

Nagpur Municipal Corporation Ambazari Lake: अंबाझरी तालाब को जलकुंभी (जलपर्णी) के चंगुल से पूरी तरह मुक्त कराने के लिए महानगरपालिका ने युद्ध स्तर पर अभियान शुरू कर दिया है। पिछले एक सप्ताह से तालाब में अत्याधुनिक 'हार्वेस्टर' मशीनों की मदद से सफाई का काम जोरों पर है।
इस महत्वपूर्ण कार्य का जायजा लेने के लिए महापौर नीता ठाकरे, स्थायी समिति की सभापति शिवानी दाणी और मनपा आयुक्त डॉ. विपिन इटनकर ने संयुक्त रूप से कार्यस्थल का निरीक्षण किया। इस अवसर की अधीक्षक अभियंता डॉ. श्वेता बनर्जी भी पर नगरसेवक योगेश पाचपोर और मनपा विशेष रूप से उपस्थित थीं।
तालाब से जलकुंभी को तेजी से निकालने के लिए अत्याधुनिक हार्वेस्टर मशीनों के साथ-साथ 5 पोकलेन, 2 जेसीबी और कई टिप्पर ट्रकों की मदद भी ली जा रही है। इस नई मशीनरी के उपयोग से अंबाझरी तालाब को जलकुंभी मुक्त करने के कार्य को बहुत बड़ी गति मिलेगी।
यह हार्वेस्टर मशीन बड़े तालाबों में जलकुंभी, अतिरिक्त जलीय पौधों और हानिकारक वनस्पतियों को नियंत्रित करने के लिए बेहद पर्यावरण अनुकूल तरीके से काम करती है। यह अत्याधुनिक मशीन पानी के नीचे और सतह पर तैरने वाली वनस्पतियों के प्रबंधन में अत्यधिक कुशल मानी जाती है।
इस मशीन की कार्यक्षमता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि यह एक बार में साढ़े 4 से 5 टन जलकुंभी निकाल सकती है और एक दिन में कम से कम 1 से 2 एकड़ क्षेत्र की सफाई करने की क्षमता रखती है।
इन विशेष मशीनों की खरीद 'प्रधानमंत्री खनिज क्षेत्र कल्याण योजना' और 'जिला खनिज प्रतिष्ठान नागपुर के तहत पर्यावरण संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण उपाय योजना निधि से की गई है। इस अत्याधुनिक मशीनरी के उपयोग से अंबाझरी तालाब का खोया हुआ प्राकृतिक सौंदर्य वापस लौटने और इसे जलकुंभी के प्रकोप से बचाने में बड़ी मदद मिलेगी।