेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,5,1,0">7.6</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,6,0,0"><b data-path-to-node="2,6,0,0" data-index-in-node="0">तिरोड़ा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,6,1,0">6.0</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,7,0,0"><b data-path-to-node="2,7,0,0" data-index-in-node="0">आमगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,7,1,0">4.9</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,8,0,0"><b data-path-to-node="2,8,0,0" data-index-in-node="0">सालेकसा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,8,1,0">2.0</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भंडारा-गोंदिया विधान परिषद चुनाव आज, 457 मतदाता तय करेंगे उम्मीदवारों की किस्मत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-gondia-mlc-election-voting-ballot-paper-candidates-2026-1805484.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 18 Jun 2026 13:37:21 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 18 Jun 2026 13:38:47 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bhandara-Gondia-MLC-Election-_V_png--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[भंडारा]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bhandara News]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Vidhan Parishad]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1805484</guid>

					<description><![CDATA[Bhandara MLC Poll News: भंडारा-गोंदिया स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद चुनाव के लिए आज 18 जून को मतदान हो रहा है। बैलेट पेपर से होने वाले इस चुनाव में 457 मतदाता हिस्सा ले रहे है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bhandara-Gondia-MLC-Election-_V_png--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhandara Gondia Mlc Election Voting Ballot Paper Candidates 2026"    /></figure><p><strong>Bhandara Gondia MLC Election: </strong>भंडारा-गोंदिया स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र के महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव के लिए 18 जून को मतदान होगा। मतदान प्रक्रिया सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगी। चुनाव को लेकर जिला प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं तथा सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।</p>
<p>इस बार महायुति की ओर से भाजपा के अविनाश ब्राह्मणकर मैदान में हैं, जबकि महाविकास आघाड़ी समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार नरेश ईश्वरकर चुनावी मुकाबले में हैं। एक अन्य उम्मीदवार सचिन कुंभलकर चुनाव मैदान में है।</p>
<h3>निष्पक्ष चुनाव के लिए प्रशासन की तैयारी पूरी</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-wainganga-river-flood-line-22-villages-rehabilitation-issue-2026-1803180.html">भंडारा जिला</a> कलेक्टर कार्यालय से मतदान केंद्र अधिकारियों को आवश्यक चुनाव सामग्री वितरित की गई। इसके बाद सभी पोलिंग पार्टियां अपने-अपने मतदान केंद्रों के लिए रवाना हो गईं। इस अवसर पर जिला कलेक्टर एवं निर्वाचन अधिकारी सावन कुमार, निवासी उप जिला कलेक्टर मनोहर चव्हान, चुनाव उप जिला कलेक्टर विकास व्यवहारे, उप जिला कलेक्टर महादेव जोरवार, उप जिला कलेक्टर लीना फलके तथा उप जिला कलेक्टर जे. पी. लोंढे सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।</p>
<p>इस चुनाव में कुल 457 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे, मतदान के लिए भंडारा और गोंदिया जिलों में दो-दो, कुल चार मतदान केंद्र बनाए गए हैं। प्रशासन ने मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सुचारू ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की हैं। भंडारा जिले में उपविभागीय अधिकारी कार्यालय भंडारा तथा उपविभागीय अधिकारी कार्यालय साकोली के मंडल अधिकारी के कक्ष में मतदान केंद्र बनाए गए हैं।</p>
<p>वहीं, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/tiroda-gondia-open-wells-without-parapet-wildlife-accidents-risk-2026-1803353.html">गोंदिया जिले</a> में जिला कलेक्टर कार्यालय गोंदिया के कमरा नंबर 4 और तहसील कार्यालय सड़क अर्जुनी के मीटिंग हॉल में मतदान की व्यवस्था की गई है। भंडारा के मतदान केंद्र पर जिला परिषद भंडारा, नगर परिषद भंडारा, तुमसर, पवनी और नगर पंचायत मोहाडी के 166 मतदाता वोट डालेंगे।</p>
<p>साकोली केंद्र पर नगर परिषद साकोली, नगर पंचायत लाखनी व लाखांदुर नगर पंचायत के 61 मतदाता अपने अधिकार का प्रयोग करेंगे। गोंदिया जिला कलेक्टर कार्यालय स्थित केंद्र पर जिला परिषद गोंदिया, नगर परिषद गोंदिया, नगर परिषद तिरोड़ा व नगर पंचायत गोरेगांव के 154 मतदाता मतदान करेंगे। वहीं, सडक अर्जुनी केंद्र पर नगर पंचायत देवरी, सालेकसा, सडक अर्जुनी व अर्जुनी (मोरगांव) के 76 मतदाता चुनावी प्रक्रिया में भाग लेंगे।</p>
<h3>मतदान समय : सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक</h3>
<ul>
<li>विशेष मतदान दल : 6</li>
<li>मतगणना तिथि 22 जून</li>
<li>मतदान पद्धति बैलेट पेपर</li>
</ul>
<p>पारंपरिक मतपत्र का होगा उपयोग इस चुनाव की मुख्य विशेषता यह है कि इसमे इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) के बजाय पारंपरिक मतपत्र (बैलेट पेपर) का उपयोग किया जाएगा, मतदाताओं को उम्मीदवारों के नाम के आगे अपनी पसंद का क्रम लिखकर मतदान करना होगा। मतदान की गोपनीयता और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए प्रशासन ने कड़े सुरक्षा उपाय किए हैं। साथ ही चुनावी प्रक्रिया को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए छह विशेष मतदान दलों की नियुक्ति की गई है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="फेल हुआ ठाकरे गुट की घर वापसी का प्लान, व्हिप के बावजूद संसदीय दल की बैठक को बागियों ने दिखाया ठेंगा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/shivsena-ubt-parliamentary-meeting-fails-rebel-mps-defy-whip-operation-tiger-success-1805429.html"> फेल हुआ ठाकरे गुट की घर वापसी का प्लान, व्हिप के बावजूद संसदीय दल की बैठक को बागियों ने दिखाया ठेंगा </a></strong></p>
<h3>मतगणना का नियोजन</h3>
<ul>
<li>चुनाव की सुरक्षा के लिए वैनगंगा सभागार, भंडारा में एक विशेष सुरक्षा कक्ष स्थापित किया गया है। चुनावी मैदान में कुल तीन उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।</li>
<li>मतदान के बाद 22 जून को पुलिस बहुउद्देशीय सभागार, भंडारा में मतगणना प्रक्रिया पूरी की जाएगी, जिला कलेक्टर सावन कुमार ने विश्वास व्यक्त किया है कि चुनाव आयोग के नियमों का कड़ाई से पालन करते हुए प्रशासन शांतिपूर्ण और निष्पक्ष माहौल में चुनाव कराने के लिए पूरी तरह तैयार है।</li>
<li>खास बात यह है कि भाजपा और कांग्रेस ने अपने सदस्यों को सुरक्षा की दृष्टि से बाहर भेज दिया है, जिनके मतदान के पूर्व अपने मतदान केंद्र पर पहुंचने की भी व्यवस्था है।</li>
</ul>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में खेती के लिए नहीं मिल रहे मजदूर, ठेके पर खेती करवाने का बढ़ा चलन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-agriculture-labor-shortage-contract-farming-free-ration-impact-2026-1803380.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 17 Jun 2026 13:32:03 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 17 Jun 2026 13:32:03 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Agriculture-Labor_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1803380</guid>

					<description><![CDATA[Agriculture Labor: गोंदिया जिले में सरकारी मुफ्त खाद्यान्न वितरण और लाडली बहन जैसी योजनाओं के चलते कृषि कार्यों के लिए मजदूरों का भारी अकाल पड़ गया है, जिससे अब ठेका खेती का चलन बढ़ रहा है। 
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Agriculture-Labor_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Agriculture Labor Shortage Contract Farming Free Ration Impact 2026"    /></figure><p><strong>Gondia Agriculture Labor Shortage: </strong>राज्य और केंद्र सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से नागरिकों को मुफ्त खाद्यान्न वितरित किया जाता है। इस अनाज वितरण के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में खेती के लिए मजदूर मिलना मुश्किल हो गया है और कई जगहों पर खरीफ मौसम की खेती पर भी इसका असर पड़ा है। जिससे किसान खेती काम के लिए मजदूरों की तलाश में है।</p>
<p>राज्य और <a href="https://navbharatlive.com/india/kishau-dam-project-amit-shah-six-states-mou-delhi-water-supply-1803188.html">केंद्र सरकार</a> ने रोजगार गारंटी योजना के माध्यम से 100 दिन का रोजगार देने की योजना शुरू की है। गरीबी रेखा से नीचे के नागरिकों के साथ-साथ अन्य वर्ग के नागरिकों के लिए निःशुल्क अनाज वितरण योजना प्रारंभ की गई।</p>
<p>अनाज का वितरण सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से 2 से 5 रुपये प्रति किलो के हिसाब से भी किया जाता है। पहले खेती के लिए गांव में ही मजदूर मिलते थे। लेकिन अब मजदूर अतिरिक्त पैसा देने के बाद भी कृषि कार्य के लिए आने को तैयार नहीं हैं। इससे किसानों की समस्या बढ़ती जा रही है। रोजगार गारंटी योजना के तहत रोजगार के लिए पंजीकरण कराने वालों को सरकार मजदूरी दे रही है।</p>
<p>इससे ऐसी स्थिति बन जाती है कि कृषि कार्य के लिए महिला व पुरुष मजदूर उपलब्ध नहीं हो पाते हैं। जिले में सिंचाई सुविधाओं के अभाव में अधिकांश क्षेत्रों में एकही बार फसल ली जाती है। कई समृद्ध किसान खेती करने के लिए मजदूरों पर निर्भर हैं। लेकिन अब खेती के लिए मजदूर नहीं मिल रहे हैं।</p>
<p>जिससे कई किसानों को ट्रैक्टर से खेती का काम करना पड़ता है। कही-कही पुरुष मजदूरों को 300 से 400 रुपये प्रतिदिन देना पड़ता है। उसके बाद भी मजदूर नही मिल रहे है। गर्मी के दिनों में केवल सुबह 9 बजे से 11 बजे तक और शाम 4 बजे से शाम 6 बजे तक ही कृषि कार्य किए जाते है। लेकिन इस काम के लिए किसानों को मजदूर मिलना मुश्किल हो गए है।</p>
<h3>पशुपालन पर भी असर</h3>
<p>खेती के मौसम में कुछ किसानों को काम के लिए ट्रैक्टर से गांव से मजदूरों को लाना पड़ता है। इसके चलते दूर-दराज के इलाकों और शहरों में रहने वाले कई किसान जो गांवों में खेती कर रहे हैं, उन्हें अपनी कृषि भूमि को ठेके में देना पड़ रहा है। कुछ किसान साझेदारी में खेती कर रहे हैं तो कुछ किसान नकद पैसा लेकर एक सीजन के लिए अपनी खेती दे रहे है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="जनता की समस्या पर नो रिस्पॉन्स, पर गोवा के बीच पर धांसू डांस! नांदेड MLC से पहले NCP पार्षदों का सियासी डिस्को" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nanded-local-body-mlc-election-ncp-goa-trip-controversy-videos-viral-1803149.html"> जनता की समस्या पर नो रिस्पॉन्स, पर गोवा के बीच पर धांसू डांस! नांदेड MLC से पहले NCP पार्षदों का सियासी डिस्को </a></strong></p>
<p>पहले मजदूर उपलब्ध होने के कारण किसान पशुपालन करते थे, लेकिन अब पशुओं की देखभाल के लिए कोई तैयार नहीं है। इससे पशुपालन का कारोबार भी चौपट हो गया है।</p>
<h3>खेती करना बस की बात नहीं</h3>
<p>पांढराबोडी किसान ईशुलाल चव्हाण ने कहा है कि &amp;#8220;लोगों निःशुल्क अनाज का वितरण होने से गांव में मजदूर नहीं मिल रहे है, वहीं लाडली बहन योजना की लाभार्थी महिलाओं को लाभ प्राप्त होने से वे भी कृषि कार्य के लिए आने को तैयार नहीं है। इससे किसानों की समस्या बढ़ती जा रही है और खेत के कार्य प्रभावित हो जाते है। इसी समस्या को लेकर अब खेती करना बस की बात नही रही, जिसके कारण खेती के काम ठेके पर देना पड़ रहा है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया जिले में सैकड़ों खुले कुएं दुर्घटनाओं का कारण, किसानों ने मुंडेर निर्माण की उठाई मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/tiroda-gondia-open-wells-without-parapet-wildlife-accidents-risk-2026-1803353.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 17 Jun 2026 13:23:29 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 17 Jun 2026 13:23:29 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Open-Well_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1803353</guid>

					<description><![CDATA[ Open Wells Accident: गोंदिया जिले की तिरोड़ा तहसील में बिना मुंडेर और सपाट कुएं इंसानों और जंगली जानवरों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं। आए दिन होने वाले हादसों से किसानों में आक्रोश है। 
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Open-Well_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Tiroda Gondia Open Wells Without Parapet Wildlife Accidents Risk 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Open Wells Accident Risk: </strong>तालाबों के जिले के रूप में गोंदिया जिले की पहचान है। तिरोड़ा तहसील में बड़े पैमाने पर धान का उत्पादन और उसके लिए पानी का भरपूर उपयोग जरूरी होता है। सिंचाई के भरपूर साधनों के बावजूद विभिन्न कारणों से पर्याप्त सिंचाई नहीं हो पाने के कारण भी बड़ी संख्या में किसानों ने अपने खेतों में कुएं बना रखे हैं।</p>
<h3>सड़क के किनारे भी है ऐसे कुएं</h3>
<p>खेतों में ही नहीं सड़क के किनारे भी बिना मुंडेर के सपाट कुओं की कमी नहीं है। उन कुओं में बड़ी संख्या ऐसे कुओं की है जिनका उपयोग कचरा घर के रूप में भी हो रहा है। खतरा बन रहे ऐसे कुएं बिना मुंडेर व सपाट कुएं वन्यजीवों व आम लोगों के लिए खतरा साबित हो रहे हैं जिनमें गिरने से वन्यजीवों सहित लोगों की जान भी जा चुकी है।</p>
<p>अनेक ऐसे कुएं भी है जो बड़े हादसे का कारण बन सकते है। सुरक्षा दीवार न होने से जान लेवा घटनाओं में वृध्दि ही होती जा रही है। वन्यजीवों की बहुतायत आए दिनों विभिन्न परिसरों में वन्यजीवों की ऐसे कुओं में गिरने से मृत्यु की घटनाएं सामने आती रहती हैं। इसे लेकर अनुमान व्यक्त किया गया है कि शिकार के लिए दौड़ते समय वन्यजीव इसमें समा जाते है।</p>
<p>कई कुओं की हालत तो यह है कि धरातल से भी नीचे तक के पत्थर उखड़े हुए हैं। ऐसे से कुओं के पास से दिन के समय भी गुजरने में खतरा रहता है वहीं रात के समय में तो दुर्घटना का पूरा अंदेशा होता है।</p>
<h3>बारिश के मौसम में घास उगने से भी खतरा</h3>
<p>बारिश के मौसम में बिना मुंडेर के ऐसे कुएं दिखाई नहीं देते, उनकी मुंडेर के आस पास घास उग जाने के कारण पूरी तरह ढंक जाते है तथा नजर नहीं आते व भोजन की तलाश में निकले वन्यजीव उनमें गिर जाते है। आबादी वाल क्षेत्रों में तो जानकारी मिलने पर बचाट कर लिया जाता है लेकिन आबादी रहित क्षेत्रों में प्राय वन्यजीवों की मौत हो जाती है। प्रशासन के स्तर पर इस संदर्भ में व्यापक पैमाने पर सर्वेक्षण के माध्यम से कारगर उपाय किए जाएं तो बेहतर होगा।</p>
<h3>कभी पेयजल के स्त्रोत थे</h3>
<p>ऐसे कुओं की भरमार है जो बिना मुंडेर के हैं या फिर दुर्दशा के शिकार हो रहे हैं। कभी यह कुएं लोगों के लिए पेय जल का स्त्रोत हुआ करते थे। जिन्हें अब लोगों ने कचरा पात्र बना दिया है। हादसों व घटनाओं के बाद भी मुंडेर के निर्माण की दिशा में कहीं भी सार्थक पहल नहीं दिखाई देती और न ही ऐसे कुएं बंद करवाए जा रहे हैं।</p>
<h3>वन विभाग दें विशेष ध्यान</h3>
<p>किसान दुर्गेश मोहारे ने कहा है कि &amp;#8220;वन विभाग द्वारा कुछ वर्ष पूर्व खेतों में जाकर बिना मुंडेरवाले कुओं का सर्वे कर सूची बनाई गई थी। लेकिन अभी तक कुछ भी नही हुआ।&amp;#8221;</p>
<h3>दुर्घटनाओं को रोकें</h3>
<p>किसान शुभम नागपुरे ने कहा है कि &amp;#8220;सरकार कई रुपये खर्च करती है। खेतों में बिना मुंडेर वाले कुओं का सर्वे कर उस पर मुंडेर बनवाएं और होने वाली दुर्घटनाओं को रोकें।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="न ढंग की शिक्षा, न रोजगार; अब कॉकरोच ही देंगे व्यवस्था को जवाब- नागपुर में अभिजीत दीपके की हुंकार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/cockroach-janta-party-protests-in-nagpur-over-neet-paper-leak-and-youth-issues-1803282.html"> न ढंग की शिक्षा, न रोजगार; अब कॉकरोच ही देंगे व्यवस्था को जवाब- नागपुर में अभिजीत दीपके की हुंकार </a></strong></p>
<h3>कुओं की करें मरम्मत</h3>
<p>किसान पृथ्वीराज लिल्हारे ने कहा है कि &amp;#8220;ऐसे कुएं ज्यादातर खेतों में दिखाई देते है। इनमें कई बार लोगों को अपनी जान भी गंवानी पड़ी, ऐसे कुओं की मरम्मत कर जनहानि को रोका जाए।&amp;#8221;</p>
<h3>मुंडेर बनाना जरुरी</h3>
<p>किसान रमेश लिल्हारे ने कहा है कि &amp;#8220;बिना मुंडेर वाले कुओं में गिरकर कई जानवरों की मृत्यु हुई है। सरकार इस कार्य को विशेष महत्व देकर मुंडेर बनवाएं।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>अतिक्रमण हटाने का दावा खोखला, गोंदिया में 40 फुट चौड़ी सड़कें रह गई 20 फुट की</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-municipal-council-encroachment-drive-traffic-jam-issue-2026-1802896.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 17 Jun 2026 08:08:19 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 17 Jun 2026 08:08:19 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Municipal-Council_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1802896</guid>

					<description><![CDATA[Road Encroachment: गोंदिया में नियमों के मुताबिक 40 फुट चौड़ी सड़कें अतिक्रमण के कारण महज 20 फुट की रह गई हैं। पुलिस बल की कमी के चलते नगर परिषद की कार्रवाई का दावा खोट भरा साबित हो रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Municipal-Council_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Municipal Council Encroachment Drive Traffic Jam Issue 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Municipal Council Road Encroachment Drive:</strong> गोंदिया नगर परिषद के लिए 2012 से विकास योजना मंजूर है। लेकिन 13 साल बाद भी इसे अभी तक लागू नहीं किया गया है। शहर के मुख्य चौक की सड़कें कम से कम 40 फुट चौड़ी होने का नियम है। लेकिन, इस पर अतिक्रमण बढ़ने से 40 फुट चौड़ी सड़कें अब 20 फुट ही रह गई हैं। शहर में अतिक्रमण के कारण सड़कें संकरी हो गई हैं, और यातायात जाम दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है।</p>
<p>इसके अलावा, शहर में राजनीति के कारण अतिक्रमण हटाने का अभियान दिखावा बन गया है। पिछले दो हफ्तों में अतिक्रमण हटाने का अभियान बड़े पैमाने पर चलाया गया था। लेकिन, नगर परिषद प्रशासन ने एक प्रेस रिलीज के जरिए बताया कि पुलिस बल की कमी के कारण अभियान रोक दिया गया है। इस दलील से प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए जा रहे है। स्थानीय लोगों ने तत्काल कार्रवाई की मांग की है।</p>
<h3>कार्रवाई करने के लिए पुलिस बल नहीं मिला</h3>
<p>पिछले पखवाड़े अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया गया था। लेकिन, आचार संहिता के कारण पुलिस बल उपलब्ध नहीं था। इस कारण अभियान ठंडे बस्ते में चला गया। नगर परिषद के माध्यम से पहले भी कई बार शहर में अतिक्रमण हटाने के अभियान चलाए गए थे। लेकिन, राजनीतिक दबाव के बाद उन्हें दो दिन में ही रोक दिया गया था। शहर में यातायात व्यवस्था पर सख्ती करने की जिम्मेदारी जितनी नप की है, उतनी ही यातायात नियंत्रण विभाग की भी है।</p>
<p>इसलिए, वाहन चालकों को भी यातायात नियमों का पालन करना होगा। तभी शहर में लगने वाले यातायात जाम का हल निकल सकता है। शहर में यातायात जाम और अतिक्रमण के मुद्दे पर शहरवासियों ने गोंदिया विधानसभा वाट्स ग्रुप पर अपना रोष व्यक्त किया। मांग है कि कम से कम नए नगराध्यक्ष और पदाधिकारी पहल करें और इस समस्या का हमेशा के लिए हल निकालें।</p>
<h3>अतिक्रमणकारियों को मिल रहा संरक्षण, बढ़ता जा रहा अतिक्रमण</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-diesel-shortage-farmers-crisis-kharif-season-tractor-sowing-delayed-2026-1800743.html">गोंदिया शहर</a> में बढ़ते अतिक्रमण की मुख्य वजह मुख्य सड़कों के किनारे अतिक्रमण है। अतिक्रमण करने वालों पर कार्रवाई करने के बजाय नगर परिषद अब तक उन्हें संरक्षण देने की भूमिका में है। परिणामस्वरूप शहर में यातायात जाम बढ़ता जा रहा है। साढ़े तीन साल बाद अब नगर परिषद में पदाधिकारियों ने पदभार संभाला है। शहरवासियों ने सवाल किया है कि क्या वे इस गंभीर समस्या पर ध्यान देते हुए शहर में अतिक्रमण पर बुलडोजर चलाने की पहल करेंगे। अब विधान परिषद का चुनाव जल्द ही खत्म होगा। शहरवासी सोच रहे है कि क्या शहर की सड़कें अब खुली सांस लेंगी।</p>
<h3>जल्द शुरू करेंगे कार्रवाई</h3>
<p>नगराध्यक्ष सचिन शेंडे ने कहा है कि  &amp;#8220;परिषद पूरी तरह कटिबद्ध है। शहर में शहर के सर्वांगीण विकास के लिए नगर अतिक्रमण और यातायात जाम को ठीक करने के लिए जल्द ही अभियान शुरू किया जाएगा। विधान परिषद के चुनाव खत्म होते ही यह अभियान शुरू किया जाएगा।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Chhatrapati Sambhajinagar में नो-नेटवर्क क्षेत्रों को जल्द मिलेगा घरेलू नल कनेक्शन, मनपा आयुक्त के निर्देश" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/chhatrapati-sambhajinagar-no-network-areas-to-get-new-water-supply-connections-1802422.html"> Chhatrapati Sambhajinagar में नो-नेटवर्क क्षेत्रों को जल्द मिलेगा घरेलू नल कनेक्शन, मनपा आयुक्त के निर्देश </a></strong></p>
<h3>मिलेगी राहत</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-municipal-council-waste-management-failure-dumping-yard-fund-issue-2026-1791964.html">गोंदिया नगर परिषद</a> के मुख्याधिकारी संदीप बोरकर ने कहा है कि &amp;#8220;शहर में अतिक्रमण हटाने का निर्णय लिया गया। हालांकि आचार संहिता के कारण पुलिस प्रशासन नहीं मिला है। यह चुनाव खत्म होते ही अतिक्रमण हटा दिए जाएंगे। इसके लिए टीम को तैनात किया गया है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बीता मृग नक्षत्र, गोंदिया में मानसून की देरी से बढ़ी गर्मी, बारिश का बेसब्री से इंतजार कर रहे लोग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/monsoon-delay-heatwave-water-crisis-kharif-farmers-waiting-1801595.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 18:31:02 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 16 Jun 2026 18:31:02 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Pre-Monsoon-Update_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Heat Wave]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[monsoon alert]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1801595</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Monsoon Delay: जून माह के मध्य तक मानसून नहीं पहुंचने से गर्मी और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। जलसंकट गहराने लगा है, हैंडपंप सूख रहे हैं और किसान खरीफ बुआई के लिए बारिश का इंतजार है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Pre-Monsoon-Update_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Monsoon Delay Heatwave Water Crisis Kharif Farmers Waiting"     /></figure><p><strong>Gondia Heatwave News:</strong> प्री-मानसून की दस्तक अब तक नही हो पाई है। वर्तमान में भी गर्मी लोगों की सहन शक्ति की लगातार परीक्षा ले रही है। इधर जितनी लंबी बारिश खीचेंगी उतना ही पेयजल संकट गहराता जाएगा। अब सभी लोगों को रिमझिम व झमाझम बारिश के दौर का इंतजार है। जून माह चल रहा है और अभी तक अप्रैल व मई वाली गर्मी का ही अहसास हो रहा है।</p>
<p>इधर आसमान पर हलके बादल भी छाए रहते हैं। इसके चलते सूर्यदेव लुकाछिपी भी करते हैं। वर्तमान में गर्मी सितम ढा रही है। उमस से हर कोई व्याकुल है। दोपहर के समय आसमान से बरस रही आग के सामने सबकी हिम्मत जवाब दे जाती है। सूरज की तपन के चलते बाजारों में सन्नाटा पसरा रहता है। कुल मिलाकर तेज गर्मी की वजह से जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया है। दिन में सड़कों पर दोपहिया वाहन चालकों को सड़क किनारे पेड़ की छांव में गर्मी से बचने की कोशिश करते हुए देखा जा रहा है।</p>
<h3>तेज धूप और उमस ने बढ़ाई मुश्किलें</h3>
<p>बढ़े हुए तापमान के कारण लोग सुबह से ही गर्मी से बेहाल हो उठते हैं। दिन के समय हालत ऐसी हो जाते है कि कूलर, पंखे चलाकर घरों में आराम करने वाले लोग भी उमस से बेहाल हो जाते हैं। दोपहर के समय तो कम ही लोग घरों से बाहर निकलते हैं। गर्मी से लोग पसीना-पसीना हो रहे हैं। दिन भर की गर्मी व उमस से परेशान लोग शाम को<strong><a href="https://navbharatlive.com/entertainment/bhumi-pednekar-environment-day-message-earth-greatest-legacy-nature-appeal-1778068.html"> प्राकृतिक वातावरण</a></strong> में कुछ सुकून पाते हैं।</p>
<h3>पानी की जरूरत बढ़ी</h3>
<p>गर्मी के इस मौसम में लोगों की पानी की जरूरत भी बढ़ी हुई है। वहीं भूजल स्तर में भी लगातार गिरावट आ रही है। ग्रामीण के कई क्षेत्रों में हैंडपंप दम तोड़ते जा रहे हैं। जो हैंडपंप चलते हैं उनमें भीड़ लगी रहती है। नाले भी अब मैदान के रूप में तब्दिल हो चुके हैं। लोगों को अब बारिश का इंतजार है। बारिश का दौर शुरू होने पर जहां माहौल में ठंडक घुलने लगेगी वहीं दूसरी और किसान भी खरीफ फसल की तैयारियों में जुट जाएंगे।</p>
<h3>दोपहर में मार्गों पर छाया रहता है सन्नाटा</h3>
<p>दोपहर के समय तेज धूप के चलते लोगों ने बाहर निकलना टाल दिया, जिससे मार्गों पर सन्नाटा छाया रहता है। तेज धूप के कारण कूलर भी काम नहीं कर रहे है। घरों के बाहर निकलने वाले लोग गन्ने के जूस सेंटर, प्याऊ व कोल्ड्रिंक्स की दूकानों पर पहुंचकर प्यास बुझाते हुए दिखाई दे रहे है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="दीपक तले अंधेरा, स्वास्थ्य राज्य मंत्री के क्षेत्र में चटाई पर हो रहा इलाज, रोहित पवार ने साझा की मार्मिक फोटो" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/parbhani/parbhani-jintur-medical-crisis-patients-treated-on-mats-rohit-pawar-slams-meghna-bordikar-1801381.html"> दीपक तले अंधेरा, स्वास्थ्य राज्य मंत्री के क्षेत्र में चटाई पर हो रहा इलाज, रोहित पवार ने साझा की मार्मिक फोटो</a></strong></p>
<h3>मृगधारा का बेसब्री से इंतजार</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/wardha-kharif-season-monsoon-delay-dry-sowing-risk-agriculture-officer-warning-2026-1791947.html">मृग नक्षत्र</a></strong> शुरू होने के बाद भी जिले में मानसून नहीं आया है। जिससे जिलावासियों को &amp;#8216;मृगधारा&amp;#8217; के लिए इंतजार करना होगा। दूसरी ओर खरीफ सीजन के लिए किसानों का पूर्व-खेती का काम पूरा हो चुका है और किसान खरीफ की बुआई के लिए तैयार है। किसानों के साथ ही सभी को अब मानसून का बेसब्री से इंतजार है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया: रोहित पवार के आंदोलन पर फुके का हमला, कहा- किसानों नहीं बैंकों के लिए हो रहा संघर्ष</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-bjp-mla-parinay-phuke-criticizes-rohit-pawar-protest-modi-12-years-2026-1801140.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 14:52:05 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 16 Jun 2026 14:52:05 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-BJP-Press-Meet_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1801140</guid>

					<description><![CDATA[BJP 12 Years Achievement: रोहित पवार के आंदोलन और उद्धव ठाकरे की बैठक को लेकर तीखी राजनीतिक टिप्पणी की। साथ ही मोदी सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियां गिनाईं। 
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-BJP-Press-Meet_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Bjp Mla Parinay Phuke Criticizes Rohit Pawar Protest Modi 12 Years 2026"     /></figure><p><strong> Gondia BJP Press Meet:</strong> विधायक परिणय फुके ने राष्ट्रवादी कांग्रेस (शरद पवार गुट) के विधायक रोहित पवार के आंदोलन की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि रोहित पवार किसानों के लिए नहीं बल्कि अपने अधीन सहकारी बैंकों की कर्जमाफी के लिए आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि रोहित पवार को अन्न त्याग आंदोलन की जगह &amp;#8216;मीडिया त्याग आंदोलन&amp;#8217; करना चाहिए।<br />
उन्होंने यह भी आलोचना की कि वह मनोज जारांगे पाटिल की नकल कर रहे हैं।</p>
<h3>रोहित पवार की शर्तें किसान विरोधी</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/rohit-pawar-ends-hunger-strike-after-cm-fadnavis-assurance-1800575.html">रोहित पवार</a> ने कर्जमाफी के लिए जो शर्तें रखी हैं, वे किसानों के हित में नहीं हैं और वे हकीकत में कभी पूरी नहीं हो सकतीं। वहीं, फुके ने शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे द्वारा बुलाई गई सांसदों की बैठक पर प्रतिक्रिया देते हुए दावा किया कि पिछले दिनों मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने शिवसेना विधायकों और सांसदों के साथ मिलकर पार्टी का पुनर्गठन किया था। हो सकता है कि उद्धव ठाकरे ने यह बैठक इसलिए बुलाई हो क्योंकि उन्हें फिर से उसी तरह की स्थिति बनने का डर है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि में जो कुछ हो रहा है उसके लिए संजन जिम्मेदार हैं।</p>
<h3>केंद्र ने लोगों के हित में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए: फुके</h3>
<p>इस बीच गोंदिया में आयोजित एक चर्चा में सबसे पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ऐतिहासिक 12 वर्षों में &amp;#8216;विकसित भारत&amp;#8217; के संकल्प, नक्सलवाद के खात्मे आदिवासी अंचलों के विकास और धरातल पर उतरी कल्याणकारी योजनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि आत्मनिर्भर भारत, मेक इन इंडिया और स्टार्टअप इंडिया जैसी पहलों से रोजगार के अवसर बढ़े हैं और भारत की वैश्विक छवि मजबूत हुई है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="RSS के लोगों ने किया हमला! जयपुर में खुद पर हुए हमले के बाद अभिजीत दीपके ने लगाया बड़ा आरोप" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/abhijeet-dipke-cjp-founder-attacked-in-jaipur-alleges-rss-involvement-1800875.html"> RSS के लोगों ने किया हमला! जयपुर में खुद पर हुए हमले के बाद अभिजीत दीपके ने लगाया बड़ा आरोप </a></strong></p>
<p>फुके ने कहा कि <a href="https://navbharatlive.com/india/pm-modi-12-years-completion-yogi-adityanath-congratulations-1754588.html">केंद्र सरकार</a> ने किसानों, महिलाओं, युवाओं और आम नागरिकों के हित में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। इस अवसर पर विधायक विनोद अग्रवाल, विधायक विजय रहांगडाले, भाजपा जिला अध्यक्ष सीता रहांगडाले, भाजपा केंद्रीय मंत्री बाला अंजनकर सहित भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>खरीफ सीजन पर संकट के बादल, गोंदिया में डीजल की कमी से जुताई-बुआई कार्य प्रभावित</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-diesel-shortage-farmers-crisis-kharif-season-tractor-sowing-delayed-2026-1800743.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 10:43:31 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 16 Jun 2026 10:43:31 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Diesel-Supply-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1800743</guid>

					<description><![CDATA[Fuel Shortage: गोंदिया में खाड़ी युद्ध के चलते डीजल की किल्लत से खरीफ की जुताई ठप है। जिलाधीश के अनुसार 200 लीटर की लिमिट में डीजल दिया जा रहा है, पर किसानों को कतारों में लगना पड़ रहा है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Diesel-Supply-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Diesel Shortage Farmers Crisis Kharif Season Tractor Sowing Delayed 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Diesel Supply Issue: </strong>खाड़ी युद्ध के मद्देनजर ईंधन की कमी का असर गोंदिया जिले के ग्रामीण इलाकों में दिखना शुरू हो गया है। खरीफ सीजन के ठीक पहले डीजल की कमी के कारण किसान बड़ी मुसीबत में हैं। जुताई और बुआई का काम रुक जाने से समय पर बुआई पर प्रश्नचिह्न लग गया है। मई के अंत तक, किसान खरीफ सीजन के लिए भूमि की खेती जल्दी से पूरा करने के लिए कमर कस रहे हैं। लेकिन, ग्रामीण क्षेत्रों में पेट्रोल पंपों पर डीजल की पर्याप्त आपूर्ति नहीं होने से ट्रैक्टर, रोटावेटर समेत अन्य कृषि यंत्रों का काम बंद हो गया है।</p>
<h3>खाली हाथ लौट रहे</h3>
<ul>
<li>कई जगहों पर डीजल नहीं मिलने से किसानों को खाली हाथ लौटना पड़ रहा है।</li>
<li>अतः यदि खेती का कार्य समय पर पूरा नहीं किया गया तो बड़े क्षेत्र में बुआई देर से होने या भूमि खाली रह जाने का डर रहता है।</li>
</ul>
<h3>जिले में पेट्रोल व डीजल का पर्याप्त मात्रा में भंडार उपलब्ध</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/collector-child-protection-meeting-action-against-child-marriage-gondia-1745455.html">गोंदिया जिलाधीश</a> डॉ. मंगेश गोदावले ने कहा है कि &amp;#8220;जिले में पेट्रोल व डीजल का आवश्यक भण्डार उपलब्ध है। सरकारी आदेश के अनुसार किसानों को सीजन के लिए 200 लीटर डीजल देने का आदेश है। उसी हिसाब से डीजल दिया जा रहा है। हालांकि, जहां किसानों को चाचा पहुंचाई जा रही है, यहां शिकायत मिलते ही कार्रवाई की जाएगी।&amp;#8221;</p>
<h3>डीजल की अनुपलब्धता से जुताई का काम हो रहा बाधित</h3>
<p>किस्सन पांजरा रविशंकर चामद  ने कहा है कि &amp;#8220;मानसून की पूर्व सध्या और खरीफ सीजन की शुरुआत में डीजल की अनुपलब्धता के कारण जुताई का काम रुक गया है। आशंका है कि इससे पूरे सीजन का गणित बिगड़ जाएगा।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="क्लस्टर रिडेवलपमेंट मॉडल से बदलेगी मुंबई की तस्वीर, 9,115 करोड़ के राजस्व का अनुमान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/mumbai-cluster-redevelopment-projects-new-homes-by-2031-1800748.html"> क्लस्टर रिडेवलपमेंट मॉडल से बदलेगी मुंबई की तस्वीर, 9,115 करोड़ के राजस्व का अनुमान </a></strong></p>
<h3>प्रशासन उचित मूल्य व समय पर खाद-बीज उपलब्ध करें</h3>
<p>झांजिया किसान भास्कर राऊत ने कहा है कि &amp;#8220;सरकार को खरीफ सीजन के दौरान डीजल के सुचारू भंडारण और बिक्री की सुविधा प्रदान करनी चाहिए, साथ ही खाद की कालाबाजारी रोकी जाए और किसानों को उचित मूल्य व समय पर खाद व बीज उपलब्ध कराया।&amp;#8221;</p>
<h3>स्टॉक उपलब्ध नहीं होने से घंटों खड़े रहने को मजबूर</h3>
<p>झाजिया ननीलाल बिसेन ने कहा है कि &amp;#8220;पंटों पर डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध नहीं होने के कारण किसानों को अपने ट्रैक्टरी के साथ घंटों कतार में खड़ा रहना पड़ता है। प्री-खरीफ जुगई, बुआई आदि गतिविधियों में व्यवधान के कारण कृषक समुदाय आर्थिक सकट में है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में जल संकट गहराया, 66 जल प्रकल्पों में सिर्फ 12.48% उपयोगी पानी शेष</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-water-crisis-reservoir-storage-low-monsoon-delay-1800111.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 20:01:20 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 20:41:53 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Storage_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<category><![CDATA[Water Sources]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1800111</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Irrigation Department: गोंदिया जिले में मानसून की देरी और भीषण गर्मी के कारण जल संकट गहराता जा रहा है। जिले के 66 जल प्रकल्पों में केवल 12.48 प्रतिशत उपयोगी जल संग्रह शेष है। 
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Storage_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Water Crisis Reservoir Storage Low Monsoon Delay"     /></figure><p><strong>Gondia Water Crisis:</strong> मानसून के देर से आने और तेज गर्मी की वजह से गोंदिया जिले में पानी की हालत दिनबदिन गंभीर होती जा रही है। गोंदिया सिंचाई विभाग की 15 जून, 2026 को जारी की गई अधिकृत जल संग्रह रिपोर्ट के अनुसार जिले में मध्यम, लघु और स्थानीय स्तर के कुल 66 जल प्रकल्पों में न्यूनतम सिर्फ 12.48 प्रश इस्तेमाल करने लायक जल संग्रह है और कई प्रकल्पों में जल संग्रह का स्तर खतरनाक रूप से गिर गया है।</p>
<p>जिले के सभी प्रकल्पों की कुल संकल्पित क्षमता 110.521 मिलियन क्यूबिक मीटर है और अभी सिर्फ 13.798 मिलियन क्यूबिक मीटर इस्तेमाल करने लायक जल संग्रह है। प्रशासन ने मौजूद जल संग्रह का कम इस्तेमाल करने की अपील की है। जिले के 9 मध्यम प्रकल्पों की कुल संकल्पित क्षमता 99.75 मिलियन क्यूबिक मीटर है और अभी 20.18 मिलियन क्यूबिक मीटर 20.24 प्रश. इस्तेमाल करने लायक जल संग्रह है।</p>
<h3>लघु प्रकल्पों की हालत खराब</h3>
<p>जिले में 20 लघु प्रकल्पों की कुल क्षमता 64.566 मिलियन क्यूबिक मीटर है, जिसमें से अभी सिर्फ 6.515 मिलियन क्यूबिक मीटर 10.11 प्रश. ही जलसंग्रह है। कुछ प्रकल्पों में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-water-storage-low-dams-await-monsoon-rainfall-1795727.html">पानी का संग्रह</a></strong> डेड स्टोरेज के करीब पहुंच गया है और रिपोर्ट बताती है कि मुंडीपार, पलसगांव, पालडोंगरी आदि प्रकल्पों में जलस्तर बहुत कम हो गया है।</p>
<p>पहले के मालगुजारी तालाबों में सिर्फ 8.15 प्रश पानी जिले में 36 पहले की मालगुजारी तालाबों की कुल क्षमता 24.194 मिलियन क्यूबिक मीटर है, जिसमें से सिर्फ 1.988 मिलियन क्यूबिक मीटर 8.15 प्रश पानी बचा है। रिपोर्ट में बताया गया है कि पानी के चैनलों में लीकेज के साथ बाष्पीभवन का लेंडेझरी, मुंडीपार, पलसगांव और पालडोंगरी प्रकल्पों में मौजूद स्टोरेज पर बड़ा असर पड़ा है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="फर्जी मालिक बनाया और बेच दी करोड़ों की जमीन! क्या आपकी जमीन सुरक्षित है" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/chhatrapati-sambhajinagar-land-mafia-scam-government-gazette-forgery-1799066.html"> फर्जी मालिक बनाया और बेच दी करोड़ों की जमीन! क्या आपकी जमीन सुरक्षित है? जानें लैंड माफिया की मोडस ऑपरेंडी</a></strong></p>
<h3>लघु प्रकल्पों में केवल 10% जल संग्रह</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/salekasa-jamakudo-drinking-water-crisis-hunger-strike-warning-2026-1774739.html">सालेकसा तहसील</a></strong> के खेड़ेपार और आमगांव तहसील के घाटटेमनी डैम में इस्तेमाल करने लायक जल संग्रह लगभग खत्म हो गया है। सिंचाई का विसर्ग रुका मौजूदा हालात के कारण जिले के ज्यादातर प्रकल्पों से नहरों के जरिए सिंचाई का विसर्ग पूरी तरह से रुक गया है। प्रशासन ने मौजूद पानी के रिजर्व को मुख्य रूप से पीने के पानी के लिए रिजर्व करने का फैसला किया है। सिंचाई विभाग ने लोगों से पानी का कम इस्तेमाल करने की अपील की है और अनुमान लगाया है कि अगर अगले कुछ दिनों में भारी बारिश नहीं हुई तो जिले में पानी की स्थिति और भी गंभीर हो जाएगी।</p>
<h3>मध्यम प्रकल्पों में जल भंडारण</h3>
<div class="responsive-table"><table style="height: 203px;" width="767">
<thead>
<tr>
<th>प्रकल्प का नाम</th>
<th align="right">जल संग्रहण (%)</th>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td>चुलबंद</td>
<td align="right">36.84%</td>
</tr>
<tr>
<td>बोदलकसा</td>
<td align="right">27.08%</td>
</tr>
<tr>
<td>रेंगेपार</td>
<td align="right">23.70%</td>
</tr>
<tr>
<td>मानागढ़</td>
<td align="right">15.26%</td>
</tr>
<tr>
<td>खैरबंदा</td>
<td align="right">15.22%</td>
</tr>
<tr>
<td>चोरखमारा</td>
<td align="right">13.16%</td>
</tr>
<tr>
<td>संग्रामपुर</td>
<td align="right">4.22%</td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पुरानी रंजिश में वृद्ध की पीट-पीटकर हत्या, गोंदिया पुलिस ने 3 आरोपियों को किया गिरफ्तार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-dabbetola-murder-case-three-accused-arrested-1800033.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 19:30:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 20:29:40 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Elderly-Man-Murdered_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Police]]></category>
		<category><![CDATA[Murder]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1800033</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Accused Arrested: गोंदिया जिले के गंगाझरी थाना क्षेत्र के डब्बेटोला गांव में पुरानी रंजिश के चलते 60 वर्षीय मुन्नीलाल वारलु कटरे की कथित रूप से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Elderly-Man-Murdered_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Dabbetola Murder Case Three Accused Arrested"     /></figure><p><strong>Gondia Murder Case:</strong> गंगाझरी थाने के तहत ग्राम डब्बेटोला में पुरानी रंजिश के चलते तीन आरोपियों ने 45 वर्षीय फिर्यादी महिला के घर में प्रवेश कर फिर्यादी, मृतक की मां व मृतक मुन्नीलाल के साथ मारपीट की। इस घटना में मृतक मुन्नीलाल वारलु कटरे 60 की मौत हो गई तथा फिर्यादी व मृतक की वृद्ध मां घायल हो गई। इस मामले में गंगाझरी पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, डब्बेटोला निवासी मृतक मुन्नीलाल गांव में ही चाय व बिस्किट की दुकान चलाता था।</p>
<p>उसके पड़ोस में रहने वाली मनीषा रवि मेश्राम के बीच संतान न होने के कारण पहले भी कई बार विवाद हो चुका है और दोनों परिवारों ने बातचीत करना बंद कर दिया है। रविवार को सुबह करीब 8.30 बजे मुन्नीलाल कटरे और मनीषा मेश्राम के बीच फिर से बहस हुई। इसके बाद मुन्नीलाल अपनी बहन श्यामकला कटरे के घर गया।</p>
<h3>वृद्ध पर लकड़ी के तख्ते से हमला</h3>
<p>कुछ ही देर में आरोपी रवि लक्ष्मण मेश्राम 31, संजय लालाजी मेश्राम 38 और अक्षय हेतराम मेश्राम 25 कटरे के घर पहुंच गए। तीनों ने मुन्नीलाल से गालीगलौज कर घर से बाहर निकलने को कहा। लेकिन, जब वह बाहर नहीं आया तो आरोपी घर में घुस गए और उसे जबरन बाहर खींच लिया।</p>
<p>इस दौरान 45 वर्षीय फिर्यादी बहन और उनकी बूढ़ी मां के साथ भी <strong><a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/indore/indore-bengali-square-liquor-shop-sealed-after-women-appeal-to-cm-mohan-yadav-1799081.html/amp">धक्कामुक्की और मारपीट</a></strong> की गई। इसके बाद मुन्नीलाल को घर के सामने सीमेंट रोड पर ले जाकर थप्पड़ों और लातों से पीटा गया। वहीं आरोपियों ने आंगन में खड़ी बैलगाड़ी के लकड़ी के तख्ते से उसके सीने, पेट, कमर और पैरों पर लगातार वार किए।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="दूसरों के बच्चे चुराने के बजाय अपने बच्चों को बड़ा करे भाजपा, शर्मिला ठाकरे का मोदी सरकार पर बड़ा हमला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sharmila-thackeray-slams-bjp-government-over-inflation-chipi-airport-party-splitting-1799379.html"> दूसरों के बच्चे चुराने के बजाय अपने बच्चों को बड़ा करे भाजपा, शर्मिला ठाकरे का मोदी सरकार पर बड़ा हमला</a></strong></p>
<h3>पुरानी दुश्मनी बनी मौत की वजह</h3>
<p>पिटाई के बाद आरोपी मौके से भाग गए। गंभीर रूप से घायल मुन्नीलाल को घर लाया गया। बाद में उसे अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। फिर्यादी की शिकायत पर गंगाझरी पुलिस ने मामला दर्ज कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।</p>
<p>जांच सहायक पुलिस निरीक्षक वर्मा कर रहे हैं। 18 जून तक <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/dawood-ibrahim-aide-salim-dola-property-investigation-mumbai-crime-branch-1798920.html">पुलिस कस्टडी</a></strong> गंगाझरी थाने के तहत पुरानी रंजिश के चलते हुई वृद्ध की हत्या मामले में आरोपी रवि लक्ष्मण मेश्राम 31, संजय लालाजी मेश्राम 38 और अक्षय हेतराम मेश्राम 25 को सोमवार, 15 जून को न्यायालय में पेश किया गया। इस बीच न्यायालय ने सभी आरोपियों को 18 जून तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>नवेगांव-नागझिरा में तीन माह में 9,130 पर्यटकों ने की जंगल सफारी, 30 जून तक मिलेगा प्रवेश</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/navegaon-nagzira-tiger-reserve-jungle-safari-tourists-june-2026-1799175.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 18:24:28 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 18:24:28 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Nagzira-Tiger-Reserve_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Department]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Nawegaon Nagzira Tiger Reserve]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1799175</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Tourism: गोंदिया जिले के नवेगांव-नागझिरा व्याघ्र प्रकल्प में मार्च, अप्रैल और मई के दौरान 9,130 पर्यटकों ने जंगल सफारी का आनंद लिया। जिससे वन विभाग को 24.25 लाख रुपये से अधिक का राजस्व मिला।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Nagzira-Tiger-Reserve_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Navegaon Nagzira Tiger Reserve Jungle Safari Tourists June 2026"     /></figure><p><strong>Navegaon Nagzira Tiger Reserve:</strong> गोंदिया जिले के नवेगांव-नागझिरा व्याघ्र प्रकल्प में हमेशा पर्यटकों की भीड़ लगी रहती है। इसके अलावा, गर्मी के तीन महीने, मार्च, अप्रैल और मई जंगल सफारी के लिए मुख्य होते हैं, इसलिए इस प्रकल्प में वर्तमान में कई पर्यटक आ रहे हैं। इस वर्ष गर्मी के इन तीन महीनों में अब तक 9 हजार 130 पर्यटक जंगल सफारी कर चुके हैं। साथ ही 30 जून से प्रकल्प में पर्यटन बंद हो जाएंगी। इसलिए बचे हुए समय में पर्यटक जंगल सफारी पर जा सकेंगे।</p>
<p>शहर की सुख-सुविधाओं से आकर्षित होकर नागरिक शहर की ओर भागने लगे हैं। इसके कारण शहरीकरण बढ़ रहा है और लोग अपनी इच्छानुसार जंगलों को नष्ट कर रहे हैं और वहां सीमेंट कांक्रीट के जंगल भी बना रहे हैं। लेकिन ऐसा करते वक्त इंसान के पास खुद के लिए दो मिनट आराम करने की जगह ही नहीं बचती। यही कारण है कि मनुष्य को इस तनावपूर्ण जीवन में कुछ समय आराम से बिताने के लिए प्रकृति के करीब होने की आवश्यकता महसूस होती है।</p>
<h3>गोंदिया का नवेगांव-नागझिरा बना पर्यटकों की पहली पसंद</h3>
<p>इसके लिए उनके कदम <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/ai-based-tiger-alert-system-launched-in-pench-buffer-and-nagpur-forest-area-1796646.html">वन विभाग</a> </strong>द्वारा आरक्षित वनों की ओर रुख कर रहे हैं। यही कारण है कि शहरी नागरिकों का रुझान अब वन पर्यटन की ओर है। नवेगांव-नागझिरा व्याघ्र प्रकल्प जिले के लिए एक वरदान है और यहां हमेशा पर्यटकों की भीड़ लगी रहती है। लेकिन, मार्च, अप्रैल और मई के गर्मी के महीने जंगल सफारी के लिए प्रमुख समय हैं क्योंकि वहां जंगली जानवरों को देखने की गारंटी होती है। इसके चलते इस तीन माह की अवधि में प्रकल्प में अब तक 9 हजार 130 पर्यटक जंगल सफारी कर चुके हैं।</p>
<h3>वन विभाग को 24 लाख का राजस्व</h3>
<p>इस वर्ष गर्मी के तीन महीनों में वन विभाग को पर्यटन से 24 लाख 25 हजार 568 रु। का राजस्व प्राप्त हुआ है। वन विभाग को यह राजस्व पर्यटकों के प्रवेश, वाहन किराया, सामग्री किराया आदि से प्राप्त हुआ है। मार्च माह में 5 लाख 85 हजार 342 रु., अप्रैल माह में 4 लाख 98 हजार 527 रु। और मई माह में सबसे अधिक 13 लाख 41 हजार 699 रु। का राजस्व मिला है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="पत्रकार के सामने छूटे फडणवीस के पसीने! सीएम देवेंद्र मुस्कुराकर बोले ‘प्लीज, आसान सवाल पूछना’, देखें VIDEO" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/devendra-fadnavis-viral-interview-by-school-girl-student-video-1799009.html"> पत्रकार के सामने छूटे फडणवीस के पसीने! सीएम देवेंद्र मुस्कुराकर बोले ‘प्लीज, आसान सवाल पूछना’, देखें VIDEO</a></strong></p>
<h3>अब सिर्फ 14 दिन शेष</h3>
<p>8 जून से मृग नक्षत्र लग गया है और वर्षा ऋतु प्रारंभ हो गई है। इस दौरान <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/nand-navezgaon-nagzira-tiger-reserve-new-gates-night-safari-tourism-news-1689075.html">व्याघ्र प्रकल्प</a> </strong>में पर्यटन बंद किया जाता है। इसके अनुसार, 15 जून से व्याघ्र प्रकल्प में पर्यटन बंद किया जाना था। लेकिन, जिले में अभी तक बारिश नहीं हुई है और भीषण गर्मी अभी खत्म नहीं हुई है। इसी को ध्यान में रखते हुए खबर है कि पर्यटन को 30 जून तक बढ़ा दिया गया है। ऐसे में अब जंगल सफारी प्रेमियों के लिए सिर्फ 14 दिन शेष हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया जिला स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने पर जोर, नोडल अधिकारी ने लिया योजनाओं का जायजा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-health-department-review-meeting-dr-madavi-national-health-programs-1799527.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 16:44:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 21:34:58 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Health-Services_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[district health department]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1799527</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Review Meeting: गोंदिया के केटीएस जिला सामान्य अस्पताल में आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में राज्य नोडल अधिकारी डॉ. पुरुषोत्तम मडावी ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम की प्रगति का जायजा लिया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Health-Services_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Health Department Review Meeting Dr Madavi National Health Programs"     /></figure><p><strong>Gondia Health Department:</strong> के.टी.एस. जिला सामान्य अस्पताल के सभागृह में जिले के स्वास्थ्य विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुंबई के उपसंचालक एवं जिले के राज्य नोडल अधिकारी डॉ. पुरुषोत्तम मडावी ने की, जबकि नागपुर विभागीय उपसंचालक डॉ. शशिकांत शंभरकर प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। बैठक में गोंदिया जिले में संचालित राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।</p>
<p>इस दौरान डॉ. पुरुषोत्तम पटले, डॉ. अरविंद कुमार वाघमारे, डॉ. तृप्ति कटरे, डॉ. महेंद्र धनविजय, डॉ. रोशन राऊत, डॉ. निरंजन अग्रवाल, मनीष नंदनवार तथा डॉ. विनोद चव्हाण सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी उपस्थित थे। समीक्षा बैठक में माता एवं शिशु संरक्षण कार्यक्रम, मलेरिया नियंत्रण, क्षयरोग उन्मूलन, कुष्ठरोग, सिकलसेल, कीटजन्य रोग नियंत्रण, फाइलेरिया, एनीमिया मुक्त भारत अभियान, संस्थागत प्रसूति, नियमित टीकाकरण तथा कुपोषण नवसंजीवनी योजना की प्रगति का आकलन किया गया।</p>
<h3>टीकाकरण से टीबी उन्मूलन तक हुई चर्चा</h3>
<p>इसके अलावा संचारी रोग नियंत्रण, जननी सुरक्षा योजना, प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान, जननी शिशु सुरक्षा कार्यक्रम और <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-child-helpline-stops-child-marriage-of-minor-girl-1733656.html">बाल संरक्षण</a> </strong>कार्यक्रम की स्थिति पर भी चर्चा हुई। बैठक के अंत में डॉ. पुरुषोत्तम मडावी और डॉ. शशिकांत शंभरकर ने स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी और जनहितकारी बनाने के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशानिर्देश दिए तथा सभी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="दूसरों के बच्चे चुराने के बजाय अपने बच्चों को बड़ा करे भाजपा, शर्मिला ठाकरे का मोदी सरकार पर बड़ा हमला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sharmila-thackeray-slams-bjp-government-over-inflation-chipi-airport-party-splitting-1799379.html"> दूसरों के बच्चे चुराने के बजाय अपने बच्चों को बड़ा करे भाजपा, शर्मिला ठाकरे का मोदी सरकार पर बड़ा हमला</a></strong></p>
<h3>सेवाओं की प्रगति पर किया विचार-विमर्श</h3>
<p>अधिकारियों ने कायाकल्प अभियान, <strong><a href="https://navbharatlive.com/utility-news/how-to-complain-against-hospital-rejecting-ayushman-card-1656059.html">प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना</a></strong>, आरोग्यवर्धिनी उपकेंद्र योजना, 15वें वित्त आयोग के अंतर्गत किए जा रहे कार्यों, आयुष सेवाओं, गैर संचारी रोग एनसीडी नियंत्रण तथा कैंसर स्क्रीनिंग अभियान की समीक्षा की। एचपीवी टीकाकरण, माझा गांव आरोग्य संपन्न गांव अभियान, यूवीएनएल टीकाकरण पोर्टल, गुणवत्ता आश्वासन कार्यक्रम, जीवन संबंधी सांख्यिकी, ईसंजीवनी और टेलीपरामर्श सेवाओं की प्रगति पर भी विचारविमर्श किया गया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>स्मार्ट मीटर योजना से बढ़ी उपभोक्ताओं की चिंता, गोंदिया में बिजली बिलों में वृद्धि का आरोप</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/smart-meter-scheme-electricity-bill-burden-consumers-maharashtra-1799464.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 16:16:17 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 22:36:35 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Smart-Meter-Installation_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Electricity Meters]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Mahavitaran]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1799464</guid>

					<description><![CDATA[Smart Meter Controversy: महाराष्ट्र में लागू की जा रही स्मार्ट मीटर योजना को लेकर बिजली उपभोक्ताओं में असंतोष बढ़ रहा है। कई उपभोक्ताओं स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिलों में वृद्धि का आरोप किया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Smart-Meter-Installation_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Smart Meter Scheme Electricity Bill Burden Consumers Maharashtra"     /></figure><p><strong>Gondia Consumer Complaints:</strong> राज्य में लागू की जा रही स्मार्ट मीटर योजना को लेकर बिजली उपभोक्ताओं में चिंता बढ़ती जा रही है। आम नागरिकों का आरोप है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिलों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है, जिससे मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों के मासिक बजट पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है।</p>
<p>बढ़ती महंगाई के दौर में बिजली खर्च में होने वाली वृद्धि को लेकर उपभोक्ताओं ने सरकार से इस योजना की समीक्षा करने की मांग की है। बिजली ग्राहकों का कहना है कि स्मार्ट मीटर योजना लागू करने से पहले सरकार और बिजली वितरण कंपनियों को नागरिकों की शंकाओं, शिकायतों और आशंकाओं को गंभीरता से सुनना चाहिए था। उनका आरोप है कि बिना पर्याप्त जनसंवाद और जागरूकता अभियान के योजना को लागू किया गया, जिससे लोगों में भ्रम और असंतोष की स्थिति उत्पन्न हुई है।</p>
<h3>स्मार्ट मीटर से बिल बढ़ने का दावा</h3>
<p>स्मार्ट मीटर की वजह से बिजली खपत की निगरानी अधिक सटीक होने का दावा किया जा रहा है, लेकिन कई लोगों को नए मीटर लगने के बाद अधिक बिल आने की शिकायत है। उनका कहना है कि अब उन्हें अधिक राशि का भुगतान करना पड़ रहा है। बिजली जैसी आवश्यक सुविधा में किसी भी प्रकार का अतिरिक्त आर्थिक बोझ गरीब और निम्न मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए बड़ी समस्या बन सकता है। घरेलू खर्च, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य जरूरी जरूरतों के बीच बढ़ता बिजली बिल परिवारों की आर्थिक स्थिति को प्रभावित कर रहा है।</p>
<h3>सरकार की नीति पर सवाल</h3>
<p>बिजली उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया है कि सरकार की<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-msedcl-smart-meter-checking-police-protection-citizens-memorandum-sp-2026-1777278.html"> स्मार्ट मीटर</a> </strong>नीति आम जनता के हितों को ध्यान में रखकर नहीं बनाई गई है। उनका कहना है कि किसी भी नई तकनीक को लागू करने से पहले उसके सामाजिक और आर्थिक प्रभावों का विस्तृत अध्ययन जरूरी है। उन्होंने मांग की है कि सरकार स्मार्ट मीटर योजना के प्रभावों का स्वतंत्र मूल्यांकन कराए और यह सुनिश्चित करे कि उपभोक्ताओं पर अनावश्यक आर्थिक दबाव न पड़े। बिजली वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और उपभोक्ता हितों को प्राथमिकता देने की आवश्यकता बताई गई है।</p>
<h3>व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाए</h3>
<p>उपभोक्ताओं ने सरकार से मांग की है कि स्मार्ट मीटर योजना के संबंध में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाए। बढ़ते बिजली खर्च पर नियंत्रण की मांगबिजली ग्राहकों ने सरकार से अपील की है कि बिजली एक आवश्यक सेवा है और इसका उद्देश्य जनता को सुविधा देना होना चाहिए, न कि आम लोगों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालना। नागरिकों ने उम्मीद जताई है कि सरकार उपभोक्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए स्मार्ट मीटर योजना में आवश्यक सुधार करेगी और ऐसी व्यवस्था बनाएगी जिसमें तकनीक के लाभ आम जनता तक पहुंचें, साथ ही गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के हित भी सुरक्षित रहें।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a title="महाराष्ट्र विधानसभा का मानसून सत्र 22 जून से; किसानों और कानून-व्यवस्था पर फडणवीस सरकार को घेरेगा विपक्ष" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-assembly-monsoon-session-from-22-june-schedule-and-political-issues-1799260.html"> महाराष्ट्र विधानसभा का मानसून सत्र 22 जून से; किसानों और कानून-व्यवस्था पर फडणवीस सरकार को घेरेगा विपक्ष</a></strong></p>
<h3>उपभोक्ताओं को स्मार्ट मीटर लगाना अनिवार्य</h3>
<p>अभियंता वैष्णवी तिरेले ने कहा कि वरिष्ठ अधिकारियों के आदेश पर सभी<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/smart-rooftop-solar-scheme-bpl-consumers-nagpur-1746025.html"> बिजली उपभोक्ताओं</a> </strong>को स्मार्ट मीटर लगाना अनिवार्य किया गया है और इस संबंध में उनके मोबाइल पर मैसेज भेज दिए गए हैं। जल्द ही स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Gondia Non Cognizable Cases: गोंदिया में बढ़े छोटे विवाद, एक साल में 6,278 अदखल पात्र मामले दर्ज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-non-cognizable-cases-increase-police-counseling-lcb-report-2026-1798475.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 11:22:07 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 12:55:15 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Non-Cognizable-Cases_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1798475</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Non Cognizable Cases Rise: गोंदिया में सहनशीलता घटने से 1 साल में 6,278 अदखल पात्र मामले दर्ज। पुलिस समुपदेशन केंद्रों के जरिए आपसी सुलह से विवाद सुलझाने का प्रयास कर रही है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Non-Cognizable-Cases_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Non Cognizable Cases Increase Police Counseling Lcb Report 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Rise In Non Cognizable Cases: </strong>समाज में घटती सहनशीलता की तस्वीर सामने आ रही है और छोटी-छोटी वजहों से भी सीधे पुलिस थाने जाने वाले नागरिकों की संख्या बढ़ गई है। सड़क पर चलते समय धक्का लगने या पालतू जानवर गंदगी करने पर भी सीधे पुलिस से संपर्क किया जाता है। इसके चलते पिछले वर्ष जिले में अदखल पात्र अपराधों की संख्या 6,278 तक पहुंच गई है। बदलती जीवनशैली में लोग अपना धैर्य खोते जा रहे हैं, छोटी-छोटी वजहों से भी अपराध दर्ज हो रहे हैं।</p>
<p>कार पार्किंग पर बहस, खेत के मेड़ या पानी की लाइन को लेकर छोटे-मोटे झगड़े, सड़क पर चलते समय धक्का लगने से होने वाले गाली-गलौज, मोबाइल या सोशल मीडिया पर की गई छोटी-मोटी टिप्पणियां सीधे पुलिस थाने तक पहुंच जाती है। ऐसे छोटे-मोटे विवादों के चलते पुलिस पर काम का बोझ बढ़ता जा रहा है और पुलिस इन विवादों को बातचीत और समझौते से सुलझाने की कोशिश कर रही है।</p>
<h3>विवाद को समझौते से सुलझाने का प्रयास</h3>
<p>अगर हर छोटा-मोटा विवाद न्यायालय में चला जाएगा तो न्यायालय और<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-rto-vehicle-action-speed-traffic-fine-report-2026-1798399.html"> गोंदिया पुलिस</a> पर दबाव बहुत बढ़ जाएगा। इससे बचने के लिए पुलिस समझौता और समुपदेशन पर जोर देती है। पुलिस द्वारा थाने में समुपदेशन केंद्र के माध्यम से दोनों पक्षों को आमने-सामने बैठाकर मौके पर ही विवाद सुलझाने और उनकी गलतफहमियों को दूर करने का सफल प्रयास किया जाता है। इससे पुलिस पर काम का बोझ कम हो जाता है। इससे आगे के विवादों को कम करने में भी मदद मिलती है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="पुणे में सजेगा100वां अखिल भारतीय मराठी साहित्य सम्मेलन, 2027 में 28 से 31 जनवरी तक होगा आयोजन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/pune-100th-akhil-bharatiya-marathi-sahitya-sammelan-january-2027-1798186.html"> पुणे में सजेगा100वां अखिल भारतीय मराठी साहित्य सम्मेलन, 2027 में 28 से 31 जनवरी तक होगा आयोजन </a></strong></p>
<h3>समझाइश कर विवाद को सुलझाने का करते हैं प्रयास</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-police-arrest-md-drug-smuggler-sundarnagar-raids-2026-1572716.html">गोंदिया अपराध शाखा</a> पुलिस निरीक्षक पुरुषोत्तम अहेरकर ने कहा है कि &amp;#8220;छोटे-छोटे विवादों को लेकर न्यायालय में मुकदमा दायर करने से नागरिकों का समय और धन दोनों बर्बाद होता है। विवादों को अक्सर सुलह से सुलझाया जा सकता है। थाने पर आने वाली छोटी-मोटी शिकायतों में पुलिस अधिकारी पहले समझाइश कर विवाद को सुलझाने का प्रयास करते है।&amp;#8221;</p>
<h3>थाने में शिकायत आने के बाद मामलों का समाधान ऐस</h3>
<p>थाने में शिकायत आने के बाद सबसे पहले उसे गंभीरता से दर्ज किया जाता है। दोनों पक्षों को थाने बुलाकर समझाइश दी जाती है। शिकायतकर्ता को न्यायालय में जाकर निजी आपराधिक मामला दायर करने की अनुमति है। अगर न्यायालय का आदेश मिल जाए तो पुलिस आरोपी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर सकती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में RTO की बड़ी कार्रवाई, 6 माह में 975 वाहनों पर चालान, 19.50 लाख रुपये का जुर्माना वसूल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-rto-vehicle-action-speed-traffic-fine-report-2026-1798399.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 10:17:37 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 15 Jun 2026 10:17:37 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-RTO-Interceptor-Vehicle_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1798399</guid>

					<description><![CDATA[Gondia RTO News: गोंदिया में आरटीओ ने स्पीड गन व लेजर कैमरों से 975 वाहनों पर कार्रवाई कर 19.50 लाख रुपये जुर्माना वसूला। बढ़ते हादसों को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-RTO-Interceptor-Vehicle_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Rto Vehicle Action Speed Traffic Fine Report 2026"     /></figure><p><strong> Speed Camera Vehicle Action In Gondia: </strong>सड़क पर तेज रफ्तार से वाहन चलाने और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ आरटीओ ने मोर्चा खोल दिया है। आरटीओ के पास अत्याधुनिक रडार सिस्टम से लैस &amp;#8216;इंटरसेप्टर&amp;#8217; वाहन ने अवैध रूप से चलने वाले वाहनों की पहचान कर ली है। हमेशा की तरह मोटरसाइकिल चालकों की संख्या सबसे ज्यादा है और 1 जनवरी से 12 जून तक जिले में 975 वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।</p>
<p>यातायात पुलिस के लिए एक अत्याधुनिक इंटरसेप्टर वाहन पेश किया गया है। यह वाहन गोंदिया जिले की मुख्य सड़कों व राजमार्गों पर खड़े होकर गश्त करता है। नियम तोड़ने वालों पर ऑन द स्पॉट कार्रवाई करने में यह वाहन गाड़ी काफी कारगर साबित हो रहा है।</p>
<p>यातायात <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-illegal-liquor-raid-country-liquor-seized-police-action-1773570.html">गोंदिया पुलिस</a> को एक और इंटरसेप्टर वाहन उपलब्ध कराने की जरूरत है। तभी इस क्षेत्र में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई की जा सकेगी। उस संबंध में परिवहन कार्यालय को सरकार को मांग प्रस्ताव देना जरूरी है।</p>
<h3>19.50 लाख रुपये का जुर्माना वसूल</h3>
<p>इस धड़क अभियान के जरिए इंटरसेप्टर वाहनों से नियम तोड़ने वाले चालकों से 19,50,500 रुपये का जुर्माना वसूला गया है। ऑनलाइन चालान के माध्यम से जुर्माना सीधे वाहन चालकों के मोबाइल पर भेजा जा रहा है। इसके पीछे मुख्य उद्देश्य राजस्व वसूली के अलावा चालकों में अनुशासन स्थापित करना है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="एयर इंडिया बिल्डिंग का होगा भव्य कायाकल्प, नवीनीकरण के लिए 181 करोड़ रुपये मंजूर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/air-india-building-renovation-rs181-crore-approved-mumbai-1798292.html"> एयर इंडिया बिल्डिंग का होगा भव्य कायाकल्प, नवीनीकरण के लिए 181 करोड़ रुपये मंजूर </a></strong></p>
<h3>यातायात नियमों का पालन करें नागरिक</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-monsoon-flood-alert-six-rivers-red-zone-villages-disaster-management-2026-1796341.html">गोंदिया जिला</a> यातायात शाखा पुलिस निरीक्षक नागेश भास्कर ने कहा है कि &amp;#8220;बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और चालकों को अनुशासित करने के लिए इंटरसेप्टर वाहन का उपयोग किया जा रहा है। वाहन चालकों को गति पर नियंत्रण रखते हुए यातायात नियमों का सख्ती से पालन करना चाहिए। अन्यथा कड़ी कार्रवाई की जाएगी।&amp;#8221;</p>
<h3>5 माह से दुर्घटनाओं का सिलसीला जारी</h3>
<p>हालांकि कार्रवाई का दौर जारी है, लेकिन पिछले पांच माह से जिले में हादसों का दौर थम नहीं रहा है। तेज रफ्तार और लापरवाही के कारण कई निर्दोष नागरिकों की जान चली गई है।<br />
पांच माह में जिले में 173 दुर्घटनाएं हो चुकी हैं और 95 लोगों की मौत हो चुकी है। 27 लोग मामूली रूप से घायल हुए और 26 लोग गंभीर रूप से घायल हुए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>सरांडी में मौत को दावत दे रही 11 केवी लाइन, ग्रामीणों ने आंदोलन की चेतावनी दी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/sarandi-11kv-power-line-safety-risk-protest-warning-tiroda-1797288.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 14 Jun 2026 16:59:37 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 14 Jun 2026 17:24:35 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/11-KV-Power-Line_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Power Cuts]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1797288</guid>

					<description><![CDATA[Electrical Safety Issue: तिरोड़ा तहसील के सरांडी गांव में मुख्य मार्ग पर 11 केवी विद्युत लाइन के खतरनाक तरीके से नीचे लटकने को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/11-KV-Power-Line_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sarandi 11kv Power Line Safety Risk Protest Warning Tiroda"     /></figure><p><strong>Sarandi Village News:</strong> महाराष्ट्र राज्य विद्युत वितरण कंपनी के मुंडीकोटा उपकेंद्र अंतर्गत सरांडी गांव में विद्युत सुरक्षा को लेकर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि खेतों की ओर जाने वाले मुख्य मार्ग पर 11 केवी विद्युत लाइन जमीन से मात्र सात फुट की ऊंचाई पर लटक रही है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने से ग्रामीणों में रोष व्याप्त है।</p>
<p>ग्रामीणों के अनुसार माडगी पावर हाउस से तिरोड़ा पुराने फीडर की 11 केवी टैपिंग लाइन कई स्थानों पर निर्धारित मानकों से काफी कम ऊंचाई पर झूल रही है। किसानों का कहना है कि ट्रैक्टर, हार्वेस्टर और अन्य ऊंचे कृषि वाहनों के संपर्क में आने से गंभीर दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।</p>
<h3>कई शिकायतों के बावजूद नहीं हुई कार्रवाई</h3>
<p>बरसात के मौसम में यह खतरा और बढ़ गया है। उनका आरोप है कि विभाग <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/explosive-factories-safety-measures-emphasis-on-automation-dpiit-kajal-1792218.html">सुरक्षा मानकों</a> </strong>की अनदेखी कर लोगों की जान जोखिम में डाल रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को मोबाइल तथा व्यक्तिगत रूप से समस्या से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="संभाजीनगर: होटल रामा इंटरनेशनल से 67 लाख की फर्नीचर ठगी, चीन से घटिया माल; नागपुर व्यापारी पर केस दर्ज" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/hotel-rama-cheated-of-67-lakhs-case-registered-chhatrapati-sambhajinagar-1796756.html"> <span class="color-red">संभाजीनगर</span>: होटल रामा इंटरनेशनल से 67 लाख की फर्नीचर ठगी, चीन से घटिया माल; नागपुर व्यापारी पर केस दर्ज </a></strong></p>
<p>उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मरम्मत कार्य के दौरान कुछ कर्मचारी नाबालिग बच्चों से विद्युत खंभों पर चढ़कर काम करवाते हैं। यदि यह आरोप सही पाया जाता है तो यह सुरक्षा नियमों और श्रम कानूनों का गंभीर उल्लंघन होगा। सरांडी फीडर के उपभोक्ताओं ने शिकायत की कि इसापुरखोडगांव क्षेत्र में फॉल्ट आने पर पूरे फीडर की बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाती है, जिससे हजारों उपभोक्ताओं को घंटों परेशानी झेलनी पड़ती है।</p>
<h3>निष्पक्ष कार्रवाई नहीं तो उपकेंद्र होगा बंद</h3>
<p>ग्रामीणों ने पूर्व कनिष्ठ अभियंता पर लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि यदि सात दिनों के भीतर 11 केवी लाइन की ऊंचाई बढ़ाने, सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो मुंडीकोटा उपकेंद्र पर ताला ठोको आंदोलन किया जाएगा। साथ ही <strong><a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/sidhi/sidhi-district-hospital-53-maternal-deaths-human-rights-commission-notice-1794308.html/amp">मानवाधिकार आयोग</a></strong> और संबंधित विद्युत निरीक्षण विभाग से भी शिकायत करने की बात कही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बिजली की आंखमिचौली से ग्रामीण परेशान, उमस और कटौती ने बढ़ाई मुश्किलें, ग्रामीणों ने उठाई आवाज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-rural-power-cut-electricity-crisis-unscheduled-load-shedding-1797250.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 14 Jun 2026 16:47:20 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 14 Jun 2026 17:16:27 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Power-Outage_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Power Cuts]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1797250</guid>

					<description><![CDATA[Unscheduled Power Cut: गोंदिया जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती और लो वोल्टेज की समस्या से नागरिक परेशान हैं। ग्रामीणों ने बिजली आपूर्ति सुचारू करने की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Power-Outage_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Rural Power Cut Electricity Crisis Unscheduled Load Shedding"     /></figure><p><strong>Gondia Power Crisis:</strong> गोंदिया तहसील अंतर्गत ग्राम रावणवाड़ी में सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस प्रशासन द्वारा जनजागृति अभियान चलाया गया। रावणवाड़ी के थानेदार वैभव पवार के मार्गदर्शन में यातायात हवलदार मनोज पुरी व पिंटू लांजेवार ने चौक-चौराहों पर विशेष अभियान संचालित किया। अभियान के दौरान ऑटो, साइकिल, मोटरसाइकिल तथा अन्य वाहनों पर रेडियम पट्टियां लगाई गईं, जिससे रात के समय वाहन आसानी से दिखाई दे सकें और सड़क दुर्घटनाओं की संभावना कम हो। पुलिस कर्मियों ने वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने, हेलमेट पहनने तथा सुरक्षित वाहन संचालन के संबंध में भी जागरूक किया।</p>
<p>पुलिस द्वारा बताया गया कि दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में रेडियम लगाने का उद्देश्य वाहन चालकों की सुरक्षा बढ़ाना तथा सड़क दुर्घटनाओं को रोकना है. इस जनजागृति अभियान को नागरिकों ने सराहा और पुलिस प्रशासन के प्रयासों की सराहना की। सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा के संदेश के साथ अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इन दिनों ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की आंखमिचौली से नागरिक परेशान हैं।</p>
<h3>हवा-तूफान आते ही बिजली बंद</h3>
<p>दिन व रात में कई बार बिजली की आपूर्ति बंद हो जाती है। बिजली की आपूर्ति बार-बार खंडित होने से विद्युत पर चलने वाले उपकरण भी बंद होने से व्यवसाय ठप पड़ रहे हैं। अभी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/weather-update-nagpur-heatwave-temperature-rain-forecast-june-2026-1792030.html">तेज गर्मी उमस</a> </strong>से लोग पहले से ही परेशान हैं और लोग पंखे, कूलर का सहारा लेकर गर्मी से थोड़ा राहत लेते हैं। लेकिन बिजली बारबार खंडित होने से लोगों में महावितरण के प्रति रोष व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि तेज गर्मी व उमस में विद्युत आपूर्ति सुचारू रूप से नहीं मिल पा रही है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="लोग खाते हैं इसलिए बिकता है गुटखा, एफडिए आयुक्त तुकाराम मुंढे के मकोका वाले फैसले पर भड़के फडणवीस के मंत्री" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/tukaram-mundhe-gutkha-minister-sanjay-savkare-on-mcoca-action-1796770.html"> लोग खाते हैं इसलिए बिकता है गुटखा, एफडिए आयुक्त तुकाराम मुंढे के मकोका वाले फैसले पर भड़के फडणवीस के मंत्री </a></strong></p>
<h3>लो वोल्टेज और कटौती से परेशान उपभोक्ता</h3>
<p>साथ ही लो वोल्टेज की समस्या भी बनी रहती है।अघोषित विद्युत कटौती के कारण छोटे बच्चों को अधिक परेशानी हो रही है। इससे नागरिकों में रोष व्याप्त है। हवातूफान चलते ही <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/power-fault-at-mansar-substation-hits-water-supply-in-all-10-zones-of-nagpur-1794683.html">बिजली गुल</a></strong> कर दी जाती है. विद्युत विभाग की अनदेखी से गांव अंधेरे में डूबे रहते है। गर्मी के चलते लोगों को और ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। विद्युत विभाग से इस ओर ध्यान देने की मांग नागरिकों ने की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में मानसून का इंतजार, मृग नक्षत्र बीता लेकिन बारिश नहीं, खरीफ बुआई पर संकट के बादल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-monsoon-delay-kharif-sowing-farmers-waiting-for-rain-1797176.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 14 Jun 2026 16:26:44 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 14 Jun 2026 16:51:05 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Farmers_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[monsoon alert]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<category><![CDATA[Weather Update]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1797176</guid>

					<description><![CDATA[Monsoon Delay: गोंदिया जिले में मृग नक्षत्र शुरू होने के बाद भी मानसून नहीं पहुंचा है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। खरीफ सीजन के लिए खेत पूरी तरह तैयार हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Farmers_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Monsoon Delay Kharif Sowing Farmers Waiting For Rain"     /></figure><p><strong>Gondia Weather Update:</strong> मृग नक्षत्र शुरू होने के बाद भी जिले में मानसून नहीं आया है। जिससे जिलावासियों को बारिश के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। दूसरी ओर खरीफ सीजन के लिए किसानों का पूर्वखेती का काम पूरा हो चुका है और किसान खरीफ की बुआई के लिए तैयार हैं।</p>
<p>किसानों के साथ ही सभी को अब मानसून का बेसब्री से इंतजार है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के आधार पर इस साल मानसून जल्दी आने की संभावना व्यक्त की गई थी। जिससे किसानों ने कृषि कार्य को प्राथमिकता देते हुए तेज गर्मी की परवाह न करते हुए जुताई, रोटावेटर से बुआई के लिए भूमि तैयार की। हालांकि मौजूदा हालात को देखते हुए किसानों में असमंजस का माहौल है।</p>
<h3>गोंदिया में सूखे जैसे हालात</h3>
<p>खरीफ सीजन किसानों के लिए काफी अहम होता है। किसान इस मौसम पर अधिक ध्यान देते हैं। बुआई का मौसम किसानों के जीवन में एक महत्वपूर्ण दिन होता है। यदि मानसून समय पर आता है तो बारिश होने पर कृषि उत्पादन में भारी वृद्धि होती है। इसलिए बुजुर्ग किसान मृग नक्षत्र शुरू होते ही बुआई करना शुरू कर देते हैं। इसके बावजूद कहीं भी तेज बारिश अभी तक नजर नहीं आई है।</p>
<p>इसी प्रकार यदि खेत में कुओं में प्रचुर मात्रा में पानी होने के आधार पर बुआई की जाए तथा बारिश को देरी हो तो किसानों पर दोहरी बुआई की संभावना हो सकती है। लिहाजा किसानों की निगाहें अब आसमान की तरफ हैं। वहीं<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/wardha-kharif-season-monsoon-delay-dry-sowing-risk-agriculture-officer-warning-2026-1791947.html/amp"> मृग नक्षत्र</a></strong> के इतने दिन बीत जाने के बाद भी अभी तक बारिश नहीं होने से जिले के किसान चिंता में पड़ गए है।</p>
<h3>बुआई योग्य बारिश न होने से किसान परेशान</h3>
<p>खेती पर ही किसान का परिवार निर्भर है, ऐसे में बुआई के में लिए बारिश की शुरुआत करने वाले मृग नक्षत्र में प्रति वर्ष बुआई की जाती है, लेकिन अभी तक बुआई के योग्य बारिश नहीं हुई हैं। गत कुछ दिन पूर्व तक तेज गर्मी के कारण किसानों के बुआई पूर्व के खेती काम लड़खड़ा गए हैं। तेज गर्मी में किसानों को खेत में काम करना मुश्किल हो गया है।</p>
<h3>किसानों की निगाहें आसमान पर</h3>
<p>संपूर्ण वर्ष रोजीरोटी का इंतजाम करने के लिए किसान कड़ी महेनत कर खेतों में फसलों का उत्पादन करता है, लेकिन प्रति वर्ष किसी न किसी प्रकार की प्राकृतिक आपदा के कारण किसानों को नुकसान सहन करना पड़ता है। आगामी कुछ दिनों में पर्याप्त बारिश होने पर बुआई कार्यों में तेजी देखी जा सकती हैं। अनेक किसानों ने इस वर्ष भी कर्ज लेकर विविध प्रकार के बीज को संग्रहित कर रखा है। वहीं कुछ किसान आज भी राशि के इंतजाम को लेकर भागदौड़ करते हुए दिखाई दे रहे हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a class="title" title="लोग खाते हैं इसलिए बिकता है गुटखा, एफडिए आयुक्त तुकाराम मुंढे के मकोका वाले फैसले पर भड़के फडणवीस के मंत्री" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/tukaram-mundhe-gutkha-minister-sanjay-savkare-on-mcoca-action-1796770.html"> लोग खाते हैं इसलिए बिकता है गुटखा, एफडिए आयुक्त तुकाराम मुंढे के मकोका वाले फैसले पर भड़के फडणवीस के मंत्री </a></strong></p>
<p>जिला कृषि अधीक्षक निलेश कानवडे ने कहा कि देरी से करें बुआई मौसम विभाग ने जून माह में बारिश की संभावना व्यक्त की थी। इसलिए कुछ ही दिनों में विभिन्न फसलों की बुआई करना किसानों के लिए लाभकारी होगी। मानसून के आगमन के साथ <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/rainfall-monsoon-arrival-signals-temperature-drops-nagpur-weather-update-1794139.html">जोरदार बारिश</a></strong> होने पर ही बुआई करना उचित होगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया के 96 गांव बाढ़ के रेड जोन में, छह नदियों से बैकवाटर का खतरा बढ़ा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-monsoon-flood-alert-six-rivers-red-zone-villages-disaster-management-2026-1796341.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 14 Jun 2026 09:17:59 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 14 Jun 2026 09:17:59 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Flood-Prone-Villages_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1796341</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Flood Red Zone Villages: गोंदिया में मानसून की देरी के बीच 6 नदियों के किनारे बसे 96 गांव 'रेड जोन' में हैं। आपदा प्रबंधन विभाग ने WhatsApp ग्रुप व समितियों के जरिए तैयारी तेज की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Flood-Prone-Villages_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Monsoon Flood Alert Six Rivers Red Zone Villages Disaster Management 2026"     /></figure><p><strong>Flood Prone Villages In Gondia:</strong> गोंदिया जिले में छोटी-बड़ी 6 नदियां हैं। इन नदियों को जीवनदायिनी कहा जाता है। लेकिन, मानसून के दौरान ये खतरनाक रूप ले लेती हैं। इन नदियों के किनारे बसे 96 गांवों के नागरिकों को &amp;#8216;बैकवाटर&amp;#8217; के खतरे का सामना करना पड़ता है। हर साल इनमें से आधे गांवों में बाढ़ का पानी घुस जाता है। फिलहाल मानसून के सक्रिय होने में देरी हो रही है। 12 जून की शाम को बारिश हुई।</p>
<p>नदियां सूखी हैं। छोटे-बड़े नालों का पानी वैनगंगा, गाढ़वी, बाघ, चुलबंद, बहेला, पांगोली नदियों में बहता है। गोंदिया जिले की सबसे बड़ी नदी वैनगंगा है। नदी का तल गहरा होने के कारण आमतौर पर इस नदी का पानी गांवों में नहीं आता है। लेकिन, मानसून के दौरान अन्य नदियां जिले के नागरिकों के लिए खतरे का सबब बन जाती हैं।</p>
<p>सालेकसा, आमगांव और <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-school-books-distribution-samagra-shiksha-1752233.html">गोंदिया तहसील</a> के कई गांव बाघ और पांगोली दो नदियों से आने वाले बाढ़ के पानी से प्रभावित होते हैं। गाढ़वी, चुलबंद, बहेला नदियों का पानी सड़क अर्जुनी और अर्जुनी मोरगांव तहसील के गांवों में प्रवेश करता है।</p>
<h3>ग्रामीणों ने की पुलों व सड़कों की ऊंचाई बढ़ाने की मांग</h3>
<ul>
<li>बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के गांवों में पुल और सड़कों की ऊंचाई कम होने के कारण बाढ़ की स्थिति के दौरान एक गांव से दूसरे गांव का संपर्क पूरी तरह से टूट जाता है।</li>
<li>इसलिए ग्रामीणों की मांग है कि इस क्षेत्र में पुलों और सड़कों की ऊंचाई बढ़ाई जाए।</li>
<li>हर साल ये गांव बाढ़ की चपेट में आते हैं। लेकिन, प्रशासन की ओर से अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।</li>
</ul>
<h3>जिला आपदा प्रबंधन विभाग और गांव की सूची भी तैयार</h3>
<p>गोंदिया जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी राजन चौबे ने कहा है की &amp;#8220;जिले के उन गांवों की सूची तैयार कर ली गई है, जहां संभावित बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। उन गांवों के नागरिकों के वाट्सएप ग्रुप बनाए गए है। जिसके माध्यम से संभावित बाढ़ की पूर्व सूचना इन गांवों के नागरिकों को दी जाएगी। साथ ही इस वर्ष ग्राम आपदा व्यवस्थापन समिति सभी ग्राम पंचायत के माध्यम से तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी तरह जिला आपदा प्रबंधन विभाग भी तैयार है और संभावित स्थिति में क्या उपाय किए जाएं, इसकी योजना बना ली गई है।&amp;#8221;</p>
<h3>टीम में नवीनतम बचाव व राहत उपकरण उपलब्ध</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-water-storage-low-dams-await-monsoon-rainfall-1795727.html">गोंदिया जिले</a> में 96 गांव हैं जो बाढ़ के पानी से प्रभावित हैं। गोंदिया प्रशासन इन गांवों के नागरिकों को बाढ़ के पानी और जानमाल की हानि से बचाने के लिए जिले में प्रशिक्षण, जागरूकता और कार्यशालाओं का आयोजन करता है। जागरूकता कार्यक्रम के माध्यम से मार्गदर्शन प्रदान किया जाता है।</p>
<p>जिला स्तरीय आपदा प्रबंधन विभाग पिछले कुछ वर्षों से काम कर रहा है। प्राकृतिक आपदाओं के दौरान होने वाली घटनाओं से जान-माल की हानि को रोकने के लिए प्रशिक्षण दिया जाता है। टीम में नवीनतम बचाव और राहत उपकरण उपलब्ध हैं। इसलिए, विभाग आपदाओं के दौरान मदद के लिए 24 घंटे तैयार रहता है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मानसून की देरी से बढ़ी चिंता, गोंदिया के बांध और प्रकल्प प्यासे, जिले में केवल 20.54% जल भंडारण शेष</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-water-storage-low-dams-await-monsoon-rainfall-1795727.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 13 Jun 2026 19:31:30 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 13 Jun 2026 20:57:25 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Reservoir-Levels_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<category><![CDATA[Water Sources]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1795727</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Irrigation Department: गोंदिया जिले में मानसून की देरी और बढ़ते तापमान के कारण जलाशयों एवं सिंचाई प्रकल्पों का जलस्तर तेजी से घट रहा है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Reservoir-Levels_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Water Storage Low Dams Await Monsoon Rainfall"     /></figure><p><strong>Kalisarar Project:</strong> बेमौसम बारिश ने अच्छा काम किया है, लेकिन अब जून का आधा महीना बीतने के बाद भी बारिश नदारद है। चिलचिलाती धूप में शरीर जल रहा है, और जिले के प्रकल्प भी बारिश न होने से प्यासे हैं। ज्यादातर प्रकल्पों में नाम मात्र पानी का भंडारण है। मौसम विभाग बारिश का अनुमान लगा रहा है। लेकिन, बारिश की देरी उनके अनुमान पर पानी फेर रही है। अब सबकी निगाहें आसमान पर हैं और बारिश का इंतजार कर रही हैं।</p>
<p>पिछले साल मानसून के दौरान जिले में औसत से ज्यादा बारिश हुई थी। इस वजह से जिले के सभी बांधों में पानी का भरपूर संग्रह हो गया था। सिंचाई के बाद रबी फसलों की सिंचाई के लिए अलगअलग प्रकल्पों से पानी छोड़ा गया था। इसलिए, शनिवार तक जिले में मध्यम प्रकल्पों में सिर्फ 20.54 प्रश। पानी का संग्रह बचा है।</p>
<h3>ईटियाडोह, सिरपुर और कालीसरार प्रकल्पों में जलस्तर चिंताजनक स्तर पर</h3>
<p>जून के दो सप्ताह बीत चुके हैं। लेकिन, वरुणराज ने अभी तक अपनी मजबूत मौजूदगी नहीं बनाई है। इस वजह से जिले में पानी की कमी का संकट जारी है। ग्रामीण इलाकों में जानवरों को भी पानी की कमी का सामना करना पड़ रहा है। वर्षों से कई प्रकल्पों की गाद नहीं निकाली अभी मध्यम प्रकल्पों में सिर्फ 20.54 प्रश। जल संग्रह है। पिछले 38 मामा तालाबों को देखें तो उन तालाबों में पानी जमा है।</p>
<h3>पेयजल को लेकर बढ़ी चिंता</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-jalyukt-shivar-abhiyan-2-0-irrigation-projects-farmers-benefit-1535569.html">लघु सिंचाई विभाग</a></strong> के ऊपर बताए गए तीनों तरह के प्रकल्पों की कुल संग्रह क्षमता 117.933 मिलियन क्यूबिक मीटर है। इसका प्रतिशत बहुत कम है। गाद की वजह से संग्रह की क्षमता कम हो गई है। पिछले कई सालों से जिले के प्रकल्पों की गाद नहीं निकाली गई। इस वजह से पानी संग्रह की क्षमता कम हो गई है और हर साल गर्मियों में लोगों को पानी की कमी का सामना करना पड़ता है।</p>
<p>जिले के लोगों को उम्मीद है कि अगर प्रकल्पों का गाद हटा दिया जाए तो संग्रह क्षमता बढ़ जाएगी। उम्मीद है कि बारिश आने तक पानी काफी रहेगा। गर्मी की तीव्रता बढ़ गई है। पारा दिनबदिन बढ़ रहा है। इस वजह से प्रकल्पों में पानी का संग्रह कम हो गया है। हालांकि, अभी 20.54 प्रश. जल संग्रह बचा है। उम्मीद है कि बारिश आने तक पानी काफी रहेगा।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="‘ऑपरेशन टाइगर की बात करने वालों का अमित शाह ने 100 बार किया ऑपरेशन’, संजय राउत का एकनाथ शिंदे पर तीखा हमला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sanjay-raut-on-eknath-shinde-operation-tiger-uddhav-thackeray-mp-meeting-matoshree-1794401.html"> ‘ऑपरेशन टाइगर की बात करने वालों का अमित शाह ने 100 बार किया ऑपरेशन’, संजय राउत का एकनाथ शिंदे पर तीखा हमला </a></strong></p>
<h3>गोंदिया के बांधों में जल भंडारण लगातार घट रहा</h3>
<p>राजू कुरेकर, अधीक्षक अभियंता, सिंचाई विभाग, गोंदिया शेष जल संग्रह प्रकल्प जल संग्रह प्रश में बोदलकसा 27.37 चोरखमारा 13.39 चुलबंद 37.06 खैरबंधा 15.39 मानागढ़ 15.47 रेंगेपार 24.21 संग्रामपुर 4.60 कटंगी 17.87 कलपाथरी 9.70 भारी बारिश का इंतजार मई में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/heatwave-relief-rain-forecast-vidarbha-nagpur-pre-monsoon-update-1781534.html">प्रीमॉनसून बारिश</a></strong> से फसलों को नुकसान हुआ।</p>
<p>लेकिन, नदियों, नालों और प्रकल्पों को इसका कोई फ़ायदा नहीं हुआ। नतीजतन, ज्यादातर प्रकल्प अभी भी प्यासे हैं। जून का महीना आधा बीत जाने के बाद भी भारी बारिश नहीं हुई है। कभीकभी हल्की बारिश हुई है, लेकिन इससे कुछ नहीं हुआ। उल्टा, जिले के लोग गर्मी से परेशान हो गए हैं। इसलिए, ज़िले को अभी भी भारी बारिश का इंतज़ार है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भंडारा के कोका अभयारण्य में भालू की संदिग्ध मौत, जांच में वन्यजीव संघर्ष के संकेत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bear-death-wildlife-conflict-koka-sanctuary-bhandara-nntr-1795711.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 13 Jun 2026 19:14:50 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 13 Jun 2026 21:35:07 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bear-Death_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bear Terror]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Department]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Wildlife Sanctuary]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1795711</guid>

					<description><![CDATA[Bhandara Bear Death : भंडारा जिले के नवेगांव-नागझिरा टाइगर रिजर्व (NNTR) के कोका वन्यजीव अभयारण्य के बफर क्षेत्र में वन्यजीवों के बीच हुए संघर्ष में 5 वर्षीय नर भालू की मौत हो गई। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bear-Death_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bear Death Wildlife Conflict Koka Sanctuary Bhandara Nntr"     /></figure><p><strong>Koka Wildlife Sanctuary:</strong> नवेगांवनागझिरा टाइगर रिजर्व के नागझिरा खंड अंतर्गत कोका वन्यजीव अभयारण्य के बफर क्षेत्र में वन्यजीवों के बीच हुए संघर्ष में एक नर भालू की मौत हो गई। घटना भंडारा तहसील के मंडनगांव क्षेत्र में सामने आई, जहां नियमित गश्त के दौरान वन विभाग के कर्मचारियों ने भालू को गंभीर रूप से घायल अवस्था में देखा।</p>
<p>वनरक्षक ए.सी. हटकर और सुरक्षा कर्मी क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। सुबह करीब 8 बजे उन्हें वन्यजीवों के संघर्ष जैसी आवाज सुनाई दी। मौके पर पहुंचने पर गट क्रमांक 206 के समीप नाले में एक भालू तड़पता हुआ दिखाई दिया। कुछ ही देर बाद उसकी मौत हो गई। जांच में मृत भालू की आयु लगभग 5 वर्ष पाई गई। घटना की जानकारी क्षेत्र संचालक पियुषा जगताप तथा उपसंचालक प्रितमसिंग कोडापे को दी गई।</p>
<h3>नवेगांव-नागझिरा टाइगर रिजर्व में वन्यजीव संघर्ष</h3>
<p>उनके मार्गदर्शन में सहायक वनसंरक्षक कोका सुहास कांबले तथा <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/sawali-chandrapur-elephant-herd-forest-department-drone-patrolling-1794134.html/amp">वनपरिक्षेत्र अधिकारी</a> </strong>सुरजकुमार गोखले तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। जांच के दौरान भालू के गुप्तांग पर गंभीर चोट पाई गई। आसपास निरीक्षण करने पर गट क्रमांक 206 के निकट पगडंडी पर अंडकोष अलग अवस्था में मिला तथा वहां रक्त फैला हुआ था। दिशानिर्देशों के तहत जांच जारीसमीप पलाश की झाड़ियों की पत्तियों और तनों पर भी खून के धब्बे, झाड़ियों पर संघर्ष के चिन्ह तथा अन्य साक्ष्य पाए गए, जिससे प्रथम दृष्टया मामला वन्यजीवों के आपसी संघर्ष का माना जा रहा है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="‘ऑपरेशन टाइगर की बात करने वालों का अमित शाह ने 100 बार किया ऑपरेशन’, संजय राउत का एकनाथ शिंदे पर तीखा हमला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sanjay-raut-on-eknath-shinde-operation-tiger-uddhav-thackeray-mp-meeting-matoshree-1794401.html"> ‘ऑपरेशन टाइगर की बात करने वालों का अमित शाह ने 100 बार किया ऑपरेशन’, संजय राउत का एकनाथ शिंदे पर तीखा हमला </a></strong></p>
<h3>NTCA दिशानिर्देशों के तहत जांच शुरू</h3>
<p>मृत भालू का शव परीक्षण एनटीसीए प्रतिनिधि शैलेश राजपूत, मुख्य वन्यजीव रक्षक के प्रतिनिधि पंकज देशमुख, पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. शुभम गुरवे, पशु चिकित्सक मेघराज तुलावी सहित अन्य अधिकारियों की उपस्थिति में किया गया। वन विभाग के अनुसार राष्ट्रीय<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/ntca-maharashtra-tiger-management-fund-outside-protected-reserves-2026-1564208.html"> बाघ संरक्षण</a> </strong>प्राधिकरण एनटीसीए के दिशानिर्देशों के तहत मामले की विस्तृत जांच जारी है। साथ ही संघर्ष में शामिल दूसरे वन्यजीव की तलाश भी की जा रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>नियमित बिक्री के लिए जगह की कमी, स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को नहीं मिलता उचित बाजार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-self-help-groups-market-access-women-entrepreneurs-1794910.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 13 Jun 2026 17:37:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 13 Jun 2026 17:37:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Women-Employment_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[CM Women Empowerment Campaign]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1794910</guid>

					<description><![CDATA[Women Empowerment: गोंदिया जिले में 7,256 स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी करीब 89 हजार महिलाएं स्वरोजगार के माध्यम से आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Women-Employment_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Self Help Groups Market Access Women Entrepreneurs"     /></figure><p><strong>Rural Women Employment</strong>: गोंदिया जिले में स्वयं सहायता समूहों ने हजारों ग्रामीण महिलाओं के जीवन में आर्थिक आत्मनिर्भरता की नई राह खोली है। बेरोजगार महिलाओं को संगठित कर बनाए गए इन समूहों के माध्यम से करीब 89 हजार महिलाएं स्वरोजगार से जुड़कर अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत करने का प्रयास कर रही हैं। हालांकि, उत्पादों की बिक्री के लिए स्थायी बाजार और उचित मंच उपलब्ध नहीं होने से उन्हें अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<p>जिले की आठ तहसीलों के 416 गांवों में 7,256 स्वयं सहायता समूह सक्रिय हैं। इनमें से सैकड़ों समूहों को विभिन्न योजनाओं के तहत लगभग 488।80 करोड़ रुपये का ऋण वितरित किया गया है। इस आर्थिक सहायता के बल पर महिलाओं ने बकरी पालन, डेयरी व्यवसाय, पोल्ट्री फार्म, अगरबत्ती और मोमबत्ती निर्माण, आलू उत्पादन सहित कई छोटे उद्योग शुरू किए हैं। देवरी और सड़क अर्जुनी तहसीलों में 15 से 20 स्वयं सहायता समूहों ने मिलकर सामूहिक बकरी पालन केंद्र स्थापित किए हैं। यहां बकरियों की देखभाल करने वाली महिलाओं को मजदूरी दी जाती है और उन्हें &amp;#8216;पशु सखी&amp;#8217; के रूप में पहचान मिली है। जिले में कई समूहों ने अपनी दूध डेयरियां भी शुरू की हैं।</p>
<h3>बड़े ऋण का उठाया लाभ</h3>
<p>महिलाओं ने आर्थिक उन्नति के लिए संयुक्त समूह बनाकर बड़े ऋण का लाभ उठाया है। उन्हें मुद्रा योजना का भी फायदा मिल रहा है। वर्तमान में समूहों की महिलाएं खेती, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/salekasa-development-irrigation-project-farmers-transport-issues-gondia-1788591.html/amp">मुर्गी पालन</a></strong>, पोस्टल सेवा, बकरी, सूअर एवं मछली पालन, डेयरी फार्मिंग, दाल एवं मसाला प्रसंस्करण, पापड़ उद्योग, किराना दुकान, ज्वेलरी निर्माण, रसवंती गृह, रेस्टोरेंट, सब्जी विक्रय और ट्रेडिंग जैसे व्यवसाय संचालित कर रही हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नासिक गोदावरी में छोड़ा जा रहा ड्रेनेज का गंदा पानी, दोषी अधिकारियों पर केस दर्ज करने की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/godavari-nashik-river-pollution-court-order-violation-nmc-officers-1794559.html"> नासिक गोदावरी में छोड़ा जा रहा ड्रेनेज का गंदा पानी, दोषी अधिकारियों पर केस दर्ज करने की मांग </a></strong></p>
<h3>ज्वेलरी निर्माण में लाखों का कारोबार</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/incomplete-construction-of-nilaj-bridge-villagers-protest-memorandum-submitted-to-sdm-1786226.html/amp">देवरी तहसील</a> </strong>के सात गांवों में ज्वेलरी निर्माण का कार्य लाखों रुपये का कारोबार कर रहा है। बावजूद इसके, उत्पादों की बिक्री के लिए स्थायी बाजार नहीं होने से महिलाओं को मेलों और विभिन्न कार्यक्रमों पर निर्भर रहना पड़ता है। महिलाओं का मानना है कि यदि उन्हें विपणन की बेहतर सुविधा मिले, तो उनकी आर्थिक प्रगति को और गति मिल सकती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर बड़ी कार्रवाई, वाहनों समेत 28.79 लाख का माल जब्त, 3 आरोपी गिरफ्तार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/illegal-gondia-sand-smuggling-police-raid-tipper-tractor-seized-news-1794317.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[रूपम सिंह]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 13 Jun 2026 11:14:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 13 Jun 2026 11:14:38 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Illegal-Sand-Mining_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Illegal Sand Mining]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Smuggling]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1794317</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Crime News: गोंदिया के रावणवाड़ी और आमगांव में पुलिस ने अवैध रेत परिवहन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। तीन अलग-अलग मामलों में वाहनों और रेत समेत 28.79 लाख का माल जब्त किया गया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Illegal-Sand-Mining_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Illegal Gondia Sand Smuggling Police Raid Tipper Tractor Seized News"     /></figure><p><strong>Gondia Illegal Sand Mining:</strong> रावणवाड़ी और आमगांव पुलिस ने अवैध रेत उत्खनन एवं परिवहन के खिलाफ अभियान चलाते हुए कुल 28 लाख 79 हजार 400 रुपये मूल्य का माल जब्त किया है। पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ संबंधित थानों में मामले दर्ज किए हैं।</p>
<p>रावणवाड़ी पुलिस ने रेलवे स्टेशन चौक, काटी परिसर में कार्रवाई करते हुए डांगोरली स्थित वैनगंगा नदी से अवैध रूप से रेत उत्खनन कर परिवहन किए जा रहे एक टिप्पर (एमएच-35/एजे-3246) और उसमें भरी रेत जब्त की। जब्त वाहन और रेत की कुल कीमत 13 लाख 18 हजार रुपये आंकी गई है। इस मामले में गोरेगांव तहसील के म्हसगांव निवासी जितेंद्र देवचंद भोंडे (34) के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।</p>
<p>इसी क्षेत्र में दूसरी कार्रवाई के दौरान पुलिस ने टिप्पर (एमएच-35/एजे-9366) तथा उसमें भरी 6 ब्रास रेत जब्त की। जब्त माल की कुल कीमत 15 लाख 6 हजार रुपये बताई गई है। इस प्रकरण में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/salekasa-development-irrigation-project-farmers-transport-issues-gondia-1788591.html/amp">सालेकसा तहसील</a> के सलंगटोला निवासी स्वप्नील प्रीतम मेंढ़े (24) के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नाफेड और NCCF प्याज खरीद में 24,749 टन का महाघोटाला, रिपोर्ट सौंपने के एक साल बाद भी कार्रवाई नहीं" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/onion-nashik-scam-nafed-nccf-fpo-cooperative-department-investigation-1794282.html"> नाफेड और NCCF प्याज खरीद में 24,749 टन का महाघोटाला, रिपोर्ट सौंपने के एक साल बाद भी कार्रवाई नहीं </a></strong></p>
<p>वहीं <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-traffic-jam-food-safety-government-employees-issues-1773852.html">आमगांव पुलिस</a> ने ग्राम किकरीपार में अवैध रेत परिवहन के मामले में कार्रवाई करते हुए ट्रैक्टर (एमएच-35/एआर-5405) और उसके ट्रॉली में भरी 1 ब्रास रेत जब्त की। जब्त माल की कीमत करीब 2 लाख रुपये है। इस मामले में किकरीपार निवासी पंकज लिंबराज ब्राम्हणकर (30) के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।</p>
<p>रावणवाड़ी और आमगांव पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में कुल 28.79 लाख रुपये का माल जब्त किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मानसून की पहली बारिश में गोंदिया नगर परिषद की खुली पोल, शहर में जगह-जगह जलजमाव</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-first-monsoon-rain-waterlogging-municipal-council-failure-1793508.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 19:21:42 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 19:54:59 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Waterlogging_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Heavy Rains]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[monsoon alert]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1793508</guid>

					<description><![CDATA[Waterlogging In Gondia: गोंदिया में मानसून की पहली तेज बारिश ने नगर परिषद की बारिश पूर्व तैयारियों और जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी।वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Waterlogging_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia First Monsoon Rain Waterlogging Municipal Council Failure"     /></figure><p><strong>First Monsoon Rain Gondia:</strong> मृग नक्षत्र की शुरुआत 7 जून से हो गई। लेकिन जिले में बारिश का कोई पता नहीं था। इसी बीच 12 जून को शाम 4.20 बजे के करीब आधे घंटे तक आंधी, तुफान व बिजली की कड़कड़ाहट के साथ झमाझम बारिश हुई। जिसके बाद मौसम साफ हो गया। 12 जून को सुबह से ही चिलचिलाती धूप व शाम के समय अचानक मौसम बदल गया।</p>
<p>वहीं शाम 4.20 बजे से अचानक हुई तेज बारिश और आंधी ने नगर परिषद की बारिश पूर्व तैयारी और जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। शहर के मुख्य बाजार और मोहल्लों की सड़कों पर भारी जलजमाव हो गया, जिससे दुकानदारों, राहगीरों और आम नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।</p>
<h3>सड़क बारिश के कारण तालाब में तब्दील</h3>
<p>शहर के मुख्य बाजार व पुरानी पानी टंकी के पास की सड़क बारिश के कारण तालाब में तब्दील हो गई। भारी वाहनों के गुजरने पर सड़क पर जमा गंदा पानी राहगीरों और दुकानों पर उछलता गश। जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ने की संभावना है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="भंडारा में NCP का स्थापना दिवस समारोह, आगामी चुनावों को लेकर कार्यकर्ताओं में उत्साह" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/ncp-27th-foundation-day-bhandara-nana-panchbuddhe-party-strength-1793143.html"> भंडारा में NCP का स्थापना दिवस समारोह, आगामी चुनावों को लेकर कार्यकर्ताओं में उत्साह</a></strong></p>
<h3>अंडरग्राउंड और सड़कों पर भरा पानी</h3>
<p>हालांकि बारिश ने लोगों को गर्मी से कुछ देर तक ही सही लेकिन राहत दिलाई है। अंडर ग्राउंड में जलजमाव <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-electric-vehicles-growth-e-rickshaw-environment-friendly-transport-1788823.html/amp">गोंदिया जिले</a></strong> में बारिश ने दस्तक दे दी है। रेलवे लाइन के कारण शहर दो भागों में बटा हुआ है। शहर का छोटा ब्रीज गिराए जाने से लोग अंडर ग्राउंड से आवागमन करते है। जहां बारिश के दौरान नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। शाम को हुई बारिश के कारण शहर के अंडर ग्राउंड में जलजमाव हो गया था।</p>
<h3>जलभराव से लोगों को उठानी पड़ी भारी परेशानी</h3>
<p>जिससे वाहन चालकों को वाहन निकालने के लिए मशक्कत करनी पड़ी। सुबह धूप, दोपहर में बादल, शाम को बारिश12 जून को सुबह चिलचिलाती धूप का सामना करना पड़ा। दोपहर के दौरान बीचबीच में बादल छाए रहे। शाम बरसात के नाम रही।<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/weather-update-nagpur-heatwave-temperature-rain-forecast-june-2026-1792030.html"> मौसम विभाग</a> </strong>के अनुसार अधिकतम तापमान 40.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, वहीं न्यूनतम तापमान 28 डिग्री दर्ज किया गया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया रेलवे स्टेशन पर बड़ी कार्रवाई, पुरी-अहमदाबाद एक्सप्रेस से 4 लाख का गांजा जब्त</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-rpf-seizes-ganja-puri-ahmedabad-express-operation-narcos-1793458.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 19:10:27 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 19:25:21 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Railway-Station_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Indian Railway]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[RPF]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1793458</guid>

					<description><![CDATA[Operation Narcos: गोंदिया रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने ऑपरेशन नार्कोस के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए पुरी-अहमदाबाद एक्सप्रेस से करीब 7.972 किलोग्राम गांजा जब्त किया है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Railway-Station_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Rpf Seizes Ganja Puri Ahmedabad Express Operation Narcos"     /></figure><p><strong>Gondia Railway Station</strong>: नागपुर मंडल के रेलवे सुरक्षा बल द्वारा ऑपरेशन नार्कोस के तहत मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में एक महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। रेलवे सुरक्षा बल ने गाड़ी संख्या 12843 पुरीअहमदाबाद एक्सप्रेस से लगभग चार लाख रु. का गांजा जब्त किया है।</p>
<p>रेलवे सुरक्षा बल, दपूमरे, नागपुर मंडल द्वारा राज्य पुलिस व अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित कर सूचना के आदानप्रदान के माध्यम से रेलगाड़ियों के जरिए प्रतिबंधित मादक पदार्थों, शराब, तंबाकू उत्पादों आदि की तस्करी तथा इसमें संलिप्त आरोपियों की धरपकड़ के लिए मंडल सुरक्षा आयुक्त, रेलवे सुरक्षा बल, नागपुर चेतन दिलीपराव जिचकार के निर्देशन व मार्गदर्शन में लगातार विशेष जांच अभियान चलाया जा रहा है।</p>
<h3>ट्रेन में छिपाकर ले जाया जा रहा था गांजा</h3>
<p>बुधवार को मंडल टास्क टीम व आरपीएफ पोस्ट गोंदिया द्वारा प्राप्त गुप्त सूचना के आधार पर एनडीपीएस ड्राइव के तहत <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-railway-ticket-checking-drive-fine-collected-without-ticket-travel-1773931.html">गोंदिया रेलवे स्टेशन</a></strong> पर गाड़ी संख्या 12843 पुरीअहमदाबाद एक्सप्रेस के कोच संख्या एस03 की इंजन साइड शौचालय की छत से एक लावारिस चेक बैग बरामद किया गया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="भंडारा में NCP का स्थापना दिवस समारोह, आगामी चुनावों को लेकर कार्यकर्ताओं में उत्साह" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/ncp-27th-foundation-day-bhandara-nana-panchbuddhe-party-strength-1793143.html"> भंडारा में NCP का स्थापना दिवस समारोह, आगामी चुनावों को लेकर कार्यकर्ताओं में उत्साह</a></strong></p>
<h3>गोंदिया में NDPS अभियान के तहत कार्रवाई</h3>
<p>रेल पुलिस के किया सुपुर्द बैग की जांच करने पर उसमें रखे चार पैकेट गांजा जैसे मादक पदार्थ पाए गए, जिनका कुल वजन 7.972 किलोग्राम तथा अनुमानित बाजार मूल्य 3,98,600 आंका गया। आरपीएफ द्वारा एनडीपीएस अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई पूर्ण कर बरामद बैग व<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/crime-branch-arrests-two-drug-peddlers-nagpur-md-drugs-seized-samruddhi-expressway-1789915.html/amp"> मादक पदार्थ</a> </strong>को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई के लिए शासकीय रेल पुलिस जीआरपी, गोंदिया के सुपुर्द किया गया। जीआरपी गोंदिया द्वारा एनडीपीएस अधिनियम के अंतर्गत अज्ञात आरोपी के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में स्वच्छ सर्वेक्षण पर सवाल, लाखों खर्च के बावजूद सड़कों पर कचरे के ढेर</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-cleanliness-survey-garbage-management-fine-action-failure-1792927.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 16:47:34 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 17:14:07 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Garbage-Problem_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Solid Waste Management]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1792927</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Cleanliness Survey: गोंदिया नगर परिषद द्वारा स्वच्छ सर्वेक्षण और स्वच्छता अभियान पर लाखों रुपये खर्च किए जाने के बावजूद शहर में जगह-जगह कचरे के ढेर दिखाई दे रहे हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Garbage-Problem_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Cleanliness Survey Garbage Management Fine Action Failure"     /></figure><p><strong>Gondia Municipal Council:</strong> गोंदिया नगर परिषद की ओर से स्वच्छ और सुंदर गोंदिया के उद्देश्य से चलाया गया स्वच्छ सर्वेक्षण अभियान अब सवालों के घेरे में आ गया है। शहर में स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए लाखों रुपये खर्च कर जनजागृति अभियान चलाया गया, सार्वजनिक व सरकारी कार्यालयों की दीवारों पर संदेश लिखे गए, सूखे और गीले कचरे के लिए डस्टबीन उपलब्ध कराए गए तथा करीब 35 घंटागाड़ियां खरीदी गईं। इसके बावजूद शहर की सफाई व्यवस्था बदहाल नजर आ रही है।</p>
<p>नगर परिषद ने सार्वजनिक स्थानों पर कचरा फेंकने, थूकने और खुले में शौच करने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करने की घोषणा की थी। इसके तहत सड़क पर कचरा डालने पर 180 रुपये, सार्वजनिक स्थानों पर थूकने पर 150 रुपये और खुले में शौच करने पर 500 रुपये जुर्माना तय किया गया था। हालांकि नागरिकों का आरोप है कि यह कार्रवाई केवल कागजों तक सीमित रह गई है और अब तक किसी के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।</p>
<h3>गोंदिया की सफाई व्यवस्था बदहाल</h3>
<p>शहर के कई वार्डों, गलियों और मोहल्लों में जगह-जगह कचरे के ढेर दिखाई दे रहे हैं। घंटागाड़ी सुबह कचरा संग्रहण करती है, लेकिन दिनभर लोग घरेलू कचरा सड़कों और नालियों के किनारे फेंकते रहते हैं। नगर परिषद की ओर से ऐसे लोगों पर कोई दंड नहीं लगाए जाने से शहर में छोटे-छोटे <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-municipal-council-waste-management-failure-dumping-yard-fund-issue-2026-1791964.html/amp">डंपिंग यार्ड</a></strong> बनते जा रहे हैं। जिम्मेदारी का गंभीरता से पालन करें बताया जाता है कि शहरी क्षेत्र से प्रतिदिन लगभग 50 टन कचरा उठाया जाता है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="मानसून की देरी से ठाणे बेहाल, शहापुर-मुरबाड के एक लाख लोग पानी के लिए टैंकरों पर निर्भर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/thane/thane-water-shortage-shahapur-murbad-tanker-supply-crisis-1792279.html"> मानसून की देरी से ठाणे बेहाल, शहापुर-मुरबाड के एक लाख लोग पानी के लिए टैंकरों पर निर्भर </a></strong></p>
<h3>गोंदिया में स्वच्छता अभियान पर लाखों खर्च</h3>
<p>नागरिकों की सुविधा के लिए विभिन्न स्थानों पर सीमेंट डस्टबीन और कूड़ेदान भी लगाए गए हैं, लेकिन अनेक लोग उनका उपयोग करने के बजाय खुले स्थानों पर कचरा फेंक देते हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि जब <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nmc-nagpur-special-cleanliness-drive-markets-cloth-bags-awareness-1792121.html/amp">स्वच्छता अभियान</a></strong> पर लाखों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, तो दंडात्मक कार्रवाई और जनभागीदारी के अभाव में इसका अपेक्षित परिणाम क्यों नहीं दिखाई दे रहा। शहर को वास्तव में स्वच्छ बनाने के लिए प्रशासन और नागरिकों दोनों को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>रायगढ़ दर्शन यात्रा का दूसरा वर्ष, युवाओं को इतिहास और राष्ट्रभक्ति से जोड़ने का प्रयास</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/raigad/sonbihari-raigad-darshan-yatra-shivaji-maharaj-youth-initiative-1792905.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 16:41:35 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 17:03:29 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Raigad-Darshan_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[रायगड]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Raigad News]]></category>
		<category><![CDATA[Tourism Department]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1792905</guid>

					<description><![CDATA[Raigad Fort: गोंदिया के सोनबिहरी में छत्रपति शिवाजी महाराज युवा संगठन द्वारा रायगढ़ दर्शन सहल का आयोजन किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य युवाओं को छत्रपति शिवाजी महाराज के आदर्शोंसे परिचित कराना है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Raigad-Darshan_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sonbihari Raigad Darshan Yatra Shivaji Maharaj Youth Initiative"     /></figure><p><strong>Raigad Darshan Yatra:</strong> इतिहास, संस्कार और राष्ट्रभक्ति का संगम बन चुकी छत्रपति शिवाजी महाराज युवा संगठन सोनबिहरी की रायगढ़ दर्शन सहल अब अपने द्वितीय वर्ष में प्रवेश कर रही है। संगठन द्वारा पिछले वर्ष 20 युवाओं को छत्रपति शिवाजी महाराज की राजधानी रायगढ़ किले का ऐतिहासिक दर्शन कराया गया था, जिसे युवाओं का भरपूर प्रतिसाद मिला। इसी सफलता को आगे बढ़ाते हुए इस वर्ष भी रायगढ़ दर्शन सहल का आयोजन किया जा रहा है।</p>
<p>संगठन का उद्देश्य केवल एक पर्यटन यात्रा आयोजित करना नहीं, बल्कि युवकों व युवतियों को छत्रपति शिवाजी महाराज के आदर्शों, स्वाभिमान, पराक्रम, राष्ट्रप्रेम और सुशासन की प्रेरणा से जोड़ना है। आज के आधुनिक दौर में युवा पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास से परिचित कराने तथा उनमें नेतृत्व, संगठन और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के लिए यह अभिनव पहल की जा रही है।</p>
<h3>रायगढ़ किला दर्शन यात्रा शुरू</h3>
<p>रायगढ़ किला केवल एक ऐतिहासिक धरोहर नहीं, बल्कि हिंदवी स्वराज्य के स्वप्न, संघर्ष और विजय का प्रतीक है। इसी भूमि पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/chhatrapati-shivaji-maharaj-forts-became-world-heritage-maratha-pride-got-global-recognition-1336469.html">छत्रपति शिवाजी महाराज</a></strong> का राज्याभिषेक हुआ था और यहीं से स्वराज्य की गौरवगाथा पूरे देश में गूंज उठी थी।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="अकोला में कचरा संग्रहण व्यवस्था ठप, वंचित बहुजन आघाड़ी ने जनआंदोलन की चेतावनी दी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-municipal-corporation-garbage-issue-vba-nilesh-deo-protest-ultimatum-2026-1792377.html"> अकोला में कचरा संग्रहण व्यवस्था ठप, वंचित बहुजन आघाड़ी ने जनआंदोलन की चेतावनी दी </a></strong></p>
<h3>यात्रा में सहभागी बनने का आह्वान</h3>
<p>संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि रायगढ़ दर्शन सहल के माध्यम से युवाओं को शिवराय के जीवन चरित्र, उनके प्रशासन, युद्धनीति और राष्ट्र निर्माण के विचारों की जानकारी दी जाएगी, जिससे वे अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकें।</p>
<h3>सोनबिहरी के युवाओं के लिए ऐतिहासिक अवसर</h3>
<p>संगठन के पदाधिकारी व सोनबिहरी के युवाओं ने अधिक से अधिक युवक-युवतियों से इस ऐतिहासिक व प्रेरणादायी यात्रा में सहभागी बनने का आह्वान किया है। इस सहल में<strong><a href="https://navbharatlive.com/special-coverage/june-6-in-history-operation-blue-star-anniversary-and-chhatrapati-shivaji-coronation-1779316.html"> रायगढ़ किला</a></strong>, जेजुरी किला, शिवशृष्टि, जगदीश्वर मंदिर, शिव समाधि आदि स्थानों के दर्शन होंगे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>महात्मा गांधी विवाद मुक्त समिति कागजों तक सीमित, गांवों में नहीं हो रहा प्रभावी संचालन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/mahatma-gandhi-dispute-free-committee-is-limited-to-papers-not-being-effectively-operated-in-villages-1792731.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 16:09:04 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 16:39:00 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gram-Sabha_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Gram Panchayat Voting]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1792731</guid>

					<description><![CDATA[Rural Dispute Settlement: सालेकसा की 41 ग्राम पंचायतों और 105 गांवों में गठित महात्मा गांधी विवाद मुक्त समिति का उद्देश्य गांव स्तर पर आपसी विवादों का समाधान कर पुलिस और न्यायालयों पर बोझ कम करना था।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gram-Sabha_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mahatma Gandhi Dispute Free Committee Is Limited To Papers Not Being Effectively Operated In Villages"     /></figure><p><strong>Tahsil Gram Sabha Committee:</strong> महात्मा गांधी विवाद मुक्त समिति को संपूर्ण महाराष्ट्र में पूर्व तत्कालीन गृहमंत्री आर।आर। पाटिल ने प्रारंभ किया था। स्वतंत्रता दिवस की 60वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में 15 अगस्त 2007 को इस समिति का गठन किया गया था। इस समिति के गठन के तहत गांव के ग्रामवासियों को ग्रामसभा में विवाद मुक्त समिति का गठन करने का अधिकार है। तहसील में 1 नगर पंचायत सहित 41 ग्राम पंचायतों सहित 105 गांवों का समावेश है। जिसमें महात्मा गांधी विवाद मुक्त समिति की स्थापना की गई। लेकिन आज भी अनेक ग्राम पंचायतों की समिति सिर्फ कागजों पर सिमित रह गई हैं।</p>
<p>इस समिति का मुख्य उद्देश्य गांवों में होने वाले आपसी विवादों को आपस में ही बातचित से हल कर लोगों को पुलिस तथा न्यायालय की चौखट तक जाने से रोक कर पुलिस तथा न्यायालय का बोझ कम करने का मुख्य उद्देश्य था। महात्मा गांधी विवाद मुक्त समिति गांवों में ग्रामसभा से चुनी जाती है। जिसमें से एक अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और गांवों के पुलिस पाटिल को सचिव पद पर चयन किया जाता है। विमुस के समक्ष आता है मामलाविवाद की शिकायत विवाद मुक्त समिति के सामने पहले रखना जरूरी है।</p>
<h3>सालेकसा में विवाद मुक्त समिति निष्क्रिय</h3>
<p>यदि समिति के सामने शिकायतों का निपटारा या सुलह न होने पर यह मामला विवाद मुक्त समिति पुलिस को सौंपती है। गांव स्तर पर मामूली विवाद होने पर अधिकांश ग्रामीण सीधा शिकायत देने पुलिस थाने पहुंचते हैं और पुलिस की कार्यवाही के बाद मामला न्यायालय में पहुंचता है।</p>
<p>यदि गांव स्तर पर विवादों को दोनों पक्षों में समझौता या सुलह कर दिया जाए तो दोनों पक्ष <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/municipal-contractors-association-nagpur-row-expired-tenure-dispute-1757286.html">कानूनी कार्यवाही</a> </strong>से बच सकते हैं। वहीं पुलिस व न्यायालय का समय बर्बाद होने से बच सकते हैं। लेकिन प्रशासन की अनदेखी के कारण विवाद मुक्त समिति कागजों पर सीमित रह गई है। ग्रामीण भागों में समिति अध्यक्ष या दो तीन प्रमुख लोगों द्वारा ही सुलझाने का कार्य किया जाता है तथा अन्य सदस्यों को इसकी सूचना भी नहीं दी जाती।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="अकोला में कचरा संग्रहण व्यवस्था ठप, वंचित बहुजन आघाड़ी ने जनआंदोलन की चेतावनी दी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-municipal-corporation-garbage-issue-vba-nilesh-deo-protest-ultimatum-2026-1792377.html"> अकोला में कचरा संग्रहण व्यवस्था ठप, वंचित बहुजन आघाड़ी ने जनआंदोलन की चेतावनी दी </a></strong></p>
<h3>छोटे विवाद पहुंच रहे थानों तक</h3>
<p>कई गांवों को <strong><a href="https://navbharatlive.com/special-coverage/today-in-history-june-7-mahatma-gandhi-south-africa-movement-mahesh-bhupathi-1781507.html">महात्मा गांधी</a></strong> विवाद मुक्त पुरस्कार भी प्राप्त हो चुका है। विमुस से घट रहे थे अपराधगांव स्तर पर 2 पक्षों की विवादों की स्थिति में पुलिस थाने में शिकायत न करते हुए विवाद मुक्त समिति के पास विवाद समझौता के लिए एक पक्ष द्वारा ज्ञापन देने पर तय समय में विवाद को दोनों पक्षों को ग्राम पंचायत में नोटिस देकर समिति के पदाधिकारियों के सामने विवादों का कारण पता लगाकर आपस में मामला सुलझाने का प्रयास समिति के माध्यम से किया जाता है।</p>
<p>इनके प्रयासों से अनेक मामलों का गांव स्तर पर ही सुलझाने में सफलता मिली है। जिस कारण होने वाले अपराधों में भी भारी गिरावट आई थी। लेकिन कुछ वर्षों में अनेक गांवों में इस अभियान को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। जिस कारण गांवों में मामुली विवाद होने पर लोग पुलिस थाने पहुंच जाते हैं। अनेक गांवों में समिति सिर्फ नाममात्र हो गई है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोरेगांव बसस्थानक के कायाकल्प की मांग, विधायक विजय रहांगडाले ने परिवहन मंत्री को लिखा पत्र</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/goregaon-bus-stand-redevelopment-fund-demand-vijay-rahangdale-1792717.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 16:02:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 16:19:19 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/ST-Bus-Depot_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Pratap Sarnaik]]></category>
		<category><![CDATA[ST Bus]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1792717</guid>

					<description><![CDATA[Bus Depot Renovation: गोरेगांव स्थित एसटी बसस्थानक और आगार की जर्जर स्थिति को देखते हुए विधायक विजय रहांगडाले ने परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक को पत्र लिखकर विशेष निधि मंजूर करने की मांग की है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/ST-Bus-Depot_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Goregaon Bus Stand Redevelopment Fund Demand Vijay Rahangdale"     /></figure><p><strong>Goregaon Bus Stand:</strong> गोरेगांव स्थित राज्य परिवहन महामंडल एसटी के बस स्थानक और आगार के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक निधि तत्काल मंजूर कर लंबित विकास कार्यों को शीघ्र पूरा करने की मांग विधायक विजय रहांगडाले ने राज्य के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक से की है।</p>
<p>इस संबंध में उन्होंने मंत्री को विस्तृत पत्र भेजकर बसस्थानक की वर्तमान दयनीय स्थिति की ओर ध्यान आकर्षित कराया है। रहांगडाले ने अपने पत्र में बताया कि गोरेगांव बसस्थानक व आगार की इमारत का निर्माण वर्ष 200910 के दौरान किया गया था। पिछले तीन दशकों से अधिक समय से यह बसस्थानक हजारों यात्रियों के लिए आवागमन का प्रमुख केंद्र रहा है।</p>
<h3>गोरेगांव एसटी बसस्थानक के आधुनिकीकरण की मांग</h3>
<p>लेकिन समय के साथ इमारत की हालत लगातार खराब होती गई है और वर्तमान में यह काफी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/bad-roads-potholes-nagpur-monsoon-risk-road-repair-delay-citizens-concern-1789959.html/amp">जर्जर अवस्था</a></strong> में पहुंच चुकी है। उन्होंने कहा कि बसस्थानक परिसर में यात्रियों और कर्मचारियों के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाओं का अभाव स्पष्ट रूप से दिखाई देता है। भवन के कई हिस्सों में मरम्मत की जरूरत है, जबकि बढ़ती यात्री संख्या के कारण उपलब्ध सुविधाएं अपर्याप्त साबित हो रही हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="अकोला में कचरा संग्रहण व्यवस्था ठप, वंचित बहुजन आघाड़ी ने जनआंदोलन की चेतावनी दी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-municipal-corporation-garbage-issue-vba-nilesh-deo-protest-ultimatum-2026-1792377.html"> अकोला में कचरा संग्रहण व्यवस्था ठप, वंचित बहुजन आघाड़ी ने जनआंदोलन की चेतावनी दी </a></strong></p>
<p>ऐसे में यात्रियों को असुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है और कर्मचारियों को भी कार्य करने में कई समस्याएं उठानी पड़ रही हैं। आधुनिकीकरण समय की आवश्यकता विधायक विधायक ने पत्र में जोर देते हुए कहा कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए बसस्थानक की नई इमारत का निर्माण, आगार भवन का नवीनीकरण तथा पूरे परिसर का आधुनिकीकरण समय की आवश्यकता बन गया है।</p>
<h3>यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देने पर जोर</h3>
<p>उन्होंने विशेष रूप से आगार परिसर में वाहनतल पार्किंग क्षेत्र के कांक्रीटीकरण की भी मांग की है, जिससे बसों की आवाजाही और रखरखाव की व्यवस्था अधिक सुगम व सुरक्षित हो सके। रहांगडाले ने परिवहन मंत्री से आग्रह किया है कि गोरेगांव<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/lakhani-bus-station-wins-first-rank-maharashtra-clean-beautiful-bus-stand-award-1769276.html"> बसस्थानक और आगार</a> </strong>के विकास के लिए विशेष निधि तत्काल स्वीकृत की जाए, ताकि वर्षों से लंबित विकास कार्यों को गति मिल सके और यात्रियों को आधुनिक व बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।</p>
<p>यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं मिलने की उम्मीद यदि सरकार द्वारा निधि स्वीकृत कर विकास कार्यों को मंजूरी दी जाती है, तो गोरेगांव बसस्थानक का कायाकल्प होगा। इससे न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि एसटी कर्मचारियों के लिए भी कार्य वातावरण अधिक सुविधाजनक बनेगा। साथ ही क्षेत्र के परिवहन ढांचे को मजबूती मिलने से स्थानीय नागरिकों को भी बड़ा लाभ होगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में धान खरीदी का 481 करोड़ रुपये भुगतान अटका, 46 हजार से अधिक किसान संकट में</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-paddy-procurement-payment-delay-farmers-financial-crisis-2026-1792185.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 12:51:26 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 12:51:26 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Paddy-Payment-Pending_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Paddy Purchase Centers]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1792185</guid>

					<description><![CDATA[Farmers Await Procurement Money: गोंदिया में रबी धान खरीदी का 481.94 करोड़ रुपये का भुगतान अटकने से 46,103 किसान परेशान हैं। खरीफ सीजन सिर पर होने से किसान अब कर्ज और साहूकारों के भरोसे हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Paddy-Payment-Pending_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Paddy Procurement Payment Delay Farmers Financial Crisis 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Paddy Payment Pending: </strong>गोंदिया में खरीफ सीजन शुरू होने वाला है, इसी दौरान गोंदिया जिले के धान उत्पादक किसानों को बड़े आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। रबी सीजन में सरकारी धान खरीदी केंद्रों पर बेचे गए धान का 481 करोड़ 94 लाख रु। का भुगतान अब भी लंबित होने से 46,103 किसानों को भुगतान का इंतजार है।</p>
<p>गोंदिया जिले के 191 खरीदी केंद्रों पर अब तक 20,30,432 क्विंटल धान की खरीदी की जा चुकी है। इसके लिए 2,369 रु। प्रति क्विंटल की दर से खरीदी तो की गई, लेकिन सरकार से राशि नहीं मिलने के कारण अभी तक किसानों के खाते में राशि जमा नहीं हो पाई है। इस वर्ष रबी सीजन में धान बेचने के लिए 77,620 किसानों ने पंजीयन कराया था।</p>
<p>जिनमें से 46,103 किसानों ने खरीदी पूरी कर ली है, लेकिन भुगतान रुकने से किसानों में सरकार और प्रशासन के प्रति नाराजगी का माहौल है। इस बीच 31,517 पंजीकृत किसान अब भी धान बेचने से वंचित हैं, जिससे खरीदी प्रक्रिया पर भी सवाल खड़ा हो गया है।</p>
<h3>किसानों की चिंताएं बढ़ी</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-gharkul-beneficiaries-installment-delay-housing-scheme-1788260.html">गोंदिया जिला</a> मार्केटिंग फेडरेशन विवेक इंगले ने बताया कि जैसे ही सरकार से राशि उपलब्ध होगी, राशि सीधे किसानों के खाते में जमा कर दी जाएगी। लेकिन, वास्तविक निधि कब मिलेगी इसकी कोई निश्चितता नहीं होने से किसान चिंतित हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="अकोला में फसल बीमा विवाद की होगी गहन जांच, कृषि मंत्री दत्तात्रय भरणे ने मांगी रिपोर्ट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-crop-insurance-scam-investigation-report-dattatray-bharne-hdfc-ergo-2026-1792122.html"> अकोला में फसल बीमा विवाद की होगी गहन जांच, कृषि मंत्री दत्तात्रय भरणे ने मांगी रिपोर्ट </a></strong></p>
<h3>लंबित राशि का जल्द भुगतान करें</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/kharif-season-fertilizer-price-hike-farmers-cost-crisis-1785114.html">खरीफ सीज़न</a> आ गया है और बीज, उर्वरक, कीटनाशकों और खेती के लिए भारी मात्रा में धन की आवश्यकता होती है। लेकिन, धान बिक्री का भुगतान समय पर नहीं होने के कारण कई किसानों को कर्ज या निजी साहूकारों का सहारा लेना पड़ता है। भुगतान रुकने और खरीदी प्रक्रिया धीमी गति से चलने से जिले के किसान परेशान हो गए हैं और किसान संगठन मांग कर रहे हैं कि सरकार तुरंत राशि उपलब्ध कराए और लंबित राशि का भुगतान करेंपड़ता है।</p>
<p>भुगतान रुकने और खरीदी प्रक्रिया धीमी गति से चलने से जिले के किसान परेशान हो गए हैं और किसान संगठन मांग कर रहे हैं कि सरकार तुरंत राशि उपलब्ध कराए और लंबित राशि का भुगतान करें।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>100 साल बाद भी गोंदिया नगर परिषद के पास नहीं डंपिंग यार्ड, ठेकेदार के भरोसे कचरा प्रबंधन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-municipal-council-waste-management-failure-dumping-yard-fund-issue-2026-1791964.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 10:22:18 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 10:26:35 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Municipal-Dumping-Yard-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1791964</guid>

					<description><![CDATA[Municipal Dumping Yard Issue: गोंदिया नप को 100 साल बाद भी खुद का डंपिंग यार्ड नसीब नहीं हुआ। 8.73 करोड़ रुपये का फंड मंजूर होने पर भी 50 टन कचरा ठेकेदार की निजी जमीन पर डंप किया जा रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Municipal-Dumping-Yard-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Municipal Council Waste Management Failure Dumping Yard Fund Issue 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Waste Management Crisis: </strong>गोंदिया जिला मुख्यालय में नप को &amp;#8216;अ&amp;#8217; श्रेणी का दर्जा प्राप्त है। यह नप 100 वर्ष पार कर गई। शहर पर कब्जा दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। शहर की जनसंख्या 1,39,813 है, जबकि क्षेत्रफल 18.08 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है। गोंदिया नप की स्थापना 1920 में हुई थी। लेकिन, शहर से प्रतिदिन उत्पन्न होने वाले 50 मीट्रिक टन कचरे का प्रबंधन करने के लिए नपा के पास अभी भी अपना ठोस अपशिष्ट प्रबंधन प्रकल्प नहीं है।</p>
<p>नप के पास साधारण डंपिंग यार्ड तक नहीं है। इसलिए शहर से निकलने वाले कचरे को किसी भी स्थान पर डंप किया जा रहा है। इस बीच पिछले कुछ वर्षों से नगर पालिका प्रशासन ने कूड़ा उठाने का ठेका दिया है। इस ठेकेदार के कंपनी की जगह हिरडामाली में स्थित है, जो शहर से कुछ दूरी पर है। ठेकेदार ने अपने परिसर में एक ठोस प्रबंधन प्रकल्प तैयार किया है। कुछ वर्ष पहले नप ने इस प्रकल्प के लिए जगह की तलाश की थी।</p>
<p>लेकिन स्थानीय लोगों के विरोध के कारण यह भी विफल हो गया। कभी स्थानीय लोगों का विरोध तो कभी एयरपोर्ट अथॉरिटी की आपत्ति ने कूड़े की समस्या को विकराल कर दिया है। 8.73 करोड़ रुपये मंजूर होने के बाद भी फाइल आगे नहीं बढ़ रही है। फरवरी 2022 के अधिवेशन में विधायक विनोद अग्रवाल ने यह मुद्दा उठाया था।</p>
<h3>ठोस अपशिष्ट प्रबंधन का मुद्दा दशकों से लंबित</h3>
<p>ठोस अपशिष्ट प्रबंधन का मुद्दा दशकों से लंबित है क्योंकि धन की उपलब्धता के बावजूद उपयुक्त स्थान खोजने में अक्सर कठिनाइयां आती है। जगह मिलने में दिक्कत होने के कारण शहर के विभिन्न स्थानों पर छोटी-छोटी इकाइयां शुरू कर नागरिकों द्वारा अपने स्तर पर गीले कचरे से खाद बनाना ही मुख्य विकल्प रह गया है। स्थानीय स्व-सरकारी निकायों के लिए कचरे की मात्रा और स्रोत का अध्ययन करना और वार्ड-वार कार्य योजना तैयार करना अनिवार्य है।</p>
<h3>हिरडामाली प्रबंधन परियोजना का स्वामित्व नप के पास</h3>
<p>नप गोंदिया मुख्याधिकारी<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-anti-encroachment-drive-june-2026-1750445.html"> संदीप बोरकर</a> ने कहा है कि &amp;#8220;शहर में कोई अपशिष्ट प्रबंधन परियोजना स्थापित नहीं किया गया है। उसके लिए प्रयास चल रहे हैं। वर्तमान में, हिरडामाली में एक अपशिष्ट प्रबंधन परियोजना स्थापित की गई है। लेकिन यह ठेकेदार का है, लेकिन कहा जा सकता है कि इसका स्वामित्व नगर पालिका के पास है। अंततः, कचरा हमारे नप का ही जाता है।&amp;#8221;</p>
<h3>वर्तमान में कचरा संग्रहण केंद्र के लिए कोई निधि नहीं</h3>
<p>नप स्वच्छता अभियंता नितीन गौरखेडे ने कहा है कि &amp;#8220;शहर से प्रतिदिन मीट्रिक टन कूड़ा एकत्र किया जाता है। हां, जगह की कमी से नप के स्वामित्व में कोई कचरा संग्रहण केंद्र नहीं है। जिस व्यक्ति को ठेका दिया गया। उसने हिरडामाली में अपने परिसर में एक अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र स्थापित किया है। वर्तमान में केंद्र के लिए कोई निधि नहीं है।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी फढ़ें:- <a class="title" title="राकां स्थापना दिवस पर नेताओं की जुबानी जंग, तटकरे-भुजबल के बीच मंच से तीखी नोकझोंक" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/ncp-foundation-day-tatkare-bhujbal-munde-political-row-1791816.html"> राकां स्थापना दिवस पर नेताओं की जुबानी जंग, तटकरे-भुजबल के बीच मंच से तीखी नोकझोंक </a></strong></p>
<h3>जल्द कचरा प्रबंधन परियोजना स्थापित करेंगे</h3>
<p>नप गोंदिया नगराध्यक्ष सचिन शेंडे ने कहा है कि &amp;#8220;नप के स्वामित्व में कोई 66 अपशिष्ट प्रबंधन परियोजना नहीं है इस प्रकल्प को स्थापित करने के लिए जगह की तलाश जारी है। नप प्रशासन इसके लिए प्रयासरत है। वर्तमान में ठेकेदार के माध्यम से हिरडामाली में अपशिष्ट प्रबंधन किया जा रहा है। हम जल्द ही गोंदिया में कचरा प्रबंधन परियोजना स्थापित करेंगे।&amp;#8221;</p>
<h3>स्वच्छता का पैसा ठेकेदारों की जेब में</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-electric-vehicles-growth-e-rickshaw-environment-friendly-transport-1788823.html">गोंदिया शहर</a> में कूड़ा सबसे बड़ी समस्या है। कुछ पार्षदों का आरोप है कि व्यवस्थापन का निधि मिलने के बाद भी जगह नहीं मिलने का बहाना बनाकर उस निधि से आने वाले ब्याज का इस्तेमाल यहां के ठेकेदारों के पेट भरने के लिए किया जा रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में सीवरेज परियोजना बनी मुसीबत, रामनगर-सूर्याटोला सड़क पर हादसों का खतरा बढ़ा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-underground-sewerage-project-road-damag-construction-accident-risk-2026-1791797.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 12 Jun 2026 07:49:06 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 12 Jun 2026 07:49:06 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Sewerage-Project-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1791797</guid>

					<description><![CDATA[Underground Sewerage Road Hazard: गोंदिया में सीवरेज परियोजना के लिए खुदी रामनगर-सूर्याटोला सड़क जी का जंजाल बनी। ठेकेदार ने पाइपलाइन बिछाकर सड़क को वैसे ही छोड़ा, जिससे हादसे बढ़ रहे हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Sewerage-Project-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Underground Sewerage Project Road Damag Construction Accident Risk 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Sewerage Project Issue:</strong> महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण की ओर से पीसी स्नेहल कंस्ट्रक्शन कंपनी इन दिनों गोंदिया शहर में भूमिगत सीवरेज परियोजना पर काम कर रही है। लेकिन, इस कंपनी के बेहद सुस्त और लचर प्रबंधन के कारण शहरवासियों को अनगिनत कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। दो माह पूर्व इस महत्वपूर्ण सड़क पर रामनगर से सूर्याटोला तक सड़क खोदकर पाइप लाइन बिछाई गई थी, लेकिन इस सड़क का जीर्णोद्धार नहीं होने से यह सड़क अब दुर्घटना का जाल बन गई है।</p>
<p>भूमिगत सीवरेज योजना नागरिकों की जान पर उठ आई है। पिछले 4-5 वर्ष से <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-electric-vehicles-growth-e-rickshaw-environment-friendly-transport-1788823.html">गोंदिया शहर</a> में अंडरग्राउंड सीवरेज योजना का काम चल रहा है। इसी बीच दो माह पहले रामनगर क्षेत्र में इस सड़क पर बड़े धूमधाम से खुदाई का काम किया गया। पाइप लाइन बिछाने का काम पूरा होने के बाद ठेकेदार &amp;#8211; कंपनी ने खोदी गई सड़क को ठीक से नहीं &amp;#8211; भरा और न ही सीमेंटीकरण किया।</p>
<p>सड़क को वैसे ही छोड़ दिया गया है, उसमें गड्ढे हैं और उन्हें आंशिक रूप से छोड़ दिया गया है। रामनगर परिसर शहर की सबसे व्यस्त सड़कों में से एक है, जहां रोजाना हजारों नागरिक और वाहन चालक यात्रा करते हैं।</p>
<h3>सड़क का ठीक से कवर या सीमेंटीकरण नहीं</h3>
<p>सूर्याटोला, बाबा खापेकर ने कहा &amp;#8220;दो माह से सड़क खोदी गई है। पाइप लाइन तो बिछा दी गई लेकिन सड़क को ठीक से कवर या सीमेंटीकरण नहीं किया गया, यहां रात के समय सफर करना मतलब जान जोखिम में डालना है। क्या ठेकेदार कंपनी नागरिकों की जान से खेल रही है।&amp;#8221;</p>
<h3>तत्काल मरम्मत करने की मांग</h3>
<p>सड़क की खोदाई और वहां फैली कीचड़-धूल के कारण वाहन का नियंत्रण खोने से दुर्घटनाओं की संख्या काफी बढ़ गई है। खराब सड़क के कारण कई बाइक सवार इस सड़क पर गिर चुके हैं और कुछ नागरिकों को गंभीर चोटें भी आई हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="गोंदिया RTO सेवाओं पर संकट के आसार, कर्मचारियों ने ‘चक्का जाम’ आंदोलन का किया ऐलान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-rto-employees-strike-june-16-chakka-jam-transport-minister-meeting-2026-1789669.html"> गोंदिया RTO सेवाओं पर संकट के आसार, कर्मचारियों ने ‘चक्का जाम’ आंदोलन का किया ऐलान </a></strong></p>
<p>इन दुर्घटनाओं से स्थानीय नागरिकों में ठेकेदार कंपनी और महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के खिलाफ गहरी नाराजगी है। वहीं, अगले कुछ दिनों में बारिश का दौर शुरू होने वाला है।<br />
इस तरह का नजारा रामनगर, सूर्याटोला समेत शहर की अन्य महत्वपूर्ण सड़कों पर दिखने से दुर्घटनाओं का सिलसिला फिर बढ़ने वाला है। तो फिर महत्वपूर्ण और यातायात वाली सड़कें कौन सी हैं। इनकी तत्काल मरम्मत की मांग जोर पकड़ रही है।</p>
<h3>सीमेंटीकरण करने का आदेश दें अन्यथा आंदोलन</h3>
<p>नागरिकों द्वारा बार-बार शिकायत करने के बावजूद पीसी स्नेहल कंस्ट्रक्शन कंपनी के प्रबंधन या <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/acb-traps-maharashtra-chief-engineer-nagpur-bribery-license-renewal-case-1790427.html">महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण </a>के अधिकारियों द्वारा कोई संज्ञान नहीं लिया गया है। सूर्याटोला व रामनगर क्षेत्र के नागरिकों ने चेतावनी दी है कि संबंधित जन प्रतिनिधि व वरिष्ठ पदाधिकारी अविलंब इस मामले पर ध्यान दें और ठेकेदार को सड़क सीमेटीकरण करने का आदेश दें, अन्यथा तीव्र आंदोलन किया जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया RTO सेवाओं पर संकट के आसार, कर्मचारियों ने ‘चक्का जाम’ आंदोलन का किया ऐलान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-rto-employees-strike-june-16-chakka-jam-transport-minister-meeting-2026-1789669.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 11 Jun 2026 09:47:11 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 11 Jun 2026 09:48:49 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-RTO-Employees-Strike_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1789669</guid>

					<description><![CDATA[RTO Employees Strike: गोंदिया के आरटीओ कर्मचारियों ने लंबित मांगों और पदोन्नति रद्द होने के विरोध में एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल की। समाधान न होने पर 16 जून से चक्का जाम की चेतावनी दी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-RTO-Employees-Strike_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Rto Employees Strike June 16 Chakka Jam Transport Minister Meeting 2026"     /></figure><p><strong>Maharashtra Transport Staff Protest:</strong> महाराष्ट्र के मोटर वाहन विभाग (RTO) और राज्य सरकार के बीच का टकराव अब बेहद गंभीर मोड़ पर पहुंच गया है। अपनी विभिन्न प्रलंबित और जायज मांगों को लेकर गोंदिया जिले के आरटीओ कर्मचारियों ने मंगलवार को कार्यालय के समक्ष खड़े होकर एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल की और सरकार की नीतियों के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।</p>
<p>कर्मचारियों ने स्पष्ट किया है कि यह सिर्फ एक चेतावनी थी, और यदि सरकार ने उनकी समस्याओं का तुरंत ठोस समाधान नहीं निकाला, तो आगामी 16 जून से पूरे सूबे में अनिश्चितकालीन हड़ताल यानी &amp;#8216;चक्का जाम&amp;#8217; आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा। इस आंदोलन के कारण आम जनता से जुड़ी वाहन लाइसेंस, नए वाहनों का रजिस्ट्रेशन और टैक्स भुगतान जैसी सभी महत्वपूर्ण सेवाएं पूरी तरह ठप होने की आशंका है।</p>
<h3>सेवा नियमावली में देरी से भारी आर्थिक नुकसान</h3>
<p>संगठन द्वारा जारी किए गए पत्र के अनुसार, सरकार ने 23 सितंबर 2022 को ही प्रवेशोत्तर नियमों के लंबित रहने के कारण विभाग के कृतिबंध को मंजूरी दे थी। लेकिन, प्रशासनिक सुस्ती और लालफीताशाही के चलते इतने वर्ष बीतने के बाद भी आज तक आवश्यक प्रवेशोत्तर सेवा नियमावली तैयार नहीं की जा सकी है। नियमों के स्पष्ट न होने का खामियाजा सीधे तौर पर कार्यरत कर्मचारियों को भुगतना पड़ रहा है, जिससे उन्हें हर महीने भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<h3>56 कर्मचारियों के डिमोशन से भड़का गुस्सा</h3>
<p>कर्मचारियों के इस सामूहिक आक्रोश का एक और बड़ा कारण विभाग के 56 कर्मचारियों की प्रमोशन को अचानक रद्द करना है। विभाग ने इन 56 कर्मियों की पदोन्नति को निरस्त कर उन्हें सीधे डिमोशन कर दिया है, जिससे RTO अमले में गहरा असंतोष व्याप्त है। कर्मचारी संगठन लगातार समयबद्ध पदोन्नति, सुनिश्चित प्रगति योजना का लाभ देने, द्वितीय श्रेणी प्रशासनिक अधिकारी के पदों को भरने के साथ-साथ प्रतिनियुक्ति पर न्यायसंगत स्थानांतरण जैसी कई मांगें दोहरा रहा है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="‘पीएम मोदी नेता नहीं, हमारे परिवार के मुखिया हैं…’ उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने साझा किए अपने भावुक अनुभव" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/eknath-shinde-shares-emotional-personal-experiences-with-pm-narendra-modi-1789201.html"> ‘पीएम मोदी नेता नहीं, हमारे परिवार के मुखिया हैं…’ उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने साझा किए अपने भावुक अनुभव </a></strong></p>
<p>इस सुलगते विवाद को शांत करने के लिए बीते 3 जून को राज्य परिवहन मंत्री <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/seven-uddhav-thackeray-ubt-mps-likely-to-join-eknath-shinde-shiv-sena-operation-tiger-1788573.html">प्रतापराव सरनाईक</a> की उपस्थिति में संगठन के पदाधिकारियों की एक उच्च स्तरीय बैठक भी बुलाई गई थी। परंतु, संगठन का सीधा आरोप है कि इस बैठक में सकारात्मक रुख अपनाने के बजाय प्रशासनिक अधिकारियों ने फिर से कुछ पेचीदा तकनीकी मुद्दे खड़े कर दिए और मामले को जानबूझकर आगे के लिए टाल दिया। प्रशासन के इसी टालमटोल वाले रवैये से नाराज होकर कर्मचारियों ने अब 16 जून से दफ्तरों पर ताला लगाकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का अंतिम फैसला लिया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मातम में बदली जन्मदिन की पार्टी, बीड के बाद बोदलकसा जलाशय में भी पलटी नाव, 9 दोस्तों में से 2 की डूबकर मौत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bodalkasa-reservoir-boat-accident-two-youths-drowned-gondia-1788922.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 19:39:49 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 20:55:08 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Reservoir-Drowning_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Accident]]></category>
		<category><![CDATA[Accidental Death]]></category>
		<category><![CDATA[drowning in river]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788922</guid>

					<description><![CDATA[Boat Capsize Incident: बीड में नाव पलटने की घटना के बाद आब गोंदिया जिले के तिरोड़ा तहसील स्थित बोदलकसा जलाशय में जन्मदिन मनाने गए 9 दोस्तों की खुशी उस समय मातम में बदल गई, जब उनकी नाव पलट गई। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Reservoir-Drowning_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bodalkasa Reservoir Boat Accident Two Youths Drowned Gondia"     /></figure><p><strong>Bodalkasa Reservoir Accident:</strong> तिरोड़ा तहसील के ग्राम बरबसपुरा के 9 दोस्त जन्मदिन मनाने के लिए बोदलकसा जलाशय पर गए थे। जहां छोटी नाव पलटने से 2 मित्रों की बोदलकसा जलाशय में डूब कर मौत हो गई। यह घटना 10 जून को दोपहर 3 बजे घटित हुई। मृतक का नाम बरबसपुरा निवासी मोहित वसंत रहांगडाले व कुणाल शालिकराम भोंडे बताया गया है।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, बरबसपुर के अक्षय नरेंद्र बिसेन, राकेश राधेश्याम लाडे, निखिल इंदल पटले, लक्की संजय रहांगडाले, प्रलय राधेश्याम पारधी, मनिष रमेश पारधी, अविनाश श्रावण टेकाम, मोहित वसंत रहांगडाले व कुणाल शालिकराम भोंडे ऐसे 9 दोस्त जन्मदिन की पार्टी मनाने के लिए बोदलकसा जलाशय में गए थे। जहां छोटी नाव पर बैठने पर दोपहर मौसम खराब होने की वजह से जलाशय में नाव पलट गई।</p>
<h3>बीड में भी पलटी थी नाव</h3>
<p>बता दें कि हाल ही में बीड जिले के माजलगांव तालुका के<strong><a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/ujjain/irctc-bharat-gaurav-train-5-jyotirlinga-dwarkadhish-yatra-2026-1783521.html/amp"> धार्मिक स्थल</a></strong> पुरुषोत्तमपुरी में भी गोदावरी नदी पार करते समय श्रद्धालुओं से भरी नाव पलट गई जिसमें 50 लोग सवार थे और कुछ लोगों के डुबने की खबर है। कई लोगों को बचाया गया है। आगे पीछे हुई दोनों घटनाओं से लोग सकते में है।</p>
<h3>जन्मदिन मनाने गए दो दोस्तों की गई जान</h3>
<p>जिसमें कुणाल शालिक बोडे 20 तथा मोहित वसंत रहांगडाले 21 की जलाशय में डूब कर मौत हो गई। बाकी के 7 दोस्त बालबाल बच गए। मृतको का शव अभी तक बरामद नहीं किया गया गया। घटना की जानकारी मिलते ही विधायक विजय रहांगडाले, आपदा प्रबंधन और तिरोड़ा पुलिस विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं और तलाशी अभियान जारी है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/beed/beed-godavari-river-boat-accident-one-woman-dead-collector-investigation-ordered-1788560.html">बीड नाव हादसे में एक महिला की मौत, ओवरलोडिंग बनी दुर्घटना की वजह, कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश</a></strong></p>
<h3>दोस्त को बचाने गया युवक भी जलाशय में डूबा</h3>
<p>कुणाल को बचाते मोहित की गई जान दूसरे युवकों के साथ <strong><a href="https://navbharatlive.com/india/kiran-bedi-birthday-special-the-story-that-made-her-a-national-icon-1784955.html/amp">जन्मदिन मनाने</a></strong> गए कुणाल भोंडे और मोहित रहांगडाले की दुखद मौत हो गई। नाव पलटने के बाद कुणाल गहरे पानी में जाने लगा और उसके दोस्त मोहित रहांगडाले ने बिना किसी चिंता के कुणाल को बचाने की कोशिश की। लेकिन इस कोशिश से उनकी जान चली गई। परिणामस्वरूप, कुणाल और मोहित दोनों डूब गए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में 69 हजार से अधिक विद्यार्थियों को गणवेश का इंतजार, पहले दिन वितरण की तैयारी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-school-uniform-distribution-69719-students-samagra-shiksha-1788871.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 19:23:30 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 21:49:57 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/School-Uniform-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[School Uniforms]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788871</guid>

					<description><![CDATA[School Uniform Distribution: गोंदिया जिले में कक्षा 1 से 8वीं तक के 69,719 विद्यार्थियों को स्कूल गणवेश उपलब्ध कराने की तैयारी तेज हो गई है। समग्र शिक्षा अभियान के तहत गणवेश के लिए निधि आवंटित कर दी।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/School-Uniform-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia School Uniform Distribution 69719 Students Samagra Shiksha"     /></figure><p><strong>Gondia Education Department:</strong> वरिष्ठों ने पहले ही दिन स्थानीय निकायों और सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा 1 से 8वीं तक के विद्यार्थियों को गणवेश व किताबें वितरित करने के निर्देश दिए हैं। इसमें जिले को किताबें तो मिल गई है, अब गणवेश शेष है।</p>
<p>इसलिए समग्री शिक्षा की ओर से तहसील स्तर वर एक जोड़ी गणवेश के लिए प्राप्त निधि का आवंटन किया गया। पहले ही दिन गणवेश के लिए जद्दोजहद चल रही है और उसी हिसाब से योजना भी बनाई जा रही है। समग्र शिक्षा अभियान, पीएमश्री योजना के साथसाथ राज्य सरकार द्वारा स्थानीय निकायों और सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा 1 से 8वीं तक के विद्यार्थियों को दो गणवेश दी जाती हैं।</p>
<h3>69,719 छात्रों को मिलेगा स्कूल यूनिफॉर्म</h3>
<p>इसे स्कूल के पहले दिन देने का आदेश दिया गया है। एक जोड़ी गणवेश 300 रु. प्रत्येक की दर से प्रदान की जाती है, और दो जोड़ी गणवेश 600 रु। प्रत्येक की दर से निधि दी जाती है। लेकिन, वर्तमान में जिले के 69,719 विद्यार्थियों के लिए समग्र शिक्षा अभियान को मात्र 1,67,32,560 रु. ही दिए गए हैं। यानी कि गणवेश के लिए 240 रु। प्रत्येक की दर से निधि दिया गया है।</p>
<h3>गणवेश तैयार करने की जद्दोजहद जारी</h3>
<p>जिले को किताबें प्राप्त हुई हैं और हर साल स्कूल के पहले दिन <strong><a href="https://navbharatlive.com/religion/dharmik-kitaabon-ka-daan-badlega-bhagya-aur-dhan-1508461.html">किताबें वितरित</a> </strong>की जाने वाली हैं। हालांकि गणवेश का मामला हमेशा अटका रहता है। लेकिन इस वर्ष पहले दिन न सिर्फ किताबें बल्कि एक जोड़ी गणवेश भी बांटने का आदेश है और इसी के चलते एक जोड़ी गणवेश के लिए निधि दी गई है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/vidarbha-schools-open-30-june-high-court-relief-students-1788637.html">विदर्भ के स्कूल अब 30 जून से खुलेंगे, हाईकोर्ट के फैसले से विद्यार्थियों को बड़ी राहत</a></strong></p>
<p>ऐसे में समग्र शिक्षा की ओर से तहसील स्तर पर निधि वितरित कर दिया गया है और जल्द से जल्द गणवेश तैयार करने की जद्दोजहद जारी है। जूतेमोजे का अतापता नहीं सरकार की ओर से छात्रों को सिर्फ दो जोड़ी यूनिफॉर्म ही नहीं, बल्कि एक जोड़ी जूते और दो जोड़ी मोजे भी दिए जाते हैं। अब तक इसके लिए 170 रु। का भुगतान किया जा रहा था।</p>
<h3>जूते-मोजों को लेकर अब भी संशय</h3>
<p>सरकार ने अब गणवेश के लिए निधी दे दी है, जिससे सिर्फ एक जोड़ी गणवेश का इंतजाम हो सकेगा। वहीं, जूतेमोजे को लेकर कोई निर्देश नहीं हैं। इसमें कोई संदेह नहीं कि आने वाले समय में इसके लिए होड़ मचेगी।</p>
<h3>पहले दिन बच्चों को गणवेश मिल जाएगा</h3>
<p>गणवेश जारी करने का अधिकार शाला व्यवस्थापन समिति को दिया गया है। जिप गोंदिया के प्राथमिक शिक्षाधिकारी पवन खंडारे ने कहा कि जिला स्तर पर निधि आवंटित की जाती है। फिलहाल जिले की सभी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur-district-86-gram-panchayat-by-elections-schedule-april-2026-1626065.html">पंचायत समितियों</a> </strong>के तहत राशि आवंटित कर दी गई है। निर्देश दिया गया है कि स्कूल के पहले दिन बच्चों को गणवेश दिया जाए। उम्मीद है कि पहले दिन बच्चों को गणवेश मिल जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में बढ़ा ई-वाहनों का क्रेज, जिले की सड़कों पर दौड़ रहे 1,285 इलेक्ट्रिक वाहन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-electric-vehicles-growth-e-rickshaw-environment-friendly-transport-1788823.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 19:04:39 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 19:35:47 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Green-Mobility_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Electric Vehicle]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Pollution Control Board]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788823</guid>

					<description><![CDATA[EV Growth Gondia: गोंदिया जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग तेजी से बढ़ रहा है। परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार जिले में 1,285 ई-वाहन पंजीकृत हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Green-Mobility_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Electric Vehicles Growth E Rickshaw Environment Friendly Transport"     /></figure><p><strong>Gondia Pollution Control:</strong> प्रदूषण पर अंकुश लगाने और पर्यावरण की रक्षा के लिए पिछले कुछ वर्षों में ईवाहनों के इस्तेमाल पर जोर दिया गया है। ऐसे में जिले में भी ईवाहनों के प्रति नागरिकों का रुझान देखा जा रहा है। वर्तमान में, शहर की सड़कों पर 556 यात्री ईरिक्शा सहित 1,285 ईवाहन परिवहन कार्यालय में पंजीकृत हैं। पेट्रोल की बढ़ती कीमतों के साथसाथ मोटरसाइकिलों की बढ़ती कीमतों के कारण मोटरसाइकिल चलाना आम आदमी की पहुंच से बाहर हो गया है।</p>
<p>ऐसे में ईवाहनों का कॉन्सेप्ट अब धीरेधीरे आम जनता के बीच अपनी जड़ें जमा रहा है। पिछले कुछ महीनों में बढ़े ईवाहनों के आंकड़ों से पता चलता है कि गोंदियाकर भी ईवाहनों की ओर रुख कर रहे हैं। अब शहर की सड़कों पर ईबाइक के साथसाथ चौपहिया वाहन और ई-रिक्शा भी दौड़ने लगे हैं।</p>
<h3>प्रदूषण कम करने में ई-वाहनों की बड़ी भूमिका</h3>
<p>इसलिए, पर्यावरण की रक्षा और शहर में प्रदूषण को रोकने के लिए योगदान मिल रहा है। जिले में 611 मोटरसाइकिल, 31 मोटर कार, 556 यात्री रिक्शा व 37 अन्य वाहन परिवहन कार्यालय में पंजीकृत है। जिले में ईवाहनों की संख्या दिनबदिन बढ़ती जा रही है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="CJP के मंच पर फिर दिखेंगे सोनम वांगचुक, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की माँग को लेकर पुणे में कल प्रदर्शन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/sonam-wangchuk-joins-cjp-protest-pune-university-paper-leak-1788636.html"> CJP के मंच पर फिर दिखेंगे सोनम वांगचुक, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की माँग को लेकर पुणे में कल प्रदर्शन</a></strong></p>
<p>उल्लेखनीय है कि पेट्रोल की कीमत 100 रु. से अधिक होने के कारण रिक्शा चालकों को आर्थिक मार झेलनी पड़ रही है। यात्रियों को लानेले जाने में ईंधन का पैसा भी नहीं निकल पाता। ऐसे में <strong><a href="https://navbharatlive.com/viral/new-zealand-tourist-david-xiao-delhi-e-rickshaw-driver-offers-red-light-area-viral-instagram-video-1580913.html">ई-रिक्शा चालक</a></strong> कमाई का जरिया बन सकते हैं।</p>
<h3>चार्जिंग स्टेशनों की कमी</h3>
<p>चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने में सबसे बड़ी बाधा उच्चवोल्टेज बिजली की आपूर्ति उदाहरण के लिए कम से कम 600 किलोवाट प्राप्त करना और बिजली कंपनी से आवश्यक कनेक्शन प्राप्त करना है। अधिकांश चार्जिंग स्टेशन बड़े शहरों तक ही सीमित हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में चालकों को घरेलू बिजली पर निर्भर रहना पड़ता है। प्रत्येक वर्ष वाहनों की खरीदी बढ़ रहीवाहनों की खरीदारी में नागरिकों की रुचि से ही फर्क पड़ता है।</p>
<p>उपप्रादेशिक परिवहन अधिकारी आनंद मोड ने कहा कि जैसे ही कोई नया <strong><a href="https://navbharatlive.com/automobile/ev-with-a-792-km-range-mercedes-benz-cla-250-1779569.html">इलेक्ट्रिक वाहन</a> </strong>बाजार में आता है, नागरिक उन्हीं वाहनों को सबसे ज्यादा खरीदने लगते हैं। अब आंकड़ों से पता चलता है कि इसमें कुछ हद तक कमी आई है। लेकिन प्रत्येक वर्ष वाहनों की खरीदी बढ़ रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>विकास से पिछड़ी सालेकसा तहसील, सिंचाई परियोजनाओं के अभाव में किसान परेशान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/salekasa-development-irrigation-project-farmers-transport-issues-gondia-1788591.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 17:52:46 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 18:17:24 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Rural-Development_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Development Project]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788591</guid>

					<description><![CDATA[Rural Development: गोंदिया जिले की सालेकसा तहसील विकास के कई मानकों पर पिछड़ी हुई मानी जा रही है। क्षेत्र में पिछले 30 वर्षों से कोई नया सिंचाई प्रकल्प नहीं बना।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Rural-Development_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Salekasa Development Irrigation Project Farmers Transport Issues Gondia"     /></figure><p><strong>Gondia Welfare Project:</strong> गोंदिया जिले की सालेकसा तहसील की 80 प्रश. आबादी की आजीविका खेती पर ही निर्भर है इसके बावजूद सरकार द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। किसानों की समृद्धि के लिहाज से पिछले 30 वर्ष में तहसील में एक भी नए सिंचाई प्रकल्प का निर्माण नहीं हो पाया है। आधीअधूरी नहरों की वजह से किसानों के खेतों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है।</p>
<p>विकास के दृष्टिकोण से तहसील को काफी पिछड़ा माना जाता है। यहां नदियां तहसील के लिए बेहतर जलस्त्रोत हैं। यदि बांध बनाकर इस बहते हुए जल का उपयोग किया जाए तो तहसील चिरकाल तक सुजलाम् सुफलाम् हो सकती है। लेकिन राजनीतिक इच्छाशक्ति के अभाव में कई प्रस्तावित प्रकल्प ठंडे बस्ते में पड़े हैं।</p>
<h3>ट्रेनों के विलंब से यात्री परेशान</h3>
<p>गोंदिया से चंद्रपुरबल्लारशाह मार्ग पर सभी यात्री ट्रेनें विलंब से चलने के कारण नियमित यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसके लिए यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ता है, ट्रेन आए दिन लेट होती है, जिससे यात्रियों को देर से घर पहुंचना पड़ता है। दिन में ट्रेनें कभी भी तय समय पर नहीं चलती। रेलवे विभाग द्वारा कोई न कोई कारण बताया जाता है। इस ओर ध्यान देने की मांग यात्रियों ने रेल विभाग से की है।</p>
<h3>खेती पर आधारित उद्योग संकट</h3>
<p>किसानों का <strong><a href="https://navbharatlive.com/business/rbi-governor-announces-india-forex-reserve-status-economy-update-2026-1777425.html">आर्थिक उत्थान</a> </strong>साधने के लिए खेती व्यवसाय को प्रोत्साहन व गति देने शासन के माध्यम से विभिन्न उपक्रम, योजना क्रियान्वित की जाती है। लेकिन उस पर उचित क्रियान्वयन नहीं होने तथा किसानों तक नहीं पहुंचने आदि कारणों से खेती पर आधारित उद्योग संकट में है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="शनिशिंगणापुर रेलवे प्रोजेक्ट का किसानों ने किया विरोध, भूमि अधिग्रहण पर प्रशासन को चेतावनी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/ahmednagar/shani-shingnapur-railway-project-farmers-protest-land-acquisition-opposition-1788093.html"> शनिशिंगणापुर रेलवे प्रोजेक्ट का किसानों ने किया विरोध, भूमि अधिग्रहण पर प्रशासन को चेतावनी </a></strong></p>
<p>आर्थिक स्थिति में सुधार के साथ ही किसानों का विकास साधने के लिए खेती पूरक व्यवसाय पर जोर दिया जाता है। लेकिन मुर्गी पालन व्यवसाय, बकरी पालन, संकरित गाय व भैंसे पालन आदि खेती पूरक व्यवसाय केवल नाम के लिए रह गया है। जबकि उसमें वृध्दि करने के लिए सभी स्तर पर प्रयास होना आवश्यक है।</p>
<h3>भारी वाहनों से यातायात बाधित</h3>
<p>गोंदिया की शहर की सड़कें पहले से ही संकरी है। ऐसे में इन संकरी सड़कों पर अगर बड़े वाहन पहुंच जाते हैं तो जाम की स्थिति निर्माण हो ही जाती है। जिसके लिए प्रशासन की ओर से शहर के कुछ मार्गों पर बड़े वाहनों के आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया गया है। बावजूद बड़े ट्रकों को बाजार के संकरे मार्गों पर डाल दिया जाता है।</p>
<p>जिससे यह वाहन फंस जाते हैं और कई देर तक <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/elephant-gadchiroli-monitoring-forests-for-farmers-scientific-study-gis-mapping-1785178.html/amp">आवागमन प्रभावित</a></strong> होता है। वहीं आवागमन करने वाले अन्य छोटे वाहन चालकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इस ओर यातायात विभाग से ध्यान देने की मांग की गई है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में सारस संरक्षण और विषमुक्त खेती पर कार्यशाला, किसानों को दिया गया विशेष मार्गदर्शन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-sarus-conservation-poison-free-farming-workshop-biodiversity-1788478.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 17:20:36 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 17:40:39 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Sarus-Conservation_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Agriculture Sector]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788478</guid>

					<description><![CDATA[Sarus Conservation: गोंदिया में जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी और सेवा संस्था के संयुक्त तत्वावधान में सारस संरक्षण एवं विषमुक्त खेती पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Sarus-Conservation_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Sarus Conservation Poison Free Farming Workshop Biodiversity"     /></figure><p><strong>Gondia Organic Farming:</strong> गोंदिया जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी व सेवा संस्था के संयुक्त तत्वावधान में नए डीपीसी सभागृह जिलाधीश कार्यालय में सारस संरक्षण व जहर मुक्त खेती पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में कृषि आदान विक्रेताओं, किसानों, कृषि अधिकारियों व कर्मचारियों, कृषि मित्रों, स्वयंसेवक सरस मित्रों ने भाग लिया।</p>
<p>जिले में सारस की वर्तमान स्थिति, उनके आवासों का संरक्षण, प्रजनन क्षेत्रों का संरक्षण और गैर विषैले और जैवविविधता के अनुकूल खेती के तरीकों का प्रसार कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य था। इस अवसर पर इस बात पर प्रकाश डाला गया कि सारस के प्राकृतिक आवास को संरक्षित करने के लिए स्थानीय किसानों, ग्रामीणों और समुदाय की सक्रिय भागीदारी बहुत महत्वपूर्ण है।</p>
<h3>कृषि पर हुई महत्वपूर्ण कार्यशाला</h3>
<p>कार्यक्रम में सेवा संस्था के अध्यक्ष सावन बहेकार ने सारस की वर्तमान स्थिति,<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-100-dangerous-bridges-pwd-zp-fund-crunch-traffic-risk-2026-1785506.html/amp"> गोंदिया जिले</a></strong> में आवासों की समीक्षा, संरक्षण में आने वाली विभिन्न चुनौतियों और समुदाय आधारित संरक्षण की आवश्यकता के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि ग्रामीण स्तर पर किसानों और लोगों की भागीदारी के बिना सारस संरक्षण के लक्ष्यों को हासिल नहीं किया जा सकता, उन्होंने जहर मुक्त कृषि अपनाने की अपील की।</p>
<p>जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी नीलेश कानवड़े ने कृषि आदान विक्रेताओं का मार्गदर्शन करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण व टिकाऊ कृषि व्यवस्था में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। रासायनिक कीटनाशक, शाकनाशी और अन्य रसायन जो पर्यावरण के लिए हानिकारक हैं, जैव विविधता के लिए खतरा हैं और सरकार द्वारा प्रतिबंधित हैं, उन्हें किसानों को नहीं बेचा जाए।</p>
<h3>विशेषज्ञों ने किसानों को किया जागरूक</h3>
<p>ऐसे रसायनों का उपयोग मिट्टी के स्वास्थ्य को खराब करता है, जल स्रोतों को दूषित करता है, लाभकारी कीड़ों और पक्षियों पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है और पारिस्थितिक संतुलन को बिगाड़ता है। उन्होंने बताया कि रसायन विशेष रूप से सारस जैसी जैव विविधतामहत्वपूर्ण प्रजातियों के आवास पर गंभीर प्रभाव डाल सकते हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="शनिशिंगणापुर रेलवे प्रोजेक्ट का किसानों ने किया विरोध, भूमि अधिग्रहण पर प्रशासन को चेतावनी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/ahmednagar/shani-shingnapur-railway-project-farmers-protest-land-acquisition-opposition-1788093.html"> शनिशिंगणापुर रेलवे प्रोजेक्ट का किसानों ने किया विरोध, भूमि अधिग्रहण पर प्रशासन को चेतावनी </a></strong></p>
<p>कृषि वैज्ञानिक राजा चौहान ने टिकाऊ कृषि पद्धतियों पर मार्गदर्शन दिया। उन्होंने उपस्थित लोगों को मृदा स्वास्थ्य संरक्षण, जल प्रबंधन, जैविक व जैविक आदानों का संतुलित उपयोग, उत्पादन लागत में बचत व पर्यावरण अनुकूल कृषि तकनीक अपनाने के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने से कृषि उत्पादकता के साथ-साथ <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/bor-tiger-reserve-safari-rules-violation-tourist-mobile-video-viral-2026-1785435.html/amp"><strong>जैव विविधता </strong></a>का संरक्षण और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण हासिल किया जा सकता है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में वन विभाग का अलर्ट, खेत का कचरा जलाते समय रखें विशेष सावधानी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-farm-waste-burning-forest-fire-warning-kharif-season-1788275.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 16:41:17 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 16:59:48 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Forest-Fire-Risk_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Fire in Forest]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Department]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788275</guid>

					<description><![CDATA[Farm Waste Burning: गोंदिया जिले में खरीफ सीजन की तैयारी के दौरान खेतों में कचरा और सूखी झाड़ियों को जलाने की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए वन विभाग ने किसानों से सावधानी बरतने की अपील की है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Forest-Fire-Risk_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Farm Waste Burning Forest Fire Warning Kharif Season"     /></figure><p><strong>Gondia Forest Department :</strong> किसान खरीफ के कृषि कार्य में जुट गया है। इसके लिए किसान कृषि कार्य में खेत की मेढ़, कचरा, झाड़ियों की कटाई और सूखा हुआ कचरा जलाने का काम कर रहे हैं। जंगल से सटे खेत परिसर में जलाया गया कचरे का तिनका वन संपत्ति समेत वन्यजीवों के लिए खतरा बन सकता है।</p>
<p>इसलिए खेत का कचरा जलाते समय सावधानी बरतने का आव्हान वन विभाग ने किया है। जिले में बड़े पैमाने पर जंगल है। गर्मी के दिनों में जंगल में आग लगने की घटनाएं न हो इसके लिए सावधानी बरतने की जरूरत है। आग प्राकृतिक व मानवी निर्मित भी लग सकती है।</p>
<h3>वन संपदा और वन्यजीवों पर मंडरा रहा खतरा</h3>
<p>जंगल से सटे खेत में कचरा जलाने से <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/bor-tiger-reserve-daityagarh-forest-fire-damages-thirty-four-hectares-land-1755034.html">वन संपदा</a> </strong>जल सकती है। इसमें वन्यजीवों की जान को खतरा हो सकता है। खेत करीब के गांवों में भी आग लग सकती है। इसलिए कचरे को आग लगाते समय ध्यान रखें। इसी के साथ वन कर्मियों को जंगल क्षेत्र में गस्त बढ़ाने की जरूरत है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="महाराष्ट्र में भीषण गर्मी का कहर! विदर्भ में एक हफ्ता आगे बढ़ी स्कूलों की छुट्टियां, जानें कब खुलेंगे स्कूल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/maharashtra-school-reopening-date-2026-vidarbha-schools-postponed-due-to-heatwave-1788089.html"> महाराष्ट्र में भीषण गर्मी का कहर! विदर्भ में एक हफ्ता आगे बढ़ी स्कूलों की छुट्टियां, जानें कब खुलेंगे स्कूल </a></strong></p>
<p>अनुचित प्रकार दिखाई देने पर नागरिक वन विभाग से शिकायत कर सकते हैं। खरीफ मौसम की शुरुआत में खेत को उपजाऊ करने के लिए खेत का कचरा जलाया जाता है। फसलों की तनस, झुड़पी पौंधो को जलाया जाता है। जिससे खेत का कचरा नष्ट हो जाता है।</p>
<h3>खरीफ सीजन में खेतों में आग लगाने पर चेतावनी</h3>
<p>इसके अलावा जमीन की उपजाऊ क्षमता बढ़ती है, ऐसा किसान मानते हैं। लेकिन ऐसा करने से खेत की उपजाऊ क्षमता कम होती है। किसानों को खेत में कचरा न जलाने की सलाह कृषि विभाग ने दी है। रासायनिक खाद घातक है। पहले रासायनिक खाद का उपयोग कम मात्रा में होता था। तब किसान खेत में बची फसल के तनस, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/farmers-are-worried-about-the-rising-cost-of-farming-and-say-organic-farming-is-the-need-of-the-hour-1786288.html">जैविक खाद</a></strong>, खेत के कचरे को सड़ाकर खाद तैयार करते थे। जिससे खेत की उपजाऊ क्षमता अधिक थी। जिससे कई वर्षों तक जमीन की उपजाऊ क्षमता कायम रहती थी। लेकिन रासायनिक खाद से जमीन की उपजाऊ क्षमता कम हो रही है, यह घातक है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में 2,700 घरकुल लाभार्थी किस्त के इंतजार में, अधूरे निर्माण से बढ़ी चिंता</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-gharkul-beneficiaries-installment-delay-housing-scheme-1788260.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 16:36:24 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 22:10:56 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Awas-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Pradhan Mantri Awas Yojana]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788260</guid>

					<description><![CDATA[Awas Yojana Beneficiary Issues: गोंदिया तहसील के ग्रामीण क्षेत्रों में करीब 2,700 घरकुल लाभार्थी आवास योजनाओं की किस्त मिलने का इंतजार कर रहे हैं। समय पर राशि नहीं मिलने के कारण दिक्कतें हो रही है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Awas-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Gharkul Beneficiaries Installment Delay Housing Scheme"     /></figure><p><strong>Gondia Housing Scheme:</strong> गोंदिया तहसील के ग्रामीण क्षेत्र में करीब 2,700 घरकुल लाभार्थियों को घरकुल निर्माण की किस्त नहीं मिलने से वे काफी समस्याओं से गुजरते हुए नजर आ रहे हैं। जिसके चलते लाभार्थियों का सरकार के प्रति तीव्र रोष दिखाई दे रहा है।उल्लेखनीय है कि अब सरकार के माध्यम से गरीब गरजू लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना, मोदी आवास योजना, रमाई आवास योजना जैसी विभिन्न आवास योजना के माध्यम से घरकुल बनाने के लिए अनुदान दिया जाता है।</p>
<p>लेकिन यही अनुदान की राशि समय पर नहीं मिलने से अनेक घरकुल निर्माण कार्य अटके हुए हैं। अधूरे घरकुल निर्माण कार्य से लाभार्थी अब परेशानी में नजर आ रहे हैं। क्योंकि कुछ ही दिनो में बारिश भी आ जाएगी। ऐसे में घर की छत नहीं होने से बारिश के दिनो मे किस तरह रह पाएंगे ऐसी विभिन्न समस्याएं उनके सामने निर्माण हो रही है। सरकार के प्रति घरकुल लाभार्थियों में तीव्र रोष दिखाई दे रहा है। आवास योजना के लाभार्थियों की माने तो उनके बताए अनुसार हमारी किश्त कब आएगी, इसके लिए वे अपने गांव की ग्राम पंचायत, रोजगार सेवक, जेई व पंचायत समिति के बारबार चक्कर काट रहे हैं।</p>
<h3>बारिश सिर पर, लेकिन नहीं मिली घरकुल की किस्त</h3>
<p>निधि होने के बावजूद नहीं दी जा रही किश्त जानकारी के अनुसार,<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-ramai-awas-yojana-fund-increase-demand-opposition-protest-1655589.html"> रमाई आवास योजना</a></strong> के खाते में निधि तो उपलब्ध है। लेकिन लाभार्थी के खाते में किश्त जमा नहीं हो रही है। यह समस्या गत एक महा से चल रही है। ऐसे मे रमाई आवास योजना के लाभार्थी परेशान नजर आ रहे हैं। रमाई आवास योजना के लाभार्थियों के माध्यम से सरकार से यह मांग की जा रही है कि निधि होने के बाद भी खाते में पैसे नहीं आना यह एक गंभीर समस्या है। जिसे संबंधित विभाग ने जल्द से जल्द निराकरण करना चाहिए। कुछ दिनों में बारिश के शुरू होने पर घरकुल निर्माण कर रहे लाभार्थियों को अनेक समस्या का सामना करना पड़ेगा।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/vidarbha-schools-open-30-june-high-court-relief-students-1788637.html">विदर्भ के स्कूल अब 30 जून से खुलेंगे, हाईकोर्ट के फैसले से विद्यार्थियों को बड़ी राहत</a></strong></p>
<h3>प्रशासन से निधि देने की मांग की</h3>
<p>पंस गोंदिया सभापती मुनेश रहागंडाले ने कहा कि <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nmrda-pm-awas-yojana-2-mahadula-affordable-nagpur-housing-project-for-ews-families-1774901.html">घरकुल लाभार्थियों</a></strong> की समस्या को देखते हुए ही जिला प्रशासन के समक्ष यह मुद्दा उठाया गया व घरकुल लाभार्थियों को समय पर किस्त दी जाए व उनकी समस्या का शीघ्र निराकरण हो इसके लिए संबंधित वरिष्ठ विभाग को पत्रव्यवहार भी किए व सरकार की ओर से घरकुल लाभार्थियों को निधि देने की मांग की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>नवेगांवबांध अवैध खनन मामले में नया विवाद, नायब तहसीलदार का पत्र बना चर्चा का विषय</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/navegaonbandh-illegal-mining-case-naib-tehsildar-letter-controversy-1788209.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 16:28:28 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 22:00:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Illegal-Mining_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Illegal Sand Mining]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788209</guid>

					<description><![CDATA[Navegaonbandh Illegal Mining: नवेगांवबांध तालाब में कथित अवैध खनन मामले को लेकर अर्जुनी मोरगांव तहसील प्रशासन एक बार फिर विवादों में है। जिस नायब तहसीलदार पर मामले में लापरवाही के आरोप लग रहे हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Illegal-Mining_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Navegaonbandh Illegal Mining Case Naib Tehsildar Letter Controversy"     /></figure><p><strong>Arjuni Morgaon News:</strong> नवेगांवबांध तालाब में हुए कथित अवैध खनन मामले को लेकर अर्जुनी मोरगांव तहसील प्रशासन एक बार फिर सवालों के घेरे में है। जिस नायब तहसीलदार पर खनन प्रकरण में लापरवाही के आरोप लग रहे हैं और जिनके निलंबन की मांग की जा रही है, उन्हीं के हस्ताक्षर से जांच संबंधी आदेश जारी होने से प्रशासनिक इलकों में चर्चा तेज हो गई है। इससे जांच की निष्पक्षता और पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।</p>
<p>नवेगांवबांध तालाब परिसर में 21 मई से बड़े पैमाने पर अवैध और अनधिकृत खनन किए जाने की शिकायत सामने आई थी। स्थानीय शिकायतकर्ता राहुल एस। ठवरे ने राजस्व विभाग को इसकी जानकारी दी थी। आरोप है कि 22 मई की रात कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद जेसीबी मशीन और अन्य ट्रैक्टरों को छोड़ दिया गया तथा केवल एक ट्रैक्टर पर मामूली कार्रवाई कर औपचारिकता पूरी की गई।</p>
<h3>जांच के घेरे में अधिकारी</h3>
<p>शिकायतकर्ता का यह भी आरोप है कि तत्कालीन नायब तहसीलदार मंगेश क्षीरसागर ने मामले में गंभीर लापरवाही बरती। इतना ही नहीं, शिकायत के संबंध में पूछताछ करने पर उनके साथ फोन पर अभद्र व्यवहार भी किया गया। वहीं 24 मई को अवकाश का हवाला देकर कार्रवाई टाल दी गई। स्थानीय राजस्व अधिकारियों की संदिग्ध भूमिका के कारण शासन को लाखों रु। के राजस्व नुकसान तथा पर्यावरण को क्षति पहुंचने की बात भी कही जा रही है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/vidarbha-schools-open-30-june-high-court-relief-students-1788637.html">विदर्भ के स्कूल अब 30 जून से खुलेंगे, हाईकोर्ट के फैसले से विद्यार्थियों को बड़ी राहत</a></strong></p>
<p>मामले की गंभीरता को देखते हुए <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-toilet-subsidy-pending-pm-kisan-ekyc-deadline-june-2026-1774039.html">अर्जुनी मोरगांव</a></strong> के उपविभागीय अधिकारी ने पत्र जारी कर विस्तृत जांच कर तत्काल रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे। प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करेंएसडीओ ने पूरे प्रकरण में जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका स्पष्ट करने और तथ्यात्मक रिपोर्ट सौंपने को कहा था।</p>
<h3>फिर भी उनके हस्ताक्षर से जारी हुआ जांच आदेश</h3>
<p>स्थानीय नागरिकों और शिकायतकर्ताओं का कहना है कि जिस अधिकारी की भूमिका स्वयं जांच के दायरे में है, उसी के निर्देश पर अधीनस्थ कर्मचारी जांच करेंगे तो निष्पक्ष रिपोर्ट आने की संभावना पर प्रश्नचिह्न लगना स्वाभाविक है। पत्र की प्रतिलिपि जिलाधीश और एसडीओ को भी भेजी गई है। अब पूरे मामले में लोगों की नजर जिलाधीश के अगले कदम पर टिकी है। नागरिकों ने मांग की है कि जांच किसी स्वतंत्र और वरिष्ठ अधिकारी को सौंपी जाए तथा प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जाए।</p>
<h3>प्रभारी तहसीलदार ने जारी किया आदेश</h3>
<p>मुख्य तहसीलदार के उपलब्ध नहीं होने के कारण तहसील का प्रभार फिलहाल उसी विवादित नायब तहसीलदार के पास बताया जा रहा है। एसडीओ के आदेश के बाद प्रभारी तहसीलदार के रूप में उन्होंने अपने अधीनस्थ नायब तहसीलदार खुशाल कावले तथा गोठनगांव मंडल अधिकारी को पत्र जारी कर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/illegal-mining-near-bhatala-heritage-site-chandrapur-high-court-orders-action-1705242.html">अवैध खनन</a> </strong>की जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। पत्र पर प्रभारी तहसीलदार के रूप में उनके हस्ताक्षर होने से यह मामला और अधिक विवादित हो गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में मानसून की दस्तक का इंतजार, 15 जून तक बारिश की संभावना कम</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-monsoon-delay-farmers-alert-rainfall-update-june-2026-1788195.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 16:26:13 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 22:42:42 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Heatwave-Vidarbha_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[monsoon alert]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<category><![CDATA[Weather Update]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1788195</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Monsoon Delay: गोंदिया जिले में मृग नक्षत्र शुरू होने के बावजूद मानसून की सक्रियता नहीं दिख रही है। मौसम विभाग के अनुसार 15 जून तक विदर्भ में संतोषजनक बारिश की संभावना कम है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Heatwave-Vidarbha_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Monsoon Delay Farmers Alert Rainfall Update June 2026"     /></figure><p><strong>Weather Update Gondia:</strong> रोहिणी नक्षत्र के बाद 7 जून को मृग नक्षत्र प्रारंभ हो गया है। मानसून की बारिश आमतौर पर मृग नक्षत्र से शुरू होता है। लेकिन इस साल सूखे के संकेत दिखने लगे हैं। इसके अलावा 15 जून तक विदर्भ में बारिश की संभावना कम होने के कारण जिला प्रशासन ने निर्देश दिया है कि किसान और आम नागरिक सतर्क रहें और कृषि कार्य करें। हालांकि मानसून दक्षिण कोकण में प्रवेश कर चुका है, लेकिन मौसम विभाग ने भविष्यवाणी की है कि 15 जून तक राज्य के अन्य हिस्सों में बारिश की कुल तीव्रता कम रहेगी। 15 जून तक संतोषजनक बारिश की संभावना कम है।</p>
<p>कुछ हिस्सों में गरज के साथ छिटपुट बारिश होने की संभावना है। इसलिए जिला प्रशासन सहित आपदा प्रबंधन को ऐसी ही स्थिति को ध्यान में रखते हुए तैयार रहने की सलाह दी गई है। जिसके अनुसार, जिला प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे कृषि कार्य के लिए जल्दबाजी न करें और सावधानी बरतें ताकि वे बिजली और तूफानी हवाओं से सुरक्षित रहें।</p>
<h3>मृग नक्षत्र शुरू, फिर भी बारिश गायब</h3>
<p>इसलिए किसानों को सावधान रहना होगा और कृषि कार्य के लिए मानसून का इंतजार करना होगा। किसान बुआई में जल्दबाजी न करें कृषि व आपदा प्रबंधन विभाग ने अपील की है कि किसान आने वाले दिनों में होने वाली तूफानी बारिश के भरोसे बुआई में जल्दबाजी न करें। क्योंकि जलवायु परिवर्तन के कारण मानसून के लंबे समय तक चलने की संभावना है, इसलिए वर्तमान वर्षा बुआई के लिए पर्याप्त नहीं हो सकती है।</p>
<p>ऐसी स्थिति में जल्दबाजी में बीज बोने की संभावना अधिक रहती है और किसानों को दोहरी बुआई की समस्या का सामना करना पड़ता है। किसान बुआई का निर्णय न लें कृषि विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक मिट्टी में पर्याप्त नमी न बन जाए और<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/weather-update-humidity-drizzle-and-42-degree-heat-nagpur-1787169.html/amp"> लगातार बारिश</a></strong> का आश्वासन न मिल जाए, तब तक किसान बुआई का निर्णय न लें।</p>
<h3>प्रशासन ने किसानों को किया सतर्क</h3>
<p>इसके साथ ही, नागरिकों, विशेषकर किसानों और खेतिहर मजदूरों को प्रीमानसून अवधि के दौरान खुले में या पेड़ों के नीचे आश्रय लेने से पूरी तरह से बचना चाहिए क्योंकि गरज के साथ बारिश होने की संभावना है। साथ ही प्रशासन ने टिन शेड, बिजली के ट्रांसफार्मर, बिजली के खंभों और खुले बिजली चैनलों के पास खड़े नहीं होने की अपील की है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/vidarbha-schools-open-30-june-high-court-relief-students-1788637.html">विदर्भ के स्कूल अब 30 जून से खुलेंगे, हाईकोर्ट के फैसले से विद्यार्थियों को बड़ी राहत</a></strong></p>
<p>तापमान से राहत नहीं जिले का तापमान 46 डिग्री तक पहुंच गया है, लेकिन <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/weather-update-june-nagpur-heatwave-rain-alert-1785102.html/amp">मौसम विभाग</a> </strong>ने भविष्यवाणी की है कि 15 जून तक तापमान से कोई राहत नहीं मिलेगी। यह अनुमान लगाया गया है कि मानसून के लंबे समय तक नहीं आने के कारण विदर्भ और खानदेश का अधिकतम तापमान 40 डिग्री या उससे भी अधिक दायरे में रह सकता है। इससे जिलेवासियों के लिए मृग नक्षत्र शुरू हो गया है, लेकिन तापमान से राहत के आसार कम हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में कृषि विभाग की बड़ी कार्रवाई, 45 कृषि केंद्रों के लाइसेंस निलंबित</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-krishi-kendra-license-cancelled-suspended-illegal-fertilizer-seed-2026-1787741.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 14:51:22 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 14:51:22 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Agriculture-Department-Inspection_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1787741</guid>

					<description><![CDATA[Kharif Season: गोंदिया में खरीफ सीजन में खाद-बीज की कालाबाजारी रोकने के लिए कृषि विभाग ने बड़ा अभियान चलाया। 15 उड़न दस्तों की जांच के बाद 9 कृषि केंद्रों के लाइसेंस रद्द व 45 निलंबित किए गए।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Agriculture-Department-Inspection_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Krishi Kendra License Cancelled Suspended Illegal Fertilizer Seed 2026"     /></figure><p><strong> Gondia Agriculture Department Inspection:</strong> खरीफ सीजन में खाद-बीज की कालाबाजारी रोकने के लिए कृषि विभाग ने उड़न दस्ते के माध्यम से जिले में निरीक्षण अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान 45 केंद्रों पर अनियमितताएं पाई गईं और उनके लाइसेंस निलंबित कर दिए गए। साथ ही 9 कृषि केंद्रों के लाइसेंस स्थायी रूप से रद्द कर दिए गए।</p>
<p>खरीफ मौसम में कृषि केंद्रों के संचालक द्वारा खाद, बीज, कीटनाशकों की बिक्री की जाती है। लेकिन कुछ कृषि केंद्र संचालक अधिक मुनाफा कमाने के चक्कर में फर्जी बीज, कीटनाशक बेचकर किसानों को गुमराह करते हैं। उनमें से कुछ उर्वरकों का स्टॉक कर लेते हैं और उन्हें अतिरिक्त कीमत पर बेचते हैं। हाल ही में राज्य में प्रतिबंधित बीजों और कीटनाशकों की बिक्री में वृद्धि हुई है।</p>
<p>इन सबके कारण किसानों का पूरा <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/kharif-season-fertilizer-price-hike-farmers-cost-crisis-1785114.html">खरीफ सीजन</a> बर्बाद हो जाता है। इसलिए इन सभी प्रकारों पर अंकुश लगाने के लिए कृषि विभाग ने जिले के सभी 999 कृषि केंद्रों का निरीक्षण अभियान शुरू कर दिया है। इस अभियान के दौरान कुछ कृषि केंद्रों पर उर्वरक का स्टॉक न होना, मुख पृष्ठ पर मूल्य सूची न लगाना, नियमित स्टॉक बुक न रखना, ई-पास मशीन पर उर्वरक न बेचना, लाइसेंस का नवीनीकरण न करना, अतिरिक्त दर पर उर्वरक बेचना, किसानों को उर्वरक व बीज खरीदी की पक्की रसीद न देना जैसी त्रुटियां उड़न दस्ते टीम द्वारा पकड़ी गई।</p>
<p>15 बीज विक्रेताओं, 22 उर्वरक विक्रेताओं तथा 11 कीटनाशक विक्रेताओं के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए। साथ ही 3 बीज, 3 उर्वरक विक्रेता और 3 कीटनाशक विक्रेता के लाइसेंस रद्द कर दिए गए हैं।</p>
<h3>15 उड़न दस्तों के माध्यम से निरीक्षण</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/agri-department-nagpur-crackdown-on-illegal-seeds-1776932.html">कृषि विभाग</a> ने खरीफ सीजन के दौरान खाद और बीज की कालाबाजारी रोकने के लिए जिला और तहसील स्तर पर 15 उड़न दस्तों का गठन किया है। इस उड़न दस्तों के माध्यम से पिछले आठ दिनों से जिले के सभी 999 कृषि केंद्रों का निरीक्षण किया जा रहा है। ये टीमें कृषि केंद्र पर नजर रख रही हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Maharashtra IAS Transfer: महाराष्ट्र में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 4 सीनियर IAS अफसरों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-ias-transfer-news-four-senior-officers-reshuffled-madhavi-khode-chaware-1787405.html"> <span class="color-red">Maharashtra IAS Transfer</span>: महाराष्ट्र में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 4 सीनियर IAS अफसरों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट </a></strong></p>
<h3>बीज व कीटनाशकों की खरीदारी में किसान गुमराह न हों</h3>
<p>गोंदिया जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी नीलेश कानवडे ने कहा है की &amp;#8220;खरीफ मौसम में खाद, बीज और कीटनाशकों की खरीदारी में किसान गुमराह न हो, इसके लिए कृषि विभाग के माध्यम से कृषि केंद्र द्वारा निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत 45 कृषि केंद्रों के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए है और 9 लाइसेंस रद्द कर दिए गए हैं। जिले में निरीक्षण अभियान जारी है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में 3.14 लाख ई-राशन कार्ड जारी, पेपर राशन कार्ड जल्द होंगे इतिहास</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-e-ration-card-digital-transition-prakash-patil-supply-department-2026-1787207.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 10 Jun 2026 09:38:33 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 10 Jun 2026 09:40:37 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/E-Ration-Card_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1787207</guid>

					<description><![CDATA[Ration Distribution System: गोंदिया में राशन व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए पेपर राशन कार्ड की जगह 3,14,645 ई-राशन कार्ड जारी किए जा चुके हैं। डिजिटल बदलाव से कालाबाजारी पर रोक लगेगी।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/E-Ration-Card_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia E Ration Card Digital Transition Prakash Patil Supply Department 2026"     /></figure><p><strong> Gondia E Ration Card Benefits: </strong>पहले से इस्तेमाल हो रहे पेपर राशन कार्ड अब इतिहास जमा होने जा रहे हैं। उनकी जगह अब सरकार ई-राशन कार्ड दे रही है। सरकार के इस फैसले की वजह से अब पेपर राशन कार्ड की जगह ई-राशन कार्ड मिलेंगे। इसलिए, पहले के राशन कार्ड अब इतिहासजमा होने के आखिरी स्टेज पर पहुंच गए हैं। सरकार ने समाज के जरूरतमंदों को अनाज देने के लिए राशन कार्ड बनाए थे।</p>
<p>सस्ते अनाज के दुकानदार भी अक्सर इन परिवारों के लिए आए अनाज को ब्लैक मार्केट में बेच देते थे। इन गलत कामों को रोकने और गरीब परिवारों को अनाज मिले, यह पक्का करने के लिए राशन कार्ड पर 12 अंकों का नंबर देना शुरू किया गया है। जिले में अब तक 3,14,645 ई-राशन कार्ड बनाए जा चुके हैं।</p>
<p>गोंदिया जिले में कुल 83,571 अंत्योदय कार्ड धारक हैं, और लाभार्थियों की संख्या 3,45,279 है। APL के 7,347 कार्ड धारक हैं। इनमें से लाभार्थियों की संख्या 24,950 है। 1,77,812 प्राधान्य परिवार कार्ड धारक हैं, और लाभार्थियों की संख्या 7,66,508 है। जबकि APH के 45,915 कार्ड धारक हैं, और लाभार्थियों की संख्या 1,59,191 है। ऐसे कुल 3,14,645 कार्ड धारक हैं, और लाभार्थियों की संख्या 1,295,958 है।</p>
<p>यह प्रक्रिया आपूर्ति विभाग की देखरेख में की जा रही है। जिनके पास राशन कार्ड हैं उन्हें ई-राशन कार्ड बनवाने की सुविधा मिलेगी। उन्हें अपने मोबाइल पर ऐप डाउनलोड करना होगा और इस योजना के लिए जरूरी दस्तावेज अपलोड करने होंगे।</p>
<h3>नागरिकों के लिए ऐप और ऑफलाइन दोनों ऑप्शन खुले</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-100-dangerous-bridges-pwd-zp-fund-crunch-traffic-risk-2026-1785506.html">गोंदिया जिला</a> आपूर्ति अधिकारी प्रकाश पाटिल ने कहा कि &amp;#8220;फटे हुए, गायब पुराने पुराने कागज क वाले राशन कार्ड धारकों को नई सेकेंडरी कॉपी लेनी होगी और ई-राशन कार्ड भी लेना होगा। इसके लिए ऐप और ऑफलाइन दोनों ऑप्शन खुले है। इसलिए, राशन कार्ड सेतु कार्यालय से लेना होगा।&amp;#8221;</p>
<h3>राशन कार्ड और अनाज की मात्रा (किलो में)</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="1">
<thead>
<tr>
<td><strong>योजना का नाम</strong></td>
<td><strong>गेहूं (किलो में)</strong></td>
<td><strong>चावल (किलो में)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,1,0,0"><b data-path-to-node="1,1,0,0" data-index-in-node="0">अंत्योदय योजना</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,1,0">15</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,2,0">20</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,2,0,0"><b data-path-to-node="1,2,0,0" data-index-in-node="0">प्राधान्य परिवार</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,1,0">02</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,2,0">03</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
<h3><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर ट्रैफिक को मिलेगी राहत, वर्धा रोड का दबाव होगा कम; मिहान सड़क परियोजना ने पकड़ी रफ्तार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/mihan-dp-road-project-land-acquisition-begins-in-nagpur-1787181.html"> नागपुर ट्रैफिक को मिलेगी राहत, वर्धा रोड का दबाव होगा कम; मिहान सड़क परियोजना ने पकड़ी रफ्तार </a></strong></h3>
<h3>ऑनलाइन हो चुके राशन कार्ड धारकों की संख्या</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="2">
<thead>
<tr>
<td><strong>तहसील</strong></td>
<td><strong>कार्ड धारक</strong></td>
<td><strong>लाभार्थी संख्या</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,1,0,0"><b data-path-to-node="2,1,0,0" data-index-in-node="0">आमगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,1,1,0">29,528</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,1,2,0">1,27,594</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,2,0,0"><b data-path-to-node="2,2,0,0" data-index-in-node="0">अर्जुनी मोर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,2,1,0">36,461</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,2,2,0">1,45,134</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,3,0,0"><b data-path-to-node="2,3,0,0" data-index-in-node="0">देवरी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,3,1,0">28,219</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,3,2,0">1,09,700</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,4,0,0"><b data-path-to-node="2,4,0,0" data-index-in-node="0">गोंदिया</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,4,1,0">93,810</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,4,2,0">4,02,477</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,5,0,0"><b data-path-to-node="2,5,0,0" data-index-in-node="0">गोरेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,5,1,0">32,772</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,5,2,0">1,30,208</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,6,0,0"><b data-path-to-node="2,6,0,0" data-index-in-node="0">सड़क अर्जुनी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,6,1,0">28,918</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,6,2,0">1,15,216</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,7,0,0"><b data-path-to-node="2,7,0,0" data-index-in-node="0">सलेकसा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,7,1,0">21,797</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,7,2,0">92,417</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,8,0,0"><b data-path-to-node="2,8,0,0" data-index-in-node="0">तिरोड़ा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="2,8,1,0">43,140</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,8,2,0">1,73,182</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में ‘कैच द रेन’ अभियान तेज, जल संकट से निपटने की तैयारी, हर बूंद बचाने पर प्रशासन का जोर</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-catch-the-rain-jal-shakti-abhiyan-water-conservation-1786569.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 09 Jun 2026 19:04:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 09 Jun 2026 21:58:36 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Resource-Management_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[monsoon alert]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1786569</guid>

					<description><![CDATA[Jal Shakti Abhiyan: कम बारिश की संभावना को देखते हुए गोंदिया में ‘कैच द रेन’ जलशक्ति अभियान को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। प्रशासन का लक्ष्य भूजल स्तर बढ़ाकर भविष्य के जल संकट को कम करना है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Resource-Management_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Catch The Rain Jal Shakti Abhiyan Water Conservation"     /></figure><p><strong>Gondia Rainwater Harvesting:</strong> इस वर्ष बारिश की मात्रा कम होने का अनुमान है, इसलिए पानी की हर बूंद को इकट्ठा करना और संग्रहित करना बहुत महत्वपूर्ण हो गया है। इस आवश्यकता को समझते हुए, जिले में मृदा और जल संरक्षण विभाग की ओर से कैच द रेन जलशक्ति अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने का निर्णय लिया गया है।</p>
<p>पानी जहां गिरे, वहीं संग्रहित करें की संकल्पना पर आधारित यह अभियान जिले में पानी की कमी को दूर करने में मदद करेगा। जिले में लगातार हो रही पानी की कमी के कारण कई क्षेत्रों में भूजल स्तर नीचे चला गया है। लेकिन, कैच द रेन के तहत कुओं और बोरवेलों के पुनर्भरण और जलधाराओं के पुनर्जीवन से भूजल भंडारण में वृद्धि होगी।</p>
<h3>गोंदिया में जलशक्ति अभियान लागू</h3>
<p>इससे सरकार को उम्मीद है कि गर्मियों में भी कुओं और बोरवेलों को पर्याप्त पानी उपलब्ध रहेगा। जल निकायों की गणना व <a href="https://navbharatlive.com/india/india-digital-census-2027-transformation-caste-census-updates-orgi-33-census-questions-1707697.html"><strong>जियो टैगिंग</strong></a> अभियान को सटीक दिशा देने के लिए जिले के सभी छोटेबड़े जलाशयों की विस्तृत गणना की जा रही है। इन सभी जल निकायों की आधुनिक तकनीक से जियोटैगिंग की जा रही है, ताकि किस क्षेत्र में पानी की स्थिति का सटीक नक्शा प्रशासन के पास उपलब्ध रहे।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="मुंबई में मध्य रेल के अस्पताल में SICU शुरू, उन्नत स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/central-railway-hospital-launches-sicu-in-mumbai-1786176.html"> मुंबई में मध्य रेल के अस्पताल में SICU शुरू, उन्नत स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार</a></strong></p>
<h3>जलाशयों की जियोटैगिंग और गणना शुरू</h3>
<p>इससे पानी की कमी का पूर्वानुमान लगाने में काफी मदद मिलेगी। जिला स्तरीय समिति पूरे अभियान की निगरानी और जल संरक्षण के संबंध में नागरिकों को तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए जिले में एक विशेष जलशक्ति केंद्र स्थापित किया गया है। साथ ही सभी विभागों के बीच समन्वय बनाये रखने के लिए एक उच्च स्तरीय<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/khodshivani-gram-panchayat-gondia-samruddh-panchayatraj-award-2026-1779377.html"> जिला स्तरीय समिति</a> </strong>का गठन किया गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बिजली विभाग की लापरवाही! गोंदिया में सड़कों पर झूल रहे हाई वोल्टेज तार, बड़े हादसे का खतरा बढ़ा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-high-voltage-wires-hanging-electricity-department-negligence-1785819.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 09 Jun 2026 17:30:44 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 09 Jun 2026 17:30:44 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Electric-Wires_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Electricity Problem]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1785819</guid>

					<description><![CDATA[Open Transformer: गोंदिया शहर और जिले के कई क्षेत्रों में हाई वोल्टेज बिजली तार सड़कों पर झूलते नजर आ रहे हैं, जिससे किसी भी समय बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Electric-Wires_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia High Voltage Wires Hanging Electricity Department Negligence"     /></figure><p><strong>Gondia Power Issue:</strong> इन दिनो गोंदिया शहर के साथ ही जिले के कई तहसीलों में विद्युत पोल के तार मार्गों पर लटकते दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में बड़ी दुर्घटना किसी भी समय घटित हो सकती है। इस ओर विद्युत विभाग द्वारा गंभीरता से ध्यान देने की आवश्यकता है। ऐसे में यह तार संकरे मार्गों पर आवागमन करने वाले बड़े वाहनों में फंसकर टूट जाते हैं। जिसकी वजह से भी दुर्घटना घटित होती है। जर्जर हो चुके तार टूटते हैं तो घंटों तक बिजली आपूर्ति खंडित रहती है। ऐसे में आम नागरिकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।</p>
<p>उल्लेखनीय है कि शहर के कई स्थानों पर विद्युत प्रवाहित तार झुलते नजर आ रहे हैं। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में जहां डीपी लगाई गई है, वहां झुड़पी जंगल देखा गया है। ऐसे में वहां आग भी लगने की घटना घटित हो सकती है। इस ओर संबंधित विभाग को जल्द से जल्द ध्यान देने की आवश्यकता है।</p>
<h3>नागरिकों ने की कार्रवाई की मांग</h3>
<p>आज की स्थिति में बिजली एक महत्वपूर्ण जरूरत बन गई है। ऐसे में 5 मिनट भी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/mro-power-supply-disruption-affects-aircraft-maintenance-in-nagpur-mihan-1779696.html">विद्युत आपूर्ति खंडित</a></strong> हो जाती है तो नागरिकों के बेहाल हो जाते हैं। वहीं नागरिकों द्वारा चलाए जा रहे लघु उद्योग भी बिना बिजली के बंद हो जाते हैं। जिसका लाभ उठाकर विद्युत विभाग विविध प्रकार के टैक्स जोड़कर ग्राहकों को बिल थमा देता है। बावजूद नागरिकों को उत्तम बिजली की सुविधा नहीं दी जाती है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="अकोला में व्हीलचेयर नहीं मिली तो बीमार पति को पीठ पर लादकर भटकती रही बेबस पत्नी, डीन ने दिए सख्त जांच के आदेश" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-government-hospital-shocking-video-woman-carries-sick-husband-on-back-1781921.html"> अकोला में व्हीलचेयर नहीं मिली तो बीमार पति को पीठ पर लादकर भटकती रही बेबस पत्नी, डीन ने दिए सख्त जांच के आदेश</a></strong></p>
<h3>गंभीरता पूर्वक ध्यान देने की जरुरत</h3>
<p>इस ओर जनप्रतिनिधियों द्वारा भी ध्यान नहीं दिया जाता। गांवों में अनेक जगहों पर खुली डीपी देखी जाती है। वहीं शहर के <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-mahadiscom-electricity-failure-storm-rain-power-outage-villages-2026-1768584.html">विद्युत पोल</a></strong> पर विद्युत प्रवाहित तार झुलते नजर आते हैं। जिससे किसी भी समय बड़ी दुर्घटना घटित होने से नकारा नहीं जा सकता। वहीं शहर के गणेश नगर, सिविल लाइन, गौतम नगर, भीमनगर, श्रीनगर सहित कई क्षेत्रों में पोल के प्रवाहित तार झुलते नजर आते है। इस ओर संबंधित विभाग के अधिकारियों को गंभीरता पूर्वक ध्यान देने की जरुरत है। ऐसी मांग शहरवासियों द्वारा की जा रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>निलज पुल निर्माण में देरी से बढ़ी परेशानी, अधूरा काम जल्द पूरा करें, ग्रामीणों ने आंदोलन की चेतावनी दी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/incomplete-construction-of-nilaj-bridge-villagers-protest-memorandum-submitted-to-sdm-1786226.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 09 Jun 2026 16:41:22 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 09 Jun 2026 19:10:41 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/SDM-Memorandum_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[bridge construction]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1786226</guid>

					<description><![CDATA[Bridge Construction Delay : देवरी के निलज गांव में निर्माणाधीन पुल का कार्य लंबे समय से अधूरा पड़ा है, जिससे ग्रामीणों, किसानों और स्कूली विद्यार्थियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/SDM-Memorandum_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Incomplete Construction Of Nilaj Bridge Villagers Protest Memorandum Submitted To Sdm"     /></figure><p><strong>Deori Villagers Protest:</strong> देवरी तहसील की केशोरी ग्रापं अंतर्गत निलज में निर्माणाधीन पुल का कार्य लंबे समय से अधूरा पड़ा होने से ग्रामीणों और स्कूली छात्रों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मानसून की दस्तक से पहले ही इस मार्ग के पूरी तरह बाधित होने की आशंका को देखते हुए ग्रापं ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।</p>
<p>इस संबंध में देवरी उपविभागीय अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर पुल निर्माण कार्य तत्काल पूरा कराने की मांग की गई है।वर्ष 202526 में निलज गांव में पुल निर्माण कार्य शुरू किया गया था। लेकिन ठेकेदार और संबंधित विभाग की उदासीनता के कारण निर्माण कार्य अब तक अधूरा पड़ा हुआ है।</p>
<h3>मानसून से पहले निलज पुल निर्माण पूरा करने की मांग</h3>
<p>बारिश का मौसम नजदीक आने से ग्रामीणों, किसानों तथा विद्यार्थियों की चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि मार्ग की स्थिति दिनप्रतिदिन खराब होती जा रही है, जिससे आवागमन जोखिम भरा बन गया है। केशोरी ग्रापं के सरपंच, उपसरपंच व पंचायत प्रतिनिधियों ने 5 जून को एसडीएम कार्यालय पहुंचकर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/daryapur-dahihanda-road-drain-repair-demand-farmers-memorandum-1782291.html/amp">ज्ञापन सौंपा</a></strong>। इस ज्ञापन में प्रशासन से संबंधित ठेकेदार को तत्काल निर्देश देकर निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर पूरा कराने की मांग की गई है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="जालना-जलगांव रेल मार्ग: 25 गांवों की 140 हेक्टेयर जमीन का होगा अधिग्रहण; सुनवाई के बाद होगी फाइनल प्रक्रिया" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/jalna/jalna-jalgaon-rail-project-land-acquisition-objections-received-1785830.html"> <span class="color-red">जालना-जलगांव रेल मार्ग</span>: 25 गांवों की 140 हेक्टेयर जमीन का होगा अधिग्रहण; सुनवाई के बाद होगी फाइनल प्रक्रिया</a></strong></p>
<h3>स्कूली बच्चों और ग्रामीणों की सुरक्षा पर मंडराया खतरा</h3>
<p>साथ ही समय पर पुल का निर्माण पूरा नहीं होने पर निलज पुल पर धरना आंदोलन करने की चेतावनी दी है। निलज और आसपास के क्षेत्रों के कई छात्र रोजाना इसी मार्ग से स्कूल आतेजाते हैं। बारिश शुरू होने के बाद अधूरे पुल के कारण जलभराव और तेज बहाव की स्थिति बन सकती है, जिससे किसी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/jalalkheda-fatal-nagpur-road-accident-in-district-car-rams-auto-1783204.html/amp">बड़ी दुर्घटना</a> </strong>की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता। इसलिए प्रशासन तत्काल हस्तक्षेप कर निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण करें।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया जिले के 100 पुल खतरनाक स्थिति में, मरम्मत और नए निर्माण के लिए फंड का इंतजार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-100-dangerous-bridges-pwd-zp-fund-crunch-traffic-risk-2026-1785506.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 09 Jun 2026 14:07:15 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 09 Jun 2026 14:07:15 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Old-Gondia-Bridges-Repair-Project_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1785506</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Dangerous Bridges: गोंदिया में जिला परिषद के करीब 100 पुल खतरनाक व जर्जर हो चुके हैं। फंड की कमी से इनकी मरम्मत या निर्माण अटका है, जिससे बड़े हादसे का डर बना रहता है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Old-Gondia-Bridges-Repair-Project_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia 100 Dangerous Bridges Pwd Zp Fund Crunch Traffic Risk 2026"     /></figure><p><strong>Old Gondia Bridges Repair Project:</strong> गोंदिया जिले से गुजरने वाली सभी मुख्य सड़कों के साथ ही ग्रामीण सड़कों पर कई जगहों पर पुल हैं। ये सभी पुल पिछले 50 से 60 साल पुराने हैं। इसलिए, तकनीकी रूप से इनमें से कोई भी पुल पुराना या खतरनाक हालत में नहीं है, ऐसा जिप बांधकाम विभाग का कहना है। आमगांव-सालेकसा रोड पर बाघ नदी पर बना पुल जर्जर हालत में है, और उस पुल पर भारी वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई थी।</p>
<p>लेकिन उस पुल पर फिर से भारी वाहनों की आवाजाही शुरू हो गई है। गोरेगांव तहसील के कुछ पुलों के साथ भी यही स्थिति है। बांधकाम विभाग इस पर पूरी तरह से ध्यान नहीं दे रहा है। जिप प्रशासन ने बताया है कि जिले में करीब 100 पुल खराब हो गए हैं। पिछले कई सालों से बांधकाम विभाग के अधिकारी पुल की मरम्मत या नए पुल बनाने के लिए फंड की कमी की शिकायत कर रहे हैं।</p>
<p>गोंदिया जिले में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/state-government-extends-65-contract-posts-at-government-nagpur-dental-college-1780049.html">राज्य सरकार</a> के बांधकाम विभाग के अधिकार क्षेत्र में आने वाली सड़कों पर 28 बड़े और 135 छोटे पुल हैं। पुल के नीचे खंभों से सपोर्ट : रेलवे<br />
लाइन के नीचे नदियों और नहरों पर बने सभी पुल की अवधि खत्म हो चुकी हैं। हर पुल की उम्र 100 साल थी। अब वे पुल 125 से 150 साल से ज्यादा हो गए हैं।</p>
<p>रेलवे विभाग ने उसी पुल को लोहे के एंगल और पुल के नीचे खंभों से सपोर्ट देकर इस्तेमाल करना जारी रखा है। 8-10 साल पहले दरें के पास सुरंग के पास एक रेलवे पुल गिर गया था। उस समय वहां से एक मालगाड़ी गुजर रही थी। जब पुल गिरा तो मालगाड़ी बाल-बाल बच गई और पुल पर ही फंस गई। बाद में वहां एक नया पुल बनाया गया।</p>
<h3>मरम्मत के लिए अभी तक फंड नहीं मिला</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kharif-season-preparation-farmers-waiting-for-monsoon-rain-1780953.html">गोंदिया जिला</a> परिषद कार्यकारी अभियंता बांधकाम विभाग प्रकाश ताकसांडे ने कहा है कि &amp;#8220;जिला परिषद के तहत आने वाले करीब 100 पुलों की हालत खतरनाक है। वे क्षतिग्रस्त हो गए हैं। वरिष्ठ अधिकारियों को रिपोर्ट भेज दी गई है। लेकिन, मरम्मत के लिए अभी तक फंड नहीं मिला है। जैसे ही फंड मिलेगा, नया पुल या उन पुलों की मरम्मत कर दी जाएगी।&amp;#8221;</p>
<h3>डवकी नाले पर स्थित पुल 50 साल पुराना, हालत खस्ताहाल</h3>
<ul>
<li>देवरी से आमगांव का रास्ता सबसे महत्वपूर्ण स्टेट हाईवे नंबर 276 है। इस हाईवे पर रोजाना सैकड़ों ओवरलोडेड छोटे-बड़े वाहन चलते हैं और देवरी से 1 किमी दूर भागी के पास बना पुल और इसी रास्ते पर डवकी नाले पर बना पुल 50 साल पुराना है।</li>
<li>अभी इनकी हालत बहुत खराब है। चूंकि यह पुल ज्यादा ऊंचा नहीं है, इसलिए मानसून में अक्सर पुल से पानी ओवरफ्लो हो जाता है और दो-तीन दिन तक यातायात भी रुक जाता है।</li>
<li>यह पुल 50 साल पहले के यातायात को ध्यान में रखकर बनाया गया था। लेकिन अभी के हालात देखें तो हर मिनट इस पर 40 से 50 छोटे-बड़े ओवरलोड वाहन गुजरते हैं।</li>
</ul>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर में इको-टूरिज्म को मिलेगा बूस्ट, 48.40 हेक्टेयर भूमि हस्तांतरण मंजूर; सरकार का बड़ा फैसला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/eco-tourism-project-48-hectare-land-transferred-nagpur-forest-department-1785326.html"> नागपुर में इको-टूरिज्म को मिलेगा बूस्ट, 48.40 हेक्टेयर भूमि हस्तांतरण मंजूर; सरकार का बड़ा फैसला </a></strong></p>
<h3>सभी पुलों की हालत अच्छी</h3>
<p>सार्वजनिक बांधकाम विभाग कार्यकारी अभियंता बलवंत रामटेके ने कहा है कि  &amp;#8220;जिले में छोटे पुलों की मरम्मत के बाद यातायात फिर से शुरू हो गया है। हालांकि, विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार, सभी पुलों की हालत काफी अच्छी है। सिर्फ आमगांव-सालेकसा रोड पर बने पुल की हालत खराब हुई है। उस पुल की मरम्मत का काम चल रहा है। छोटे पुलों की हालत ठीक की जा रही है। यातायात ठीक से चल रहा है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>राजेंद्र जैन की राज्यसभा एंट्री, भंडारा-गोंदिया को मिला तीसरा सांसद</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/praful-patel-kingmaker-rajendra-jain-rajya-sabha-candidate-ncp-bhandara-gondia-2026-1785214.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 09 Jun 2026 10:42:01 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 09 Jun 2026 10:42:01 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Rajya-Sabha-Election_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[भंडारा]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bhandara News]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Rajya Sabha Election]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1785214</guid>

					<description><![CDATA[NCP Rajya Sabha Election: राकांपा ने सुनेत्रा पवार के इस्तीफे से खाली राज्यसभा सीट के लिए राजेंद्र जैन को उम्मीदवार बनाया है, जिससे भंडारा-गोंदिया को संसद में तीसरा प्रतिनिधित्व मिल गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Rajya-Sabha-Election_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Praful Patel Kingmaker Rajendra Jain Rajya Sabha Candidate Ncp Bhandara Gondia 2026"     /></figure><p><strong> Bhandara Gondia Third MP:</strong> उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के इस्तीफे से खाली हुई राज्यसभा सीट पर आखिरकार कौन खड़ा होगा, इस पर लगा सस्पेंस खत्म हो गया है। छगन भुजबल और नवनीत राणा जैसे सूबे के कई कद्दावर और दिग्गज नेताओं के नामों की चर्चाओं के बीच, राष्ट्रवादी कांग्रेस (अजीत पवार गुट) ने ऐन वक्त पर राजेंद्र जैन के नाम की घोषणा कर राजनीतिक पंडितों को चौंका दिया है।</p>
<p>इस अप्रत्याशित फैसले ने राजनीतिक गलियारों में यह साफ कर दिया है कि राकांपा के केंद्र बिंदु में प्रफुल्ल पटेल का दबदबा और राजनीतिक वजन आज भी बरकरार है, और वे ही पार्टी के असली किंगमेकर हैं। इस फैसले के बाद अब भंडारा-गोंदिया जिले के दो वरिष्ठ नेता एक साथ राज्यसभा में नजर आएंगे। 8 पून को उन्होंने अपना नामांकन भी कर दिया है। संख्याबल के हिसाब से वे निर्विरोध निर्वाचित होंगे इसमें अब कोई संशय नहीं है।</p>
<h3>कद्दावर नाम</h3>
<p>राजेंद्र जैन का नाम भंडारा-गोंदिया जिले की राजनीति में उन चुनिंदा नेताओं में शुमार है, जो पर्दे के पीछे रहकर संगठन को मजबूती देने के लिए जाने जाते हैं। अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत प्रफुल्ल पटेल के स्वीय सहायक (पीए) के रूप में करने वाले जैन आज सीधे देश की संसद के उच्च सदन (राज्यसभा) पहुंच रहे हैं।</p>
<p>इससे पहले वे भंडारा-गोंदिया स्थानीय निकाय निर्वाचन क्षेत्र से विधान परिषद के सदस्य (एमएलसी) के रूप में अपनी कार्यक्षमता साबित कर चुके हैं। इसके अलावा, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-zilla-parishad-schools-teacher-shortage-zero-teacher-2026-1783203.html">गोंदिया जिला</a> केंद्रीय सहकारी बैंक (जीडीसीसी) के अध्यक्ष पद की लगातार दूसरी बार कमान संभालकर उन्होंने ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर अपनी मजबूत पकड़ का लोहा मनवाया है।</p>
<p>पिछले कुछ समय से सियासी हलकों में यह चर्चा आम थी कि पार्टी के भीतर प्रफुल्ल पटेल का प्रभाव कम हो रहा है और विरोधी भी उन पर लगातार तंज कस रहे थे। हालांकि, सुनेत्रा पवार की खाली सीट पर अपने सबसे भरोसेमंद सिपहसालार को मौका दिलाकर पटेल ने अपनी असली ताकत का अहसास करा दिया है।</p>
<p>रेस में शामिल कई नामचीन चेहरों को पछाड़कर जैन को उम्मीदवारी दिलाना यह साबित करता है कि आलाकमान के फैसले में आज भी प्रफुल्ल पटेल के शब्दों की कितनी अहमियत है।</p>
<h3>जिले को तीसरा सांसद</h3>
<p>राजेंद्र जैन की इस एंट्री से भंडारा-गोंदिया जिले के राजनीतिक इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ गया है। अब संसद में इस क्षेत्र की आवाज और बुलंद होगी। वर्तमान में प्रफुल्ल पटेल खुद राज्यसभा में है, जबकि डॉ. प्रशांत पडोले लोकसभा में जिले का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।</p>
<p>अब राजेंद्र जैन के रूप में जिले को तीसरा सांसद मिल गया है। जनप्रतिनिधियों का यह त्रिवेणी संगम दोनों जिलों के प्रलंबित पड़े विकास कार्यों और केंद्र सरकार की विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं को रफ्तार देने में मील का पत्थर साबित होगा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="महाराष्ट्र के इन दो शहरों में रखा जाता है देश का सर्वाधिक सोना, जानें इन गोल्ड वॉल्ट्स में क्या खास है" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/india-rbi-gold-vault-mumbai-nagpur-security-reasons-1783563.html"> महाराष्ट्र के इन दो शहरों में रखा जाता है देश का सर्वाधिक सोना, जानें इन गोल्ड वॉल्ट्स में क्या खास है? </a></strong></p>
<h3>विधान परिषद छूटी, तो सीधे मिली राज्यसभा की चाबी</h3>
<p>हाल ही में विधान परिषद की सीट भाजपा के खाते में जाने की वजह से<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/ncp-rajendra-jain-for-rajya-sabha-seat-vacated-by-sunetra-pawar-leaving-bhujbal-behind-1783006.html"> राजेंद्र जैन</a> को मौका नहीं मिल पाया था। लेकिन उनके बरसों के संयम और निष्ठा को देखते हुए पार्टी नेतृत्व ने उन्हें सीधे राज्यसभा भेजने का बड़ा इनाम दिया है।</p>
<p>पार्टी के इस सरप्राइज कार्ड ने जहां विरोधियों को पस्त कर दिया है, वहीं जमीनी स्तर के आम कार्यकर्ताओं में यह सकारात्मक संदेश गया है कि पार्टी में वफादारी और कड़ी मेहनत की कद्र हमेशा होती है। इससे आगामी स्थानीय निकाय चुनाव से लेकर लोकसभा-विधानसभा स्तर तक संगठन और मजबूत होगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गंगाझरी ग्राम पंचायत में करोड़ों के गबन का आरोप, ग्रामीणों ने शुरू की अनिश्चितकालीन हड़ताल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gangazhari-gram-panchayat-corruption-allegation-indefinite-protest-gondia-1784424.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 08 Jun 2026 18:49:21 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 08 Jun 2026 19:57:22 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Public-Protest_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Corruption]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1784424</guid>

					<description><![CDATA[Gram Panchayat Scam: गोंदिया जिले के गंगाझरी ग्राम पंचायत में करोड़ों रुपये के कथित गबन और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों को लेकर ग्रामीणों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Public-Protest_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gangazhari Gram Panchayat Corruption Allegation Indefinite Protest Gondia"     /></figure><p><strong>Gangazhari Gram Panchayat:</strong> गोंदिया जिले के गंगाझरी ग्राम पंचायत में करोड़ों रुपये के कथित गबन और वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने जांच की मांग तेज कर दी है। सोमवार को आयोजित चर्चा बैठक में प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि यदि उनके लगाए गए आरोप झूठे साबित होते हैं तो उन्हें फांसी पर चढ़ा दिया जाए, लेकिन यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। इसी मांग को लेकर ग्रामीणों ने 8 जून से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है।</p>
<p>ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने करीब एक माह पहले ग्राम पंचायत में व्याप्त अनियमितताओं की शिकायत जिला प्रशासन से की थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। चर्चा के दौरान पूर्व सरपंच सोनू घरड़े पर विभिन्न विकास कार्यों और खरीद प्रक्रियाओं में गड़बड़ी करने के आरोप लगाए गए।</p>
<h3>‘आरोप झूठे निकले तो फांसी पर लटका दो’</h3>
<p>ग्रामीणों के अनुसार ग्राम पंचायत के अधिकांश ठेके सरपंच द्वारा ही संचालित किए गए, जिससे फर्जी बिलों के माध्यम से लाखों रुपये का गबन हुआ। सामग्री दिए बिना ही बिल निकालेग्रामीणों ने आरोप लगाया कि मृत नागरिकों के परिजनों को निःशुल्क जलाऊ लकड़ी उपलब्ध कराने की योजना में भी अनियमितता की गई और लाभार्थियों को सामग्री दिए बिना उनके नाम पर बिल निकाले गए।</p>
<h3>ग्राम पंचायत में वित्तीय अनियमितताओं के आरोप</h3>
<p>इसके अलावा <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/pm-kisan-yojana-ekyc-mandatory-deadline-june-nasik-farmers-1768118.html">सामान्य निधि</a></strong> से अधिक दरों पर सामग्री खरीद, जमीन बिक्री, शोष गड्ढा, नाडेप टैंक, आंगनवाड़ी व स्कूल मरम्मत, साउंड सिस्टम तथा टीवी खरीदी में भी गड़बड़ी होने का दावा किया गया। कार्रवाई नहीं हुई।</p>
<h3>तो आंदोलन और तेज होगी</h3>
<p>चर्चा में ग्रामीणों ने ईटेंडर प्रक्रिया के बिना यू.के. इलेक्ट्रॉनिक के नाम पर लाखों रुपये के भुगतान के दस्तावेज प्रस्तुत करने का दावा किया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर के आकाशवाणी चौक पर ट्रक का तांडव, ग्रीन नेट का ढांचा तहस-नहस; टक्कर के बाद चालक फरार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/akashvani-chowk-truck-accident-bamboo-structure-destroying-green-net-nagpur-1783387.html"> नागपुर के आकाशवाणी चौक पर ट्रक का तांडव, ग्रीन नेट का ढांचा तहस-नहस; टक्कर के बाद चालक फरार </a></strong></p>
<h3>ग्राम पंचायत के खिलाफ हड़ताल पर बैठे</h3>
<p>उनका कहना है कि पांच वर्षों के संचित खर्च का पूरा लेखाजोखा ग्रामसभा में प्रस्तुत नहीं किया गया और सूचना के अधिकार के तहत मांगी गई जानकारी भी उपलब्ध नहीं कराई गई। ग्रामीणों ने प्रशासन से पूरे मामले की <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/junona-gram-panchayat-corruption-encroachment-protest-hunger-strike-2026-1783356.html/amp">उच्चस्तरीय जांच</a></strong> कर दोषियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में 59 स्कूल शिक्षकविहीन, स्वयंसेवकों के भरोसे चल रही ग्रामीण शिक्षा व्यवस्था</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-zilla-parishad-schools-teacher-shortage-zero-teacher-2026-1783203.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 08 Jun 2026 13:10:26 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 08 Jun 2026 13:19:00 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Zilla-Parishad-Schools_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[School News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1783203</guid>

					<description><![CDATA[ZP Schools Without Teachers: गोंदिया जिले में शिक्षकों की भारी कमी के कारण 59 जिला परिषद स्कूल 'शून्य शिक्षक' हो गए हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा का स्तर लगातार गिर रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Zilla-Parishad-Schools_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Zilla Parishad Schools Teacher Shortage Zero Teacher 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Zilla Parishad Schools Teacher Shortage:</strong> हाल ही में जिला परिषद स्कूलों में नामांकन बढ़ाने के लिए विभिन्न गतिविधियां क्रियान्वित की जा रही हैं। वहीं गोंदिया जिले में यह बात सामने आई है कि शिक्षकों की कमी के कारण पढ़ाई का स्तर कम होते जा रहा है। शिक्षकों की कमी के कारण कई विद्यालय शून्य शिक्षक हो गए हैं। जिले के 59 विद्यालयों को शिक्षकों का इंतजार है।</p>
<p>अतः राज्य का शिक्षा विभाग ग्रामीण क्षेत्र के जिला परिषद स्कूलों की शैक्षणिक गुणवत्ता के लिए उदासीन होने की प्रतिक्रिया अभिभावकों द्वारा व्यक्त की जा रही है। जिप स्कूलों को ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा के मंदिर के रूप में मान्यता प्राप्त है। लेकिन शिक्षा के बाजारीकरण और ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा को लेकर राज्य सरकार की उदासीन नीति अब निराशाजनक है।</p>
<p>जिला परिषद स्कूलों का अस्तित्व चिंताजनक हो गया है। पिछले कई वर्षों से जिप के शिक्षा विभा में शिक्षकों की कमी लगातार जारी है और यह शिक्षा की खराब गुणवत्ता में भी योगदान दे रही है।</p>
<h3>देवरी में सबसे ज्यादा शून्य शिक्षक स्कूल</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/navegaon-nagzira-tiger-reserve-madhavzhari-safari-tourism-maharashtra-2026-1781849.html">गोंदिया जिला</a> आदिवासी बहुल और नक्सल प्रभावित जिले के रूप में जाना जाता है। इनमें दो तहसील सालेकसा और देवरी भी सुदूरवर्ती क्षेत्र में आते हैं। परिणामस्वरूप, इन दोनों तहसीलों में शून्य शिक्षक स्कूलों की संख्या भी अधिक है।</p>
<p>देवरी तहसील के कम से कम 11 स्कूलों में शून्य शिक्षक हैं। इसी तरह, सालेकसा, आमगांव, तिरोडा तीन तहसीलों में से प्रत्येक में 9 स्कूल, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-goregaon-businessman-babulal-patle-murder-case-investigation-2026-1782922.html">गोरेगांव तहसील</a> में 8, गोंदिया तहसील में 6। अर्जुनी मोरगांव तहसील में 4 स्कूल बिना शिक्षकों के हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="अमरावती में मानसून पूर्व बारिश की जोरदार दस्तक, किसानों के चेहरे खिले तो कई घरों को हुआ नुकसान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/amravati-melghat-pre-monsoon-rain-storm-damage-shirpur-farmers-relief-2026-1783093.html"> अमरावती में मानसून पूर्व बारिश की जोरदार दस्तक, किसानों के चेहरे खिले तो कई घरों को हुआ नुकसान </a></strong></p>
<h3>नया शैक्षणिक सत्र 21 से शुरू</h3>
<ul>
<li>वैकल्पिक रूप से, स्कूलों के अस्तित्व को बनाए रखने के लिए, जिप प्रशासन को शिक्षा स्वयंसेवकों की नियुक्ति की पहल करनी पड़ी।</li>
<li>इसलिए गांव में शिक्षित युवाओं को स्वयंसेवक के रूप में जिम्मेदारी दी गई।</li>
<li>वहीं जिले के 59 स्कूलों की देखरेख का काम भी यही स्वयंसेवक कर रहे हैं। गोंदिया जिले के 59 स्कूल शून्य शिक्षक हो गए हैं।</li>
<li>ये विद्यालय शिक्षकों की बाट जोह रहे हैं। नया शैक्षणिक सत्र 21 जून से शुरू होगा। क्या इस नए क्षेत्र में शिक्षक होगे? ऐसा सवाल खड़ा हो गया है।</li>
</ul>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में घरेलू गैस सिलेंडर फिर महंगा, 29 रुपये बढ़ी कीमत से रसोई बजट पर असर</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-lpg-gas-cylinder-price-hike-domestic-budget-inflation-2026-1783015.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 08 Jun 2026 10:41:36 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 08 Jun 2026 12:53:20 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/LPG-Price-Hike-MP_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[LPG Cylinder Price Hike]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1783015</guid>

					<description><![CDATA[LPG Gas Cylinder Price Hike: वैश्विक ऊर्जा संकट के चलते घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दामों में 29 रुपये की बढ़ोतरी की गई है, जिससे गोंदिया जिले में गैस सिलेंडर की कीमत 983 रु. से बढ़कर 1,012 रु. हो गई है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/LPG-Price-Hike-MP_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Lpg Gas Cylinder Price Hike Domestic Budget Inflation 2026"     /></figure><p><strong>LPG Cylinder New Rates June 2026:</strong> पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति की स्थिति में आए बदलाव का असर भारत पर भी देखने को मिल रहा है। घरेलू एलपीजी सिलेंडरों की कीमतों में 29 रु। की बढ़ोतरी कर दी गई है। नई कीमतें रविवार से लागू हो गई हैं, जिससे गोंदिया जिले में 14.2 किलोग्राम वाले सिलेंडर की कीमत 983 रु. से बढ़कर 1,012 रु. हो गई है।</p>
<p>यह बदलाव आम नागरिकों पर सीधे असर डालने वाला है, क्योंकि रसोई गैस की लगातार बढ़ती कीमतें घरेलू बजट को प्रभावित कर रही हैं। बढ़ती महंगाई के कारण आम नागरिकों की आर्थिक स्थिति पहले ही गड़बड़ा गई है, घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी की गई है।</p>
<p>जिससे गृहिणियों के रसोई बजट पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-zero-leprosy-village-survey-campaign-dr-abhijeet-golhar-2026-1781553.html">गोंदिया जिले</a> के सौंदड़ स्थित भारत गैस एजेंसी के वितरक आशीष जायसवाल के अनुसार, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत अब 1,012 रु. हो गई है। पहले एक सिलेंडर की कीमत 983 रु. थी। ऐसे में ग्राहकों को प्रति सिलेंडर 29 रु. ज्यादा चुकाने होंगे।</p>
<h3>हो रहे बढ़ोतरी पर पुनर्विचार करें प्रशासन</h3>
<p>जब सब्जियों, खाद्य तेल, दूध, ईंधन और अन्य आवश्यक वस्तुओं की बढ़ती कीमतों के कारण घरेलू खर्च पहले से ही बढ़ गया है। बताया जा रहा है कि इस बढ़ोतरी का असर ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों पर ज्यादा पड़ेगा। क्योंकि कई परिवार प्रति माह एक या दो सिलेंडर का उपयोग करते हैं, इसलिए वार्षिक लागत में काफी वृद्धि होगी। इसलिए विभिन्न स्तरों से मांग उठ रही है कि <a href="https://navbharatlive.com/business/8th-pay-commission-latest-update-government-extend-deadline-of-suggestions-1771853.html">केंद्र सरकार</a> घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत में बढ़ोतरी पर पुनर्विचार करें और आम लोगों को राहत दें।</p>
<h3>अप्रैल में 60 रु. की बढ़ोतरी</h3>
<ul>
<li>उल्लेखनीय है कि अप्रैल महीने में भी घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में 60 रु. की बढ़ोतरी की गई थी।</li>
<li>उस समय सिलेंडर की कीमत 923 रु. से बढ़कर 983 रु. हो गई थी।</li>
<li>अब जून महीने में फिर से 29 रु. की बढ़ोतरी के साथ सिर्फ दो महीने में घरेलू गैस सिलेंडर 89 रु. महंगा हो गया है।</li>
<li>लगातार महंगाई से मध्यम वर्ग और आम परिवारों का मासिक बजट चरमराने की आशंका है।</li>
<li>गैस सिलेंडर की कीमतों में नई बढ़ोतरी ने नागरिकों की परेशानियों को और बढ़ा दिया है।</li>
</ul>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="बारिश में नहीं होगी बिजली कटौती! भंडारा में 36 तकनीकी कार्य समय से पहले पूरे" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-mahadiscom-pre-monsoon-maintenance-successful-electricity-supply-2026-1783001.html"> बारिश में नहीं होगी बिजली कटौती! भंडारा में 36 तकनीकी कार्य समय से पहले पूरे </a></strong></p>
<h3>वृद्धि पर नियंत्रण लगाकर आम आदमी को राहत दें</h3>
<p>घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी से एक बार फिर महंगाई बढ़ना तय है। गैस की बढ़ती कीमतों का असर सिर्फ खाना पकाने तक ही सीमित नहीं है, बल्कि हर दिन रसोई में इस्तेमाल होने वाली सामग्रियों की कीमतों पर भी असर पड़ता है। परिवहन और वितरण लागत में वृद्धि के कारण कई आवश्यक वस्तुएं महंगी हो जाती है। बढ़ती महंगाई का यह अतिरिक्त बोझ अंततः आम नागरिकों की जेब पर पड़ेगा। उन्होंने यह भी उम्मीद जताई कि सरकार को बार-बार हो रही मूल्य वृद्धि पर नियंत्रण लगाकर आम आदमी को राहत देनी चाहिए।<br />
<strong>&amp;#8211; पुष्पा बागडे, गृहिणी, गोंदिया</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में लाख व्यवसायी की हत्या, बोरगांव के जंगल में मिला शव</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-goregaon-businessman-babulal-patle-murder-case-investigation-2026-1782922.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 08 Jun 2026 08:59:59 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 08 Jun 2026 08:59:59 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Tapovan-Murder-Case_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Murder]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1782922</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Murder Case: गोंदिया जिले के गोरेगांव तहसील अंतर्गत बोरगांव के जंगल में लाख व्यवसायी बाबूलाल दुलीचंद पटले की डंडे से हमला कर हत्या कर दी गई। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Tapovan-Murder-Case_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Goregaon Businessman Babulal Patle Murder Case Investigation 2026"     /></figure><p><strong>Businessman&amp;#8217;s Dead Body Found In Gondia: </strong>गोंदिया जिले के गोरेगांव तहसील के बोरगांव स्थित झाड़ीदार जंगल क्षेत्र से एक बेहद चौंकाने वाली और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक बुजुर्ग लाख व्यवसायी की अज्ञात हमलावरों द्वारा बेरहमी से हत्या कर दी गई। बदमाशों ने व्यवसायी के सिर, कान और चेहरे पर किसी भारी डंडे जैसी वस्तु से ताबड़तोड़ हमला कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया।</p>
<p>शनिवार तड़के जैसे ही यह खूनी वारदात उजागर हुई, पूरे गोरेगांव और आस-पास के ग्रामीण इलाकों में भारी हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान बाघोली निवासी बाबूलाल दुलीचंद पटले (60) के रूप में हुई है, जो लंबे समय से लाख के व्यापार से जुड़े हुए थे।</p>
<h3>सुबह लाख खरीदने निकले थे बाबूलाल</h3>
<p>प्राप्त जानकारी के अनुसार, बाबूलाल पटले बीते 5 जून की सुबह करीब 7 बजे हमेशा की तरह अपने घर से मोटरसाइकिल पर सवार होकर आस-पास के गांवों में लाख खरीदने के लिए निकले थे। आमतौर पर वे दोपहर तक लौट आते थे, लेकिन उस दिन देर दोपहर तक जब वे घर वापस नहीं लौटे, तो परिजनों को चिंता होने लगी।</p>
<p>इसी बीच, गांव के ही रहने वाले नवरलाल सोनवने ने पटले के परिवार को सूचना दी कि बाबूलाल की मोटरसाइकिल बोरगांव के खेत-शिवार वाले सुनसान इलाके में लावारिस हालत में खड़ी दिखाई दी है। इस इनपुट के मिलते ही घबराए परिजनों और ग्रामीणों ने तुरंत उस पूरे इलाके में बाबूलाल की सघन तलाश शुरू कर दी।</p>
<h3>सड़क से 200 मीटर अंदर जंगल की झाड़ियों में मिला शव</h3>
<p>खोजबीन करते हुए परिजन और ग्रामीण जब बोरगांव के झाड़ीदार जंगल क्षेत्र की तरफ बढ़े, तो रात के करीब 12:30 बजे उनका सामना एक खौफनाक मंजर से हुआ। मुख्य सड़क से लगभग 200 मीटर अंदर घने जंगल और झाड़ियों के बीच बाबूलाल पटले का शव लहूलुहान हालत में पड़ा हुआ था। जब शव को करीब से देखा गया, तो उनके चेहरे, कान और सिर पर किसी भारी चीज से किए गए जानलेवा और गंभीर चोटों के निशान साफ नजर आ रहे थे, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि उनकी हत्या अत्यंत क्रूरता के साथ की गई है।</p>
<h3>पुत्र अमित की शिकायत पर गोरेगांव पुलिस ने दर्ज किया मर्डर का केस</h3>
<p>इस खौफनाक हत्याकांड के बाद मृतक के विलाप करते पुत्र अमित बाबूलाल पटले (30) ने तुरंत <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-goregaon-cow-slaughter-case-three-arrested-1767395.html">गोरेगांव पुलिस</a> थाने पहुंचकर अज्ञात हत्यारों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई। अमित द्वारा दी गई शिकायत और शव की प्रारंभिक स्थिति के आधार पर पुलिस ने आशंका जताई है कि किसी अज्ञात व्यक्ति या व्यक्तियों ने पुरानी रंजिश या लूट के इरादे से डंडे जैसी घातक वस्तु से सिर पर जोरदार प्रहार कर इस वारदात को अंजाम दिया है।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:-  <a class="title" title="Gadchiroli: आष्टी में ट्रैफिक सिग्नल बने शोपीस, लोग पूछ रहे कब होंगे शुरू" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-ashti-traffic-signals-still-not-operational-1782764.html"> <span class="color-red">Gadchiroli</span>: आष्टी में ट्रैफिक सिग्नल बने शोपीस, लोग पूछ रहे कब होंगे शुरू </a></strong></p>
<p>घटना की गंभीरता को देखते हुए गोरेगांव थाना प्रभारी व पुलिस निरीक्षक चंद्रकांत काले तुरंत अपनी पूरी पुलिस टीम और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। गोरेगांव पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या (मर्डर) का मामला दर्ज कर लिया है। इस अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाने और आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजने के लिए पुलिस निरीक्षक चंद्रकांत काले के कुशल मार्गदर्शन में सहायक पुलिस निरीक्षक (API) प्रशांत भुते आगे की सघन कानूनी जांच कर रहे हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>नाना पटोले के जन्मदिन पर मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/nana-patole-student-honour-plantation-drive-sakoli-bhandara-1782150.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 07 Jun 2026 15:58:31 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 07 Jun 2026 20:33:08 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/NAN-PATOLE_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Nana Patole]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1782150</guid>

					<description><![CDATA[Nana Patole: नाना पटोले ने अपने जन्मदिन के अवसर पर साकोली में आयोजित कार्यक्रम में कहा कि भावी पीढ़ी का निर्माण और ग्रामीण विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना ही सच्ची राष्ट्रसेवा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/NAN-PATOLE_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Nana Patole Student Honour Plantation Drive Sakoli Bhandara"     /></figure><p><strong>Sakoli Event:</strong> देश की भावी पीढ़ी को सही दिशा देना और ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मुहैया कराना वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। शिक्षा के बढ़ते व्यवसायीकरण के इस दौर में समाज के हर वर्ग को आगे आकर जिम्मेदारी उठानी होगी। यह प्रतिपादन प्रदेश के वरिष्ठ नेता व विधायक नाना पटोले ने स्थानीय जनसंपर्क कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान किया। अपने जन्मदिन के अवसर पर उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए उन्होंने पर्यावरण संरक्षण को मानव अस्तित्व के लिए अनिवार्य बताया।</p>
<p>नाना पटोले ने कहा कि प्रतिस्पर्धा के इस युग में सफलता के लिए कठोर परिश्रम, निरंतरता और आत्मविश्वास ही एकमात्र चाबी है। उन्होंने आगे जोड़ा कि पर्यावरण संतुलन के बिना मानव जीवन सुरक्षित नहीं रह सकता, इसलिए वृक्षारोपण और वनसंपदा की रक्षा करना हर नागरिक का नैतिक कर्तव्य है। हरित क्रांति केवल किसानों के कल्याण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संपूर्ण मानव जाति के अस्तित्व का आधार है।</p>
<h3>साकोली में उमड़ा जनसैलाब</h3>
<p>विधायक नाना पटोले के जन्मदिन के उपलक्ष्य में साकोली में एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान लाखनी, लाखांदुर और साकोली तहसील के अंतर्गत एमपीएससी परीक्षा सहित कक्षा दसवीं और बारहवीं की बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट अंक हासिल करने वाले कुल 435 मेधावी छात्रछात्राओं का सूर्यकिरण फाउंडेशन तथा नाना पटोले मित्र परिवार की ओर से सत्कार किया गया।</p>
<p>मुख्य अतिथि <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bhandara-gondia-mlc-election-nana-patole-bjp-allegations-ashu-gondane-2026-1777613.html">नाना पटोले</a></strong> के हाथों सभी मेधावियों को प्रमाणपत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। वडद एवं सुकड़ी में पौधारोपणविश्व पर्यावरण दिवस के विशेष संयोग पर इस बार जन्मदिन के उल्लास को पर्यावरण चेतना से जोड़ा गया। इसके तहत वडद एवं सुकड़ी में सघन पौधारोपण अभियान चलाया गया।</p>
<blockquote class="twitter-tweet">
<p dir="ltr" lang="mr">जनसंपर्क कार्यालय, साकोली 📍</p>
<p>काल माझ्या वाढदिवसानिमित्त साकोली विधानसभा क्षेत्रातील गुणवंत विद्यार्थ्यांचा सत्कार सोहळा साकोली येथील जनसंपर्क कार्यालयात माझ्याहस्ते संपन्न झाला. यावेळी सर्व निपुण विद्यार्थी आणि विद्यार्थिनींचा सन्मान करत त्यांना पारितोषिक प्रदान केले आणि पुढील… <a href="https://t.co/GVYlwO6wcQ">pic.twitter.com/GVYlwO6wcQ</a></p>
<p>— Nana Patole (@NANA_PATOLE) <a href="https://x.com/NANA_PATOLE/status/2063186891911098479">June 6, 2026</a></p></blockquote>
<p><script async src="https://platform.x.com/widgets.js" charset="utf-8"></script></p>
<h3>भावी पीढ़ी का निर्माण ही सच्ची राष्ट्रसेवा: नाना पटोले</h3>
<p>विधायक पटोले ने स्वयं अपने हाथों से पौधे लगाकर समाज को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया और सभी नागरिकों से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की। इस गरिमामयी समारोह में भंडारा, गोंदिया, गड़चिरोली और नागपुर सहित विभिन्न जिलों के कई वरिष्ठ नेताओं और जनप्रतिनिधियों ने शिरकत की।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="Mumbai Local Train: पनवेल-कर्जत रेल कॉरिडोर 98% पूरा, मुंबई लोकल को जल्द मिलेगी नई लाइफलाइन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/local-mumbai-panvel-karjat-rail-corridor-98-percent-work-completed-1782226.html"> <span class="color-red">Mumbai Local Train</span>: पनवेल-कर्जत रेल कॉरिडोर 98% पूरा, मुंबई लोकल को जल्द मिलेगी नई लाइफलाइन</a></strong></p>
<p>उपस्थित रहने वालों में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/mp-dr-prashant-padole-suspension-revoked-lok-sabha-victory-2026-1613271.html">सांसद प्रशांत पडोले</a></strong>, विधायक सुधाकर आडबले, विधायक अभिजीत वंजारी, अतुल लोंढे, कविता ऊके, गोपाल अग्रवाल, दिलीप बनसोड, चरण वाघमारे, सचिन शेंडे, मुकुंद साखरकर, असलम शेख, योगराज झलके और साकोली तहसील अध्यक्ष अशोक कापगते शामिल थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>62 वर्षों से आस्था का केंद्र बना गोंदिया का येडमाकोट का संतोषी माता मंदिर, श्रद्धालुओं को कर रहा आकर्षित</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/yedmakot-santoshi-mata-temple-gondia-bhandara-faith-tourism-navratri-1782030.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 07 Jun 2026 15:08:41 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 07 Jun 2026 16:02:35 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Santoshi-Mata_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[धर्म]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Tourism Development]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1782030</guid>

					<description><![CDATA[Santoshi Mata Temple: गोंदिया के येडमाकोट स्थित 62 वर्ष पुराना संतोषी माता मंदिर श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का केंद्र बना हुआ है। यह मंदिर क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों में शामिल है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Santoshi-Mata_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yedmakot Santoshi Mata Temple Gondia Bhandara Faith Tourism Navratri"     /></figure><p><strong>Gondia Tourism:</strong> गोंदिया जिले के अंतिम छोर और गोंदिया-भंडारा जिले की सीमा पर येडमाकोट स्थित संतोषी माता का मंदिर है। जहां मातारानी के दर्शन के लिए श्रध्दालुओं की भीड़ उमड़ती है। 62 वर्ष पूर्व अवलिया संत द्वारा स्थापित इस मंदिर में हर वर्ष दोनों जिलों के श्रद्धालुओं का मेला लगता है। दोनों जिलों की सीमा पर स्थित इस मंदिर में नवरात्र पर्व के दौरान घट स्थापना की जाती है और नौ दिनों तक श्रद्धालुओं के रात्रि जागरण से क्षेत्र गुलजार रहता है। संतोषी माता मंदिर देवस्थान पिछले 62 वर्षों से राज्य राजमार्ग क्र. 261 के किनारे तिरोड़ा तहसील के नवेगांव खुर्द येडमाकोट फाटे पर स्थापित है।</p>
<p>यह गोंदिया जिले से 55 से 60 किमी. की दूरी पर है। इस मंदिर की स्थापना अवलिया योगी पुरुष लोटांगन बाबा उर्फ येलकोट येलपतनाथ महाराज ने की थी। अनेक लोगों की बाबा पर आस्था थी क्योंकि वे अवलिया व योगी सत्पुरुष थे। हालांकि नाथबाबा ने चमत्कारी घटनाएं नहीं कीं, लेकिन क्षेत्र में कहा जाता है कि उन्होंने एक सच्चे वादे के आधार पर योग अभ्यास करके चमत्कारिक ढंग से कई लोगों के भविष्य की सच्चाई बता दी थी। इसी बीच उनकी प्रसिद्धि के कारण सेलवटपार के उनके भक्त शंकर शेंडे पाटिल और लीलाधर भंडारकर पाटिल ने जमीन दान दी और उस स्थान पर संतोषी माता मंदिर की स्थापना की गई।</p>
<h3>प्राकृतिक सुंदरता और आस्था का संगम</h3>
<p>प्राकृतिक सुंदरता से भी आकर्षित जिले की सीमा पर होने तथा निजी रूप में होने के कारण इस मंदिर का विकास उस प्रकार नहीं हो सका है, जिस प्रकार जिले में मंदिरों का विकास हुआ है। लेकिन इस मंदिर से श्रध्दालुओं की आस्था जुड़ी हुई है। जिससे यहां पर नवरात्रि उत्सव के दौरान भारी भीड़ रहती है। संतोषी माता मंदिर के प्रति श्रध्दालुओं में काफी आस्था है, यहां साल भर श्रध्दालुओं की भीड़ लगी रहती है, क्योंकि मंदिर क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता भी पर्यटकों को आकर्षित करती है।</p>
<h3>नवरात्र में लगता है भव्य मेला</h3>
<p>इसमें नवरात्रि उत्सव के बारे में बताया गया है कि यह स्थान एक तीर्थ का रूप लेता है। जनभागीदारी से मंदिर का रखरखाव राजनीतिक उदासीनता और बढ़चढ़ की लड़ाई में 52 वर्षों से यहां कोई सार्वजनिक समिति नहीं बनी है अथवा कोई ट्रस्ट स्थापित नहीं किया जा सका। इसलिए बिना किसी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-st-sc-farmers-irrigation-wells-birsa-munda-ambedkar-yojana-2026-1775101.html">सरकारी अनुदान</a> </strong>के सार्वजनिक धन से यह मंदिर आज भी अपनी परंपरा कायम रखने में सक्षम है। फिर भी जिले में इस तीर्थ के प्रति जागरूकता के साथ-साथ संतोषी माता मंदिर की नवरात्रि घट स्थापना तहसील में प्रसिद्ध है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="प्रशासन के दावे फेल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/pili-river-cleaning-claims-exposed-before-monsoon-preparedness-in-nagpur-1781824.html"> प्रशासन के दावे फेल? मानसून सिर पर, पीली नदी बदहाल; 1,000 परिवारों पर बाढ़ का खतरा</a></strong></p>
<h3>2 जिलों से श्रद्धालुओं की उपस्थिति</h3>
<p>येडमाकोट में संतोषी माता का यह मंदिर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kharif-season-preparation-farmers-waiting-for-monsoon-rain-1780953.html">गोंदिया जिले</a> </strong>के तिरोड़ा और भंडारा जिले के तुमसर तहसील की सीमा पर है। क्योंकि यह मंदिर राष्ट्रीय राजमार्ग से सटा हुआ है और प्रकृति के करीब है, इसलिए पर्यटक और श्रद्धालु यहां प्रतिदिन आते हैं। आश्विन और चैत्र नवरात्र में यहां भक्तों की भीड़ रहती है और दोनों जिलों के भक्त देवी दर्शन के साथसाथ नाथ महाराज के दर्शन के लिए भी आते हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया: नवेगांव-नागझिरा में शुरू हुई ‘माधवझरी सफारी’, अब साल के 365 दिन मिलेगा जंगल भ्रमण का रोमांच</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/navegaon-nagzira-tiger-reserve-madhavzhari-safari-tourism-maharashtra-2026-1781849.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 07 Jun 2026 13:52:55 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 07 Jun 2026 13:53:52 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Navegaon-Nagzira_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1781849</guid>

					<description><![CDATA[Navegaon Nagzira Tiger Reserve: विश्व पर्यावरण दिवस पर नवेगांव-नागझिरा टाइगर रिजर्व में 'माधवझरी सफारी दर्शन' की शुरुआत की गई है, जो साल के 365 दिन पर्यटकों के लिए खुली रहेगी। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Navegaon-Nagzira_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Navegaon Nagzira Tiger Reserve Madhavzhari Safari Tourism Maharashtra 2026"     /></figure><p><strong>Madhavjhari Safari Navegaon Nagzira: </strong>विश्व पर्यावरण दिवस के खास मौके पर प्रकृति प्रेमियों और वन्यजीवों के दीवानों के लिए वन विभाग ने एक बेहद अनोखी और ऐतिहासिक सौगात पेश की है। प्रसिद्ध नवेगांव-नागझिरा टाइगर रिजर्व प्रशासन द्वारा &amp;#8216;माधवझरी सफारी दर्शन&amp;#8217; नामक एक बेहद रोमांचक और नई सफारी का आधिकारिक शुभारंभ किया गया है। इस अनूठे पर्यटन प्रोजेक्ट की सबसे बड़ी और खास विशेषता यह है कि जहां आम तौर पर मानसून या अन्य कारणों से साल के कुछ महीनों में सफारी बंद रहती है, वहीं यह नई &amp;#8216;माधवझरी सफारी&amp;#8217; अब साल के पूरे 365 दिन पर्यटकों के रोमांच के लिए खुली रहेगी।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/india/pm-modi-breaks-jawaharlal-nehru-record-longest-serving-elected-prime-minister-1777386.html">प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी</a> के लोकप्रिय &amp;#8216;एक पेड़ मां के नाम&amp;#8217; अभियान के संदेश को पर्यावरण संरक्षण के साथ जोड़ते हुए इस विशेष पर्यटन उपक्रम की रूपरेखा तैयार की गई है। चुटिया गेट स्थित माधवझरी परिसर में आयोजित एक भव्य और गरिमामयी समारोह के दौरान गोंदिया के जिलाधीश तथा जिला पर्यटन समिति के अध्यक्ष मंगेश गोंदावले के हाथों इस सफारी का विधिवत उद्घाटन किया गया।</p>
<h3>पारंपरिक सफारी से बिल्कुल जुदा</h3>
<p>प्रशासन के मुताबिक, सामान्य रूप से गाड़ियों में बैठकर किए जाने वाले जंगल भ्रमण की तुलना में यह &amp;#8216;माधवझरी सफारी&amp;#8217; पर्यटकों को जीवन का एक बिल्कुल अलग और गहरा अनुभव प्रदान करेगी। इस पूरे उपक्रम का मुख्य उद्देश्य सिर्फ गाड़ियों को जंगल में दौड़ाना नहीं, बल्कि इंसानों का प्रकृति और पर्यावरण के साथ एक सीधा और संवेदनशील जुड़ाव स्थापित करना है।</p>
<p>इस सफारी की एक और अनूठी कड़ी यह है कि भ्रमण के दौरान आने वाले पर्यटक नवेगांव क्षेत्र के गौरवशाली व ऐतिहासिक व्यक्तित्व माधवराव पाटिल डोंगरवार और महाराष्ट्र के सुप्रसिद्ध प्रकृतिप्रेमी व महान साहित्यकार मारुति चितमपल्ली के स्मृति स्थलों का भी प्रत्यक्ष दर्शन कर सकेंगे। इसके माध्यम से पर्यटकों को न केवल जंगल की सैर करने को मिलेगी, बल्कि वे इस पावन क्षेत्र की समृद्ध विरासत और वन्यजीव साहित्य के इतिहास को भी बेहद करीब से समझ सकेंगे।</p>
<h3>कोर फॉरेस्ट Area में 1.5 किलोमीटर की पैदल &amp;#8216;नेचर ट्रेल&amp;#8217;</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/sakoli-tree-cutting-case-farmers-accept-responsibility-forest-department-investigation-1780604.html">वन विभाग</a> ने इस सफारी में एडवेंचर का तड़का लगाने के लिए एक बहुत ही रोमांचक व्यवस्था की है। इसके तहत पर्यटकों को सिर्फ गाड़ियों में बैठे रहने के बजाय जंगल के अति-संवेदनशील &amp;#8216;कोर क्षेत्र&amp;#8217; के भीतर 1 से लेकर 1.5 किलोमीटर तक की दूरी पैदल तय करने का मौका मिलेगा, जिसे &amp;#8216;नेचर ट्रेल&amp;#8217; का नाम दिया गया है। इस पैदल यात्रा के दौरान पर्यटक वहां मौजूद विभिन्न दुर्लभ वनस्पतियों, अद्भुत जैव विविधता, जंगली पेड़-पौधों और प्राकृतिक सौंदर्य को अपने कदमों से चलकर बेहद नजदीक से महसूस कर सकेंगे।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="वर्धा में 5 माह में 55 किसान आत्महत्या के शिकार, 24 परिवारों को ही मिली आर्थिक सहायता" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/wardha-farmer-suicide-cases-government-financial-aid-debt-crisis-2026-1781835.html"> वर्धा में 5 माह में 55 किसान आत्महत्या के शिकार, 24 परिवारों को ही मिली आर्थिक सहायता </a></strong></p>
<h3>विशेष &amp;#8216;माधवझरी मचान&amp;#8217; से दिखेगा खूंखार वन्यजीवों का विहंगम नजारा</h3>
<p>सफारी के अनुभव को संपूर्ण बनाने के लिए वन विभाग द्वारा एक विशेष &amp;#8216;माधवझरी मचान&amp;#8217; का भी निर्माण किया गया है। इस मचान पर चढ़कर पर्यटक घने जंगलों के प्राकृतिक परिदृश्य और वहां स्वच्छंद विचरण करने वाले बाघ, तेंदुए समेत तमाम वन्यजीवों का एक बेहद सुरक्षित और विहंगम नजारा देख सकेंगे।</p>
<p>इस ऐतिहासिक उद्घाटन समारोह के गौरवशाली अवसर पर नवेगांव-नागझिरा टाइगर रिजर्व की क्षेत्र निदेशक पीयूषा जगताप, उपनिदेशक प्रीतम सिंह कोडापे, विभागीय वन अधिकारी अतुल देवकर, सहायक वन संरक्षक बालकृष्ण दुर्गे, वन अधिकारी नंदकिशोर काले के साथ-साथ वन्यजीव विशेषज्ञ श्रीनारायण डोंगरवार, नायब तहसीलदार मंगेश खापरडे, वन परिक्षेत्र अधिकारी प्रतिभा रामटेके और राजस्व अधिकारी भगवान नंदागवली समेत वन और राजस्व विभाग के तमाम आला अधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>1.62 लाख लोगों की होगी जांच, गोंदिया के 263 गांवों में कुष्ठरोग सर्वेक्षण अभियान तेज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-zero-leprosy-village-survey-campaign-dr-abhijeet-golhar-2026-1781553.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 07 Jun 2026 07:44:01 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 07 Jun 2026 07:44:01 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zero-Lepressy-Village-Survey-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1781553</guid>

					<description><![CDATA[Health Department Campaign: गोंदिया जिले को कुष्ठरोग मुक्त बनाने के लिए 'जीरो कुष्ठरोग गांव' सर्वेक्षण अभियान शुरू किया गया है। इसके तहत 263 गांवों के 1,62,998 लोगों की शारीरिक जांच की जा रही है।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zero-Lepressy-Village-Survey-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Zero Leprosy Village Survey Campaign Dr Abhijeet Golhar 2026"     /></figure><p><strong> Gondia Zero Lepressy Village Survey Campaign:</strong> कुष्ठरोग उन्मूलन की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए गोंदिया जिले में &amp;#8216;जीरो कुष्ठरोग गांव&amp;#8217; सर्वेक्षण अभियान आधिकारिक तौर पर शुरू किया गया है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य जिले में कुष्ठरोग को खत्म करना और छुपे हुए मरीजों का पता लगाकर उनका समय पर इलाज करना है। जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ। अभिजीत गोल्हार के दृढ़ नेतृत्व और मार्गदर्शन में जिला स्वास्थ्य विभाग ने इस अभियान की सावधानीपूर्वक योजना बनाई है।</p>
<p>इस विशेष अभियान के तहत <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-farmer-suicide-cases-government-compensation-2026-1780936.html">गोंदिया जिले</a> के &amp;#8216;शून्य कुष्ठरोग&amp;#8217; वाले कुल 263 गांवों का चयन किया गया है। इन गांवों के 1,62,998 नागरिकों की घर-घर जाकर शारीरिक जांच की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग की टीमें हर परिवार में जाकर संदिग्ध मरीजों की तलाश कर रही हैं। इस सर्वेक्षण अभियान के दौरान प्रारंभिक जांच में जिले में 2 नये कुष्ठ रोगी पाए गए हैं। क्योंकि इन दोनों रोगियों का निदान समय पर किया गया था, इसलिए उन्हें तुरंत दवा देना शुरू कर दिया गया था।</p>
<h3>योजना के लिए बैठकें व समन्वय</h3>
<p>अभियान के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-dengue-malaria-chikungunya-outbreak-summer-alert-1778767.html">डॉ. अभिजीत गोल्हार</a> के मार्गदर्शन में तहसील चिकित्सा अधिकारियों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के डॉक्टरों की एक विशेष बैठक आयोजित की गई है। इसमें अभियान के उद्देश्यों, कुष्ठरोग के संदिग्ध लक्षणों और तकनीकी पहलुओं पर विस्तृत मार्गदर्शन शामिल था। तहसील व जिला स्तर पर वरिष्ठ अधिकारी सीधे अभियान की निगरानी और समन्वय कर रहे हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a title="गोंदिया में खरीफ सीजन की तैयारियां अंतिम चरण में, किसानों को जोरदार बारिश का इंतजार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kharif-season-preparation-farmers-waiting-for-monsoon-rain-1780953.html"> गोंदिया में खरीफ सीजन की तैयारियां अंतिम चरण में, किसानों को जोरदार बारिश का इंतजार</a></strong></p>
<h3>शीघ्र निदान ही अच्छा इलाज</h3>
<p>गोंदिया जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अभिजीत गोल्हार ने कहा है कि &amp;#8220;गोंदिया जिले को कुष्ठरोग मुक्त बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग प्रतिबद्ध है। हम &amp;#8216;शून्य कुष्ठरोग गांव&amp;#8217; अभियान के माध्यम से प्रत्येक नागरिक तक पहुंच रहे हैं। नागरिकों को अपने शरीर पर किसी भी संदिग्ध धब्बे या लक्षण को छिपाए बिना निरीक्षण दल के साथ सहयोग करना चाहिए। इस बीमारी का शीघ्र निदान ही सबसे अच्छा इलाज है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में खरीफ सीजन की तैयारियां अंतिम चरण में, किसानों को जोरदार बारिश का इंतजार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kharif-season-preparation-farmers-waiting-for-monsoon-rain-1780953.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 19:15:11 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 19:55:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Kharif-Sowing_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[monsoon alert]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1780953</guid>

					<description><![CDATA[Kharif Season: गोंदिया में खरीफ सीजन की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं और किसान अब मानसून की बारिश का इंतजार कर रहे हैं। किसान बीज, खाद, कृषि दवाओं और पशुओं के चारे की व्यवस्था में जुटे है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Kharif-Sowing_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Kharif Season Preparation Farmers Waiting For Monsoon Rain"     /></figure><p><strong>Gondia Farmers Preparation:</strong> मृग नक्षत्र के आगमन के साथ ही जिले के किसान मानसून की बेसब्री से प्रतीक्षा कर रहे हैं। खरीफ सीजन की पूर्व तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी है और खेतों में अंतिम चरण की मशागत का काम चल रहा है। किसान बीज, खाद और कृषि दवाओं की व्यवस्था करने में जुटे हैं, जबकि पशुओं के लिए चारे का भी इंतजाम किया जा रहा है।भीषण गर्मी के बीच मृग नक्षत्र नजदीक आने से किसानों की उम्मीदें बढ़ गई है। किसानों का मानना है कि यदि इस नक्षत्र में अच्छी बारिश होती है तो खरीफ सीजन बेहतर रहेगा।</p>
<p>पांढ़राबोड़ी गांव के किसान ईशुलाल चव्हाण का कहना है कि खेतों की जुताई और गोबर खाद डालने का काम पूरा हो चुका है। अब सिर्फ अच्छी बारिश का इंतजार है। समय पर बारिश होने पर धान की फसल को फायदा होगा और खेतों की मेड़ों पर तुअर की बुआई भी की जाएगी। कृषि विभाग ने इस वर्ष जिले में 2,05,780 हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ फसलों की बुआई का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके लिए लगभग 56,834 क्विंटल बीज की आवश्यकता का अनुमान लगाया गया है।</p>
<h3>मृग नक्षत्र पर टिकी किसानों की उम्मीदें</h3>
<p>विभाग ने किसानों को प्रमाणित बीजों का उपयोग करने तथा पर्याप्त नमी आने के बाद ही बुआई करने की सलाह दी है। कई किसानों का कहना है कि खेती के कार्यों में मजदूरों की कमी के कारण समय पर काम पूरा करना मुश्किल हो रहा है।</p>
<h3>मजदूरों की कमी से खेती प्रभावित</h3>
<p>गिरोला के किसान अजीत मेश्राम ने बताया कि उनकी तीन से चार एकड़ <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/sakoli-tree-cutting-case-farmers-accept-responsibility-forest-department-investigation-1780604.html">कृषि भूमि</a></strong> है और खेती की अधिकांश तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। लेकिन, मजदूरों की कमी के कारण कई बार खेती के कार्य समय पर नहीं हो पाते।</p>
<h3>2.05 लाख हेक्टेयर में खरीफ बुआई का लक्ष्य</h3>
<p>बारिश के मौसम में चारे की कमी न हो। इसके लिए किसान अभी से पशुओं के लिए चारा की व्यवस्था कर रहे हैं। जिन क्षेत्रों में पर्याप्त चारा उपलब्ध नहीं है, वहां किसान बाहर से चारा खरीदने को मजबूर हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में किसान खेती की तैयारियों के साथसाथ पशुधन की जरूरतों पर भी विशेष ध्यान दे रहे हैं। पिछले वर्ष जिले के किसानों को अतिवृष्टि और बाढ़ का भारी नुकसान झेलना पड़ा था। आसमान पर टिकी किसानों की नजरेंखरीफ सीजन की शुरुआत में समय पर बारिश होने से किसानों में उत्साह था, लेकिन बाद में लगातार हुई भारी बारिश ने तबाही मचा दी।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर को एविएशन हब बनाने की दिशा में MIHAN को मिलेगा नया जोर, विकास कार्यों की समीक्षा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/mihan-project-emerges-as-major-aviation-and-logistics-hub-in-nagpur-1780010.html"> नागपुर को एविएशन हब बनाने की दिशा में MIHAN को मिलेगा नया जोर, विकास कार्यों की समीक्षा </a></strong></p>
<h3>खेत तैयार, बीज-खाद की व्यवस्था पूरी</h3>
<p>जुलाई और अगस्त में जिले में चार बार बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हुई थी, जिससे किसानों की फसलें और मेहनत दोनों प्रभावित हुई थीं। अब किसान नई उम्मीदों के साथ खरीफ सीजन की शुरुआत का इंतजार कर रहे हैं। अधिकांश खेतों की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं और किसानों की निगाहें आसमान पर टिकी हैं। सभी को उम्मीद है कि इस वर्ष मानसून संतुलित रहेगा और पिछले साल जैसी<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/nakadongri-unseasonal-rain-storm-mango-farmers-loss-1766750.html"> प्राकृतिक आपदा</a></strong> का सामना नहीं करना पड़ेगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में 5 महीनों में 2 किसान आत्महत्या, दोनों परिवारों को मिली सरकारी सहायता</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-farmer-suicide-cases-government-compensation-2026-1780936.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 19:05:17 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 20:45:06 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Farmer-Debt_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Farmers deprived]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1780936</guid>

					<description><![CDATA[Agricultural Crisis: गोंदिया जिले में जनवरी से मई 2026 के बीच दो किसानों ने आत्महत्या की, जिन्हें जिला प्रशासन की जांच समिति ने सरकारी सहायता के लिए पात्र घोषित किया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Farmer-Debt_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Farmer Suicide Cases Government Compensation 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Farmer Suicide:</strong> बेमौसम बारिश, फसलों की गैरगारंटीकृत कीमत और कभीकभी बैंकों और साहूकारों से लिए गए कर्ज की वजह से किसान आत्महत्या कर रहे हैं। गोंदिया जिले में पिछले 5 महीनों में 2 किसानों ने आत्महत्या की है। इन सभी किसानों को सरकार ने मदद का हकदार घोषित किया है और उनके परिवारों को मदद दी गई है। जनवरी से मई 2026 के बीच जिले में 2 किसानों ने आत्महत्या की।</p>
<p>कुछ ने फांसी लगाई, कुछ ने जहरीली दवाई खाई, कुछ ने कुएं या तालाब में कूदकर अपनी जान दे दी। अलगअलग समस्याओं के जाल में फंसा किसान आत्महत्या जैसा बड़ा कदम उठा लेता है। आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवारों की मदद के लिए जिला प्रशासन द्वारा बनाई गई समिति के सामने रखे गए सभी मामलों को मदद के लिए योग्य घोषित किया गया है।</p>
<h3>कर्ज और प्राकृतिक आपदाओं के बीच टूट रहे किसान</h3>
<p>आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवारों को सरकार की तरफ से 1 लाख रुपये की मदद मिलती है। <strong><a href="https://navbharatlive.com/india/pm-modi-chairs-economic-advisory-council-meeting-amid-global-uncertainties-1780133.html/amp">आर्थिक व्यवस्था</a></strong> खेती पर निर्भरअब तक जिले में योग्य लोगों को सरकार की तरफ से 2 लाख रुपये की मदद दी जा चुकी है। जिले की आर्थिक व्यवस्था खेती पर निर्भर है।</p>
<p>इसके अलावा, कुदरत की मार किसानों के सपनों को कुचल रही है। इस वजह से किसान हताश हैं और आत्महत्या कर रहे हैं। पिछले पांच महीनों में 2 किसानों ने आत्महत्या की है। ये सभी आत्महत्याएं जनवरी से मई 2026 के बीच हुई हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="रिद्धपुर बस स्टैंड भूमि पर अवैध निर्माण का आरोप, तहसीलदार ने जारी किया नोटिस" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/riddhapur-bus-stand-illegal-construction-notice-issued-1780440.html"> रिद्धपुर बस स्टैंड भूमि पर अवैध निर्माण का आरोप, तहसीलदार ने जारी किया नोटिस </a></strong></p>
<h3>आत्महत्या आखिरी रास्ता नहीं</h3>
<p>किसान <strong><a href="https://navbharatlive.com/health/who-unsafe-food-report-deaths-global-health-crisis-2026-1775342.html">कुदरती आफतों</a> </strong>की वजह से आत्महत्या कर रहे हैं। लेकिन, आत्महत्या आखिरी रास्ता नहीं है। उन्हें सब्र रखना होगा और हालात से निपटना होगा। सरकार आत्महत्या करने वाले परिवारों के साथ है और जांच के बाद उन परिवारों को मदद दे रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भंडारा में डेंगू-मलेरिया पर नियंत्रण, 5 महीनों में 1.61 लाख जांच में मिले सिर्फ 2 मरीज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bhandara-dengue-malaria-action-plan-monsoon-2026-health-department-1780230.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 16:34:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 16:57:54 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Health-Department-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Dengue Disease]]></category>
		<category><![CDATA[district health department]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1780230</guid>

					<description><![CDATA[Dengue Control: भंडारा जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा समय पर उठाए गए एहतियाती कदमों के चलते डेंगू और मलेरिया जैसी कीटजनित बीमारियां पूरी तरह नियंत्रण में हैं। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Health-Department-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhandara Dengue Malaria Action Plan Monsoon 2026 Health Department"     /></figure><p><strong>Bhandara Health Department:</strong> भंडारा जिले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से समय पर उठाए गए एहतियाती कदमों के कारण कीटकजनित मच्छरजनित बीमारियों की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। आगामी मानसून के दौरान डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों के फैलने की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने एक व्यापक एक्शन प्लान लागू किया है। इस बीच जिले के लिए राहत की बात यह है कि मई 2026 के पूरे महीने में जिले में डेंगू या मलेरिया का एक भी मरीज सामने नहीं आया है।</p>
<p>जनवरी से मई 2026 तक के पांच महीनों में जिले में कुल 1,61,924 रक्त नमूनों की जांच की गई। इस व्यापक जांच अभियान में केवल 2 मरीज ही पॉजिटिव पाए गए हैं, जिनमें से लाखनी और साकोली तहसील में 11 मरीज मिला है। स्वास्थ्य विभाग की तैयारियां व निवारक उपायजिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में मलेरियारोधी दवाओं का पर्याप्त स्टॉक और रैपिड डायग्नोस्टिक किट उपलब्ध करा दी गई हैं। ग्राम पंचायत स्तर पर नियमित रूप से फॉगिंग कराई जा रही है।</p>
<h3>जलभराव की स्थिति</h3>
<p>जहां भी जलभराव की स्थिति है, वहां मच्छरों के लार्वा को नष्ट करने के लिए टेमीफॉस के घोल का छिड़काव किया जा रहा है और गंबूशिया मछलियां छोड़ी जा रही हैं। इसके अलावा, निजी अस्पतालों में आने वाले संदिग्ध मरीजों के रक्त नमूनों की जांच जिला अस्पताल की सेंटिनल लैब में मुफ्त की जा रही है।</p>
<h3>नागरिकों के लिए 12 सूत्री सलाह</h3>
<p>स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों को कीटकजनित बीमारियों से सुरक्षित रहने के लिए 12 सूत्री गाइडलाइंस का पालन करने की अपील की है। इसमें अपने आसपास गंदा पानी जमा न होने दें और नालियों को सुचारू रूप से बहता रखें। हर हफ्ते मंगलवार को पानी के बर्तनों, कूलरों और ड्रमों को खाली कर पूरी तरह सुखाएं। पीने के पानी की टंकियों को सप्ताह में कम से कम एक बार अच्छी तरह साफ करें। सोते समय हमेशा मच्छरदानी का उपयोग करें और शरीर को पूरी तरह ढकने वाले कपड़े पहनें।</p>
<h3>मानसून से पहले स्वास्थ्य विभाग अलर्ट</h3>
<p>यदि बच्चों में तेज बुखार, दौरे आना या बेहोशी जैसे लक्षण दिखें, तो बिना देरी किए तुरंत<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-gmc-hospital-doctors-absenteeism-opd-patient-issues-1673050.html"> सरकारी अस्पताल</a> </strong>से संपर्क करें। घरेलू कचरा पानी और गंदा पानी निकासी के उचित प्रबंधन के लिए सोख्ता गड्ढों का निर्माण करें। मानसून के लिए रणनीतिक कार्य योजनाआगामी बारिश के मौसम को देखते हुए जिले में जनजागरूकता के लिए विशेष कैलेंडर तैयार किया गया है। इसमें मलेरिया रोधी महीना 1 से 30 जून वर्तमान में यह मुहिम जारी है, जिसके तहत बैठकों, रैलियों और कंटेनर सर्वेक्षण के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जा रहा है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="पुणे: मनपा का ‘व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम’ 3 महीने में ठप, 100 वाहनों के GPS बंद; दुरुपयोग छिपाने का गहराया संदेह" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/pmc-pune-vehicle-tracking-system-gps-failure-malpractice-suspicion-2026-1779817.html"> <span class="color-red">पुणे</span>: मनपा का ‘व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम’ 3 महीने में ठप, 100 वाहनों के GPS बंद; दुरुपयोग छिपाने का गहराया संदेह </a></strong></p>
<h3>भंडारा में कीटजनित बीमारियों रोकने के लिए एक्शन प्लान तैयार</h3>
<p>डेंगू रोधी महीना 1 से 30 जुलाई इस अवधि में आशा कार्यकर्ताओं को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा और ग्राम सभाओं का आयोजन होगा। स्कूली डेंगू मुहिम 15 जुलाई से 15 अगस्त इसके तहत माध्यमिक स्कूलों और जूनियर कॉलेजों में छात्रों के बीच विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। स्वास्थ्य प्रणाली 24 घंटे अलर्ट परगोंदिया, गढ़चिरौली और चंद्रपुर जैसे सीमावर्ती जिलों से आने वाले तेंदूपत्ता और गन्ना कटाई मजदूरों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।</p>
<h3>स्वास्थ्य प्रणाली 24 घंटे अलर्ट पर</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/karanja-ghadge-malaria-outbreak-nine-cases-positive-in-devwadi-wardha-1754929.html">जिला स्वास्थ्य अधिकारी</a></strong> के मार्गदर्शन में राजस्व, वन, सिंचाई और स्थानीय निकायों के समन्वय से यह अभियान चलाया जा रहा है। जिले की किसी भी बस्ती या गांव में बीमारी का संक्रमण न फैले, इसके लिए हमारी स्वास्थ्य प्रणाली 24 घंटे अलर्ट पर है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बिरसीफाटा में गहराया जल संकट, सूखते कुएं और बंद बोरवेल से ग्रामीण परेशान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/birsifata-water-crisis-failed-har-ghar-nal-yojana-groundwater-shortage-1780188.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 16:27:35 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 21:38:12 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Crisis_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1780188</guid>

					<description><![CDATA[Water Crisis: भीषण गर्मी और लगातार गिरते भूजल स्तर के कारण बिरसीफाटा तथा आसपास के गांवों में पेयजल संकट गंभीर होता जा रहा है। अधिकांश कुएं सूखने की कगार पर हैं और कई बोरवेल बंद पड़े हैं। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Water-Crisis_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Birsifata Water Crisis Failed Har Ghar Nal Yojana Groundwater Shortage"     /></figure><p><strong>Birsifata Water Crisis:</strong> भीषण गर्मी और लगातार घटते भूजल स्तर के कारण बिरसीफाटा सहित आसपास के कई गांवों में पेयजल संकट गहराता जा रहा है। क्षेत्र के अधिकांश कुओं का जलस्तर तेजी से नीचे चला गया है, जिससे ग्रामीणों के सामने पानी की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है। कई गांवों में लोगों को दैनिक जरूरतों के लिए भी पर्याप्त पानी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है।</p>
<p>ग्रामीणों के अनुसार गांवों में पूर्व में बनाए गए अधिकांश बोरवेल वर्तमान में बंद पड़े हैं या पर्याप्त पानी नहीं दे रहे हैं। गर्मी बढ़ने के साथ स्थिति और भी गंभीर होती जा रही है। आने वाले दिनों में जलसंकट विकराल रूप धारण कर सकता है, जिससे ग्रामीणों में चिंता का माहौल व्याप्त है।</p>
<h3>हर घर नल योजना पर उठ रहे सवाल</h3>
<p>ग्रामीणों का कहना है कि शासन की महत्वाकांक्षी हर घर नल योजना क्षेत्र में पूरी तरह विफल साबित हुई है। कई गांवों में लाखों रु। खर्च कर जलमीनार और जलकुंभ तो बनाए गए, लेकिन आज तक घरों के नलों में नियमित रूप से पानी नहीं पहुंच पाया। कहीं पाइपलाइन बिछाने का काम किया गया, तो कहीं जलमीनार का निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया।</p>
<p>बताया जा रहा है कि कुछ गांवों में पिछले दो वर्षों से जलकुंभ और पानी की टंकियों का निर्माण कार्य अधूरा पड़ा हुआ है। ठेकेदारों द्वारा पाइपलाइन बिछा दी गई, लेकिन मुख्य जल टंकी का निर्माण पूरा नहीं होने से पूरी योजना ठप पड़ी हुई है। परिणामस्वरूप ग्रामीणों को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा है।</p>
<h3>महिलाओं पर बढ़ा बोझ</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-water-crisis-environment-awareness-census-allowance-demand-1780600.html/amp">पेयजल संकट</a> </strong>का सबसे अधिक असर महिलाओं पर पड़ रहा है। गांवों में पर्याप्त पानी उपलब्ध नहीं होने के कारण महिलाओं को गांव के बाहर के जलस्रोतों से पानी लाना पड़ रहा है। सुबह और शाम पानी की व्यवस्था में ही उनका अधिकांश समय व्यतीत हो रहा है। इससे घरेलू कार्यों के साथ-साथ बच्चों की देखभाल और अन्य जिम्मेदारियों पर भी प्रभाव पड़ रहा है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नीट पेपर लीक: मोटेगांवकर की RCC क्लासेस बंद कराने को लेकर लातूर में भारी बवाल, हत्या का केस दर्ज कराने की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/latur/neet-paper-leak-latur-rcc-classes-protest-shivraj-motegaonkar-cbi-investigation-1780171.html"> <span class="color-red">नीट पेपर लीक</span>: मोटेगांवकर की RCC क्लासेस बंद कराने को लेकर लातूर में भारी बवाल, हत्या का केस दर्ज कराने की मांग </a></strong></p>
<h3>प्रशासन से समाधान की मांग</h3>
<p>ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर पेयजल संकट का स्थायी समाधान करने की मांग की है। उनका कहना है कि खराब पड़े बोरवेलों की मरम्मत कराई जाए, अधूरी पड़ी जलकुंभ व जलमीनार परियोजनाओं को शीघ्र पूरा किया जाए तथा <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-water-crisis-environment-awareness-census-allowance-demand-1780600.html">हर घर नल योजना</a> </strong>को प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते आवश्यक कदम नहीं उठाए गए तो आने वाले दिनों में जलसंकट और गंभीर हो सकता है, जिससे हजारों लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>लालपरी जनता के विश्वास का प्रतीक, ST के 78वें स्थापना दिवस पर बोले प्राचार्य राहुल डोंगरे</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/lalpari-is-a-symbol-of-public-trust-said-principal-rahul-dongre-on-the-78th-foundation-day-of-st-1779895.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 14:24:37 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 23:03:49 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/MSRTC_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[MSRTC]]></category>
		<category><![CDATA[ST Bus]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1779895</guid>

					<description><![CDATA[MSRTC Foundation Day: महाराष्ट्र राज्य मार्ग परिवहन महामंडल (एसटी) के 78वें स्थापना दिवस के अवसर पर तुमसर आगार में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/MSRTC_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Lalpari Is A Symbol Of Public Trust Said Principal Rahul Dongre On The 78th Foundation Day Of St"     /></figure><p><strong>Tumsar ST Depot:</strong> महाराष्ट्र राज्य मार्ग परिवहन महामंडल के तुमसर आगार में एसटी महामंडल का 78वां स्थापना दिवस उत्साहपूर्ण वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता विभागीय स्थापत्य अभियंता भंडारा सतीश कटरे ने की। मुख्य वक्ता के रूप में प्राचार्य राहुल डोंगरे ने उपस्थित कर्मचारियों एवं अधिकारियों का मार्गदर्शन किया।</p>
<p>इस अवसर पर सहायक यातायात अधीक्षक रचना मस्करे, यातायात नियंत्रक निशिकांत मोटघरे, सतीश नारनवरे, गजानन मोटघरे, पुरण पडारे, रामप्रसाद पटले, सोपान तीबुडे, पंचशीला उके सहित अनेक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे। प्राचार्य राहुल डोंगरे ने कहा कि, राज्य के कोनेकोने तक पहुंचने वाली लालपरी आज जनता के विश्वास की पहचान बन चुकी है।</p>
<h3>जनसेवा और भरोसे की पहचान बनी लालपरी</h3>
<p>सुरक्षित, विश्वसनीय और आमजन की सेवा के लिए समर्पित एसटी ने दशकों से यात्रियों को निरंतर सेवा प्रदान की है। चाहे कोई सामाजिक समारोह हो, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/doordarshan-national-family-entertainment-new-programming-kbc-1754923.html">पारिवारिक कार्यक्रम</a></strong> हो या दैनिक आवागमन, नागरिक आज भी लालपरी पर पूरा भरोसा करते हैं। समर्पण के साथ कार्य करने का संकल्प चालक, परिचालक एवं अन्य कर्मचारियों की निष्ठापूर्ण सेवाओं के कारण ही यह विश्वास कायम है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर को एविएशन हब बनाने की दिशा में MIHAN को मिलेगा नया जोर, विकास कार्यों की समीक्षा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/mihan-project-emerges-as-major-aviation-and-logistics-hub-in-nagpur-1780010.html"> नागपुर को एविएशन हब बनाने की दिशा में MIHAN को मिलेगा नया जोर, विकास कार्यों की समीक्षा </a></strong></p>
<h3>एसटी कर्मचारियों ने लिया बेहतर सेवा और समर्पण का संकल्प</h3>
<p>भविष्य में भी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha-msrtc-st-bus-715-school-trips-cancelled-summer-vacation-revenue-loss-2026-1777670.html/amp">एसटी सेवा</a> </strong>को अधिक सशक्त, आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण बनाने के लिए सभी कर्मचारियों को अपना योगदान देना चाहिए। संचालन रचना मस्करे एवं आभार गजानन मोटघरे ने माना। एसटी महामंडल के 78वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित इस समारोह में उपस्थित कर्मचारियों ने महामंडल की प्रगति एवं उत्कृष्ट सेवा के लिए और अधिक समर्पण एवं उत्साह के साथ कार्य करने का संकल्प लिया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>खुनारी गांव में अनोखा बाहुला-बाहुली विवाह, जीवंत हुई ग्रामीण संस्कृति और परंपरा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/khunari-doll-marriage-ceremony-rural-culture-tradition-bhandara-1779888.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 14:22:04 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 21:12:30 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Doll-Marriage-Ceremony_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1779888</guid>

					<description><![CDATA[Bhaatukali Tradition: भंडारा जिले के पालांदुर क्षेत्र के खुनारी गांव में ग्रामीण संस्कृति और लोक परंपराओं को जीवंत रखने के उद्देश्य से अनोखे बाहुला-बाहुली (गुड़िया-गुड्डा) विवाह समारोह का आयोजन किया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Doll-Marriage-Ceremony_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Khunari Doll Marriage Ceremony Rural Culture Tradition Bhandara"     /></figure><p><strong>Khunari Village:</strong> ग्रामीण संस्कृति और लोक परंपराओं को जीवंत बनाए रखने के उद्देश्य से पालांदुर क्षेत्र के खुनारी गांव में एक अनोखे बाहुला-बाहुली विवाह समारोह का आयोजन किया गया। बचपन के लोकप्रिय भातुकली खेल की परंपरा को सहेजने के लिए आयोजित इस कार्यक्रम ने ग्रामीणों की पुरानी यादों को फिर से ताजा कर दिया। गांव के लोगों ने इस आयोजन को वास्तविक विवाह समारोह की तरह भव्य रूप दिया।</p>
<p>विवाह की पत्रिका छपवाई गई, मंडप पूजन और हल्दी समारोह आयोजित किया गया तथा बैंडबाजे के साथ पूरे उत्साह से विवाह संपन्न कराया गया। यह समारोह प्रभु सेलोकर के निवास स्थान पर शुभ मुहूर्त में आयोजित किया गया, जहां ग्रामीणों ने दूल्हा और दुल्हन पक्ष की भूमिका निभाते हुए पूरे उत्साह से भाग लिया।</p>
<h3>लोक परंपराओं को सहेजने की अनूठी पहल</h3>
<p>कार्यक्रम के लिए पूरे गांव ने एकजुट होकर तैयारियां कीं। विवाह समारोह के दौरान पूरे गांव के लोग सामूहिक भोज में शामिल हुए, जिससे सामाजिक एकता और आपसी भाईचारे का संदेश भी मजबूत हुआ। आयोजन की जिम्मेदारी धनराज सेलोकर, रोशन निंबार्ते और तामेश्वर सेलोकर ने संभाली, जबकि गांव की महिला मंडली ने भी बढ़चढ़कर सहयोग किया।</p>
<h3>गांव ने मनाया गुड़िया-गुड्डे का विवाह</h3>
<p>लोक परंपराओं व संस्कृति से जुड़ने का अवसर ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी को अपनी <strong><a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/sagar/jinda-village-sagar-mysterious-story-behind-unique-name-1779645.html">लोक परंपराओं</a></strong> और ग्रामीण संस्कृति से जुड़ने का अवसर मिलता है। उपस्थित वरिष्ठ नागरिकों और गुरूजनों ने कहा कि इस प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम समाज में पारंपरिक मूल्यों और आपसी अपनत्व को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a class="title" title="नीट पेपर लीक: मोटेगांवकर की RCC क्लासेस बंद कराने को लेकर लातूर में भारी बवाल, हत्या का केस दर्ज कराने की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/latur/neet-paper-leak-latur-rcc-classes-protest-shivraj-motegaonkar-cbi-investigation-1780171.html"> <span class="color-red">नीट पेपर लीक</span>: मोटेगांवकर की RCC क्लासेस बंद कराने को लेकर लातूर में भारी बवाल, हत्या का केस दर्ज कराने की मांग </a></strong></p>
<h3>नई पीढ़ी को मिला संस्कृति से जुड़ने का अवसर</h3>
<p>कार्यक्रम की सफलता के लिए कल्पना सेलोकर, वैशाली सेलोकर, अश्विनी सेलोकर, मंगला सेलोकर, उमा सेलोकर, वर्षा भुते, वनिता खराबे सहित अनेक ग्रामीणों ने विशेष योगदान दिया। खुनारी गांव का यह बाहुलाबाहुली <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-surrendered-maoist-couple-marriage-police-headquarters-rehabilitation-1773840.html">विवाह समारोह</a> </strong>केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि ग्रामीण संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता का जीवंत उदाहरण बनकर लोगों के बीच लंबे समय तक याद रखा जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया: समृद्ध पंचायतराज अभियान में खोडशिवनी तहसील में प्रथम, जिला स्तरीय पुरस्कार के लिए पहुंची जांच टीम</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/khodshivani-gram-panchayat-gondia-samruddh-panchayatraj-award-2026-1779377.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[रूपम सिंह]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 06 Jun 2026 09:18:36 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 06 Jun 2026 09:18:36 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Khodshivani-Gram-Panchayat_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Development Plan]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1779377</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Award 2027: समृद्ध पंचायतराज अभियान के तहत सड़क अर्जुनी की खोडशिवनी ग्राम पंचायत तहसील में पहले स्थान पर रही। जिला स्तरीय पुरस्कार के लिए यवतमाल की विशेष टीम ने गांव का दौरा किया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Khodshivani-Gram-Panchayat_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Khodshivani Gram Panchayat Gondia Samruddh Panchayatraj Award 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Development News:</strong> समृद्ध पंचायतराज अभियान के तहत सड़क अर्जुनी तहसील की खोडशिवनी ग्रापं ने उत्कृष्ट कार्य करते हुए तहसील स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त किया है। इसके साथ ही ग्रापं जिला स्तरीय पुरस्कार की अंतिम दौड़ में शामिल हो गई है। अंतिम मूल्यांकन के लिए यवतमाल जिले के अधिकारियों की एक विशेष बाहरी टीम ने खोडशिवनी का दौरा कर विकास कार्यों तथा ग्रापं कार्यालय का निरीक्षण किया।</p>
<p>मूल्यांकन समिति में यवतमाल जिला परिषद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी पत्की, शिक्षा अधिकारी पांगोरे तथा विस्तार अधिकारी सी। एम। सुर्वे शामिल थे। समिति ने ग्राम पंचायत कार्यालय में उपलब्ध अभिलेखों, रजिस्टरों और विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की विस्तृत जांच की।</p>
<p>सड़क अर्जुनी की 13 ग्रापं ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/panjara-village-inspection-illegal-tree-cutting-keshori-kelwad-road-demand-1773573.html">मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायतराज</a> अभियान में भाग लिया था। इनमें खोडशिवनी ग्राम पंचायत का चयन उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर किया गया। जिला स्तरीय पुरस्कार के लिए अंतिम प्रतिस्पर्धा में होने के कारण इसका मूल्यांकन बाहरी जिले की टीम द्वारा किया गया।</p>
<h3>प्रशासनिक योजनाओं के क्रियान्वयन की जांच</h3>
<p>मूल्यांकन के दौरान सुशासन पंचायत, डिजिटल प्रशासन, कर संग्रहण, जनभागीदारी, स्व-वित्तपोषण, स्वच्छ एवं हरित गांव, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन तथा मनरेगा सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन जैसे मानकों की जांच की गई।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a title="नासिक MLC चुनाव: गिते बंधुओं की बगावत से महायुति में खलबली, नरेंद्र दराडे की राह आसान करने पहुंचे उदय सामंत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/mlc-election-nashik-gite-brothers-rebellion-mahayuti-samantha-visit-1779359.html"> <span class="color-red">नासिक MLC चुनाव</span>: गिते बंधुओं की बगावत से महायुति में खलबली, नरेंद्र दराडे की राह आसान करने पहुंचे उदय सामंत </a></strong></p>
<p>ग्राम पंचायत प्रशासन ने शासन द्वारा निर्धारित सभी मानदंडों के अनुरूप गांव के समग्र विकास पर विशेष ध्यान दिया है। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-msedcl-smart-meter-checking-police-protection-citizens-memorandum-sp-2026-1777278.html">यवतमाल</a> से पहुंची समिति का गांव के प्रवेश द्वार पर ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक स्वागत किया। इस अवसर पर सरपंच परशुरामकर, पंचायत समिति सदस्य डॉ। रुकीराम वाढ़ई, उपसरपंच सत्यवान नेवारे, ओमेश कापगते, मनोहर परशुरामकर सहित ग्राम पंचायत के सदस्य एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में बाघ का हमला: कलपाथरी के युवक को 1 किमी तक घसीटकर मार डाला</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kalpathari-tiger-attack-santosh-kharkhate-death-1778780.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 19:34:45 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 19:54:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Tiger-Movement_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Department]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Tiger]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1778780</guid>

					<description><![CDATA[Tiger Attack: गोंदिया जिले की गोरेगांव तहसील के कलपाथरी क्षेत्र में बाघ के हमले में 30 वर्षीय संतोष धुलेसर खरखाटे की दर्दनाक मौत हो गई। चारा लेने जंगल गए युवक को बाघ करीब एक किलोमीटर तक घसीटकर ले गया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Tiger-Movement_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Kalpathari Tiger Attack Santosh Kharkhate Death"     /></figure><p><strong>Kalpathari Village:</strong> गोरेगांव तहसील के कलपाथरी क्षेत्र में बाघ के हमले में एक 30 वर्षीय युवक की मौत हो गई। शुक्रवार सुबह हुई इस घटना से पूरे इलाके में भय और दहशत का माहौल व्याप्त है। मृतक की पहचान कलपाथरी निवासी संतोष धुलेसर खरखाटे 30 के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, संतोष खरखाटे शुक्रवार सुबह करीब 8 बजे अपनी बकरियों के लिए चारा लाने गांव से सटे जंगल में गया था।</p>
<p>इसी दौरान घात लगाकर बैठे बाघ ने उस पर हमला कर दिया। हमले के बाद बाघ उसे करीब एक किलोमीटर दूर तक घसीटकर ले गया और जंगल में एक पलाश के पेड़ के पास झाड़ियों में शव को छिपा दिया। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि बाघ ने शव के कुछ हिस्सों को अपना शिकार बनाया था।</p>
<h3>गोंदिया के जंगल में बाघ का आतंक</h3>
<p>घर वापस नहीं लौटने पर परिजनों और ग्रामीणों ने उसकी तलाश शुरू की। जंगल में खून के निशान और घसीटने के संकेत मिलने के बाद खोजबीन तेज की गई। बाद में झाड़ियों के बीच संतोष का<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/wadi-mhada-colony-nagpur-elderly-couple-found-dead-locked-house-1763985.html"> शव बरामद</a></strong> हुआ। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे।</p>
<h3>कलपाथरी क्षेत्र में भय का माहौल</h3>
<p>वनरक्षक एन।एम। शेलगावे तथा बीट सहायक रवी धुर्वे ने घटनास्थल का निरीक्षण कर पंचनामा किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। 25 लाख की आर्थिक सहायता की मांग घटना के बाद कलपाथरी सहित आसपास के गांवों में दहशत का माहौल है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="वर्धा में गर्मी की छुट्टियों का असर, 715 स्कूल बस फेरियां बंद होने से ST की आय घटी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha-msrtc-st-bus-715-school-trips-cancelled-summer-vacation-revenue-loss-2026-1777670.html"> वर्धा में गर्मी की छुट्टियों का असर, 715 स्कूल बस फेरियां बंद होने से ST की आय घटी </a></strong></p>
<h3>वन विभाग ने शुरू की जांच</h3>
<p>ग्रामीणों ने <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/gorewada-rescue-centre-lion-bharat-critical-condition-nagpur-wildlife-treatment-1756757.html">वन विभाग</a></strong> से गश्त बढ़ाने और बाघ की गतिविधियों पर निगरानी रखने की मांग की है। यह घटना सामुदायिक वनाधिकार सीएफआर क्षेत्र में हुई है। ग्रामीणों, ग्रामसभा पदाधिकारियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने मृतक परिवार को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने तथा संबंधित बाघ पर नियंत्रण के लिए तत्काल कदम उठाने की मांग की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भीषण गर्मी में मच्छरों का तांडव: गोंदिया में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया ने दी दस्तक, रहें सावधान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-dengue-malaria-chikungunya-outbreak-summer-alert-1778767.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 19:28:30 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 20:16:43 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mosquito-Borne-Diseases_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Dengue Disease]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1778767</guid>

					<description><![CDATA[Chikungunya Cases In Gondia: गोंदिया जिले में 45 डिग्री की तपती गर्मी के बावजूद डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के मामले सामने आ रहे हैं। जनवरी से अप्रैल के बीच 25 मरीज मिलने से हड़कंप मच गया है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mosquito-Borne-Diseases_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Dengue Malaria Chikungunya Outbreak Summer Alert"     /></figure><p><strong>Gondia Health News:</strong> इस साल 40 से 45 डिग्री सेल्सियस तापमान में जिले में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया ने कहर बरपाया है। इस साल के चार महीनों में जिले में डेंगू के 8, मलेरिया के 8 और चिकनगुनिया के 9 मरीज मिले हैं। इस वजह से जिले के लोगों को अभी से सावधान रहने की जरूरत है। जिले के लोगों के पास मच्छरों से बचने का कोई रास्ता नहीं होता, इसलिए उन्हें उनके जहरीले डंक से जूझना पड़ता है। हर साल जिले में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया आते हैं और पनपते हैं।</p>
<p>खास बात यह है कि अब भले ही तेज गर्मी शुरू है लेकिन जिले में मच्छरों ने अपना काम शुरू कर दिया है, इसलिए डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के मरीज मिल रहे हैं। जनवरी से अप्रैल के चार महीनों के आंकड़ों पर नजर डालें तो जिले में डेंगू के 8, मलेरिया के 8 और चिकनगुनिया के 9 मरीज मिले हैं। मानसून के मौसम में मच्छर ज्यादा पनपते हैं, लेकिन अब जब से गर्मियों में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के मरीज सामने आ रहे हैं। गोंदिया तहसील में डेंगू प्रभाव अधिक गर्मियों में मच्छर अपनी ताकत दिखा रहे हैं और डेंगू और मलेरिया फैला रहे हैं।</p>
<h3>गोंदिया तहसील में डेंगू का बढ़ा प्रभाव</h3>
<p>खास बात यह है कि गोंदिया तहसील में डेंगू का असर ज्यादा दिख रहा है।<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/in-this-tehsil-of-gondia-district-people-are-yearning-for-buses-in-many-villages-the-red-fairy-is-only-seen-on-voting-day-1764568.html"> गोंदिया तहसील</a></strong> में डेंगू के चार मरीज मिले हैं। मलेरिया का कोई मरीज नहीं है। बारिश के बाद जिले में मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाएगा, इसलिए सावधानी बरतना और भी जरूरी हो गया है। मच्छरदानी का इस्तेमाल करना सुरक्षित मच्छरों से बचने के लिए कई तरह के कॉइल, लिक्विड और क्रीम मिलते हैं। हालांकि, यह कहना गलत नहीं होगा कि ये किसी काम के नहीं हैं। क्योंकि, अगर ये किसी काम के होते तो डेंगू और मलेरिया के मरीज नहीं मिलते। इस वजह से मच्छरदानी का इस्तेमाल मच्छरों से बचने का सबसे सुरक्षित तरीका है। डॉक्टर भी रात में सोते समय मच्छरदानी इस्तेमाल करने की सलाह दे रहे हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="Sambhajinagar MLC Election: देवयानी डोणगांवकर और समीर सत्तार ने वापस लिया नामांकन, त्रिकोणीय हुआ मुकाबला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/aurangabad-jalna-mlc-election-devyani-dongaonkar-samiir-sattar-withdraw-1777620.html"> <span class="color-red">Sambhajinagar MLC Election</span>: देवयानी डोणगांवकर और समीर सत्तार ने वापस लिया नामांकन, त्रिकोणीय हुआ मुकाबला </a></strong></p>
<h3>स्वास्थ्य विभाग ने जारी की मच्छरदानी इस्तेमाल करने की सलाह</h3>
<p>जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अभिजीत गोल्हार ने बताया मानसून से पहले जांच अभियान चलाया जा रहा मरीज जंगल वाले इलाकों के तहसीलों में मिले हैं। कुछ मजदूर तेंदूपत्ता तोड़ने के मौसम में बाहर जाते हैं। उनकी समय पर जांच होती है। इसलिए ये मरीज मिले हैं। अभी, मानसून से पहले जिले में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-msedcl-smart-meter-checking-police-protection-citizens-memorandum-sp-2026-1777278.html">जांच अभियान</a> </strong>चलाया जा रहा है। ग्राम पंचायतों को मच्छरों का प्रकोप कम करने के लिए जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। जो मरीज मिले हैं, उनका सही इलाज किया गया है। महामारी को नियंत्रित करने के लिए जरूरी कदम उठाए गए हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मोहाड़ी-तिरोड़ा रोड निर्माण पर उठे सवाल; घटिया सामग्री के इस्तेमाल और अवैध उत्खनन का आरोप</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/mohadi-tiroda-cm-gram-sadak-yojana-corruption-allegations-1778714.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 19:12:44 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 21:22:13 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Poor-Quality-Road_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[gondia road]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Poor Road]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1778714</guid>

					<description><![CDATA[CM Gram Sadak Yojana: मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत निर्मित बोरगांव-तिरोड़ा रोड निर्माण के महज 15 दिनों के भीतर ही उखड़ने लगा है। ग्रामीणों ने गंभीर आरोप लगाते हुए जांच की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Poor-Quality-Road_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mohadi Tiroda Cm Gram Sadak Yojana Corruption Allegations"     /></figure><p><strong>Mohadi Tiroda Road:</strong> मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत निर्मित बोरगांव, खड़की,पालोरा, जांभोरा, किसनपुर, करड़ी तिरोड़ा रोड के निर्माण कार्य पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। मई माह में तैयार हुई यह सड़क मात्र 15 दिनों के भीतर कई स्थानों पर उखडने लगी है। विशेष रूप से पालोराजांभोरा मोड़ और अन्य हिस्सों में दरारें दिखाई देने से ग्रामीणों में सड़क की गुणवत्ता को लेकर चिंता बढ़ गई है।</p>
<p>स्थानीय लोगों के अनुसार, बोरगांव से पालोरा तक पहले से खड़ीकरण वाला मार्ग मौजूद था। वहीं पालोराखड़की मार्ग से हाडगे के खेत तक लगभग 200 मीटर लंबी सीमेंट कांक्रीट सड़क का निर्माण वर्ष 202324 में जिला परिषद सार्वजनिक निर्माण विभाग की ओर से कराया गया था, जिसका भुगतान भी संबंधित ठेकेदारों को किया जा चुका है। इसके बावजूद उसी सड़क पर पुनः निर्माण दिखाकर बिल निकालने की प्रक्रिया शुरू होने का आरोप लगाया जा रहा है।</p>
<h3>बनने के 15 दिन बाद ही उखड़ने लगी सड़क</h3>
<p>जांभोरा फाटा से तिरोड़ा-करड़ी रोड फाटा तक निर्मित नई सीमेंट कांक्रीट सड़क का कार्य अत्यंत निम्न स्तर का है। आरोप है कि निर्माण में राख मिश्रित कांक्रीट का उपयोग किया गया, सड़क की मोटाई निर्धारित मानकों से कम रखी गई तथा निर्माण के बाद आवश्यक मात्रा में पानी का छिड़काव और क्योरिंग नहीं की गई। इसी कारण सड़क निर्माण के तुरंत बाद ही उसमें दरारें पड़ने लगीं।</p>
<h3>भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ी मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना</h3>
<p>सड़क निर्माण के दौरान ही कांक्रीट बिछाने के कुछ समय बाद दरारें दिखाई देने लगी थीं। इस संबंध में स्थानीय समाचार पत्रों में पहले भी खबरें प्रकाशित की गई थीं, लेकिन संबंधित विभाग की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।</p>
<h3>अवैध मुरूम उत्खनन का भी आरोप</h3>
<p>ग्रामीणों ने सड़क निर्माण में उपयोग किए गए मुरूम को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि बोरगांव से तिरोड़ा-करड़ी फाटा मार्ग के किनारे डाला गया मुरूम अवैध उत्खनन से प्राप्त किया गया है। गोंदिया जिले के तिरोड़ा तहसील स्थित खेडेपार तथा<strong><a href="https://navbharatlive.com/crime/tumsar-mohadi-illegal-sand-mining-bust-81-lakh-seizure-trucks-tippers-1710236.html"> मोहाड़ी तहसील</a></strong> के किसनपुर क्षेत्र में निजी खेतों से मुरूम निकालकर सड़क निर्माण में उपयोग किया गया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="‘शिवतीर्थ’ पर राज ठाकरे से अचानक मिलने पहुंचे संजय राउत; विधान परिषद चुनाव के बीच मुलाकात से मची खलबली" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sanjay-raut-unexpectedly-visits-raj-thackeray-at-shivtirth-amid-mlc-election-commotion-1777633.html"> ‘शिवतीर्थ’ पर राज ठाकरे से अचानक मिलने पहुंचे संजय राउत; विधान परिषद चुनाव के बीच मुलाकात से मची खलबली </a></strong></p>
<h3>ग्रामीणों ने की निष्पक्ष जांच की मांग</h3>
<p>किसनपुर, जांभोरा, केसलवाड़ा, खड़की, बोंडे, डोंगरदेव और ढिवरवाड़ा जैसे गांव नागझिराकोका अभयारण्य के बफर जोन क्षेत्र में आते हैं, जहां खनन और उत्खनन पर प्रतिबंध है। ऐसे में निजी खेतों से मुरूम उत्खनन कैसे हुआ और इसके लिए किसकी अनुमति ली गई, यह जांच का विषय है।</p>
<p>ग्रामीणों ने मांग की है कि सड़क में आई दरारों, कथित <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/hingna-illegal-murum-mining-metumari-revenue-officials-nexus-nagpur-1777272.html">अवैध मुरूम उत्खनन</a></strong>, पहले से बनी 200 मीटर सड़क पर दोबारा निर्माण के प्रयास, निम्न गुणवत्ता की निर्माण सामग्री तथा पर्याप्त क्योरिंग नहीं किए जाने जैसे सभी मुद्दों की निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही जांच पूरी होने तक संबंधित ठेकेदारों के भुगतान पर रोक लगाने की भी मांग की गई है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>रामघाट वन क्षेत्र में जल संकट गहराया, बंद बोरवेल और सोलर सिस्टम शुरू करने की मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/ramghat-forest-water-crisis-borewell-solar-system-repair-demand-1778005.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 16:21:51 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 16:47:28 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Borewell-Repair-Demand_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Area]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1778005</guid>

					<description><![CDATA[Ramghat Forest: अर्जुनी मोरगांव के रामघाट राष्ट्रीय आरक्षित वन क्षेत्र की एनाची झरी में बंद पड़ी बोरवेल और सौर ऊर्जा आधारित जल आपूर्ति प्रणाली के कारण वन्यजीवों के सामने गंभीर जल संकट पैदा हो गया है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Borewell-Repair-Demand_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Ramghat Forest Water Crisis Borewell Solar System Repair Demand"     /></figure><p><strong>Water Crisis In Arjuni Morgaon</strong>: अर्जुनी मोरगांव के पास स्थित रामघाट वन क्षेत्र की एनाची झरी में बंद पड़ी बोरवेल और सौर ऊर्जा सोलर प्रणाली को तुरंत ठीक कर जल सुविधा पूर्ववत शुरू करने की मांग श्री राजे छत्रपति ग्रुप अर्जुनी मोरगांव की ओर से वनपरिक्षेत्र अधिकारी अर्जुनी मोरगांव को सौंपे गए ज्ञापन में की गई है।</p>
<p>मोरगांव के पास स्थित रामघाट राष्ट्रीय आरक्षित वन क्षेत्र अत्यंत महत्वपूर्ण बाघ और वन्यजीव आवास क्षेत्र है, जहां बाघ, तेंदुआ, भालू, सांबर, नीलगाय, जंगली सुअर तथा अन्य कई वन्यजीवों की आवाजाही बड़े पैमाने पर हैं। तीव्र गर्मी के दौरान वन्यजीवों के लिए पानी की उपलब्धता अत्यंत संवेदनशील और महत्वपूर्ण विषय बन जाता है।</p>
<h3>रामघाट वन क्षेत्र में जल संकट गहराया</h3>
<p>रामघाट <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/30-wild-elephants-reach-tadoba-tiger-reserve-buffer-zone-red-alert-issued-1776414.html/amp">वन क्षेत्र</a></strong> की एनाची झरी वन्यजीवों के पीने के पानी का प्रमुख प्राकृतिक स्रोत हैं और कई वन्य प्राणी इस जल स्रोत पर निर्भर हैं। लेकिन बढ़ता तापमान, कम बारिश और बदलता मौसम के कारण झरी का प्राकृतिक जल भंडार जल्दी सूख जाता है। इस समस्या के समाधान के लिए वन विभाग द्वारा यहां बोरवेल और सौर ऊर्जा आधारित जल आपूर्ति प्रणाली स्थापित की गई थी, लेकिन वर्तमान में उक्त बोरवेल और सोलर प्रणाली बंद अवस्था में है और सभी उपकरण निष्क्रिय पड़े हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a class="title" title="संभाजीनगर में अवैध वृक्ष कटाई पर प्रशासन सुस्त; सालभर में सिर्फ 8 शिकायतें, 3 मामलों में वसूला जुर्माना" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/illegal-sambhajinagar-tree-cutting-amc-fine-fir-environmental-damage-1777688.html"> संभाजीनगर में अवैध वृक्ष कटाई पर प्रशासन सुस्त; सालभर में सिर्फ 8 शिकायतें, 3 मामलों में वसूला जुर्माना </a></strong></p>
<h3>बंद बोरवेल और सोलर सिस्टम शुरू करने की मांग</h3>
<p>प्यासे भटक रहे वन्यजीवों को पीने के पानी के लिए बड़ी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है और कई प्राणी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/maharashtra-ai-alert-system-gondia-human-wildlife-conflict-1000-villages-1765866.html">मानव बस्तियों</a> </strong>और खेतों की ओर जाने की संभावना बन गई है। प्रतिनिधि मंडल में श्री राजे छत्रपति ग्रुप मोरगांव के अध्यक्ष राकेश प्रेम राऊत, उपाध्यक्ष संदीप भंडारी, सचिव शेख सद्दाम, अश्विनसिंह गौतम, भास्कर गिदमारे, यशवंत पचारे, कुणाल मेश्राम, उमेश पुस्तोडे का समावेश था।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>20 लाख की सड़क बनी भ्रष्टाचार का प्रतीक, लाखेगांव-मेंढ़ा मार्ग पर अनियमितताओं का आरोप, जांच की मांग तेज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/lakhegaon-mendha-road-construction-corruption-allegation-gondia-1777855.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 15:35:20 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 22:18:59 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Road_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[gondia road]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Poor Road]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1777855</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Road Construction :गोंदिया जिले के लाखेगांव-मेंढ़ा मार्ग का हाल ही में करीब 20 लाख रुपये की लागत से निर्माण किया गया था, लेकिन सड़क मात्र दो माह में ही कई स्थानों पर उखड़ने लगी है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Road_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Lakhegaon Mendha Road Construction Corruption Allegation Gondia"     /></figure><p><strong>Lakhegaon Mendha Road:</strong> लाखेगांव से मेंढ़ा जाने वाले मार्ग के निर्माण में कथित अनियमितताओं को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। वर्षों से जर्जर हालत में रही इस सड़क के निर्माण की मांग ग्रामीण लगातार कर रहे थे। करीब दो माह पूर्व लगभग 20 लाख रुपये की लागत से सड़क निर्माण कार्य को मंजूरी मिली थी और हाल ही में इसका कार्य पूरा किया गया।</p>
<p>हालांकि निर्माण के कुछ ही समय बाद सड़क कई स्थानों पर उखड़ने लगी है। बरसात शुरू होने से पहले ही सड़क की ऊपरी परत निकलने से निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पहली बारिश से पहले ही सड़क की यह स्थिति है तो मानसून के दौरान सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।</p>
<h3>अनियमितताओं का आरोप</h3>
<p>पूर्व पंचायत समिति सदस्य शंकर बिंझाड़े ने सड़क निर्माण में भारी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/gokuldham-colony-drain-construction-corruption-sewage-problem-protest-1778160.html/amp">भ्रष्टाचार और अनियमितताओं</a> </strong>का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद सड़क की गुणवत्ता बेहद निम्न स्तर की है, जो सरकारी धन के दुरुपयोग की ओर संकेत करती है। बिंझाड़े के अनुसार उन्होंने संबंधित विभाग के अभियंता से फोन पर संपर्क कर सड़क की स्थिति के बारे में जानकारी मांगी, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="‘शिवतीर्थ’ पर राज ठाकरे से अचानक मिलने पहुंचे संजय राउत; विधान परिषद चुनाव के बीच मुलाकात से मची खलबली" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sanjay-raut-unexpectedly-visits-raj-thackeray-at-shivtirth-amid-mlc-election-commotion-1777633.html"> ‘शिवतीर्थ’ पर राज ठाकरे से अचानक मिलने पहुंचे संजय राउत; विधान परिषद चुनाव के बीच मुलाकात से मची खलबली </a></strong></p>
<h3>गुणवत्ता मानकों की अनदेखी</h3>
<p>उन्होंने आरोप लगाया कि <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/besa-ghogli-road-project-delay-causes-hardship-for-residents-nagpur-1770683.html">निर्माण कार्य</a></strong> में गुणवत्ता मानकों की अनदेखी की गई है। समय रहते मामले की जांच नहीं होने पर सरकारी धन की बर्बादी के साथ ग्रामीणों की परेशानी भी बढ़ सकती है। प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिह्न लाखेगांवमेंढ़ा मार्ग किसानों और आम नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है। इसी रास्ते से बड़ी संख्या में लोग गोरेगांव की ओर आवागमन करते हैं।</p>
<p>ऐसे में सड़क की खराब गुणवत्ता प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिह्न लगा रही है। शंकर बिंझाड़े ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई तथा सड़क की तकनीकी जांच कर दोषपूर्ण निर्माण को तत्काल दुरुस्त करने की मांग की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भंडारा-गोंदिया MLC चुनाव: नाना पटोले ने BJP पर लगाया सत्ता के दुरुपयोग का आरोप</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bhandara-gondia-mlc-election-nana-patole-bjp-allegations-ashu-gondane-2026-1777613.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 14:43:54 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 14:43:54 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Nana-Patole_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[भंडारा]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bhandara News]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Vidhan Parishad]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1777613</guid>

					<description><![CDATA[ MLC Election: भंडारा-गोंदिया विधान परिषद चुनाव में कांग्रेस नेता नाना पटोले ने भाजपा पर विपक्षी उम्मीदवारों को ईडी और पुलिस का डर दिखाकर नामांकन वापस लेने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Nana-Patole_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhandara Gondia Mlc Election Nana Patole Bjp Allegations Ashu Gondane 2026"     /></figure><p><strong>Nana Patole&amp;#8217;s Big Allegations On BJP</strong>: भंडारा-गोंदिया विधान परिषद चुनाव को लेकर स्थानीय राजनीतिक गलियारों में अचानक भारी उबाल आ गया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता व विधायक नाना पटोले ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस (पत्र परिषद) आयोजित कर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी  पर शासकीय तंत्र के घोर दुरुपयोग और महाविकास आघाड़ी के उम्मीदवारों को धमकाने के बेहद संगीन और सनसनीखेज आरोप मढ़े हैं। पटोले के इन तीखे हमलों के बाद जिले की चुनावी सरगर्मी और अधिक तेज हो गई है।</p>
<h3>पटोले के तीखे बोल</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/nana-patole-alleges-4-ministers-involved-in-ashok-kharat-case-1723390.html">नाना पटोले</a> ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीधे तौर पर विपक्षी नेताओं को टारगेट किए जाने की बात कही। उन्होंने आरोप लगाया कि नरेश ईश्वरकर, प्रफुल अग्रवाल और दिलीप बंसोड जैसे प्रमुख चेहरों को जानबूझकर राजनीतिक साजिश के तहत निशाना बनाया जा रहा है। पटोले ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए कहा कि कुछ विपक्षी उम्मीदवारों के घरों पर पुलिस के जरिएवेवजह छापेमारी की गई और उन्हें केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई का खौफ दिखाकर नामांकन पत्र वापस लेने के लिए विवश करने का पुरजोर प्रयास किया गया।</p>
<p>इतना ही नहीं, उन्होंने यह भी दावा किया कि एक प्रत्याशी को तो बकायदा आधी रात के वक्त पुलिस स्टेशन बुलाकर उन पर गंभीर मानसिक दबाव बनाने की कोशिश की गई। पटोले ने इस चुनाव को महाविकास आघाड़ी के लिए &amp;#8216;अस्तित्व की लड़ाई&amp;#8217; करार दिया और कहा कि इस क्षेत्र में पनप रही राजनीतिक दादागिरी के खिलाफ आघाड़ी के कार्यकर्ता डटकर मुकाबला करेंगे और विजय हासिल करेंगे।</p>
<p>इस पत्र परिषद में कांग्रेस सांसद डॉ. प्रशांत पडोले समेत कई अन्य दिग्गज कांग्रेसी पदाधिकारी मौजूद रहे। इन गंभीर घटनाक्रमों के बाद लोकतांत्रिक व्यवस्था और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर बड़े सवालिया निशान खड़े हो गए हैं। नाना पटोले ने मीडिया को जानकारी दी कि महाविकास आघाड़ी के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने इस पूरे मामले को लेकर अपनी लिखित शिकायत जिला प्रशासन, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/political-shock-maharashtra-state-election-commission-takes-major-action-bars-over-40-candidates-from-contesting-elections-1760513.html">राज्य चुनाव आयोग</a> और सीधे केंद्रीय चुनाव आयोग को भेज दी है।</p>
<p>इस शिकायत के जरिए उन्होंने मांग की है कि प्रशासन के इस कथित एकतरफा दुरुपयोग को तत्काल प्रभाव से रोका जाए और भंडारा-गोंदिया में पूरी तरह से पारदर्शी और भयमुक्त वातावरण में मतदान संपन्न कराया जाए।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="नागपुर में FDA की बड़ी कार्रवाई: भ्रामक ब्रांडिंग पर 55 लाख के कोल्ड ड्रिंक और हेयर क्लिनिक उत्पाद जब्त" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/fda-raid-enerzal-drink-nagpur-seized-misbranding-new-roots-hair-clinic-1777117.html"> <span class="color-red">नागपुर में FDA की बड़ी कार्रवाई</span>: भ्रामक ब्रांडिंग पर 55 लाख के कोल्ड ड्रिंक और हेयर क्लिनिक उत्पाद जब्त </a></strong></p>
<h3>बीजेपी का पलटवार</h3>
<p>दूसरी तरफ, नाना पटोले के आरोपों पर पलटवार करते हुए भाजपा के भंडारा जिलाध्यक्ष आशु गोंडाणे ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। गोंडाणे ने कहा कि इस विधान परिषद चुनाव में कांग्रेस का असली &amp;#8216;दलित विरोधी चेहरा&amp;#8217; एक बार फिर जनता के सामने बेनकाब हो गया है।</p>
<p>उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने शुरू में पूर्व विधायक दिलीप बंसोडे को चुनावी मैदान में उतारकर दलित समाज के बीच एक झूठी उम्मीद जगाने का ढोंग किया, लेकिन बाद में अपनी अंदरूनी राजनीति और दबाव तंत्र का इस्तेमाल कर उनका नामांकन जबरन वापस करवा दिया। गोंडाणे के अनुसार, इसके बाद किसी अन्य उम्मीदवार को समर्थन देकर कांग्रेस ने पूरे दलित नेतृत्व और समाज के भरोसे के साथ बड़ा विश्वासघात किया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में खरीफ सीजन से पहले 30 हजार मीट्रिक टन से अधिक खाद उपलब्ध, किसानों से घबराने की जरूरत नहीं</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kharif-season-fertilizer-stock-urea-demand-agriculture-department-2026-1776973.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 05 Jun 2026 08:00:33 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 05 Jun 2026 08:00:33 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Over-30000-Metric-Tonnes-Of-Fertilizers-Available-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Kharif Crop]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1776973</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Kharif Season Fertilizer: गोंदिया जिले में आगामी खरीफ सीजन के लिए कृषि विभाग ने 76 हजार मीट्रिक टन खाद मंजूर की है, जिसमें से वर्तमान में 30,752.945 मीट्रिक टन का स्टॉक उपलब्ध है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Over-30000-Metric-Tonnes-Of-Fertilizers-Available-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Kharif Season Fertilizer Stock Urea Demand Agriculture Department 2026"     /></figure><p><strong>Over 30,000 Metric Tonnes Of Fertilizers Available In Gondia: </strong>खरीफ का मौसम आ रहा है और किसान अपने खेतों में काम करते दिख रहे हैं। जैसे ही बारिश होगी, बुआई शुरू हो जाएगी और उसके बाद किसानों को खाद की जरूरत होगी। हालांकि, किसानों से खाद की खरीद अभी से शुरू हो गई है। इसी के अनुसार कृषि विभाग ने खाद का नियोजन किया है और अभी गोंदिया जिले में 30 हजार 752.945 मीट्रिक टन खाद उपलब्ध है। इसके चलते कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और अपनी जरूरत के हिसाब से खाद खरीदें। मृग नक्षत्र 7 जून से लगेगा और मानसून का मौसम शुरू होगा।</p>
<p>यानी अब सिर्फ तीन दिन बचे हैं। हालांकि, किसान खरीफ के लिए अपने खेतों को तैयार करने में लगे हुए हैं। भारी बारिश के बाद किसान बुआई शुरू करेंगे और फिर खाद का इस्तेमाल शुरू होगा। ऐसे में खाद की खरीद अचानक बढ़ जाती है और वहीं से खाद की कालाबाजारी शुरू हो जाती है। ऐसा लगता है कि कुछ किसान अभी से ही उपलब्धता के हिसाब से खाद खरीदने की कोशिश कर रहे हैं। खास बात यह है कि कृषि विभाग ने खाद का नियोजन किया है।</p>
<p>ताकि किसानों को इसकी चिंता न करनी पड़े और केंद्र संचालक उनकी मजबूरी का फायदा न उठा सकें। इस साल कृषि विभाग ने जिले के लिए एक लाख 88 हजार 430 मीट्रिक टन खाद की मांग की थी। लेकिन कृषि आयुक्तालय ने 76 हजार मीट्रिक टन खाद की मंजूरी दे दी है। मंजूरी मिलने के बाद कृषि विभाग ने खाद की मांग की है और इसी के अनुसार जिले को हर महीने करीब पांच हजार मीट्रिक टन खाद की आपूर्ति हो रही है।</p>
<p>यानी, अप्रैल और मई के दो महीनों में अब तक 9 हजार 460.94 मीट्रिक टन स्टॉक उपलब्ध हो चुका है। जबकि पिछले साल 29 हजार 13।86 मीट्रिक टन स्टॉक बचा था। इस तरह, जिले में अभी 30 हजार 752.945 मीट्रिक टन स्टॉक बचा है।</p>
<h3>7,841 मीट्रिक टन खाद बिकी</h3>
<p>जिले को इस साल 76 हजार मीट्रिक टन खाद के आवंटन की मंजूरी मिली है। इसमें से <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kachargarh-cave-national-gondwana-mahadhiveshan-tribal-festival-2026-1775586.html" target="_blank" rel="noopener">गोंदिया जिले</a> को 9 हजार 460.94 मीट्रिक टन खाद की पूर्ति हो चुकी है। जबकि पिछले साल का स्टॉक 29 हजार 133.86 मीट्रिक टन था। यानी कुल 38 हजार 594.8 मीट्रिक टन खाद उपलब्ध था। हालांकि, इसमें से 7 हजार 841.855 मीट्रिक टन खाद बिक चुका है। इसके बाद अब 30 हजार 752.945 मीट्रिक टन खाद उपलब्ध है। इसके अलावा, किसानों को भागदौड़ करने की जरूरत नहीं है क्योंकि और खाद उपलब्ध होगा।</p>
<h3>यूरिया की सबसे ज्यादा मांग</h3>
<p>इस साल जिले के लिए मंजूर किए गए खादों में 21,600 मीट्रिक टन यूरिया शामिल है। अब तक 2,894 2 मीट्रिक टन यूरिया की पूर्ति हो चुकी है। हालांकि, 2,168 मीट्रिक टन यूरिया बिक चुका है और अब 7,472 मीट्रिक टन यूरिया स्टॉक में है। विशेष बात यह है कि यूरिया की सबसे ज्यादा मांग है और किसान इसे पाने के लिए भागदौड़ कर रहे हैं।</p>
<h3>गोंदिया जिले में खाद की स्थिति</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="1">
<thead>
<tr>
<td><strong>खाद का प्रकार</strong></td>
<td><strong>मंजूर आवंटन (टन)</strong></td>
<td><strong>उपलब्ध खाद (टन)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,1,0,0"><b data-path-to-node="1,1,0,0" data-index-in-node="0">यूरिया</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,1,0">21,600</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,2,0">7,472.282</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,2,0,0"><b data-path-to-node="1,2,0,0" data-index-in-node="0">डीएपी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,1,0">3,100</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,2,0">1,138.819</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,3,0,0"><b data-path-to-node="1,3,0,0" data-index-in-node="0">एसएसपी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,3,1,0">14,600</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,3,2,0">7,542.185</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,4,0,0"><b data-path-to-node="1,4,0,0" data-index-in-node="0">एमओपी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,4,1,0">200</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,4,2,0">633.875</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,5,0,0"><b data-path-to-node="1,5,0,0" data-index-in-node="0">संयुक्त खाद</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,5,1,0">36,500</span></td>
<td><span data-path-to-node="1,5,2,0">13,965.784</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a title="गोंदिया की कचारगढ़ गुफा में बसती है गोंडवाना की विरासत, हर साल जुटते हैं लाखों श्रद्धालु" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kachargarh-cave-national-gondwana-mahadhiveshan-tribal-festival-2026-1775586.html"> गोंदिया की कचारगढ़ गुफा में बसती है गोंडवाना की विरासत, हर साल जुटते हैं लाखों श्रद्धालु</a></strong></p>
<h3>76 हजार मीट्रिक टन खाद को मंजूरी</h3>
<p>गोंदिया जिला कृषि अधीक्षक निलेश कानवडे ने कहा है कि &amp;#8220;जिले में अभी 30 हजार 752.945 मीट्रिक टन खाद का स्टॉक है। 76 हजार मीट्रिक टन खाद को मंजूरी मिल गई है और खाद की पूर्ति जारी है, इसलिए कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और अपनी जरूरत के हिसाब से खाद खरीदें।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया की कचारगढ़ गुफा में बसती है गोंडवाना की विरासत, हर साल जुटते हैं लाखों श्रद्धालु</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-kachargarh-cave-national-gondwana-mahadhiveshan-tribal-festival-2026-1775586.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 04 Jun 2026 14:59:14 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 04 Jun 2026 14:59:14 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/The-Kachargarh-Cave-Of-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1775586</guid>

					<description><![CDATA[Kachargarh Cave: गोंदिया जिले की कचारगढ़ गुफा केवल एक प्राकृतिक धरोहर नहीं, बल्कि गोंड आदिवासी समाज की आस्था, संस्कृति और इतिहास का प्रमुख केंद्र है, जहां हर वर्ष लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/The-Kachargarh-Cave-Of-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Kachargarh Cave National Gondwana Mahadhiveshan Tribal Festival 2026"     /></figure><p><strong>The Heritage Of Gondwana Resides In The Kachargarh Cave Of Gondia: </strong>गोंदिया जिले के सालेकसा तहसील अंतर्गत मुंबई-हावड़ा मार्ग पर स्थित दरेकसा रेल्वे स्टेशन से 3 किमी। दूर धनेगांव के घने जंगल में स्थित ये गुफाएं, पहाड़ों की हरियाली और प्राकृतिक खूबसूरती के बीच स्थित है कचारगढ़ गुफा। यह एशिया खंड के सबसे महाकाय प्राचीन प्राकृतिक गुफा है। इस गुफा को आदिवासी गोंड समुदाय का उद्गम स्थल कहा जाता है लेकिन यह जगह आज भी गुमनामी में है।</p>
<p>प्रतिवर्ष माघ पूर्णिमा के दिन से आदिवासी समुदाय के आराध्य देवता महागोगोना कोयापूनम महापूजा का आयोजन किया जाता है। जहां देश के विभिन्न राज्यों के आदिवासी समाज एकत्रित होकर इस पांच दिवसीय राष्ट्रीय <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-uit-gondwana-university-lloyds-metals-summer-internship-program-2026-1761502.html">गोंडवाना</a> महाअधिवेशन महोत्सव यात्रा में एकत्रित होकर इस श्रद्धा स्थल पर पहुंते हैं। गोंड़ी धर्म परंपरा, बोली भाषा, पूजाविधि, नृत्यकला, रीति रिवाजों व आदिवासी कला सांस्कृतिक महोत्सव देखने को मिलते हैं। कचारगढ़ गुफा में आदिवासी गोंड समाज के कुलदेवता का निवास है।</p>
<p>प्रतिवर्ष माघ पूर्णिमा को देशभर में फैले आदिवासी समाज अपने पूर्वजों को याद करने व गोंड़ी रचनाकार पारी कुपार लिंगो को याद करते हैं। महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश की सीमा पर नक्सल प्रभावित क्षेत्र में कचारगढ़ गुफा है जो एशिया की सबसे बड़ी प्राकृतिक गुफा के नाम से प्रसिद्ध है। यह गुफा लगभग 518 मीटर ऊंचाई पर स्थित है, गुफा की ऊंचाई 94 मीटर व 25 मीटर गुफा का द्वार है। लेकिन यह गुफा अतिसंवेदनशील क्षेत्र में होने से जितना विकास होना चाहिए था उतना विकास नहीं हो पा रहा है।</p>
<h3>पावन भूमि पर 1984 में लगा था पहली बार मेला</h3>
<p>आदिवासी समाज की पवित्र भूमि के रूप में प्रसिद्ध कचारगढ़ की खोज संबंधी रोम हर्षक इतिहास का कथन करने वाली किताब में सिद्ध किया है। उल्लेखनीय है कि सन 1980 में के।बी मरसकोल्हे, आचार्य मोतीरावन कंगाली, सुमेद्रसिंह ताराम, भरतलाल कोराम व शीतल मरकाम ने अपनी युवावस्था में धनेगांव आकर कचारगढ़ की खोज की थी।</p>
<p>जिसकी पहली यात्रा 1984 में शुरू हुई थी जो आज लाखो श्रद्धालू तक पहुंच गई है। कचारगढ़ की इस यात्रा में देश के केंद्रीय व राज्य मंत्रियों के अलावा सांसद, विधायक व शासन के विभिन्न विभागों के अधिकारी, सचिव, आयुक्त आते रहते हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="हजारों छात्रों का सवाल: नागपुर में रीजनल पैरामेडिकल इंस्टीट्यूट कब बनेगा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/paramedical-institute-project-stalled-for-16-years-amid-growing-demand-nagpur-1775375.html"> <span class="color-red">हजारों छात्रों का सवाल</span>: नागपुर में रीजनल पैरामेडिकल इंस्टीट्यूट कब बनेगा? फाइलों में अटका बड़ा प्रोजेक्ट </a></strong></p>
<h3>इन राज्यों से पहुंचते हैं हर साल लाखों श्रद्धालु</h3>
<p>आदिवासी समाज के पवित्र भूमी कचारगढ़ के राष्ट्रीय गोंडवाना महाअधिवेशन में आदिवासी गोंड समाज अपने धर्म गुरु के दर्शन करने महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, ओडिसा, झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल, असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, उत्तर प्रदेश, आंध्र प्रदेश, दिल्ली, गुजरात, कर्नाटक, गोवा से बड़े पैमाने में जय सेवा के जयकारे के साथ पहुंचते हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>सालेकसा के जमाकुड़ो में गहराया पेयजल संकट, 7 दिन में समाधान नहीं तो भूख हड़ताल की चेतावनी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/salekasa-jamakudo-drinking-water-crisis-hunger-strike-warning-2026-1774739.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 04 Jun 2026 08:18:27 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 04 Jun 2026 08:18:27 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Salekasa-Drinking-Water-Crisis-Deepens-in-Jamakudo_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1774739</guid>

					<description><![CDATA[Water Crisis: गोंदिया जिले के सालेकसा तहसील के जमाकुड़ो गांव में पेयजल संकट गहराने से नागरिकों का गुस्सा फूट पड़ा है। ग्रामीणों ने ७ दिनों में पानी की समस्या न सुलझने पर भूख हड़ताल की चेतावनी दी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Salekasa-Drinking-Water-Crisis-Deepens-in-Jamakudo_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Salekasa Jamakudo Drinking Water Crisis Hunger Strike Warning 2026"     /></figure><p><strong>Salekasa Drinking Water Crisis Deepens in Jamakudo: </strong>गोंदिया जिले के सालेकसा तहसील के अंतर्गत आने वाले ग्राम जमाकुड़ो के वार्ड क्रमांक २ में पेयजल का संकट दिन-प्रतिदिन गंभीर और गहरा होता जा रहा है। भीषण गर्मी के इस दौर में पानी की बूंद-बूंद के लिए त्राहि-त्राहि मची हुई है। इसी ज्वलंत समस्या को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता अमित वैद्य के नेतृत्व में वार्ड के अनेक त्रस्त नागरिकों ने ग्राम पंचायत जमाकुड़ो का रुख किया। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत कार्यालय पहुंचकर ग्रापं अधिकारी रोहणी ऊके तथा उपसरपंच चुन्नीलाल राऊत को अपनी मांगों का एक लिखित ज्ञापन सौंपा है।</p>
<h3>पीने के पानी के लिए दर-दर भटकने को मजबूर हैं ग्रामीण</h3>
<p>ज्ञापन सौंपने पहुंचे स्थानीय नागरिकों ने अपनी व्यथा सुनाते हुए बताया कि वार्ड क्रमांक २ में पिछले कई दिनों से पीने के पानी की भारी किल्लत बनी हुई है। जमीनी स्थिति इतनी बदतर हो चुकी है कि लोगों को रोजाना पानी के इंतजाम के लिए सुबह से ही दूर-दराज के इलाकों में दर-दर भटकना पड़ रहा है।</p>
<p>इस भीषण गर्मी के बीच पानी की गंभीर समस्या ने पूरे ग्रामीण जीवन को बुरी तरह से प्रभावित और अस्त-व्यस्त कर दिया है। पानी की इस अव्यवस्था के कारण महिलाओं, बुजुर्गों और छोटे बच्चों को सबसे अधिक मानसिक और शारीरिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<h3>बार-बार शिकायत के बाद भी अब तक नहीं हुआ कोई ठोस समाधान</h3>
<p>नागरिकों ने ज्ञापन के माध्यम से ग्राम पंचायत प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि वार्ड में फैले इस पेयजल संकट का तत्काल प्रभाव से तकनीकी निराकरण किया जाए और <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-saleksa-schools-aanganwadi-grant-stop-news-1441340.html">सालेकसा गांव</a> में नियमित रूप से जलापूर्ति (वाटर सप्लाई) सुनिश्चित की जाए। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने इससे पहले भी कई बार मौखिक और लिखित रूप से प्रशासन को इस विकट समस्या की जानकारी दी थी, लेकिन इसके बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा अब तक कोई ठोस या स्थाई समाधान नहीं निकाला गया है।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a title="खस्ताहाल सड़क बनी हादसों की वजह, गोंदिया-धापेवाड़ा मार्ग पर जान जोखिम में डालकर सफर कर रहे लोग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-dhapewada-road-damaged-potholes-accident-risk-pwd-repair-demand-2026-1772954.html"> खस्ताहाल सड़क बनी हादसों की वजह, गोंदिया-धापेवाड़ा मार्ग पर जान जोखिम में डालकर सफर कर रहे लोग</a></strong></p>
<h3>मांगें पूरी न होने पर ग्राम पंचायत कार्यालय के सामने बैठेंगे भूख हड़ताल पर</h3>
<p>इस दौरान सामाजिक कार्यकर्ता अमित वैद्य ने सालेकसा ग्राम पंचायत प्रशासन को कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि अगले ७ दिनों के भीतर वार्ड की पानी की समस्या का कोई स्थाई और सकारात्मक समाधान नहीं निकाला गया, तो वे वार्ड के समस्त नागरिकों के साथ मिलकर ग्राम पंचायत कार्यालय के ठीक सामने बेमियादी भूख हड़ताल पर बैठने के लिए मजबूर होंगे।</p>
<p>उन्होंने साफ किया कि इस आंदोलन और उससे उत्पन्न होने वाली किसी भी अप्रिय स्थिति की संपूर्ण जिम्मेदारी संबंधित वरिष्ठ प्रशासन और स्थानीय ग्राम पंचायत की होगी। ग्रामीणों ने तहसील प्रशासन से भी मांग की है कि बढ़ते जल संकट की गंभीरता को देखते हुए तत्काल आपातकालीन कदम उठाए जाएं, ताकि जनता को इस बड़ी परेशानी से राहत मिल सके।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>धान खरीदी में अव्यवस्था से सालेकसा के किसान परेशान, लक्ष्य खत्म होने पर लौटाए जा रहे वाहन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/salekasa-farmers-are-upset-by-the-chaos-in-paddy-procurement-vehicles-are-being-returned-after-the-target-is-exceeded-1774042.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 18:58:23 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 22:37:02 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Paddy-Procurement_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Farmers Demand]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Paddy Center]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1774042</guid>

					<description><![CDATA[Salekasa Farmers Issues: सालेकसा क्षेत्र में धान खरीदी केंद्रों पर पर्याप्त लक्ष्य नहीं मिलने से किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Paddy-Procurement_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Salekasa Farmers Are Upset By The Chaos In Paddy Procurement Vehicles Are Being Returned After The Target Is Exceeded"     /></figure><p><strong>Salekasa Paddy Procurement:</strong> धान बिक्री के लिए किसानों ने शासन के निर्देश अनुसार ईफसल रिपोर्टिंग की प्रक्रिया पूरी कर ली है। इसके बावजूद खरीदी केंद्रों को पर्याप्त लक्ष्य नहीं मिलने के कारण किसानों का धान नहीं खरीदा जा रहा है। कई किसानों को धान लेकर खरीदी केंद्र पहुंचने के बाद लक्ष्य समाप्त होने की जानकारी देकर वापस लौटाया जा रहा है, जिससे उन्हें अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि वे पहले से ही बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि, तेज हवाओं, तूफान और फसलों में लगने वाली विभिन्न बीमारियों से जूझ रहे हैं।</p>
<p>ऐसे में खरीदी प्रक्रिया में हो रही देरी और अव्यवस्था उनकी परेशानियों को और बढ़ा रही है। सरकार ने खरीफ सीजन 2025 के धान पर प्रति हेक्टेयर 20 हजार रु. बोनस देने का आश्वासन दिया था। लेकिन फसल बिकने के कई महीने बाद भी बोनस को लेकर कोई <strong><a href="https://navbharatlive.com/business/8th-pay-commission-latest-update-government-extend-deadline-of-suggestions-1771853.html">आधिकारिक घोषणा</a></strong> नहीं की गई है।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a class="title" title="नागपुर समेत राज्यभर के NHM कर्मियों को 3 माह से नहीं मिला वेतन, तकनीकी खामी का खामियाजा आयुक्त के सख्त निर्देश" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nhm-contract-workers-await-salaries-for-three-months-nagpur-maharashtra-1772989.html"> नागपुर समेत राज्यभर के NHM कर्मियों को 3 माह से नहीं मिला वेतन, तकनीकी खामी का खामियाजा आयुक्त के सख्त निर्देश </a></strong></p>
<h3>खरीदी केंद्रों पर लक्ष्य की कमी से आक्रोश</h3>
<p>किसानों का आरोप है कि इस देरी के कारण उन्हें <a href="https://navbharatlive.com/india/why-pm-modi-made-seven-appeal-on-forex-reserves-economic-crisis-and-public-impact-1727113.html">आर्थिक नुकसान </a>झेलना पड़ रहा है और सरकार के प्रति असंतोष बढ़ रहा है। किसानों का कहना है कि खाद, बीज और खेती में उपयोग होने वाली अन्य आवश्यक सामग्री की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है, लेकिन धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य एमएसपी में उसी अनुपात में बढ़ोतरी नहीं की गई। इससे खेती की लागत बढ़ने के बावजूद किसानों की आय में अपेक्षित सुधार नहीं हो रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>अर्जुनी मोरगांव में 300 लाभार्थी शौचालय अनुदान से वंचित, एक साल बाद भी नहीं मिली राशि</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-toilet-subsidy-pending-pm-kisan-ekyc-deadline-june-2026-1774039.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 18:57:12 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 19:21:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Rural-Toilet-Scheme_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1774039</guid>

					<description><![CDATA[Toilet Subsidy Pending: गोंदिया के अर्जुनी मोरगांव क्षेत्र में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत शौचालय निर्माण पूरा करने के बावजूद करीब 300 लाभार्थियों को अब तक 12 हजार रुपये का अनुदान नहीं मिला है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Rural-Toilet-Scheme_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Toilet Subsidy Pending Pm Kisan Ekyc Deadline June 2026"     /></figure><p><strong>Arjuni Morgaon News:</strong> अर्जुनी मोरगांव तहसील में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत कई लाभार्थियों ने व्यक्तिगत शौचालयों का निर्माण पूरा कर लिया है। लेकिन, निर्माण के एक वर्ष बीत जाने के बाद भी लाभार्थियों के खाते में शौचालय अनुदान की राशि नहीं भेजी गई है। इससे करीब 300 लाभार्थी आर्थिक संकट में हैं।</p>
<p>स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के अंतर्गत ग्राम पंचायत क्षेत्र में जरूरतमंद लाभार्थियों को व्यक्तिगत शौचालय निर्माण के लिए प्रोत्साहित किया जाता है, इस उद्देश्य से कि ग्रामीण क्षेत्र का प्रत्येक नागरिक शौचालय का उपयोग करें। इस योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को 12 हजार रु। का अनुदान दिया जाता हैं। लाभार्थियों का चयन ऑनलाइन किया जाता है। चयन के बाद लाभार्थियों को अपने खर्च पर शौचालय का निर्माण कार्य पूरा करना होगा। फिर अनुदान की राशि सीधे उनके बैंक खाते में जमा कर दी जाती है।</p>
<h3>पंचायत समिति के चक्कर काटने को मजबूर</h3>
<p>अभी तक अनुदान राशि नहीं मिलने से संबंधित लाभार्थी बारबार पंचायत समिति कार्यालय के स्वच्छ भारत मिशन विभाग के चक्कर काट रहे हैं।</p>
<h3>शौचालय अनुदान के लिए दलाल सक्रिय</h3>
<p>क्षेत्र में चर्चा है कि शौचालय अनुदान दिलाने के नाम पर कुछ दलाल सक्रिय हैं। आरोप लगाया जा रहा है कि कुछ जगहों पर अनुदान पाने के लिए पुराने शौचालय निर्माण को नए के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है। लेकिन, ऐसी गड़बड़ियों के कारण, वास्तव में योग्य और जरूरतमंद लाभार्थियों को अनुदान के लिए इंतजार करना पड़ता है और उन्हें भारी परेशानी उठानी पड़ती है।</p>
<h3>सम्मान निधि से वंचित होंगे किसान</h3>
<p>प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत केंद्र और <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-cabinet-approves-historic-36585-crore-farmers-loan-waiver-and-infrastructure-funds-1771106.html">राज्य सरकार</a> </strong>ने जिले के सभी पात्र लाभार्थियों के लिए चालू वर्ष 202526 के लिए वार्षिक ईकेवाईसी सत्यापन पूरा करना अनिवार्य कर दिया है। योजना में पारदर्शिता बढ़ाने व वास्तविक किसानों तक ही लाभ पहुंचाने के लिए 2026 से विशेष अभियान चलाया जा रहा है। मुख्य उद्देश्य 20 मई को राज्य में पात्र लाभार्थियों के लिए 30 जून से पहले ईकेवाईसी प्रक्रिया को पूरा करना अनिवार्य करना है।</p>
<h3>शौचालय अनुदान में देरी से लाभार्थी परेशान</h3>
<p>अन्यथा निर्धारित समय सीमा में कार्यवाही नहीं होने पर किसान आगामी किश्तों के लाभ से वंचित होने की संभावना है। किसान पीएम किसान मोबाइल ऐप डाउनलोड करके बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण के माध्यम से या चेहरे के प्रमाणीकरण के माध्यम से निकटतम सामान्य सुविधा केंद्र पर जाकर दो सरल तरीकों में से किसी एक के माध्यम से अपना प्रमाणीकरण पूरा कर सकते हैं। जिन बुजुर्ग या बीमार लाभार्थियों को चलनेफिरने में समस्या है और वे केंद्र तक नहीं जा सकते, उनके लिए ग्राम स्तर पर ग्राम स्तरीय नोडल अधिकारी फील्ड स्टाफ को व्यक्तिगत ध्यान देकर फेस ऑथेंटिकेशन के माध्यम से ईकेवाईसी पूरा करने में सहायता करेंगे।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर HC का बड़ा आदेश: अपर जिलाधिकारी को लंबित मामले में अंतिम फैसला सुनाने से रोका; याचिकाकर्ता को मिली राहत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/bombay-high-court-stays-adm-order-after-petitioner-nagpur-misses-hearing-1773145.html"> <span class="color-red">नागपुर HC का बड़ा आदेश</span>: अपर जिलाधिकारी को लंबित मामले में अंतिम फैसला सुनाने से रोका; याचिकाकर्ता को मिली राहत </a></strong></p>
<h3>पीएम किसान योजना में e-KYC अनिवार्य</h3>
<p>इस योजना के तहत पात्र किसान परिवार को हर साल 6 हजार रु। की आर्थिक सहायता दी जाती है। इसलिए ईकेवाईसी करना अनिवार्य है। पोर्टल पर जाकर जानकारी अपडेट करना जरूरी जिन किसानों की किश्तें मुख्य रूप से तीन कारणों से रुकी हुई हैं, अर्थात् <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/supreme-court-industries-midc-leasehold-gst-relief-nagpur-1749164.html">भूमि हस्तांतरण</a> </strong>खरीदी, पुरस्कार प्रमाण पत्र, भूमि निकासी, वर्तमान और पिछले भूमि मालिक की संदिग्ध रिपोर्ट और पिछले भूमि मालिक की अधूरी रिपोर्ट, ऐसे किसान निकटतम सीएससी केंद्र पर जाएं। किसान पोर्टल पर फार्मर्स इन्फोर्मेशन मेनू से अपनी जानकारी अपडेट करनी होगी। उसके बाद, कोने में मिसिंग अपडेट को पूरा करने के लिए बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण के माध्यम से ईकेवाईसी की आवश्यकता होती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया स्टेशन पर टिकट जांच अभियान, 423 मामलों में रेलवे ने वसूले 2.12 लाख रुपए</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-railway-ticket-checking-drive-fine-collected-without-ticket-travel-1773931.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 18:22:35 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 18:42:24 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Ticket-Checking-Drive_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Railway Ticket]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773931</guid>

					<description><![CDATA[Ticket Checking Drive : गोंदिया रेलवे स्टेशन पर दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के नागपुर मंडल द्वारा विशेष टिकट जांच अभियान चलाया गया। 18 ट्रेनों की जांच के दौरान कुल से अधिक का जुर्माना वसूला गया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Ticket-Checking-Drive_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Railway Ticket Checking Drive Fine Collected Without Ticket Travel"     /></figure><p><strong>Gondia Railway Station:</strong> दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के नागपुर मंडल अंतर्गत गोंदिया स्टेशन पर 2 जून को विशेष नाका टिकट जांच अभियान चलाया गया। इस अभियान का उद्देश्य बिना टिकट यात्रा पर अंकुश लगाना तथा यात्रियों में रेलवे नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।</p>
<p>अभियान के दौरान कुल 18 ट्रेनों की सघन जांच की गई। जांच के दौरान बिना टिकट व अनियमित यात्रा करने वाले यात्रियों पर कार्रवाई करते हुए विभिन्न श्रेणियों में कुल 423 मामलों से 2,12,830 रु. की राशि वसूल की गई। बिना टिकट यात्रा के 203 मामले में 1,41,335 रु., अनियमित यात्रा के 127 मामले में 61,895 रु., अनबुक्ड लगेज/सामान के 86 मामले में 8,600 रु., गंदगी फैलाने के 4 मामले में 400 रु., धूम्रपान के 3 मामले में 600 रु. वसूले गए।</p>
<h3>रेलवे ने की बड़ी कार्रवाई</h3>
<p>यह विशेष अभियान सहायक वाणिज्य प्रबंधक अरविन्द साव की अगुवाई में चलाया गया जिसमें 2 मुख्य वाणिज्य निरीक्षक, 9 मुख्य टिकट निरीक्षक, 18 यात्रा टिकट परीक्षक, 3 बहु कार्यी स्टाफ व 2 रेलवे सुरक्षा बलों का समावेश था।</p>
<h3>धूम्रपान जैसे प्रतिबंधित कार्यों से दूर रहें</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/pune-ajni-ac-express-delay-passengers-demand-renaming-to-ac-passenger-nagpur-1768498.html">नागपुर मंडल रेल</a></strong> प्रबंधक दीपक कुमार गुप्ता ने इस अभियान की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे विशेष टिकट जांच अभियान यात्रियों में अनुशासन स्थापित करने तथा रेलवे की आय की सुरक्षा सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="पहला चरण खत्म, नागपुर में 11वीं प्रवेश का ट्रेंड साफ; सबसे ज्यादा छात्रों की पसंद बना साइंसc" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/class-11-admissions-over-14000-students-nagpur-confirm-seats-science-stream-leads-1773099.html"> पहला चरण खत्म, नागपुर में 11वीं प्रवेश का ट्रेंड साफ; सबसे ज्यादा छात्रों की पसंद बना साइंसc </a></strong></p>
<h3>सैकड़ों यात्री कार्रवाई की जद में</h3>
<p>यात्रियों को चाहिए कि वे सदैव<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/central-railway-fines-2-lakh-ticketless-passengers-may-2026-1770426.html/amp"> वैध टिकट</a> </strong>के साथ यात्रा करें। वहीं, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक दिलीप सिंह ने कहा कि बिना टिकट यात्रा व नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। साथ ही यात्रियों से अनुरोध है कि वे स्वच्छता बनाए रखें और रेलवे परिसर में धूम्रपान जैसे प्रतिबंधित कार्यों से दूर रहें।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में दिव्यांग यात्री से अभद्र व्यवहार का आरोप, ST वाहक पर कार्रवाई की मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/allegations-of-indecent-behavior-with-a-disabled-passenger-in-gondia-action-demanded-against-st-carrier-1773923.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 18:17:12 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 23:03:40 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/GONDIA-ST_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Disabled]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[ST Bus]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773923</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Disabled Passenger: गोंदिया डिपो की एसटी बस में एक दिव्यांग यात्री के साथ कथित अभद्र व्यवहार का मामला सामने आया है। स्मार्ट कार्ड के अभाव में यात्रा रियायत को लेकर हुए विवाद हुआ।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/GONDIA-ST_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Allegations Of Indecent Behavior With A Disabled Passenger In Gondia Action Demanded Against St Carrier"     /></figure><p><strong>Gondia ST Bus:</strong> गोंदिया डिपो के एसटी बस में एक दिव्यांग यात्री के साथ वाहक ने कथित रूप से अभद्र व्यवहार करने का मामला सामने आया है। इस घटना से दिव्यांग यात्रियों ने नाराजगी व्यक्त की है। वहीं संबंधित वाहक पर कार्रवाई की मांग की है। जानकारी के अनुसार, गोंदिया डिपो की बस क्र। एमएच 14 एमएच 0733 सोमवार को गोंदिया बस स्थानक से लोणार के लिए रवाना हुई।</p>
<p>बस में टिकट जांच शुरू थी, तब एक दिव्यांग यात्री ने अपना दिव्यांग पहचान पत्र दिखाकर साकोली तक की टिकट मांगी। इस समय वाहक एस।बी। वारे ने कहा कि स्मार्ट कार्ड न होने पर यात्रा में छूट नहीं मिलेगी। यात्रा के लिए पूरी टिकट लेनी होगी, अन्यथा बस से नीचे उतरना होगा।</p>
<h3>दिव्यांग स्मार्ट कार्ड देने की प्रक्रिया फिलहाल बंद</h3>
<p>इस दौरान दिव्यांग यात्री ने उनका कार्ड वैध होकर नया दिव्यांग <strong><a href="https://navbharatlive.com/utility-news/maharashtra-msrtc-ncmc-smart-card-launch-benefits-how-to-apply-bus-travel-cashless-discount-1718995.html">स्मार्ट कार्ड</a></strong> देने की प्रक्रिया फिलहाल बंद होने से उन्हें यात्रा में छूट देने की बात कही। लेकिन यात्री का कहना नहीं माना गया। तभी गोरेगांव के समीप एसटी बस की जांच टीम ने जांच की।</p>
<h3>यात्रा में छूट को लेकर विवाद</h3>
<p>टीम के सदस्यों ने बताया कि वरिष्ठों के आदेशानुसार स्मार्ट कार्ड के बिना यात्रा में छूट नहीं दी जा सकती। देखते ही देखते बहस वादविवाद में बदल गई। एसटी बस वाहक द्वारा किए गए अभद्र व्यवहार से दिव्यांग यात्री को मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ा। मांग की जा रही है कि उक्त मामले की जांच कर वाहक दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाए।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a class="title" title="Pune Water Crisis 2026: पुणे में 15% पानी कटौती की तैयारी, जल संकट को लेकर बढ़ी चिंता" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/pune-water-crisis-2026-15-percent-water-cut-likely-1773084.html"> <span class="color-red">Pune Water Crisis 2026</span>: पुणे में 15% पानी कटौती की तैयारी, जल संकट को लेकर बढ़ी चिंता </a></strong></p>
<h3>पुराने कार्ड स्वीकार्य नहीं</h3>
<p>दिव्यांगों को<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/pulgaon-amravati-highway-st-bus-auto-rickshaw-accident-seven-injured-wardha-1770254.html/amp"> एसटी बस</a></strong> में सुविधा के लिए समाज कल्याण विभाग की ओर से स्मार्ट कार्ड जारी किए जाते हैं। गोंदिया डिपो प्रमुख येति कटरे ने कहा कि जिनके आधार पर बस यात्रा में उन्हें टिकटों में सहायक के साथ रियायत दी जाती है। लेकिन यदि किसी के पास काफी पुराना प्रमाणपत्र है तो वह वर्तमान में स्वीकार्य नहीं है। यह नियम ही है। इसलिए यात्रा सुविधा का लाभ उठाने के लिए आवश्यक दस्तावेज साथ में होने जरूरी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आमगांव में भारी वाहनों से लग रहा जाम, संकरी सड़कों पर यातायात व्यवस्था चरमराई</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-traffic-jam-food-safety-government-employees-issues-1773852.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 17:55:20 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 18:18:25 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Amgaon-Traffic-Jam_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Heavy Traffic]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773852</guid>

					<description><![CDATA[Amgaon Traffic Jam: गोंदिया के आमगांव, तिरोड़ा और सालेकसा क्षेत्रों में नागरिकों को विभिन्न समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। आमगांव में संकरी सड़कों पर भारी वाहनों के कारण जाम की स्थिति बन रही है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Amgaon-Traffic-Jam_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Traffic Jam Food Safety Government Employees Issues"     /></figure><p><strong>Tirora Food Safety:</strong> आमगांव शहर की सड़कें संकरी है। ऐसे में इन संकरी सड़कों पर अगर बड़े वाहन पहुंच जाते हैं तो जाम की स्थिति निर्माण हो ही जाती है। जिसके लिए प्रशासन की ओर से शहर के कुछ मार्गों पर बड़े वाहनों के आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया गया है।</p>
<p>बावजूद बड़े ट्रकों को बाजार के संकरे मार्गों पर डाल दिया जाता है। जिससे यह वाहन फंस जाते हैं और कई देर तक आवागमन प्रभावित होता है। वहीं आवागमन करने वाले अन्य छोटे वाहन चालकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।</p>
<h3>दूषित खाद्य पदार्थों से स्वास्थ्य को खतरा</h3>
<p>तिरोड़ा शहर में सड़क किनारे लगने वाले खान पान के ठेलों में खुले में रखे खाद्य पदार्थ नागरिकों की सेहत बिगाड़ रहे हैं। खानेपीने का सामान खुले में बिक रहा है। ऐसे में<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/gastro-cases-diarrhoea-rise-contaminated-water-food-nagpur-1745880.html"> दूषित पदार्थ</a></strong> खाने से लोगों की सेहत पर असर हो रहा है। इस ओर अन्न व औषधि विभाग का ध्यान नहीं है। शाम होते ही शहर के विभिन्न स्थानों पर अनेक प्रकार के चाईनीज, साउथ इंडियन, नार्थ इंडियन और अन्य प्रकार के खाद्य पदार्थों के ठेले सज जाते हैं, जहां पर साफ सफाई का कोई ध्यान नहीं दिया जाता है।</p>
<h3>शासकीय कर्मचारियों का अपडाऊन</h3>
<p>आदिवासी क्षेत्र होने के कारण शासकीय कर्मचारियों को अपने कार्यालयों में ही रहने का आवासीय भत्ता दिया जाता है, लेकिन शासन की आखों में धुल झोंककर रोज 20 से 50 किमी। दूरी से बस या ट्रेनों से अपडाऊन करते हैं, तो कुछ कर्मचारी मोटरसाईकिल से आना जाना करते हैं। जिसके कारण नागरिकों को सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिलता है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="शिवनी एयरपोर्ट विस्तार परियोजना को मिली हरी झंडी, अकोला सांसद अनूप धोत्रे बोले- पूरा होगा चुनावी वादा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-shivani-airport-runway-expansion-land-acquisition-fund-2026-1773011.html"> शिवनी एयरपोर्ट विस्तार परियोजना को मिली हरी झंडी, अकोला सांसद अनूप धोत्रे बोले- पूरा होगा चुनावी वादा </a></strong></p>
<p>अनेक योजनाओं का कार्यान्वयन मात्र कागजों पर ही होता है। अधिकारी व कर्मी कार्यालयों में मर्जी से आतेजाते हैं तथा फर्जी कागजों के द्वारा शासन को चुना लगाने का काम करते हैं। कुछ योजनाएं तो संबंधित <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nhm-contract-workers-await-salaries-for-three-months-nagpur-maharashtra-1772989.html">शासकीय यंत्रणा</a></strong> के गलत रवैये से समय के पहले ही दम तोड़ देती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में आत्मसमर्पित माओवादी जोड़े की शादी, पुलिस मुख्यालय बना नई जिंदगी का साक्षी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-surrendered-maoist-couple-marriage-police-headquarters-rehabilitation-1773840.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 17:52:25 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 22:27:28 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Naxal-Rehabilitation_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Naxalites Surrendered]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773840</guid>

					<description><![CDATA[Former Naxalite Marriage: गोंदिया जिले में आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौटे दो पूर्व माओवादी पांडु पुसु वड्डे उर्फ गोलू और सैवंती पंधरे उर्फ संगीता विवाह बंधन में बंध गए। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Naxal-Rehabilitation_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Surrendered Maoist Couple Marriage Police Headquarters Rehabilitation"     /></figure><p><strong>Gondia Police:</strong> गोंदिया जिले में हाल ही में 15 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया है और उन्हें गोंदिया के पुलिस मुख्यालय कारंजा में पुलिस कॉलोनी में रखा गया है। आत्मसमर्पित सदस्यों में से पांडु पुसु वड्डे उर्फ गोलू और सैवंती रायसिंग पंधरे उर्फ संगीता एक साथ शाश्वत जीवन के बंधन में बंध गए।</p>
<p>पुलिस अधीक्षक गोरख भामरे ने उनके विवाह समारोह को मंजूरी दी और पुलिस मुख्यालय में उनकी शादी कराई। कांकेर छत्तीसगढ़ के तिरलागढ़, पखांजूर निवासी पांडू पुसू वड्डे 37 माओवादी संगठन में गोलू नाम से जाना जाता था। वह दर्रेकसा क्षेत्र में सीपीआई माओवादी संगठन में डिविजनल कमेटी सदस्य डीवीसीएम के पद पर कार्यरत था।</p>
<h3>आत्मसमर्पित माओवादियों का विवाह बना मिसाल</h3>
<p>बालाघाट मध्यप्रदेश के राशिमेटा, बैहर निवासी सैवंती रायसिंग पंधरे 36 माओवादी संगठन में संगीता नाम से जानी जाती थी। वह दर्रेकसा क्षेत्र कमेटी में क्षेत्र कमेटी सदस्य एसीएम के रुप में कार्यरत थी। कई वर्षों तक हिंसा, संघर्ष और अनिश्चितता के माहौल में रहने के बाद, दोनों ने 28 नवंबर 2025 को गोंदिया पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करके मुख्यधारा में लौटने का साहसी निर्णय लिया।</p>
<h3>आत्मसमर्पित माओवादी दंपती ने शुरू की नई जिंदगी</h3>
<p>यह विवाह सिर्फ दो व्यक्तियों का मिलन नहीं है बल्कि हिंसा पर शांति, भय पर विश्वास और निराशा पर आशा की विजय है। विवाह समारोह में परिवार, रिश्तेदार, स्थानीय नागरिक और पुलिस अधिकारी/अंमलदार शामिल हुए। प्रशासन के लगातार प्रयासों का परिणाम पुलिस अधीक्षक गोरख भामरे की संकल्पना व प्रभारी पुलिस अधीक्षक अभय डोंगरे के मार्गदर्शन में परिवर्तन और नई जीवन यात्रा का प्रतीक एक हृदयस्पर्शी और प्रेरक विवाह समारोह आयोजित किया गया।</p>
<p>यह संबंध सरकार की आत्मसमर्पण व पुनर्वास नीति के प्रभावी क्रियान्वयन तथा <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-police-transfers-api-psi-reshuffle-list-2026-1772844.html">पुलिस विभाग</a> </strong>व जिला प्रशासन के लगातार प्रयासों का परिणाम है। यह एक प्रेरणादायक उदाहरण है कि अगर समाज द्वारा सही अवसर, मार्गदर्शन और स्वीकृति दी जाए तो हिंसक विचारधाराओं से प्रभावित लोग भी शांति का मार्ग अपना सकते हैं और समाज के जिम्मेदार सदस्य बन सकते हैं।</p>
<h3>आवश्यक समन्वय और सहयोग प्रदान</h3>
<p>विवाह समारोह पुलिस मुख्यालय के प्रेरणा सभागृह में शांतिपूर्ण माहौल और बिना किसी अप्रिय घटना के सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। प्रभारी पुलिस अधीक्षक अभय डोंगरे, पुलिस निरीक्षक नक्सल सेल प्रमोद भातनाते, रिजर्व पुलिस निरीक्षक राजेश सरोदे, पुलिस उपनिरीक्षक नक्सल सेल श्रीकांत हत्तीमारे, नक्सल ऑपरेशन सेल देवरी के मल्लिकार्जुन वासुदेव, साथ ही नक्सल सेल गोंदिया, इंटर सेल देवरी, सी60 स्क्वाड और पुलिस मुख्यालय गोंदिया के पुलिस स्टाफ ने आवश्यक समन्वय और सहयोग प्रदान किया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="पहला चरण खत्म, नागपुर में 11वीं प्रवेश का ट्रेंड साफ; सबसे ज्यादा छात्रों की पसंद बना साइंसc" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/class-11-admissions-over-14000-students-nagpur-confirm-seats-science-stream-leads-1773099.html"> पहला चरण खत्म, नागपुर में 11वीं प्रवेश का ट्रेंड साफ; सबसे ज्यादा छात्रों की पसंद बना साइंस</a></strong></p>
<h3>मुख्य धारा में लाने की प्रक्रिया शुरू</h3>
<p>सरकार के आत्मसमर्पण व <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/homeless-relief-heatwave-nagpur-mission-mukti-phase-3-rehabilitation-1748863.html">पुनर्वसन योजना</a></strong> के तहत आत्मसमर्पित माओवादियों के आधार कार्ड, इलेक्शन कार्ड, बैंक खाता व अन्य कई आवश्यक दस्तावेज तैयार करना, रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के साथसाथ उनके पुनर्वास से संबंधित अन्य कार्रवाई कर उन्हें समाज की मुख्य धारा में लाने की प्रक्रिया चल रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भंडारा-गोंदिया MLC चुनाव: कांग्रेस पार्षदों के BJP में जाने पर सियासी अटकलें तेज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bhandara-gondia-mlc-election-congress-councillors-bjp-political-strategy-1773769.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 17:32:36 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 17:52:50 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bhandara-Gondia-MLC-Election_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[भंडारा]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bhandara News]]></category>
		<category><![CDATA[Election]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Vidhan Parishad]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773769</guid>

					<description><![CDATA[Congress-BJP Politics: भंडारा-गोंदिया स्थानीय स्वराज्य संस्था विधान परिषद चुनाव से पहले जिले की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। चार कांग्रेस पार्षदों के भाजपा में शामिल होने के बाद राजनीतिक चर्चाएं है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bhandara-Gondia-MLC-Election_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhandara Gondia Mlc Election Congress Councillors Bjp Political Strategy"     /></figure><p><strong>Bhandara Gondia MLC Election:</strong> भंडारा-गोंदिया स्थानीय स्वराज्य संस्था विधान परिषद चुनाव को लेकर जिले की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। लाखांदुर नगर पंचायत के 4 कांग्रेस पार्षदों के भाजपा में शामिल होने के बाद राजनीतिक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। कांग्रेस के एक जिला महासचिव ने दावा किया है कि यह साधारण दलबदल नहीं, बल्कि महायुति की रणनीति पर नजर रखने के लिए की गई एक राजनीतिक चाल हो सकती है। कांग्रेस के संपर्क में है नगरसेवकभाजपा में शामिल हुए पार्षदों में मुकेश उर्फ बंटी सहजानी का नाम प्रमुख रूप से सामने आ रहा है। राजनीतिक हलकों में सहजानी को कांग्रेस विधायक नाना पटोले का करीबी माना जाता है।</p>
<p>उनके साथ तीन महिला पार्षदों के भाजपा में शामिल होने से राजनीतिक अटकलें तेज हो गई हैं। कांग्रेस के जिला महासचिव का दावा है कि भाजपा में शामिल हुए चारों पार्षद अभी भी कांग्रेस नेतृत्व के संपर्क में हैं और स्थानीय स्वराज्य संस्था चुनाव के मद्देनजर महायुति की गतिविधियों और रणनीति की जानकारी जुटाने का काम कर रहे हैं।</p>
<h3>कांग्रेस बोली- संपर्क अब भी कायम</h3>
<p>हालांकि इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इससे जिले की राजनीति में नई चर्चाओं को बल मिला है।</p>
<h3>विधान परिषद चुनाव से पहले नई सियासी चर्चा</h3>
<p>राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि पिछली स्थानीय स्वराज्य संस्था विधान परिषद चुनाव में भी रणनीतिक समीकरणों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।</p>
<h3>महायुति की गतिविधियों पर नजर?</h3>
<p>इस बार कांग्रेस ने अपने अधिकृत उम्मीदवार के रूप में दिलीप बंसोड को मैदान में उतारा है, जबकि प्रफुल्ल अग्रवाल को कांग्रेस समर्थित <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/maharashtra-politics-nagpur-mlc-election-local-authority-seat-nominations-filed-1770183.html">निर्दलीय उम्मीदवार</a></strong> के रूप में समर्थन मिलने की चर्चा है। वहीं महायुति ने अविनाश ब्राह्मणकर को उम्मीदवार बनाया है। उनके नामांकन के दौरान प्रफुल्ल पटेल और परिणय फुके सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="शिवनी एयरपोर्ट विस्तार परियोजना को मिली हरी झंडी, अकोला सांसद अनूप धोत्रे बोले- पूरा होगा चुनावी वादा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-shivani-airport-runway-expansion-land-acquisition-fund-2026-1773011.html"> शिवनी एयरपोर्ट विस्तार परियोजना को मिली हरी झंडी, अकोला सांसद अनूप धोत्रे बोले- पूरा होगा चुनावी वादा </a></strong></p>
<h3>भंडारा-गोंदिया चुनाव में रणनीतिक राजनीति की चर्चा</h3>
<p>हालांकि स्थानीय स्तर पर कुछ सहयोगी दलों के नेताओं की अनुपस्थिति को लेकर भी राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं हो रही हैं। <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-mlc-election-2026-mahayuti-17-official-candidates-list-declared-1772995.html">स्थानीय स्वराज्य संस्था</a></strong> विधान परिषद चुनाव के नजदीक आते ही राजनीतिक समीकरणों, दावों और रणनीतियों को लेकर चर्चाओं का दौर और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायत राज अभियान के तहत पांजरा गांव पहुंची मूल्यांकन समिति, पेड़ों की अवैध कटाई का आरोप</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/panjara-village-inspection-illegal-tree-cutting-keshori-kelwad-road-demand-1773573.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 16:25:52 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 16:48:18 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Untitled-design_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Cutting Trees]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773573</guid>

					<description><![CDATA[Panjara Village Inspection: मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायत राज अभियान के तहत जिला स्तरीय निरीक्षण समिति ने पांजरा ग्राम पंचायत के विकास कार्यों का जायजा लिया। 
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Untitled-design_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Panjara Village Inspection Illegal Tree Cutting Keshori Kelwad Road Demand"     /></figure><p><strong>Panjara Gram Panchayat:</strong> मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायतराज अभियान की जिला स्तरीय निरीक्षण समिति ने मंगलवार को तहसील में ग्राम पांजरा का निरीक्षण किया। निरीक्षण समिति में यवतमाल जिला परिषद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मंदार पत्की, उप मुख्य कार्यपालन अधिकारी युवराज महेत्रे, उप मुख्य कार्यपालन अधिकारी नरेगा प्रकाश नाटकर, विस्तार अधिकारी पंचायत फुटाने, विस्तार अधिकारी धालचोर शामिल थे। उन्हें गुट विकास अधिकारी संघमित्रा कोल्हे, विस्तार अधिकारी शितेश पटले, ज्ञानेश नाकाडे और चौरे द्वारा किए गए विभिन्न कार्यों की जानकारी दी गई।</p>
<p>इस अवसर पर सरपंच शारदा चामट, उपसरपंच सुभाष चव्हाण, महेश गाढवे, अमोल चामट, शालिनी गोमासे, सुषमा उकेबोंद्रे, वर्षा आस्वले, निरंजना उपासे आदि उपस्थित थे। 7000 आम के पेड़ों की अवैध कटाई शिकायत मिली तो करेंगे जांच वनपरिक्षेत्र अधिकारी सड़क अर्जुनी, श।सं। तहसील के डव्वा, चिरचाड़ी व खजरी वनपरिक्षेत्र बीट परिसर में सरकारी जमीन पर स्थित आम के पड़ों की खुलेआम अवैध कटाई की जा रही है।</p>
<h3>7000 आम के पेड़ों की अवैध कटाई का आरोप</h3>
<p>साथ ही चिरचाड़ी गांव के पास पगडंडी व टीसीएम नाली परिसर में अवैध पेड़ों की कटाई होने का आरोप नागरिकों ने किया है। उल्लेखनीय है कि, संबंधित बीट में महिला वन रक्षक कार्यरत हैं और उनकी अनुपस्थिति में बीट का प्रबंधन उनके पति ही चला रहे हैं। ऐसे में वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।</p>
<p>इस संबंध में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/wildlife-bear-death-electric-fence-deolapar-forest-farmer-detained-nagpur-1749296.html">वनपरिक्षेत्र अधिकारी</a> </strong>मिथून तरोणे से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि मेरे पास शिकायत आने पर उचित जांच कर कार्रवाई की जाएगी। इस बीच, स्थानीय नागरिकों ने पेड़ों की अवैध कटाई की स्वतंत्र जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। यदि आरोप सही हैं तो इससे वन संसाधनों के संरक्षण पर गंभीर सवाल खड़े होंगे।</p>
<h3>कोई पेड़ों की कटाई नहीं हुई</h3>
<p>डव्वा वनरक्षक अक्षय नंदेश्वर ने कहा कि काटेवार के बीट में ऐसी कोई पेड़ों की कटाई नहीं हुई है। संबंधित ठेकेदारों की जानकारी दें, मैं उनसे बात करुंगा।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर HC का बड़ा आदेश: अपर जिलाधिकारी को लंबित मामले में अंतिम फैसला सुनाने से रोका; याचिकाकर्ता को मिली राहत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/bombay-high-court-stays-adm-order-after-petitioner-nagpur-misses-hearing-1773145.html"> <span class="color-red">नागपुर HC का बड़ा आदेश</span>: अपर जिलाधिकारी को लंबित मामले में अंतिम फैसला सुनाने से रोका; याचिकाकर्ता को मिली राहत </a></strong></p>
<h3>शिकायतों के बाद भी PWD सुस्त, ग्रामीणों की गुहार</h3>
<p>अर्जुनी मोरगांव तहसील के केशोरीकेलवद सड़क मार्ग की हालत दिनोंदिन बदहाल होती जा रही है। लगभग दो कि।मी। लंबा यह हिस्सा अत्यंत संकरा होने के कारण वाहन चालकों के लिए लगातार परेशानी का कारण बना हुआ है। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, सड़क के दोनों ओर झाड़ियां और पेड़ बेतरतीब तरीके से फैल चुके हैं, जिससे मार्ग और भी संकरा हो गया है। इससे सामने से आने वाले वाहन स्पष्ट दिखाई नहीं देते, जिसके कारण कई बार गंभीर दुर्घटनाएं हो चुकी है।</p>
<h3>झाड़ियों की सफाई और चौड़ीकरण की मांग</h3>
<p>कुछ हादसों में लोगों की जान जाने की भी बात ग्रामीणों ने बताई है। यह मार्ग राजोलीभरनोली गांवों को जोड़ते हुए केशोरी से होकर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/brahmapuri-ko-jila-banane-ki-maang-tez-chandrapur-maharashtra-1583698.html">जिला मुख्यालय</a> </strong>गोंदिया तक लगभग 150 किमी। की दूरी तय करता है, जिससे यह क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। रोजाना बड़ी संख्या में ग्रामीण, व्यापारी और यात्री इसी मार्ग का उपयोग करते हैं।</p>
<p>ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार शिकायतें किए जाने के बावजूद सार्वजनिक निर्माण विभाग और जनप्रतिनिधियों द्वारा इस समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया है। ग्रामीणों ने केशोरीकेलवद मार्ग के इस संकरे हिस्से को शीघ्र चौड़ा करने तथा सड़क किनारे उगी झाड़ियों की कटाई कर सुरक्षित यातायात सुनिश्चित करने की मांग की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस की कई गांवों में छापेमारी, चार आरोपी गिरफ्तार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-illegal-liquor-raid-country-liquor-seized-police-action-1773570.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 16:25:23 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 17:02:05 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Illegal-Liquor-Raid_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[illegal liquor sale]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1773570</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Police Action:  गोंदिया जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ अभियान चलाते हुए कई स्थानों पर छापेमारी की। आसोली गांव में अवैध शराब भट्टी को नष्ट कर सामग्री जब्त की गई।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Illegal-Liquor-Raid_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Illegal Liquor Raid Country Liquor Seized Police Action"     /></figure><p><strong>Gondia Illegal Liquor Raid:</strong> गोंदिया जिले के विविध क्षेत्रों में पुलिस ने छापा मारकर देशी शराब जब्त की। कहीं घर पर शराब मिली तो कहीं शराब भट्टी पर। ग्रामीण पुलिस ने अवैध रूप से शराब बनाने के अड्डे पर छापा मारकर भारी मात्रा में शराब सहित अन्य सामग्री जब्त की। यह कार्रवाई ग्रामीण थाने के तहत ग्राम आसोली में की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि आसोली निवासी आरोपी अजय हरिदास गडपायले 44 अपने घर में देशी शराब बना रहा है।</p>
<p>पुलिस ने वहां छापा मारकर शराब भट्टी को नष्ट किया और एक जर्मन बर्तन, प्लास्टिक पाइप, नेवार, दो प्लास्टिक कंटेनरों में 10 लीटर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/police-raid-illicit-liquor-distilleries-in-akola-destroying-goods-worth-inr1-lakh-1771916.html">देशी शराब</a> </strong>और दो प्लास्टिक झिल्ली में रखा 40 किलो महुआ फूल जब्त किया। दूसरी कार्रवाई ग्रामीण थाने के तहत ग्राम जब्बारटोला में की गई।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर HC का बड़ा आदेश: अपर जिलाधिकारी को लंबित मामले में अंतिम फैसला सुनाने से रोका; याचिकाकर्ता को मिली राहत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/bombay-high-court-stays-adm-order-after-petitioner-nagpur-misses-hearing-1773145.html"> <span class="color-red">नागपुर HC का बड़ा आदेश</span>: अपर जिलाधिकारी को लंबित मामले में अंतिम फैसला सुनाने से रोका; याचिकाकर्ता को मिली राहत </a></strong></p>
<h3>अवैध शराब बेचने और बनाने वालों पर कार्रवाई</h3>
<p>इस कार्रवाई में पुलिस ने आरोपी कमलेश श्रीपाल लिल्हारे 35 के घर में छापा मारकर देशी शराब से भरी 4 बोतलें जब्त की। तीसरी कार्रवाई <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/in-this-tehsil-of-gondia-district-people-are-yearning-for-buses-in-many-villages-the-red-fairy-is-only-seen-on-voting-day-1764568.html">अर्जुनी मोरगांव</a></strong> थाने के तहत ग्राम बाक्टी निवासी सीमा सुशांत बारसागडे 35 के खिलाफ की गई। इस कार्रवाई में पुलिस ने महिला के घर में छापा मारकर 6 लीटर देशी शराब को जब्त किया। उसी प्रकार डुग्गीपार थाने के तहत ग्राम कोहमारा निवासी भागवत पिसाराम मेश्राम 60 के घर में पुलिस ने छापा मारकर देशी शराब की 10 बोतलें जब्त की।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>खस्ताहाल सड़क बनी हादसों की वजह, गोंदिया-धापेवाड़ा मार्ग पर जान जोखिम में डालकर सफर कर रहे लोग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-dhapewada-road-damaged-potholes-accident-risk-pwd-repair-demand-2026-1772954.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 13:33:13 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 13:33:13 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Dilapidated-Road-Becomes-Cause-of-Accidents-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[gondia road]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1772954</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Highway Potholes: गोंदिया-धापेवाड़ा मुख्य मार्ग पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढे और उड़ती धूल राहगीरों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं। स्थानीय नागरिकों ने बारिश से पूर्व सड़क मरम्मत की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Dilapidated-Road-Becomes-Cause-of-Accidents-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Dhapewada Road Damaged Potholes Accident Risk Pwd Repair Demand 2026"     /></figure><p><strong>Dilapidated Road Becomes Cause of Accidents In Gondia: </strong>गोंदिया क्षेत्र की सड़कें स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। गोंदिया-धापेवाड़ा मार्ग खस्ताहाल हो गया है। इस मार्ग पर अनेक जगह बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं जो परेशानी का सबब बनने के साथ ही हादसे को न्योता दे रहे हैं। गड्ढे बनने से गिट्टी बाहर निकल गई जिससे दोपहिया वाहन चालकों के लिए फिसलन की स्थिति बनी है। वाहन चालकों को सड़क छोड़कर किनारे से वाहन चलाना पड़ रहा है।</p>
<p>तहसील के रतनारा-फोनटोली, सालईटोला-नीलागोंदी, नवेगांव-धापेवाड़ा रोड इसके अलावा रोड की अन्य कई जगहों पर भी हालात अत्यंत खराब है, जिसके कारण प्रतिदिन दुर्घटनाएं हो रही है। चारपहिया वाहनों के बोनट गड्‌ढों से टकरा रहे रहे हैं और अन्य वाहनों का भी लगातार नुकसान हो रहा है। धापेवाड़ा पर गहरे गड्ढे हो गए हैं, इसके बावजूद अब तक इस गंभीर समस्या की अनदेखी हो रही है।</p>
<h3>सैकड़ों वाहनों का आवागमन</h3>
<p>गोंदिया होते हुए यह मार्ग धापेवाड़ा से स्तनारा, नीलागोंदी, नवेगांव, महालगांव, मुरदाड़ा, गोंडमोहाडी, परसवाड़ा मार्ग, आगे तिरोडा व बालाघाट के खैरलांजी को जाता है। इस मार्ग पर स्कूल व कॉलेज के साथ ही महाराष्ट्र मध्यप्रदेश को जोडने वाले दो पुल भी है। जिससे इस मार्ग से सैकड़ों वाहन आते-जाते है, दोपहिया वाहन पंचर होना व बड़े वाहनों का एक्सेल टूटना रोज की बात हो गई है। वाहन चालक इस मार्ग से जान जोखिम में डालकर सफर करते है।</p>
<p>रात्रि में इस मार्ग पर गहरे गड्डों का अंदाजा नहीं लग पाता और वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त हो जाता है। अब बारिश का मौसम शुरू हो रहा जिससे गड्‌ढों में पानी जमा हो जाएगा और वाहन चालकों को गड्‌ढों का अंदाजा लगाना मुश्किल होगा जिससे दुर्घटनाओं में वृध्दि होगी। बेहतर होगा कि बारिश के पूर्व इस मार्ग की मरम्मत की जाए, ताकि दुर्घटनाओं से बचा जा सके।</p>
<h3>
हादसों का कर रहे इंतजार</h3>
<ul>
<li>विगत कुछ माह पहले ही धापेवाड़ा के समीप शाम को गड्‌ढों के कारण मोटरसाइकिल से गिरने से एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई थी।</li>
<li>ऐसे ही हर दिन राहगीर दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं फिर भी प्रशासन की नींद नहीं खुल रही है। अगर ज्यादा बड़ा हादसा हो जाए तो जिम्मेदार कौन रहेगा? ऐसा सवाल नागरिकों द्वारा किया जा रहा हैं।</li>
<li>जनप्रतिनिधियों द्वारा इस मार्ग के मरम्मत की ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है, ऐसा आरोप भी नागरिकों ने लगाया है।</li>
</ul>
<h3>जल्द करें मरम्मत</h3>
<p>बलमाटोला निवासी गजेंद्र सेवईवार ने कहा की &amp;#8220;गोंदिया 66 धापेवाडा-तिरोडा यह मुख्य मार्ग है। इस मार्ग घर बड़े-बड़े गड्डों से राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रापनि की बसें भी इन गड्ढों से भरी सड़क से चलती है, जिससे हादसे की आशंका है। प्रशासन को अनेक बार इस स्थिति से अवगत कराया गया है लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। जल्द मरम्मत कर यातायात को सुचारू किया जाए।&amp;#8221;</p>
<h3>जान जोखिम में</h3>
<p>सोनबिहरी निवासी मनोहर लिल्हारे ने कहा की &amp;#8220;<a href="https://navbharatlive.com/photos/always-committed-to-overall-development-of-dhapewada-testimony-of-nitin-gadkari-bhoomi-pujan-of-development-work-of-vitthal-rukmini-temple-completed-1142247.html">धापेवाड़ा सड़क</a> मार्ग के गड्‌ढ़ों से उड़ती धूल से राहगीरों को आवागमन करने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। जिससे आए दिन वाहन फिसल रहे और लोगों को चोटें आ रही है। राहगीर अपनी जान जोखिम में डाल कर सफर करते हैं। प्रशासन इस ओर गंभीरता से ध्यान दें तो बेहतर होगा।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="Goregaon-Borivali Harbour Line Project: 86 करोड़ के टेंडर से बढ़ी रफ्तार, लाखों यात्रियों को मिलेगी राहत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/goregaon-borivali-harbour-line-project-western-railway-tender-1772544.html"> <span class="color-red">Goregaon-Borivali Harbour Line Project</span>: 86 करोड़ के टेंडर से बढ़ी रफ्तार, लाखों यात्रियों को मिलेगी राहत </a></strong></p>
<h3>बारिश से पूर्व करें मार्ग की मरम्मत</h3>
<p>गोंदिया, सोनार समाज जिलाध्यक्ष डॉ. प्रदीप रोकड़े ने कहा की &amp;#8220;66 गोंदिया-घापेवाड़ा मार्ग की हालत काफी दयनीय हो गई है। कई जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो जाने से वाहन चालकों को जान हथेली पर लेकर चलना पड़ता है। जनप्रतिनिधियों से कई बार मार्ग की मरम्मत को लेकर गुहार लगाई गई लेकिन उन्होंने इस ओर अनदेखी की है। लोक निर्माण विभाग बारिश से पूर्व इस मार्ग की मरम्मत करें तो दुर्घटनाओं में कमी आ सकती है।&amp;#8221;</p>
<h3>रात में गड्डों का अंदाजा नहीं</h3>
<p>सोनपुरी निवासी ने कहा की योगेश डोहरे &amp;#8220;66 गोदिया धापेवाडा सड़क मार्ग के गड्ढों से राहगीरों को आवागमन करने में परेशानी का सामना करना पड़ता है, रात में तो गड्ढों की गहराई का अंदाजा नहीं लगता और वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो रहे है। वहीं बाइक चालक घायल हो रहे है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Gondia News: ‘ऑपरेशन संरक्षा’ के तहत बड़ी कार्रवाई, बोरी में छिपाकर सिलेंडर ले जा रहा यात्री गिरफ्तार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-railway-station-rpf-arrests-man-carrying-gas-cylinder-2026-1772923.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 13:15:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 13:15:38 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Train-Passenger-Arrested-By-RPF-For-Illegal-Gas-Cylinder-Transport_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Indian Railways]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1772923</guid>

					<description><![CDATA[Operation Sanraksha: गोंदिया रेलवे स्टेशन पर "ऑपरेशन संरक्षा" के तहत आरपीएफ ने ट्रेन के जरिए अवैध रूप से गैस सिलेंडर ले जा रहे एक आरोपी को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पूरी रिपोर्ट यहां पढ़ें।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Train-Passenger-Arrested-By-RPF-For-Illegal-Gas-Cylinder-Transport_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Railway Station Rpf Arrests Man Carrying Gas Cylinder 2026"     /></figure><p><strong>Train Passenger Arrested By RPF For Illegal Gas Cylinder Transport:</strong> दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, नागपुर मंडल के अंतर्गत &amp;#8220;ऑपरेशन संरक्षा&amp;#8221; के तहत रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। आरपीएफ की टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए ट्रेन के माध्यम से घरेलू गैस सिलेंडर का अवैध रूप से परिवहन करने वाले एक आरोपी को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।</p>
<p>यह कार्रवाई मंडल सुरक्षा आयुक्त, रेलवे सुरक्षा बल, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, नागपुर मंडल के चेतन दिलीपराव जिचकार के कुशल मार्गदर्शन में की गई है। उनके निर्देश पर वर्तमान में मंडल के विभिन्न संवेदनशील स्टेशनों और ट्रेनों में विशेष निगरानी व सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें आरपीएफ की विशेष टीमें तथा राज्य एजेंसियां सक्रिय रूप से सहयोग कर रही हैं।</p>
<h3>प्लेटफॉर्म क्रमांक ४ पर बोरी में छिपाकर रखा था सिलेंडर</h3>
<p>इसी अभियान के तहत १ जून को रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट गोंदिया और मंडल टास्क टीम द्वारा <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/nagpur-railway-drm-deepak-gupta-gondia-station-inspection-2026-1772887.html">गोंदिया रेलवे स्टेशन</a> पर एक संयुक्त जांच अभियान चलाया गया था। इस चेकिंग के दौरान प्लेटफॉर्म क्रमांक ४ पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को एक व्यक्ति की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। जब उस व्यक्ति के पास रखी बोरी की बारीकी से जांच की गई, तो उसमें छिपाकर रखा गया एक घरेलू गैस सिलेंडर बरामद हुआ। आरपीएफ ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया और सिलेंडर को जब्त कर लिया।</p>
<h3>नागपुर में मजदूरी करता है आरोपी, गांव से ले जा रहा था सिलेंडर</h3>
<p>आरपीएफ द्वारा की गई कड़ी पूछताछ में आरोपी की पहचान सिरपुर-बनाधर, थाना रावणवाड़ी,<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/in-this-tehsil-of-gondia-district-people-are-yearning-for-buses-in-many-villages-the-red-fairy-is-only-seen-on-voting-day-1764568.html"> गोंदिया जिला</a> निवासी दिनेश रतनसिंह नैकावे के रूप में हुई है। आरोपी ने बताया कि वह गोंदिया से नागपुर जाने के लिए सामान्य श्रेणी का टिकट लेकर स्टेशन आया था। वह मूल रूप से नागपुर में ही मजदूरी का कार्य करता है। उसने अपने घरेलू उपयोग के लिए इंडियन कंपनी का यह गैस सिलेंडर अपने पैतृक गांव से नागपुर तक ट्रेन के माध्यम से ले जाने का प्रयास किया था।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="Maharashtra Weather Update: मुंबई में उमस, विदर्भ में लू तो इन 24 जिलों में होगी आंधी-बारिश; जानें आज का मौसम" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/maharashtra-weather-update-3rd-june-mumbai-nagpur-rain-alert-vidarbha-heatwave-imd-1772217.html"> <span class="color-red">Maharashtra Weather Update</span>: मुंबई में उमस, विदर्भ में लू तो इन 24 जिलों में होगी आंधी-बारिश; जानें आज का मौसम </a></strong></p>
<h3>रेलवे अधिनियम के तहत दर्ज हुआ मामला</h3>
<p>आरपीएफ अधिकारियों द्वारा जब आरोपी को ट्रेन में ज्वलनशील और खतरनाक सामग्री ले जाने से जुड़े कड़े नियमों व अपराध के संबंध में कानूनी जानकारी दी गई, तो उसने अपना जुर्म पूरी तरह स्वीकार कर लिया। इसके पश्चात, रेलवे सुरक्षा बल ने यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डालने के आरोप में रेलवे अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों के तहत आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए आरोपी दिनेश नैकावे के विरुद्ध मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। आरपीएफ ने यात्रियों से अपील की है कि वे सफर के दौरान किसी भी प्रकार की ज्वलनशील सामग्री साथ न ले जाएं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया पहुंचे DRM ने परखा मेमू-डेमू शेड, यात्री सुविधाओं और सुरक्षा मानकों को लेकर दिए कड़े निर्देश</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/nagpur-railway-drm-deepak-gupta-gondia-station-inspection-2026-1772887.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 12:58:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 12:58:38 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/DRM-Deepak-Gupta-Inspected-MEMU-DEMU-Shed-At-Gondia-Railway-Station_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1772887</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Railway: मंडल रेल प्रबंधक दीपक कुमार गुप्ता ने इतवारी से गोंदिया खंड तक विशेष विंडो ट्रेलिंग सुरक्षा निरीक्षण कर रेल पथ, सिग्नल प्रणाली और यात्री सुविधाओं का जायजा लिया। पूरी रिपोर्ट यहां पढ़ें।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/DRM-Deepak-Gupta-Inspected-MEMU-DEMU-Shed-At-Gondia-Railway-Station_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Nagpur Railway Drm Deepak Gupta Gondia Station Inspection 2026"     /></figure><p><strong>DRM Deepak Gupta Inspected MEMU-DEMU Shed At Gondia Railway Station:</strong> दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, नागपुर मंडल में सुरक्षित, संरक्षित और सुचारु रेल संचालन सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) दीपक कुमार गुप्ता ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी से गोंदिया खंड तक विशेष विंडो ट्रेलिंग सुरक्षा निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने रेल पथ, सिग्नलिंग प्रणाली, ओएचई (OHE), समपार फाटक और अन्य महत्वपूर्ण रेल संरचनाओं का बारीकी से अवलोकन कर सुरक्षा मानकों की व्यापक समीक्षा की।</p>
<p>निरीक्षण यात्रा के दौरान मंडल रेल प्रबंधक ने विभिन्न स्टेशनों और रेल परिसंपत्तियों का अवलोकन करते हुए संबंधित अधिकारियों से संरक्षा, अनुरक्षण तथा परिचालन व्यवस्थाओं की पूरी जानकारी प्राप्त की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यात्रियों की सुरक्षित और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करना रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा इसके लिए सभी विभागों को समन्वित रूप से कार्य करना चाहिए।</p>
<h3>गोंदिया मेमू-डेमू शेड का विस्तृत मूल्यांकन</h3>
<p>गोंदिया पहुंचने पर मंडल रेल प्रबंधक <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/conversion-of-washable-apron-to-ballasted-track-at-gondia-work-completed-12-hours-ago-1696777.html">दीपक कुमार गुप्ता</a> ने मेमू-डेमू शेड का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने रेल रेकों के रखरखाव, सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता, अनुरक्षण प्रक्रियाओं और कार्य दक्षता का बारीकी से मूल्यांकन किया। उन्होंने मौके पर उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों को उच्च गुणवत्ता के अनुरक्षण तथा सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए।</p>
<h3>यात्री सुविधाओं और स्वच्छता व्यवस्था का लिया जायजा</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-railway-ticket-checking-drive-2026-1750451.html">गोंदिया स्टेशन</a> का निरीक्षण करते हुए मंडल रेल प्रबंधक ने यात्री सुविधाओं, स्वच्छता व्यवस्था, टिकटिंग सेवाओं, पेयजल, प्रतीक्षालय, सुरक्षा व्यवस्थाओं और स्टेशन विकास कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने रेल यात्रियों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक सुझाव और दिशा-निर्देश जारी किए।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="इरई बांध का जलस्तर तेजी से घटा, सीटीपीएस के बिजली उत्पादन पर पड़ सकता है असर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/chandrapur-irai-dam-water-level-drop-el-nino-effect-ctps-power-generation-crisis-2026-1772638.html"> इरई बांध का जलस्तर तेजी से घटा, सीटीपीएस के बिजली उत्पादन पर पड़ सकता है असर </a></strong></p>
<h3>निरीक्षण के दौरान सभी विभागों के वरिष्ठ अधिकारी रहे उपस्थित</h3>
<p>इस महत्वपूर्ण सुरक्षा निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता (डीजल), वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता, वरिष्ठ मंडल अभियंता (समन्वय), वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक, वरिष्ठ मंडल विद्युत अभियंता (रोलिंग स्टॉक व जनरल), वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक, वरिष्ठ मंडल सामग्री प्रबंधक, वरिष्ठ मंडल विद्युत अभियंता (टीआरडी), वरिष्ठ मंडल विद्युत अभियंता (ऑपरेशन), वरिष्ठ मंडल सुरक्षा अधिकारी तथा सहायक सुरक्षा आयुक्त (रेल सुरक्षा बल) सहित विभिन्न विभागों के आला अधिकारी प्रमुखता से उपस्थित थे।</p>
<p>यह निरीक्षण नागपुर मंडल की उस सतत प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसके तहत संरक्षा, गुणवत्ता और यात्री संतुष्टि को केंद्र में रखकर रेलवे सेवाओं को और अधिक प्रभावी व विश्वसनीय बनाया जा रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया जिला वार्षिक योजना 2026-27 के लिए 324 करोड़ का प्रावधान, 30 जून तक प्रस्ताव जमा करने के निर्देश</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-district-annual-plan-collector-mangesh-gondavale-development-funds-2026-1772411.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Jun 2026 07:43:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 03 Jun 2026 07:43:38 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Provision-of-₹324-Crore-for-the-Gondia-District-Annual-Plan_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1772411</guid>

					<description><![CDATA[Annual Plan: गोंदिया के जिलाधीश डॉ. मंगेश गोंदावले ने जिला वार्षिक योजना 2026-27 की समीक्षा बैठक में सभी विभागों को 30 जून 2026 तक अपने परिपूर्ण विकास प्रस्ताव प्रस्तुत करने के कड़े निर्देश दिए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Provision-of-₹324-Crore-for-the-Gondia-District-Annual-Plan_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia District Annual Plan Collector Mangesh Gondavale Development Funds 2026"     /></figure><p><strong>Provision of ₹324 Crore for the Gondia District Annual Plan:</strong> गोंदिया जिले के सर्वांगीण विकास के काम करने के लिए जिला वार्षिक योजना से निधि उपलब्ध कराई जाती हैं। इसके लिए सभी विभाग की यंत्रणाएं तय समय में अपने प्रस्ताव प्रस्तुत करें, ऐसे निर्देश जिलाधीश डॉ। मंगेश गोंदावले ने जिलाधीश कार्यालय के सभागृह में जिला वार्षिक योजना 2026-27 इस आर्थिक वर्ष के लिए सर्वसाधारण, अनुसूचित जाति उप योजना, आदिवासी उप योजना व आदिवासी उप योजना क्षेत्रबाह्य अंतर्गत आयोजित जिला वार्षिक योजना की समीक्षा में दिए।</p>
<p>इस बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/goregaon-police-job-fraud-1-27-lakh-gold-jewellery-cheated-accused-arrested-1659015.html">अभय डोंगरे</a>, भारतीय वन सेवा के अधिकारी प्रीतमसिंग कोडापे, प्रभारी जिला नियोजन अधिकारी रुपेशकुमार राऊत व सभी विभागों के अधिकारी प्रमुखता से उपस्थित थे।</p>
<h3>विविध विषयों पर चर्चा</h3>
<p>बैठक में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-district-school-books-supply-completed-samagra-shiksha-abhiyan-2026-1768307.html">गोंदिया जिला</a> वार्षिक योजना वर्ष 2026-27 सर्वसाधारण, अनुसूचित जाति उपयोजना, आदिवासी उपयोजना, आदिवासी उपयोजना क्षेत्रबाह्य अंतर्गत प्रशासकीय मान्यता व निधि वितरण के लिए तांत्रिक मान्यता के साथ कामों के परिपूर्ण प्रस्ताव प्रस्तुत करने, सन 2025-26 के वित्त वर्ष में मंजूर कामों का अहवाल प्रस्तुत करने, इस योजना के तहत मासिक प्रगति अहवाल प्रस्तुत करने और वित्तिय वर्ष 2025-26 में उपयोगिता प्रमाणपत्र व काम पूरा होने का दाखिला प्रस्तुत करने।</p>
<p>वर्ष 2025-26 में मंजूर कामों के लिए दायित्व निधि की मांग करने आदि विषयों पर चर्चा की गई। यह स्पष्ट किया गया कि इस वर्ष के सभी प्रस्ताव UID नंबर जेनरेट करके जिला नियोजन समिति को प्रस्तुत किए जाएं। पिछले साल के खर्च के मामले में, अनुपालन अहवाल की रिपोर्ट की एक कॉपी जल्द से जल्द नियोजन विभाग को भेजी जाए। नए कामों के प्रस्ताव प्रशाकीय मंजूरी के लिए प्रस्तुत करते समय सविस्तार बजट, तांत्रिक मंजूरी आदेश, संबंधित योजना में शामिल होने का प्रमाणपत्र, दूरुस्ती के कामों के लिए जरूरी प्रमाणपत्र अनिवार्य होंगे। बैठक का संचालन प्रभारी जिला नियोजन अधिकारी रूपेश कुमार राउत ने किया।</p>
<h3>324 करोड़ का प्रावधान</h3>
<p>गोंदावले ने कहा कि वर्ष 2026-27 के लिए जिला वार्षिक योजना का वित्तिय प्रावधान 324 करोड़ है। यंत्रणाएं अपने प्रस्ताव 30 जून 2026 तक प्रस्तुत करें। जबकि स्थानीय स्वराज्य संस्थाएं अगस्त 2026 तक अपने प्रस्ताव प्रस्तुत करें। मुलभूत विकास के कामों का सही नियोजन, काम में तालमेल, सभी हिस्सों का समांतर विकास और अनावश्यक खचों में बचत हो इसके लिए यंत्रणाएं मुलभूत काम करते समय UID नंबर जेनरेट करना जरूरी है।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:-  <a class="title" title="नासिक में इंस्टाग्राम से शुरू हुई दोस्ती, मामला POCSO केस तक पहुंचा गया" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/minor-girl-assaulted-family-threatened-love-affair-nashik-pocso-crime-news-1772152.html"> नासिक में इंस्टाग्राम से शुरू हुई दोस्ती, मामला POCSO केस तक पहुंचा गया </a></strong></p>
<p>किसी भी खरीदी पर निधि की 10 प्रश की लिमिट है, इसलिए यंत्रणाओं को इस बात का ध्यान रखना होगा। सभी यंत्रणाओं ने कर्मयोगी (iGot) कोर्स करना जरूरी है, इसलिए उन्हें अगले आठ दिनों में कोर्स पूरा कर लेना होगा। जिला नियोजन समिति से निधि की मांग करते समय नए प्रस्ताव जमा करने से पहले यंत्रणाओं को यह सुनिश्चित करना होगा कि पिछले साल का काम अब पूरा हो गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>अविनाश ब्राह्मणकर बनाम दिलीप बंसोड! भंडारा-गोंदिया MLC Election में प्रतिष्ठा की जंग तेज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-gondia-mlc-election-nominations-final-day-voter-equations-2026-1770227.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 02 Jun 2026 09:06:53 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 02 Jun 2026 09:06:53 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bhandara-Gondia-MLC-Election_V_png--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[भंडारा]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bhandara News]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Legislative Council Elections]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1770227</guid>

					<description><![CDATA[MLC Election: भंडारा-गोंदिया स्थानीय स्वराज्य संस्था विधान परिषद चुनाव में भाजपा, कांग्रेस और निर्दलीय प्रफुल्ल अग्रवाल के उतरने से मुकाबला त्रिकोणीय और बेहद दिलचस्प हो गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bhandara-Gondia-MLC-Election_V_png--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhandara Gondia Mlc Election Nominations Final Day Voter Equations 2026"     /></figure><p><strong>Bhandara Gondia MLC Election:</strong> भंडारा-गोंदिया स्थानीय स्वराज्य संस्था से विधान परिषद चुनाव के बहाने दोनों जिलों की राजनीति में एक नया और बेहद दिलचस्प अध्याय शुरू हो गया है। नामांकन पत्र दाखिल करने के आखिरी दिन जिलाधिकारी कार्यालय परिसर पूरी तरह से राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन का अखाड़ा बना रहा। महायुति की मजबूत घेराबंदी और महाविकास आघाड़ी की पुरानी रणनीति के बीच होने जा रहा यह मुकाबला अब केवल एक चुनाव न रहकर वर्चस्व और प्रतिष्ठा की बड़ी लड़ाई में तब्दील हो चुका है।</p>
<p>भारतीय जनता पार्टी ने एक बार फिर अविनाश ब्राह्मणकर पर भरोसा जताते हुए उन्हें चुनावी मैदान में उतारा है। विधानसभा चुनाव के दौरान साकोली सीट पर कांग्रेस के दिग्गज नेता नाना पटोले को कड़ी टक्कर देने वाले ब्राह्मणकर का सियासी सफर कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणादायक रहा है। साकोली में मामूली अंतर से चुनाव हारने के बावजूद उनके बढ़ते जनाधार को देखते हुए भाजपा ने उन्हें विधान परिषद का टिकट देकर पुरस्कृत किया है। सोमवार को नामांकन &amp;#8216;भरने के दौरान महायुति की एकजुटता साफ नजर आई, जहां सांसद प्रफुल्ल पटेल, विधायक परिणय फुके और पूर्व सांसद सुनील मेंढे जैसे दिग्गज नेता उनके साथ खड़े रहे।</p>
<p>भंडारा-गोंदिया जिले में 5 वर्तमान विधायक भी उपस्थित थे। हालांकि इस दौरान शिंदे गुट के स्थानीय विधायक <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-mla-narendra-bhondekar-development-appeal-1408709.html">नरेंद्र भोंडेकर</a> की अनुपस्थिति चर्चा का विषय बनी रही, फिर भी ब्राह्मणकर के सर्वमान्य चेहरे के कारण महायुति का पलड़ा फिलहाल भारी दिख रहा है। दूसरी ओर, महाविकास आघाड़ी के खेमे में शुरुआत में थोड़ी असमंजस की स्थिति थी, लेकिन आखिरी वक्त में कांग्रेस ने पूर्व विधायक दिलीप बंसोड का नामांकन पत्र दाखिल करवाकर सबको चौंका दिया।</p>
<h3>निर्दलीय की उम्मीदवारी से समीकरण बदले</h3>
<p>प्रफुल्ल अग्रवाल ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर पर्चा भरकर इस चुनाव के समीकरणों को पूरी तरह से बदल दिया है। राजनीतिक विश्लेषक इसे साल 1992 की उस सक्रिप्ट से जोड़कर देख रहे हैं, जब प्रफुल्ल अग्रवाल के पिता गोपालदास अग्रवाल ने निर्दलीय चुनाव जीतकर सबको हैरान कर दिया था।</p>
<p>दिलचस्प बात यह है कि बंसोड का पर्चा भरवाते समय पूर्व विधायक गोपालदास अग्रवाल मौजूद थे, जबकि प्रफुल्ल अग्रवाल के नामांकन के दौरान खुद प्रदेश अध्यक्ष <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/gnm-students-certificate-delay-nana-patole-protest-warning-1766812.html">नाना पटोले</a> उपस्थित रहे। कांग्रेस की यह दोहरी चाल अंदरूनी रणनीति पर सवाल खड़े करती है, जिसका खुलासा अब एबी फॉर्म मिलने और नाम वापसी के बाद ही होगा।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="गड़चिरोली को जलसंकट से मिलेगी राहत, 3 जून से वैनगंगा नदी में छोड़ा जाएगा पानी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-wainganga-river-gosikhurd-dam-water-released-drinking-water-crisis-2026-1770187.html"> गड़चिरोली को जलसंकट से मिलेगी राहत, 3 जून से वैनगंगा नदी में छोड़ा जाएगा पानी </a></strong></p>
<h3>संख्या बल में महायुति दिख रही भारी</h3>
<p>इस निर्वाचन क्षेत्र में कुल 457 मतदाता है और संख्याबल के गणित के हिसाब से महायुति के पास महाविकास आघाडी की तुलना में करीब 100 वोट अधिक है। इसके अलावा चुनाव से ठीक पहले भाजपा ने लाखांदुर नगर पंचायत के चार कांग्रेस पार्षदों को अपने पाले में लाकर आधाड़ी को बड़ा झटका दिया है। ब्राह्मणकर के सर्वसमावेशी चेहरे के चलते जहाँ महायुति के वोट बैंक में सेंध लगाना मुश्किल है, वहीं कांग्रेस की अंतर्कलह और उम्मीदवारी का सस्पेस आघाड़ी के लिए भारी पड़ सकता है।</p>
<p>यह चुनाव जहां भाजपा के लिए अपना प्रभाव बनाए रखने की चुनौती है, वहीं नाना पटोले और प्रफुल्ल पटेल जैसे दिग्गजों के लिए अपने राजनीतिक अस्तित्व को बचाए रखने की प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गया है। अब देखना होगा कि प्रफुल्ल अग्रवाल की निर्दलीय एंट्री कोई मास्टरस्ट्रोक साबित होती है या भाजपा अपना किला बचाने में कामयाब रहती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में खरीफ बुआई की तैयारी तेज, 2.05 लाख हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-district-kharif-season-sowing-planning-paddy-seeds-fertilizer-demand-2026-1770150.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 02 Jun 2026 07:59:56 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 02 Jun 2026 07:59:56 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Kharif-Season-Fertilizer-Availability-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1770150</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Kharif Season: गोंदिया जिले में आगामी खरीफ सीजन के लिए कृषि विभाग ने बुआई और बीज का नियोजन पूरा कर लिया है, जिसके तहत 2 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में फसलों की बुआई का लक्ष्य रखा गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Kharif-Season-Fertilizer-Availability-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia District Kharif Season Sowing Planning Paddy Seeds Fertilizer Demand 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Kharif Season Sowing Planning Report:</strong> गोंदिया जिले में इस साल के खरीफ मौसम के लिए बुआई का नियोजन कृषि विभाग ने किया है। इसके अनुसार जिले में 2,05,780 हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ की बुआई का प्रस्ताव है। इसके लिए 56,834 विवंटल बीज की जरूरत होगी, और कहा जा रहा है कि खाद और बीज महंगे हो जाएंगे। इस साल का मानसून शुरू होने में कुछ ही दिन बचे हैं। इस मौसम में धान की फसल की खेती में बढ़ोतरी होने की संभावना है। इस पृष्ठभूमि में, इस साल के खरीफ मौसम के लिए जिले का बुआई नियोजन, बीज और खाद के संग्रह की मांग के साथ, अधीक्षक कृषि अधिकारी कार्यालय के जरिए नियोजन किया गया है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/crackdown-on-illegal-gondia-sex-determination-tests-and-female-foeticide-pcpndt-law-1766403.html">गोंदिया जिले</a> में 2,05,834 हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ फसलें बोने का प्रस्ताव है। जिले को धान का भंडार कहा जाता है, इसलिए सबसे बड़ा क्षेत्र धान का है। उसके बाद, दूसरी फसलें बोने का प्रस्ताव है। मक्के की फसल की खेती बढ़ेगी। जिले में खरीफ की बुआई के लिए 56,834 क्विंटल बीज की मांग की गई है। जिसमें से 56,433 क्विंटल धान और 401 क्विंटल अरहर का नियोजन किया गया है। अभी बाजार में 11,043 क्विंटल धान के बीज उपलब्ध हैं। जबकि अरहर की आपूर्ति जारी है।</p>
<h3>जिले में खरीफ की किसानों पर पड़ेगी महंगाई की मार</h3>
<p>ऐसी आशंका जताई जा रही है कि इस साल बीज और खाद की कीमतें बढ़ेंगी। आर्थिक बजट गिरने वाला है। किसानों का नियोजन तो पहले ही चरमरा गया है, उस पर महंगाई की मार पड़ेगी। देखा जा रहा है कि किसानों को कर्ज भी नहीं मिल रहा है। नकली बीज और खाद बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए जिले में कुल 9 उड़न दस्तों का गठन किया गया है।</p>
<h3>कृषि विभाग की तैयारी शुरू</h3>
<p>गोंदिया जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी नीलेश कानवडे ने कहा कि &amp;#8220;गोंदिया जिले में आने वाले खरीफ मौसम के लिए <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/datatray-bharne-announces-lokmata-ahilyadevi-holkar-farmer-loan-waiver-1766872.html">कृषि विभाग</a> ने तैयारी शुरू कर दी है, और नियोजन के अनुसार बुवाई के लिए बीज की मांग की गई है। साथ ही, नकली बीज और खाद बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए उडन दस्तों का गठन किया गया है। इस साल खरीफ मौसम में धान की खेती बढ़ने की संभावना है। हालाकि, मृग नक्षत्र से बारिश होनी चाहिए।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="Bulldozer Action पर फडणवीस का बड़ा बयान, कहा- कानून तोड़ने वालों पर आगे भी चलेगा बुलडोजर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/devendra-fadnavis-on-bulldozer-action-ladki-bahin-yojana-1770119.html"> Bulldozer Action पर फडणवीस का बड़ा बयान, कहा- कानून तोड़ने वालों पर आगे भी चलेगा बुलडोजर </a></strong></p>
<h3>खरीफ के लिए बीज फसल व नियोजित क्षेत्र</h3>
<div id="model-response-message-contentr_42344610c0e94126" class="markdown markdown-main-panel stronger enable-updated-hr-color" dir="ltr" aria-live="polite" aria-busy="false">
<p data-path-to-node="0">दी गई जानकारी के आधार पर फसलों और उनके क्षेत्र (हेक्टेयर में) की तालिका नीचे सुव्यवस्थित रूप से दी गई है:</p>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="1">
<thead>
<tr>
<td><strong>फसल की किस्म</strong></td>
<td><strong>क्षेत्र (हेक्टेयर में)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,1,0,0"><b data-path-to-node="1,1,0,0" data-index-in-node="0">धान</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,1,0">1,96,777</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,2,0,0"><b data-path-to-node="1,2,0,0" data-index-in-node="0">अरहर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,1,0">5,382</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,3,0,0"><b data-path-to-node="1,3,0,0" data-index-in-node="0">सब्जियां</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,3,1,0">2,621</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,4,0,0"><b data-path-to-node="1,4,0,0" data-index-in-node="0">फल</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,4,1,0">1,000</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
</div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>सावधान! न कोई UPI पिन डाला न आया OTP, फिर भी मेडिकल कर्मी के खाते से साफ हुए  1.78 लाख</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/cyber-gondia-fraud-money-stolen-without-otp-1770072.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[रूपम सिंह]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 02 Jun 2026 07:04:14 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 02 Jun 2026 07:04:14 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Cyber-Crime_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Crime News]]></category>
		<category><![CDATA[Cyber Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1770072</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Cyber crime: गोंदिया में बिना किसी OTP या लिंक के युवक के बैंक खाते से ₹1.78 लाख की ऑनलाइन धोखाधड़ी हुई। पुलिस ने अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Gondia-Cyber-Crime_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Cyber Gondia Fraud Money Stolen Without Otp"     /></figure><p><strong>Gondia Online Fraud UPI Theft Banking Scam News:</strong> न कोई लिंक खुला, न कोई ओटीपी शेयर किया गया, न ही कोई यूपीआई पिन डाला गया, फिर भी एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है कि यहां एक युवक के बैंक खाते से 1 लाख 78 हजार 332 रु. की रकम ऑनलाइन ट्रांसफर कर ली गई। इस मामले में ग्रामीण पुलिस ने अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।</p>
<p>ग्राम गोंडीटोला-घिवारी निवासी कैलास रूपलाल फरकुंडे (34) यहां एक मेडिकल स्टोर में काम करता है। उसका बैंक ऑफ इंडिया (पांढराबोड़ी शाखा) में एक बचत खाता है। जिसके माध्यम से वह नियमित रूप से वित्तीय लेनदेन करता है। 19 मई की दोपहर जब उसने गूगल-पे के जरिए अपने खाते का बैलेंस चेक किया तो देखा कि खाते में पैसे कम हो गए हैं। इन लेनदेन के संबंध में कैलास को कोई संदिग्ध फोन, ओटीपी या लिंक प्राप्त नहीं हुआ।</p>
<p>शिकायत में कहा गया है कि उसने किसी को यूपीआई पिन या बैंकिंग जानकारी नहीं दी। उसने दावा किया कि ट्रांजैक्शन के बाद भी उसे बैंक से कोई अलर्ट मैसेज नहीं मिला। यह देखकर कैलास तुरंत बैंक पहुंचा और बैंक ने खाता लॉक करने की प्रक्रिया की। इसके बाद उसने साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराकर <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/police-stations-turn-gondia-into-scrap-yards-seized-vehicles-1741033.html#google_vignette">गोंदिया जिला पुलिस</a> अधीक्षक के साइबर सेल से संपर्क किया। इस मामले में ग्रामीण पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a class="title" title="बारामती के शिर्सुफल-पारवडी पुल पर गहरे गड्ढों से बढ़ा बड़ा संकट; अधूरा काम छोड़ने पर ग्रामीणों का अल्टीमेटम" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/baramati-shirsufal-bridge-potholes-traffic-risk-pwd-public-outrage-1768661.html"> बारामती के शिर्सुफल-पारवडी पुल पर गहरे गड्ढों से बढ़ा बड़ा संकट; अधूरा काम छोड़ने पर ग्रामीणों का अल्टीमेटम </a></strong></p>
<h3>2 ट्रांजैक्शन से पैसे ट्रॉसफर</h3>
<p>जब कैलाश ने ट्रांजैक्शन डिटेल चेक की तो पता चला कि 18 मई को दोपहर 1.18 बजे उसके खाते से 84,999 रु. यूपीआई अकाउंट में ट्रांसफर किए गए थे। फिर अगले ही दिन यानी 19 मई को दोपहर 1.32 बजे 93 हजार 333 रु. की एक और रकम दूसरी यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर होने का पता चला। इस तरह दो<br />
ट्रांजेक्शन से कुल 1 लाख 78 हजार 332 रु. अज्ञात लोगों ने<a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/bhopal/madhya-pradesh-government-transfer-policy-2026-new-rules-1749119.html"> ऑनलाइन ट्रांसफर</a> कर लिए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>विधान परिषद चुनाव 2026: महायुति उम्मीदवार अविनाश ब्राम्हणकर ने दाखिल किया नामांकन </title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/praful-patel-gondia-visit-avinash-bramhankar-mlc-election-nomination-mahayuti-1769469.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 19:24:34 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 02 Jun 2026 15:09:14 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bramhankar-and-Patel_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[Election]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Vidhan Parishad]]></category>
		<category><![CDATA[Praful Patel]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1769469</guid>

					<description><![CDATA[Gondia MLC Election Nomination: पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद प्रफुल पटेल गोंदिया दौरे पर हैं। वे 2 जून को रामनगर स्थित अपने निवास पर पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bramhankar-and-Patel_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Praful Patel Gondia Visit Avinash Bramhankar Mlc Election Nomination Mahayuti"     /></figure><p><strong>Maharashtra Legislative Council Election 2026:</strong> पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद प्रफुल पटेल जिले के दौरे पर हैं और 2 जून को सुबह 11 से दोपहर 1 बजे तक पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से मिलने के लिए अपने रामनगर स्थित घर पर उपस्थित रहेंगे। इस दौरान कार्यकर्ताओं से चर्चा व उनकी समस्याओं को जानेंगे। कार्यकर्ताओं से उपस्थिति का आव्हान राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी ने की है।</p>
<h3>विधान परिषद चुनाव में महायुति का शक्ति प्रदर्शन</h3>
<p>भंडारा के लक्ष्मी हॉल में भंडारा-गोंदिया विधान परिषद 2026 स्थानीय स्वराज्य संस्था के महायुति के अधिकृत उम्मीदवार अविनाश ब्राम्हणकर के उम्मीदवारी आवेदन दाखिल करने के लिए आयोजित सभा में पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/praful-patel-biography-ncp-working-president-political-journey-1571281.html">प्रफुल पटेल</a></strong> और भंडारा-गोंदिया जिले के विधायक और पूर्व विधायक ने संबोधित किया और महायुति उम्मीदवार को बहुमत से विजयी बनाने का आव्हान किया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="4 महीने से नहीं मिला कमीशन, नागपुर के राशन दुकानदारों के सामने आर्थिक संकट; मांग के बावजूद प्रशासन उदासीन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/ration-shop-dealers-face-crisis-over-four-month-pending-commission-nagpur-1768606.html"> 4 महीने से नहीं मिला कमीशन, नागपुर के राशन दुकानदारों के सामने आर्थिक संकट; मांग के बावजूद प्रशासन उदासीन </a></strong></p>
<p>पश्चात भंडारा के जिलाधीश कार्यालय में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-mlc-election-nomination-last-day-mahayuti-mva-rebellion-1769333.html/amp">महायुति उम्मीदवार</a></strong> का नामांकन आवेदन दाखिल किया गया। इस दौरान विधायक परिणय फुके, पूर्व विधायक राजेंद्र जैन, विधायक राजकुमार बडोले, विजय रहांगडाले, राजू कारेमोरे, विनोद अग्रवाल व संजय पुराम, जिप अध्यक्ष लायकराम भेंडारकर व महायुती के घटक पक्ष के वरिष्ठ पदाधिकारी व कार्यकर्ता बड़ी सख्या में उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>तिरोड़ा के भीमनगर में नाली सफाई की अनदेखी, हल्की बारिश में सड़कों पर बहा सीवेज, ग्रामीणों में आक्रोश</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/bhimnagar-ghogra-drain-cleaning-negligence-sewage-on-roads-tiroda-1768721.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 15:06:52 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 22:22:28 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Drain-Cleaning_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Cleaning of Drains]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1768721</guid>

					<description><![CDATA[Ghogra Gram Panchayat: तिरोड़ा तहसील के घोगरा ग्राम पंचायत अंतर्गत भीमनगर क्षेत्र में नालियों की सफाई नहीं होने से हल्की बारिश में ही सीवेज सड़कों पर बहने लगा है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Drain-Cleaning_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhimnagar Ghogra Drain Cleaning Negligence Sewage On Roads Tiroda"     /></figure><p><strong>Bhimnagar Sanitation Issue:</strong> तिरोड़ा तहसील के ग्रापं घोगरा अंतर्गत भीमनगर क्षेत्र में नाली सफाई की अनदेखी से नागरिकों का स्वास्थ्य खतरे में हैं और ग्रापं प्रशासन के खिलाफ कड़ा आक्रोश व्यक्त किया जा रहा है। बरसात के पूर्व में भी नालियों से गाद, प्लास्टिक और कचरा नहीं हटाए जाने से हल्की बारिश में भी सीवेज सड़क पर बहने लगता है। इसके कारण यह क्षेत्र अस्वच्छ, बदबूदार और बीमारियों से ग्रस्त हो गया है।</p>
<p>स्थानीय नागरिकों ने बताया कि पिछले आठ दिनों से ग्रापं प्रशासन को नालियों की सफाई को लेकर लगातार सूचना व शिकायतें की जा रही हैं। लेकिन नागरिकों का आरोप है कि संबंधित अधिकारी कोई संज्ञान नहीं ले रहे हैं। भीमनगर में कई घरों के आसपास पानी जमा हो रहा है और तेज बारिश होने पर घरों में भी पानी घूसने का डर है। घोघरा ग्रापं में वर्तमान में प्रशासनिक व्यवस्था कार्यरत है तथा संपूर्ण जिम्मेदारी ग्रापं अधिकारी प्रमोद बिसेन की है।</p>
<h3>शिकायत के बाद कोई कार्रवाई नहीं</h3>
<p>नागरिकों के अनुसार कई बार शिकायत करने और व्यक्तिगत रूप से मिलकर समस्या की ओर ध्यान दिलाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इससे प्रशासन की कार्यकुशलता पर सवालिया निशान खड़ा हो गया है। यह भी खेद व्यक्त किया गया कि भीमनगर में मांगगारोडी समुदाय के पास बुनियादी सुविधाओं का अभाव है। नागरिकों की मांग है कि इस समुदाय को बड़े पैमाने पर शिक्षा, स्वास्थ्य व स्वच्छता सुविधाएं उपलब्ध कराई जाए तथा इन्हें मुख्यधारा में शामिल करने पर प्रशासन विशेष ध्यान दे।</p>
<h3>स्वच्छता से समृद्धि का दिया संदेश</h3>
<p>स्थानीय लोगों के अनुसार, हर गांव को संत गाडगेबाबा के दिए गए स्वच्छता से समृद्धि के संदेश को आत्मसात करने की जरूरत है। गांव स्वच्छ होगा तभी वहां के नागरिकों के स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता में सुधार होगा। लेकिन, भीमनगर की मौजूदा स्थिति इन विचारों के बिल्कुल अलग है।</p>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/weather-relief-rain-showers-nagpur-temperature-drops-monsoon-like-conditions-1767951.html">मानसून सीजन</a> </strong>की शुरुआत में ही नालियों की हालत इतनी दयनीय है तो आने वाले समय में स्थिति और भी गंभीर होने की आशंका है। इसलिए नागरिकों की पुरजोर मांग है कि नालियों की तुरंत सफाई कराई जाए, संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली की जांच कराई जाए और आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई की जाए।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="महाराष्ट्र में 1 जून से तूफानी बारिश का अलर्ट; सरकार की किसानों से की ये अपील, जानें कब आएगा असली मॉनसून" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-weather-update-pre-monsoon-rain-alert-farmers-sowing-guidelines-june-2026-1768589.html"> महाराष्ट्र में 1 जून से तूफानी बारिश का अलर्ट; सरकार की किसानों से की ये अपील, जानें कब आएगा असली मॉनसून </a></strong></p>
<h3>दोषी अधिकारी का तत्काल स्थानांतरण करें</h3>
<p>कवलेवाड़ा क्षेत्र जिप सदस्य किरणकुमार पारधी ने कहा कि भीमनगर घोगरा के नागरिक बारबार मुझसे संपर्क कर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nmc-pre-monsoon-drainage-cleaning-incomplete-claims-exposed-nagpur-1761849.html">नालियों की सफाई</a></strong> की शिकायत कर रहे हैं। थोड़ी सी बारिश होने पर नालियां भर जाती हैं और गंदा पानी सड़कों पर बहने लगता है। नागरिकों की शिकायत के बाद मैंने संबंधित ग्रापं अधिकारी प्रमोद बिसेन को तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए थे। लेकिन उनकी तरफ से कोई प्रतिसाद नहीं मिला। नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए तथा नागरिकों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले ऐसे दोषी अधिकारी का तत्काल स्थानांतरण किया जाए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया एसपी कार्यालय में मनाई गई अहिल्यादेवी होलकर जयंती, अधिकारियों ने किया अभिवादन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/ahilyadevi-holkar-jayanti-sp-office-gondia-ayushman-swasthya-sabha-bhivapur-1768603.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 14:36:49 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 22:47:24 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Ahilyadevi-Holkar_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Ahilyabai Holkar]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1768603</guid>

					<description><![CDATA[Ahilyadevi Holkar Jayanti: गोंदिया के पुलिस अधीक्षक कार्यालय में अहिल्यादेवी होलकर की जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई गई, जहां अधिकारियों और कर्मचारियों ने उनके तैलचित्र पर माल्यार्पण कर अभिवादन किया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Ahilyadevi-Holkar_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Ahilyadevi Holkar Jayanti Sp Office Gondia Ayushman Swasthya Sabha Bhivapur"     /></figure><p><strong>SP Office Gondia:</strong> सामान्य प्रशासन विभाग महाराष्ट्र शासन के आदेशानुसार पुलिस अधीक्षक कार्यालय में अहिल्यादेवी होलकर की जयंती मनाई गई। इस अवसर पर प्रभारी पुलिस उपअधीक्षक मुख्यालय रामदास शेवते के हाथों अहिल्यादेवी होलकर के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर अभिवादन किया गया। इस अवसर पर पुलिस कर्मचारी पल्लवी वैभव गजभिये ने अहिल्यादेवी होलकर की जीवनी पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम में प्रभारी पुलिस उपअधीक्षक रामदास शेवते सहित समस्त पुलिस अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित थे।</p>
<h3>भिवापुर में आयुष्मान स्वास्थ्य सभा का आयोजन</h3>
<p>महाराष्ट्र शासन व राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत मेरा गांव समृद्ध ग्राम पंचायत अभियान के तहत तिरोड़ा तहसील के भिवापुर ग्राम पंचायत में आयुष्यमान स्वास्थ्य सभा का आयोजन किया गया था। अध्यक्षता सरपंच राजकुमार ठाकरे ने की। सभा में ग्रामीण स्वास्थ्य, स्वच्छता, पोषण व ग्राम विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।</p>
<p>इस अवसर पर ग्रापं अधिकारी आर.बी. बावनकुले, स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पराग फटिंग, कर्मचारी बोरकर, पुलिस पाटिल कैलाश रामटेके, उपसरपंच सिद्धार्थ रंगारी, ग्रापं सदस्य अनिल रामटेके, रतनलाल उईके, आशा सेविका शालिनी हरिणखेड़े, आंगनवाड़ी सेविका मनीषा रामटेके, कल्पना हरिणखेड़े सहित समिति के अन्य सदस्य व गांव के नागरिक उपस्थित थे।</p>
<h3>स्वास्थ्य, शिक्षा, संतुलित आहार पर किया जागरूक</h3>
<p>सभा का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को स्वास्थ्य, स्वच्छता, शिक्षा और समृद्धी के प्रति जागरुक कर गांव को रोगमुक्त व <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-pm-adarsh-gram-yojana-funds-sanctioned-10-villages-1497151.html">आदर्श ग्राम</a></strong> के रूप में विकसित करना था। कार्यक्रम के दौरान कुपोषण दूर करने, संतुलित आहार अपनाने, सुरक्षित प्रसुति के लिए अस्पताल में प्रसव को बढ़ावा देने तथा बच्चों व गर्भवती महिलाओं के पूर्ण टीकाकरण पर विशेष जोर दिया गया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="बंगाल में TMC सांसदों पर हुए हमलों से भड़की शिवसेना UBT; ‘सामना’ में की राष्ट्रपति शासन की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/tmc-mp-attack-shiv-sena-ubt-saamana-demand-president-rule-in-west-bengal-1768391.html"> बंगाल में TMC सांसदों पर हुए हमलों से भड़की शिवसेना UBT; ‘सामना’ में की राष्ट्रपति शासन की मांग </a></strong></p>
<h3>उपचार सहित उन्मूलन पर मार्गदर्शन</h3>
<p><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-water-pollution-threat-sewage-project-delay-nmc-health-risk-1513806.html">स्वच्छ व शुद्ध पेयजल</a></strong> के उपयोग से जलजनित बीमारियों की रोकथाम, गांव की स्वास्थ्य समिति के वित्तीय प्रबंधन, क्षयरोग, उन्मूलन व समय पर उपचार के लिए जनजागृति जैसे विषयों पर भी विस्तृत मार्गदर्शन किया गया। सरपंच राजकुमार ठाकरे ने कहा कि गांव के प्रत्येक नागरिक को छोटी-छोटी आवश्यक बातों पर ध्यान देकर स्वास्थ्य व स्वच्छता संबंधी नियमों का पालन करें। उन्होंने ग्रामीणों से सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही गांव को स्वस्थ, स्वच्छ व समृद्ध बनाया जा सकता है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>तिरोड़ा में 50 साल पुराना आम का पेड़ जलाया गया, पर्यावरण प्रेमियों में आक्रोश</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/tiroda-gondia-fifty-year-old-mango-tree-burnt-minor-irrigation-tank-2026-1768413.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 14:10:58 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 14:10:58 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/50-yr-Old-Mango-Tree-Burnt-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1768413</guid>

					<description><![CDATA[Green Environmen: तिरोड़ा में लघु सिंचाई विभाग के तालाब किनारे स्थित 50 वर्ष पुराने आम के पेड़ को असामाजिक तत्वों द्वारा आग लगाकर नष्ट करने से पर्यावरण प्रेमियों में भारी आक्रोश है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/50-yr-Old-Mango-Tree-Burnt-In-Gondia_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Tiroda Gondia Fifty Year Old Mango Tree Burnt Minor Irrigation Tank 2026"     /></figure><p><strong>50 Year Old Mango Tree Burnt In Gondia:</strong> गोंदिया जिले के तिरोड़ा शहर के गिरजाबाई स्कूल के पास स्थित लघु सिंचाई विभाग के तालाब के किनारे एक बेहद चौंकाने वाली और निंदनीय घटना सामने आई है। यहां करीब 50 वर्ष पुराने एक विशाल आम के पेड़ में अज्ञात असामाजिक तत्वों द्वारा जानबूझकर आग लगाकर उसे पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया है। पर्यावरण और प्रकृति की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माने जाने वाले इस ऐतिहासिक पेड़ की इस प्रकार की गई हत्या केवल एक पेड़ की हानि नहीं है, बल्कि यह पूरे स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र को गंभीर रूप से प्रभावित करने वाला मामला है। यही मुख्य कारण है कि क्षेत्र के पर्यावरण प्रेमी और जागरूक नागरिक इस घटना पर अपनी कड़ी नाराजगी व्यक्त कर रहे हैं।</p>
<h3>पक्षियों का प्राकृतिक आश्रय स्थल पल भर में हुआ खाक</h3>
<p>तिरोड़ा शहर के गिरजाबाई स्कूल के समीप बने एक बड़े तालाब के किनारे खड़ा यह आम का पेड़ पिछले कई दशकों से इस पूरे क्षेत्र की जैव विविधता का एक अभिन्न अंग रहा है। कड़कड़ाती गर्मी के साथ-साथ अन्य सभी मौसमों में भी विभिन्न प्रजातियों के पक्षी इस घने पेड़ पर आकर विश्राम करते थे। यह पेड़ विशेष रूप से तालाब से पानी पीने के लिए आने वाले बेजुबान पक्षियों के लिए एक बेहद सुरक्षित और प्राकृतिक आश्रय के रूप में काम करता था।</p>
<p>लेकिन, समाज में सक्रिय कुछ विकृत और असामाजिक तत्वों ने इस खूबसूरत पेड़ के निचले हिस्से में चुपके से आग लगा दी, जिसके कारण यह विशाल पेड़ देखते ही देखते पूरी तरह जलकर नष्ट हो गया। चौंकाने वाली बात यह है कि यह पूरी घटना लघु सिंचाई विभाग के सीधे अधिकार क्षेत्र में हुई है, लेकिन इसके बावजूद संबंधित विभाग द्वारा अब तक इस संबंध में कोई ठोस कार्रवाई या प्राथमिक जांच शुरू नहीं की गई है।</p>
<h3>विभागीय अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर उठे गंभीर सवाल</h3>
<p>इस उदासीनता के चलते अब संबंधित विभागीय अधिकारियों की पूरी कार्यप्रणाली पर गंभीर सवालिया निशान खड़े होने शुरू हो गए हैं। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/tiroda-water-supply-issue-pipeline-size-problem-ward-water-crisis-2025-plan-1709521.html">तिरोड़ा शहर</a> के नागरिकों ने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि सरकारी संपत्ति के भीतर मौजूद पेड़ों की सुरक्षा के लिए जो यंत्रणा पूरी तरह जिम्मेदार है, उसने इस पूरे संवेदनशील मामले की जानबूझकर अनदेखी की है। जागरूक नागरिक अब प्रशासन से यह तीखा सवाल पूछ रहे हैं कि क्या इस गंभीर मामले की उच्च स्तरीय जांच के बाद दोषियों के खिलाफ कोई आधिकारिक मामला दर्ज किया जाएगा या इसे ऐसे ही ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा?</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a title="आंधी-तूफान ने बिगाड़ी सिंचाई व्यवस्था, सोलर पैनल टूटने से किसान को भारी नुकसान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/goregaon-gondia-farmer-solar-panel-damaged-storm-compensation-demand-2026-1768353.html"> आंधी-तूफान ने बिगाड़ी सिंचाई व्यवस्था, सोलर पैनल टूटने से किसान को भारी नुकसान</a></strong></p>
<h3>नारेबाजी तक सीमित &amp;#8216;पेड़ बचाओ&amp;#8217; अभियान</h3>
<p>इस दुखद घटना पर अपनी तीव्र प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कई वरिष्ठ पर्यावरण प्रेमियों ने कहा कि एक तरफ जहां सरकार लगातार &amp;#8216;पेड़ लगाओ, पेड़ बचाओ&amp;#8217; और &amp;#8216;<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/harit-maharashtra-mission-300-crore-trees-cm-fadnavis-1548560.html">हरित महाराष्ट्र</a>&amp;#8216; जैसे बड़े-बड़े नारे दे रही है, वहीं दूसरी तरफ धरातल पर घटी यह घटना साफ बताती है कि खुद सरकारी परिसरों के भीतर ही पेड़ सुरक्षित नहीं हैं।</p>
<p>क्षेत्र के नागरिकों ने सामूहिक रूप से जिला प्रशासन से यह पुरजोर मांग की है कि इस घिनौने कृत्य को अंजाम देने वाले दोषियों का तुरंत पता लगाया जाए और उनके खिलाफ पर्यावरण संरक्षण अधिनियम के तहत सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही, इस पूरे तालाब क्षेत्र की हरियाली की रक्षा के लिए प्रशासन द्वारा विशेष अभियान चलाकर यहां तत्काल प्रभाव से बड़े पैमाने पर नए पौधे लगाए जाने चाहिए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आंधी-तूफान ने बिगाड़ी सिंचाई व्यवस्था, सोलर पैनल टूटने से किसान को भारी नुकसान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/goregaon-gondia-farmer-solar-panel-damaged-storm-compensation-demand-2026-1768353.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 13:46:44 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 13:46:44 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Natural-Disaster-Farmer-Loss_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1768353</guid>

					<description><![CDATA[Gondia Farmer: अमरावती विधान परिषद चुनाव के लिए नामांकन के अंतिम दौर में भी भाजपा और कांग्रेस के उम्मीदवारों को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सकी है, जिससे चुनावी मुकाबला बेहद रोचक हो गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Natural-Disaster-Farmer-Loss_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Goregaon Gondia Farmer Solar Panel Damaged Storm Compensation Demand 2026"     /></figure><p><strong>Gondia Farmer Compensation News:</strong> गोंदिया जिले के गोरेगांव तहसील के अंतर्गत आने वाले ग्राम बोटे में आई तेज आंधी-तूफान के कारण एक स्थानीय किसान को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस प्राकृतिक आपदा में क्षेत्र के पीड़ित किसान भीमराव येदू साखरे के खेत में लगे तमाम सोलर पैनल तेज हवाओं के कारण हवा में उड़ गए और उनमें से कई पैनल पूरी तरह से टूटकर क्षतिग्रस्त हो गए हैं। अचानक हुए इस हादसे से किसान को बहुत बड़ा आर्थिक झटका लगा है।</p>
<p>भीमराव साखरे ने अपने खेत में सुचारू सिंचाई व्यवस्था के लिए भारी लागत लगाकर सौर ऊर्जा पर आधारित इस आधुनिक प्रणाली को स्थापित किया था। इसी सोलर पैनल ग्रिड के माध्यम से उनके खेतों में खड़ी फसलों को नियमित रूप से पानी की आपूर्ति की जाती थी, लेकिन अचानक आए इस विनाशकारी तूफान ने उनकी पूरी बनी-बनाई व्यवस्था को पल भर में नष्ट कर दिया है। कुछ सोलर पैनल बीच से टूटकर सीधे जमीन पर गिर गए, जबकि कुछ पैनल हवा के तेज झोंकों के साथ उड़कर काफी दूर जा गिरे हैं। इसके कारण खेत की पूरी सिंचाई व्यवस्था पूरी तरह से ठप हो गई है।</p>
<h3>गर्मी के मौसम में मिर्च व नकदी फसलों के सूखने का डर</h3>
<p>वर्तमान समय में इस प्रभावित खेत के भीतर मिर्च सहित अन्य महत्वपूर्ण नकदी फसलों की बड़े पैमाने पर खेती की जा रही है। जैसा कि सभी जानते हैं, इस भीषण गर्मी के मौसम में फसलों को समय पर और पर्याप्त मात्रा में पानी देना बेहद जरूरी होता है। लेकिन, सोलर पैनल ग्रिड के पूरी तरह से खराब हो जाने के कारण खेत में सिंचाई की गंभीर बाधाएं पैदा हो गई हैं।</p>
<p>पानी के अभाव में अब फसलों के झुलसने और उनके कुल उत्पादन पर बेहद बुरा असर पड़ने का बड़ा डर किसान को सता रहा है। प्रकृति के लगातार बदलते मिजाज के कारण क्षेत्र के किसान पहले से ही चौतरफा संकट में घिरे हुए हैं। बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि, अतिवृष्टि और अब इन विनाशकारी तूफानी हवाओं ने खेती-किसानी को भारी नुकसान पहुंचाया है।</p>
<h3>आपदा प्रबंधन और कृषि विभाग तुरंत जारी करे पंचनामा</h3>
<p>इस समय भीमराव साखरे जैसे छोटे किसानों को दोहरे गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। क्षतिग्रस्त हुए इन सोलर पैनलों की दोबारा मरम्मत कराने में बहुत भारी लागत आने की उम्मीद है, जिसका तत्काल भुगतान करना मौजूदा तंगी के हालात में इस गरीब किसान के लिए पूरी तरह से असंभव है।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a title="बेटे-पोते ने खुद के घर से निकाला, 8 महीने से दर-दर भटक रहे थे बुजुर्ग; नागपुर बेंच ने प्रशासन को लगाई फटकार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-high-court-relief-for-80-year-old-evicted-by-son-and-grandson-senior-citizen-rights-1768349.html"> बेटे-पोते ने खुद के घर से निकाला, 8 महीने से दर-दर भटक रहे थे बुजुर्ग; नागपुर बेंच ने प्रशासन को लगाई फटकार</a></strong></p>
<p>इस विकट स्थिति को देखते हुए बोटे क्षेत्र के अन्य किसान व ग्रामीण एकजुट हो कर <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-paddy-procurement-payment-pending-farmers-crisis-395-crore-1767284.html">गोंदिया  सरकार</a> से यह मांग कर रहे हैं कि राज्य सरकार के आपदा प्रबंधन विभाग के साथ-साथ स्थानीय कृषि विभाग के अधिकारी भी तुरंत इस खेत का दौरा करें। वे मौके पर पहुंचकर नुकसान का सटीक पंचनामा जारी करें और प्रभावित किसान को जल्द से जल्द उचित आर्थिक सहायता प्रदान करें।</p>
<p>ग्रामीणों को पूरी उम्मीद है कि प्राकृतिक आपदा से हुए इस भारी नुकसान का सरकारी मुआवजा मिलने से पीड़ित किसान को इस संकट से उबरने में बड़ी मदद मिलेगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया के सभी 8 तहसीलों में पहुंचीं मुफ्त पाठ्यपुस्तकें, 1.25 लाख विद्यार्थियों को मिलेगा लाभ</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-district-school-books-supply-completed-samagra-shiksha-abhiyan-2026-1768307.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 13:21:09 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 13:21:09 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/01/free-notebooks-demand_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1768307</guid>

					<description><![CDATA[Free Textbook Distribution: गोंदिया जिले के सभी आठ तहसीलों में समग्र शिक्षा के तहत कक्षा 5वीं से 8वीं तक के 1.25 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं के लिए किताबों की शत-प्रतिशत आपूर्ति कर दी गई है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/01/free-notebooks-demand_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia District School Books Supply Completed Samagra Shiksha Abhiyan 2026"     /></figure><p><strong>Samagra Shiksha Book Supply:</strong> गोंदिया जिले में समग्र शिक्षा अभियान के तहत छात्र-छात्राओं को वितरित की जाने वाली किताबों की आपूर्ति को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण और राहत भरी खबर सामने आई है। जिले में किताबों की आपूर्ति पहले चरण में केवल तीन तहसीलों को की गई थी, जिसके बाद पांच तहसीलें शेष बची हुई थीं। लेकिन, अब शिक्षा विभाग ने मुस्तैदी दिखाते हुए शेष सभी पांच तहसीलों में भी किताबों की खेप पहुंचा दी है।</p>
<p>इसका सीधा मतलब यह है कि अब गोंदिया जिले की सभी आठ तहसीलों को किताबों की शत-प्रतिशत आपूर्ति सुचारू रूप से की जा चुकी है। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/crackdown-on-illegal-gondia-sex-determination-tests-and-female-foeticide-pcpndt-law-1766403.html">गोंदिया जिले</a> के गोदामों और केंद्रों में समय से पहले ही किताबें उपलब्ध हो जाने से अब नए शैक्षणिक सत्र के पहले ही दिन विद्यार्थियों को किताबें बांटने का प्रशासनिक तनाव पूरी तरह खत्म हो गया है।</p>
<h3>1.25 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को मिलेगा सीधा लाभ</h3>
<p>समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत जिला परिषद, नगर पालिकाओं और निजी सहायता प्राप्त स्कूलों में कक्षा 5वीं से लेकर 8वीं तक पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को शिक्षा विभाग की ओर से यह तमाम शैक्षणिक सामग्रियां पूरी तरह से निःशुल्क वितरित की जाती हैं। इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह है कि गरीब और मध्यम वर्गीय अभिभावकों को अपने बच्चों के गणवेश , जूते-मोजे और पाठ्यपुस्तकों के लिए अपनी जेब से किसी भी प्रकार का भुगतान न करना पड़े।</p>
<p>इस कल्याणकारी योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-teacher-adjustment-relieving-order-school-joining-1705998.html"> शिक्षा विभाग</a> ने चालू सत्र में कक्षा पहली से पांचवीं तक के 65,185 विद्यार्थियों के लिए कुल 3.14 लाख किताबों के सेट और छठी से आठवीं कक्षा के 59,894 विद्यार्थियों के लिए कुल 3,60,745 किताबों के सेट की आधिकारिक मांग दर्ज की थी। इस प्रकार, जिले के कुल 1,25,079 विद्यार्थियों के लिए सामूहिक रूप से 6,74,745 किताबों के सेट की मांग वरिष्ठ स्तर पर की गई थी।</p>
<h3>जानिए किस तहसील को मिले कितने किताबों के सेट</h3>
<p>पंजीकृत मांग के अनुसार, राज्य पाठ्यपुस्तक निर्मिती अनुसंधान मंडल द्वारा शुरुआती दौर में ही गोंदिया तहसील को 1,04,095 किताबों की आपूर्ति कर दी गई थी। इसके साथ ही सड़क अर्जुनी तहसील को 44,429 सेट किताबों की आपूर्ति की गई थी और देवरी तहसील को अभ्यासक्रम की किताबों के 50,534 सेट सौंपे गए थे। इसके बाद तिरोड़ा, गोरेगांव, अर्जुनी मोरगांव, आमगांव और सालेकसा तहसील बचे हुए थे।</p>
<p>लेकिन, इन बची हुई तहसीलों के विद्यार्थियों को किताबों के लिए ज्यादा दिनों तक इंतजार नहीं करना पड़ा और विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी पांचों तहसीलों में किताबों की बची हुई आपूर्ति भी पूरी कर दी।</p>
<h3>इस नवीनतम खेप में:</h3>
<ul>
<li>तिरोड़ा तहसील: 59,441 किताबों के सेट की आपूर्ति की गई।</li>
<li>गोरेगांव तहसील: 43,143 किताबों के सेट भेजे गए।</li>
<li>अर्जुनी मोरगांव तहसील: 62,709 किताबों के सेट उपलब्ध कराए गए।</li>
<li>आमगांव तहसील: 42,911 किताबों के सेट पहुंचाए गए।</li>
<li>सालेकसा तहसील: 33,692 किताबों के सेट की आपूर्ति पूरी की गई है।</li>
</ul>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/ltt-dibrugarh-express-running-train-delivery-baby-born-harda-1768276.html"> चलती ट्रेन में गूंजी किलकारी: मध्य रेल के कर्मचारियों ने कराई सुरक्षित प्रसूति, मां-बेटा दोनों स्वस्थ </a></strong></p>
<h3>मांग की तुलना में प्रत्यक्ष आपूर्ति के आंकड़े</h3>
<p>यद्यपि सभी तहसीलों में शुरुआती जरूरत के हिसाब से किताबें भेज दी गई हैं, लेकिन कुल दर्ज मांग और धरातल पर अब तक प्राप्त प्रत्यक्ष आपूर्ति के आंकड़ों में आंशिक अंतर देखा जा रहा है। तहसीलवार किताब सेट की प्रत्यक्ष आपूर्ति की सांख्यिकीय स्थिति इस प्रकार दर्ज की गई है:</p>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="31">
<thead>
<tr>
<td><strong>तहसील का नाम</strong></td>
<td><strong>प्राप्त किताब सेट की प्रत्यक्ष आपूर्ति</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,1,0,0"><b data-path-to-node="31,1,0,0" data-index-in-node="0">गोंदिया</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,1,1,0">67,910</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,2,0,0"><b data-path-to-node="31,2,0,0" data-index-in-node="0">अर्जुनी मोरगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,2,1,0">22,973</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,3,0,0"><b data-path-to-node="31,3,0,0" data-index-in-node="0">तिरोड़ा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,3,1,0">21,852</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,4,0,0"><b data-path-to-node="31,4,0,0" data-index-in-node="0">सड़क अर्जुनी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,4,1,0">19,527</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,5,0,0"><b data-path-to-node="31,5,0,0" data-index-in-node="0">सालेकसा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,5,1,0">18,518</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,6,0,0"><b data-path-to-node="31,6,0,0" data-index-in-node="0">देवरी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,6,1,0">17,942</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,7,0,0"><b data-path-to-node="31,7,0,0" data-index-in-node="0">आमगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,7,1,0">14,939</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="31,8,0,0"><b data-path-to-node="31,8,0,0" data-index-in-node="0">गोरेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="31,8,1,0">13,744</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>MLC Election 2026: भंडारा-गोंदिया में उम्मीदवारों पर सस्पेंस बरकरार, महायुति और कांग्रेस की रणनीति पर नजर</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-gondia-mlc-election-nominations-political-equations-voters-math-2026-1767970.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 08:45:33 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 08:45:33 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Amravati-Legislative-Council-Electio-अमरावती-विधान-परिषद-चुनाव-भाजपा-कांग्रेस-उम्मीदवारों-पर-सस्पेंस-453-वोटर-तय-करेंगे-नतीजा_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[भंडारा]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Bhandara News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1767970</guid>

					<description><![CDATA[ MLC Election:भंडारा-गोंदिया स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया के अंतिम दौर तक किसी भी दल ने अपने पत्ते नहीं खोले हैं, जिससे चुनावी सस्पेंस गहरा गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Amravati-Legislative-Council-Electio-अमरावती-विधान-परिषद-चुनाव-भाजपा-कांग्रेस-उम्मीदवारों-पर-सस्पेंस-453-वोटर-तय-करेंगे-नतीजा_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bhandara Gondia Mlc Election Nominations Political Equations Voters Math 2026"     /></figure><p><strong>Bhandara-Gondia MLC Election:</strong> भंडारा-गोंदिया स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र की विधान परिषद चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं, लेकिन चुनावी तस्वीर अभी भी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सकी है। चुनाव आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार 25 मई से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, किंतु 1 जून को नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि होने के बावजूद अब तक किसी भी उम्मीदवार ने अपना नामांकन पत्र दाखिल नहीं किया है। इस स्थिति ने राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं और अटकलों का दौर तेज कर दिया है।</p>
<h3>पत्ते नहीं खोल रहे राजनीतिक दल</h3>
<p>राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अंतिम समय तक उम्मीदवारों के नाम गोपनीय रखना दलों की रणनीति का हिस्सा हो सकता है। बगावत रोकने तथा विरोधी दलों की रणनीति पर नजर बनाए रखने के लिए प्रमुख राजनीतिक दल अपने पत्ते अंतिम क्षण तक नहीं खोल रहे हैं। हालिया राजनीतिक घटनाक्रमों के बाद होने वाला यह पहला विधान परिषद चुनाव होने के कारण इसे दोनों जिलों में राजनीतिक वर्चस्व की परीक्षा के रूप में देखा जा रहा है।</p>
<h3>उम्मीदवार चयन को लेकर मंथन</h3>
<p>राजनीतिक दल उम्मीदवार चयन में केवल संगठनात्मक निष्ठा ही नहीं, बल्कि उनकी राजनीतिक स्वीकार्यता और चुनावी प्रबंधन क्षमता को भी महत्व दे रहे हैं। यह सीट राष्ट्रवादी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रफुल्ल पटेल के प्रभाव वाले क्षेत्र के रूप में मानी जाती है, लेकिन वर्तमान समीकरणों में यह सीट भाजपा के खाते में बताई जा रही है। इसी बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस के नेता एवं बीडीसीसी बैंक अध्यक्ष <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/sunil-funde-emotional-on-ajit-pawar-demise-bhandara-1539219.html">सुनील फुंडे</a> के उस बयान ने राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दे दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि यदि गठबंधन के वरिष्ठ नेताओं और प्रफुल्ल पटेल का निर्देश मिला तो वे भाजपा के चुनाव चिह्न पर भी चुनाव लड़ने को तैयार हैं। हालांकि सूत्रों का मानना है कि भाजपा अपने ही किसी निष्ठावान कार्यकर्ता या नेता को उम्मीदवार बना सकती है।</p>
<h3>कांग्रेस की नजर महायुति पर</h3>
<p>दूसरी ओर कांग्रेस &amp;#8216;वेट एंड वॉच&amp;#8217; की रणनीति पर काम कर रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/nana-patole-alleges-4-ministers-involved-in-ashok-kharat-case-1723390.html"> नाना पटोले</a> और सांसद प्रशांत पडोले की भूमिका इस चुनाव में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। महायुति में किसी प्रकार का मतभेद या असंतोष उभरने की स्थिति में कांग्रेस इसका राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश करेगी।</p>
<h3>अंतिम दिन पर टिकी निगाहें, लोगों की निगाहें टिकी</h3>
<p>फिलहाल चुनावी माहौल शांत दिखाई दे रहा है, लेकिन राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि यह शांति तूफान से पहले की शांति है। नामांकन की अंतिम प्रक्रिया के दौरान चुनाव का वास्तविक स्वरूप सामने आएगा। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि कौन-कौन उम्मीदवार मैदान में उतरते हैं और किस राजनीतिक गठबंधन की रणनीति मतदाताओं को प्रभावित करने में सफल रहती है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="भंडारा भीषण सड़क हादसा: रामटेक-तुमसर मार्ग पर ट्रक और बोलेरो की टक्कर में 2 की मौत, 12 लोग गंभीर घायल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-road-accident-tumsar-highway-bolero-truck-collision-death-1767947.html"> <span class="color-red">भंडारा भीषण सड़क हादसा</span>: रामटेक-तुमसर मार्ग पर ट्रक और बोलेरो की टक्कर में 2 की मौत, 12 लोग गंभीर घायल </a></strong></p>
<h3>मतदाताओं का गणित</h3>
<p>भंडारा-गोंदिया स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र में नगर परिषद, पंचायत समिति और जिला परिषद के कुल 457 जनप्रतिनिधि मतदाता हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार महायुति के पास भारतीय जनता पार्टी के 173, राष्ट्रवादी कांग्रेस (अजित पवार गुट) के 84 तथा शिवसेना (शिंदे गुट) के 14 सदस्य है। वहीं विपक्षी खेमे में कांग्रेस के 106 सदस्य, वंचित बहुजन आधाड़ी का 1, बसपा के 3, चाबी संगठन के 4, 33 निर्दलीय सदस्य तथा 15 पंचायत समिति सभापतियों का समर्थन माना जा रहा है। आंकड़ों के आधार पर महायुति का पलड़ा भारी दिखाई देता है, हालांकि महाविकास आघाड़ी भी संयुक्त रूप से मुकाबला करने की तैयारी में है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में HIV के नए मामलों में 57% की गिरावट, 39 हजार जांच में मिले 82 मरीज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-hiv-test-cases-drop-art-center-health-department-report-2026-1767929.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 01 Jun 2026 08:25:05 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 01 Jun 2026 08:25:05 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/AIDS-Vaccine-Day_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1767929</guid>

					<description><![CDATA[Gondia HIV Cases 2026: गोंदिया जिले में वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान 39 हजार HIV परीक्षणों में 82 नए मरीज पाए गए। पिछले वर्ष की तुलना में नए मामलों में 57 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/AIDS-Vaccine-Day_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Hiv Test Cases Drop Art Center Health Department Report 2026"     /></figure><p><strong>HIV Awareness Program Maharashtra:</strong> वित्तीय वर्ष 2025-26 में जहां एक ओर राज्य के कुल 611 एचआईवी संक्रमित मरीजों में से लगभग आधे मरीजों ने बीच में ही इलाज छोड़ दिया है, वहीं दूसरी ओर गोंदिया जिले से राहत की खबर सामने आई है। वर्ष 2024-25 की तुलना में जिले में नए मरीजों की संख्या में 57 प्रतिशत की भारी गिरावट दर्ज की गई है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि गोंदिया जिले में वर्तमान में ऐसा कोई भी मरीज नहीं है, जो साल के बीच में अपना इलाज छोड़ देता हो। हालांकि, स्वास्थ्य विभाग के लिए एकमात्र चिंताजनक और चुनौतीपूर्ण बात नए एचआईवी रोगियों का मिलना है।</p>
<p>स्वास्थ्य विभागों के बढ़ते नेटवर्क, परामर्शदाताओं  द्वारा घर-घर जाकर सीधे की जा रही पहल और &amp;#8216;सामुदायिक ट्रैकिंग&amp;#8217; प्रणाली ने जिले में प्रभावित रोगियों को मुख्यधारा के उपचार में लगातार बनाए रखने की दर में बड़ी वृद्धि की है। 1 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026 तक की वार्षिक अवधि के दौरान जिले में किए गए कुल 39,000 परीक्षणों में से केवल 82 नए मामले पाए गए हैं।<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-goregaon-cow-slaughter-case-three-arrested-1767395.html"> गोंदिया जिले</a> में व्यापक स्तर पर हो रहे परीक्षणों और सटीक परामर्श की संख्या के कारण अब जांच का दायरा तो बढ़ रहा है, लेकिन वास्तविक रोगियों की संख्या लगातार कम हो रही है।</p>
<h3>डॉक्टरों की टीम द्वारा स्थानीय स्तर पर मुफ्त परामर्श और गोपनीयता</h3>
<p>जिले में एचआईवी पीड़ितों की सहायता के लिए <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/aiims-nagpur-first-art-center-in-central-india-cm-fadnavis-inauguration-1413896.html">एआरटी केंद्र</a> और लिंक एआरटी केंद्र पूरी सक्रियता से काम कर रहे हैं। यह सुविधाएं जिला अस्पतालों, उपजिला अस्पतालों और चयनित ग्रामीण अस्पतालों में सुचारू रूप से कार्य कर रही हैं। इन केंद्रों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहां आने वाले सभी मरीजों की व्यक्तिगत जानकारी पूरी तरह से गुप्त रखी जाती है। विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक समर्पित टीम द्वारा स्थानीय स्तर पर मरीजों को मुफ्त परामर्श, मुफ्त रक्त परीक्षण और उचित चिकित्सा पर्यवेक्षण नियमित रूप से प्रदान किया जाता है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/tiger-attack-shepherd-death-chandrapur-well-drowning-1767878.html"> चंद्रपुर में दो बड़ी घटनाएं: चिमूर में बाघ के हमले में चरवाहे की मौत, सिंदेवाही में कुएं में डूबा बाघ </a></strong></p>
<h3>दवा बंद करना स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक</h3>
<p>गोंदिया जिला शल्य चिकित्सक डॉ. पुरुषोत्तम पटले ने कहा हेै कि &amp;#8220;एचआईवी रोगियों द्वारा दवा बंद करना उनके स्वास्थ्य के लिए बहुत खतरनाक हो सकता है। यदि दवा आंशिक रूप से बंद कर दी जाती है, तो वायरस शरीर में पुनः सक्रिय हो जाता है और दवा का प्रतिसाद नहीं देता। जैसे-जैसे नागरिक इसके परीक्षण के लिए आगे आते हैं, निदान समय पर होता है। इससे प्रभावितों को समय पर इलाज मिल रहा है। ये महंगे उपचार नियमित रूप से एआरटी केंद्रों पर निःशुल्क &amp;#8211; प्रदान किए जाते हैं। यदि नियमित उपचार जारी रखा &amp;#8211; जाए तो सामान्य जीवन जिया जा सकता है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया में गौहत्या का मामला: तालाब में मिले गायों के अवशेष, तीन आरोपी गिरफ्तार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-goregaon-cow-slaughter-case-three-arrested-1767395.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 31 May 2026 19:49:36 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 31 May 2026 20:15:52 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Animal-Remains-in-Pond_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Cow Slaughter]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1767395</guid>

					<description><![CDATA[Goregaon Police Action News: गोंदिया जिले के गोरेगांव तहसील कार्यालय के पीछे स्थित नवीन तालाब में गायों की खोपड़ियां, कंकाल और अन्य अवशेष मिलने से सनसनी फैल गई। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Animal-Remains-in-Pond_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Goregaon Cow Slaughter Case Three Arrested"     /></figure><p><strong>Gondia Cow Slaughter News:</strong> गोरेगांव के तहसील कार्यालय के पीछे स्थित नवीन तालाब में दो गायों की खोपड़ियां, कंकाल और अन्य अवशेष पानी में तैरते हुए मिले, जिससे परिसर में हड़कंप मच गया था। इस मामले में गोरेगांव पुलिस ने 31 मई को तीन संदिग्ध आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के नाम आंबाटोली, घोटी निवासी तोशिब हफीज अली सैय्यद 28, हनीफ रफीक शेख 45, शाहिद ईस्माइल शेख 29 बताया गया है।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, गोरेगांव तहसील कार्यालय के पीछे स्थित नवीन <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/ambazari-lake-hyacinth-cleaning-drive-harvester-machines-nmc-nagpur-1747068.html">तालाब परिसर</a></strong> में शनिवार को घुमने गए लोगों को पानी में जानवरों के अवशेष तैरते हुए देखे। जब उन्होंने पास जाकर देखा तो पता चला कि वहां गाय की दो खोपड़ियां, हड्डियों के कंकाल और अन्य अंग थे।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="नागपुर-सेवाग्राम रेलखंड पर ब्लॉक: कई ट्रेनें रद्द, मडगांव एक्सप्रेस अब नागपुर के बजाय अजनी स्टेशन से चलेगी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur-sevagram-rail-block-trains-cancelled-short-termination-ajni-1766436.html"> <span class="color-red">नागपुर-सेवाग्राम रेलखंड पर ब्लॉक</span>: कई ट्रेनें रद्द, मडगांव एक्सप्रेस अब नागपुर के बजाय अजनी स्टेशन से चलेगी</a></strong></p>
<h3>तालाब में मिले गायों के अवशेष</h3>
<p>घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-ebola-virus-treatment-center-project-pending-since-2017-1762559.html">पशु वैद्यकीय विभाग</a></strong> के अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने मौके का मुआयना कर पंचनामा किया और अवशेषों के सैंपल जांच के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी। इसी बीच पुलिस को जानकारी मिली कि यह गौहत्या घोटी के आंबाटोली निवासी तोसिब हफीज अली सैय्यद, हनीफ रफीक शेख व शाहिद इस्माईल शेख ने की है। जिसके आधार पर रविवार, 31 मई को उन्हें गिरफ्तार किया गया। आगे की जांच गोरेगांव पुलिस कर रही हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गोंदिया के 37 हजार किसानों का 395 करोड़ रुपये का भुगतान अटका, खरीफ सीजन पर संकट</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-paddy-procurement-payment-pending-farmers-crisis-395-crore-1767284.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 31 May 2026 19:15:51 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 31 May 2026 21:53:48 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Farmer-Crisis-गोंदिया-के-37-हजार-किसानों-का-395-करोड़-रुपये-भुगतान-अटका_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1767284</guid>

					<description><![CDATA[Farmers Payment Pending : गोंदिया जिले में रबी सीजन के दौरान सरकारी धान खरीदी केंद्रों पर धान बेचने वाले 37,325 किसानों का 395।54 करोड़ रुपये का भुगतान पिछले एक महीने से लंबित है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Farmer-Crisis-गोंदिया-के-37-हजार-किसानों-का-395-करोड़-रुपये-भुगतान-अटका_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Gondia Paddy Procurement Payment Pending Farmers Crisis 395 Crore"     /></figure><p><strong>Gondia Paddy Procurement:</strong> रबी सीजन के दौरान जिला मार्केटिंग फेडरेशन के धान खरीदी केंद्र पर धान बेचने वाले 37 हजार किसानों को पिछले महीने से 395 करोड़ रु. का भुगतान नहीं किया है। परिणामस्वरूप, खरीफ सीजन से पहले ही किसान आर्थिक संकट में आ गए हैं और किसानों को अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए रिश्तेदारों और साहूकारों के दरवाजे पर खड़े होने का समय आ गया है। जिले में इस समय रबी सीजन की धान खरीदी चल रही है।</p>
<p>रबी में धान खरीदी के लिए जिला मार्केटिंग फेडरेशन ने 193 खरीदी केंद्र स्वीकृत किए हैं, जिनमें से 189 केंद्रों पर धान खरीदी की प्रक्रिया एक माह से चल रही है। किसानों को समर्थन मूल्य से कम कीमत नहीं मिले, इसलिए सरकार जिला मार्केटिंग फेडरेशन और आदिवासी विकास महामंडल के तहत खरीफ और रबी दोनों मौसमों में समर्थन मूल्य पर धान खरीदती है। इस वर्ष रबी सीजन में 76 हजार हेक्टेयर में धान की रोपाई की गई थी।</p>
<h3>किसानों को साहूकारों और रिश्तेदारों का सहारा</h3>
<p>इस वर्ष धान का उत्पादन भी अच्छा हुआ है। बाजार में धान की कीमत कम होने के कारण किसान सरकारी धान खरीदी केंद्र पर ही धान बेच रहे है। इससे धान खरीदी केंद्र पर आमद बढ़ गई है। सरकारी धान खरीदी केंद्र पर धान बेचने के लिए किसानों को सरकार के बीम पोर्टल पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/class-11-admissions-registration-slow-centralised-process-nagpur-1755069.html">ऑनलाइन पंजीकरण</a></strong> कराना अनिवार्य है।</p>
<p>इसके लिए जिले के 75 हजार किसानों ने पंजीकरण कराया। जिसमें से 37,325 किसानों ने अब तक 16,69,682 क्विंटल धान बेचा है। साहूकारों के पास जाने को मजबूर किसान किसानों द्वारा बेचे गये धान की कुल कीमत 395.54 करोड़ रु. है। लेकिन, सरकार ने पिछले एक माह से धान बकाया के लिए राशि उपलब्ध नहीं कराई है। 395.54 करोड़ रु. का बकाया अटका हुआ है।</p>
<h3>खरीफ की तैयारी कर रहे किसान परेशान</h3>
<p>किसानों को पैसों की जरूरत है क्योंकि इस समय खरीफ सीजन का काम चल रहा है। इसलिए किसानों ने धान की कटाई चुराई जल्दी कर ली और जरूरत के हिसाब से बेच दिया। लेकिन, भुगतान नहीं होने के कारण किसान आर्थिक संकट में हैं और उन्हें अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए रिश्तेदारों और साहूकारों के दरवाजे पर खड़ा होना पड़ रहा है। मक्का खरीद में दिक्कत जारी मई महीना खत्म हो गया है, लेकिन मक्का खरीदी की दिक्कत खत्म नहीं हुई है। गोदामों की कमी के कारण मक्का खरीदी में दिक्कतें आ रही हैं। इस वजह से किसान दुविधा में हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a title="Daund – Pune Rail Crisis: सुप्रिया सुले ने जताई गंभीर चिंता, रेल मंत्री से तत्काल हस्तक्षेप की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/supriya-sule-raises-concern-over-daund-pune-demu-train-crisis-1767450.html"> <span class="color-red">Daund – Pune Rail Crisis</span>: सुप्रिया सुले ने जताई गंभीर चिंता, रेल मंत्री से तत्काल हस्तक्षेप की मांग</a></strong></p>
<h3>37 हजार किसानों को राशि का इंतजार</h3>
<p>जिला<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-paddy-procurement-limit-ended-50000-farmers-waiting-1594824.html"> मार्केटिंग फेडरेशन</a></strong> अधिकारी विवेक इंगले ने कहा कि अब तक सिर्फ 375 किसानों से 18,734 क्विंटल मक्का खरीदा गया है। जबकि मक्का बेचने के लिए 3,583 किसानों ने पंजीकरण कराया है। सरकार से निधि की मांग जिला मार्केटिंग फेडरेशन ने पिछले सप्ताह ही किसानों के बैंक खातों में 395 करोड़ रु. का बकाया जमा करने के लिए सरकार से निधि की मांग की है। लेकिन अभी तक शासन से राशि नहीं मिली है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भंडारा में अवैध रेत तस्करी पर बड़ी कार्रवाई, 14.62 लाख का माल जब्त, चालक-मालिक पर केस</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/major-action-against-illegal-sand-smuggling-in-bhandara-goods-worth-rs-14-62-lakh-seized-case-filed-against-driver-and-owner-1766918.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 31 May 2026 17:38:27 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 31 May 2026 23:02:23 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Sand-Smuggling-भंडारा-में-अवैध-रेत-तस्करी-पर-पुलिस-की-बड़ी-कार्रवाई_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[गोंदिया]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[Gondia News]]></category>
		<category><![CDATA[Illegal Sand Mining]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1766918</guid>

					<description><![CDATA[Bhandara Sand Smuggling: भंडारा जिले में स्थानीय अपराध शाखा (एलसीबी) ने अवैध रेत तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करडी और साकोली थाना क्षेत्रों में दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को पकड़ा। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/05/Sand-Smuggling-भंडारा-में-अवैध-रेत-तस्करी-पर-पुलिस-की-बड़ी-कार्रवाई_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Major Action Against Illegal Sand Smuggling In Bhandara Goods Worth Rs 14 62 Lakh Seized Case Filed Against Driver And Owner"     /></figure><p><strong>Bhandara LCB Action:</strong> भंडारा जिला पुलिस की स्थानीय अपराध शाखा की टीम ने अवैध रेत तस्करी के खिलाफ अभियान चलाते हुए करडी और साकोली पुलिस थाना क्षेत्रों में छापेमारी की है। इस कार्रवाई के दौरान बिना रॉयल्टी और बिना पास के अवैध रूप से रेत का परिवहन करते हुए दो ट्रैक्टरों को पकड़ा गया। पुलिस ने दोनों मामलों में ट्रैक्टर चालकों व मालिकों के खिलाफ अपराध दर्ज कर कुल 14.62 लाख रुपये का माल जब्त किया है।</p>
<p>पहली कार्रवाई करडी थाना अंतर्गत मुंढरी परिसर में की गई। एलसीबी की टीम क्षेत्र में गश्त पर थी। इसी दौरान एक ट्रैक्टर नंबर एमएच369037 बिना नंबर की ट्रॉली के साथ आता हुआ दिखाई दिया। पुलिस ने जब ट्रैक्टर को रोककर उसकी जांच की, तो उसमें अवैध रूप से चोरी की करीब 1 ब्रास रेत भरी हुई थी। पूछताछ में ट्रैक्टर चालक और मालिक की पहचान आशीष प्रल्हाद मेश्राम के रूप में हुई।</p>
<h3>14 लाख से अधिक की संपत्ति जब्त</h3>
<p>पुलिस ने 6 लाख रुपये का ट्रैक्टर, 1 लाख रुपये की ट्रॉली और 6 हजार रुपये की रेत सहित कुल 7,06,000 रुपये का माल जब्त किया। दूसरी कार्रवाई साकोली थाना अंतर्गत सेंदुरवाफा की श्रीनगर कॉलोनी में की गई। एलसीबी की टीम ने एक बिना नंबर के ट्रैक्टर को रोका, जो बिना नंबर की ट्रॉली के साथ जा रहा था। इस ट्रॉली में भी बिना अनुमति के सरकारी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/chandrashekhar-bawankule-action-against-nagpur-sand-mafia-illegal-transport-1739332.html">रेत चोरी</a></strong> कर ले जाई जा रही थी।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="डिप्टी सीएम शिंदे की नई रणनीति: महायुति में बीजेपी के दबाव के बीच स्वतंत्र शिवसेना के विस्तार का मेगा प्लान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/eknath-shinde-mission-2029-strategy-shiv-sena-expansion-mahayuti-tension-1767370.html"> <span class="color-red">डिप्टी सीएम शिंदे की नई रणनीति</span>: महायुति में बीजेपी के दबाव के बीच स्वतंत्र शिवसेना के विस्तार का मेगा प्लान</a></strong></p>
<h3>अवैध रेत तस्करी करते दो ट्रैक्टर पकड़े</h3>
<p>जांच करने पर पता चला कि ट्रैक्टर चालक भाऊदास मोहन बोरकर अपने मालिक पुरुषोत्तम अंताराम कापगते के कहने पर रेत का अवैध परिवहन कर रहा था। पुलिस ने 7.50 लाख रुपये का ट्रैक्टर-ट्रॉली और 6 हजार रुपये की 1 ब्रास रेत सहित कुल 7,56,000 रुपये का माल जब्त किया है। <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/major-police-action-in-bhandara-rapid-raids-on-pot-and-illegal-liquor-dens-9-accused-arrested-1762295.html/amp">साकोली पुलिस</a> </strong>ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
