<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	xmlns:media="http://search.yahoo.com/mrss/"
	>

<channel>
	<title>यवतमाल &amp;#8211; Hindi News, Hindi Samachar, Latest News in Hindi: Navbharat Live</title>
	<atom:link href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/feed" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://navbharatlive.com</link>
	<description>सदैव अपने पाठकों के साथ</description>
	<lastBuildDate>Tue, 21 Jul 2026 10:45:51 +0000</lastBuildDate>
	<language>hi</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9</generator>

<image>
	<url>https://d1xx0c244jch9c.cloudfront.net/wp-content/uploads/2025/05/favicon-96x96.png</url>
	<title>यवतमाल &amp;#8211; Hindi News, Hindi Samachar, Latest News in Hindi: Navbharat Live</title>
	<link>https://navbharatlive.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>Yavatmal News: मारेगांव के जलका पीएमश्री स्कूल में शिक्षकों की भारी कमी, अभिभावकों का अनोखा विरोध</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-jalka-pmshri-school-teacher-shortage-protest-1878156.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 21 Jul 2026 16:15:51 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 21 Jul 2026 16:15:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Parent-Protest_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Protestors]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1878156</guid>

					<description><![CDATA[Jalka PM SHRI School: यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील स्थित जलका पीएमश्री जिला परिषद विद्यालय में केवल दो शिक्षकों के भरोसे 65 विद्यार्थियों की पढ़ाई चल रही है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Parent-Protest_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Jalka Pmshri School Teacher Shortage Protest"  fetchpriority="high"   /></figure><p><strong>Maregaon Zilla Parishad School:</strong> मारेगांव तहसील के जलका गांव स्थित पीएमश्री जिला परिषद शाला में शिक्षकों की भारी कमी के कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होने का मामला सामने आया है। शाला में कक्षा 1 से 8 तक कुल 65 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं, लेकिन यहां केवल दो शिक्षक कार्यरत हैं। इनमें एक मुख्याध्यापक और एक शिक्षक शामिल हैं। बताया गया कि एसआईआर (विशेष पुनरीक्षण) कार्य में शिक्षक की व्यस्तता के कारण विद्यार्थियों की नियमित पढ़ाई बाधित हो रही है।</p>
<p>इस समस्या से नाराज अभिभावकों और विद्यार्थियों ने सोमवार को पंचायत समिति के शिक्षण विभाग परिसर में ही प्रतीकात्मक पाठशाला लगाकर विरोध को में न ने प्रदर्शन किया। उन्होंने विद्यालय में तत्काल अतिरिक्त शिक्षक नियुक्त करने की मांग की। घटना की जानकारी मिलते ही महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के नेता राजू उंबरकर मौके पर पहुंचे। विद्यार्थियों और अभिभावकों ने उन्हें शिक्षकों की कमी से हो रहे शैक्षणिक नुकसान की जानकारी दी।</p>
<h3>मारेगांव के पीएमश्री विद्यालय में शिक्षक नहीं</h3>
<p>इसके बाद उंबरकर ने शिक्षा अधिकारी स्नेहदीप काटकर से चर्चा की। चर्चा के &amp;#8211; दौरान शिक्षा अधिकारी स्नेहदीप काटकर ने बताया कि वर्तमान में शिक्षकों की भारी कमी है। उन्होंने सुझाव दिया कि शाला प्रबंधन समिति (एसएमसी) स्वयंसेवक शिक्षक की नियुक्ति करे तथा उसका मानदेय ग्राम पंचायत निधि से दिया जाए। इस पर मनसे नेता राजू उंबरकर ने स्वयंसेवक शिक्षक के वेतन की जिम्मेदारी उठाने की घोषणा की।</p>
<h3>छात्रों का भविष्य अधर में</h3>
<p>उनके इस आश्वासन के बाद अभिभावकों और विद्यार्थियों ने अपना आंदोलन एवं <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/municipal-corporation-nagpur-kamal-chowk-encroachment-drive-municipal-action-1877861.html">धरना समाप्त</a></strong> कर दिया। स्थानीय नागरिकों ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि विद्यार्थियों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए जलका पीएमश्री विद्यालय में नियमित शिक्षकों की शीघ्र नियुक्ति की जाए, ताकि बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="स्कूल के भीतर सोती मिलीं प्रधानाध्यापिका, नेर के खंडाला स्कूल में विवाद, अभिभावकों ने स्कूल में लगाया ताला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-khandala-zp-school-headmistress-controversy-1873286.html"> स्कूल के भीतर सोती मिलीं प्रधानाध्यापिका, नेर के खंडाला स्कूल में विवाद, अभिभावकों ने स्कूल में लगाया ताला </a></strong></p>
<h3>गांव को एक और शिक्षक देंगे</h3>
<p>मारेगांव प्रभारी गुट शिक्षा अधिकारी स्नेहदीप काटकर ने कहा कि GC शिक्षकों की कमी के चलते यह नौबत आई है कि शिक्षा देने शिक्षक नहीं है आने वाले दिनों में खनिकर्म से निधि प्राप्त होते ही जलका को शाला को एक और<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/ram-raksha-path-shiv-sena-ubt-political-row-ramnagar-nagpur-1871318.html"> स्वयं सेवक</a></strong> शिक्षक दिया जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: यवतमाल में विशेष लोक अदालत, 121 मामलों का आपसी समझौते से हुआ निपटारा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-special-lok-adalat-121-cases-settlement-1878116.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 21 Jul 2026 16:03:52 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 21 Jul 2026 16:03:52 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Lok-Adala_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Lok Adalat]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1878116</guid>

					<description><![CDATA[Lok Adalat Yavatmal: यवतमाल जिले में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार आयोजित विशेष लोक अदालत में 121 लंबित मामलों का आपसी समझौते से निपटारा किया गया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Lok-Adala_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Special Lok Adalat 121 Cases Settlement"    /></figure><p><strong>Yavatmal Special Lok Adalat:</strong> राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली तथा महाराष्ट्र राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, उच्च न्यायालय, मुंबई के निर्देशानुसार शनिवार को जिले के प्रत्येक न्यायालय में विशेष लोक अदालत का आयोजन किया गया। इस विशेष लोक अदालत में आपसी समझौते के आधार पर कुल 121 मामलों का निपटारा किया गया। यह आयोजन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष आनंद यावलकर के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।</p>
<p>जिले के सभी तालुका न्यायालयों में धनादेश अनादर (चेक बाउंस) से संबंधित मामलों के निपटारे के लिए विशेष लोक अदालत आयोजित की गई। विशेष लोक अदालत को सफल बनाने के लिए अधिवक्ताओं और बैंकों के अधिकारियों के साथ पूर्व नियोजित बैठकें आयोजित की गईं। साथ ही जिले के सभी तालुका न्यायाधीशों के साथ वर्चुअल माध्यम से संवाद कर आवश्यक योजना बनाई गई।</p>
<h3>यवतमाल में लोक अदालत से न्याय प्रक्रिया हुई तेज</h3>
<p>इस विशेष लोक अदालत में पक्षकारों को स्वेच्छा और आपसी सहमति से विवादों का अंतिम रूप से समाधान करने का अवसर मिला। परिणामस्वरूप यवतमाल जिले में कुल 121 लंबित मामलों का आपसी समझौते से निपटारा किया गया। इन मामलों का कुल समझौता मूल्य 2 करोड़ 29 लाख 19 हजार 233 रुपये रहा। विशेष लोक अदालत के माध्यम से संबंधित पक्षकारों का समय, श्रम और खर्च बचा तथा <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/dismisses-illegal-construction-nagpur-high-court-petition-nit-demolition-notice-1875365.html">न्याय प्रक्रिया</a> </strong>अधिक सरल और त्वरित बनी।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="यवतमाल में फूटा जनाक्रोश: वांगचुक के समर्थन व जंतर-मंतर आंदोलन के पक्ष में संविधान चौक पर रास्ता रोको आंदोलन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maharashtra-news-yavatmal-student-protest-sonam-wangchuk-support-road-block-1877485.html"> <span class="color-red">यवतमाल में फूटा जनाक्रोश</span>: वांगचुक के समर्थन व जंतर-मंतर आंदोलन के पक्ष में संविधान चौक पर रास्ता रोको आंदोलन </a></strong></p>
<h3>2.29 करोड़ के मामलों का निपटारा</h3>
<p>इस आयोजन की सफलता के लिए जिला एवं तालुका न्यायालयों के न्यायाधीशों, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-high-court-fines-school-education-department-special-teachers-case-1872964.html/amp">जिला न्यायालय</a> </strong>के अधीक्षक, प्रबंधक, अधिकारियों तथा कर्मचारियों ने विशेष प्रयास किए। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव दीपक एच. दाभाडे ने विशेष लोक अदालत के सफल आयोजन में सहयोग करने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में फूटा जनाक्रोश: वांगचुक के समर्थन व जंतर-मंतर आंदोलन के पक्ष में संविधान चौक पर रास्ता रोको आंदोलन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maharashtra-news-yavatmal-student-protest-sonam-wangchuk-support-road-block-1877485.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अंकिता पटेल]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 21 Jul 2026 11:15:14 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 21 Jul 2026 11:15:14 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Student-Protest-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Sonam Wangchuk]]></category>
		<category><![CDATA[Students Protest]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1877485</guid>

					<description><![CDATA[Sonam Wangchuk Support: दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन और सोनम वांगचुक के समर्थन में यवतमाल के संविधान चौक पर धरना व रास्ता रोको आंदोलन हुआ। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Student-Protest-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maharashtra News Yavatmal Student Protest Sonam Wangchuk Support Road Block"    /></figure><p><strong>Student Protest Yavatmal:</strong> दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों के आंदोलन और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के समर्थन में सोमवार को यवतमाल के संविधान चौक, बस स्टैंड पर विभिन्न सामाजिक, शैक्षणिक एवं राजनीतिक संगठनों के संयुक्त तत्वावधान में धरना आंदोलन किया गया। आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने श्रृंखलाबद्ध रास्ता रोको कर केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।</p>
<p>इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने नरेंद्र मोदी मुर्दाबाद के नारे भी लगाए। आंदोलनकारियों ने कहा कि छात्रों की मांगों को लेकर सोनम वांगचुक और छात्र प्रतिनिधि पिछले 22 दिनों से आमरण अनशन पर बैठे हैं। उनका आरोप था कि सरकार ने बातचीत के बजाय पुलिस बल का प्रयोग कर सोनम वांगचुक को हिरासत में लिया, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है।</p>
<p>इस कार्रवाई के विरोध में यवतमाल में शांतिपूर्ण धरना एवं रास्ता रोको आंदोलन आयोजित किया गया। घरना आंदोलन को विधायक बालासाहेब मांगुलकर तथा वरिष्ठ शिक्षाविद प्रा. वसंत पुरके ने समर्थन दिया। उन्होंने आंदोलनकारियों को संबोधित करते हुए लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा और छात्रों की मांगों पर सकारात्मक विचार करने की आवश्यकता बताई।</p>
<p>आंदोलन के कारण कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा। हालांकि पुलिस की मौजूदगी में स्थिति शांतिपूर्ण बनी रही और बाद में आंदोलन समाप्त कर दिया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में विद्यार्थी, सामाजिक कार्यकर्ता, विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी तथा नागरिक उपस्थित थे।</p>
<h3>घाटंजी में वंचित बहुजन आघाड़ी का तहसील कार्यालय पर प्रदर्शन घाटंजी</h3>
<p>दिल्ली में चल रहे आंदोलन के समर्थन में घाटंजी तहसील में वंचित बहुजन आघाड़ी की ओर से सोमवार को तहसील कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/centre-auto-e-zero-fir-cyber-fraud-cases-over-5-lakh-1930-helpline-2026-1877361.html">केंद्र सरकार</a> के खिलाफ नारेबाजी करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस्तीफे की मांग की।</p>
<p>वंचित बहुजन आघाड़ी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एड. बालासाहेब (प्रकाश) आंबेडकर के आह्वान पर आयोजित इस आंदोलन के बाद भारत की राष्ट्रपति के नाम तहसीलदार के माध्यम से ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में नीट परीक्षा प्रकरण की निष्पक्ष जांच, परीक्षा प्रणाली में पारदर्शी सुधार, दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, विद्यार्थियों के भविष्य की सुरक्षा तथा सोनम वांगचुक द्वारा उठाई गई मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की गई।</p>
<p>आंदोलन का नेतृत्व वंचित बहुजन आघाड़ी के घाटंजी तहसील अध्यक्ष संघपाल कांबले ने किया। इस दौरान शहर अध्यक्ष सतीश रामटेके, युवक आघाड़ी के गौरव शेंडे, सम्यक विद्यार्थी आंदोलन के सिद्धांत जीवने सहित प्रफुल्ल सोनकांबले, सुरेश भंवरे, प्रा. म. ना. कांबले सहित महिला आघाड़ी, युवक आघाड़ी, सम्यक विद्यार्थी आंदोलन के पदाधिकारी, वंचित बहुजन आघाड़ी के कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में नागरिक शामिल हुए।</p>
<h3>किनवट (सं।) दिल्ली में सोनम</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sonam-wangchuk-protest-maharashtra-cjp-gen-z-police-clash-dadar-chaityabhoomi-1877120.html">सोनम वांगचुक</a> का आमरण अनशन लगातार जारी है। उनके समर्थन में तथा विद्यार्थियों के मुद्दों को लेकर किनवट में विद्यार्थी कृती समिति और डीवाईएफआई के संयुक्त तत्वावधान में सरकार के विरोध में भव्य सद्भावना रैली निकाली गई।</p>
<p>यह रैली ठाकरे चौक से शुरू होकर शहर के विभिन्न मागों से होते हुए जिजामाता चौक पहुंची। यहां आंदोलनकारियों ने सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। आदोलनकारियों की ओर से उपविभागीय अधिकारी कार्यालय के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपा गया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="पेपर लीक के खिलाफ गडचिरोली में जनसैलाब: जंतर-मंतर के आंदोलन की गूंज, सड़कों पर उतरे हजारों छात्र" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/student-protest-paper-leak-dharmendra-pradhan-resignation-gadchiroli-1877434.html">पेपर लीक के खिलाफ गडचिरोली में जनसैलाब: जंतर-मंतर के आंदोलन की गूंज, सड़कों पर उतरे हजारों छात्र</a></strong></p>
<p>विद्यार्थियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। आंदोलन का आयोजन युवा नेता स्टालिन आडे के नेतृत्व में किया गया। आदोलन को समर्थन देने वालों में किसान नेता अर्जुन आडे, कांग्रेस पार्टी की नंदिनी टारपे, पूर्व नगराध्यक्ष के।</p>
<p>मूर्ति अण्णा, शिवसेना (उबाठा गुट) के पार्षद प्रशांत कोरडे, राकांपा शरद पवार गुट के जयवंत वानोले, अभय कोदे, सिराज जीवाणी, सुभाष नायक, शमशेर खिचची, जनार्दन काले, अडेलु बोनगीर सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ता उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: 24 घंटे बिजली गुल रहने पर विरोध, ढाणकी के नागरिकों की शिकायत के बाद अधिकारी पर कार्रवाई</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/dhanki-power-cut-protest-mahavitaran-officer-transfer-1875598.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 20 Jul 2026 15:32:07 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 20 Jul 2026 15:32:07 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Dhanki-Citizens-Protest_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Mahavitaran]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1875598</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Mahavitaran Action: यवतमाल के ढाणकी शहर में 24 घंटे बिजली आपूर्ति बाधित रहने के बाद नागरिकों ने महावितरण कार्यालय के सामने आंदोलन किया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Dhanki-Citizens-Protest_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Dhanki Power Cut Protest Mahavitaran Officer Transfer"     /></figure><p><strong>Yavatmal Power Cut Protest:</strong> बिजली आपूर्ति करीब 24 घंटे तक बाधित रहने के बाद ढाणकी शहर के नागरिकों ने महावितरण कार्यालय के सामने आंदोलन किया था। आंदोलनकारियों का आरोप था कि संबंधित अधिकारियों की लापरवाही के कारण नागरिकों को पूरी रात अंधेरे में रहना पड़ा। इस आंदोलन में विभिन्न राजनीतिक दलों के स्थानीय पदाधिकारी और नेता शामिल हुए थे।</p>
<p>आंदोलन के बाद संबंधित अधिकारी के खिलाफ वरिष्ठ अधिकारियों के पास शिकायत किए जाने की जानकारी आंदोलनकारियों ने दी थी। आंदोलन के बाद सहायक अभियंता राहुल नाखले ने कुछ आंदोलनकारियों के खिलाफ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत कार्रवाई की मांग करने वाला आवेदन दिया था, ऐसा दावा आंदोलनकारियों ने किया है।</p>
<h3>महावितरण के खिलाफ आंदोलन का असर</h3>
<p>साथ ही यह आवेदन बिटरगांव पुलिस स्टेशन के थानेदार पांडुरंग शिंदे ने स्वीकार नहीं किया, ऐसा भी उनका कहना है। इस बीच 16 जुलाई को शहर बंद कर मोर्चा निकाला गया था और संबंधित अधिकारी के खिलाफ <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/wardha-pwd-engineer-contractor-viral-audio-police-complaint-1870214.html">कार्यकारी अभियंता</a></strong> को ज्ञापन सौंपा गया था। इसके बाद 18 जुलाई को सहायक अभियंता राहुल नाखले का पुसद तबादला कर दिया गया।</p>
<h3>ढाणकी के सहायक अभियंता राहुल नाखले का तबादला</h3>
<p>इसके बाद आंदोलन से जुड़े नेता कृषि उत्पन्न बाजार समिति के पूर्व सभापति बालू पाटील चंद्रे, मनसे तालुकाध्यक्ष सादिक शेख, कांग्रेस शहराध्यक्ष गजानन मिटकरी, भाजपा शहराध्यक्ष तथा नगरसेवक बालाभाऊ योगेवार, युवा सेना तालुकाध्यक्ष संभाजी गोरटकर, पूर्व प्रहार तालुकाध्यक्ष सय्यद, वंचित बहुजन आघाड़ी तालुकाध्यक्ष संबोधी गायकवाड़, प्रशांत विनकरे सहित अन्य नेताओं ने महावितरण द्वारा आंदोलन की दखल लेने पर संतोष व्यक्त करते हुए अधिकारियों की कार्रवाई का स्वागत किया है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="Nashik Crime: तीन साल का प्यार, बिजनेस में नाकामी और दर्दनाक अंत; साहिल ने वैष्णवी को मारकर की खुदकुशी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/nashik-murder-suicide-yavatmal-umarkhed-sahil-vaishnavi-live-in-relationship-1875350.html"> <span class="color-red">Nashik Crime</span>: तीन साल का प्यार, बिजनेस में नाकामी और दर्दनाक अंत; साहिल ने वैष्णवी को मारकर की खुदकुशी</a></strong></p>
<h3>आसपास के नागरिक थे परेशान</h3>
<p>मनसे तहसील अध्यक्ष सादिक शेख ने कहा कि ८ संपूर्ण ढाणकी शहर सहित आसपास के नागरिक बिजली की समस्या से परेशान थे। अपनी समस्या लेकर उठाई गई आवाज को दबाने के लिए जिस अधिकारी ने जाति का मुद्दा उठाने का प्रयास किया तथा अपने कर्तव्य पर ध्यान न देते हुए हम करें सो कायदा&amp;#8221; की तरह व्यवहार किया, ऐसे अधिकारी के खिलाफ महावितरण के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की गई कार्रवाई सराहनीय है। वर्तमान <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/uddhav-thackeray-nagpur-ram-raksha-andolan-speech-attacks-mohan-bhagwat-rss-bjp-1872201.html">शासन व्यवस्था</a> </strong>में नागरिकों की मांगों का वरिष्ठ अधिकारियों ने संज्ञान लिया, इसके लिए ढाणकीवासियों सहित क्षेत्र के नागरिकों में खुशी का माहौल है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Nashik Crime: तीन साल का प्यार, बिजनेस में नाकामी और दर्दनाक अंत; साहिल ने वैष्णवी को मारकर की खुदकुशी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/nashik-murder-suicide-yavatmal-umarkhed-sahil-vaishnavi-live-in-relationship-1875350.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 20 Jul 2026 13:30:03 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 20 Jul 2026 13:30:03 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Murder-Suicide-Case_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[नासिक]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Attemp Suicide]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Murder]]></category>
		<category><![CDATA[Nashik News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1875350</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Umarkhed Crime यवतमाल (उमरखेड़) के एक युवक ने नाशिक के इंदिरानगर में अपनी लिव-इन पार्टनर वैष्णवी की चाकू मारकर निर्मम हत्या कर दी और फिर खुद भी फांसी लगा ली।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Murder-Suicide-Case_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Nashik Murder Suicide Yavatmal Umarkhed Sahil Vaishnavi Live In Relationship"     /></figure><p><strong>Nashik Murder Suicide Case:</strong> दो वर्षों के संघर्ष के बाद देखे गए सुखी संसार के सपने क व्यवसाय में मिली असफलता ने चकनाचून कर दिया और इसकी कीमत एक निर्दोष युवती को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी। यवतमाल जिले के उमरखेड़ के एक युवक ने होटल व्यवसाय में हुए नुकसान और प्रेयसी के दूर चल जाने से उपजे मानसिक तनाव के चलते नाशिक जाकर अपनी प्रेयसी की चाकू से वार कर हत्या कर दी।</p>
<p>इसके बाद खुद भी फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली उमरखेड़ निवासी साहिल अशोक लाव्हाने (25) और अमलनेर निवासी वैष्णर्व आवारे (20) पिछले तीन वर्षों से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे थे। पुणे में काम करते समय दोनों की पहचान हुई औन धीरे-धीरे यह पहचान प्रेम संबंधों में बदल गई। दोनों की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उन्होंने साथ मिलकर गरीबी र बाहर निकलने का निर्णय लिया था।</p>
<h3>शादी तय होने से नाराज होकर प्रेमिका को चाकू से गोदा</h3>
<p>अपने भविष्य को बेहतर बनाने और घर की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए साहिल और वैष्णवी उमरखेड़ आए थे, उन्होंने महागांव रोड स्थित &amp;#8216;पाटीलवाडा&amp;#8217; होटल किराये पर लेकर व्यवसाय शुरू किया था दोनों को उम्मीद थी कि इस व्यवसाय से उनकी स्थिति सुधरेगी। लेकिन मात्र दे महीने में ही होटल व्यवसाय में बड़ा<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/latur/congress-mp-shivaji-kalge-income-loss-after-becoming-mp-1802274.html"> आर्थिक नुकसान</a></strong> हुआ। इस असफलता के कारण दोनों के बीच विवाद बढ़ने लगे और करीब एक महीने पहले वैष्णवी साहिल को छोड़कर नाशिक चली गई।</p>
<h3>फिर जॉगिंग ट्रैक पर लगाई फांसी</h3>
<p>वैष्णवी के दूर चले जाने से साहिल मानसिक तनाव में चला गया था। इसी दौरान उसे जानकारी मिली कि वैष्णवी का विवाह किसी अन्य युवक से तय हो गया है। इससे नाराज होकर साहिल नाशिक पहुंच गया। नासिक के इंदिरानगर परिसर में उसने वैष्णवी को मिलने के लिए बुलाया और उसके साथ वापस चलने की विनती की।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="भारी बारिश से भंडारा की सड़कें बनीं तालाब, तकिया वार्ड के व्यापारियों को लाखों का नुकसान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-heavy-rain-waterlogging-road-condition-news-1873102.html"> भारी बारिश से भंडारा की सड़कें बनीं तालाब, तकिया वार्ड के व्यापारियों को लाखों का नुकसान </a></strong></p>
<p>लेकिन वैष्णवी के इनकार करने पर साहिल ने उस पर चाकू से कई वार कर उसकी निर्मम हत्या कर दी। इस घटना के बाद साहिल ने भी पास ही स्थित जॉगिंग ट्रैक पर एक पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। शुक्रवार रात यह घटना सामने आई।<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/police-nashik-preparations-simhastha-kumbh-mela-new-acp-appointed-service-extension-1830735.html"> नासिक पुलिस</a> </strong>ने वैष्णवी के होने वाले पति की शिकायत पर मामला दर्ज किया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>निर्गुंडा नदी को वर्धा-पेनगंगा लिंक परियोजना में शामिल करने की मांग, मुख्यमंत्री को सौंपा ज्ञापन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/demand-to-include-nirgunda-river-in-wardha-penganga-link-project-memorandum-submitted-to-chief-minister-1874029.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 19 Jul 2026 18:28:53 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 19 Jul 2026 18:28:53 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Mangala-Pawde_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Devendra Fadnavis]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1874029</guid>

					<description><![CDATA[Nirgunda River: यवतमाल के वणी विधानसभा क्षेत्र की निर्गुंडा नदी को वर्धा-पेनगंगा लिंक परियोजना में शामिल करने की मांग को लेकर पूर्व जिला परिषद सदस्या मंगला पावडे ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौपा।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Mangala-Pawde_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Demand To Include Nirgunda River In Wardha Penganga Link Project Memorandum Submitted To Chief Minister"     /></figure><p><strong>Wardha Penganga Link Project:</strong> वणी विधानसभा क्षेत्र की निर्गुंडा नदी को वर्धापेनगंगा नदी जोड़ परियोजना में शामिल कर क्षेत्र की कृषि भूमि को स्थायी सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने की मांग जिला परिषद में भाजपा की पूर्व गटनेता तथा भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष दिनकर पावडे ने की है। इस संबंध में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, जलसंपदा मंत्री गिरीश महाजन, पालकमंत्री एवं मृदा व जलसंधारण मंत्री संजय राठोड़, एवं आदिवासी विकास मंत्री अशोक उईके तथा को ज्ञापन सौंपा गया।</p>
<p>ज्ञापन में कहा गया है कि वणी विधानसभा क्षेत्र भौगोलिक रूप से वर्धा और पेनगंगा नदी से जुड़ा हुआ है। यदि निर्गुंडा नदी को इस महत्वाकांक्षी नदी जोड़ परियोजना में शामिल किया जाता है, तो क्षेत्र की सिंचाई क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। वर्तमान में यहां के किसान कपास, तुअर और सोयाबीन जैसी प्रमुख फसलों के लिए वर्षा पर निर्भर हैं, जिससे हर वर्ष उत्पादन प्रभावित होता है।</p>
<h3>यवतमाल में नदी जोड़ परियोजना को लेकर नई मांग</h3>
<p>ज्ञापन में बताया गया है कि वणी विधानसभा क्षेत्र का कुल कृषि क्षेत्र लगभग 1 लाख 44 हजार 309.67 हेक्टेयर है, जिसमें वणी, मारेगांव और झरी जामणी तहसील का विशाल कृषि क्षेत्र शामिल है। परियोजना के क्रियान्वयन से हजारों किसान परिवारों को स्थायी सिंचाई का लाभ मिलेगा, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha-pm-fasal-bima-yojana-2026-farmers-registration-1873039.html">कृषि उत्पादन</a></strong> बढ़ेगा और किसानों की आय में वृद्धि होगी।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="Chandrapur News: ट्रेन में टीटीई पर हमले की घटना की निंदा, दोषियों और संरक्षणकर्ताओं पर कार्रवाई की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/kerala-express-tte-attack-ballarshah-nagpur-railway-security-1863716.html"> <span class="color-red">Chandrapur News</span>: ट्रेन में टीटीई पर हमले की घटना की निंदा, दोषियों और संरक्षणकर्ताओं पर कार्रवाई की मांग </a></strong></p>
<h3>कृषि उत्पादन बढ़ाने पर जोर</h3>
<p>मंगला पावडे और दिनकर पावडे ने<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/high-court-agriculture-industry-subsidy-state-government-reprimand-nagpur-1844419.html"> राज्य सरकार</a></strong> से आग्रह किया है कि प्रदेश में संचालित नदी जोड़ परियोजनाओं की तर्ज पर निर्गुंडा नदी को भी वर्धापेनगंगा लिंक परियोजना में शामिल करते हुए संबंधित विभाग को आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं, ताकि क्षेत्र के किसानों को दीर्घकालिक सिंचाई सुविधा उपलब्ध हो सके।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>स्कूल के भीतर सोती मिलीं प्रधानाध्यापिका, नेर के खंडाला स्कूल में विवाद, अभिभावकों ने स्कूल में लगाया ताला</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-khandala-zp-school-headmistress-controversy-1873286.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 19 Jul 2026 15:11:26 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 19 Jul 2026 15:11:26 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Khandala-ZP-School_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[School Teachers]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1873286</guid>

					<description><![CDATA[Khandala ZP School Yavatmal: यवतमाल जिले के नेर तहसील स्थित खंडाला जिला परिषद स्कूल में प्रधानाध्यापिका पर स्कूल समय के दौरान लापरवाही के आरोप लगने के बाद अभिभावकों ने विरोध प्रदर्शन किया]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Khandala-ZP-School_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Khandala Zp School Headmistress Controversy"     /></figure><p><strong>Yavatmal School Controversy:</strong> यवतमाल जिले के नेर तहसील के खंडाला स्थित जिला परिषद स्कूल में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि स्कूल समय के दौरान प्रधानाध्यापिका अस्त-व्यस्त हालत में सोती हुई मिलीं, जबकि उनके पति, जो स्कूल के कर्मचारी नहीं हैं, कथित रूप से शराब के नशे में प्रधानाध्यापक की कुर्सी पर बैठकर अभिभावकों से अभद्र व्यवहार और धमकाने लगे। घटना से नाराज अभिभावकों ने स्कूल में ताला जड़ दिया और संबंधित शिक्षिका के तत्काल तबादले की मांग की।</p>
<p>स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सुधीर वासुदेव ढोके ने इस संबंध में समूह शिक्षाधिकारी मंगेश देशपांडे को लिखित शिकायत सौंपते हुए कार्रवाई की मांग की है। शिकायत के अनुसार, अध्यक्ष का पुत्र स्कूल से घर लौटने के बाद बोला कि मैडम स्कूल में सो रही हैं। इसके बाद सुधीर ढोके स्कूल पहुंचे तो उन्होंने प्रधानाध्यापिका को सोते हुए देखा। आरोप है कि उसी दौरान उनके पति, जो शिक्षक नहीं हैं, प्रधानाध्यापक की कुर्सी पर बैठे थे और शराब के नशे में अभिभावकों के साथ बदसलूकी कर रहे थे।</p>
<h3>अभिभावकों ने तत्काल कार्रवाई की मांग की</h3>
<p>ग्रामीणों का कहना है कि संबंधित शिक्षिका के पदभार संभालने के बाद पहली से चौथी कक्षा तक के विद्यार्थियों की <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nmc-strict-rules-new-medical-colleges-building-infrastructure-vidarbha-impact-1870362.html/amp">शैक्षणिक गुणवत्ता</a></strong> और स्कूल की छात्र संख्या पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। कई अभिभावकों ने अपने बच्चों का नाम इस स्कूल से कटवाकर नेर की अन्य स्कूलों में दाखिला करा दिया है। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि शिक्षिका नियमित समय पर स्कूल नहीं आतीं और सवाल पूछने वालों को धमकाती हैं। साथ ही, चुनाव से संबंधित एसआईआर कार्य की जिम्मेदारी भी उन्होंने नहीं निभाई। घटना की सूचना मिलने पर वटफली केंद्र प्रमुख ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा किया। हालांकि, तब तक संबंधित शिक्षिका अपने पति के साथ वहां से जा चुकी थीं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="धामणगांव में छात्राओं को साइबर सुरक्षा का दिया गया प्रशिक्षण, 600 से अधिक छात्राएं शामिल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/dhamangaon-cyber-security-workshop-girls-school-1871631.html"> धामणगांव में छात्राओं को साइबर सुरक्षा का दिया गया प्रशिक्षण, 600 से अधिक छात्राएं शामिल</a></strong></p>
<h3>तबादला किया, आगे कार्रवाई का प्रस्ताव भेजेंगे: अधिकारी</h3>
<p>समूह शिक्षाधिकारी मंगेश देशपांडे ने शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए बताया कि सोमवार को संबंधित शिक्षिका के खिलाफ <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/police-seized-truck-contempt-disciplinary-action-nagpur-high-court-1871465.html">अनुशासनात्मक कार्रवाई</a> </strong>का प्रस्ताव वरिष्ठ अधिकारियों को भेजा जाएगा। इसके पहले उनका अस्थायी तबादला कर दिया गया है। घटना के समय स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सुधीर ढोके सहित वासुदेव लोखंडे, नाना अंबाडरे, मिलिंद गेडाम, भास्कर ब्राह्मणे, केशव गजघाटे, प्रफुल गायकवाड, कल्पना लोखंडे, कल्पना अंबाडरे, नीलिमा गायकवाड, ज्योति अंबाडरे, मनीषा गजघाटे समेत अनेक अभिभावक मौजूद थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>FASTag रिचार्ज बना साइबर ठगी का जाल, यवतमाल की महिला शिक्षिका से 5.99 लाख की धोखाधड़ी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-fastag-online-fraud-teacher-loses-6-lakh-1873260.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 19 Jul 2026 14:58:02 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 19 Jul 2026 14:58:02 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Teacher-Cyber-Scam_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Cyber Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Cyber Fraud]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1873260</guid>

					<description><![CDATA[FASTag Scam : यवतमाल में FASTag रिचार्ज और अपडेट के नाम पर साइबर ठगों ने एक महिला शिक्षिका से 5,99,999 रुपये की ऑनलाइन ठगी कर ली। फर्जी कस्टमर सपोर्ट ऐप डाउनलोड कराकर बैंक खाते की जानकारी हासिल की गई।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Teacher-Cyber-Scam_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Fastag Online Fraud Teacher Loses 6 Lakh"     /></figure><p><strong>Yavatmal Cyber Fraud:</strong> यवतमाल शहर में फास्टैग रिचार्ज और अपडेट कराने के नाम पर एक महिला शिक्षिका से करीब 5 लाख 99 हजार 999 रुपये (लगभग 6 लाख रुपये) की ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। इस मामले में अवधूतवाड़ी पुलिस ने दो अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, बोर्ले ले-आउट स्थित साई सहवास अपार्टमेंट निवासी क्रांति दिवाकर राऊत, जो पेशे से शिक्षिका हैं, उनकी कार का फास्टैग रिचार्ज समाप्त हो गया था। रिचार्ज कराने के लिए उन्होंने टोल-फ्री नंबर पर संपर्क किया। वहां से उन्हें एक अन्य मोबाइल नंबर पर कॉल करने के लिए कहा गया। इसी दौरान साइबर ठगों ने उन्हें अपने जाल में फंसा लिया। ठगों ने खुद को कस्टमर सपोर्ट कर्मचारी बताते हुए शिक्षिका से मोबाइल में एक कस्टमर सपोर्ट ऐप डाउनलोड कराया।</p>
<h3>हेल्पलाइन पर कॉल करना पड़ा भारी</h3>
<p>नेटवर्क संबंधी समस्या का बहाना बनाकर उनसे स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (बाभुलगांव शाखा) और सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया (यवतमाल शाखा) के खातों की जानकारी, पैन कार्ड और आधार कार्ड का विवरण प्राप्त कर लिया। कुछ ही देर बाद<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/chhatrapati-sambhajinagar-cyber-fraud-mule-account-case-three-booked-1870756.html"> साइबर अपराधियों</a> </strong>ने शिक्षिका के सेंट्रल बैंक खाते से 99,999 रुपये और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के खाते से 5,00,000 रुपये निकाल लिए। इस तरह कुल 5,99,999 रुपये की ठगी कर ली गई। धोखाधड़ी का पता चलते ही क्रांति राऊत ने तुरंत साइबर सेल से संपर्क किया और बाद में अवधूतवाड़ी पुलिस थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई, पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="धामणगांव में छात्राओं को साइबर सुरक्षा का दिया गया प्रशिक्षण, 600 से अधिक छात्राएं शामिल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/dhamangaon-cyber-security-workshop-girls-school-1871631.html"> धामणगांव में छात्राओं को साइबर सुरक्षा का दिया गया प्रशिक्षण, 600 से अधिक छात्राएं शामिल</a></strong></p>
<h3>किसी भी ऑनलाइन लिंक पर भरोसा न करें: पुलिस</h3>
<p>पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान कॉल, लिंक या मोबाइल ऐप पर भरोसा न करें, किसी भी व्यक्ति के साथ बैंक खाते, एटीएम, ओटीपी, आधार, पैन या अन्य <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nmc-nagpur-scam-lakadganj-zone-fake-workers-salary-fraud-investigation-1807542.html">गोपनीय वित्तीय जानकारी</a></strong> साझा करने से बचें, ताकि इस प्रकार की साइबर ठगी से सुरक्षित रहा जा सके।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: यवतमाल रेलवे स्टेशन से लाखों का राजस्व, फिर भी विकास ठप; यात्रियों ने उठाए सवाल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-railway-station-development-issue-revenue-passenger-facilities-1871569.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 18 Jul 2026 15:05:50 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 18 Jul 2026 15:05:50 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Railway-Station-Modernization_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Indian Railway]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1871569</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Station Development: यवतमाल रेलवे स्टेशन से हर महीने करीब 70 लाख रुपये का राजस्व मिलने के बावजूद विकास कार्य ठप हैं। यात्रियों ने स्टेशन के बुनियादी सुविधाओं में सुधार की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Railway-Station-Modernization_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Railway Station Development Issue Revenue Passenger Facilities"     /></figure><p><strong>Yavatmal Railway Station:</strong> यवतमाल रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन करीब 2 लाख रुपये तक की रेल टिकट बुकिंग होती है। इस हिसाब से रेलवे को हर महीने लगभग 70 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त होता है। इसके बावजूद स्टेशन का विकास ठप है और स्टेशन परिसर का अधिकांश भाग पिछले लगभग आठ वर्षों से बंद पड़ा हुआ है। बुकिंग मास्टर जगनलाल मीणा के अनुसार, स्टेशन पर टिकट बुकिंग का पूरा कार्य केवल दो कर्मचारियों के भरोसे संचालित हो रहा है।</p>
<p>प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्रियों के टिकट बुक होने और भारी ट्रांजेक्शन के कारण कर्मचारियों पर अतिरिक्त कार्यभार रहता है। यात्रियों की सुविधा के लिए अतिरिक्त बुकिंग कर्मचारियों की नियुक्ति आवश्यक है। यहां पर केवल दो ही कर्मचारी तैनात है। जबकि यहां पर तीन कर्मचारियों की आवश्यकता है। यहीं नहीं तो यहां पर सुरक्षा के लिहाज से भी आवश्यक प्रबंध करना जरूरी है।</p>
<h3>सुरक्षा और सुविधाओं पर उठे सवाल</h3>
<p>रात के समय स्टेशन परिसर में शराबियों और जुआरियों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे यात्रियों में भय का माहौल रहता है। वहीं, कई बार स्ट्रीट लाइटें भी बंद रहती हैं। जिससे अंधेरा होने के कारण समस्याएं और बढ़ जाती हैं। ब्रिटिशकालीन विरासत माने जाने वाले यवतमाल <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-railway-station-flyover-demolition-6-lane-road-project-high-court-approval-1869820.html">रेलवे स्टेशन</a></strong> का अब तक कायाकल्प नहीं हो सका है। स्टेशन भवन, परिसर, प्रतीक्षालय, पेयजल, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं में सुधार की लंबे समय से मांग की जा रही है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="सोनम वांगचुक को जबरन अस्पताल भेजने की घटना पर महाराष्ट्र में सियासी घमासान, विपक्ष हुआ हमलावर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sonam-wangchuk-hospitalized-political-row-sharad-pawar-aditya-thackeray-attack-modi-government-1871306.html"> सोनम वांगचुक को जबरन अस्पताल भेजने की घटना पर महाराष्ट्र में सियासी घमासान, विपक्ष हुआ हमलावर </a></strong></p>
<h3>राजस्व तैयार है पर लेने वाला तैयार नहीं</h3>
<p>रेलवे प्रशासन से मांग की है कि स्टेशन से हर महीने लाखों रुपये का राजस्व मिलने के बावजूद उसकी अनदेखी न की जाए। बंद पड़े स्टेशन परिसर को जल्द शुरू किया जाए, स्टेशन का आधुनिकीकरण किया जाए, अतिरिक्त कर्मचारियों और<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/airport-nagpur-handover-gmr-group-june-25-fadnavis-gadkari-attend-1807648.html"> सुरक्षा बल</a></strong> की नियुक्ति की जाए तथा यात्रियों को बेहतर और सुरक्षित सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>उच्च शिक्षा और छात्रवृत्ति के लिए जरूरी जाति वैधता प्रमाणपत्र, यवतमाल में बढ़ा आवेदन का दबाव</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-caste-validity-certificate-pending-applications-2026-1869994.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 17 Jul 2026 14:44:22 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 17 Jul 2026 14:44:22 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Caste-Certificate-Verification_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Caste-Religion]]></category>
		<category><![CDATA[Education Committee]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1869994</guid>

					<description><![CDATA[Caste Certificate Verification: यवतमाल जिला जाति प्रमाणपत्र सत्यापन समिति के पास जून 2026 में 1,886 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 925 का निस्तारण हुआ जबकि 961 प्रस्ताव लंबित हैं। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Caste-Certificate-Verification_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Caste Validity Certificate Pending Applications 2026"     /></figure><p><strong>Yavatmal Caste Validity Certificate:</strong> प्रमाणपत्र सत्यापन समिति के पास जून 2026 में कुल 1,886 प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनमें से 925 मामलों का निस्तारण कर दिया गया है, जबकि 961 प्रस्ताव अभी भी लंबित हैं। समिति के अनुसार लंबित मामलों का मुख्य कारण आवेदन और दस्तावेजों में त्रुटियां, अपूर्ण जानकारी तथा आवश्यक दस्तावेजों की पूर्ति में लगने वाला समय है। संबंधित अभ्यर्थियों से दस्तावेज पूर्ण रूप से प्राप्त होते ही मामलों का निस्तारण किया जा रहा है।</p>
<p>अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी), विमुक्त एवं घुमंतू जाति (एनटी) सहित अन्य आरक्षित वर्गों के विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा में प्रवेश और छात्रवृत्ति का लाभलेने हेतु जाति वैधता प्रमाणपत्र अनिवार्य है। इसके बिना कई शैक्षणिक सुविधाओं और शुल्क में मिलने वाली रियायतों का लाभ नहीं मिल पाता। राज्य सरकार ने पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन कर दिया है, जिससे अब विद्यार्थियों को कार्यालयों में लंबी कतारों में खड़ा नहीं होना पड़ता।</p>
<h3>यवतमाल में रोज 160 नए आवेदन</h3>
<p>20 से 90 दिनों के भीतर प्रमाणपत्र जारी किया जाता है। हालांकि, दस्तावेजों में किसी प्रकार की कमी या त्रुटि पाए जाने पर आवेदक को मूल दस्तावेजों सहित दोबारा उपस्थित होना पड़ता है। जाति वैधता के लिए आवश्यक दस्तावेज जाति वैधता प्रमाणपत्र के लिए मूल जाति प्रमाणपत्र, सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी जाति प्रमाणपत्र, स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र (टीसी), विद्यार्थी अथवा पिता की टीसी, जाति का प्रमाण, ओबीसी एवं एनटी वर्ग के लिए वर्ष 1961 से पूर्व का जाति संबंधी प्रमाण, वंशावली, निवास प्रमाणपत्र, पहचान पत्र, <strong><a href="https://navbharatlive.com/utility-news/how-to-add-husband-name-in-aadhaar-card-online-process-1679930.html">आधार कार्ड</a></strong> तथा शपथपत्र सहित अन्य आवश्यक दस्तावेज जमा करने होते हैं।</p>
<h3>नए शैक्षणिक सत्र के लिए आवेदन शुरू</h3>
<p>शैक्षणिक सत्र 2026-27 में कक्षा 12वीं विज्ञान संकाय में प्रवेश लेने वाले अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, विमुक्त एवं घुमंतू जाति, सामाजिक एवं शैक्षणिक रूप से पिछड़ा वर्ग तथा विशेष पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों के जाति वैधता प्रमाणपत्र संबंधी प्रस्ताव स्वीकार करने की प्रक्रिया 1 जुलाई 2026 से शुरू हो चुकी है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="यवतमाल में बोगस बीज बेचने वाली कंपनियों पर फूटा जिलाधिकारी का गुस्सा, 151 कृषि केंद्रों में बिक्री पर रोक" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/bogus-soybean-seed-sale-banned-151-agri-centers-yavatmal-1867030.html"> यवतमाल में बोगस बीज बेचने वाली कंपनियों पर फूटा जिलाधिकारी का गुस्सा, 151 कृषि केंद्रों में बिक्री पर रोक</a></strong></p>
<h3>प्रतिदिन आ रहे 160 नए आवेदन</h3>
<p>जिला जाति प्रमाणपत्र सत्यापन समिति की उपायुक्त प्राजक्ता इंगले ने बताया कि जून में प्राप्त 1,886 प्रस्तावों में से 925 मामलों का निस्तारण किया गया है, जबकि 961 प्रस्ताव लंबित हैं। अधिकांश <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nmc-to-launch-e-court-case-monitoring-management-system-nagpur-high-court-1865847.html">लंबित मामलों</a></strong> में दस्तावेजों की त्रुटियां प्रमुख कारण हैं।</p>
<p>आवश्यक दस्तावेज प्राप्त होते ही इन प्रस्तावों का निस्तारण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जुलाई माह में समिति के पास प्रतिदिन लगभग 160 नए प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं। वहीं, किसानों ने मांग की है कि जांच प्रक्रिया जल्द पूरी कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए तथा प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा और न्याय दिलाया जाए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में बोगस बीज बेचने वाली कंपनियों पर फूटा जिलाधिकारी का गुस्सा, 151 कृषि केंद्रों में बिक्री पर रोक</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/bogus-soybean-seed-sale-banned-151-agri-centers-yavatmal-1867030.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 16 Jul 2026 07:23:12 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 16 Jul 2026 07:23:12 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-News-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1867030</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal News: यवतमाल में सोयाबीन बीज अंकुरण फेल होने की 832 शिकायतों के बाद जिलाधिकारी विकास मीना ने सख्त रुख अपनाया है। 151 कृषि केंद्रों में बिक्री रोक दी गई है और 38 लाइसेंस निलंबित किए गए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-News-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Bogus Soybean Seed Sale Banned 151 Agri Centers Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Soybean Seed Germination Failure:</strong> यवतमाल जिले में खरीफ सीजन के दौरान किसानों को घटिया और नकली बीजों की आपूर्ति की शिकायतों ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। पहले से ही विभिन्न समस्याओं से जूझ रहे किसानों को बीज कंपनियों की लापरवाही का सामना करना पड़ रहा है। बड़ी संख्या में किसानों ने सोयाबीन बीज के अंकुरण नहीं होने की शिकायतें जिला प्रशासन और कृषि विभाग के पास दर्ज कराई हैं। जिले में अब तक 832 किसानों ने बीजों की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें दर्ज कराई हैं, जिनमें से 485 शिकायतों की जांच पूरी कर ली गई है।</p>
<p>जांच के बाद घटिया बीज बेचने वाली कंपनियों को जिम्मेदार ठहराते हुए जिलाधिकारी विकास मीना के निर्देश पर संबंधित कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है। वहीं जिले के 151 कृषि केंद्रों में बीज बिक्री बंद करने के आदेश जारी किए गए हैं। जिले में सोयाबीन बीज अंकुरण को लेकर सबसे अधिक शिकायतें नेर, बाभुलगांव और दारव्हा तहसीलों से प्राप्त हुई हैं।</p>
<h3>नेर, बाभुलगांव और दारव्हा में सबसे ज्यादा मामले</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/reliance-biogas-project-yavatmal-ner-investment-farmers-income-employment-1619612.html">नेर तहसील</a> में सबसे अधिक 415 शिकायतें, बाभुलगांव में 156 और दारव्हा में 136 शिकायतें दर्ज की गई हैं। इसके अलावा कलंब तहसील में 50, वणी में 19, यवतमाल में 13, पुसद में 11, आर्णी में 9, घाटंजी और मारेगांव में 5-5, दिग्रस और पांढरकवडा में 4-4, उमरखेड में 3 तथा महागांव में 2 शिकायतें प्राप्त हुई हैं। इनमें से 485 शिकायतों की जांच तालुका शिकायत निवारण समिति द्वारा पूरी कर ली गई है, जबकि 302 शिकायतों की जांच बाकी है।</p>
<p>शिकायतें वाली कंपनियों के बीजों के नमूने तत्काल लेकर उनकी जांच रिपोर्ट समय पर प्राप्त करने के निर्देश कृषि विभाग को दिए गए हैं। नमूने अप्रमाणित पाए जाने पर संबंधित कंपनियों के खिलाफ न्यायालयीन कार्रवाई करने के निर्देश जिलाधिकारी विकास मीना ने दिए हैं।</p>
<p>बैठक में जिलाधिकारी ने किसानों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए निर्देश दिए कि जिन बीज कंपनियों के खिलाफ शिकायतें प्राप्त हुई हैं, उन्हें जिम्मेदार मानते हुए सभी मामलों का समय पर निपटारा किया जाए। बैठक में जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी मनोजकुमार ढगे, कृषि विकास अधिकारी लहू आडे, अभियान अधिकारी प्रवीण जाधव, जिला गुणवत्ता नियंत्रण अधिकारी धीरज मोहेकर सहित कृषि विक्रेता और विभिन्न बीज कंपनियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="गैरकानूनी काम करने वाले ही दिल्ली के चक्कर लगाते हैं…अरविंद सावंत का बागी सांसदों पर तीखा हमला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/arvind-sawant-attacks-rebel-mps-delhi-visit-amit-shah-meeting-delimitation-1866954.html"> गैरकानूनी काम करने वाले ही दिल्ली के चक्कर लगाते हैं…अरविंद सावंत का बागी सांसदों पर तीखा हमला </a></strong></p>
<h3>4,090 कृषि दुकानों की जांच, 38 लाइसेंस निलंबित।</h3>
<p>कृषि निविष्ठाओं की गुणवत्ता पर नियंत्रण रखने के लिए जिला प्रशासन द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। 14 जुलाई तक जिले की 4,090 कृषि निविष्ठा दुकानों की जांच की गई है। इस कार्रवाई में 151 कृषि केंद्रों को बिक्री बंद करने के आदेश, 38 कृषि केंद्रों के लाइसेंस निलंबित, 15 लाइसेंस स्थायी रूप से रद्द और 8 मामलों में पुलिस अपराध दर्ज किए गए हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: महागांव पुलिस की तिहरी कार्रवाई, जुआ अड्डों पर छापे और अवैध रेत से भरा ट्रैक्टर जब्त</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-police-gambling-raids-illegal-sand-tractor-seized-yavatmal-1866146.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 15 Jul 2026 18:44:17 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 15 Jul 2026 18:44:17 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Police-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Online Gambling]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1866146</guid>

					<description><![CDATA[Mahagaon Police Action: यवतमाल के महागांव में पुलिस ने अपराध और अवैध गतिविधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो जुआ अड्डों पर छापेमारी की और 11 आरोपियों पर केस दर्ज किया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Police-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mahagaon Police Gambling Raids Illegal Sand Tractor Seized Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Gambling Raid:</strong> यवतमाल जिले के महागांव पुलिस ने अपराध और अवैध गतिविधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अलगअलग स्थानों पर संचालित जुआ अड्डों पर छापेमारी की तथा 11 आरोपियों के खिलाफ महाराष्ट्र जुआ अधिनियम के तहत मामले दर्ज किए। इसके अलावा अवैध रूप से रेत का परिवहन कर रहे एक ट्रैक्टर को जब्त कर चालक के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध दर्ज किया गया यह कार्रवाई 14 जुलाई को की गई।</p>
<p>पुलिस को मिली गोपनीय सूचना के आधार पर खडका फाटा के जंगल क्षेत्र में चल रहे 52 पत्तों के जुआ अड्डे पर छापा मारा गया। इस कार्रवाई में छह लोगों को हिरासत में लिया गया। आरोपियों से नकदी, जुआ सामग्री सहित कुल 2.36 लाख रुपये का माल जब्त किया गया। इस मामले में महागांव पुलिस थाने में महाराष्ट्र जुआ अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।</p>
<h3>यवतमाल में जुआ अड्डों पर पुलिस का छापा</h3>
<p>इसके बाद पुलिस ने मुडाणा स्थित<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nh44-leopard-killed-in-road-accident-near-develapar-nagpur-1865380.html"> राष्ट्रीय राजमार्ग</a></strong>361 के समीप चल रहे एक अन्य जुआ अड्डे पर छापेमारी की। यहां से पांच लोगों को हिरासत में लिया गया तथा 28,930 रुपये का माल जब्त किया गया। इस मामले में भी महाराष्ट्र जुआ अधिनियम के तहत अपराध दर्ज किया गया। इसी अभियान के दौरान धनोडा के पास राष्ट्रीय राजमार्ग361 स्थित पुल के निकट अवैध रूप से रेत का परिवहन कर रहे एक ट्रैक्टर को पुलिस ने पकड़ लिया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="महाराष्ट्र TET पेपर लीक मामला में बड़ा खुलासा, आगरा की प्रिंटिंग प्रेस से महज 8 हजार रुपये बिका था प्रश्नपत्र" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/thane/maharashtra-tet-paper-leak-case-question-paper-was-purchased-just-rs-8000-1865385.html"> महाराष्ट्र TET पेपर लीक मामला में बड़ा खुलासा, आगरा की प्रिंटिंग प्रेस से महज 8 हजार रुपये बिका था प्रश्नपत्र </a></strong></p>
<h3>11 आरोपियों पर केस दर्ज</h3>
<p>कार्रवाई में ट्रैक्टर और रेत सहित लगभग 5.05 लाख रुपये का माल जब्त किया गया। संबंधित चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 3032 के तहत मामला दर्ज किया गया। यह संयुक्त कार्रवाई पुलिस अधीक्षक कुमार चिंता, अपर पुलिस अधीक्षक अशोक थोरात तथा उपविभागीय <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/police-pune-officers-shortage-new-police-chowki-plan-delayed-updates-1863009.html">पुलिस अधिकारी</a> </strong>अमर मोहिते के मार्गदर्शन में महागांव पुलिस थाने के पुलिस निरीक्षक सेवानंद वानखेडे और उनकी टीम ने की।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आषाढ़ी वारी: यवतमाल से पंढरपुर के लिए 250 विशेष एसटी बसें, वारकरियों को मिलेगी विशेष सुविधा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-pandharpur-ashadhi-wari-special-st-buses-2026-1863247.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 17:12:47 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 17:12:47 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Vitthal-Darsha_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Ashadhi Wari]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Pandharpur Yatra]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1863247</guid>

					<description><![CDATA[Ashadhi Wari 2026: आषाढ़ी एकादशी पर पंढरपुर स्थित भगवान विठ्ठल के दर्शन के लिए यवतमाल जिले के 9 एसटी डिपो से 250 विशेष बसें चलाई जाएंगी। स्वास्थ्य विभाग आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से जागरूकता अभियान भ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Vitthal-Darsha_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Pandharpur Ashadhi Wari Special St Buses 2026"     /></figure><p><strong>Yavatmal ST Buses:</strong> आषाढ़ी एकादशी के अवसर पर पंढरपुर स्थित भगवान विठ्ठल के दर्शन के लिए महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन महामंडल एसटी ने यवतमाल जिले से 250 विशेष बसों के संचालन की योजना बनाई है। जिले के 9 बस डिपो से ये विशेष बसें चलाई जाएंगी, ताकि पैदल यात्रा करने में असमर्थ श्रद्धालु भी आसानी से पंढरपुर पहुंच सकें। साथ ही प्रमुख बस स्टैंडों पर यात्रियों के लिए अस्थायी शेड और पेयजल जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। हर वर्ष जिले के सैकड़ों वारकरी पैदल दिंडी के माध्यम से पंढरपुर की यात्रा करते हैं।</p>
<p>हालांकि, वृद्ध, दिव्यांग तथा अन्य कारणों से पैदल यात्रा न कर पाने वाले श्रद्धालुओं के लिए परिवहन महामंडल विशेष बस सेवा उपलब्ध कराता है। इस वर्ष यवतमाल जिले के 9 डिपो से कुल 250 विशेष बसों का संचालन किया जाएगा। बसों का डिपोवार नियोजन यवतमाल से 40, पुसद से 34, वणी से 27, उमरखेड़ से 31, दारव्हा से 29, पांढरकवडा से 28, नेर से 18, दिग्रस से 24 तथा रालेगांव से 19 बसें संचालित होंगी।</p>
<h3>बसें, शेड और पेयजल की विशेष व्यवस्था</h3>
<p>यवतमाल, वणी, पांढरकवडा, दारव्हा, रालेगांव और नेर डिपो की बसें यवतमाल-उमरखेड़-नांदेड़-लातूर-सोलापुर होते हुए पंढरपुर पहुंचेंगी। वहीं पुसद, दिग्रस तथा अन्य संबंधित डिपो की बसें पुसद शेंबालपिंपरी कलमनुरी हिंगोली औंढा परभणी अंबेजोगाई कलंब येरमाला बार्शी कुर्दुवाडी तुलजापुर-सोलापुर मार्ग से पंढरपुर जाएंगी।</p>
<p>पंढरपुर जाने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए यवतमाल, पुसद, वणी, उमरखेड़ और दारव्हा बस स्टैंड पर विशेष यात्रा शेड बनाए जाएंगे। यहां यात्रियों के लिए <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-rural-drinking-supply-water-policy-2026-approved-1803115.html">स्वच्छ पेयजल</a></strong> की व्यवस्था भी की जाएगी। इन व्यवस्थाओं का खर्च यात्रा अवधि में होने वाली आय से वहन किया जाएगा।</p>
<h3>आशा कार्यकर्ता चलाएंगी स्वास्थ्य जागरूकता अभियान</h3>
<p>आषाढ़ी वारी के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए जिला स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय ने सभी तहसील स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं कि आशा स्वयंसेविकाओं के माध्यम से व्यापक स्वास्थ्य जागरूकता अभियान चलाया जाए।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="11 महीने तक दफन रहा मर्डर मिस्ट्री का राज, पत्नी ने प्रेमी संग रची पति की हत्या की साजिश, शव के किए तीन टुकड़े" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/airoli-murder-case-navi-mumbai-wife-and-lover-arrested-body-pieces-found-1862686.html"> 11 महीने तक दफन रहा मर्डर मिस्ट्री का राज, पत्नी ने प्रेमी संग रची पति की हत्या की साजिश, शव के किए तीन टुकड़े</a></strong></p>
<p>आशा कार्यकर्ता गांवगांव में वारकरियों को स्वच्छता, सुरक्षित पेयजल, हाथ धोने की आदत, लू एवं डिहाइड्रेशन से बचाव तथा संक्रामक रोगों की रोकथाम संबंधी जानकारी देंगी। स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को बीमारियों से सुरक्षित रखना और <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-government-announcees-4-medical-colleges-cost-revised-health-infra-plan-1861636.html/amp">स्वास्थ्य संबंधी</a> </strong>सावधानियों के प्रति जागरूक बनाना है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में 7.60 लाख हेक्टेयर फसल पर दोबारा बुवाई का संकट, किसान बारिश का इंतजार कर रहे</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-crop-resowing-rainfall-crisis-2026-1863117.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 16:02:12 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 16:02:12 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Kharif-Season-2026_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Kharif Crop]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1863117</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Low Rainfall: यवतमाल जिले में बारिश नहीं होने से 7.60 लाख हेक्टेयर खरीफ फसल पर दोबारा बुवाई का संकट गहरा गया है। सोयाबीन और कपास की फसल प्रभावित हो रही है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Kharif-Season-2026_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Kharif Crop Resowing Rainfall Crisis 2026"     /></figure><p><strong>Yavatmal Kharif Crop:</strong> यवतमाल जिले में पिछले आठ-दस दिनों से बारिश नहीं होने के कारण खरीफ फसलों पर संकट गहरा गया है। शुरुआती अच्छी बारिश के बाद किसानों ने बड़े पैमाने पर खरीफ की बुवाई पूरी कर ली थी, लेकिन अब वर्षा का लंबा अंतराल पड़ने से खेतों में उगी कोमल फसलें मुरझाने लगी हैं। जिले में करीब 84 प्रतिशत यानी 7 लाख 60 हजार 329 हेक्टेयर क्षेत्र में दोबारा बुवाई की आशंका पैदा हो गई है। किसान अब राहत की बारिश का इंतजार कर रहे हैं।</p>
<p>मानसून की देर से शुरुआत होने के बावजूद बारिश आते ही किसानों ने कर्ज लेकर और अपनी जमा-पूंजी खर्च कर सोयाबीन, कपास, अरहर सहित विभिन्न खरीफ फसलों की बुवाई की थी। शुरुआती दिनों में पर्याप्त नमी मिलने से अंकुरण अच्छा हुआ, लेकिन दो से चार पत्तियां निकलने के बाद बारिश थम गई। लगातार धूप और मिट्टी में नमी की कमी से पौधे सूखने की कगार पर पहुंच गए हैं। सबसे अधिक असर सोयाबीन और कपास की फसल पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।</p>
<h3>किसानों की बढ़ी चिंता</h3>
<p>इस वर्ष बीज, खाद, कीटनाशक और खेती की लागत पहले ही काफी बढ़ चुकी है. वहीं कई क्षेत्रों में नकली और घटिया बीजों के कारण किसानों को अतिरिक्त <strong><a href="https://navbharatlive.com/world/news-update-about-pakistan-economic-crisis-due-to-war-1706019.html">आर्थिक नुकसान</a></strong> उठाना पड़ रहा है. महंगे बीज खरीदने के बावजूद अपेक्षित अंकुरण नहीं होने से किसानों के सामने दोबारा बुवाई का संकट खड़ा हो गया है।</p>
<h3>319 शिकायतें नकली बीजों की</h3>
<p>खरीफ सीजन की शुरुआत में ही जिले के विभिन्न हिस्सों से बीजों की कम अंकुरण क्षमता को लेकर 319 शिकायतें सामने आई हैं। किसानों का आरोप है कि महंगे बीज खरीदने के बावजूद फसल अपेक्षित रूप से नहीं उगी, जिससे अब उन्हें दोबारा बीज, मजदूरी और जुताई पर अतिरिक्त खर्च करना पड़ सकता है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="गोंदिया में आवास निर्माण पूरा करने की मांग तेज, लाभार्थियों को तीसरी किस्त का इंतजार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-housing-scheme-incomplete-houses-third-installment-1859360.html"> गोंदिया में आवास निर्माण पूरा करने की मांग तेज, लाभार्थियों को तीसरी किस्त का इंतजार</a></strong></p>
<h3>मौसम विभाग का अनुमान फिर गलत साबित</h3>
<p>मौसम विभाग ने पिछले कई दिनों से जिले में मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई थी, लेकिन वास्तविकता में अपेक्षित वर्षा नहीं हुई। इससे किसानों में मौसम विभाग के पूर्वानुमानों को लेकर असमंजस की स्थिति बन गई है। बारिश के अनुमान के आधार पर खेती का पूरा कार्यक्रम तय करने वाले किसानों का कृषि प्रबंधन भी प्रभावित हुआ है।</p>
<h3>अगले दो-तीन दिन होंगे निर्णायक</h3>
<p>विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अगले दो से तीन दिनों में जिले में अच्छी बारिश नहीं हुई, तो बड़े पैमाने पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-low-rainfall-paddy-farming-crisis-2026-1862774.html">दोबारा बुवाई</a> </strong>करनी पड़ सकती है। इस समय होने वाली वर्षा खरीफ फसलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। समय पर बारिश होने पर फसलों को नई जीवनशक्ति मिल सकती है, अन्यथा उत्पादन पर गंभीर असर पड़ने की आशंका है।</p>
<h3>जिले में खरीफ फसलों की बुवाई (हेक्टेयर में)</h3>
<div class="responsive-table"><table style="height: 242px;" width="642">
<thead>
<tr>
<th><strong>फसल</strong></th>
<th align="right"><strong>क्षेत्र (हेक्टेयर)</strong></th>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td>कपास</td>
<td align="right">4,42,722</td>
</tr>
<tr>
<td>सोयाबीन</td>
<td align="right">2,20,278</td>
</tr>
<tr>
<td>अरहर (तुअर)</td>
<td align="right">93,960</td>
</tr>
<tr>
<td>मूंग</td>
<td align="right">811</td>
</tr>
<tr>
<td>उड़द</td>
<td align="right">845</td>
</tr>
<tr>
<td>ज्वार</td>
<td align="right">763</td>
</tr>
<tr>
<td>अन्य अनाज</td>
<td align="right">221</td>
</tr>
<tr>
<td>बाजरा</td>
<td align="right">3</td>
</tr>
<tr>
<td>तिल</td>
<td align="right">14</td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: शादी में साड़ी नहीं, मेहमानों को भारतीय संविधान की प्रति भेंट; खडका के उपसरपंच की अनोखी पहल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/indian-constitution-gift-at-wedding-dattarao-kadam-mahagaon-1863067.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 15:17:04 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 15:17:04 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Indian-Constitution_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1863067</guid>

					<description><![CDATA[Indian Constitution Gift: महागांव के खडका उपसरपंच दत्तराव कदम ने अपनी बेटी के विवाह के अवसर पर मेहमानों को साड़ी या पारंपरिक उपहार की जगह भारतीय संविधान की प्रति भेंट की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Indian-Constitution_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Indian Constitution Gift At Wedding Dattarao Kadam Mahagaon"     /></figure><p><strong>Yavatmal Constitutional Awareness:</strong> विवाह केवल दो व्यक्तियों का नहीं, बल्कि दो परिवारों के संस्कारों और सामाजिक मूल्यों का संगम होता है। इस शुभ अवसर पर आमतौर पर निमंत्रण के साथ साड़ी, बर्तन, मिठाई या अन्य उपहार देने की परंपरा रही है। लेकिन खडका के उपसरपंच एवं प्रगतिशील समाजसेवी दत्तराव कदम ने इस परंपरा से हटकर मेहमानों को भारतीय संविधान की प्रति भेंट कर समाज के सामने एक प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया है।</p>
<p>अपनी पुत्री देवयानी कदम, जो एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं, के विवाह का निमंत्रण देते समय उन्होंने साड़ी या अन्य उपहार देने के बजाय प्रत्येक आमंत्रित अतिथि को भारतीय संविधान की प्रति भेंट की। विवाह जैसे आनंदमय अवसर को सामाजिक जागरूकता से जोड़ने वाली यह अनूठी पहल पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है और सभी वर्गों से इसकी सराहना की जा रही है।</p>
<h3>भारतीय संविधान बना शादी का उपहार</h3>
<p>दत्तराव कदम ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य संविधान में निहित समानता, स्वतंत्रता, बंधुत्व और <strong><a href="https://navbharatlive.com/india/world-social-justice-day-is-celebrated-on-20-february-874915.html">सामाजिक न्याय</a></strong> जैसे मूल्यों को हर घर तक पहुंचाना, लोगों को संविधान पढ़ने के लिए प्रेरित करना तथा नागरिकों में संवैधानिक चेतना को मजबूत करना है। देवयानी कदम का विवाह केमिकल इंजीनियर प्रज्योत के साथ रविवार, 19 जुलाई 2026 को पुसद स्थित गणोबा मंगल कार्यालय में संपन्न होगा।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a title="गोंदिया में मेमू ट्रेन से महिला को धक्का देकर हत्या, CCTV फुटेज में कैद हुआ आरोपी का खौफनाक चेहरा" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/train-murder-woman-pushed-cctv-footage-suspect-news-gondia-1860179.html"> गोंदिया में मेमू ट्रेन से महिला को धक्का देकर हत्या, CCTV फुटेज में कैद हुआ आरोपी का खौफनाक चेहरा</a></strong></p>
<h3>दत्तराव कदम की पहल की हर ओर सराहना</h3>
<p>विवाह का निमंत्रण पत्र और उसके साथ <strong><a href="https://navbharatlive.com/career/what-is-the-preamble-of-indian-constitution-history-and-significance-1534891.html">भारतीय संविधान</a></strong> की प्रति प्राप्त कर आमंत्रित अतिथियों ने इस पहल की मुक्तकंठ से प्रशंसा की।बढ़ते दिखावे और महंगे उपहारों के दौर में भारतीय संविधान जैसे अमूल्य वैचारिक ग्रंथ को उपहार के रूप में देना न केवल एक अभिनव पहल है, बल्कि समाज को सकारात्मक दिशा में सोचने के लिए प्रेरित करने वाला संदेश भी है। विवाह जैसे पारिवारिक उत्सव को सामाजिक उत्तरदायित्व से जोड़ने वाली इस पहल के लिए दत्तराव कदम को चारों ओर से बधाइयां मिल रही हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में शिक्षकों की कमी पर शिवसेना (UBT) आक्रामक, जिला प्रशासन को दिया 2 अगस्त तक का अल्टीमेटम</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/shivsena-ultimatum-zp-schools-teacher-shortage-protest-yavatmal-1863013.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 15:07:08 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 15:07:08 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Zilla-Parishad-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1863013</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal ZP News: वणी, मारेगांव और झरी-जामणी तहसील के जिला परिषद स्कूलों में 300 शिक्षकों के पद खाली होने पर शिवसेना (UBT) ने मोर्चा खोला है। नियुक्तियां न होने पर 2 अगस्त से आंदोलन की चेतावनी दी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Zilla-Parishad-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Shivsena Ultimatum Zp Schools Teacher Shortage Protest Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Zilla Parishad Teacher Shortage: </strong>यवतमाल जिले के वणी, मारेगांव और झरी-जामणी तहसील के जिला परिषद स्कूलों में करीब 300 शिक्षकों के पद रिक्त होने से हजारों ग्रामीण और आदिवासी विद्यार्थियों का भविष्य अधर में लटक गया है। इस गंभीर मुद्दे को लेकर शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) ने जिला प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए कड़ा अल्टीमेटम जारी किया है। पार्टी ने साफ चेतावनी दी है कि यदि 2 अगस्त तक रिक्त पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति नहीं हुई, तो छात्र-छात्राओं और उनके अभिभावकों के साथ कलेक्टर एवं जिला परिषद कार्यालय परिसर में ही स्कूल लगाकर आंदोलन किया जाएगा।</p>
<h3>ज्ञापन में उठाए गए गंभीर मुद्दे</h3>
<p>शिवसेना के <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/panchkhed-digras-ancient-human-settlement-found-news-yavatmal-1860212.html">यवतमाल जिला</a> प्रमुख संजय निखाडे के नेतृत्व में जिलाधिकारी को सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया कि वणी, मारेगांव और झरी-जामणी के अनेक जिला परिषद स्कूल आज केवल एक या दो शिक्षकों के भरोसे संचालित हो रहे हैं। ऐसे में एक ही शिक्षक को कई कक्षाओं का शैक्षणिक दायित्व निभाना पड़ रहा है, जिससे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलना लगभग असंभव हो गया है।</p>
<p>शिवसेना ने आरोप लगाया कि पहले से ही शिक्षकों की भारी कमी से जूझ रहे स्कूलों के शिक्षकों पर बीएलओ, एसआईआर, जनगणना, चुनाव और अन्य गैर-शैक्षणिक कार्यों का अतिरिक्त बोझ डाल दिया गया है। इससे नियमित पढ़ाई पूरी तरह प्रभावित हो रही है और सबसे अधिक नुकसान गरीब तथा आदिवासी विद्यार्थियों का हो रहा है। ज्ञापन में प्रशासन से तीखा सवाल किया गया है कि जब निजी स्कूलों में पर्याप्त शिक्षक उपलब्ध कराए जा सकते हैं, तो ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के गरीब बच्चों को शिक्षकविहीन शिक्षा क्यों दी जा रही है?</p>
<p>शिवसेना ने इसे शिक्षा के अधिकार के साथ अन्याय बताते हुए तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने की मांग की है। पार्टी ने प्रशासन से मांग की है कि सभी रिक्त शिक्षक पदों पर तत्काल नियुक्तियां की जाएं, एक या दो शिक्षकों वाले स्कूलों के शिक्षकों को गैर-शैक्षणिक कार्यों से मुक्त किया जाए, दुर्गम और आदिवासी क्षेत्रों के स्कूलों में प्राथमिकता के आधार पर शिक्षकों की नियुक्ति की जाए।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना: 92 लाख महिलाओं को अपात्र घोषित करने पर अकोला एनसीपी का विरोध" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/ladki-bahin-yojana-92-lakh-women-ncp-akola-memorandum-1862996.html"> <span class="color-red">मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना</span>: 92 लाख महिलाओं को अपात्र घोषित करने पर अकोला एनसीपी का विरोध </a></strong></p>
<h3><span style="caret-color: rgba(0, 0, 0, 0);">शिक्षक कमी को लेकर राजनीतिक माहौल भी गरमा गया</span></h3>
<p><span style="caret-color: rgba(0, 0, 0, 0);">ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार बढ़ती शिक्षक कमी को लेकर अब राजनीतिक माहौल भी गरमा गया है। ऐसे में सबकी निगाहें जिला प्रशासन पर टिकी हैं कि वह समय रहते शिक्षकों की नियुक्ति कर विद्यार्थियों के भविष्य को सुरक्षित करता है या फिर 2 अगस्त के बाद यह मुद्दा बड़े जन-आंदोलन का रूप लेता है।</span></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: खेत में बोया हुतुतु, बीज निकला फुस्स! मारेगांव में सोयाबीन किसानों से बड़ा धोखा, जांच की मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-soybean-seed-germination-failure-farmer-complaint-news-yavatmal-1862910.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 14:46:43 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 14:46:43 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Maregaon-Seeds-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1862910</guid>

					<description><![CDATA[Maraegao Seeds Faliure: यवतमाल के पिसगांव में 'बूस्टर हुतुतु' और 'गायत्री सूरज-501' सोयाबीन बीज अंकुरित न होने से किसान मारोती गौरकार संकट में हैं। मनसे ने कृषि विभाग पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Maregaon-Seeds-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Soybean Seed Germination Failure Farmer Complaint News Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal-Maregaon Soybean Seed Germination Failure: </strong>यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील के पिसगांव निवासी किसान मारोती माधव गौरकार ने कथित रूप से बोगस सोयाबीन बीज बेचने का आरोप लगाते हुए तहसील कृषि अधिकारी को शिकायत सौंपकर नुकसान की भरपाई और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।</p>
<p>शिकायत के अनुसार, किसान ने बुरांडा खड़की स्थित गट क्रमांक 34 की जमीन ठेके पर लेकर 1 जुलाई 2026 को सोयाबीन की बुवाई की थी। इसके लिए उन्होंने एक नामांकित कंपनी के कुल पांच बैग बीज खरीदे थे, जिनमें तीन बैग बूस्टर हुतुतु तथा दो बैग गायत्री सूरज-501 किस्म के थे। बीज खरीद की रसीद भी शिकायत के साथ संलग्न की गई है।</p>
<h3>10 प्रतिशत से भी कम हुआ अंकुरण</h3>
<p>किसान का आरोप है कि बुवाई के बाद खेत में अब तक सोयाबीन का संतोषजनक अंकुरण नहीं हुआ। पूरे खेत में 10 प्रतिशत से भी कम उगाव होने से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। उनका कहना है कि बीज की गुणवत्ता संदिग्ध होने के कारण फसल नष्ट हो गई।</p>
<p>मारोती गौरकार ने <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-fake-fertilizer-seed-sellers-license-suspended-kharif-2026-1861522.html">कृषि विभाग</a> से खेत का तत्काल मौका निरीक्षण कर पंचनामा करने, हुए नुकसान का मुआवजा दिलाने तथा यदि बीज बोगस पाए जाते हैं तो संबंधित कंपनी एवं जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। इस मामले से क्षेत्र के अन्य किसानों में भी चिंता का माहौल है।</p>
<p>किसानों का कहना है कि यदि समय रहते बीज की गुणवत्ता की जांच नहीं हुई तो खरीफ सीजन में अनेक किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।</p>
<h3>कृषि अधिकारियों और बीज कंपनियों में साठगांठ का आरोप</h3>
<p>मनसे नेता राजू उंबरकर ने कहा है कि बोगस बीज यानी किसानों के लिए नई बात नहीं है, यह पुराना विषय है। हर बार कृषि विभाग से शिकायत या अनशन किया गया है। परंतु कृषि अधिकारी एवं सीड्स कंपनी की साठगांठ होती है। विदर्भ के मुख्यमंत्री रहते हुए भी वे किसानों की एक भी बात सुनने को तैयार नहीं हैं। कृषि अधिकारी को कृषि केंद्र धारकों से 5 हजार रुपये महीना मिलता है। क्वालिटी कंट्रोल दस्ता (पथक) कागजों पर है। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/digras-pm-crop-insurance-scheme-july-deadline-yavatmal-1860601.html">यवतमाल जिले</a> के 3 मंत्रियों में से एक भी मंत्री किसानों का नहीं है।</p>
<h3>4 एकड़ में बोया सोयाबीन, उगा सिर्फ 10 फीसदी</h3>
<p>किसान मारेगांव मारुती गौरकार ने कहा है कि मैंने 4 एकड़ खेत में विभिन्न कंपनियों का सोयाबीन बोया था। जिसमें से केवल 10 प्रतिशत बीज उग आया है। जिसके बाद कुछ भी नहीं उगा, जिसकी शिकायत कृषि विभाग सहित प्रशासकीय आला अफसरों से लिखित में की गई है। जिस पर अधिकारी वर्ग ने खेत में आकर निरीक्षण किया है। बोगस बीज बेचने वाली कंपनियों पर फौजदारी कार्रवाई होना अपेक्षित है।</p>
<p>-नवभारत लाईव के लिए उमर शरीफ</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल कृषि दफ्तर में फूट-फूटकर रोया पीड़ित किसान, बोगस सोयाबीन बीज के बाद अधिकारियों ने की बेरुखी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/farmer-cries-dsao-office-bogus-soybean-seed-dispute-yavatmal-1862871.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 14:15:29 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 14:15:29 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Soyabean-Seeds-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1862871</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Seed Issue: यवतमाल के तलेगांव के किसान अमोल मोहुर्ले ने बोगस सोयाबीन बीज की शिकायत पर न्याय न मिलने का आरोप लगाया है। जिला कृषि अधीक्षक कार्यालय में सुनवाई न होने से पीड़ित किसान रो पड़ा।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Soyabean-Seeds-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Farmer Cries Dsao Office Bogus Soybean Seed Dispute Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal District Soybean Seed Germination Failure:</strong> यवतमाल तहसील के तलेगांव निवासी किसान अमोल मोहुर्ले ने खराब सोयाबीन बीज को लेकर शिकायत करने के बावजूद न्याय नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए जिला कृषि अधीक्षक कार्यालय (DSAO) में अपनी व्यथा सुनाई। अधिकारियों से संतोषजनक जवाब नहीं मिलने से परेशान किसान कार्यालय में ही फूट-फूटकर रो पड़ा। जानकारी के अनुसार, अमोल मोहुर्ले ने यवतमाल शहर के मेटीखेड़ा कृषि सेवा केंद्र से विगर कंपनी का &amp;#8216;मालविका&amp;#8217; किस्म का सोयाबीन बीज खरीदा था।</p>
<h3>पंचनामे पर जबरन कराए हस्ताक्षर</h3>
<p>बुवाई के बाद बीज का अपेक्षित अंकुरण नहीं होने पर उन्होंने<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/digras-pm-crop-insurance-scheme-july-deadline-yavatmal-1860601.html"> यवतमाल तहसील</a> कृषि अधिकारी कार्यालय में इसकी आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद कृषि विभाग की टीम ने खेत का निरीक्षण कर पंचनामा किया। किसान मोहुर्ले का आरोप है कि पंचनामा करते समय संबंधित अधिकारियों ने जबरदस्ती उनसे हस्ताक्षर करवा लिए और पंचनामा पढ़ने का अवसर भी नहीं दिया गया।</p>
<p>पंचनामे में खेत में 50 प्रतिशत अंकुरण होने की जानकारी दर्ज की गई, जिस पर उन्होंने आपत्ति जताई। इसके बाद किसान ने जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर जिलाधिकारी श्री <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/krishi-diwas-vasantrao-naik-jayanti-collector-vikas-meena-agriculture-2026-yavatmal-1837963.html">विकास मीणा</a> से मुलाकात की। जिलाधिकारी के निर्देश के बाद दोबारा पंचनामा किया गया। हालांकि, दूसरे पंचनामे से भी संतुष्ट नहीं होने पर उन्होंने जिला कृषि अधीक्षक कार्यालय का रुख किया। कार्यालय में मौजूद रहने के दौरान उनकी मुलाकात किसान आंदोलन से जुड़े प्रो. पंढरी पाठे और उनके सहयोगियों से हुई।</p>
<p>इस दौरान जिला कृषि अधीक्षक मनोज ढगे से संपर्क करने के लिए 13 बार फोन किया गया, लेकिन उन्होंने एक बार भी फोन नहीं उठाया, ऐसा आरोप लगाया गया। किसान दोपहर 2 बजे से शाम 7.30 बजे तक न्याय की उम्मीद में कार्यालय में इंतजार करता रहा, लेकिन अधिकारी के उपस्थित नहीं होने से उसकी निराशा और बढ़ गई।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="आमिर खान की तीसरी शादी पर सियासत तेज, नितेश राणे के लव जिहाद बयान पर वारिस पठान का पलटवार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aamir-khan-third-marriage-row-nitesh-rane-love-jihad-waris-pathan-reply-1862816.html"> आमिर खान की तीसरी शादी पर सियासत तेज, नितेश राणे के लव जिहाद बयान पर वारिस पठान का पलटवार </a></strong></p>
<h3>कृषि कार्यालय की ओर से की गई अनदेखी</h3>
<p>इस दौरान कृषि उपसंचालक सांगले और मौजूद कर्मचारियों से चर्चा की गई। मोहुर्ले ने दूसरे पंचनामे के लिए आए क्वालिटी कंट्रोल अधिकारी का नाम, मोबाइल नंबर और पंचनामा किस प्रक्रिया से किया गया, इसकी जानकारी मांगी। लेकिन जिला कृषि अधीक्षक कार्यालय के किसी भी अधिकारी या कर्मचारी ने संतोषजनक जानकारी नहीं दी, ऐसा आरोप लगाया गया।</p>
<p>इस पूरे घटनाक्रम से किसान अमोल मोहुर्ले मानसिक तनाव में आ गए। उनके द्वारा &amp;#8216;मैं कीटनाशक पीकर अपनी जान दे दूंगा&amp;#8217; जैसी बात कहने की जानकारी सामने आई है। इसके बाद किसान आंदोलन के सचिन मनवर, गौरीनंदन कन्नाके, कृष्णा पुसनाके, विकास मनवर और रामराव राठौड़ ने उन्हें समझाया और हिम्मत दी। बाद में उन्हें सुरक्षित घर भेजा गया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल नगर परिषद चुनाव के 6 महीने बाद भी विकास कार्य ठप, नगराध्यक्ष और पार्षदों पर उठ रहे सवाल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/municipal-council-six-months-election-development-stalled-yavatmal-1862817.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 13:53:15 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 13:53:15 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Zilla-Parishad_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1862817</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Election News: यवतमाल नगर परिषद में जनप्रतिनिधियों के आने के बाद भी विकास कार्यों पर ब्रेक लगा हुआ है। नगराध्यक्ष प्रियदर्शनी उईके के आश्वासनों के विपरीत शहर में गड्ढे और गंदगी का अंबार है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Zilla-Parishad_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Municipal Council Six Months Election Development Stalled Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Municipal Council Election Review: </strong>यवतमाल नगर परिषद के चुनाव के बाद शहर के विकास को गति मिलने, प्रत्येक वार्ड में लंबित विकास कार्य पूरे होने और जनप्रतिनिधियों द्वारा नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान किए जाने की उम्मीद जताई गई थी। लेकिन चुनाव के लगभग छह महीने बाद भी विकास कार्यों में अपेक्षित तेजी नहीं आने से नगराध्यक्ष और पार्षदों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं।</p>
<h3>प्रशासकीय कार्यकाल में मिली थी काम को गति</h3>
<p>नगर परिषद में जब प्रशासनिक व्यवस्था लागू थी, तब तत्कालीन प्रभारी मुख्याधिकारी माधुरी मडावी, दादाराव डोलहारकर, विजय सरनाईक तथा बाद में शुभम क्यातमवार के कार्यकाल में कई विकास कार्यों को गति मिली थी। सीमित अधिकार होने के बावजूद विभिन्न परियोजनाओं को आगे बढ़ाया गया। इसी कारण अब नगर परिषद के कुछ कर्मचारियों और नागरिकों के बीच यह चर्चा है कि जनप्रतिनिधियों की तुलना में प्रशासनिक कार्यकाल अधिक प्रभावी साबित हुआ था।</p>
<p>नगराध्यक्ष प्रियदर्शनी उईके ने चुनाव के दौरान <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/devendra-fadnavis-breaks-sharad-pawar-record-longest-serving-maharashtra-cm-1862214.html">मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस</a>, आदिवासी विकास मंत्री अशोक उईके और पूर्व विधायक मदन येरावार के माध्यम से नगर परिषद को धनराशि की कमी नहीं होने देने का आश्वासन दिया था। हालांकि, कुछ दिन पहले सोशल मीडिया पर नगर परिषद की ओर से निधि की कमी का हवाला देते हुए सड़क और नाली निर्माण कार्यों में देरी होने की बात कही गई।</p>
<p>वर्तमान में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/zhari-jamani-school-teacher-shortage-mla-sanjay-derkar-news-yavatmal-1858430.html">यवतमाल शहर</a> के अधिकांश वार्डों में सड़क, नाली, स्वच्छता तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े कार्य लंबित पड़े हैं। वहीं मुख्य सड़कों पर आवारा पशुओं का बढ़ता विचरण दुर्घटनाओं का कारण बन रहा है। चर्चा यह भी है कि पार्षदों को अपने-अपने वार्डों के विकास के लिए पर्याप्त निधि उपलब्ध नहीं हो पा रही है, जिसके कारण कई छोटे लेकिन आवश्यक विकास कार्य ठप पड़े हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Yavatmal ZP कर्मचारी पतसंस्था को 6.70 करोड़ का मुनाफा, होम लोन हुआ सस्ता, फिर भी उठे कई विवाद" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/zp-employee-cooperative-society-profit-controversy-yavatmal-1862789.html"> Yavatmal ZP कर्मचारी पतसंस्था को 6.70 करोड़ का मुनाफा, होम लोन हुआ सस्ता, फिर भी उठे कई विवाद </a></strong></p>
<h3>अटके कामों को लेकर लोगों में भारी असंतोष</h3>
<p>दूसरी ओर करोड़ों रुपये की बड़ी परियोजनाओं को मंजूरी मिलने के बावजूद नागरिकों के दैनिक जीवन से जुड़े छोटे और जरूरी कार्यों की अनदेखी किए जाने के आरोप भी सामने आ रहे हैं। शहर की मुख्य सड़कों पर गड्ढों की भरमार, अव्यवस्थित सफाई व्यवस्था और रुके हुए विकास कार्यों को लेकर नागरिकों में नाराजगी बढ़ रही है।</p>
<p>लोगों का कहना है कि सत्ता तो बदल गई, लेकिन शहर की स्थिति नहीं बदली। राज्य में सत्तारूढ़ दल की सरकार होने के बावजूद यवतमाल का विकास अपेक्षित गति नहीं पकड़ पाया है। ऐसे में नागरिक सवाल उठा रहे हैं कि क्या शहर को अब भी केवल घोषणाएं ही मिलेंगी और विकास इंतजार करता रहेगा?</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal ZP कर्मचारी पतसंस्था को 6.70 करोड़ का मुनाफा, होम लोन हुआ सस्ता, फिर भी उठे कई विवाद</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/zp-employee-cooperative-society-profit-controversy-yavatmal-1862789.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 13:29:24 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 13:29:24 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-ZP_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1862789</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal ZP Employee: यवतमाल जिला परिषद कर्मचारी पतसंस्था ने 6.70 करोड़ रुपये शुद्ध लाभ का दावा कर गृह ऋण पर ब्याज दर 9% की है, लेकिन ऑडिट रिपोर्ट और पुरानी शिकायतों को लेकर विवाद गहरा गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-ZP_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Zp Employee Cooperative Society Profit Controversy Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal ZP Employee Cooperative Society:</strong> यवतमाल जिला परिषद कर्मचारी सहकारी पतसंस्था ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 6.70 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ अर्जित करने का दावा करते हुए गृह ऋण पर ब्याज दर घटाकर 9 प्रतिशत करने की घोषणा की है। हालांकि, इस दावे के साथ ही संस्था के पुराने वित्तीय लेनदेन और कार्यप्रणाली को लेकर उठे विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गए हैं। इस पतसंस्था के कामकाज के विरोध में पहले स्वयं कर्मचारी सदस्य धरना-प्रदर्शन कर चुके हैं।</p>
<p>संस्था में वित्तीय लेनदेन में कथित मनमानी, पारदर्शिता की कमी तथा प्रशासनिक कार्यप्रणाली को लेकर सदस्यों ने उपनिबंधक के पास शिकायतें भी दर्ज कराई थीं। इन शिकायतों पर अब तक स्पष्ट स्थिति सामने नहीं आने से सदस्यों में नाराजगी बताई जा रही है। रविवार को पत्रकार परिषद में अध्यक्ष महेश सोनेकर एवं संचालक मंडल ने दावा किया कि संस्था ने 237 करोड़ रुपये के ऋण वितरित किए हैं, 340 करोड़ रुपये की जमा राशि, 180 करोड़ रुपये का निवेश तथा जमाओं पर 10 प्रतिशत तक ब्याज दिया जा रहा है।</p>
<h3>ऑडिट और दावों पर सवाल</h3>
<p>हालांकि, विरोधी गुट के अनुसार इन वित्तीय आंकड़ों की स्वतंत्र जांच कराई जाएगी। साथ ही यह भी आरोप है कि संस्था ने लेखापरीक्षण (ऑडिट) रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की है, जिससे इन दावों पर सवाल उठ रहे हैं। संस्था द्वारा विभिन्न योजनाओं, बीमा लाभ, डिजिटल सेवाओं और सामाजिक उपक्रमों का प्रचार किया जा रहा है, लेकिन पूर्व में दर्ज शिकायतों पर क्या कार्रवाई हुई और सदस्यों की आपत्तियों का निराकरण हुआ या नहीं, इस संबंध में संचालक मंडल की ओर से कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है।</p>
<p>विरोधियों का कहना है कि लाभ के दावों के बावजूद विवादित मुद्दों पर संस्था मौन है। वर्ष 2016 की वार्षिक सभा में वर्तमान सत्तारूढ़ संचालक मंडल के सदस्य विपक्ष में थे। उस समय उन्होंने संस्था के वित्तीय लेनदेन की जांच की मांग करते हुए 161 लिखित प्रश्न उठाए थे। अब वर्तमान में विपक्ष संस्था की विभिन्न योजनाओं में निधि के उपयोग, करोड़ों रुपये के निवेश तथा वित्तीय पारदर्शिता पर सवाल उठा रहा है, लेकिन उस समय उठाए गए मुद्दों पर वर्तमान संचालक मंडल की ओर से कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया जा रहा है।</p>
<h3>भर्ती प्रक्रिया पर रोक, मामला हाईकोर्ट में</h3>
<p>वर्ष 2023 में भर्ती प्रक्रिया में नियमों के उल्लंघन की शिकायत के बाद <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/panchkhed-digras-ancient-human-settlement-found-news-yavatmal-1860212.html">यवतमाल जिला</a> उपनिबंधक ने भर्ती पर रोक लगा दी थी। यह मामला फिलहाल उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। इसके बावजूद संस्था की ओर से इस विषय पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है। विरोधी पक्ष का आरोप है कि सदस्यों को समय पर वित्तीय जानकारी नहीं दी जाती, आमसभा में पूछे गए प्रश्नों का संतोषजनक उत्तर नहीं मिलता तथा निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव है। संस्था के उपविधियों में किए गए बदलाव, आम नागरिकों को सदस्य बनाने के निर्णय तथा वर्तमान संचालक मंडल के कई फैसलों पर भी कानूनी आपत्तियां दर्ज हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="यवतमाल में ST कर्मचारियों को वेतन वृद्धि का इंतजार, 410 करोड़ की मांग के सामने मिले सिर्फ 45 करोड़" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/msrtc-employees-salary-hike-pending-fund-crisis-news-yavatmal-1860628.html"> यवतमाल में ST कर्मचारियों को वेतन वृद्धि का इंतजार, 410 करोड़ की मांग के सामने मिले सिर्फ 45 करोड़ </a></strong></p>
<h3>सदस्यों की जमा राशि 340 करोड़</h3>
<ul>
<li>पतसंस्था के अध्यक्ष महेश सोनेकर ने कहा कि संस्था की आरक्षित निधि 49 करोड़ रुपये, सदस्यों की जमा राशि 340 करोड़ रुपये तथा शेयर पूंजी 33 करोड़ 96 लाख रुपये है।</li>
<li>उन्होंने बताया कि विभिन्न बैंकों में 180 करोड़ रुपये का निवेश सदस्यों को विश्वास में लेकर तथा आमसभाओं में प्रस्ताव पारित कर किया गया है। उनका दावा है कि संस्था का संचालक मंडल पूरी पारदर्शिता के साथ कार्य कर रहा है।</li>
</ul>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में बढ़ा मच्छर जनित बीमारियों का खतरा, मलेरिया के 12 और डेंगू के 5 मरीज मिले, 3.5 लाख सैंपल जांचे</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/malaria-dengue-cases-rise-health-department-alert-yavatmal-1862343.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 14 Jul 2026 09:32:46 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 14 Jul 2026 09:32:46 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Malaria-Office_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1862343</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Monsoon News: यवतमाल जिले में अब तक मलेरिया के 12 और डेंगू के 5 मामलों की पुष्टि हुई है। बाभुलगांव के आसेगांव देवी में 7 मरीज मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Malaria-Office_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Malaria Dengue Cases Rise Health Department Alert Yavatmal"     /></figure><p><strong>Monsoon Mosquito Breeding Prevention Yavatmal: </strong>बारिश का मौसम शुरू होते ही मच्छर जनित बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। यवतमाल जिले में इस वर्ष अब तक मलेरिया के 12 और डेंगू के 5 मरीज सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने जिले भर में सर्वेक्षण, रक्त जांच और रोकथाम संबंधी उपाय तेज कर दिए हैं तथा नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। जानकारी के अनुसार, जून माह अपेक्षाकृत सूखा रहने के बाद जुलाई की शुरुआत में हुई बारिश और उसके बाद पड़े अंतराल के कारण कई स्थानों पर पानी जमा हो गया है।</p>
<p>इससे मच्छरों का प्रजनन बढ़ा और मलेरिया तथा डेंगू के मामले सामने आने लगे हैं। जिला मलेरिया कार्यालय के अनुसार, जनवरी से जुलाई 2026 के दौरान बुखार के लक्षण वाले साढ़े तीन लाख से अधिक लोगों के रक्त नमूनों की जांच की गई। जांच में कई मरीज मलेरिया पॉजिटिव पाए गए, जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने रोकथाम अभियान को और तेज कर दिया है।</p>
<h3>6,500 संदिग्धों की जांच, 5 में डेंगू की पुष्टि</h3>
<p>स्वास्थ्य विभाग ने पिछले पांच महीनों में डेंगू के 6,500 संदिग्ध मरीजों की जांच की, जिनमें 5 मरीज डेंगू संक्रमित पाए गए। जुलाई माह को डेंगू नियंत्रण माह के रूप में मनाया जा रहा है। जिले भर में जन-जागरूकता अभियान, लार्वा नष्ट करने के लिए टेमीफॉस का छिड़काव और विशेष सर्वेक्षण चलाए जा रहे हैं।</p>
<h3>सावधानी बरतने की अपील</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/panchkhed-digras-ancient-human-settlement-found-news-yavatmal-1860212.html"> यवतमाल जिला</a> मलेरिया अधिकारी डॉ. तनवीर शेख ने कहा कि बारिश के दौरान मच्छरों की संख्या तेजी से बढ़ती है। ऐसे में बुखार आने पर तुरंत रक्त जांच करानी चाहिए और समय पर उपचार लेना चाहिए। उन्होंने सप्ताह में एक दिन &amp;#8216;ड्राई डे&amp;#8217; मनाने, घर व आसपास पानी जमा नहीं होने देने, पानी की टंकियों, कूलरों और बर्तनों की नियमित सफाई करने तथा स्वच्छता बनाए रखने की अपील की है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="अकोला के एडंली में कपास की फसल उखाड़ने पर दो पक्षों में खूनी संघर्ष, लाठी-डंडों से मारपीट, 1 गिरफ्तार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/murtizapur-crop-dispute-clash-arrest-news-akola-1862305.html"> अकोला के एडंली में कपास की फसल उखाड़ने पर दो पक्षों में खूनी संघर्ष, लाठी-डंडों से मारपीट, 1 गिरफ्तार </a></strong></p>
<h3>आसेगांव देवी में मिले 7 मलेरिया मरीज</h3>
<p>जिला हिवताप अधिकारी ने कहा है कि <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-babulgaon-farmers-pray-for-rainfall-delayed-monsoon-1810292.html">बाभुलगांव तहसील</a> के आसेगांव देवी स्थित पारधी बस्ती में मुंबई से लौटे कुछ लोगों को बुखार की शिकायत हुई। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जांच करने पर एक ही क्षेत्र के 7 लोगों में मलेरिया की पुष्टि हुई। इसके बाद विशेष स्वास्थ्य दल तैनात कर सर्वेक्षण, दवा वितरण और अन्य नियंत्रण उपाय शुरू किए गए हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: यवतमाल में छात्रों को मिली राहत, 54 विद्यार्थियों के लिए निजी बस सेवा शुरू</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-news-relief-for-students-in-yavatmal-private-bus-service-started-for-54-students-1860921.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 16:43:18 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 16:43:18 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Transport-Facility_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Private Buses]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860921</guid>

					<description><![CDATA[School Bus Service: यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील के चोपन और चनोडा गांव के 54 स्कूली विद्यार्थियों को अब निजी बस सेवा की सुविधा मिलेगी। जिससे विद्यार्थियों और अभिभावकों को राहत मिली है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Transport-Facility_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal News Relief For Students In Yavatmal Private Bus Service Started For 54 Students"     /></figure><p><strong>Yavatmal Student Transport Facility:</strong> यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील के ग्राम चोपन एवं चनोडा के स्कूली छात्रों को लंबे समय से मानव मिशन की एसटी बस सुविधा उपलब्ध नहीं हो पा रही थी। कई बार मांग करने के बावजूद बस सेवा शुरू नहीं होने से विद्यार्थियों को प्रतिदिन ऑटो से या पैदल मारेगांव शहर स्थित विभिन्न स्कूलों तक पहुंचना पड़ता था। इससे छात्रों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था और उनकी पढ़ाई भी प्रभावित हो रही थी।</p>
<p>इस समस्या को लेकर छात्र एवं अभिभावक महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के नेता उम्बरकर से मिले। मामले को गंभीरता से लेते हुए राजू उम्बरकर ने अपने निजी खर्च पर छात्रों के लिए निजी बस की व्यवस्था कर दी। अब चोपन और चनोडा गांव के 54 छात्र-छात्राएं प्रतिदिन इसी बस से मारेगांव शहर के विभिन्न विद्यालयों में आजा रहे हैं। बस सेवा शुरू होने के बाद छात्रों और अभिभावकों में खुशी का माहौल है।</p>
<h3>चोपन-चनोडा के स्कूली छात्रों की समस्या दूर</h3>
<p>आभार व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों एवं अभिभावकों ने राजू उम्बरकर का शाल एवं श्रीफल देकर सम्मान किया। वहीं, गांव की बचत समूह की महिलाओं ने भी सराहनीय पहल करते हुए बस के सुचारू आवागमन के लिए मार्ग पर पड़े गड्ढों की मरम्मत की। इस घटना से ग्रामीणों में चर्चा है कि जहां सरकारी स्तर पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-hsrp-drive-vehicles-fined-rs8-lakh-transport-department-action-1857691.html">सड़क और परिवहन</a></strong> सुविधा उपलब्ध नहीं हो सकी, वहीं ग्रामीणों और सामाजिक पहल के माध्यम से समस्या का समाधान किया गया। इससे संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="MBMC की विकास योजना विवादों में घिरी, 800 करोड़ की आरक्षित जमीन बदलने पर हंगामा, डेवलपरों को लाभ देने का आरोप" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/thane/mbmc-development-plan-controversy-in-thane-800-crore-land-residential-developer-row-1860808.html"> MBMC की विकास योजना विवादों में घिरी, 800 करोड़ की आरक्षित जमीन बदलने पर हंगामा, डेवलपरों को लाभ देने का आरोप </a></strong></p>
<h3>छात्रों की पढ़ाई प्रभावित</h3>
<p>मनसे नेता राजू उम्बरकर ने कहा कि यदि तहसील के किसी भी गांव में<strong><a href="https://navbharatlive.com/world/nasa-artemis-2-mission-moon-far-side-apollo-13-distance-record-broken-1655282.html"> मानव मिशन</a> </strong>की बस नहीं पहुंच रही है और छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, तो छात्र एवं अभिभावक संपर्क करें। ऐसे गांवों में भी निजी बस की व्यवस्था करने का प्रयास किया जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में बार-बार फूटी जलापूर्ति पाइपलाइन, कीचड़ और गड्ढों से तंग नागरिकों ने दी आंदोलन की चेतावनी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sinchan-nagar-mjp-water-pipeline-leakage-road-damage-yavatmal-1860704.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 15:40:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 15:40:38 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Water-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860704</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Water Issues: यवतमाल के सिंचन नगर में महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण की पाइपलाइन बार-बार फूटने से सड़कें कीचड़ में तब्दील हो गई हैं। अस्थायी मरम्मत से नाराज नागरिकों ने आंदोलन की चेतावनी दी है।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Water-Issue_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sinchan Nagar Mjp Water Pipeline Leakage Road Damage Yavatmal"     /></figure><p><strong>Maharashtra Jeevan Pradhikaran Water Leakage:</strong> महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण की बार-बार फूट रही जलापूर्ति पाइपलाइन के कारण सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। पूरे परिसर में कीचड़ फैलने से आवागमन खतरनाक बन गया है। महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण की लापरवाही के कारण यवतमाल शहर के सिंचन नगर भाग क्रमांक 1 के नागरिक पिछले कई महीनों से भारी परेशानी झेल रहे हैं। इस समस्या को लेकर कई बार शिकायत करने के बावजूद संबंधित अधिकारी और कर्मचारी केवल अस्थायी मरम्मत कर चले जाते हैं।</p>
<p>इससे नागरिकों में भारी आक्रोश व्याप्त है। पाइपलाइन फूटने से बड़ी मात्रा में पानी सड़कों पर बह जाता है। इसके चलते सड़कें पूरी तरह खराब हो चुकी हैं और जगह-जगह गहरे गड्ढे बन गए हैं। विशेष रूप से स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों को रोजाना इस मार्ग से जान जोखिम में डालकर गुजरना पड़ रहा है। गड्ढों के कारण बुजुर्गों, महिलाओं और दोपहिया वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है तथा दुर्घटना का खतरा बना हुआ है।</p>
<h3>स्कूली बच्चों और बुजुर्गों की बढ़ी मुश्किलें</h3>
<p>बारिश के मौसम में यह समस्या और भी गंभीर हो गई है। बारिश का पानी और पाइपलाइन से बहने वाला पानी एकत्र होने से पूरी सड़क कीचड़मय हो गई है। इसके कारण पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है और कई बार नागरिकों के फिसलकर गिरने की घटनाएं हो रही हैं। इन गड्ढों में मवेशी भी गिर रहे हैं और वहीं जमा दूषित पानी पीने की नौबत उन पर आ रही है। जलापूर्ति पाइपलाइन फूटने से दूषित पानी पीने के पानी में मिल जाने की आशंका निर्माण हो गई है।</p>
<p>इससे नागरिकों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। नागरिकों ने जलजनित बीमारियों का खतरा बढ़ने की भी चिंता व्यक्त की है। स्थानीय नगरसेवकों द्वारा भी इस गंभीर समस्या की अनदेखी किए जाने का आरोप रहवासियों ने लगाया है। नागरिकों की बार-बार मांग के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से प्रशासन के प्रति नाराजगी बढ़ रही है। समस्या से परेशान होकर अब सिंचन नगर भाग क्रमांक 1 के नागरिक बड़े आंदोलन की तैयारी में हैं।</p>
<p>संबंधित विभाग तत्काल स्थायी रूप से पाइपलाइन की मरम्मत करे, सड़क का पुनर्निर्माण करे, दूषित जलापूर्ति बंद करे तथा जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करे, ऐसी मांग नागरिकों ने की है। इस दौरान सिंचन नगर परिसर के बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="यवतमाल: मारेगांव में पगडंडी सड़कों पर अतिक्रमण से बढ़ी हिंसक झड़पें, खेतों तक ट्रैक्टर ले जाना हुआ मुश्किल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-farmers-pandan-road-encroachment-dispute-news-yavatmal-1860656.html"> <span class="color-red">यवतमाल</span>: मारेगांव में पगडंडी सड़कों पर अतिक्रमण से बढ़ी हिंसक झड़पें, खेतों तक ट्रैक्टर ले जाना हुआ मुश्किल </a></strong></p>
<h3>फूटी पाइपलाइन पर हर बार अस्थायी मरम्मत</h3>
<p>पिछले 3 महीनों से यह समस्या बनी हुई है, बावजूद इसके <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/maharashtra-jeevan-pradhikaran-pension-delayed-retired-staff-protest-1698115.html">महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण</a> का कोई भी वरिष्ठ अधिकारी प्रत्यक्ष निरीक्षण के लिए नहीं पहुंचा है। बार-बार फोन और लिखित शिकायत करने के बाद भी कर्मचारियों द्वारा केवल अस्थायी मरम्मत की जाती है। कुछ दिनों बाद फिर से पाइपलाइन फूट जाती है और नागरिकों की परेशानी दोबारा शुरू हो जाती है। इस समस्या का तत्काल समाधान नहीं किया गया, तो तीव्र आंदोलन किया जाएगा और इसकी पूरी जिम्मेदारी महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण प्रशासन की होगी, ऐसी चेतावनी संतप्त नागरिकों ने दी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: मारेगांव में पगडंडी सड़कों पर अतिक्रमण से बढ़ी हिंसक झड़पें, खेतों तक ट्रैक्टर ले जाना हुआ मुश्किल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-farmers-pandan-road-encroachment-dispute-news-yavatmal-1860656.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 15:40:59 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 15:40:59 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Pagdandi_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860656</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Farmers News: मारेगांव तहसील में पांदण (पगडंडी) सड़कों पर अतिक्रमण के कारण किसानों के बीच हिंसक विवाद बढ़ रहे हैं। किसानों ने प्रशासन से इन रास्तों को तत्काल खाली कराने की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Pagdandi_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Farmers Pandan Road Encroachment Dispute News Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Farmers Pandan Road Dispute:</strong> यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील के अनेक किसान आज भी अपने खेतों तक पहुंचने के लिए पगडंडी सड़कों की गंभीर समस्या का सामना कर रहे हैं। तालुका में कई सड़कें अतिक्रमण के कारण बंद या संकरी हो गई हैं। इसके चलते किसानों के बीच विवाद, झगड़े और पुलिस शिकायतों की संख्या लगातार बढ़ रही है। खरीफ सीजन शुरू होने के बावजूद शासन और प्रशासन ने इस गंभीर समस्या की ओर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया है। किसानों ने मांग की है कि लंबित पांदण मार्गों को तत्काल अतिक्रमण मुक्त कर आवागमन के लिए खुला किया जाए। खेती के विकास के लिए अत्यंत आवश्यक सड़कें आजादी के बाद भी बड़े पैमाने पर उपेक्षित रही हैं।</p>
<h3>2018 का निर्णय, लेकिन अब तक नहीं मिला लाभ</h3>
<p>दिसंबर 2018 में पालकमंत्री पांदण सड़क योजना के तहत अतिक्रमण हटाकर कच्ची सड़कें तैयार करने का निर्णय लिया गया था। लेकिन मारेगांव तालुका में इस योजना का क्रियान्वयन बेहद सीमित स्तर पर हुआ। कृषि क्षेत्र में बढ़ते यंत्रीकरण और घटती मानव श्रम उपलब्धता को देखते हुए खेतों तक वाहनों की पहुंच अत्यंत आवश्यक हो गई है। लेकिन सड़क नहीं होने के कारण ट्रैक्टर, कृषि उपकरण, बीज, खाद तथा कृषि उपज का परिवहन किसानों के लिए बड़ी परेशानी बना हुआ है।</p>
<p>राजस्व नक्शों में कई ग्रामीण मार्गों की चौड़ाई साढ़े 16 से 21 फीट तथा कुछ मार्गों की सवा 8 फीट दर्ज है। लेकिन अतिक्रमण के कारण वास्तविक स्थिति में कई सड़कें आधी से भी कम चौड़ी रह गई हैं। कई स्थानों पर खेत तक जाने के लिए अलग पैदल रास्ता भी उपलब्ध नहीं है। बरसात के दिनों में किसानों को जान जोखिम में डालकर आना-जाना पड़ता है। इस स्थिति के कारण रास्ते के उपयोग को लेकर किसानों के बीच अक्सर विवाद उत्पन्न होते हैं और अनेक मामले पुलिस तक पहुंच जाते हैं। इससे खेती के कार्य प्रभावित होते हैं तथा किसानों को आर्थिक और मानसिक दोनों प्रकार की परेशानियां झेलनी पड़ती हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="लाल कार, चीखती युवती और वायरल वीडियो… 60 मिनट में नागपुर पुलिस ने सुलझा दिया ‘अपहरण’ का रहस्य" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/fake-kidnapping-viral-video-police-investigation-nagpur-1860566.html"> लाल कार, चीखती युवती और वायरल वीडियो… 60 मिनट में नागपुर पुलिस ने सुलझा दिया ‘अपहरण’ का रहस्य </a></strong></p>
<h3>विविध संस्थाएं समन्वय से सुलझाएं समस्या</h3>
<p>सड़कों की समस्या का स्थायी समाधान करने के लिए शासन, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/maharashtra-stamp-duty-exemption-martyrs-families-agricultural-land-transfer-nagpur-1826457.html">राजस्व विभाग</a>, ग्राम पंचायतें, तंटामुक्त समितियां, पुलिस प्रशासन तथा जनप्रतिनिधियों को समन्वय के साथ अतिक्रमण हटाकर मार्ग विकसित करने की आवश्यकता है। किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए यदि तत्काल ठोस कदम उठाए जाएं, तो कृषि उपज के परिवहन में तेजी आएगी और वर्षों से चली आ रही पांदण सड़कों की समस्या से किसानों को राहत मिल सकेगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में ST कर्मचारियों को वेतन वृद्धि का इंतजार, 410 करोड़ की मांग के सामने मिले सिर्फ 45 करोड़</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/msrtc-employees-salary-hike-pending-fund-crisis-news-yavatmal-1860628.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 15:41:26 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 15:41:26 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-MSRTC-Bus-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860628</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal MSRTC Employees: यवतमाल में रापनि कर्मियों को वेतन वृद्धि का इंतजार है। 410 करोड़ की मांग पर महज 45 करोड़ मिलने से यवतमाल के 15 आगारों के कर्मचारियों में तीव्र नाराजगी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-MSRTC-Bus-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Msrtc Employees Salary Hike Pending Fund Crisis News Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal MSRTC Employees Salary Hike:</strong> यवतमाल जिले में रापनि (एसटी) के यवतमाल, पुसद, दारव्हा, उमरखेड़, वणी, पांढरकवड़ा, दिग्रस, घाटंजी, रालेगांव, महागांव, नेर, आर्णी, बाभुलगांव, कलंब और झरी-जामणी आगारों के सैकड़ों अधिकारी-कर्मचारियों को कई आंदोलन करने के बावजूद वेतन वृद्धि के अंतर की राशि अब तक नहीं मिली है। वर्तमान में राज्य में जारी निधि की कमी का सीधा असर यवतमाल विभाग के एसटी कर्मचारियों पर भी पड़ रहा है।</p>
<h3>सरकार की मंजूरी के बाद भी नहीं मिला लाभ</h3>
<p>वेतन वृद्धि की बकाया राशि, पीएफ (PF) और अन्य वैधानिक देनदारियां लंबित रहने से कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। कोरोना काल के लॉकडाउन और उसके बाद एसटी कर्मचारियों द्वारा किए गए लंबे समय तक काम बंद आंदोलन के कारण एसटी महामंडल की आर्थिक स्थिति कमजोर हो गई थी। कर्मचारियों के आंदोलन के बाद सरकार ने मूल वेतन में वृद्धि और अन्य सुविधाएं देने को मंजूरी दी थी। लेकिन इसके बाद भी कई वर्ष बीत जाने के बावजूद एसटी कर्मचारियों को मूल वेतन वृद्धि की अंतर राशि नहीं मिली है। इससे कर्मचारियों में नाराजगी दिखाई दे रही है।</p>
<p>बताया जा रहा है कि जिले के एसटी कर्मचारियों का महामंडल पर बड़ी मात्रा में पीएफ (PF), ग्रेच्युटी और अन्य आर्थिक देनदारियां बकाया हैं। वहीं कर्मचारियों में यह भी चिंता बनी हुई है कि पीएफ (PF) एडवांस सहित अन्य आर्थिक लाभ समय पर मिल पाएंगे या नहीं। इस बीच, मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री देवेंद्र फडणवीस तथा परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक के पास स्थानीय एसटी प्रशासन और महामंडल के वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से इस संबंध में प्रस्ताव भेजे जा रहे हैं। लेकिन मांग की तुलना में शासन द्वारा कम निधि मंजूर किए जाने से एसटी कर्मचारी संगठनों ने सरकार की भूमिका पर सवाल उठाए हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="लाल कार, चीखती युवती और वायरल वीडियो… 60 मिनट में नागपुर पुलिस ने सुलझा दिया ‘अपहरण’ का रहस्य" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/fake-kidnapping-viral-video-police-investigation-nagpur-1860566.html"> लाल कार, चीखती युवती और वायरल वीडियो… 60 मिनट में नागपुर पुलिस ने सुलझा दिया ‘अपहरण’ का रहस्य </a></strong></p>
<h3>जरूरत 410 करोड़ की, मिले केवल 45 करोड़</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/maharashtra-rail-overbridges-railway-crossing-safety-project-fadnavis-nagpur-1860411.html">महाराष्ट्र राज्य</a> के एसटी कर्मचारियों की तरह ही यवतमाल जिले के विभिन्न आगारों के कर्मचारियों को भी वेतन वृद्धि की बकाया राशि का इंतजार है। महाराष्ट्र राज्य मार्ग परिवहन महामंडल ने वेतन वृद्धि के अंतर भुगतान करने के लिए शासन से 410 करोड़ रुपये की मांग की थी। लेकिन वित्त विभाग की ओर से केवल 45 करोड़ रुपये का अतिरिक्त निधि मंजूर किया गया है। इससे एसटी कर्मचारियों में तीव्र नाराजगी व्यक्त की जा रही है। एसटी महामंडल को हर महीने कर्मचारियों के वेतन भुगतान के लिए लगभग 533 करोड़ रुपये की आवश्यकता होती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल जिले में संशोधित प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना लागू, डिजिटल क्रॉप सर्वे न होने पर रद्द होगा आवेदन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/digras-pm-crop-insurance-scheme-july-deadline-yavatmal-1860601.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 13:58:07 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 13:58:07 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/PM-Fasal-Bima-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860601</guid>

					<description><![CDATA[PM Fasal Bima Yojana: यवतमाल के दिग्रस में संशोधित प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना लागू हो गई है। 31 जुलाई तक आवेदन कर सकते हैं, लेकिन डिजिटल क्रॉप सर्वे में अंतर मिलने पर फॉर्म निरस्त कर दिया जाएगा।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/PM-Fasal-Bima-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Digras Pm Crop Insurance Scheme July Deadline Yavatmal"     /></figure><p><strong>PM Fasal Bima Yojana Yavatmal:</strong> महाराष्ट्र शासन के 3 जुलाई 2026 के निर्णय के अनुसार, वर्ष 2026-27 के खरीफ सीजन के लिए संशोधित प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना दिग्रस तहसील सहित पूरे यवतमाल जिले में लागू कर दी गई है। कृषि विभाग ने पात्र किसानों से समय रहते योजना का लाभ लेने की अपील की है। योजना के तहत, यदि अधिसूचित क्षेत्रों में अधिसूचित फसलों का उत्पादन निर्धारित औसत उत्पादन से कम रहता है, तो किसानों को फसल नुकसान की भरपाई बीमा के माध्यम से दी जाएगी। इस योजना में तुअर, सोयाबीन, कपास, मूंग, उड़द और ज्वार जैसी खरीफ फसलों को शामिल किया गया है। इच्छुक किसान योजना में भाग लेकर प्राकृतिक आपदाओं और प्रतिकूल मौसम से होने वाले आर्थिक नुकसान से सुरक्षा प्राप्त कर सकते हैं।</p>
<h3>31 जुलाई तक करें आवेदन</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/pawni-fertilizer-seed-black-marketing-agriculture-raid-news-bhandara-1860424.html">कृषि विभाग</a> के अनुसार, सामान्य फसलों के लिए किसानों को बीमित राशि का केवल 2 प्रतिशत (2%) प्रीमियम देना होगा, जबकि कपास और प्याज जैसी व्यावसायिक फसलों के लिए 5 प्रतिशत (5%) प्रीमियम देना होगा। शेष प्रीमियम राशि सरकार द्वारा वहन की जाएगी। योजना में शामिल होने की अंतिम तिथि 31 जुलाई निर्धारित की गई है। किसान बैंक, कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) अथवा स्वयं ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।</p>
<p>कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि डिजिटल क्रॉप सर्वे कराना अनिवार्य है। सर्वे में दर्ज फसल और बीमा आवेदन में दी गई जानकारी में अंतर पाए जाने पर आवेदन निरस्त किया जा सकता है। गलत जानकारी देकर योजना का लाभ लेने वाले किसानों को आगामी 5 वर्षों तक कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं से वंचित किया जा सकता है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a title="यवतमाल: बाभुलगांव में 17 साल से अधूरी खर्डा सिंचाई परियोजना, 7 गांवों के किसान पूछ रहे..कब मिलेगा पानी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/babhulgaon-kharda-irrigation-project-delayed-farmers-protest-news-yavatmal-1860490.html"> <span class="color-red">यवतमाल</span>: बाभुलगांव में 17 साल से अधूरी खर्डा सिंचाई परियोजना, 7 गांवों के किसान पूछ रहे..कब मिलेगा पानी?</a></strong></p>
<h3>हेल्पलाइन पर कर सकते हैं संपर्क</h3>
<ul>
<li>योजना का लाभ लेने के लिए किसान के पास कम से कम 0.10 हेक्टेयर फसल क्षेत्र होना आवश्यक है।</li>
<li>किसानों को किसी भी प्रकार की जानकारी या समस्या होने पर संबंधित बीमा कंपनी, तालुका कृषि अधिकारी कार्यालय अथवा कृषि विभाग के हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करने की सलाह दी गई है।</li>
<li>कृषि विभाग ने कहा है कि बदलते मौसम और अनिश्चित वर्षा को देखते हुए फसल बीमा किसानों की आर्थिक सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसलिए, सभी पात्र किसान अंतिम तिथि से पहले योजना में शामिल होकर इसका लाभ अवश्य उठाएं।</li>
</ul>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: बाभुलगांव में 17 साल से अधूरी खर्डा सिंचाई परियोजना, 7 गांवों के किसान पूछ रहे..कब मिलेगा पानी?</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/babhulgaon-kharda-irrigation-project-delayed-farmers-protest-news-yavatmal-1860490.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 13:28:49 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 13:28:49 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Dam_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860490</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Irrigation Project: बाभुलगांव में खर्डा सिंचाई परियोजना का 90% काम पूरा होने के बावजूद प्रशासनिक मंजूरी न मिलने से 7 गांवों की 1175 हेक्टेयर भूमि सूखी है। काम जल्द पूरा करने की मांग।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Dam_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Babhulgaon Kharda Irrigation Project Delayed Farmers Protest News Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Irrigation Project Babhulgaon Updates: </strong>पिछले कई वर्षों से खर्डा सिंचाई परियोजना की फाइलें विभिन्न स्तरों पर घूम रही हैं, ऐसे में यह परियोजना आखिर कब पूरी होगी, यह सवाल यवतमाल जिले के बाभुलगांव तालुका के 7 गांवों के हजारों किसान लगातार उठा रहे हैं। खर्डा परियोजना पूरी होने पर तालुका के ग्राम खर्डा, गंवडी, किन्ही, फतियाबाद, गोंधली, बोरखेड और वाटखेड सहित 7 गांवों की 1,175 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई का लाभ मिलेगा, लेकिन नासिक भेजे गए संशोधित प्रस्ताव को अब तक प्रशासनिक मंजूरी नहीं मिलने के कारण हजारों किसान सिंचाई सुविधा से वंचित हैं।</p>
<h3>2009 में शुरू हुआ था काम, अब करोड़ों में पहुंची लागत</h3>
<p>यह परियोजना <a href="https://navbharatlive.com/business/pm-narendra-modi-will-release-23rd-installment-of-pm-kisan-samman-nidhi-on-20th-june-1806774.html">केंद्र सरकार</a> की बलीराजा संजीवनी योजना में शामिल है। परियोजना का निर्माण खर्डा गांव के नाले पर किया जा रहा है। इसका कार्य वर्ष 2009 में शुरू हुआ था। परियोजना को 29 करोड़ 16 लाख रुपये की प्रशासनिक मंजूरी मिली थी, जबकि अब तक 35 करोड़ 93 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं। घळ भराई (अंतिम बंद कार्य) को छोड़कर मिट्टी का लगभग 90 प्रतिशत (90%) कार्य पूरा हो चुका है। यह एक लघु सिंचाई परियोजना है।</p>
<p>इसे पूरा करने के लिए सरूल गांव का पुनर्वास, महावितरण के 33 केवी (33 KV) उपकेंद्र का स्थानांतरण तथा उच्च दबाव विद्युत लाइन को हटाना आवश्यक है। लगभग 90 प्रतिशत (90%) कार्य पूरा होने के बावजूद यह परियोजना कई वर्षों से ठप पड़ी है। लगातार देरी से परियोजना की लागत में भारी बढ़ोतरी हुई है और इसकी लागत अब सैकड़ों करोड़ रुपये तक पहुंच गई है।</p>
<h3>मंत्री के आश्वासन पर लोगों की निगाहें</h3>
<p>कुछ समय पहले सरूल स्थित सिद्धेश्वर बागवाडी मंदिर में किसानों की बैठक के दौरान क्षेत्र के विधायक तथा राज्य के आदिवासी विकास मंत्री अशोक उइके ने कहा था कि खर्डा मध्यम परियोजना का 90 प्रतिशत (90%) कार्य पूरा हो चुका है और केवल अंतिम बंद कार्य शेष है। उन्होंने सरूल गांव के पुनर्वास की आवश्यकता बताते हुए यवतमाल के जिलाधिकारी को पत्र भी सौंपा था।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="अजित पवार का खास बनकर ठगे 65 लाख! SRA फ्लैट के नाम पर मुंबई में 12 लोगों के साथ बड़ी धोखाधड़ी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/mumbai-sra-flat-scam-ajit-pawar-office-fake-staff-cheated-65-lakh-tardeo-police-1860445.html"> अजित पवार का खास बनकर ठगे 65 लाख! SRA फ्लैट के नाम पर मुंबई में 12 लोगों के साथ बड़ी धोखाधड़ी </a></strong></p>
<p>इसके बाद उन्होंने किसानों के मुद्दे पर तत्काल बैठक बुलाने के निर्देश देते हुए एक और पत्र जिलाधिकारी को दिया। परियोजना के संशोधित प्रस्ताव को नाशिक कार्यालय से शीघ्र प्रशासनिक मंजूरी मिलना आवश्यक बताया जा रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के पांचखेड़ में मिली 3,000 वर्ष पुरानी लौह युगीन मानव बस्ती, नागपुर विवि के उत्खनन में बड़ा खुलासा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/panchkhed-digras-ancient-human-settlement-found-news-yavatmal-1860212.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 13 Jul 2026 09:02:29 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 13 Jul 2026 09:02:29 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Ancient-Iron-Age-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1860212</guid>

					<description><![CDATA[Ancient Iron Age: यवतमाल के दिग्रस तहसील के पांचखेड़ में नागपुर विश्वविद्यालय के उत्खनन से 3,000 वर्ष पुरानी लौह युगीन बस्ती के अवशेष मिले हैं, जिससे प्राचीन कृषि व्यवस्था के नए प्रमाण सामने आए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Ancient-Iron-Age-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Panchkhed Digras Ancient Human Settlement Found News Yavatmal"     /></figure><p><strong>Ancient Iron Age Settlement Yavatmal: </strong>यवतमाल जिले का इतिहास करीब 3 हजार वर्ष पहले समृद्ध कृषि, विकसित बस्ती और उन्नत जीवनशैली का प्रमाण देता है। यवतमाल जिले के दिग्रस तहसील अंतर्गत पांचखेड़ में नागपुर विश्वविद्यालय के पुरातत्व विभाग द्वारा किए गए उत्खनन से लौह युगीन बस्ती के महत्वपूर्ण प्रमाण सामने आए हैं। इस उत्खनन में घरों के अवशेष, लोहे की वस्तुएं, मिट्टी के बर्तन, चावल के दाने और अन्य अनाजों के प्रमाण मिले हैं। इन निष्कर्षों से स्पष्ट हुआ है कि करीब 3 हजार वर्ष पहले इस क्षेत्र में धान, गेहूं, तुअर और मूंग जैसी फसलों की खेती की जाती थी। इस उत्खनन और शोध से एक महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया है कि करीब 3 हजार वर्ष पहले जिले में धान की खेती होती थी।</p>
<h3>जलवायु वाला क्षेत्र था यवतमाल</h3>
<p>आज कम बारिश वाले क्षेत्र के रूप में पहचाने जाने वाला यवतमाल सातवाहन काल तक नम जलवायु वाला क्षेत्र था। इसके बाद मौसम में आए बदलाव के कारण बारिश कम हुई और खेती की पद्धतियों में भी परिवर्तन आया। उत्खनन में मिले अवशेषों से पता चलता है कि उस समय के लोग खेती के साथ-साथ मछली पकड़ने, शिकार और धातु कार्य में भी निपुण थे। नदी के शंख और सीपियों का उपयोग कर चूना तैयार किए जाने के प्रमाण भी मिले हैं, जो उस समय की विकसित बस्ती का प्रमाण देते हैं।</p>
<h3>शोध में मिले प्राचीन बर्तन और अनाज के अवशेष</h3>
<p>पांचखेड़ का यह पुरातात्विक शोध केवल यवतमाल ही नहीं, बल्कि विदर्भ के प्राचीन इतिहास को नए दृष्टिकोण से समझने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अतीत की समृद्ध संस्कृति, कृषि व्यवस्था और पर्यावरण की जानकारी देने वाला यह शोध इतिहास प्रेमियों और शोधकर्ताओं के लिए विशेष महत्व रखता है। लगभग 2023 के दौरान नागपुर विश्वविद्यालय के पुरातत्व विभाग की ओर से पांचखेड़ गांव के समीप उत्खनन और शोध कार्य शुरू किया गया था। इसके बाद, यहां 3 हजार वर्ष पुरानी लौह युगीन बस्ती, घरों के अवशेष, लोहे और मिट्टी के बर्तन तथा चावल के दाने उत्खनन में मिले।</p>
<p>पुरातत्व विभाग के उत्खनन और शोध से सातवाहन काल में इस क्षेत्र की बस्ती व्यवस्था, खान-पान की आदतें और आत्मनिर्भर गांव की तस्वीर सामने आई है। भले ही वर्तमान में जिले में धान की खेती नहीं होती, लेकिन भूगर्भ और वनस्पति विज्ञान तकनीक से किए गए शोध में सामने आया है कि इस क्षेत्र में गेहूं, धान सहित अन्य फसलों की खेती की जाती थी।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="गड़चिरोली में फिर नक्सली आहट से हड़कंप, कुंडम गांव के पास मिले आयरन ओर परियोजना विरोधी बैनर व पर्चे" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/naxal-banners-found-kundam-village-police-investigation-gadchiroli-1860145.html"> गड़चिरोली में फिर नक्सली आहट से हड़कंप, कुंडम गांव के पास मिले आयरन ओर परियोजना विरोधी बैनर व पर्चे </a></strong></p>
<h3>पहले हरा-भरा था यवतमाल</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/university-nagpur-rtmnu-vacant-posts-bsp-protest-vice-chancellor-updates-1822505.html"> नागपुर विश्वविद्यालय</a> पुरातत्व विभाग डॉ. प्रभास साहू, प्रमुख न कहा है कि लगभग 3 हजार वर्ष पहले यानी ईसा पूर्व 908 के आसपास के प्रमाण हमारे पास उपलब्ध हैं, उस समय इस क्षेत्र में धान की खेती होती थी, इसके स्पष्ट प्रमाण उत्खनन में मिले हैं। शोध के दौरान केवल जंगली नहीं, बल्कि खेती किए गए चावल के प्रमाण भी मिले हैं। इसका अर्थ है कि उस समय यहां का मौसम धान की खेती के लिए अनुकूल था और आज की तुलना में यह क्षेत्र काफी हरा-भरा था।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में 73 प्रतिशत बुआई पूरी पर CIBIL स्कोर के फेर में अटका फसल ऋण, निजी कर्जदारों के भरोसे किसान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/crop-loan-delayed-cibil-score-farmers-crisis-news-yavatmal-1858523.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 12 Jul 2026 14:04:54 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 12 Jul 2026 14:04:54 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Farmers_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Kharif Crop]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1858523</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Crop Loan: यवतमाल में खरीफ सीजन की 73.82% बुआई पूरी हो चुकी है, लेकिन बैंक CIBIL स्कोर का हवाला देकर फसल ऋण नहीं दे रहे हैं। केवल 41.2% ऋण वितरण होने पर प्रशासन ने बैंकों को नोटिस भेजा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Farmers_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Crop Loan Delayed Cibil Score Farmers Crisis News Yavatmal"     /></figure><p><strong>CIBIL Score Problem For Yavatmal Farmers: </strong>यवतमाल जिले में खरीफ सीजन के दौरान बुआई का कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन किसानों को फसल ऋण समय पर नहीं मिलने से आर्थिक संकट गहरा गया है। खेती के लिए तत्काल धन की आवश्यकता होने पर अधिकांश किसानों ने निजी उधारी, साहूकारों और रिश्तेदारों से पैसे लेकर बुआई पूरी की, लेकिन अब उस उधार को चुकाने के लिए आवश्यक फसल ऋण बैंकों से नहीं मिलने के कारण हजारों किसान आर्थिक परेशानी का सामना कर रहे हैं।</p>
<p>प्राप्त जानकारी के अनुसार, कई सहकारी और अन्य बैंकों द्वारा किसानों के सिबिल (CIBIL) स्कोर तथा पिछले फसल ऋण की बकाया राशि का हवाला देकर नए ऋण आवेदन लंबित रखे जा रहे हैं। किसानों की लगातार शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लिया है।</p>
<h3>लक्ष्य के मुकाबले ऋण वितरण काफी कम</h3>
<p>इस <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-season-fertilizer-price-hike-maharashtra-farmers-1824314.html">खरीफ सीजन</a> के लिए जिले को 2,200 करोड़ रुपये के फसल ऋण वितरण का लक्ष्य दिया गया था। हालांकि बुआई लगभग पूरी होने की स्थिति में पहुंचने के बावजूद अब तक केवल 906 करोड़ रुपये, यानी 41.2 प्रतिशत (41.2%) ऋण का ही वितरण हो पाया है।</p>
<p>दूसरी ओर, जिले में 73.82 प्रतिशत (73.82%) बुआई पूरी हो चुकी है, जिससे किसानों को तत्काल वित्तीय सहायता की आवश्यकता है। किसानों की शिकायत है कि कुछ राष्ट्रीयकृत बैंक सिबिल (CIBIL) स्कोर का कारण बताकर फसल ऋण देने से इनकार कर रहे हैं। पांढरकवड़ा तहसील की कुछ बैंक शाखाओं के खिलाफ ऐसी शिकायतें जिला प्रशासन को प्राप्त हुई हैं।</p>
<h3>बैंकों को नोटिस देने की प्रक्रिया शुरू</h3>
<p>इसके बाद <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/soybean-seed-fraud-farmers-protest-agriculture-action-yavatmal-1857952.html">यवतमाल जिला</a> प्रशासन ने संबंधित बैंकों के वरिष्ठ अधिकारियों से संपर्क किया। जिला कलेक्टर के निर्देश पर नियमों के विपरीत ऋण प्रकरण लंबित रखने वाली कई बैंक शाखाओं को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।</p>
<p>इस वर्ष मानसून देर से आने और जून माह लगभग सूखा रहने के कारण किसानों को पहले ही बुआई के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। बारिश शुरू होते ही किसानों ने तेजी से बुआई पूरी कर ली, लेकिन समय पर फसल ऋण नहीं मिलने से उन्हें निजी कर्ज का सहारा लेना पड़ा। अब जिला प्रशासन की कार्रवाई के बाद किसानों की नजर इस बात पर टिकी है कि क्या बैंक फसल ऋण वितरण की रफ्तार बढ़ाएंगे।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर: कलमना की अगरबत्ती फैक्ट्री में भीषण आग, 6 दमकलों ने घंटों की मशक्कत के बाद पाया काबू" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/kalamna-agarbatti-factory-fire-old-kamthi-road-nagpur-1858453.html"> <span class="color-red">नागपुर</span>: कलमना की अगरबत्ती फैक्ट्री में भीषण आग, 6 दमकलों ने घंटों की मशक्कत के बाद पाया काबू </a></strong></p>
<h3>अब तक फसल ऋण वितरण</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="1">
<thead>
<tr>
<td><strong>बैंक का नाम</strong></td>
<td><strong>वितरण प्रतिशत (%)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,1,0,0"><b data-path-to-node="1,1,0,0" data-index-in-node="0">जिला सहकारी बैंक</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,1,0">61.4%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,2,0,0"><b data-path-to-node="1,2,0,0" data-index-in-node="0">कुल फसल ऋण वितरण</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,1,0">41.2%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,3,0,0"><b data-path-to-node="1,3,0,0" data-index-in-node="0">महाराष्ट्र ग्रामीण बैंक</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,3,1,0">37.8%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,4,0,0"><b data-path-to-node="1,4,0,0" data-index-in-node="0">आईसीआईसीआई बैंक</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,4,1,0">26.7%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,5,0,0"><b data-path-to-node="1,5,0,0" data-index-in-node="0">इंडसइंड बैंक</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,5,1,0">3.8%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,6,0,0"><b data-path-to-node="1,6,0,0" data-index-in-node="0">आईडीबीआई बैंक</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,6,1,0">3.2%</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के झरी जामणी के 13 सरकारी स्कूल &amp;#8216;शिक्षक विहीन&amp;#8217;, विधायक संजय देरकर ने विधानसभा में सरकार को घेरा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/zhari-jamani-school-teacher-shortage-mla-sanjay-derkar-news-yavatmal-1858430.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 12 Jul 2026 13:49:56 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 12 Jul 2026 13:49:56 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-School-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[School News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1858430</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal School News: आदिवासी बहुल झरी जामणी तहसील के 13 स्कूलों में एक भी शिक्षक नहीं है और कुल 101 पद खाली हैं। विधायक संजय देरकर ने विधानसभा में इस मुद्दे को उठाकर तुरंत कार्रवाई की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-School-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Zhari Jamani School Teacher Shortage Mla Sanjay Derkar News Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal-Zhari Jamani School Teacher Shortage: </strong>खनन क्षेत्र से सरकार को करोड़ों रुपये का राजस्व मिलने के बावजूद आदिवासी बहुल यवतमाल जिले के झरी जामणी तहसील के सरकारी स्कूलों में शिक्षक संकट गहराता जा रहा है। इस गंभीर मुद्दे को विधायक संजय देरकर ने महाराष्ट्र विधानसभा में औचित्य के मुद्दे के माध्यम से उठाते हुए सरकार की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए।</p>
<p>विधायक देरकर ने सदन को बताया कि वर्ष 2025-26 की स्वीकृत संरचना के अनुसार, झरी जामणी तहसील में 305 शिक्षक पद स्वीकृत हैं, लेकिन इनमें से 101 पद वर्तमान में रिक्त हैं। इतना ही नहीं, तहसील के 13 जिला परिषद स्कूल पूरी तरह बगैर शिक्षकों के हैं। वहीं कई स्कूलों में एक ही शिक्षक को 2 से 3 कक्षाओं का पढ़ाई कार्य संभालना पड़ रहा है, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है।</p>
<h3>13 स्कूल बिना शिक्षक के, 101 पद खाली</h3>
<p>उन्होंने कहा कि दुर्गम और आदिवासी क्षेत्रों के विद्यार्थियों को नियमित पढ़ाई, समय पर पाठ्यक्रम पूरा होने, परीक्षा की तैयारी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित रहना पड़ रहा है। शिक्षक नहीं होने से बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है और शिक्षा के अधिकार पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है।</p>
<p>विधायक देरकर ने यह भी कहा कि <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/ganeshpur-khadki-health-sub-center-staff-shortage-jhari-jamni-1849030.html">झरी जामणी</a> खनन प्रभावित क्षेत्र है, जहां से सरकार को भारी राजस्व प्राप्त होता है, लेकिन स्थानीय शिक्षा व्यवस्था को उसका लाभ नहीं मिल रहा। उन्होंने सवाल किया कि जब क्षेत्र से करोड़ों का राजस्व मिलता है, तो स्थानीय विद्यार्थियों को पर्याप्त शिक्षक क्यों उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="अमित शाह कहें तो एक पैर पर खड़े हो जाएंगे शिंदे… कन्हैया कुमार का हमला, बोले- शाह के पास सरेंडर है सरकार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/kanhaiya-kumar-slams-eknath-shinde-says-government-surrendered-to-amit-shah-1858408.html"> अमित शाह कहें तो एक पैर पर खड़े हो जाएंगे शिंदे… कन्हैया कुमार का हमला, बोले- शाह के पास सरेंडर है सरकार </a></strong></p>
<h3>&amp;#8216;जीरो टीचर&amp;#8217; स्कूलों को प्राथमिकता दें</h3>
<p>उन्होंने मांग की कि झरी जामणी के सभी रिक्त शिक्षक पदों को तत्काल भरा जाए, &amp;#8216;जीरो टीचर&amp;#8217; स्कूलों को प्राथमिकता के आधार पर शिक्षक उपलब्ध कराए जाएं तथा आवश्यकता पड़ने पर खनिज विकास निधि से संविदा शिक्षकों की नियुक्ति कर शिक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाए। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-wani-coal-pollution-compensation-policy-wecl-farmers-rehabilitation-1811947.html">विधायक संजय देरकर</a> ने कहा कि आदिवासी विद्यार्थियों की शिक्षा का मुद्दा केवल आश्वासनों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि सरकार को तत्काल ठोस कार्रवाई करनी चाहिए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में 1.60 लाख से अधिक स्मार्ट मीटर लगे, पर बिना मीटर लगाए उपभोक्ता को थमाया हजारों का बिल</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/smart-meter-installation-electricity-bill-complaints-yavatmal-1858378.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 12 Jul 2026 12:34:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 12 Jul 2026 12:34:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Smart-Meter_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1858378</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Smart Meter: यवतमाल में महावितरण ने 1.60 लाख से अधिक स्मार्ट मीटर लगाए हैं, लेकिन बिना मीटर लगे बिल आने और अचानक 22 हजार का बिल मिलने से नाराज उपभोक्ताओं के लिए आज विशेष शिविर आयोजित हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Smart-Meter_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Smart Meter Installation Electricity Bill Complaints Yavatmal"     /></figure><p><strong>Mahavitran Smart Meter Complaints In Yavatmal: </strong>महावितरण की स्मार्ट मीटर योजना के तहत यवतमाल जिले में मीटर लगाने का काम तेजी से जारी है। जिले में अब तक 1 लाख 60 हजार 258 बिजली उपभोक्ताओं के घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं।<br />
महावितरण का दावा है कि स्मार्ट मीटर से बिजली वितरण व्यवस्था अधिक आधुनिक, पारदर्शी और उपभोक्ता केंद्रित बनेगी। स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को अपनी बिजली खपत की जानकारी मोबाइल के माध्यम से रियल टाइम में उपलब्ध हो सकेगी। इससे ग्राहक अपनी दैनिक, साप्ताहिक और मासिक बिजली खपत पर नज़र रख सकेंगे।</p>
<p>बिजली उपयोग को नियंत्रित करने में मदद मिलने के साथ ही बिल संबंधी शिकायतों में भी कमी आने की उम्मीद महावितरण ने जताई है। महावितरण अधिकारियों के अनुसार, पारंपरिक मीटर की तुलना में स्मार्ट मीटर अधिक सटीक रीडिंग दर्ज करते हैं। इससे मीटर रीडिंग के लिए कर्मचारियों पर निर्भरता कम होगी और बिजली चोरी रोकने में भी सहायता मिलेगी। जिले में शेष उपभोक्ताओं के यहां भी चरणबद्ध तरीके से स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया जारी रहेगी।</p>
<h3>स्मार्ट मीटर लगाए बिना भेज दिया पांच महीने का हजारों रुपये का बिल</h3>
<p>स्मार्ट मीटर योजना के बीच यवतमाल जिले के <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-babulgaon-farmers-pray-for-rainfall-delayed-monsoon-1810292.html">बाभुलगांव तहसील</a> के नांदुरा खुर्द गांव में एक उपभोक्ता को स्मार्ट मीटर लगाए बिना ही हजारों रुपये का बिल भेजे जाने का मामला सामने आया है। इससे उपभोक्ता में नाराजगी है और महावितरण की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।</p>
<p>नांदुरा खुर्द निवासी बिजली ग्राहक प्रशांत महल्ले ने बताया कि उन्होंने दिसंबर 2025 में बाभुलगांव बिजली वितरण कार्यालय में स्मार्ट मीटर के लिए आवेदन किया था। इसके लगभग 15 दिन बाद वायरमैन उनकी अनुपस्थिति में स्मार्ट मीटर घर पर रख गया, लेकिन आज तक मीटर की वास्तविक स्थापना नहीं की गई। महल्ले के अनुसार, उनके घर में अब भी पुराने मीटर से ही बिजली आपूर्ति शुरू है।</p>
<h3>स्मार्ट मीटर के बाद आया 22 हजार रुपये का बिल</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-515-shops-lease-pil-highcourt-dr-waghmare-auction-1822236.html">यवतमाल शहर</a> के वडगांव क्षेत्र के बिजली उपभोक्ता उल्हास निनावे ने स्मार्ट मीटर को लेकर गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। उनका कहना है कि स्मार्ट मीटर लगाना अनिवार्य नहीं होने के बावजूद बिना अनुमति उनके घर में मीटर बदल दिया गया।</p>
<p>निनावे के अनुसार, पहले उनका मासिक बिजली बिल 1200 से 1400 रुपये के बीच आता था, लेकिन स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद एक ही महीने में 22 हजार रुपये से अधिक का बिल भेज दिया गया। शिकायत के बाद महावितरण की ओर से जांच के लिए कर्मचारी भेजे गए। हालांकि, निनावे का आरोप है कि जांच के नाम पर केवल औपचारिकता पूरी की गई और &amp;#8216;मीटर सही है&amp;#8217; की रिपोर्ट दे दी गई।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Mumbai ANC की बड़ी कार्रवाई: 50 करोड़ का प्रतिबंधित केमिकल जब्त, 6 आरोपी गिरफ्तार" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/anc-seizes-50-mumbai-crore-precursor-chemical-kandivali-unit-arrests-updates-1858019.html"> <span class="color-red">Mumbai ANC की बड़ी कार्रवाई</span>: 50 करोड़ का प्रतिबंधित केमिकल जब्त, 6 आरोपी गिरफ्तार </a></strong></p>
<h3>स्मार्ट मीटर से जुड़ी शंकाओं का होगा निराकरण</h3>
<p>बिल से जुड़ी शिकायतों के समाधान के लिए महावितरण की ओर से यवतमाल जिले में सोमवार, 13 जुलाई को समाधान शिविरों का आयोजन किया गया है। इन शिविरों में उपस्थित रहने का आह्वान महावितरण के अधीक्षक अभियंता रूपेश टेंभुर्णे ने किया है।</p>
<p>महावितरण के यवतमाल विभाग के अंतर्गत विद्युत भवन (यवतमाल), बाभुलगांव, रालेगांव और कलंब स्थित कार्यालयों में शिविर आयोजित किए जाएंगे। वहीं पांढरकवड़ा विभाग के अंतर्गत घाटंजी, मारेगांव, झरी जामणी, वणी और पांढरकवड़ा उपविभागों में, जबकि दारव्हा विभाग के अंतर्गत नेर, आर्णी, दिग्रस और दारव्हा उपविभागों में शिविर लगाए जाएंगे। इसके अलावा पुसद विभाग के अंतर्गत महागांव, ढाणकी, उमरखेड़, पुसद शहर और पुसद ग्रामीण उपविभागों में भी उपभोक्ताओं की समस्याएं सुनी जाएंगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में नकली सोयाबीन बीज से थमा अंकुरण, कर्ज में डूबे 300 से अधिक किसानों ने लगाई न्याय की गुहार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/soybean-seed-fraud-farmers-protest-agriculture-action-yavatmal-1857952.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 12 Jul 2026 06:54:25 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 12 Jul 2026 06:54:25 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Soybean-Seeds_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1857952</guid>

					<description><![CDATA[Soybean Crop Loss: यवतमाल में बारिश के बाद कर्ज लेकर सोयाबीन बोने वाले किसानों को बड़ा झटका लगा है। नकली बीज के कारण खेतों में अंकुरण नहीं हुआ, जिसके बाद कृषि विभाग ने जांच और कार्रवाई तेज कर दी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Soybean-Seeds_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Soybean Seed Fraud Farmers Protest Agriculture Action Yavatmal"     /></figure><p><strong>Soybean Seed Failure In Yavatmal: </strong>जून माह में बारिश की बेरुखी के बाद जुलाई में पखवाड़ा बीतने पर कहीं-कहीं हुई बारिश से किसानों में खरीफ फसल को लेकर उम्मीद जागी थी। बारिश होते ही किसानों ने कर्ज लेकर और अपनी जमा पूंजी खर्च कर बड़े भरोसे के साथ सोयाबीन की बुआई की। लेकिन कई दिन बीत जाने के बाद भी खेतों में सोयाबीन के अंकुर नहीं निकले। आखिरकार परेशान किसानों ने कृषि विभाग का दरवाजा खटखटाया। जांच में सामने आया कि यवतमाल जिले भर के 319 किसानों को कथित रूप से खराब बीज के कारण नुकसान उठाना पड़ा है।</p>
<p>पहले ही मौसम की मार झेल रहे किसानों के सामने अब नकली बीज की समस्या ने नई परेशानी खड़ी कर दी है। यवतमाल जिले में 2 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में सोयाबीन की खेती की जाती है। इस बार पर्याप्त नमी और अनुकूल वातावरण में बुआई करने के बाद भी कई किसानों के खेतों में 1 सप्ताह से अधिक समय बीतने के बावजूद बीज अंकुरित नहीं हुए। किसानों ने कृषि विभाग में शिकायतें दर्ज करानी शुरू कीं। किसानों का कहना है कि उन्होंने उधार पैसे लेकर बीज और खाद की व्यवस्था की थी। अब बुआई में करीब 20 दिन की देरी हो चुकी है।</p>
<p>इसके बाद किसानों ने <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/agri-department-nagpur-crackdown-on-illegal-seeds-1776932.html">कृषि विभाग</a> में शिकायत दर्ज कराई। कृषि विभाग के अनुसार, अब तक जिले से 319 शिकायतें प्राप्त हुई हैं। इनमें सबसे अधिक शिकायतें नेर तहसील से 125 हैं। इसके बाद बाभुलगांव से 85, दारव्हा से 27, कलंब से 26, वणी से 14 और यवतमाल से 13 शिकायतें मिली हैं। इसके अलावा दिग्रस, पांढरकवड़ा, पुसद, उमरखेड़, महागांव, रालेगांव, झरी जामणी और मारेगांव तहसीलों से भी शिकायतें प्राप्त हुई हैं।</p>
<h3>320 बीज नमूने प्रयोगशाला भेजे गए</h3>
<p>सोयाबीन के बीज अंकुरित नहीं होने की शिकायतें सबसे अधिक सामने आई हैं। बूस्टर कंपनी, रबी कंपनी, बिगर बायोटेक, अंकुर सीड्स और इनोवेज जैसी कंपनियों के बीजों को लेकर अधिक शिकायतें मिली हैं। कृषि विभाग ने शिकायतों के आधार पर संबंधित स्थानों पर जांच अभियान चलाया है। अब तक 320 संदिग्ध बीज नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। साथ ही बड़ी मात्रा में संदिग्ध बीजों के भंडार को बिक्री से रोक दिया गया है। प्रशासन कड़ी कार्रवाई करेगा।</p>
<h3>116 शिकायतों की प्रत्यक्ष जांच पूरी</h3>
<p>जिले में सोयाबीन बीज की गुणवत्ता को लेकर मामला गंभीर होता जा रहा है। कृषि विभाग को मिली 319 शिकायतों में से 116 शिकायतों की मौके पर जाकर जांच पूरी की जा चुकी है। जांच के दौरान 1 हजार 18 क्विंटल संदिग्ध बीज का भंडार बिक्री से प्रतिबंधित किया गया है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नाती की जान का डर और गुप्तधन का झांसा; यवतमाल में सेवानिवृत्त कर्मचारी से ₹3.75 लाख ठगने वाला भोंदूबाबा बेनकाब" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/tantrik-fraud-case-hidden-treasure-fraud-retired-employee-scam-yavatmal-1855749.html"> नाती की जान का डर और गुप्तधन का झांसा; यवतमाल में सेवानिवृत्त कर्मचारी से ₹3.75 लाख ठगने वाला भोंदूबाबा बेनकाब </a></strong></p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/safely-spraying-campaign-2026-launch-yavatmal-farmers-awareness-1854571.html">यवतमाल जिला</a> अधीक्षक कृषि अधिकारी मनोजकुमार ढगे ने कहा है कि  जिले में सामने आए सोयाबीन बीज मामले में कृषि विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। विभिन्न कंपनियों के 320 बीज नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषी कंपनियों को 8 दिन के भीतर नोटिस जारी किए जाएंगे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>नाती की जान का डर और गुप्तधन का झांसा; यवतमाल में सेवानिवृत्त कर्मचारी से ₹3.75 लाख ठगने वाला भोंदूबाबा बेनकाब</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/tantrik-fraud-case-hidden-treasure-fraud-retired-employee-scam-yavatmal-1855749.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अंकिता पटेल]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 11 Jul 2026 10:58:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 11 Jul 2026 10:58:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Hidden-Treasure-Fraud-Scam_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Crime News]]></category>
		<category><![CDATA[Fraud News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1855749</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Tantrik Fraud Case: यवतमाल में गुप्तधन और नाती की जान को खतरा बताकर एक कथित तांत्रिक ने सेवानिवृत्त कर्मचारी से 3.75 लाख रुपये ठग लिए। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Hidden-Treasure-Fraud-Scam_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Tantrik Fraud Case Hidden Treasure Fraud Retired Employee Scam Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Hidden Treasure Fraud Scam:</strong> यवतमाल घर के परिसर और खेत में गुप्तधन होने तथा उसे नहीं निकालने पर नाती की जान को खतरा होने का डर दिखाकर एक तांत्रिक (भोंदूबाबा) ने सेवानिवृत्त कर्मचारी से 3 लाख 75 हजार 500 रुपये ठग लिए, यह मामला गुरुवार को यादव लेआउट, लोहारा परिसर में सामने आया। इस मामले में लोहारा पुलिस थाने में भोंदूबाबा के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।</p>
<p>आरोपी का नाम संजय कवडेवार, निवासी दहेली, तहसील किनवट, जिला नांदेड है। जबकि ठगी का शिकार हुए व्यक्ति का नाम सतीश सोपान पाटिल (62), निवासी यादव लेआउट है। सतीश पाटील रजिस्टर ऑफिस से सेवानिवृत्त हुए हैं।</p>
<p>उनकी बेटी प्रिया का दो वर्षीय बेटा हमेशा बीमार रहता था। उसके इलाज के लिए वह यवतमाल आई थी। 30 अगस्त 2025 को एक बाल अस्पताल में प्रिया की मुलाकात एक अज्ञात महिला से हुई।</p>
<h3>गुप्तधन और नाती की जान का डर दिखाकर लाखों की ठगी</h3>
<p>उस महिला ने कहा कि यदि अस्पताल में इलाज से फायदा नहीं हो रहा है तो बाहर किसी को दिखाएं और उसने किनवट के संजय कवडेवार का नाम सुझाया। अक्टूबर 2025 में सतीश पाटिल काम के सिलसिले में किनवट गए थे। वहां उन्होंने आरोपी से मुलाकात की।</p>
<p>इसके बाद 8 नवंबर 2025 को आरोपी कवडेवार पाटिल के लोहारा स्थित घर पहुंचा। उसने बीमार नाती को देखकर अगरबत्ती जलाई और कुछ मंत्र पढ़ने का नाटक किया। इसके बाद उसने कहा कि घर के परिसर और खेत में गुप्तधन दबा हुआ है। उसे निकालने के लिए पूजा करनी होगी और जड़ी-बूटी लानी पड़ेगी।</p>
<p>ऐसा नहीं करने पर नाती की जान को खतरा होने की बात कहकर उसने परिवार को डराया। नाती की चिंता में डूबे पाटिल ने शुरुआत में आरोपी को 45 हजार रुपये दिए। इसके बाद आरोपी ने समय-समय पर पैसों की मांग शुरू कर दी। पाटिल ने 16 दिसंबर 2025 से 23 मार्च 2026 के बीच फोन पे के माध्यम से कुल 2 लाख 90 हजार रुपये आरोपी को भेजे।</p>
<h3>पूजा कर ढोंग रचकर घर में पेटी गाड़ी</h3>
<p>बाद 7 जनवरी 2026 को आरोपी पाटिल के घर आया और गुप्तधन निकालने की पूजा का ढोंग रचा। उसने एक छोटी पेटी लाई और उसमें पाटिल की 40 हजार रुपये कीमत की 5 ग्राम सोने की अंगूठी तथा 500 रुपये नकद रखने को कहा। इसके बाद उसने वह पेटी घर के परिसर में गड्डा खोदकर जमीन में दबा दी।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="11 जुलाई का इतिहास: मुंबई की लोकल रेलगाड़ियों में सिलसिलेवार बम धमाके" href="https://navbharatlive.com/special-coverage/july-11-history-mumbai-train-blasts-world-population-day-1855723.html">11 जुलाई का इतिहास: मुंबई की लोकल रेलगाड़ियों में सिलसिलेवार बम धमाके</a></strong></p>
<p>साथ ही पेटी से छेड़छाड़ करने पर जान को खतरा होने की धमकी दी। डर के कारण परिवार ने उस पेटी को हाथ नहीं लगाया। कुछ दिनों बाद आरोपी ने फोन उठाना बंद कर दिया। ठगी का एहसास होने के बाद सतीश पाटिल ने लोहारा पुलिस थाने में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/nashik-bhondu-kharat-scandal-sushma-andhare-devyani-farande-1635323.html">भोंदूबाबा</a> के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में सुरक्षित कृषि की पहल, कृषि विभाग ने शुरू किया छिड़काव जागरूकता अभियान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/safely-spraying-campaign-2026-launch-yavatmal-farmers-awareness-1854571.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 10 Jul 2026 19:20:33 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 10 Jul 2026 19:20:33 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Farmer-Awareness-Campaign_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1854571</guid>

					<description><![CDATA[Safe Spraying Campaign 2026: यवतमाल में कृषि दिवस और वसंतराव नाईक जयंती के अवसर पर सुरक्षित छिड़काव अभियान-2026 का शुभारंभ किया गया। फसल सुरक्षा और आधुनिक कृषि तकनीकों के प्रति जागरूक किया जाएगा।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Farmer-Awareness-Campaign_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Safely Spraying Campaign 2026 Launch Yavatmal Farmers Awareness"     /></figure><p><strong>Yavatmal Agriculture News:</strong> 1 जुलाई 2026 को &amp;#8216;कृषि दिवस&amp;#8217; तथा हरित क्रांति के प्रणेता एवं महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री स्व। वसंतराव नाईक की जयंती के अवसर पर कृषि विभाग, महाराष्ट्र शासन, सिंजेंटा इंडिया प्रा. लि. तथा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल अवेयरनेस एंड रिफॉर्म (इसार), यवतमाल के संयुक्त तत्वावधान में &amp;#8216;सुरक्षित छिड़काव अभियान-2026&amp;#8217; का शुभारंभ एवं &amp;#8216;सुरक्षित छिड़काव रथ&amp;#8217; का उद्घाटन किया गया।</p>
<p>कार्यक्रम में यवतमाल के जिलाधिकारी विकास मीना तथा जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी संतोष धोत्रे प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम का प्रास्ताविक कृषि विकास अधिकारी एल. जी. आडे ने प्रस्तुत किया।</p>
<h3>फसलों की सुरक्षा और किसानों की सेहत पर जोर</h3>
<p>इस अवसर पर फसल प्रतियोगिता के विजेताओं, खाद्य प्रसंस्करण उद्यमियों तथा ड्रोन के माध्यम से छिड़काव करने वाले कृषकों का शॉल, भारतीय संविधान की उद्देशिका, सम्मानपत्र एवं आम के पौधे भेंट कर सम्मान किया गया। साथ ही डॉ. <strong><a href="https://navbharatlive.com/special-coverage/history-april-14-lincoln-assassination-ambedkar-jayanti-significance-1670647.html">बाबासाहेब आंबेडकर</a></strong> कृषि स्वावलंबन योजना तथा बिरसा मुंडा कृषि क्रांति योजना के उन लाभार्थियों का भी सत्कार किया गया, जिन्होंने कुओं का निर्माण कर सिंचाई क्षमता बढ़ाई और कृषि उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि हासिल की।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="gs-title" dir="ltr" href="https://www.google.com/url" target="_self" data-cturl="https://www.google.com/url" data-ctorig="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/earthquake-of-4-6-magnitude-hits-yavatmal-umarkhed-hingoli-nanded-1853054.html/amp">यवतमाल के उमरखेड़ सहित 3 जिलों में भूकंप के झटके; रिक्टर स्केल पर 4.6 &amp;#8230;</a></strong></p>
<h3>यवतमाल में सुरक्षित छिड़काव अभियान शुरू</h3>
<p>कार्यक्रम में <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/zp-schools-dilapidated-buildings-student-safety-monsoon-nagpur-1851320.html">जिला परिषद</a> </strong>के परियोजना निदेशक आनंदराव पिंगले, उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी जालिंदर आभाले, भिसे, जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी मनोजकुमार ढगे, कृषि विकास अधिकारी एल. जी. आडे, प्रशिष गव्हांदे, जयसिंग सोलंके, निलेश ढाकुलकर, डाखोरे, सिंजेंटा कंपनी के प्रतिनिधि भाऊसाहेब जगताप एवं फडणीस चिदंबरम, इसार संस्था के दिवाकर भोयर, जिला परिषद के विभाग प्रमुख तथा अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। जिला परिषद सभागार, यवतमाल में आयोजित इस कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन अभियान अधिकारी प्रवीण जाधव ने किया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में उमेद अभियान की बड़ी सफलता, 34 हजार एकल महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़ीं</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-umed-campaign-34000-single-women-self-help-groups-1854457.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 10 Jul 2026 17:11:28 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 10 Jul 2026 17:11:28 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Single-Women-Empowerment_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[CM Women Empowerment Campaign]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1854457</guid>

					<description><![CDATA[Self Help Groups Maharashtra: यवतमाल जिले में उमेद अभियान के तहत चलाए गए विशेष अभियान को बड़ी सफलता मिली है। 34 हजार से अधिक एकल महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ा गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Single-Women-Empowerment_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Umed Campaign 34000 Single Women Self Help Groups"     /></figure><p><strong>Yavatmal UMED Campaign:</strong> यवतमाल जिला परिषद की ओर से महाराष्ट्र राज्य ग्रामीण आजीविका अभियान (उमेद) के अंतर्गत जिले की एकल महिलाओं के सर्वांगीण विकास के लिए चलाए गए विशेष अभियान को बड़ी सफलता मिली है। इस अभियान के माध्यम से जिले की 34 हजार से अधिक एकल महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ा गया है। इससे उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनने के साथ-साथ विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ प्राप्त करने का मार्ग भी प्रशस्त हुआ है।</p>
<p>अंतरराष्ट्रीय विधवा दिवस के अवसर पर 23 से 25 जून के दौरान जिलेभर में आजीविका संवर्धन, व्यक्तिगत विकास और सामाजिक सशक्तिकरण विषयों पर विशेष शिविरों का आयोजन किया गया। मुख्य कार्यकारी अधिकारी संतोष धोत्रे की संकल्पना तथा परियोजना संचालक आनंद पिंगले के मार्गदर्शन में यह अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। शिविरों में उमेद अभियान के तहसील अभियान प्रबंधक, तहसील प्रबंधक, प्रभाग समन्वयक, ग्रामसखी तथा बड़ी संख्या में एकल महिलाओं ने भाग लिया। शिविरों में विभिन्न शासकीय योजनाओं की जानकारी दी गई।</p>
<h3>34 हजार महिलाओं को मिला आत्मनिर्भरता का रास्ता</h3>
<p>साथ ही उद्योग एवं व्यवसाय में सफल एकल महिलाओं ने अपने अनुभव साझा किए। कम पूंजी में घर अथवा गांव स्तर पर शुरू किए जा सकने वाले व्यवसायों के बारे में भी मार्गदर्शन दिया गया। इस दौरान बताया गया कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़ने पर महिलाओं को आर्थिक आत्मनिर्भरता के साथ समाज की मुख्यधारा में शामिल होने का अवसर मिलता है। उमेद अभियान के अंतर्गत अभी तक स्वयं सहायता समूहों से नहीं जुड़ी एकल महिलाओं को भी ग्रामसखियों के माध्यम से जोड़ा जाएगा।</p>
<h3>यवतमाल में उमेद अभियान सफल</h3>
<p>उन्हें विभिन्न आजीविका गतिविधियों के अवसर, आवश्यक प्रशिक्षण तथा प्रभाग संघ के माध्यम से व्यवसाय शुरू करने के लिए वित्तीय सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी। मुख्य कार्यकारी अधिकारी संतोष धोत्रे एवं परियोजना संचालक आनंदराव पिंगले ने गांव स्तर पर अब तक<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/mahila-bachat-samuh-sashaktikaran-vijaya-rahatkar-amravati-1840676.html"> स्वयं सहायता समूहों</a></strong> से नहीं जुड़ी एकल महिलाओं से इस अभियान का लाभ उठाने की अपील की है। तहसील स्तरीय कार्यशालाओं को सफल बनाने में जिला अभियान प्रबंधक सारंग आगरकर तथा जिला प्रबंधक स्नेहा खडसे, जितेंद्र मेश्राम, प्रीतम हस्ते और सागर वानखडे ने विशेष योगदान दिया।</p>
<p><strong>ये भी पढे़: <a class="gs-title" dir="ltr" href="https://www.google.com/url" target="_self" data-cturl="https://www.google.com/url" data-ctorig="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/gk-became-a-digital-magazine-city-survey-department-closed-the-facility-of-giving-direct-certificate-419974.html">जी का जंजाल बनी डिजिटल आखिव पत्रिका, सिटी सर्वे विभाग ने बंद की &amp;#8230;</a></strong></p>
<h3>कार्यक्रम स जुड़ी महिलाओं की तहसीलवार संख्या</h3>
<div class="responsive-table"><table style="height: 443px;" width="899">
<thead>
<tr>
<th>क्रमांक</th>
<th>तहसील</th>
<th align="right">जुड़ी हुई महिलाओं की संख्या</th>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td>1</td>
<td>वणी</td>
<td align="right">2,839</td>
</tr>
<tr>
<td>2</td>
<td>दिग्रस</td>
<td align="right">2,222</td>
</tr>
<tr>
<td>3</td>
<td>कलंब</td>
<td align="right">2,239</td>
</tr>
<tr>
<td>4</td>
<td><strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/earthquake-of-4-6-magnitude-hits-yavatmal-umarkhed-hingoli-nanded-1853054.html/amp">यवतमाल</a></strong></td>
<td align="right">2,109</td>
</tr>
<tr>
<td>5</td>
<td>केलापूर</td>
<td align="right">2,190</td>
</tr>
<tr>
<td>6</td>
<td>घाटंजी</td>
<td align="right">2,687</td>
</tr>
<tr>
<td>7</td>
<td>रालेगांव</td>
<td align="right">2,044</td>
</tr>
<tr>
<td>8</td>
<td>दारव्हा</td>
<td align="right">2,316</td>
</tr>
<tr>
<td>9</td>
<td>नेर</td>
<td align="right">1,795</td>
</tr>
<tr>
<td>10</td>
<td>मारेगांव</td>
<td align="right">1,597</td>
</tr>
<tr>
<td>11</td>
<td>पुसद</td>
<td align="right">2,492</td>
</tr>
<tr>
<td>12</td>
<td>उमरखेड़</td>
<td align="right">2,501</td>
</tr>
<tr>
<td>13</td>
<td>बाभूलगांव</td>
<td align="right">1,556</td>
</tr>
<tr>
<td>14</td>
<td>महागांव</td>
<td align="right">2,738</td>
</tr>
<tr>
<td>15</td>
<td>आर्णी</td>
<td align="right">1,812</td>
</tr>
<tr>
<td>16</td>
<td>झरी-जामणी</td>
<td align="right">1,501</td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के उमरखेड़ सहित 3 जिलों में भूकंप के झटके; रिक्टर स्केल पर 4.6 रही तीव्रता, प्रशासन का अलर्ट</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/earthquake-of-4-6-magnitude-hits-yavatmal-umarkhed-hingoli-nanded-1853054.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 10 Jul 2026 07:32:56 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 10 Jul 2026 07:32:56 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Richter-Scale-4.6-Earthquake_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[नांदेड़]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[हिंगोली]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1853054</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Earthquake: यवतमाल के उमरखेड़, हिंगोली और नांदेड़ जिलों में 4.6 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस किए गए। हिंगोली के वसमत में दीवारों में दरारें आई हैं, जबकि उमरखेड़ में कोई नुकसान नहीं हुआ।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Richter-Scale-4.6-Earthquake_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Earthquake Of 4 6 Magnitude Hits Yavatmal Umarkhed Hingoli Nanded"     /></figure><p><strong>Yavatmal And Nanded Richter Scale 4.6 Earthquake: </strong>यवतमाल जिले के उमरखेड़ तालुका सहित समीपवर्ती हिंगोली और नांदेड़ जिलों में गुरुवार, 9 जुलाई को तड़के भूकंप के हल्के झटके महसूस किए गए। इससे कुछ समय के लिए नागरिकों में भय का माहौल निर्माण हो गया था। हालांकि, उमरखेड़ तहसील में सौभाग्य से किसी भी प्रकार की जनहानि या वित्तीय नुकसान नहीं हुआ है। राजस्व विभाग के पास इस संबंध में अब तक कोई आधिकारिक सूचना दर्ज नहीं होने की प्राथमिक जानकारी गुरुवार शाम को सामने आई।</p>
<p>प्राप्त जानकारी के अनुसार, उमरखेड़ क्षेत्र में भूकंप का पहला झटका तड़के 1 बजकर 37 मिनट पर, जबकि दूसरा झटका 2 बजकर 16 मिनट पर महसूस किया गया। भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 4.6 दर्ज की गई है। वहीं, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/hingoli/maharashtra-double-attack-heavy-rain-earthquake-hingoli-nanded-parbhani-1851046.html">हिंगोली जिले</a> के वसमत, औंढा नागनाथ, कलमनुरी, सेनगांव तथा नांदेड़ जिले के अर्धापुर क्षेत्र में भी नागरिकों को ये झटके स्पष्ट रूप से महसूस हुए।</p>
<h3>प्रशासन ने नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की</h3>
<p>गुरुवार तड़के भूकंप के बाद <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-umarkhed-gharkul-yojana-sand-allotment-order-2026-updates-1570359.html">उमरखेड़ तालुका</a> के राजस्व विभाग और स्थानीय प्रशासन की ओर से नागरिकों से घबराने के बजाय सतर्क रहने का आह्वान किया गया है। उमरखेड़ तालुका के राजस्व विभाग की ओर से भूकंप के संबंध में अधिक जानकारी जुटाने का कार्य जारी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Bhanadara News: खेतों की गीली मिट्टी से सड़कें फिसलन भरी, ट्रैक्टर चालकों पर कार्रवाई की मांग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/kichad-yukt-sadkon-se-badha-hadson-ka-khatra-1849470.html"> <span class="color-red">Bhanadara News</span>: खेतों की गीली मिट्टी से सड़कें फिसलन भरी, ट्रैक्टर चालकों पर कार्रवाई की मांग </a></strong></p>
<h3>वसमत क्षेत्र में दीवारों में दरारें, उमरखेड़ सुरक्षित :</h3>
<ul>
<li>इस भूकंप का केंद्र हिंगोली जिले के वसमत तालुका स्थित शिरली गांव के पास जमीन के लगभग 10 किलोमीटर नीचे बताया गया है।</li>
<li>भूकंप का केंद्र नजदीक होने के कारण वसमत और कलमनुरी तहसील के कुछ स्थानों पर घरों की दीवारों में दरारें आने की जानकारी सामने आई है।</li>
<li>हालांकि, उमरखेड़ में केवल हल्के झटके महसूस हुए और यहां किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं हुआ है।</li>
</ul>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मृतकों के साथ भी सरकारी लापरवाही, यवतमाल मेडिकल कॉलेज अस्पताल पर गंभीर सवाल, फ्रीजर फेल होने से शव हुआ खराब</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/government-hospital-mortuary-freezer-failure-body-decomposed-negligence-yavatmal-1850790.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अंकिता पटेल]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 09 Jul 2026 09:27:21 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 09 Jul 2026 09:27:21 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Government-Medical-College_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Government]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Medical Hospital]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1850790</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Government Hospital: यवतमाल के शासकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल में शवागार का फ्रीजर बंद होने से एक शव सड़ गया। घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Government-Medical-College_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Government Hospital Mortuary Freezer Failure Body Decomposed Negligence Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Government Medical College:</strong> यवतमाल वसंतराव नाईक शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल में एक बार फिर गंभीर लापरवाही सामने आई है। अस्पताल के शवागार में अचानक बंद पड़े फ्रीजर में रखे एक शव के सड़ जाने से परिजनों में भारी आक्रोश फैल गया। घटना के बाद अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली और शवागार की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, खोजा कॉलोनी निवासी मनीष दिवाकर वाघमारे (58) को 7 जुलाई को अचानक हृदयाघात का दौरा पड़ गया था। परिजन उन्हें उपचार के लिए पहले संजीवनी अस्पताल ले गए, जहां ईसीजी जांच के बाद चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पोस्टमार्टम के लिए उनका शव वसंतराव नाईक शासकीय अस्पताल लाया गया और शवागार के फ्रीजर में रखा गया।</p>
<h3>शवागार की लापरवाही से सड़ा शव, परिजनों का हंगामा</h3>
<p>परिजनों का आरोप है कि वे शव को समुदाय के जमातखाने में उपलब्ध फ्रीजर में रखना चाहते थे, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि शव को अस्पताल के शवागार में सुरक्षित रखा जाएगा और अगले दिन पोस्टमार्टम कर दिया जाएगा।</p>
<p>प्रशासन के आश्वासन पर परिजनों ने शव अस्पताल के शवागार में ही रखने की अनुमति दी। बुधवार दोपहर जब परिजन शव लेने शवागार पहुंचे तो फ्रीजर में रखा शव पूरी तरह से सड़ चुका था। यह देखकर परिजन भड़क उठे और अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया।</p>
<p>सूत्रों के अनुसार, अस्पताल के शवागार में कुल 18 फ्रीजर उपलब्ध हैं, लेकिन इनमें से केवल 6 फ्रीजर ही चालू हालत में हैं। हैरानी की बात यह है कि चालू फ्रीजरों में भी तीन फ्रीजरों की ट्रॉलियां पूरी तरह जाम हैं, जिससे उनमें रखे शवों को बाहर निकालने में भी भारी परेशानी होती है। ऐसे में शवागार की तकनीकी और रखरखाव संबंधी व्यवस्थाओं पर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं।</p>
<h3>परिजनों की उपअधिष्ठाता से भी हुई तीखी बहस</h3>
<p>घटना से आक्रोशित परिजनों ने <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/neglect-of-dead-patients-in-government-hospital-the-mortuary-gate-closed-bodies-of-two-people-were-lying-outside-630372.html">शवागार परिसर</a> में जमकर हंगामा किया। स्थिति को शांत कराने पहुंचे अस्पताल के उपअधिष्ठाता डॉ। सुरेंद्र भुयार के साथ भी परिजनों की तीखी बहस हुई। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।</p>
<h3>112 पर हंगामे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची</h3>
<p>शवागार परिसर में परिजनों द्वारा हंगामा किए जाने की सूचना मिलते ही लोहारा पुलिस थाने की डायल 112 सेवा में तैनात महिला पुलिस कर्मी अश्विनी राऊत तत्काल घटनास्थल पर पहुंचीं।</p>
<p>इसके कुछ ही देर बाद शहर पुलिस थाने के प्रभारी नीलेश सुरडकर अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रण में लिया। किसी भी अप्रिय घटना की आशंका को देखते हुए पुलिस ने परिजनों को शांत कराया तथा मामले में विधिसम्मत कार्रवाई का आश्वासन दिया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="मानसून में बढ़ा खतरा! गोंदिया में 3 दिन में सर्पदंश-बिच्छू के डंक के 15 मामले, स्वास्थ्य विभाग हुआ अलर्ट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-snake-bite-scorpion-sting-poisonous-insect-cases-monsoon-health-alert-1850764.html">मानसून में बढ़ा खतरा! गोंदिया में 3 दिन में सर्पदंश-बिच्छू के डंक के 15 मामले, स्वास्थ्य विभाग हुआ अलर्ट</a></strong></p>
<h3>शव का पहले से ही विघटन होने का अनुमान</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/cpr-information-provided-at-yavatmal-district-hospital-1397545.html">यवतमाल जिला अस्पताल</a> के शवगृह में छह शव रखने के लिए एक कैबिनेट होता है और उसका केवल एक मुख्य स्विच होता है। शवगृह में लाए जाने से पहले संबंधित शव की मृत्यु कितने समय पहले हुई थी। इसकी सटीक जानकारी उपलब्ध नहीं है, उसी बॉडी कैबिनेट में रखे अन्य शव सुरक्षित अवस्था में होने की जानकारी मिली है। संभावना है कि शवगृह में लाने से पहले ही संबंधित शव का विघटन (सड़ने की प्रक्रिया) शुरू हो चुका था।</p>
<p><strong>&amp;#8211; वसंतराव नाईक शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल, अधिष्ठाता, डॉ. प्रशांत उईके</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal Crime: 12 साल से फरार पॉक्सो आरोपी बिहार से गिरफ्तार, पाटण पुलिस की बड़ी सफलता</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/patan-police-arrested-12-year-absconding-pocso-accused-bihar-1849065.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 08 Jul 2026 15:41:59 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 08 Jul 2026 15:41:59 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Begusarai-Accused_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1849065</guid>

					<description><![CDATA[POCSO Accused Arrested: यवतमाल के पाटण पुलिस थाना क्षेत्र के पॉक्सो प्रकरण में 12 वर्षों से फरार चल रहे आरोपी को बिहार के बेगूसराय से गिरफ्तार किया गया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Begusarai-Accused_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Patan Police Arrested 12 Year Absconding Pocso Accused Bihar"     /></figure><p><strong>Yavatmal Absconding Accused:</strong> पॉक्सो प्रकरण में पिछले 12 वर्षों से न्यायिक प्रक्रिया से फरार चल रहे आरोपी को बिहार से गिरफ्तार करने में पाटण पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। आरोपी को महाराष्ट्र लाकर केलापुर स्थित विशेष पॉक्सो न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में यवतमाल जिला कारागार भेजने के आदेश दिए गए।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, पाटण पुलिस थाने में दर्ज अपराध तथा विशेष पॉक्सो न्यायालय, केलापुर के विशेष पॉक्सो प्रकरण क्रमांक 5/2014 का आरोपी चिकूकुमार उर्फ आर्यमान अजय राय (32), निवासी फाजेलपुर, थाना शिरपुर, जिला बेगूसराय (बिहार) पिछले 12 वर्षों से न्यायालय में लगातार अनुपस्थित था।</p>
<h3>पॉक्सो मामले में बड़ी कार्रवाई</h3>
<p>इसके चलते उसके खिलाफ गैर-जमानती गिरफ्तारी वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी किया गया था। वारंट के क्रियान्वयन के लिए पाटण पुलिस थाना प्रभारी मिलिंद सरकटे के नेतृत्व में एक <strong><a href="https://navbharatlive.com/sports/cricket/india-vs-england-t20-series-gautam-gambhir-defends-team-india-1848837.html">विशेष टीम</a></strong> बिहार भेजी गई। टीम में पुलिस हवलदार मुकेश करपते, पुलिसकर्मी सचिन बोंडे, संदीप नामेकर तथा महिला पुलिसकर्मी ज्योति तपासे शामिल थे।</p>
<h3>फरार आरोपी को बिहार से लाकर कोर्ट में किया पेश</h3>
<p>तकनीकी विश्लेषण और गोपनीय सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपी का ठिकाना तलाश लिया। इसके बाद सुनियोजित कार्रवाई करते हुए उसे उसके निवास स्थान से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ बिहार में हत्या तथा आर्म्स एक्ट के तहत भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को महाराष्ट्र लाकर विशेष पॉक्सो न्यायालय, केलापुर में पेश किया गया। न्यायालय ने उसे न्यायिक हिरासत में यवतमाल जिला कारागार भेजने का आदेश दिया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="डॉ. सुरेश हावरे बनेंगे राम मंदिर ट्रस्ट के नए CEO" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/dr-suresh-havare-ram-mandir-trust-ceo-selection-committee-amravati-1848338.html"> डॉ. सुरेश हावरे बनेंगे राम मंदिर ट्रस्ट के नए CEO? अमरावती से है खास नाता, जानें कौन है ये दिग्गज साइंटिस्ट </a></strong></p>
<h3>यवतमाल पुलिस का ऑपरेशन सफल</h3>
<p>यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक कुमार चिंता, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अशोक थोरात तथा वणी उपविभागीय पुलिस अधिकारी सुरेश दलवे के मार्गदर्शन में की गई। फरार आरोपी को सुरक्षित गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करने में पाटण पुलिस की टीम ने समन्वित और<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/fda-cancels-heera-sweets-license-after-dead-rat-found-in-manufacturing-unit-nagpur-1848540.html"> प्रभावी कार्रवाई</a> </strong>की।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: गणेशपुर स्वास्थ्य उपकेंद्र पर ताला, ग्रामीणों ने स्थायी नियुक्ति की उठाई मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/ganeshpur-khadki-health-sub-center-staff-shortage-jhari-jamni-1849030.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 08 Jul 2026 15:31:51 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 08 Jul 2026 15:31:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Khadki-Health-Sub-Center_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Health Center]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1849030</guid>

					<description><![CDATA[Ganeshpur Health Sub Center : यवतमाल जिले की झरी जामणी तहसील के गणेशपुर (खड़की) स्वास्थ्य उपकेंद्र में कर्मचारियों की कमी के कारण वर्षों से ताला लगा है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Khadki-Health-Sub-Center_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Ganeshpur Khadki Health Sub Center Staff Shortage Jhari Jamni"     /></figure><p><strong>Khadki Health Sub Center:</strong> आदिवासी बहुल झरी जामणी तहसील के गणेशपुर (खड़की) स्थित स्वास्थ्य उपकेंद्र लंबे समय से कर्मचारियों के अभाव में बंद पड़ा है। लाखों रुपये की लागत से निर्मित सुसज्जित भवन उपयोग के अभाव में वीरान पड़ा है, जबकि क्षेत्र के ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधाओं से वंचित रहने को मजबूर हैं। इस स्थिति को लेकर ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति गहरा रोष व्याप्त है।</p>
<p>सामाजिक कार्यकर्ता गणेश सुधाकर बेलेकर ने तहसील स्वास्थ्य अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर उपकेंद्र पर स्थायी स्वास्थ्य कर्मियों की तत्काल नियुक्ति की मांग की है। ज्ञापन में कहा गया है कि उपकेंद्र में कर्मचारियों के रहने की समुचित व्यवस्था उपलब्ध होने के बावजूद इसे बंद रखा गया है, जिससे सरकार के ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के दावे सवालों के घेरे में आ गए हैं।</p>
<h3>आदिवासी क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाएं ठप</h3>
<p>ग्रामीणों का कहना है कि गणेशपुर (खड़की) और आसपास के अधिकांश परिवार आर्थिक रूप से कमजोर हैं। <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/society-careless-towards-first-aid-25-years-first-aid-box-missing-from-st-buses-1353468.html">प्राथमिक उपचार</a></strong>, टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं की जांच तथा अन्य स्वास्थ्य सेवाओं के लिए उन्हें दूर-दराज के अस्पतालों का रुख करना पड़ता है। आपातकालीन परिस्थितियों में यह स्थिति मरीजों के लिए गंभीर संकट बन जाती है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="डॉ. सुरेश हावरे बनेंगे राम मंदिर ट्रस्ट के नए CEO" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/dr-suresh-havare-ram-mandir-trust-ceo-selection-committee-amravati-1848338.html"> डॉ. सुरेश हावरे बनेंगे राम मंदिर ट्रस्ट के नए CEO? अमरावती से है खास नाता, जानें कौन है ये दिग्गज साइंटिस्ट </a></strong></p>
<h3>गणेशपुर उपकेंद्र शुरू करने की मांग तेज</h3>
<p>ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि एक ओर सरकार ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने के दावे कर रही है, वहीं दूसरी ओर पूरी तरह तैयार स्वास्थ्य उपकेंद्र पर ताला लटका हुआ है। उन्होंने मांग की है कि उपकेंद्र को तत्काल शुरू कर स्थायी कर्मचारियों की नियुक्ति की जाए। मांग पूरी नहीं होने पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/bhandara-tumsar-ashokkala-chaudhary-disability-brand-ambassador-1568851.html">सामाजिक कार्यकर्ता</a> </strong>गणेश बेलेकर, सुरेंद्र गेडाम, प्रणव पुसनाके, गोविंदा बरडे एवं लक्ष्मण टोंगे ने ग्रामीणों के साथ लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में नप की लापरवाही; 12 दिनों से बह रहा हजारों लीटर पानी, दूषित जलापूर्ति से सेहत पर मंडराया संकट</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/digras-water-pipeline-leakage-contaminated-supply-yavatmal-1848691.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 08 Jul 2026 12:29:06 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 08 Jul 2026 12:29:06 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Broken-Pipes_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1848691</guid>

					<description><![CDATA[Digras Water Supply: दिग्रस के पुराने बस स्टैंड क्षेत्र में पिछले 12 दिनों से जलापूर्ति पाइपलाइन लीक होने से हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। घरों में दूषित पानी आने से बीमारियां फैलने का खतरा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Broken-Pipes_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Digras Water Pipeline Leakage Contaminated Supply Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Municipal Council Water Leakage:</strong> यवतमाल जिले के दिग्रस शहर के पुराने बस स्थानक क्षेत्र में पिछले 12 दिनों से नगर परिषद की पेयजल पाइपलाइन में लगातार लीकेज होने से प्रतिदिन हजारों लीटर स्वच्छ पेयजल व्यर्थ बह रहा है। पाइपलाइन से रिस रहा पानी सड़क पर जमा होने के कारण सड़क निर्माण कार्य भी प्रभावित हो रहा है।</p>
<p>सबसे गंभीर बात यह है कि लीकेज के चलते कई क्षेत्रों में नागरिकों के घरों तक गंदा और मटमैला पानी पहुंच रहा है, जिससे लोगों के स्वास्थ्य पर खतरा मंडराने लगा है। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, राष्ट्रीय राजमार्ग पर सड़क निर्माण के दौरान नगर परिषद की जलापूर्ति पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसके बाद से लगातार पानी का रिसाव हो रहा है, लेकिन संबंधित विभाग ने अब तक स्थायी मरम्मत नहीं कराई है।</p>
<p>सड़क पर पानी जमा रहने से निर्माण कार्य में बाधा आ रही है और राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पाइपलाइन लीकेज के कारण प्रतिदिन हजारों लीटर स्वच्छ पेयजल नालियों और सड़क पर बहकर व्यर्थ जा रहा है। एक ओर शहर के कई हिस्सों में नागरिकों को पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है, वहीं दूसरी ओर इस तरह पानी की बर्बादी लोगों में नाराजगी का कारण बन रही है।</p>
<p>क्षतिग्रस्त पाइपलाइन के कारण कई इलाकों में गंदा और मटमैला पानी सप्लाई होने की शिकायतें सामने आई हैं। नागरिकों का कहना है कि दूषित पानी पीने से पेट संबंधी बीमारियां, दस्त, उल्टी तथा अन्य संक्रामक रोग फैलने का खतरा बढ़ गया है। लोगों ने प्रशासन से जल्द शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने की मांग की है।</p>
<p>लगातार हो रहे लीकेज के कारण सड़क पर पानी जमा रहने से निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा है। पानी की निकासी के लिए अस्थायी रूप से जेसीबी (JCB) की मदद से पानी नालियों में छोड़ा गया, लेकिन पाइपलाइन की स्थायी मरम्मत नहीं होने से समस्या जस की तस बनी हुई है।</p>
<h3>तत्काल कार्रवाई की मांग</h3>
<p>नागरिकों ने <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/digras-nagar-parishad-swikrut-sadasya-rajnitik-halchal-1507881.html">दिग्रस नगर परिषद</a> प्रशासन से क्षतिग्रस्त पाइपलाइन की तत्काल मरम्मत कराने, शुद्ध पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यह केवल पानी की बर्बादी का मामला नहीं है, बल्कि नागरिकों के स्वास्थ्य और शहर के विकास कार्यों से जुड़ा गंभीर विषय है। यदि शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="CM फडणवीस ने कहा -138 फास्ट ट्रैक कोर्ट में सिर्फ 58 ही शुरू, जजों की नियुक्ति के लिए हाईकोर्ट से संपर्क जारी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-fast-track-courts-shortage-judges-devendra-fadnavis-assembly-updates-1848500.html"> CM फडणवीस ने कहा -138 फास्ट ट्रैक कोर्ट में सिर्फ 58 ही शुरू, जजों की नियुक्ति के लिए हाईकोर्ट से संपर्क जारी </a></strong></p>
<h3>जनप्रतिनिधियों की भूमिका पर उठे सवाल</h3>
<p>स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि संबंधित ठेकेदार के पीछे कुछ नगरसेवकों का संरक्षण होने के कारण कार्रवाई नहीं हो रही है। नागरिकों का कहना है कि ठेकेदार के बिल पास कराने के लिए नगरसेवक सक्रिय दिखाई देते हैं, लेकिन पाइपलाइन की मरम्मत और नागरिकों की समस्या दूर करने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: मारेगांव के कृषि केंद्रों में कीटनाशकों के दामों में भारी अंतर, एक ही दवा मगर हर दुकान में अलग कीमत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-pesticide-price-difference-farmers-looted-yavatmal-1848651.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 08 Jul 2026 12:13:30 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 08 Jul 2026 12:13:30 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Farmers-Protest-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1848651</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Pesticide Price Issue: मारेगांव तहसील में कृषि केंद्रों द्वारा कीटनाशकों की मनमानी कीमतें वसूलने का मामला सामने आया है। एक ही कंपनी की दवा के दाम में 350 रुपये तक का अंतर मिला है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Farmers-Protest-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Pesticide Price Difference Farmers Looted Yavatmal"     /></figure><p><strong>Farmers Protest Against Agriculture Centers In Yavatmal: </strong>मारेगांव तहसील के कृषि केंद्रों पर कीटनाशक दवाओं की कीमतों में भारी अंतर सामने आने से किसानों में नाराजगी है। एक ही कंपनी की एक ही दवा अलग-अलग कृषि केंद्रों पर अलग-अलग कीमत में बेचे जाने का मामला उजागर हुआ है, जिससे कृषि विभाग की निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, एक युवा किसान खरपतवारनाशक (कीटनाशक) दवा खरीदने के लिए मारेगांव के एक कृषि केंद्र पर पहुंचा। वहां उसे संबंधित दवा की कीमत 1,300 रुपये प्रति लीटर बताई गई। किसान को संदेह होने पर उसने दवा के डिब्बे का फोटो लेकर दूसरे कृषि केंद्र संचालक को व्हाट्सएप (WhatsApp) के माध्यम से भेजा। दूसरे केंद्र से उसी दवा की कीमत 950 रुपये प्रति लीटर बताई गई। एक ही दवा के दाम में 350 रुपये प्रति लीटर का अंतर देखकर किसान हैरान रह गया।</p>
<p>इसके बाद उसने पहले कृषि केंद्र संचालक से अधिक कीमत का कारण पूछा। संचालक ने संबंधित कंपनी के एमआर (मार्केटिंग प्रतिनिधि) से फोन पर बात कराई। एमआर ने बताया कि उधारी पर कम मात्रा में खरीदी गई दवा की कीमत अधिक पड़ती है, जबकि अधिक मात्रा में खरीदारी करने वाले कृषि केंद्रों को बिलिंग में कम दर मिलती है। हालांकि किसानों का कहना है कि थोक खरीद और खुदरा बिक्री के नाम पर मनमाने दाम वसूलना उचित नहीं है। यदि एक ही दवा अलग-अलग दुकानों पर अलग-अलग कीमत में बेची जा रही है, तो इसका सीधा आर्थिक बोझ किसानों पर पड़ता है।</p>
<h3>किसानों की परिस्थिति के साथ हो रहा खिलवाड़</h3>
<p>मारेगांव के युवा किसान विशाल किन्हेंकार ने कहा है कि <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/orange-processing-center-approved-to-boost-nagpur-vidarbha-agriculture-income-1774852.html">कृषि केंद्र</a> धारकों को दिए गए कृषि सामग्री की कीमतें भले ही उधार या नगद का विषय हों, यह उनके डीलर एवं कृषि केंद्र धारक का विषय है। इसमें अलग-अलग कीटनाशक के औषधि के रेट हैं। जैसे 1 लीटर सेम औषधि कहीं 950, तो कहीं 1,300, 1,150 ऐसे है। सारे कृषि दुकानों में एक ही जैसे रेट बोर्ड होने चाहिए। कृषि विभाग में सारे कृषि केंद्रों में स्टॉक एवं सारी कंपनी के डिब्बों की नोंद रहना जरूरी है। कहीं कम कहीं ज्यादा कीमतें यानी किसानों की आर्थिक परिस्थिति से खिलवाड़ है।&amp;#8221;</p>
<h3>कृषि विभाग का नियंत्रण सिर्फ कागजों पर</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-rain-alert-40-pregnant-women-at-risk-tribal-areas-yavatmal-1846169.html">मारेगांव तहसील</a> के युवा किसान नवाज शरीफ ने कहा है कि कल हरे कचरे को फवारनी पंप से मारने हेतु एक कृषि केंद्र में औषधि खरीदारी के लिए गया। जहां 1,300 रुपए लीटर बताया गया, वही औषधि दूसरे-तीसरे दुकान में इससे कम कीमत में उपलब्ध रहने की बात देखने को मिली, जिससे यह पता चल रहा है कि कृषि विभाग का क्वालिटी कंट्रोल स्क्वाड सिर्फ कागजों पर चल रहा है। जिसका कृषि केंद्र धारकों पर कोई नियंत्रण नहीं है। जिस वजह से किसानों की आर्थिक लूट मची हुई है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a class="title" title="महाराष्ट्र में बारिश का कहर: 24 घंटे में मुंबई में 523 पेड़ गिरे, ठाणे-पुणे बेहाल, नासिक में हाई अलर्ट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/tree-mumbai-collapse-tragedy-nashik-cloudburst-alert-pune-heavy-rain-updates-1848430.html"> <span class="color-red">महाराष्ट्र में बारिश का कहर</span>: 24 घंटे में मुंबई में 523 पेड़ गिरे, ठाणे-पुणे बेहाल, नासिक में हाई अलर्ट </a></strong></p>
<h3>किसान शिकायत करें, तब करेंगे जांच</h3>
<p>मारेगांव तहसील कृषि अधिकारी दीपाली खवले ने कहा है कि जिस भी किसान के साथ यह प्रकार घटित हुआ है, उस किसान ने लिखित में कृषि विभाग से शिकायत करनी चाहिए। क्वालिटी कंट्रोल स्क्वाड को कृषि केंद्रों पर भेजकर इस बाबत जांच की जाएगी। दोषी पाए जाने पर कार्रवाई भी की जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Fasal Bima Yojana: धोखाधड़ी या गलत जानकारी देने वाले किसानों पर लगेगा 5 साल का बैन, 31 जुलाई आखिरी तारीख</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/new-crop-insurance-scheme-rules-yavatmal-farmers-ban-1848308.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 08 Jul 2026 13:59:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 08 Jul 2026 13:59:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Pradhan-Mantri-Fasal-Bima-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1848308</guid>

					<description><![CDATA[Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana: संशोधित PM फसल बीमा योजना लागू; डिजिटल सर्वे होगा मुख्य आधार। गलत जानकारी देने वाले किसानों पर लगेगा 5 साल का बैन, आवेदन करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 निर्धारित।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Pradhan-Mantri-Fasal-Bima-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="New Crop Insurance Scheme Rules Yavatmal Farmers Ban"     /></figure><p><strong>Yavatmal Crop Insurance Rules Update:</strong> पिछले खरीफ सीजन में हजारों किसानों के फसल बीमा दावे खारिज होने और मुआवजे को लेकर भारी नाराजगी के बीच केंद्र और राज्य सरकार ने वर्ष 2026-27 के लिए संशोधित प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना लागू करने की घोषणा की है। इस संबंध में 3 जुलाई को शासनादेश जारी किया गया है।</p>
<p>नई व्यवस्था के तहत किसानों को 31 जुलाई 2026 तक आवेदन करना होगा। सरकार का दावा है कि बदली हुई योजना से प्राकृतिक आपदाओं और मौसम की अनिश्चितता के कारण होने वाले फसल नुकसान पर किसानों को अधिक प्रभावी आर्थिक सुरक्षा मिलेगी। यवतमाल जिले में इस वर्ष योजना के क्रियान्वयन और बीमा दावों की जिम्मेदारी इफ्को टोकियो जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को सौंपी गई है।</p>
<p>नई व्यवस्था में डिजिटल क्रॉप सर्वे को अंतिम आधार माना जाएगा। यदि किसान द्वारा आवेदन में दी गई फसल की जानकारी और डिजिटल सर्वे में दर्ज जानकारी में अंतर पाया गया, तो बीमा आवेदन रद्द किया जा सकता है। इतना ही नहीं, गलत जानकारी देकर या धोखाधड़ी से बीमा लाभ लेने का प्रयास करने वाले किसानों को अगले 5 वर्षों तक विभिन्न कृषि योजनाओं से वंचित रखने का भी प्रावधान किया गया है।</p>
<p>नई योजना के अनुसार अधिसूचित राजस्व मंडल में किसी फसल का औसत उत्पादन निर्धारित उत्पादन सीमा से कम रहने पर ही किसानों को बीमा दावा मिलेगा। योजना में धान, ज्वार, बाजरा, रागी, मूंग, उड़द, तुअर, मक्का, मूंगफली, तिल, सोयाबीन, कपास तथा खरीफ प्याज सहित कुल 14 फसलों को शामिल किया गया है। किसान नेशनल क्रॉप इंश्योरेंस पोर्टल, बैंक, कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) अथवा स्वयं ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।</p>
<p>आवेदन के लिए एग्रीस्टैक पंजीकरण संख्या, भूमि संबंधी दस्तावेज, फसल घोषणा पत्र, आधार कार्ड तथा आधार से लिंक बैंक खाता अनिवार्य होगा। साथ ही डिजिटल क्रॉप सर्वे कराना भी जरूरी रहेगा। अनाज एवं दलहन फसलों के लिए किसानों को बीमित राशि का 2%, जबकि कपास और प्याज जैसी व्यावसायिक फसलों के लिए 5% प्रीमियम देना होगा। योजना का लाभ केवल 0.10 हेक्टेयर या उससे अधिक भूमि रखने वाले किसानों को मिलेगा।</p>
<h3>पिछले सीजन का अनुभव रहा काफी निराशाजनक</h3>
<p>गौरतलब है कि पिछले खरीफ सीजन में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-monsoon-66-percent-rainfall-irrigation-water-level-increase-1825340.html">यवतमाल जिले</a> के हजारों किसानों के फसल बीमा दावे नामंजूर हो गए थे। कई किसानों को बेहद कम मुआवजा मिला, जबकि डिजिटल फसल पंजीकरण की त्रुटियां, दावों के निस्तारण में देरी और अन्य तकनीकी समस्याओं को लेकर बड़े पैमाने पर शिकायतें सामने आई थीं। किसानों ने आंदोलन भी किया था, लेकिन उनकी अधिकांश शिकायतों का समाधान अब तक नहीं हो सका है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/division-dr-punjabrao-deshmukh-interest-subsidy-scheme-farmers-nagpur-1835363.html">कृषि विभाग</a> ने किसानों से अपील की है कि आवेदन भरने से पहले सभी दस्तावेजों और फसल संबंधी जानकारी की सही तरीके से जांच कर लें। किसी भी प्रकार की त्रुटि होने पर बीमा दावा निरस्त किया जा सकता है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="महिलाएं आखिर सुरक्षित कहां" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/danapur-secunderabad-express-women-harassment-nagpur-passengers-protest-1848228.html"> महिलाएं आखिर सुरक्षित कहां? काशी-नागपुर ट्रेन में बदसलूकी से यात्रिय आक्रोशीत, सुरक्षा के दावों की खुली पोल </a></strong></p>
<h3>प्रमुख फसलों का प्रति हेक्टे. बीमा व लाभ</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="3">
<thead>
<tr>
<td><strong>फसल</strong></td>
<td><strong>बीमित राशि (रुपये/हेक्टेयर)</strong></td>
<td><strong>किसान का प्रीमियम (रुपये)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,1,0,0"><b data-path-to-node="3,1,0,0" data-index-in-node="0">ज्वार</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,1,1,0">31,400</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,1,2,0">628</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,2,0,0"><b data-path-to-node="3,2,0,0" data-index-in-node="0">सोयाबीन</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,2,1,0">48,000</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,2,2,0">960</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,3,0,0"><b data-path-to-node="3,3,0,0" data-index-in-node="0">मूंग</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,3,1,0">28,000</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,3,2,0">560</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,4,0,0"><b data-path-to-node="3,4,0,0" data-index-in-node="0">उड़द</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,4,1,0">27,000</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,4,2,0">540</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में वोटर लिस्ट अभियान तेज, 244 कर्मचारी बने BLO, घर-घर जाकर करेंगे सत्यापन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/voter-list-drive-244-employees-appointed-as-blos-yavatmal-1846257.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 07 Jul 2026 12:27:18 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 07 Jul 2026 12:27:18 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Voter-List_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1846257</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Voter List: यवतमाल में निर्वाचन आयोग के मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) अभियान को गति देने के लिए 244 कर्मचारियों को पूर्णकालिक BLO नियुक्त किया गया है। लापरवाही बरतने पर सख्त कार्रवाई होगी।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Voter-List_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Voter List Drive 244 Employees Appointed As Blos Yavatmal"     /></figure><p><strong>Election Commission SIR Campaign In Yavatmal: </strong>भारत निर्वाचन आयोग द्वारा चलाए जा रहे विशेष गहन मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) अभियान को गति देने के लिए यवतमाल विधानसभा क्षेत्र के 244 कर्मचारियों को उनके नियमित कार्यालयीन कार्यों से मुक्त कर पूर्णकालिक रूप से इस अभियान में नियुक्त किया गया है।</p>
<p>इस संबंध में उपविभागीय अधिकारी एवं मतदाता पंजीकरण अधिकारी ने आदेश जारी किए हैं। अब शिक्षक सहित विभिन्न विभागों के कर्मचारी बूथ लेवल अधिकारी (BLO) के रूप में घर-घर जाकर मतदाता सूची का सत्यापन करेंगे। निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार प्रत्येक मतदाता तक पहुंचकर गणना प्रपत्र वितरित करना, भरे हुए प्रपत्र प्राप्त करना, आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन करना, जानकारी का डिजिटल संकलन कर आयोग की प्रणाली पर अपलोड करना तथा मतदाता सत्यापन, मिलान और लिंकिंग जैसे कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएंगे।</p>
<h3>मतदाता सूची पुनरीक्षण का कार्य तेज</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/farmers-crop-insurance-mla-mangulkar-protest-assembly-2026-yavatmal-1834675.html">यवतमाल विधानसभा</a> क्षेत्र के लिए नियुक्त 244 कर्मचारियों में विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल हैं। इन्हें कार्यालयीन दायित्वों से मुक्त कर मतदाता सूची पुनरीक्षण का कार्य सौंपा गया है। संबंधित विभाग प्रमुखों को निर्देश दिए गए हैं कि वे इन कर्मचारियों को अभियान के लिए पूर्णकालिक उपलब्ध कराएं तथा उनके नियमित कार्यों का अतिरिक्त प्रभार अन्य अधिकारियों या कर्मचारियों को सौंपकर कार्यालयीन कार्य प्रभावित न होने दें।</p>
<p>इस अभियान के लिए आशा सेविकाएं, आंगनवाड़ी सेविकाएं, कनिष्ठ लिपिक, प्रयोगशाला सहायक, नहर कार्यालयीन दायित्वों से मुक्त कर मतदाता सूची पुनरीक्षण का कार्य सौंपा गया है। संबंधित विभाग प्रमुखों को निर्देश दिए गए हैं कि वे इन कर्मचारियों को अभियान के लिए पूर्णकालिक उपलब्ध कराएं तथा उनके नियमित कार्यों का अतिरिक्त प्रभार अन्य अधिकारियों या कर्मचारियों को सौंपकर कार्यालयीन कार्य प्रभावित न होने दें। इस अभियान के लिए आशा सेविकाएं, आंगनवाड़ी सेविकाएं, कनिष्ठ लिपिक, प्रयोगशाला सहायक, नहर संभावना है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर में चोरों के हौसले बुलंद: विधायक संजय मेश्राम के बंगले में सेंधमारी; बैंक में धराया गया चोर" href="https://navbharatlive.com/crime/mla-sanjay-meshram-bungalow-theft-accused-arrested-nagpur-1846106.html"> <span class="color-red">नागपुर में चोरों के हौसले बुलंद</span>: विधायक संजय मेश्राम के बंगले में सेंधमारी; बैंक में धराया गया चोर </a></strong></p>
<h3>लापरवाही पर होगी कार्रवाई</h3>
<p>आदेश में स्पष्ट किया गया है कि विशेष गहन पुनरीक्षण निर्वाचन आयोग का अत्यंत महत्वपूर्ण कार्यक्रम है। इसमें किसी भी प्रकार की देरी, लापरवाही या निष्क्रयता पाए जाने पर संबंधित कर्मचारियों के विरुद्ध लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950, अजिस्टेशन ऑफ इलेक्टर्स रूल्स, 1960 तथा लाग शासकीय सेवा नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>40 गर्भवती महिलाओं कि स्वास्थ्य सुरक्षा दांव पर! यवतमाल में दुर्गम कोलाम बस्तियों में रास्ते बंद होने का खतरा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-rain-alert-40-pregnant-women-at-risk-tribal-areas-yavatmal-1846169.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 07 Jul 2026 11:24:41 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 07 Jul 2026 11:24:41 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Maregao-Road_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1846169</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Monsoon: मारेगांव तहसील की दुर्गम कोलाम बस्तियों में बारिश के कारण रास्ते बंद हो रहे है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग के सामने 40 गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित प्रसव सेवा देने की बड़ी चुनौती है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Maregao-Road_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Rain Alert 40 Pregnant Women At Risk Tribal Areas Yavatmal"     /></figure><p><strong>Maregaon Tribal Area Health Issues:</strong> विकास के दावों के बीच यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील की दुर्गम आदिवासी कोलाम बस्तियों में हर वर्ष बरसात जीवन के लिए गंभीर चुनौती बनकर आती है। इस वर्ष भी बारिश के दौरान कई गांवों का मुख्य मार्गों से संपर्क टूटने की आशंका है। ऐसे में इन बस्तियों में रह रही 40 गर्भवती महिलाओं के सुरक्षित प्रसव, मातृ-शिशु स्वास्थ्य तथा समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना स्वास्थ्य विभाग के लिए बड़ी परीक्षा साबित होने वाला है।</p>
<h3>गांवों तक नहीं पहुंचती स्वास्थ्य सेवाएं</h3>
<p>बरसात शुरू होते ही तहसील के कई दुर्गम और पहाड़ी क्षेत्रों के रास्ते, पुल और नाले जलमग्न हो जाते हैं। इससे कोलाम बस्तियों का संपर्क मुख्य सड़कों से कट जाता है। परिणामस्वरूप एम्बुलेंस, चिकित्सकीय दल, दवाइयां और अन्य स्वास्थ्य सेवाएं समय पर गांवों तक नहीं पहुंच पातीं। ऐसे हालात में गर्भवती महिलाओं के लिए जोखिम कई गुना बढ़ जाता है।</p>
<p>स्वास्थ्य विभाग के अनुसार मारेगांव तहसील में वर्तमान में 164 गर्भवती महिलाओं का पंजीकरण है, जिनमें 24 कोलाम बस्तियों की 40 महिलाएं शामिल हैं। इन महिलाओं की सुरक्षित प्रसूति सुनिश्चित करना प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता बन गया है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/kharif-sowing-reaches-73-percent-after-rain-yavatmal-1845999.html">यवतमाल जिला</a> स्वास्थ्य अधिकारी सुभाष ढोले ने कहा है कि आने वाले दिनों में ऐसी स्थिति में एम्बुलेंस तथा डॉक्टरों को सतर्क रखा जाएगा। बारिश के पानी से संपर्क टूटने वाले ग्रामों पर विशेष नजर रखी जाएगी। आशा स्वास्थ्य सेविका एवं समुदाय स्वास्थ्य अधिकारी को वहां तैनात रखा जाएगा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर में शातिर महिला की करतूत: खरीदारी के बहाने सराफा दुकान में 9 बार मारी सेंध, 187 ग्राम सोना पार" href="https://navbharatlive.com/crime/woman-steals-187-gram-nagpur-gold-jewellery-ajni-police-case-1846142.html"> <span class="color-red">नागपुर में शातिर महिला की करतूत</span>: खरीदारी के बहाने सराफा दुकान में 9 बार मारी सेंध, 187 ग्राम सोना पार </a></strong></p>
<h3>स्वास्थ्य विभाग द्वारा पूर्व तैयारी करना बेहद जरूरी</h3>
<p>विशेषज्ञों का मानना है कि बारिश के दौरान संपर्क टूटने से पहले स्वास्थ्य विभाग को सभी गर्भवती महिलाओं की नियमित स्वास्थ्य जांच, आवश्यक दवाओं का भंडारण, प्रसव पूर्व उच्च जोखिम वाली महिलाओं का सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरण तथा आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था की अग्रिम योजना तैयार करनी चाहिए। समय रहते प्रभावी तैयारी होने पर ही दुर्गम आदिवासी क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं सुचारु रूप से पहुंचाई जा सकेंगी और मातृ-शिशु सुरक्षा सुनिश्चित हो सकेगी।</p>
<p>-नवभारत लाइव के लिए उमर शरीफ कि रिपोर्ट</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में खरीफ बुआई ने पकड़ी रफ्तार, 9.29 लाख हेक्टेयर में से 73% से अधिक खेतों में बोनी पूरी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/kharif-sowing-reaches-73-percent-after-rain-yavatmal-1845999.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 07 Jul 2026 10:04:45 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 07 Jul 2026 10:04:45 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Kharif-Sowing-1_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1845999</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Kharif Season: यवतमाल जिले में जुलाई की अच्छी बारिश के बाद खरीफ बुआई ने रफ्तार पकड़ ली है। अब तक 73.20% क्षेत्र में बोनी पूरी हो चुकी है, जिसमें कपास और सोयाबीन का रकबा सबसे ज्यादा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Kharif-Sowing-1_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Kharif Sowing Reaches 73 Percent After Rain Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Kharif Sowing Status Report:</strong> यवतमाल जिले में पिछले कुछ दिनों से हो रही अच्छी बारिश के कारण खरीफ सीजन की बुआई ने तेज गति पकड़ ली है। बारिश की कमी के चलते जून माह में धीमी पड़ी बुवाई अब तेजी से पूरी हो रही है। कृषि विभाग की ताजा रिपोर्ट के अनुसार जिले के कुल 9 लाख 29 हजार 709 (9,29,709) हेक्टेयर खरीफ क्षेत्र (गन्ना क्षेत्र को छोड़कर) में से 6 लाख 71 हजार 391 (6,71,391) हेक्टेयर क्षेत्र में बुवाई पूरी हो चुकी है। इस प्रकार जिले में अब तक 73.20% खरीफ बुआई निपट चुकी है।</p>
<p>इस खरीफ सीजन में किसानों ने एक बार फिर सोयाबीन और कपास जैसी नकदी फसलों को प्राथमिकता दी है। हालांकि इस वर्ष सोयाबीन की तुलना में कपास का रकबा बढ़ा है। इसके अलावा तुअर, मूंग, उड़द, मूंगफली, तिल, सूरजमुखी, ज्वार, मक्का तथा अन्य खरीफ फसलों की बुआई भी बड़े पैमाने पर जारी है। कृषि विभाग का अनुमान है कि यदि आगामी दिनों में बारिश का सिलसिला जारी रहा तो शेष क्षेत्र में भी जल्द ही बुआई पूरी हो जाएगी।</p>
<h3>तहसील-वार खरीफ बुआई की प्रगति</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="3">
<thead>
<tr>
<td><strong>क्रमांक</strong></td>
<td><strong>तहसील</strong></td>
<td><strong>बुआई का प्रतिशत</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,1,0,0">1.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,1,1,0"><b data-path-to-node="3,1,1,0" data-index-in-node="0">केलापुर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,1,2,0">81.19%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,2,0,0">2.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,2,1,0"><b data-path-to-node="3,2,1,0" data-index-in-node="0">वणी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,2,2,0">81.04%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,3,0,0">3.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,3,1,0"><b data-path-to-node="3,3,1,0" data-index-in-node="0">दारव्हा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,3,2,0">77.14%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,4,0,0">4.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,4,1,0"><b data-path-to-node="3,4,1,0" data-index-in-node="0">नेर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,4,2,0">75.87%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,5,0,0">5.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,5,1,0"><b data-path-to-node="3,5,1,0" data-index-in-node="0">दिग्रस</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,5,2,0">73.14%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,6,0,0">6.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,6,1,0"><b data-path-to-node="3,6,1,0" data-index-in-node="0">रालेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,6,2,0">67.39%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,7,0,0">7.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,7,1,0"><b data-path-to-node="3,7,1,0" data-index-in-node="0">मारेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,7,2,0">66.29%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,8,0,0">8.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,8,1,0"><b data-path-to-node="3,8,1,0" data-index-in-node="0">उमरखेड़</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,8,2,0">60.67%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,9,0,0">9.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,9,1,0"><b data-path-to-node="3,9,1,0" data-index-in-node="0">महागांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,9,2,0">60.14%</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="3,10,0,0">10.</span></td>
<td><span data-path-to-node="3,10,1,0"><b data-path-to-node="3,10,1,0" data-index-in-node="0">घाटंजी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="3,10,2,0">60.09%</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
<h3>कृषि विभाग ने दी किसानों को सलाह</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/agri-department-nagpur-crackdown-on-illegal-seeds-1776932.html">कृषि विभाग</a> के अनुसार जिन क्षेत्रों में बुआई हो चुकी है, वहां फसलों का अंकुरण संतोषजनक है। अब किसान खेतों में खरपतवार नियंत्रण, उर्वरक प्रबंधन तथा कीट एवं रोग नियंत्रण के लिए आवश्यक कार्य कर रहे हैं। विभाग ने किसानों को मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार खेती के कार्यों को वैज्ञानिक एवं नियोजित तरीके से करने की सलाह दी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Yavatmal News:पवित्र पोर्टल शिक्षकों ने अंतरजिला तबादला नियम में ढील की मांग उठाई" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maharashtra-pavitra-portal-teachers-inter-district-transfer-demand-1838686.html"> <span class="color-red">Yavatmal News</span>: पवित्र पोर्टल शिक्षकों ने अंतरजिला तबादला नियम में ढील की मांग उठाई </a></strong></p>
<h3>अच्छी बारिश की उम्मीद</h3>
<p>उल्लेखनीय है कि जून माह में मानसून की कमजोर स्थिति के कारण <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/ethanol-blended-fuel-policy-criticism-vidarbha-metro-project-1844882.html">यवतमाल जिले</a> के किसान चिंतित थे। कई स्थानों पर बुआई टल गई थी, जबकि कुछ किसानों ने जोखिम उठाकर सूखी बुआई की थी। लेकिन जुलाई के पहले सप्ताह में अच्छी बारिश होने के बाद किसानों ने दिन-रात खेतों में काम कर बड़े पैमाने पर बुआई पूरी कर ली। कृषि विभाग को उम्मीद है कि यदि अगले सप्ताह भी वर्षा का दौर जारी रहा तो जिले में खरीफ बुआई जल्द ही 100% के करीब पहुंच जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: इथेनॉल मिश्रित ईंधन नीति पर सरकार को घेरा, सामाजिक कार्यकर्ता का तीखा हमला</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/ethanol-blended-fuel-policy-criticism-vidarbha-metro-project-1844882.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 06 Jul 2026 17:41:47 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 06 Jul 2026 17:41:47 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Ethanol-Policy_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[petrol vehicles]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1844882</guid>

					<description><![CDATA[Ethanol Blended Fuel: इथेनॉल मिश्रित ईंधन नीति और विदर्भ मेट्रो परियोजना को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता वासुदेव विधाते ने सरकार पर तीखा हमला बोला है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Ethanol-Policy_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Ethanol Blended Fuel Policy Criticism Vidarbha Metro Project"     /></figure><p><strong>Vidarbha Metro Project:</strong> यवतमाल जिले के झरी जामणी तहसील के सामाजिक कार्यकर्ता वासुदेव विधाते ने इथेनॉल मिश्रित ईंधन नीति और विदर्भ की बहुप्रचारित मेट्रो परियोजना को लेकर सरकार पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है।</p>
<p>उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों का खामियाजा आम वाहन चालकों को भुगतना पड़ रहा है, जबकि बड़े-बड़े वादे केवल घोषणाओं तक सीमित होकर रह गए हैं। जारी बयान में विधाते ने कहा कि पेट्रोल में 20 प्रतिशत इथेनॉल मिश्रण लागू होने के बाद वाहन चालकों को आर्थिक नुकसान और तकनीकी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<h3>विदर्भ मेट्रो योजना पर सवाल</h3>
<p>ऐसे में यदि डीजल में भी इसी प्रकार का मिश्रण लागू किया गया तो लाखों वाहन मालिकों पर अतिरिक्त <a href="https://navbharatlive.com/utility-news/financial-rules-changes-july-first-itr-epfo-credit-cards-update-1830380.html"><strong>आर्थिक बोझ </strong></a>पड़ेगा। सरकार को इस दिशा में कोई भी निर्णय लेने से पहले जनता के हितों को प्राथमिकता देनी चाहिए। उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा, दोष जनता का नहीं, बल्कि व्यवस्था का है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नागपुर में ‘आपली बस’ के ठेकेदारों की मनमानी; ड्राइवर करे एक्सीडेंट और हर्जाना भरे मनपा, कैसा है ये एग्रीमेंट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/apli-bus-e-bus-private-operator-penalty-transport-issue-nagpur-1844353.html"> नागपुर में ‘आपली बस’ के ठेकेदारों की मनमानी; ड्राइवर करे एक्सीडेंट और हर्जाना भरे मनपा, कैसा है ये एग्रीमेंट? </a></strong></p>
<p>यदि इतने वर्षों बाद भी सरकार जमीनी सच्चाई नहीं समझ पा रही है तो उसे आत्ममंथन करना चाहिए। केवल घोषणाएं और दावे कर जनता को भ्रमित करना लोकतंत्र के हित में नहीं है।</p>
<h3>केवल राजनीतिक घोषणाएं बनकर रह गए वादें</h3>
<p>विधाते ने विदर्भ के सभी जिलों को नागपुर से जोड़ने की घोषणा वाली मेट्रो परियोजना का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि जिस परियोजना को क्षेत्र के विकास का आधार बताया गया था, आज उसकी चर्चा तक सरकार नहीं कर रही है। इससे साफ है कि बड़े-बड़े वादे केवल राजनीतिक घोषणाएं बनकर रह गए हैं। उन्होंने कहा कि आज की जनता जागरूक है और केवल आश्वासनों से संतुष्ट होने वाली नहीं है। जनप्रतिनिधियों को भाषणों और घोषणाओं के बजाय <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nitin-gadkari-nagpur-development-modern-markets-stadiums-infrastructure-review-1842038.html">विकास कार्यों</a> </strong>के आधार पर जनता का विश्वास जीतना होगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Amravati Crime: खोलापुर हत्याकांड का फरार आरोपी यवतमाल से गिरफ्तार, एलसीबी की बड़ी कार्रवाई</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/amravati-crime-absconding-accused-in-kholapur-murder-case-arrested-from-yavatmal-major-action-by-lcb-1842761.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 05 Jul 2026 18:14:06 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 05 Jul 2026 18:14:06 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Saurabh-Shirsath_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[अमरावती]]></category>
		<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Amravati News]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Murder]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal]]></category>
		<category><![CDATA[Youth Arrested]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1842761</guid>

					<description><![CDATA[Amravati LCB Action: अमरावती के खोलापुर हत्याकांड में फरार आरोपी सौरभ शिरसाठ को ग्रामीण अपराध शाखा (एलसीबी) ने यवतमाल से गिरफ्तार किया। पुलिस ने मोबाइल विवाद में हुई हत्या का खुलासा किया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Saurabh-Shirsath_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Amravati Crime Absconding Accused In Kholapur Murder Case Arrested From Yavatmal Major Action By Lcb"     /></figure><p><strong>Kholapur Murder Case:</strong> अमरावती जिले के खोलापुर थाना क्षेत्र में हुए हत्याकांड के फरार आरोपी को ग्रामीण अपराध शाखा ने मुस्तैदी दिखाते हुए यवतमाल से गिरफ्तार किया। आरोपी का नाम सौरभ धर्मा शिरसाठ 21, इब्राहिमपुर, भातकुली, अमरावती है।</p>
<h3>खोलापुर उधारी के पैसों को लेकर विवाद</h3>
<p>शिकायतकर्ता सुनील रमेश कांबले उदापुर, भातकुली के चचेरे साले ने उनसे 2000 उधार लिए थे, जिसके बदले में उसका मोबाइल सुनील के पास था। घटना वाले दिन आरोपी मोबाइल वापस लेने के लिए सुनील के घर गया था।</p>
<p>इस दौरान दोनों पक्षों में<strong><a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/gwalior/pappu-yadav-gwalior-press-conference-journalist-argument-news-1822299.html"> तीखी बहस</a> </strong>हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने मिलकर सुनील के पेट में चाकू घोंप दिया। इलाज के दौरान गंभीर रूप से घायल सुनील की मौत हो गई थी। इस मामले में खोलापुर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज किया था।</p>
<h3>यवतमाल में छिपा था खोलापुर हत्याकांड का आरोपी</h3>
<p>घटना के बाद से ही मुख्य आरोपी सौरभ शिरसाठ फरार चल रहा था। मामले की जांच कर रहे पुलिस उपनिरीक्षक मूलचंद भांबुरकर और उनकी टीम को एक गोपनीय सूचना मिली। मुखबिर ने बताया कि आरोपी सौरभ शिरसाठ अपनी पहचान छुपाकर यवतमाल के इंदिरा नगर में अपने किसी परिचित के घर रह रहा है।</p>
<p><strong>ये भी पढे़े: <a class="title" title="चंद्रपुर मनपा चुनाव के 6 माह बाद भी विकास ठप, नेताओं की लड़ाई कोर्ट पहुंची; बुनियादी सुविधाओं को तरसी जनता" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/municipal-corporation-chandrapur-bjp-political-clash-development-stalled-1841897.html"> चंद्रपुर मनपा चुनाव के 6 माह बाद भी विकास ठप, नेताओं की लड़ाई कोर्ट पहुंची; बुनियादी सुविधाओं को तरसी जनता </a></strong></p>
<p>पुलिस टीम ने तुरंत जाल बिछाया और आरोपी को यवतमाल से हिरासत में ले लिया। आरोपी सौरभ ने हत्या के इस अपराध में शामिल होने की बात कबूल की। जिसके बाद उसे आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए खोलापुर थाने को सौंप दिया।</p>
<h3>पुलिस ने दबोचा</h3>
<p>उक्त कार्रवाई <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/chhatrapati-sambhajinagar-scrap-trader-murder-case-update-cctv-accused-arrested-1838893.html">अपराध शाखा</a> </strong>के पुलिस निरीक्षक अशोक लांडे के नेतृत्व में पीएसआई मूलचंद भांबुरकर, सुधीर बावणे, मंगेश लकडे, सचिन मसांगे, दिनेश कनोजिया, साइबर सेल के सागर धापड, शिवा शिरसाठ और चालक हर्षद घुसे ने की।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>महागांव: सवना ग्रामीण अस्पताल में चिकित्सा व्यवस्था प्रभावित, एक डॉक्टर की गैरहाजिरी बनी समस्या</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sawana-rural-hospital-health-services-disrupted-doctor-absence-mahangaon-1842550.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 05 Jul 2026 16:24:44 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 05 Jul 2026 16:24:44 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Rural-Hospital_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[District Hospitals]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1842550</guid>

					<description><![CDATA[Mahagaon Health Services: महागांव के सवना ग्रामीण अस्पताल में डॉक्टरों की अनुपस्थिति और रिक्त पदों के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं, जिससे मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Rural-Hospital_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sawana Rural Hospital Health Services Disrupted Doctor Absence Mahangaon"     /></figure><p><strong>Sawana Rural Hospital:</strong> महागांव तहसील के ग्राम सवना स्थित ग्रामीण अस्पताल में चिकित्सा अधिकारियों की कमी के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। अर्जित अवकाश पर गए एक चिकित्सा अधिकारी के अब तक ड्यूटी पर वापस नहीं लौटने से अस्पताल की व्यवस्था अस्त-व्यस्त हो गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह चरमरा गई हैं। उन्होंने जिला स्वास्थ्य विभाग से तत्काल संज्ञान लेकर स्वास्थ्य सेवाएं सुचारु करने की मांग की है।</p>
<p>सवना ग्रामीण अस्पताल में चिकित्सा अधिकारियों के कुल 3 पद स्वीकृत हैं और सभी पद भरे हुए हैं। लेकिन वर्तमान में केवल 1 अधिकारी ही नियमित रूप से उपलब्ध हैं। शेष 2 पदों में से एक अधिकारी अर्जित अवकाश पर हैं, जबकि दूसरे अधिकारी का तबादला हो चुका है।</p>
<h3>सवना अस्पताल में स्वास्थ्य संकट</h3>
<p>इसके कारण अस्पताल में मरीजों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। जानकारी के अनुसार, डॉ। मच्छिंद्र सुरमवाड 4 जून 2024 से 3 जुलाई 2025 तक अर्जित अवकाश पर गए थे। अवकाश समाप्त हुए एक वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बावजूद उन्होंने अब तक कार्यभार ग्रहण नहीं किया है। अस्पताल प्रशासन द्वारा उन्हें 8 बार पत्र भेजे जाने के बाद भी कोई जवाब नहीं मिला है।</p>
<h3>मरीजों को हो रही भारी परेशानी</h3>
<p>चिकित्सा अधिकारियों की अनुपस्थिति के कारण अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इससे अस्पताल के अन्य कर्मचारियों पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/dr-vipin-itankar-new-nagpur-municipal-commissioner-nmc-1594344.html">अतिरिक्त कार्यभार</a></strong> बढ़ गया है। वहीं, केवल 8 दिनों की प्रतिनियुक्ति पर आने वाले अधिकारियों के कारण मरीजों और डॉक्टरों के बीच समन्वय की कमी बनी रहती है, जिससे कई बार विवाद की स्थिति भी उत्पन्न हो जाती है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="चंद्रपुर जिला परिषद स्वास्थ्य विभाग में डॉक्टरों का महा-संकट; ग्रुप-ए और बी के 181 में से 118 पद खाली" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/zilla-parishad-health-department-doctors-shortage-vacant-posts-2026-chandrapur-1837607.html"> चंद्रपुर जिला परिषद स्वास्थ्य विभाग में डॉक्टरों का महा-संकट; ग्रुप-ए और बी के 181 में से 118 पद खाली </a></strong></p>
<h3>स्वास्थ्य सेवाएं ठप होने की कगार पर</h3>
<p>स्थायी <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/zilla-parishad-health-department-doctors-shortage-vacant-posts-2026-chandrapur-1837607.html/amp">चिकित्सा अधिकारी</a></strong> उपलब्ध नहीं होने के कारण नई नियुक्ति प्रक्रिया भी प्रभावित हो रही है। करीब 2 वर्षों से अवकाश पर रहने के बावजूद संबंधित अधिकारी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होने से वरिष्ठ स्तर पर लापरवाही के आरोप लग रहे हैं। अब सभी की निगाहें जिला स्वास्थ्य प्रशासन पर टिकी हैं कि वह इस मामले में क्या कदम उठाता है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में कीटजन्य रोग नियंत्रण अभियान तेज, डेंगू-मलेरिया को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-vector-borne-disease-control-dengue-awareness-campaign-1842408.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[आंचल लोखंडे]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 05 Jul 2026 16:06:15 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 05 Jul 2026 16:06:15 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Mosquito-Control-Drive_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Dengue Disease]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Health Department]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1842408</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Health Department: यवतमाल जिले में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया से बचाव के लिए कीटजन्य रोग नियंत्रण माह के तहत स्वास्थ्य विभाग द्वारा व्यापक जागरूकता और रोकथाम अभियान चलाया जा रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Mosquito-Control-Drive_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Vector Borne Disease Control Dengue Awareness Campaign"     /></figure><p><strong>Yavatmal Dengue Campaign</strong>: बरसात के मौसम में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसे कीटजन्य रोगों के फैलने की आशंका को देखते हुए जिला स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक स्तर पर रोकथाम अभियान शुरू किया है। डेंगू के प्रकोप को रोकने के लिए मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने के साथ-साथ साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. टी. ए. शेख ने नागरिकों से इस अभियान में सक्रिय सहयोग करने की अपील की है।</p>
<p>जिला परिषद के जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सुभाष ढोले के मार्गदर्शन में जुलाई माह को ‘कीटजन्य रोग नियंत्रण माह’ के रूप में मनाया जा रहा है। इस दौरान ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जनजागरण, स्वच्छता अभियान, स्वास्थ्य शिक्षा तथा मच्छर नियंत्रण गतिविधियों को गति दी गई है।</p>
<h3>कीटजन्य रोग नियंत्रण माह</h3>
<p>डेंगू फैलाने वाला एडीज मच्छर मुख्य रूप से घरों और आसपास जमा साफ पानी में पनपता है। इसलिए नागरिकों से टंकियों, कूलरों, फूलदानों, पुराने टायरों, नारियल के खोल तथा अन्य जलभराव वाली वस्तुओं की नियमित सफाई करने की अपील की गई है। सप्ताह में कम से कम एक बार पानी के बर्तनों को खाली कर सुखाने पर जोर दिया जा रहा है।</p>
<p>शहरी क्षेत्रों में नगर पंचायत और नगरपालिकाओं के सहयोग से मच्छर लार्वा सर्वेक्षण, प्रजनन स्थलों की पहचान, लार्वा नष्ट करने की कार्रवाई और विशेष स्वच्छता अभियान चलाए जा रहे हैं। स्कूलों में विद्यार्थियों को डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया की जानकारी देकर उनके माध्यम से अभिभावकों तक संदेश पहुंचाया जा रहा है।</p>
<h3>स्कूलों से लेकर गांवों तक जागरूकता अभियान</h3>
<p>स्वास्थ्य विभाग के अनुसार आशा कार्यकर्ताओं, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nhm-contract-workers-await-salaries-for-three-months-nagpur-maharashtra-1772989.html">स्वास्थ्य निरीक्षकों</a></strong> और कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण देकर पूरी व्यवस्था को सतर्क रखा गया है। पिछले तीन वर्षों में जहां डेंगू के मरीज अधिक पाए गए हैं, उन गांवों और शहरी क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जा रही है। विभाग ने अपील की है कि बुखार, शरीर दर्द, सिरदर्द, आंखों के पीछे दर्द, त्वचा पर दाने या रक्तस्राव जैसे लक्षण दिखाई देने पर स्वयं उपचार न करके तुरंत नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराएं।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="चंद्रपुर मनपा चुनाव के 6 माह बाद भी विकास ठप, नेताओं की लड़ाई कोर्ट पहुंची; बुनियादी सुविधाओं को तरसी जनता" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/municipal-corporation-chandrapur-bjp-political-clash-development-stalled-1841897.html"> चंद्रपुर मनपा चुनाव के 6 माह बाद भी विकास ठप, नेताओं की लड़ाई कोर्ट पहुंची; बुनियादी सुविधाओं को तरसी जनता </a></strong></p>
<h3>घर से शुरू करें डेंगू के खिलाफ लड़ाई</h3>
<p>जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. टी. ए. शेख ने कहा कि डेंगू और अन्य कीटजन्य रोगों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए हर नागरिक को अपने घर और आसपास <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/akola-ton-based-garbage-collection-tender-cleanliness-1830248.html">साफ-सफाई</a></strong> रखनी चाहिए। मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करना और स्वास्थ्य विभाग का सहयोग करना ही रोकथाम का सबसे प्रभावी उपाय है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में तुकाराम मुंढे का खौफ! FDA की कार्रवाई की चेतावनी मिलते ही अवैध खाद्य व्यवसायियों में मची भगदड़</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/fda-license-rush-after-tukaram-mundhe-crackdown-food-businesses-yavatmal-1841837.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अंकिता पटेल]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 05 Jul 2026 10:00:38 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 05 Jul 2026 10:00:38 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/yavatmal-FDA-license_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Tukaram Mundhe]]></category>
		<category><![CDATA[Unhealthy Foods]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1841837</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal FDA License: यवतमाल में FDA की सख्ती के बाद बिना लाइसेंस खाद्य कारोबार करने वाले व्यवसायियों में हड़कंप है। कार्रवाई के डर से बड़ी संख्या में व्यापारी लाइसेंस और पंजीकरण के लिए पहुंच रहे हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/yavatmal-FDA-license_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Fda License Rush After Tukaram Mundhe Crackdown Food Businesses Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal FDA License Tukaram Mundhe:</strong> राज्य में अन्न व औषध प्रशासन विभाग के सचिव तुकाराम मुंडे की सख्त कार्यशैली का असर अब यवतमाल जिले में भी दिखाई दे रहा है। जिले में कई वर्षों से बिना अनुमति खाद्य पदार्थ, डेयरी और खाद्य उत्पादन करने वाले व्यवसायियों ने लाइसेंस को लेकर विभाग की कार्रवाई की चेतावनी मिलते ही भागदौड़ शुरू कर दी है।</p>
<p>खाद्य पदार्थ का व्यवसाय करते समय एफडीए में नियम अनुसार पंजीकरण और लाइसेंस लेना अनिवार्य है। इन नियमों का उल्लंघन होने पर 2 लाख से 10 लाख रुपये तक का जुर्माना और अन्य आपराधिक कार्रवाई हो सकती है।</p>
<p>वहीं दूसरी ओर स्थानीय एफडीए विभाग एक्शन मोड में है, जिसके परिणामस्वरूप स्थानीय अन्न औषध प्रशासन सहायक आयुक्त कार्यालय में खाद्य व्यवसायियों द्वारा संबंधित लाइसेंस लेने के लिए अब लंबी कतारें लग रही हैं।</p>
<h3>FDA की सख्ती का असर, बढ़ी कारोबारियों की सतर्कता</h3>
<p>केवल एक ही महीने में अन्न व औषध प्रशासन विभाग के पास फूड और अन्य लाइसेंस तथा प्रतिष्ठानों के पंजीकरण के लिए कुल 1,886 आवेदन दाखिल किए गए हैं। इससे सरकार को अब तक जिले से 8 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है। इस बीच स्थानीय एफडीए ने जिलेभर में विभिन्न स्थानों पर जांच अभियान तेज कर दिया है।</p>
<p>जिले में अब तक 46 प्रतिष्ठानों की आकस्मिक जांच कर पूछताछ की गई है। जांच के दौरान संदेहास्पद खाद्य पदार्थों के 36 नमूने परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। वहीं दूध, दुग्धजन्य पदार्थ, खाद्य तेल, मसाले, सुपारी और अन्य खाद्य पदार्थों के कुल 42 सर्वेक्षण नमूने लिए गए हैं। अब प्रयोगशाला की रिपोर्ट आने के बाद दोषी पाए जाने वालों पर विभाग द्वारा कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ऐसी जानकारी अधिकारियों ने दी है।</p>
<p>यवतमाल शहर और आसपास एफडीए की सख्त कार्रवाई का असर दिखाई दे रहा है। दूध डेयरी में दूध, दही, पनीर, खवा जैसे उत्पादों का स्टॉक कम मात्रा में रखा जा रहा है। इससे नियमों का पालन करने की दिशा में व्यवसायियों की प्रवृत्ति बढ़ने की सकारात्मक बात सामने आई है।</p>
<h3>प्रतिबंधित खाद्य पदार्थ बिक्री के 6 मामले</h3>
<p>मुड़े पैटर्न के कारण जिले में खाद्य पदार्थ विक्रेता, गुटखा विक्रेता, तस्कर और संबंधित व्यवसायियों में दहशत देखी जा रही है। निर्देशों के बाद एफडीए यवतमाल द्वारा प्रतिबंधित <a href="https://navbharatlive.com/photos/monsoon-foods-avoid-health-tips-rainy-season-1836957.html">खाद्य पदार्थों</a> की बिक्री के मामले में अब तक 6 मामले दर्ज किए गए हैं।</p>
<p>अब बिना लाइसेंस या पंजीकरण के व्यवसाय करने वालों पर सीधे कार्रवाई की चेतावनी दी जा रही है। यदि व्यवसाय की वार्षिक उलाढाल डेढ़ करोड़ रुपये तक है तो पंजीकरण प्रमाणपत्र जरूरी है, डेढ़ करोड़ से 50 करोड़ रुपये तक की उलाढाल पर राज्य लाइसेंस आवश्यक है, और उससे अधिक व्यवसाय होने पर सेंट्रल लाइसेंस जरूरी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="चोरी की गाड़ियों को ‘लीगल’ बनाने का धंधा! भंडारा में 10 बाइकों के साथ गिरफ्तार हुआ आरोपी, साथियों की तलाश जारी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/lakhani-police-arrest-bike-thief-recover-10-stolen-motorcycles-bhandara-1841820.html">चोरी की गाड़ियों को ‘लीगल’ बनाने का धंधा! भंडारा में 10 बाइकों के साथ गिरफ्तार हुआ आरोपी, साथियों की तलाश जारी</a></strong></p>
<p>इसलिए सभी खाद्य व्यवसायियों को लाइसेंस या पंजीकरण कराकर ही व्यवसाय करना चाहिए। होटल, रेस्टोरेंट और डेयरी संचालकों को <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-stop-diarrhoea-campaign-2026-1831188.html">स्वच्छता नियमों</a> का सख्ती से पालन करना चाहिए। खाद्य तेल का पुनः उपयोग टालना चाहिए, अन्यथा कठोर कार्रवाई की जाएगी।</p>
<p><strong>&amp;#8211; खाद्य सुरक्षा अधिकारी, आनंद महाजन</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News:पवित्र पोर्टल शिक्षकों ने अंतरजिला तबादला नियम में ढील की मांग उठाई</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maharashtra-pavitra-portal-teachers-inter-district-transfer-demand-1838686.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 18:56:02 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 03 Jul 2026 18:56:02 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Pavitra-Portal_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[School Teachers]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1838686</guid>

					<description><![CDATA[Pavitra Portal: महाराष्ट्र में पवित्र पोर्टल के माध्यम से नियुक्त शिक्षकों ने अंतरजिला तबादले पर लगी रोक हटाने की मांग की है। शिक्षकों का कहना है कि इस नियम के कारण वे परिवार से दूर रहने को मजबूर हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Pavitra-Portal_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maharashtra Pavitra Portal Teachers Inter District Transfer Demand"     /></figure><p><strong>Yavatmal Inter District Transfer:</strong> महाराष्ट्र में वर्ष 2024 में पवित्र पोर्टल के माध्यम से नियुक्त हुए नए शिक्षकों को अंतरजिला तबादले पर रोक की शर्त के कारण भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। तत्कालीन शिक्षा मंत्री दीपक केसरकर द्वारा नियुक्ति के समय लागू की गई इस शर्त के अनुसार शिक्षकों को सेवानिवृत्ति तक उसी जिले में सेवा करनी होगी। इस नियम के कारण अनेक शिक्षक अपने परिवार से दूर रहने को मजबूर हैं।</p>
<p>नौकरी मिलने की खुशी से अधिक उन्हें मातापिता, पतिपत्नी और छोटे बच्चों से अलग रहने का दर्द झेलना पड़ रहा है। शिक्षकों का कहना है कि नियुक्ति के समय उन्होंने मजबूरी में इस शर्त को स्वीकार किया था, लेकिन अब इसके गंभीर सामाजिक और पारिवारिक दुष्परिणाम सामने आ रहे हैं। शिक्षकों का तीन वर्ष का शिक्षण सेवक कार्यकाल वर्ष 2027 में समाप्त होगा।</p>
<h3>पवित्र पोर्टल नियुक्त शिक्षकों की मांग</h3>
<p>इससे पहले सरकार इस नियम में ढील देकर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-teachers-pending-demands-zilla-parishad-memorandum-1509674.html">अंतरजिला तबादले</a> </strong>की अनुमति दे, ऐसी मांग शिक्षक और उनके परिवार कर रहे हैं।</p>
<h3>वृद्ध माता-पिता और छोटे बच्चे हो रहे प्रभावित</h3>
<p>इस नियम के कारण कई परिवार बिखर गए हैं। कहीं पति विदर्भ में कार्यरत है तो पत्नी पश्चिम महाराष्ट्र में नौकरी कर रही है। वृद्ध मातापिता की देखभाल करना कठिन हो गया है और छोटे बच्चों को भी माता या पिता से दूर रहना पड़ रहा है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="छत्रपति संभाजीनगर में मदद मांगते-मांगते स्क्रैप कारोबारी का सड़क पर टूटा दम, CCTV फुटेज से मिले अहम सुराग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/akashvani-chowk-scrap-trader-murder-in-sambhajinagar-cctv-police-investigation-1836575.html"> छत्रपति संभाजीनगर में मदद मांगते-मांगते स्क्रैप कारोबारी का सड़क पर टूटा दम, CCTV फुटेज से मिले अहम सुराग </a></strong></p>
<h3>2027 से पहले मिले तबादले की सुविधा</h3>
<p>त्योहारों और पारिवारिक आपात स्थितियों में भी परिवार का एक साथ होना मुश्किल हो गया है। <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/ratnagiri/prajakta-bongale-first-marathi-woman-to-join-us-army-medical-division-1835172.html">महिला शिक्षिकाओं</a></strong> का कहना है कि सरकार एक ओर महिला सशक्तिकरण की बात करती है, वहीं दूसरी ओर इस नीति के कारण उन्हें अपने छोटे बच्चों और परिवार से दूर रहकर नौकरी करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।शिक्षकों ने सरकार से इस नियम की समीक्षा कर अंतरजिला तबादले की सुविधा शुरू करने की मांग की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>वसंतराव नाईक की जयंती पर यवतमाल में कृषि दिवस; जिलाधिकारी ने खाद-बीज की पर्याप्त उपलब्धता का आश्वासन दिया</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/krishi-diwas-vasantrao-naik-jayanti-collector-vikas-meena-agriculture-2026-yavatmal-1837963.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 16:35:36 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 03 Jul 2026 16:35:36 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Krishi-Divas-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1837963</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Krishi Diwas: यवतमाल में वसंतराव नाईक की जयंती पर कृषि दिवस मनाया गया। कलेक्टर विकास मीणा ने आधुनिक तकनीक अपनाने पर जोर दिया। सिंजेंटा 20 हजार किसानों का मृदा परीक्षण करेगी।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Krishi-Divas-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Krishi Diwas Vasantrao Naik Jayanti Collector Vikas Meena Agriculture 2026 Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Krishi Diwas Vasantrao Naik Jayanti:</strong> हरित क्रांति के प्रणेता तथा महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री वसंतराव नाईक के योगदान से आज देश और महाराष्ट्र कृषि क्षेत्र में आत्मनिर्भर बने हैं। यह गौरवपूर्ण उद्गार जिलाधिकारी विकास मीणा ने व्यक्त किए। स्व. वसंतराव नाईक की जयंती के अवसर पर कृषि विभाग एवं कृषि विज्ञान केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में तथा सिंजेंटा इंडिया प्रा. लि. के सीएसआर उपक्रम के अंतर्गत यवतमाल जिला परिषद स्थित वसंतराव नाईक सभागार में &amp;#8216;कृषि दिवस&amp;#8217; उत्साहपूर्वक मनाया गया।</p>
<p>इस अवसर पर जिलाधिकारी विकास मीणा, प्रभारी मुख्य कार्यकारी अधिकारी संतोष धोत्रे, परियोजना संचालक आनंद पिंगले, जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी मनोजकुमार ढगे, उपमुख्य कार्यकारी अधिकारी जालिंदर आभाले, कृषि विकास अधिकारी आडे, सहयोगी अनुसंधान निदेशक डॉ. अमरशेट्टीवार, कृषि विज्ञान केंद्र के प्रमुख प्रदीप कच्छवे, सिंजेंटा इंडिया प्रा. लि. के प्रतिनिधि चिदंबरम फडणीस सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे। इस दौरान जिला परिषद परिसर में स्थापित वसंतराव नाईक की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की गई।</p>
<h3>आधुनिक तकनीक का उपयोग करें</h3>
<p>जिलाधिकारी विकास मीणा ने वसंतराव नाईक के कृषि क्षेत्र में दूरदर्शी योगदान की सराहना करते हुए आधुनिक तकनीक, सिंचाई प्रबंधन और कृषि संबंधी जानकारी के प्रभावी उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज सूचना का युग है और जिस किसान के पास सही जानकारी होगी, वह बेहतर निर्णय ले सकेगा। उन्होंने किसानों से &amp;#8216;महाविस्तार&amp;#8217; ऐप सहित विभिन्न माध्यमों से कृषि संबंधी जानकारी प्राप्त कर स्वयं को सक्षम बनाने का आह्वान किया।</p>
<h3>खाद और बीज की उपलब्धता पर नजर</h3>
<p>जिलाधिकारी <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-census-2027-planning-collector-vikas-meena-maharajaswa-shivir-2026-1587458.html">विकास मीणा</a> ने बताया कि जिले में खाद और बीज की उपलब्धता पर प्रशासन की लगातार नजर है। अवैध खाद बिक्री और बीज लिंकिंग के मामलों में सख्त कार्रवाई की जा रही है। किसानों को खाद और बीज की किसी प्रकार की कमी नहीं होने दी जाएगी।</p>
<p>कृषि विज्ञान केंद्र के प्रमुख प्रदीप कच्छवे ने बताया कि इस वर्ष सामान्य वर्षा की लगभग 90 प्रतिशत वर्षा होने की संभावना है। एल-नीनो की स्थिति को देखते हुए उन्होंने किसानों को फसल नियोजन, बुवाई, सिंचाई प्रबंधन, छिड़काव और कीट नियंत्रण के संबंध में मार्गदर्शन दिया। सिंजेंटा इंडिया प्रा. लि. के प्रतिनिधि चिदंबरम फडणीस ने कृषि विकास के लिए प्रशासन के साथ सहयोग जारी रखने की बात कही। उन्होंने बताया कि जिले के 20 हजार किसानों के लिए मृदा परीक्षण प्रशिक्षण सहित विभिन्न कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं।</p>
<p>कार्यक्रम की प्रस्तावना कृषि विकास अधिकारी एल. जी. आडे ने प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन श्रीकृष्ण पखाले ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन अभियान अधिकारी प्रवीण जाधव ने किया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="अंबरनाथ में बिल्डर से परेशान होकर 192 फ्लैटधारकों ने किया 6 जुलाई से भूख हड़ताल पर बैठने का ऐलान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/thane/maharashtra-housing-board-redevelopment-hunger-strike-warning-in-ambernath-1835630.html"> अंबरनाथ में बिल्डर से परेशान होकर 192 फ्लैटधारकों ने किया 6 जुलाई से भूख हड़ताल पर बैठने का ऐलान </a></strong></p>
<h3>उल्लेखनीय कार्य करने वाले किसानों का सम्मान</h3>
<p>कार्यक्रम के दौरान फसल प्रतियोगिता के विजेताओं, प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्योग योजना, डॉ. बाबासाहब आंबेडकर कृषि स्वावलंबन योजना तथा बिरसा मुंडा कृषि क्रांति योजना के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले किसानों को उपस्थित अतिथियों के हाथों सम्मानित किया गया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में आफत की बारिश, बिजली गिरने से 4 लोगों की हुई थी मौत, सरकार ने किया 4-4 लाख के मुआवजे का एलान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/natural-calamity-lightning-strikes-four-deaths-compensation-2026-yavatmal-1837902.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 17:36:37 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 03 Jul 2026 17:36:37 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Lightning-Death_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1837902</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal News: यवतमाल में बेमौसम बारिश व बिजली गिरने से 4 लोगों की मौत हुई। शासन ने पीड़ितों को 4 लाख रुपये का मुआवजा मंजूर किया और 108 क्षतिग्रस्त मकानों का आकलन शुरू किया। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Lightning-Death_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Natural Calamity Lightning Strikes Four Deaths Compensation 2026 Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Lightning Strike Deaths: </strong>जून माह में देर से सक्रिय हुए मानसून के साथ हुई बेमौसम बारिश, तेज आंधी और आकाशीय बिजली ने यवतमाल जिले में जान-माल का व्यापक नुकसान किया। प्राकृतिक आपदाओं के कारण जिले में चार लोगों की मौत हुई, जबकि कई मवेशी मारे गए और सैकड़ों मकानों तथा कृषि भूमि को भी नुकसान पहुंचा। मृतकों के परिजनों को शासन की ओर से आर्थिक सहायता मंजूर की गई है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/maharashtra-stamp-duty-exemption-martyrs-families-agricultural-land-transfer-nagpur-1826457.html">राजस्व विभाग</a> की मासिक रिपोर्ट के अनुसार, वणी, कलंब और उमरखेड़ तहसीलों में आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं में चार लोगों की मौत हुई। वणी तहसील के टाकली गांव में 6 जून को विलास मानकू तुमराम (55) की बिजली गिरने से मृत्यु हो गई। इसके बाद 23 जून को कलंब तहसील में भीमराव काटकर और निखिल भोयर तथा उमरखेड़ तहसील के महेश गणेश आडे की भी आकाशीय बिजली की चपेट में आने से मौत हो गई। चारों मृतकों के परिजनों को मुआवजे के रूप में चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई है।</p>
<p>मानवीय क्षति के अलावा पशुधन को भी नुकसान पहुंचा। वणी तहसील में एक बड़ा पशु, 11 छोटे पशु तथा एक बोझा ढोने वाला बड़ा पशु मारा गया। केलापुर में एक बड़ा पशु और एक बैल की मृत्यु दर्ज की गई। इसके अलावा दिग्रस में एक, उमरखेड़ में दो तथा महागांव में एक पशु की मौत हुई। कुल छह बड़े पशुधन की मौत दर्ज की गई है। इनमें से तीन पशुओं के लिए मुआवजा दिया जा चुका है, जबकि तीन बड़े और 11 छोटे पशुओं के लिए सहायता प्रक्रिया जारी है।</p>
<p>हालांकि जून माह में जिले में कहीं भी बाढ़ जैसी गंभीर स्थिति उत्पन्न नहीं हुई। किसी गांव या परिवार को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने की आवश्यकता नहीं पड़ी। राहत शिविर खोलने की भी जरूरत नहीं पड़ी तथा बाढ़ के कारण किसी के लापता होने, घायल होने या मृत्यु की कोई घटना दर्ज नहीं हुई, जिसे प्रशासन ने राहत की बात माना है।</p>
<h3>108 मकानों को नुकसान</h3>
<p>जून में हुई बारिश और तेज हवाओं से <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-sowing-gets-momentum-monsoon-rain-1833008.html">यवतमाल जिले</a> के विभिन्न क्षेत्रों में मकानों और गोठों (पशुशालाओं) को भी नुकसान पहुंचा। वणी तहसील में तीन पक्के मकान क्षतिग्रस्त हुए, जबकि 35 कच्चे मकानों को नुकसान पहुंचा। घाटंजी में तीन पक्के और 15 कच्चे मकान प्रभावित हुए। इसके अलावा आर्णी, झरी जामणी, दारव्हा, नेर, पुसद में 23 घरों को क्षति पहुंची। जिले में कुल 108 मकान क्षतिग्रस्त हुए।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="पुणे: शिरूर बाजार समिति का जांबूत उप-बाजार 15 वर्षों से बंद; असामाजिक तत्वों का बना अड्डा, किसानों में आक्रोश" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/shirur-jambut-sub-market-closed-15-years-farmers-loss-pune-news-1835420.html"> <span class="color-red">पुणे</span>: शिरूर बाजार समिति का जांबूत उप-बाजार 15 वर्षों से बंद; असामाजिक तत्वों का बना अड्डा, किसानों में आक्रोश </a></strong></p>
<h3>28 हेक्टेयर कृषि भूमि और फसलें बुरी तरह प्रभावित</h3>
<p>जून महीने में जिले में औसतन 134.1 मिमी वर्षा दर्ज की गई। वर्षा का वितरण असमान रहा। कहीं बहुत कम बारिश हुई तो कहीं अतिवृष्टि दर्ज की गई। भारी बारिश के कारण लगभग 28 हेक्टेयर कृषि भूमि और फसलें प्रभावित हुईं। दारव्हा तहसील में 14 हेक्टेयर कृषि भूमि बह गई, जबकि दारव्हा में 7.50 हेक्टेयर और महागांव में 7 हेक्टेयर क्षेत्र की फसलों को नुकसान पहुंचा। प्रशासन ने प्रभावित किसानों के नुकसान का आकलन कर सहायता प्रक्रिया शुरू कर दी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>उमरखेड़ शिवसेना कार्यकर्ता रमेश चव्हाण हमला कांड का मुख्य आरोपी गिरफ्तार, यवतमाल में सनसनी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/umarkhed-shiv-sena-worker-attack-main-accused-arrested-lcb-yavatmal-2026-1837846.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 15:49:35 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 03 Jul 2026 15:49:35 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Police_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1837846</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Crime News: उमरखेड़ में शिवसेना कार्यकर्ता पर हमले के मुख्य आरोपी लाला खान को यवतमाल LCB ने शेंबालपिंपरी से दबोचा। मामले में अब तक 3 गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Police_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Umarkhed Shiv Sena Worker Attack Main Accused Arrested Lcb Yavatmal 2026"     /></figure><p><strong>Umarkhed Shiv Sena Worker Attack Case:  </strong>यवतमाल जिले के उमरखेड़ शहर में शिवसेना कार्यकर्ता रमेश गुलाब चव्हाण पर 16 जून को हुए जानलेवा हमले के मामले में फरार मुख्य आरोपी को आखिरकार स्थानीय अपराध शाखा (एलसीबी) यवतमाल की टीम ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को 1 जुलाई को शेंबालपिंपरी क्षेत्र से उस समय दबोचा गया, जब वह फरार होने की तैयारी में था। गिरफ्तार आरोपी की पहचान परवेज उर्फ लाला खान सलीम खान (34) उमरखेड़ तहसील में रोहीलीपुरा के निवासी आठवडी बाजार के रूप में हुई है। उसकी गिरफ्तारी को इस चर्चित मामले की जांच में बड़ी सफलता माना जा रहा है।</p>
<p>यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक कुमार चिंता, अपर पुलिस अधीक्षक अशोक थोरात तथा स्थानीय अपराध शाखा के पुलिस निरीक्षक सतीश चवरे के मार्गदर्शन में सहायक पुलिस निरीक्षक धीरज बांडे, पुलिस उपनिरीक्षक अमोल राठोड, मुन्ना आडे, संतोष भोरगे, तेजाब रणखांब, सुभाष जाधव, कुणाल मुंडोकार, रमेश राठोड, सुनील पंडागले, रविंद्र शिरामे, राजेश जाधव ने की।</p>
<h3>चाकू और रॉड से किया था हमला</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/police-wardha-lcb-crackdown-illegal-sand-smuggling-seizure-arrest-1816518.html">एलसीबी पुलिस </a>के अनुसार, 16 जून की शाम करीब 7.40 बजे नगर परिषद के मुख्याधिकारी के शासकीय बंगले के पास रमेश गुलाब चव्हाण की मोटरसाइकिल रोककर उन पर चाकू और लोहे की रॉड से जानलेवा हमला किया गया था। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी।</p>
<p>अगले दिन पीड़ित की शिकायत पर उमरखेड़ पुलिस थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। इसके बाद स्थानीय अपराध शाखा सहित विभिन्न पुलिस टीमों ने जांच और तलाश अभियान शुरू किया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="केतन अग्रवाल के हत्या की आरोपी सिया गोयल ने मीडिया को किया अश्लील इशारा, यूजर्स बोले- शर्मनाक हरकत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/ketan-agarwal-murder-accused-siya-goyal-shows-middle-finger-to-media-1837517.html"> केतन अग्रवाल के हत्या की आरोपी सिया गोयल ने मीडिया को किया अश्लील इशारा, यूजर्स बोले- शर्मनाक हरकत </a></strong></p>
<h3>5 आरोपी सामने आए</h3>
<p>जांच के दौरान इस मामले में कुल पांच आरोपी सामने आए, जिनमें से दो को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था, जबकि मुख्य आरोपी परवेज उर्फ लाला खान घटना के बाद से फरार था। इसी बीच 1 जुलाई को स्थानीय अपराध शाखा को गुप्त सूचना मिली कि परवेज शेंबालपिंपरी क्षेत्र में मौजूद है और वहां से भागने की फिराक में है।</p>
<p>सूचना के आधार पर पुलिस ने शेंबालपिंपरी-कलमनुरी मार्ग पर जाल बिछाया। संदिग्ध के दिखाई देते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे बिना किसी अप्रिय घटना के गिरफ्तार कर लिया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में दिल दहला देने वाली घटना; खेत में बिछाए अवैध करंट की चपेट में आने से युवक करण टेकाम की दर्दनाक मौत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/youth-dies-of-electric-current-in-farm-dattapur-2026-yavatmal-1837176.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 16:45:05 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 03 Jul 2026 16:45:05 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-News_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Accidental Death]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1837176</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Accident News: यवतमाल के घाटंजी के दत्तापुर में खेत में अवैध करंट की चपेट में आने से दुधना निवासी करण टेकाम की मौके पर मौत हो गई। पुलिस और महावितरण मामले की जांच कर रहे हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-News_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Youth Dies Of Electric Current In Farm Dattapur 2026 Yavatmal"     /></figure><p><strong> Yavatmal Farmer Illegal Electric Fencing Death</strong>: यवतमाल के जिले के घाटंजी तहसील के दुधना गांव निवासी युवक की खेत में छोड़े गए विद्युत करंट की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। यह दिल दहला देने वाली घटना दत्तापुर गांव के समीप खेत क्षेत्र में हुई। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है, वहीं फसलों को जंगली जानवरों से बचाने के लिए खेतों में अवैध रूप से बिजली का करंट छोड़ने की प्रवृत्ति पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।</p>
<h3>मौके पर ही हो गई मौत</h3>
<p>प्राप्त जानकारी के अनुसार, दुधना निवासी करण टेकाम अपने दो मित्रों प्रवीण टेकाम और मंगेश आत्राम के साथ जंगल में खरगोश के शिकार के लिए गया था। शिकार के दौरान तीनों दत्तापुर गांव के समीप स्थित एक खेत से होकर गुजर रहे थे। इसी दौरान खेत में जंगली जानवरों को रोकने के उद्देश्य से बिछाई गई विद्युत तार से करण का पैर छू गया और उसे जोरदार करंट लग गया। करंट का झटका इतना तेज था कि करण टेकाम की मौके पर ही मौत हो गई। उसके साथ मौजूद दोनों मित्रों ने उसे बचाने की भरसक कोशिश की, लेकिन तब तक उसकी कोई हलचल नहीं हो रही थी।</p>
<p>घटना से घबराए दोनों युवकों ने तत्काल मोबाइल फोन के माध्यम से गांव के लोगों को सूचना दी। सूचना मिलते ही मुज्जू पटेल सहित अन्य ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे। ग्रामीणों ने करण को उपचार के लिए ले जाने की तैयारी की, लेकिन जांच में उसकी मृत्यु की पुष्टि हो गई। इसके बाद मुज्जू पटेल ने तत्काल घाटंजी पुलिस थाने को घटना की सूचना दी</p>
<h3>पुलिस उपनिरीक्षक मडावी ने किया पंचनामा</h3>
<p>सूचना मिलते ही थाना प्रभारी केशव ठाकरे के निर्देश पर पुलिस उपनिरीक्षक अशोक मडावी, जमादार विनोद मेश्राम, अमित लोखंडे तथा वाढई मेजर घटनास्थल पर पहुंचे। साथ ही महावितरण (एमएससीबी) के अधिकारी किनाके को भी सूचना दी गई। पहले विद्युत आपूर्ति बंद की गई, जिससे आगे किसी अन्य दुर्घटना की आशंका को टाला गया। इसके बाद पुलिस और <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/ahmednagar/akole-ambhol-electricity-theft-case-mahavitaran-team-attacked-fir-registered-1798992.html">महावितरण टीम</a> ने संयुक्त रूप से घटनास्थल का पंचनामा किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="वाशिम में मतदाता सूची विशेष पुनरीक्षण अभियान शुरू, 10.20 लाख मतदाताओं का होगा सत्यापन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/washim-special-electoral-roll-revision-drive-2026-1833968.html"> वाशिम में मतदाता सूची विशेष पुनरीक्षण अभियान शुरू, 10.20 लाख मतदाताओं का होगा सत्यापन</a></strong></p>
<p>प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि संबंधित खेत में जंगली जानवरों से फसल बचाने के लिए अवैध रूप से विद्युत करंट छोड़ा गया था। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस दुखद घटना से दुधना सहित आसपास के गांवों में शोक की लहर फैल गई है। ग्रामीणों ने खेतों में अवैध रूप से करंट छोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>10 साल से अधिक सेवा वाले कर्मचारियों के लिए अतिरिक्त पद, महाराष्ट्र के 15,000 से अधिक लोग इसका लाभ उठाएंगे</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/nhm-contractual-health-workers-regularization-15000-employees-maharashtra-2026-1835317.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 02 Jul 2026 15:11:25 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 02 Jul 2026 15:11:25 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Public-Health-Department_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1835317</guid>

					<description><![CDATA[NHM Contractual Wrokers: महाराष्ट्र सरकार ने NHM के 15,010 संविदा कर्मियों के समायोजन हेतु 1,153 करोड़ रुपये मंजूर कर अतिरिक्त पद सृजित करने का निर्णय लिया है। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Public-Health-Department_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Nhm Contractual Health Workers Regularization 15000 Employees Maharashtra 2026"     /></figure><p><strong>Maharashtra Public Health Department GR:</strong> राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान के अंतर्गत राज्य भर में कार्यरत, 10 वर्ष या उससे अधिक की सेवा पूर्ण कर चुके 15 हजार 10 संविदा कर्मचारियों के सेवा समायोजन का मार्ग आखिरकार साफ हो गया है। इन कर्मचारियों के लिए समकक्ष वेतनमान में अतिरिक्त पदों के सृजन और इसके लिए आवश्यक 1,153.60 करोड़ रुपये के वार्षिक व्यय को मंजूरी देने वाला शासन निर्णय आज जारी कर दिया गया है। इस निर्णय से राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान के संविदा कर्मचारियों को बहुत बड़ी राहत मिली है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-cm-fadnavis-on-dance-bar-law-amendment-license-rules-1831623.html">मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस</a>, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार, सार्वजनिक स्वास्थ्य व कुटुंब कल्याण मंत्री प्रकाश आबिटकर तथा राज्यमंत्री मेघना साकोरे बोर्डीकर ने संविदा कर्मचारियों के समायोजन के लिए विशेष प्रयास किए हैं, जिसके परिणामस्वरूप यह शासन निर्णय लिया गया है। इससे पहले 14 मार्च 2024 को मंत्रिमंडल ने 10 वर्ष से अधिक सेवा पूर्ण करने वाले संविदा कर्मचारियों के समायोजन का निर्णय लिया था। इसके बाद 4 नवंबर 2025 को इसमें आवश्यक संशोधन किया गया। इसके लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक अंतरविभागीय समिति का गठन भी किया गया था।</p>
<h3>15,010 कर्मचारियों को मिली विशेष व्यवस्था</h3>
<p>समिति की सिफारिशों और 25 जून को हुई मंत्रिमंडल बैठक के निर्णय के अनुसार यह शासन निर्णय जारी किया गया है। इसके तहत, 25 जून तक तकनीकी अंतर (टेक्निकल ब्रेक) को छोड़कर लगातार 10 वर्ष या उससे अधिक सेवा पूर्ण करने वाले 15,010 कर्मचारियों को एक बार की विशेष व्यवस्था (वन-टाइम मेजर) के रूप में समकक्ष वेतनमान वाले अतिरिक्त पदों पर नियुक्त किया जाएगा।</p>
<p>इन पदों की समकक्षता तय करते समय संबंधित पद का कार्य स्वरूप, जिम्मेदारियां, शैक्षणिक योग्यता, सेवा प्रवेश नियम, वर्तमान मानदेय और सातवें वेतन आयोग के अनुसार तय वेतनमान को ध्यान में रखा जाएगा। वित्त विभाग की अंतिम मंजूरी के बाद संबंधित विभागों द्वारा अतिरिक्त पद सृजित कर पात्र कर्मचारियों की नियुक्ति की जाएगी। भविष्य में इस प्रकार के नियमितीकरण से बचने के लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान में मानव संसाधन सेवाएं मुख्य रूप से आउटसोर्सिंग या सेवा अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) के माध्यम से ही लेने का निर्णय भी शासन ने स्पष्ट किया है। भविष्य की पदनिर्मिति वित्त विभाग की उच्चस्तरीय सचिव समिति की मंजूरी से ही की जाएगी।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="गोंदिया के नाबालिक दुष्कर्म मामले में 3 आरोपि 14 दिन की जुडिशल कस्टडी में, देखें पूरी अपडेट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/pocso-case-minor-assault-lodge-owner-arrested-arjuni-morgaon-2026-gondia-1835076.html"> गोंदिया के नाबालिक दुष्कर्म मामले में 3 आरोपि 14 दिन की जुडिशल कस्टडी में, देखें पूरी अपडेट </a></strong></p>
<h3>अनुकंपा नियुक्ति छोड़कर बाकी सभी लाभ मिलेंगे</h3>
<p>इन कर्मचारियों को समकक्ष पद के वेतनमान के अनुसार मूल वेतन, महंगाई भत्ता और यात्रा भत्ता दिया जाएगा तथा उनका वर्तमान वेतन संरक्षित रहेगा। हालांकि, इन्हें पदोन्नति (प्रमोशन), आश्वासित प्रगति योजना, पेंशन और पारिवारिक पेंशन का लाभ नहीं मिलेगा। राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान के अंतर्गत वर्तमान में लागू अवकाश ही मान्य रहेंगे।</p>
<p>शासन निर्णय में यह भी स्पष्ट किया गया है कि ये अतिरिक्त पद व्यक्ति-आधारित (सुपरन्यूमरेरी) होंगे, जो संबंधित कर्मचारी के सेवानिवृत्त होने, इस्तीफा देने या सेवा समाप्त होने पर स्वतः ही समाप्त हो जाएंगे और उस पर कोई नई नियुक्ति नहीं की जा सकेगी। इसके साथ ही, इनके आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति का लाभ भी नहीं मिलेगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में करोड़ों की लागत से बना धारेगांव नाले का पुल धंसा, निर्माण विभाग पर उठे सवाल, राहगीर खतरे में</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/dharegaon-bridge-damaged-first-rain-pwd-negligence-2026b-yavatmal-1835281.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 02 Jul 2026 14:43:42 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 02 Jul 2026 14:43:42 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Dharegaon-Bridge_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1835281</guid>

					<description><![CDATA[Mahagaon Bridge: महागांव तहसील के धारेगांव नाले पर सार्वजनिक निर्माण विभाग द्वारा करोड़ों की लागत से बना नया पुल पहली ही बारिश में धंस गया है। सुरक्षात्मक कंक्रीट कार्य न होने से मिट्टी बह गई है।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Dharegaon-Bridge_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Dharegaon Bridge Damaged First Rain Pwd Negligence 2026b Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Bridge Collapse In First Rain: </strong>यवतमाल जिले के महागांव तहसील के धारेगांव के समीप नाले पर लोक निर्माण विभाग के अधीन करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित नया पुल पहली ही बारिश में गंभीर सवालों के घेरे में आ गया है। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि घटिया निर्माण और अधूरे सुरक्षात्मक कार्यों के कारण पुल के दोनों ओर डाला गया मिट्टी का भराव पहली ही बारिश में बह गया है, जिससे पुल पर आवागमन अत्यंत खतरनाक हो गया है।</p>
<p>हालांकि, पुल का मुख्य निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, लेकिन दोनों छोरों पर किए जाने वाले सीमेंट कंक्रीट के सुरक्षात्मक कार्य अधूरे छोड़ दिए गए थे। इसके कारण बारिश का पानी भराव की मिट्टी को पूरी तरह बहाकर ले गया और पुल के दोनों ओर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। इससे वाहन चालकों और पैदल यात्रियों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।</p>
<p>स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पुल निर्माण के तुरंत बाद दोनों ओर सुरक्षात्मक सीमेंट कंक्रीट का कार्य किया जाना अनिवार्य था। लेकिन, संबंधित ठेकेदार ने यह कार्य किए बिना केवल मिट्टी का भराव डालकर काम पूरा होने का दावा कर दिया। परिणामस्वरूप, पहली ही बारिश में भराव बहने लगा और कई स्थानों पर गहरे गड्ढे बन गए। नागरिकों का कहना है कि बरसात के दौरान इस नाले में तेज बहाव आता है।</p>
<p>यदि आगामी दिनों में लगातार भारी बारिश हुई, तो पुल के दोनों ओर का पूरा भराव बह सकता है, जिससे संपर्क मार्ग टूटने और कोई बड़ा हादसा होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। करोड़ों रुपये खर्च कर बनाए गए इस पुल की कुछ ही महीनों में ऐसी दुर्दशा होने से जनता में भारी नाराजगी है।</p>
<h3>इंजीनियर एस. जी. काले पर मिलीभगत का आरोप</h3>
<p>ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि इस कार्य की निगरानी और देखरेख का जिम्मा सार्वजनिक <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-pwd-new-hoarding-guidelines-chief-engineer-approval-1828200.html">निर्माण विभाग</a> उपविभाग के सहायक अभियंता एस। जी। काले के पास था। इसके बावजूद, निर्माण की गुणवत्ता की उचित जांच नहीं की गई और ठेकेदार से नियमानुसार कार्य भी नहीं कराया गया। यदि समय पर उचित निगरानी होती, तो पुल के दोनों ओर आवश्यक सुरक्षात्मक कार्य पूरे हो जाते और आज यह नौबत पैदा नहीं होती।</p>
<p>ग्राम धारेगांव निवासी दिलीप भिसे ने बताया कि उन्होंने पुल निर्माण में रह गई कमियों और घटिया गुणवत्ता को लेकर समय-समय पर सहायक अभियंता काले को अवगत कराया था। उन्होंने पुल के दोनों ओर सीमेंट कंक्रीट का सुरक्षात्मक कार्य कराने की आवश्यकता भी रेखांकित की थी, लेकिन उनकी शिकायतों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया गया। उनका सीधा आरोप है कि ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों की कथित मिलीभगत के कारण निर्माण की इन गंभीर खामियों पर जानबूझकर पर्दा डाला गया।</p>
<p>नागरिकों का कहना है कि भारी सरकारी धन खर्च होने के बावजूद निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण नहीं हुआ है, जो कि सार्वजनिक धन का खुला दुरुपयोग है। उन्होंने मांग की है कि घटिया निर्माण करने वाले ठेकेदार पर तत्काल कड़ी कार्रवाई की जाए। साथ ही, निर्माण कार्य की निगरानी में घोर लापरवाही बरतने वाले सहायक अभियंता एस. जी. काले के खिलाफ विभागीय जांच कर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।</p>
<p>इसके अलावा, पुल के दोनों छोरों पर तत्काल सीमेंट कंक्रीट का सुरक्षात्मक निर्माण कर भराव को मजबूत किया जाए। नागरिकों ने पुल की उच्च स्तरीय तकनीकी जांच कराने और शेष कार्य जल्द पूरा कर जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठाई है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-  <a class="title" title="गोंदिया के नाबालिक दुष्कर्म मामले में 3 आरोपि 14 दिन की जुडिशल कस्टडी में, देखें पूरी अपडेट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/pocso-case-minor-assault-lodge-owner-arrested-arjuni-morgaon-2026-gondia-1835076.html"> गोंदिया के नाबालिक दुष्कर्म मामले में 3 आरोपि 14 दिन की जुडिशल कस्टडी में, देखें पूरी अपडेट </a></strong></p>
<h3>बारिश के रुकते ही पूरा किया जाएगा अधूरा काम</h3>
<p>महागांव लोक निर्माण उपविभाग उपअभियंता मयूर वंजारे ने कहा है की &amp;#8220;धारेगांव नाले पर पुल का मुख्य निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। शेष सुरक्षात्मक कार्य बारिश समाप्त होने के बाद किया जाएगा। वर्तमान में लगातार हो रही बारिश के कारण कुछ तकनीकी दिक्कतें आ रही हैं, इसलिए बाकी का काम अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। बारिश का मौसम समाप्त होते ही पुल का बचा हुआ सारा कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूरा कर लिया जाएगा।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल एचपी गैस एजेंसी की मनमानी के खिलाफ भाजपा का मोर्चा; शहर उपाध्यक्ष ने जिलाधिकारी से की शिकायत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-varun-hp-gas-agency-complaint-bjp-collector-2026-yavatmal-1835213.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 16:47:24 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 03 Jul 2026 16:47:24 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/LPG-Gas_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1835213</guid>

					<description><![CDATA[BJP Morcha Against HP Gas Agency: महागांव में वरुण HP गैस एजेंसी की मनमानी के खिलाफ भाजपा के विवेक नरवाडे ने यवतमाल कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। होम डिलीवरी व जांच की मांग की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/LPG-Gas_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mahagaon Varun Hp Gas Agency Complaint Bjp Collector 2026 Yavatmal"     /></figure><p><strong>HP Gas Agency Complaint In Yavatmal: </strong>यवतमाल जिले के महागांव में स्थानीय वरुण एचपी गैस एजेंसी के मनमाने रवैये से पूरी तहसील के गैस उपभोक्ता त्रस्त हैं। क्षेत्र की गैस वितरण व्यवस्था पूरी तरह चरमरा जाने का आरोप लगाया जा रहा है। इस गंभीर समस्या को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के शहर उपाध्यक्ष विवेक नरवाडे ने जिलाधिकारी को एक लिखित शिकायत सौंपकर तत्काल कड़ी कार्रवाई की मांग की है।</p>
<p>शिकायत के अनुसार, गैस एजेंसी की ओर से नियमानुसार उपभोक्ताओं को घर-घर जाकर गैस सिलेंडर पहुंचाने (डोर-स्टेप डिलीवरी) की सुविधा उपलब्ध कराई जानी चाहिए, लेकिन एजेंसी इस अनिवार्य सेवा में लगातार टालमटोल कर रही है। वर्तमान में केवल कुछ चुनिंदा स्थानों पर ही गैस का वितरण किया जा रहा है, जिससे ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों के आम उपभोक्ताओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<h3>एजेंसी पर कई आरोप</h3>
<p>आरोप यह भी है कि जब परेशान उपभोक्ता स्वयं गैस सिलेंडर लेने एजेंसी के गोदाम पर पहुंचते हैं, तो उन्हें वहां से भी सिलेंडर देने से साफ मना कर दिया जाता है। इसके लिए &amp;#8216;ओटीपी जल्दी एक्सपायर हो जाता है&amp;#8217; जैसे तकनीकी बहानों का सहारा लेकर उन्हें खाली हाथ वापस भेज दिया जाता है। इसके साथ ही, गैस डिलीवरी के समय ऑनलाइन भुगतान स्वीकार करने से भी एजेंसी द्वारा जानबूझकर बचने का आरोप लगाया गया है।</p>
<p>इस अव्यवस्थित व्यवस्था का सबसे बुरा असर महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों पर पड़ रहा है। जिन उपभोक्ताओं के पास खुद का वाहन नहीं है, उन्हें एक अदद गैस सिलेंडर प्राप्त करने के लिए बार-बार एजेंसी के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि पूरे पैसे का भुगतान करने के बावजूद उन्हें अपेक्षित सेवा नहीं मिल रही है, जिससे आम जनता में भारी आक्रोश है।</p>
<p>भाजपा<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/farmers-crop-insurance-mla-mangulkar-protest-assembly-2026-yavatmal-1834675.html"> यवतमाल शहर</a> उपाध्यक्ष विवेक नरवाडे ने यवतमाल के जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर महागांव स्थित वरुण एचपी गैस एजेंसी की संपूर्ण कार्यप्रणाली की उच्च स्तरीय जांच कराने, दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने तथा उपभोक्ताओं को शीघ्र व सुचारु रूप से घर-घर गैस आपूर्ति सुनिश्चित कराने की पुरजोर मांग की है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="चार छात्राएं एक ही स्कूल से अचानक लापता, कल्याण में मचा हड़कंप, पुलिस के हाथ भी नहीं लगा कोई सुराग" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/thane/kalyan-four-minor-school-girls-missing-bazar-peth-police-investigation-1835046.html"> चार छात्राएं एक ही स्कूल से अचानक लापता, कल्याण में मचा हड़कंप, पुलिस के हाथ भी नहीं लगा कोई सुराग </a></strong></p>
<h3>बर्दाश्त नहीं करेंगे</h3>
<p>एजेंसी की इस मनमानी को अब बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संबंधित विभाग को इस पूरी वितरण व्यवस्था की तत्काल जांच कर उपभोक्ताओं को नियमित और प्रभावी डोर-स्टेप गैस सेवा उपलब्ध करानी चाहिए, साथ ही नियमों का उल्लंघन करने वाले दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>किसानों को न्याय दो&amp;#8230;यवतमाल विधायक ने मुंबई विधानभवन की सीढ़ियों पर किया आंदोलन</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/farmers-crop-insurance-mla-mangulkar-protest-assembly-2026-yavatmal-1834675.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 02 Jul 2026 07:34:28 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 02 Jul 2026 07:34:28 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-MLA_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1834675</guid>

					<description><![CDATA[Mumbai VidhanSabha Bhavan News: यवतमाल जिले के लंबित फसल बीमा के भुगतान की मांग को लेकर कांग्रेस विधायक बालासाहेब मांगुलकर ने मुंबई विधानसभा भवन की सीढ़ियों पर धरना दिया। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-MLA_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Farmers Crop Insurance Mla Mangulkar Protest Assembly 2026 Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Farmers Crop Insurance Pending Amount: </strong>यवतमाल जिले के किसानों को लंबित फसल बीमा राशि का तत्काल भुगतान करने की मांग को लेकर कांग्रेस विधायक बालासाहेब मांगुलकर ने बुधवार को मुंबई स्थित विधानसभा भवन की सीढ़ियों पर धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने आरोप लगाया कि जिले के किसान लंबे समय से अपने हक के फसल बीमा से वंचित हैं, लेकिन राज्य सरकार इस गंभीर मुद्दे की लगातार अनदेखी कर रही है।</p>
<h3>किसानों को न्याय मिलने तक होगा आंदोलन</h3>
<p>धरने के दौरान विधायक बालासाहेब मांगुलकर ने हाथ में &amp;#8216;यवतमाल जिले के किसानों का फसल बीमा मंजूर करो&amp;#8217; लिखी हुई तख्ती लेकर सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब तक किसानों को न्याय नहीं मिलेगा, तब तक आंदोलन वापस नहीं लिया जाएगा। उनके इस आंदोलन से विधानसभा परिसर में कुछ समय के लिए राजनीतिक माहौल गरमा गया।</p>
<p>इस बीच, आंदोलन की गंभीरता को देखते हुए राज्य के कृषि मंत्री दत्ता भरणे ने वीडियो कॉल के माध्यम से विधायक मांगुलकर से सीधे संवाद किया। उन्होंने आश्वासन दिया कि यवतमाल जिले के फसल बीमा का मुद्दा अत्यंत गंभीर है और इस विषय पर जल्द ही एक विशेष बैठक आयोजित कर सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-kharif-sowing-advisory-agriculture-minister-dattatray-bharne-cotton-mission-1820142.html">कृषि मंत्री</a> ने कांग्रेस विधायक दल के नेता विजय वडेट्टीवार से भी फोन पर चर्चा कर भरोसा दिलाया कि सरकार इस मामले में शीघ्र आवश्यक कदम उठाएगी।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="4 मर्डर करके आया हूं… अगला नंबर तुम्हारा है,  पनवेल-CSMT लोकल में नशेड़ी का तांडव, देखें वायरल VIDEO" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/panvel-csmt-local-train-drunk-man-threatens-passengers-viral-video-1834517.html"> 4 मर्डर करके आया हूं… अगला नंबर तुम्हारा है, पनवेल-CSMT लोकल में नशेड़ी का तांडव, देखें वायरल VIDEO </a></strong></p>
<h3>लिखित आश्वासन मिलने पर आंदोलन हुआ स्थगित</h3>
<p>प्रशासन की ओर से लिखित आश्वासन दिए जाने के बाद <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-maharashtra-budget-2026-reaction-airport-expansion-1596216.html">विधायक बालासाहेब मांगुलकर</a> ने विधानसभा भवन की सीढ़ियों पर चल रहा अपना आंदोलन समाप्त कर दिया। हालांकि उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार अपने वादे के अनुसार जल्द बैठक बुलाकर किसानों का फसल बीमा मंजूर नहीं करती है, तो कांग्रेस आने वाले समय में इस मुद्दे पर और अधिक व्यापक एवं उग्र आंदोलन करेगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में आदिवासी छात्रावास प्रवेश प्रक्रिया शुरू, हॉस्टल में प्रवेश की पहली मेरिट सूची 6 जुलाई को</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/hostel-admission-first-merit-list-6-july-yavatmal-1833128.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 01 Jul 2026 15:02:20 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 01 Jul 2026 15:02:20 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/School-Kids_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1833128</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal School News: आदिवासी विकास विभाग द्वारा शासकीय छात्रावास प्रवेश व स्वयंम योजना का शेड्यूल जारी। 6 जुलाई को प्री-मैट्रिक की पहली मेरिट सूची आएगी, जबकि उच्च पाठ्यक्रमों की 22 जुलाई को।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/School-Kids_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Hostel Admission First Merit List 6 July Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Adivasi Vikas Vibhag: </strong>शैक्षणिक सत्र 2026-27 शुरू हो चुका है और स्कूल, विद्यालयों तथा महाविद्यालयों में पढ़ाई भी आरंभ हो गई है। इसी के मद्देनजर आदिवासी विकास विभाग ने राज्य के शासकीय छात्रावासों में प्रवेश तथा &amp;#8216;पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्वयंम योजना&amp;#8217; की प्रवेश प्रक्रिया की आधिकारिक समय-सारिणी जारी कर दी है।</p>
<p>आदिवासी विकास आयुक्त लीना बनसोड ने सभी अपर आयुक्तों, परियोजना अधिकारियों और छात्रावास अधीक्षकों को निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।</p>
<p>विभिन्न पाठ्यक्रमों के अनुसार आवेदन करने और मेरिट सूची जारी करने की तिथियां तय की गई हैं। प्री-मैट्रिक (मैट्रिक-पूर्व) विद्यार्थियों के नए प्रवेश आवेदन 16 जून से शुरू हो चुके हैं और उनकी पहली मेरिट सूची 6 जुलाई को जारी की जाएगी।</p>
<h3>मेरिट सूची 22 जुलाई को प्रकाशित होगी</h3>
<p>वहीं जूनियर कॉलेज, डिप्लोमा, स्नातक (ग्रेजुएशन), स्नातकोत्तर (पोस्ट ग्रेजुएशन) तथा व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के लिए नए आवेदन 1 जुलाई से शुरू होंगे। इन सभी पाठ्यक्रमों की मेरिट सूची 22 जुलाई को प्रकाशित की जाएगी। इसके अलावा, 1 जुलाई से स्वयंम योजना के आवेदन का रिन्यूअल भी किया जा सकेगा।</p>
<p>यह पूरी प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी तरीके से संचालित की जाएगी। पात्र आवेदनों के वेरिफिकेशन की पूरी जिम्मेदारी छात्रावास अधीक्षकों को सौंपी गई है। साथ ही यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि किसी भी स्थिति में अपात्र आवेदन स्वीकृत न किए जाएं।</p>
<p>आदिवासी विकास आयुक्त ने यह भी स्पष्ट किया है कि छात्रावासों की स्वीकृत क्षमता 100 प्रतिशत भर जाने का प्रमाणपत्र संबंधित अधीक्षक से प्राप्त होने के बाद ही परियोजना अधिकारी स्वयंम योजना के लिए विद्यार्थियों के आवेदनों का वर्गीकरण करेंगे।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="शिवसेना UBT को झटके पर झटका, सचिन अहीर के बाद एक और बड़े नेता ने दिखाया बगावती तेवर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/sunil-shinde-eleven-mlas-likely-to-rebel-join-eknath-shinde-shiv-sena-1832809.html"> शिवसेना UBT को झटके पर झटका, सचिन अहीर के बाद एक और बड़े नेता ने दिखाया बगावती तेवर </a></strong></p>
<h3>शासकीय छात्रावास के लिए निजी भवनों से प्रस्ताव आमंत्रित</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-school-praveshotsav-garments-textbooks-distribution-1832406.html">यवतमाल जिले</a> के वणी स्थित 250 छात्र क्षमता वाले &amp;#8216;आदिवासी बालक शासकीय छात्रावास&amp;#8217; में प्रवेशित विद्यार्थियों के आवास हेतु वणी शहर में सभी आवश्यक सुविधाओं से युक्त निजी भवन किराये पर उपलब्ध कराने के इच्छुक व्यक्तियों अथवा संस्थाओं से सीलबंद प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं। यह जानकारी सहायक जिलाधिकारी तथा परियोजना अधिकारी रेवैयाह डोंगरे ने दी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आखिरकार बुआई को मिली गति, यवतमाल में मानसून की वापसी से किसानों को राहत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-sowing-gets-momentum-monsoon-rain-1833008.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 01 Jul 2026 14:46:21 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 01 Jul 2026 14:46:21 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Kharif-Sowing_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1833008</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Monsoon: यवतमाल जिले में जून की बेरुखी के बाद मानसून की वापसी से खरीफ बुवाई तेज हुई है। कृषि विभाग के अनुसार 29 जून तक लगभग साढ़े तीन लाख हेक्टेयर में बुवाई पूरी हो चुकी है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Kharif-Sowing_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Kharif Sowing Gets Momentum Monsoon Rain"     /></figure><p><strong>Yavatmal Kharif Sowing Progress: </strong>जून माह की शुरुआत से ही मानसून की बेरुखी के कारण यवतमाल जिले के किसान भारी चिंता में थे। मृग नक्षत्र लगभग सूखा गुजरने से खरीफ सीजन की बुवाई बुरी तरह प्रभावित हुई थी और सोयाबीन, कपास, तुअर (अरहर) सहित अन्य खरीफ फसलों की खेती पर अनिश्चितता के बादल मंडरा रहे थे।</p>
<p>हालांकि, जून के अंतिम सप्ताह में मानसून ने जोरदार वापसी करते हुए लगातार तीन दिनों तक अच्छी बारिश दर्ज कराई, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिली है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/agri-department-nagpur-crackdown-on-illegal-seeds-1776932.html">कृषि विभाग</a> के प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, 29 जून तक जिले में खरीफ बुवाई के निर्धारित लक्ष्य में से लगभग साढ़े तीन लाख हेक्टेयर क्षेत्र में बुवाई पूरी हो चुकी है। यदि मौसम इसी तरह अनुकूल बना रहा, तो शेष क्षेत्र में भी जुलाई के पहले पखवाड़े तक बुवाई संपन्न होने की प्रबल संभावना है।</p>
<h3>किसानों ने  बुवाई का कार्य शुरू किया</h3>
<p>पिछले तीन दिनों से जिले के अनेक हिस्सों में तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ अच्छी बारिश हुई है। कुछ राजस्व मंडलों में अतिवृष्टि (भारी बारिश) भी दर्ज की गई, जिससे खेतों में बुवाई के लिए पर्याप्त नमी उपलब्ध हो गई है।</p>
<p>इसके बाद किसानों ने युद्धस्तर पर बुवाई का कार्य शुरू कर दिया है। खेतों में ट्रैक्टर, सीड ड्रिल और बैलगाड़ियों की आवाजाही बढ़ गई है तथा ग्रामीण क्षेत्रों में खेती-किसानी की गतिविधियां बेहद तेज हो गई हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="पहला दिन, स्कूल पहुंचे बच्चे और स्वागत में मिला जलजमाव! नागपुर मनपा स्कूलों की बदहाली देख भड़के कमिश्नर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/municipal-school-nagpur-waterlogging-encroachment-commissioner-inspection-1832837.html"> पहला दिन, स्कूल पहुंचे बच्चे और स्वागत में मिला जलजमाव! नागपुर मनपा स्कूलों की बदहाली देख भड़के कमिश्नर </a></strong></p>
<h3>8.50 लाख हेक्टेयर में सीजन की फसलों का लक्ष्य निर्धारित</h3>
<p>इस वर्ष <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-school-praveshotsav-garments-textbooks-distribution-1832406.html">यवतमाल जिले</a> में लगभग 8.50 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सोयाबीन, कपास, तुअर तथा अन्य दलहनी और खरीफ फसलों की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कृषि विभाग का मानना है कि यदि आगामी दिनों में बारिश का क्रम इसी प्रकार लगातार जारी रहा, तो शेष बचे क्षेत्रों की बुवाई भी जुलाई के पहले पखवाड़े तक सफलतापूर्वक पूरी कर ली जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पगडंडी मार्ग के लिए किसानों का अनशन जारी, मारेगांव तहसील कार्यालय के पास 15वें दिन भी धरना</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-pagdandi-marg-kisan-anshan-atyachaar-1832969.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 01 Jul 2026 14:14:15 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 01 Jul 2026 14:14:15 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Hunger-Stirke_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1832969</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Road Encroachment: मारेगांव में पगडंडी मार्ग को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग को लेकर किसानों का आमरण अनशन 15 दिनों से जारी है। लगातार बारिश के बीच भी आंदोलनकारी अपनी मांग पर अड़े हुए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Hunger-Stirke_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Pagdandi Marg Kisan Anshan Atyachaar"     /></figure><p><strong>Yavatmal Farmers Hunger Strike: </strong>यवतमाल जिले के मारेगांव तहसील कार्यालय के समीप पिछले 15 दिनों से पगडंडी मार्ग को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग को लेकर किसानों का आमरण अन्नत्याग आंदोलन जारी है। इस आंदोलन में किसान संदीप उमरे के साथ पिछले 3 दिनों से रूपाली रोगे एवं शालू ताई जीवतोड़े नामक दो महिला किसानों ने भी सहभाग लिया है।</p>
<p>लगातार हो रही बारिश के बीच अनशनकारियों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। अनशनकारियों का आरोप है कि मारेगांव राजस्व विभाग की धीमी कार्यप्रणाली और उदासीन रवैये के कारण उनकी मांगों पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। बारिश के दौरान अनशन पंडाल में बैठना किसानों के लिए बेहद मुश्किल साबित हो रहा है, फिर भी वे अपनी मांगों पर डटे हुए हैं।</p>
<p>सूत्रों के अनुसार, संबंधित पगडंडी मार्ग पर एक राजनीतिक नेता के रिश्तेदार द्वारा अतिक्रमण किए जाने की चर्चा है। इसी कारण राजनीतिक दबाव के चलते राजस्व विभाग कार्रवाई करने से बच रहा है।</p>
<p>किसानों का आरोप है कि प्रशासन दबाव में आकर मामले को लंबित रख रहा है, जिससे आंदोलनरत किसानों और महिला किसानों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। किसानों ने चेतावनी दी है कि जब तक पगडंडी मार्ग को अतिक्रमण मुक्त नहीं कराया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।</p>
<h3>तहसील प्रशासन संवेदनहीन</h3>
<p>यवतमाल वंचित बहुजन आघाडी, जिला उपाध्यक्ष राजू निमसटकर ने कहा है कि &amp;#8220;महिलाओं को अपनी मांगों के लिए लगातार 15 दिनों तक अन्नत्याग आंदोलन करना पड़ रहा है। इसे लेकर आंदोलनकारियों ने तहसील प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। आंदोलनकारियों का कहना है कि यदि शासन की नीति स्पष्ट होने के बावजूद महिलाओं को इतने लंबे समय तक भूख हड़ताल पर बैठना पड़े, तो यह तहसील प्रशासन की संवेदनहीनता और घोर लापरवाही को दर्शाता है।&amp;#8221;</p>
<h3>खेत के रास्ते से अतिक्रमण को हटाकर न्याय देना चाहिए</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-md-drug-network-vani-yavatmal-connection-busted-1580129.html">वणी विधानसभा</a> के पूर्व विधायक संजीवरेड्डी बोदकुरवार ने कहा है कि &amp;#8220;उन्होंने अनशन मंडप को भेंट दी थी, उसी समय तहसीलदार से चर्चा हुई थी कि 30 जून को भूमि अभिलेख विभाग द्वारा नापजोख (मापन) किया जाएगा। अब इसे टालकर 2 जुलाई को नापजोख रखना यानी अनशनकर्ताओं को परेशान करने जैसा है। खड़की-घोड़दरा ग्राम को जोड़ने वाला यह 33 फीट का पगडंडी मार्ग है; अतः इस मार्ग से तुरंत अतिक्रमण हटाकर अनशनकर्ता किसानों को न्याय देना चाहिए।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="पहला दिन, स्कूल पहुंचे बच्चे और स्वागत में मिला जलजमाव! नागपुर मनपा स्कूलों की बदहाली देख भड़के कमिश्नर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/municipal-school-nagpur-waterlogging-encroachment-commissioner-inspection-1832837.html"> पहला दिन, स्कूल पहुंचे बच्चे और स्वागत में मिला जलजमाव! नागपुर मनपा स्कूलों की बदहाली देख भड़के कमिश्नर </a></strong></p>
<h3>2 जुलाई को टीम करेगी जमीन का नापजोख</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-water-crisis-jal-jeevan-mission-failure-tribal-villages-thirst-1703992.html">मारेगांव तहसील</a> के तहसीलदार उत्तम नीलावाड़ ने कहा है कि &amp;#8220;वरिष्ठ अधिकारियों के पत्राचार के अनुसार, आगामी 2 जुलाई को राजस्व टीम एवं भूमि अभिलेख की संयुक्त टीम मौके पर पहुंचकर नापजोख करने वाली है। संबंधित किसानों को मंगलवार को ही नोटिस देकर मौके पर उपस्थित रहने के आदेश दे दिए गए हैं। यदि नापजोख में अतिक्रमण दिखाई देता है, तो अनशनकर्ताओं के लिए मार्ग तुरंत खुला करा दिया जाएगा।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>जुबान खोल दी तो भागने की जगह नहीं बचेगी&amp;#8230; शिवसेना नेता साहेबराव कांबले ने कांग्रेस को दी चेतावनी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sahebrao-kamble-congress-warning-umarakhed-shivsena-1832902.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 01 Jul 2026 13:55:24 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 01 Jul 2026 13:55:24 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Shive-Sena-Press-Conference-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[CM Eknath Sinde]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Shiv Sena]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1832902</guid>

					<description><![CDATA[Shiv Sena Press Conference: उमरखेड़ में हाल ही में शिवसेना में शामिल हुए साहेबराव कांबले ने कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोलते हुए कई आरोप लगाए और खुलकर बोलने की चेतावनी दी।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Shive-Sena-Press-Conference-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sahebrao Kamble Congress Warning Umarakhed Shivsena"     /></figure><p><strong>Congress Leaders Allegation Maharashtra:</strong> हाल ही में शिवसेना (एकनाथ शिंदे गुट) में शामिल हुए वरिष्ठ नेता साहेबराव कांबले ने कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि यदि उन्होंने अपनी जुबान खोलकर सच्चाई उजागर कर दी, तो कांग्रेस नेताओं के लिए भागने की जगह नहीं बचेगी।</p>
<p>उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के कुछ नेताओं ने हर चुनाव में उनके साथ विश्वासघात किया और जब उनकी नाजायज आर्थिक मांगें पूरी नहीं हुईं, तो उन्हें दुर्भावनापूर्वक पार्टी से निष्कासित कर दिया गया।</p>
<p>सोमवार को अपने आवास पर आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांबले ने कहा कि उन्होंने कांग्रेस को मजबूत करने के लिए विधानसभा, कॉटन मार्केट और नगर परिषद चुनावों में पूरी निष्ठा से काम किया था। नगर परिषद में सत्ता स्थापित करने में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही।</p>
<p>इसके बावजूद, विधान परिषद चुनाव में तात्कालिक परिस्थितियों का आकलन करने के बाद जब उन्होंने अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली, तो कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने उन पर गद्दारी का झूठा आरोप लगाकर बिना किसी कारण बताओ नोटिस के उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया।</p>
<h3>कांग्रेस के नेताओं पर लगाया काम चोरी का आरोप</h3>
<p>साहेबराव कांबले ने आगे कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस नेताओं की निष्क्रियता के कारण ही उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान कई नेताओं ने पार्टी के संसाधनों का उपयोग तो किया, लेकिन वे मतदाताओं तक पहुंचने के बजाय अपने घरों में बैठे रहे।</p>
<p>इसी तरह, कॉटन मार्केट चुनाव में भी कांग्रेस के भीतर हुई गुटबाजी और भीतरघात के कारण उनका पैनल महज तीन मतों से हार गया। उन्होंने यह दावा भी किया कि नगर परिषद का चुनाव कांग्रेस के चुनाव चिह्न पर नहीं, बल्कि दूसरे चुनाव चिह्न पर लड़ा और जीता गया था; इसलिए नगर परिषद की सत्ता का श्रेय कांग्रेस कतई नहीं ले सकती।</p>
<p>उन्होंने कहा कि अब वे शिवसेना के माध्यम से नगर परिषद और <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/umarkhed-illegal-cattle-slaughterhouse-raid-four-arrested-police-action-2026-1767895.html">उमरखेड़ क्षेत्र</a> के विकास के लिए पूरी ताकत से काम करेंगे। कांग्रेस नेताओं ने उन्हें 192 में से 183 मत दिलाने का भरोसा दिया था, लेकिन वास्तव में केवल 34 सदस्य ही उनके समर्थन में दिखे।</p>
<h3>अब शिवसेना की नीतियों को घर-घर पहुंचाएंगे</h3>
<p>उन्होंने बताया कि अब वे <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/thane/thane-housing-project-eknath-shinde-handover-home-keys-to-300-families-1829253.html">मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे</a> के नेतृत्व में शिवसेना की जनहितैषी नीतियों को जन-जन तक पहुंचाएंगे। इसके लिए विधानसभा क्षेत्र में गांव-गांव &amp;#8216;शिवसेना शाखा&amp;#8217; और &amp;#8216;घर-घर शिवसैनिक&amp;#8217; अभियान चलाया जाएगा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="महाराष्ट्र HSRP अभियान में देश में नंबर 1, 95.92 लाख वाहनों पर लगी हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/maharashtra-ranks-first-in-hsrp-installation-fifth-deadline-ends-transport-department-1832805.html"> महाराष्ट्र HSRP अभियान में देश में नंबर 1, 95.92 लाख वाहनों पर लगी हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट </a></strong></p>
<p>इस अवसर पर उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज स्मारक आंदोलन से जुड़े शिवसैनिक रमेश चव्हाण पर हुए जानलेवा हमले की कड़े शब्दों में निंदा की तथा उन्हें न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करने का आश्वासन दिया।</p>
<p>इस पत्रकार परिषद में चितांगराव कदम, प्रवीण पाटील मिरासे, एडवोकेट संजीवकुमार जाधव तथा रविकांत रुडे सहित अन्य प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल की शालाओं में लौटी रौनक, जिलाधिकारी ने जिला परीक्षद विद्यालय में  विद्यार्थियों संग मनाया  प्रवेश उतसव</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-school-praveshotsav-garments-textbooks-distribution-1832406.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 01 Jul 2026 07:11:47 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 01 Jul 2026 07:11:47 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Jila-Parishad_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[School News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1832406</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal School Re-opening: यवतमाल जिले में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत उत्साहपूर्ण माहौल में हुई। जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों का स्वागत कर गणवेश, पाठ्यपुस्तकें और प्रोत्साहन राशि वितरित की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/07/Yavatmal-Jila-Parishad_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal School Praveshotsav Garments Textbooks Distribution"     /></figure><div><strong>Yavatmal Schools Uniform And Textbooks Distribution: </strong>ग्रीष्मकालीन अवकाश (गर्मी की छुट्टियां) समाप्त होने के बाद मंगलवार से यवतमाल जिले के सभी स्कूलों में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत अत्यंत उत्साहपूर्ण माहौल में हुई। इस अवसर पर जिले भर में &amp;#8216;स्कूल प्रवेशोत्सव&amp;#8217; का आयोजन किया गया, जिसमें नवप्रवेशित विद्यार्थियों का फूल देकर आत्मीय स्वागत किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी, विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी, मुख्याध्यापक, शिक्षक तथा अभिभावकों ने भाग लेकर विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।</div>
<p>जिलाधिकारी <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-census-2027-planning-collector-vikas-meena-maharajaswa-shivir-2026-1587458.html">विकास मीना</a> ने यवतमाल के गोधनी रोड स्थित जिला परिषद माध्यमिक विद्यालय का दौरा कर नए विद्यार्थियों का पुष्प देकर स्वागत किया। उन्होंने विद्यार्थियों को स्कूल यूनिफॉर्म (गणवेश) और पाठ्यपुस्तकों का वितरण भी किया।</p>
<h3>जिलाधिकारी ने किया विद्यालय परिसर का निरीक्षण</h3>
<p>इस अवसर पर विद्यालय के वर्ष 1975 बैच के पूर्व विद्यार्थियों ने बारहवीं कक्षा के कॉमर्स, साइंस और उर्दू संकाय के तीन मेधावी विद्यार्थियों को 15-15 हजार रुपये तथा दसवीं कक्षा के मराठी और उर्दू विभाग के दो मेधावी विद्यार्थियों को 10-10 हजार रुपये की नकद प्रोत्साहन राशि प्रदान की।</p>
<p>कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यवतमाल जिलाधिकारी विकास मीना ने विद्यार्थियों को शासन की विभिन्न शैक्षणिक योजनाओं, उपलब्ध सुविधाओं तथा जिला प्रशासन द्वारा संचालित छात्रहितैषी उपक्रमों की जानकारी दी।</p>
<p>इसके बाद उन्होंने विद्यालय परिसर का निरीक्षण कर आवश्यक सुविधाओं के संबंध में संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। साथ ही विद्यालय परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।</p>
<p>इस अवसर पर शिक्षाधिकारी किशोर पागोरे, प्राथमिक उपशिक्षणाधिकारी नीता गावंडे, शिक्षण विस्तार अधिकारी मिलिंद कांबले, मुख्याध्यापक साहेबराव पवार, पूर्व विद्यार्थी अरुण सरागे, सेवानिवृत्त शिक्षक राजेंद्र जोगमोडे, शिक्षकगण तथा बड़ी संख्या में अभिभावक उपस्थित थे।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने कहा- अनुसूचित जातियों के उप वर्गीकरण पर अभी अंतिम निर्णय नहीं" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/devendra-fadnavis-on-maharashtra-sc-sub-classification-decision-1832379.html"> मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने कहा- अनुसूचित जातियों के उप वर्गीकरण पर अभी अंतिम निर्णय नहीं </a></strong></p>
<h3>चिचबर्डी में भी धूमधाम से मनाया गया प्रवेशोत्सव</h3>
<p>जिलाधिकारी के निर्देशानुसार जिले के विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अलग-अलग विद्यालयों का दौरा कर विद्यार्थियों का स्वागत किया। इसी क्रम में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-rainfall-fulsawangi-95-50-mm-kharif-update-1830536.html">यवतमाल जिले</a> के चिचबर्डी स्थित जिला परिषद उच्च प्राथमिक विद्यालय में जिला सूचना अधिकारी पवन राठौड़ की प्रमुख उपस्थिति में &amp;#8216;स्कूल प्रवेशोत्सव&amp;#8217; आयोजित किया गया।</p>
<p>इस अवसर पर विद्यार्थियों को स्कूल यूनिफॉर्म और पाठ्यपुस्तकों का सानंद वितरण किया गया। कार्यक्रम में मुख्याध्यापिका संगीता चनेकर, लिपिक विजय राठौड़, शिक्षकगण तथा अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>वर्धा में सार्वजनिक स्थल पर कचरा फेंकना पड़ा भारी, युवक पर पुलिस ने दर्ज किया मामला</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/wardha-public-place-garbage-case-police-action-1830650.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 30 Jun 2026 14:12:29 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 30 Jun 2026 14:12:29 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Wardha-Garbage-Action_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1830650</guid>

					<description><![CDATA[Wardha Garbage Action: वर्धा शहर पुलिस ने सार्वजनिक स्थल पर कचरा फेंकते पकड़े गए युवक के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इस कार्रवाई से गंदगी फैलाने वालों में हड़कंप मच गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Wardha-Garbage-Action_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Wardha Public Place Garbage Case Police Action"     /></figure><p><strong>Wardha City Cleanliness Violation: </strong>सार्वजनिक स्थानों पर कचरा फेंकने वालों के खिलाफ वर्धा शहर पुलिस ने सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है। शहर थाना परिसर की सुरक्षा दीवार के पास कचरा फेंकते हुए पकड़े गए एक युवक के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस कार्रवाई के बाद सार्वजनिक स्थलों पर कचरा फेंकने वालों में हड़कंप मच गया है।</p>
<h3>&amp;#8220;&amp;#8230;यहां कचरा न डालें&amp;#8221;</h3>
<p>जानकारी के अनुसार, शहर के प्रमुख चौक-चौराहों और सार्वजनिक स्थलों पर कई बार सड़ा-गला कचरा पड़ा दिखाई देता है। नगर प्रशासन द्वारा बार-बार लोगों से निर्धारित कचरा संग्रहण स्थलों का उपयोग करने और सार्वजनिक स्थानों पर कचरा नहीं फेंकने की अपील की जाती रही है। इसके बावजूद कुछ लोग नियमों की अनदेखी कर रहे हैं।<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/sindi-meghe-public-well-dispute-citizens-allege-well-filled-up-wardha-1809721.html"> वर्धा शहर</a> थाना परिसर की पुलिस की सुरक्षा दीवार के समीप भी अक्सर कचरा फेंका जाता है। वहां स्पष्ट रूप से सूचना पट्ट (साइन बोर्ड) लगाया गया है कि &amp;#8216;यह परिसर सीसीटीवी निगरानी में है, यहां कचरा न डालें।&amp;#8217; इसके बावजूद पुलिस गश्त (पेट्रोलिंग) के दौरान एक युवक को वहां कचरा फेंकते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया।</p>
<p>पूछताछ में युवक ने अपना नाम सूरज लक्ष्मण पचारे (23), निवासी सुकलीबाई बताया। पुलिस द्वारा कचरा फेंकने का कारण पूछने पर वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। जांच में यह भी सामने आया कि बार-बार चेतावनी दिए जाने के बावजूद संबंधित युवक उसी स्थान पर बार-बार कचरा फेंक रहा था। लोगों का मानना है कि यदि सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रही, तो स्वच्छता नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकेगा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="ऑपरेशन टाइगर पर फिर चर्चा, उद्धव पर तुमाने का हमला, बोले- अब नहीं, पहले मांगनी चाहिए थी माफी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/krupal-tumane-uddhav-thackeray-apology-operation-tiger-shiv-sena-nagpur-1830615.html"> ऑपरेशन टाइगर पर फिर चर्चा, उद्धव पर तुमाने का हमला, बोले- अब नहीं, पहले मांगनी चाहिए थी माफी </a></strong></p>
<h3>मामले को पुलिस प्रशासन ने लिया गंभीरता से</h3>
<p>पुलिस के अनुसार, सार्वजनिक स्थान पर सड़ा-गला कचरा फेंकने से दुर्गंध फैलती है और जनस्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। मामले की गंभीरता को देखते हुए शहर पुलिस ने युवक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 280 के तहत मामला दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। शहर पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की नागरिकों में व्यापक चर्चा हो रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में मानसून ने पकड़ी रफ्तार, फुलसावंगी में 95.50 मिमी बारिश; 25 सर्किलों में जोरदार बरसात</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-rainfall-fulsawangi-95-50-mm-kharif-update-1830536.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 30 Jun 2026 13:25:06 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 30 Jun 2026 13:25:06 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Rainfall_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1830536</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Weather Update: यवतमाल जिले में 29 जून तक कई सर्किलों में 65 मिमी से अधिक बारिश दर्ज हुई। फुलसावंगी में 95.50 मिमी और खड़कडोह में 107 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Rainfall_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Rainfall Fulsawangi 95 50 Mm Kharif Update"     /></figure><p><strong>Yavatmal Fulsawangi Heavy Rainfall:</strong> राज्य में 29 जून 2026 तक 65 मिमी से अधिक हुई वर्षा की रिपोर्ट के अनुसार यवतमाल जिले के विभिन्न तहसीलों के 25 राजस्व सर्किलों में भारी बारिश दर्ज की गई है। इस दौरान सबसे अधिक 95.50 मिमी वर्षा महागांव तहसील के फुलसावंगी सर्किल में रिकॉर्ड की गई। रिपोर्ट के अनुसार, यवतमाल तहसील के हिवरी और अर्जुना सर्किल में 93.50 मिमी, जबकि अकोलाबाजार में 87 मिमी बारिश हुई। उमरखेड़ और विडूल सर्किल में 88-88 मिमी, रासा में 88.25 मिमी, भालर में 86 मिमी तथा खड़कडोह (झरी-जामनी) में सर्वाधिक 107 मिमी वर्षा दर्ज की गई।</p>
<h3>राजस्व सर्किल अनुसार दर्ज वर्षा (65 मिमी से अधिक)</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="2">
<thead>
<tr>
<td><strong>राजस्व सर्किल (तहसील)</strong></td>
<td><strong>दर्ज वर्षा (मिमी में)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,1,0,0"><b data-path-to-node="2,1,0,0" data-index-in-node="0">हिवरा</b> (महागांव)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,1,1,0">77.00</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,2,0,0"><b data-path-to-node="2,2,0,0" data-index-in-node="0">कुरली</b> (घाटंजी)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,2,1,0">72.00</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,3,0,0"><b data-path-to-node="2,3,0,0" data-index-in-node="0">रूजा</b> (केलापुर)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,3,1,0">68.00</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,4,0,0"><b data-path-to-node="2,4,0,0" data-index-in-node="0">शिवानी</b> (घाटंजी)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,4,1,0">68.00</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,5,0,0"><b data-path-to-node="2,5,0,0" data-index-in-node="0">वर्धा सर्किल</b> (रालेगांव)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,5,1,0">68.00</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,6,0,0"><b data-path-to-node="2,6,0,0" data-index-in-node="0">शिरोली</b> (घाटंजी)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,6,1,0">66.50</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="2,7,0,0"><b data-path-to-node="2,7,0,0" data-index-in-node="0">घोटी</b> (घाटंजी)</span></td>
<td><span data-path-to-node="2,7,1,0">66.50</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
<h3>तहसील अनुसार कुल वर्षा और सामान्य का प्रतिशत</h3>
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="5">
<thead>
<tr>
<td><strong>तहसील का नाम</strong></td>
<td><strong>दर्ज वर्षा (मिमी में)</strong></td>
<td><strong>सामान्य वर्षा का प्रतिशत</strong></td>
<td><strong>स्थिति / टिप्पणी</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,1,0,0"><b data-path-to-node="5,1,0,0" data-index-in-node="0">झरी-जामनी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,1,1,0">169.1</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,1,2,0">165.8%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,1,3,0">सामान्य से अधिक</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,2,0,0"><b data-path-to-node="5,2,0,0" data-index-in-node="0">नेर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,2,1,0">152.9</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,2,2,0">119.2%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,2,3,0">सामान्य से अधिक</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,3,0,0"><b data-path-to-node="5,3,0,0" data-index-in-node="0">दारव्हा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,3,1,0">157.7</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,3,2,0">106.3%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,3,3,0">सामान्य से अधिक (दैनिक: 39.2 मिमी)</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,4,0,0"><b data-path-to-node="5,4,0,0" data-index-in-node="0">दिग्रस</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,4,1,0">171.2</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,4,2,0">101.1%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,4,3,0">सामान्य से अधिक (दैनिक: 35.6 मिमी)</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,5,0,0"><b data-path-to-node="5,5,0,0" data-index-in-node="0">मारेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,5,1,0">131.4</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,5,2,0">100.2%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,5,3,0">सामान्य से अधिक</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,6,0,0"><b data-path-to-node="5,6,0,0" data-index-in-node="0">महागांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,6,1,0">56.4</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,6,2,0">—</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,6,3,0">दैनिक सर्वाधिक तहसील वर्षा</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,7,0,0"><b data-path-to-node="5,7,0,0" data-index-in-node="0">घाटंजी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,7,1,0">42.0</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,7,2,0">58.7%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,7,3,0">अभी भी सामान्य से कम</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,8,0,0"><b data-path-to-node="5,8,0,0" data-index-in-node="0">पुसद</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,8,1,0">37.7</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,8,2,0">—</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,8,3,0">दैनिक वर्षा दर्ज</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,9,0,0"><b data-path-to-node="5,9,0,0" data-index-in-node="0">बाभुलगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,9,1,0">—</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,9,2,0">65.0%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,9,3,0">अभी भी सामान्य से कम</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="5,10,0,0"><b data-path-to-node="5,10,0,0" data-index-in-node="0">केलापुर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="5,10,1,0">—</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,10,2,0">55.0%</span></td>
<td><span data-path-to-node="5,10,3,0">अभी भी सामान्य से कम</span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
<h3>दारव्हा, दिग्रस, मारेगांव, झरी-जामनी में अधिक वर्षा</h3>
<p>यवतमाल जिले में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। 29 जून 2026 तक जिले में औसतन 24.6 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे जून माह की कुल संचयी वर्षा 130.7 मिमी तक पहुंच गई। यह जिले की सामान्य वर्षा का 82.5 प्रतिशत है। पिछले वर्ष इसी अवधि में जिले में 165.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई थी। जिले के विभिन्न क्षेत्रों में इस वर्ष कम या बहुत ज्यादा वर्षा होने का मिला-जुला दृश्य सामने आ रहा है।</p>
<h3>अल नीनो के बीच पानी बचाना सबसे बड़ी जरूरत</h3>
<p>महाराष्ट्र के मृदा एवं जल संरक्षण मंत्री संजय राठौड़ ने कहा है कि वर्ष 2026 के मानसून पर अल नीनो का प्रभाव स्पष्ट दिखाई दे रहा है और यदि समय रहते जल संरक्षण के व्यापक उपाय नहीं किए गए, तो राज्य को आने वाले समय में गंभीर जल संकट का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि पानी बचा तो ही महाराष्ट्र बचेगा और प्रत्येक नागरिक को जल संरक्षण का संकल्प लेना होगा। संरक्षण मंत्री संजय राठौड़ ने बताया कि भारतीय मौसम विभाग के अनुसार 24 जून तक देश में सामान्य से 14 प्रतिशत तथा महाराष्ट्र में 13 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई है। जून का महीना समाप्त होने को है, लेकिन राज्य के कई क्षेत्रों में अभी तक बुवाई योग्य पर्याप्त बारिश नहीं हुई है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि <a href="https://navbharatlive.com/world/global-el-nino-forecast-pacific-ocean-wave-weather-news-india-1761780.html">प्रशांत महासागर</a> में समुद्र के तापमान में सामान्य से लगभग तीन डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हुई है, जिसे वैज्ञानिक &amp;#8216;सुपर अल नीनो&amp;#8217; मान रहे हैं। ऐसे वर्षों में भारत में मानसून देर से आता है और वर्षा असमान रहती है। विशेष रूप से मराठवाड़ा, पश्चिम महाराष्ट्र के वर्षाछाया वाले क्षेत्रों तथा उत्तर महाराष्ट्र के कुछ जिलों में सामान्य से कम वर्षा होने की आशंका रहती है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर मनपा बजट पर हंगामा, आखिर बढ़ा नगरसेवकों का वार्ड फंड; सदन ने दी मंजूरी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/municipal-corporation-budget-2026-ward-fund-increase-nagpur-1830074.html"> नागपुर मनपा बजट पर हंगामा, आखिर बढ़ा नगरसेवकों का वार्ड फंड; सदन ने दी मंजूरी </a></strong></p>
<p>मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर अप्रैल माह से ही कृषि, जल संसाधन, मृदा एवं जल संरक्षण तथा आपदा प्रबंधन विभागों को संभावित जल संकट से निपटने के लिए कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन जुलाई से सितंबर तक मानसून की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है। मंत्री राठौड़ ने कहा कि 1 जुलाई को कृषि दिवस और पूर्व मुख्यमंत्री वसंतराव नाईक की जयंती के अवसर पर सभी को जल संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि वसंतराव नाईक के आदर्शों पर चलते हुए मृदा एवं जल संरक्षण विभाग 24 घंटे कार्य कर रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में शाहू महाराज जयंती पर मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान, नशामुक्ति रैली भी निकाली गई</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/shahu-maharaj-social-justice-day-awards-yavatmal-1830460.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 30 Jun 2026 13:08:48 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 30 Jun 2026 13:08:48 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Social-Justice-Day_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1830460</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Social Justice Day: यवतमाल में सामाजिक न्याय दिवस समारोह में पालकमंत्री संजय राठौड़ ने शाहू महाराज के जीवन से प्रेरणा लेने की अपील की। मेधावी विद्यार्थियों को पुरस्कार भी दिए गए।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Social-Justice-Day_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Shahu Maharaj Social Justice Day Awards Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Shahu Maharaj Social Justice Day: </strong>राजर्षि छत्रपति शाहू महाराज की समाजसेवा आज भी प्रेरणादायी है। उनके जीवन चरित्र का अध्ययन आज की युवा पीढ़ी को अवश्य करना चाहिए। जो राजर्षि छत्रपति शाहू महाराज को समझ लेगा, वह निश्चित रूप से महाराष्ट्र को भी समझ सकेगा। यह प्रतिपादन जिले के पालकमंत्री संजय राठौड़ ने किया। वे राजर्षि शाहू महाराज की जयंती के अवसर पर सामाजिक न्याय एवं विशेष सहायता विभाग द्वारा जिला परिषद के वसंतराव नाईक सभागार में आयोजित सामाजिक न्याय दिवस समारोह तथा नशामुक्ति सप्ताह के समापन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे।</p>
<p>इस अवसर पर उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी संतोष धोत्रे, युवराज मेहेत्रे, जालिंदर आभाळे, समाज कल्याण सहायक आयुक्त मंगला मुन, शिक्षा अधिकारी किशोर पागोरे, पूर्व जिला परिषद सदस्य यशवंत पवार, श्रीधर मोहोड, हरिहर लिंगमवार सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।</p>
<h3>संजय राठौड़ ने  राजर्षि शाहू महाराज को श्रद्धांजलि</h3>
<p>पालकमंत्री <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sanjay-rathod-replies-uddhav-thackeray-operation-todwa-yavatmal-1826208.html">संजय राठौड़</a> ने राजर्षि शाहू महाराज को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि वे सच्चे अर्थों में प्रजा के राजा थे। उन्होंने सदैव जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए शासन चलाया। वे सामाजिक न्याय और आरक्षण व्यवस्था के वास्तविक जनक थे। उन्होंने पिछड़े वर्गों को शासकीय सेवाओं में आरक्षण देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया, शिक्षा का व्यापक प्रसार किया तथा बहुजन समाज को सशक्त बनाया। इसके साथ ही अस्पृश्यता उन्मूलन, महिलाओं के सम्मान, किसानों और कमजोर वर्गों के आर्थिक उत्थान के लिए अनेक कल्याणकारी योजनाएं लागू कीं। उन्होंने डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर को भी हर समय सहयोग प्रदान किया।</p>
<p>इस अवसर पर उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी संतोष धोत्रे ने राजर्षि शाहू महाराज के जीवन एवं कार्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम का प्रास्ताविक समाज कल्याण सहायक आयुक्त मंगला मुन ने किया तथा आभार प्रदर्शन योगेश मेहेत्रे ने किया।</p>
<h3>मेधावी विद्यार्थियों को गुणवत्ता पुरस्कार प्रदान</h3>
<p>पालकमंत्री के हाथों मेधावी विद्यार्थियों को राजर्षि शाहू महाराज गुणवत्ता पुरस्कार प्रदान किए गए। समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत संचालित विद्यालयों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अनुसूचित जनजाति वर्ग के मेधावी विद्यार्थियों को यह पुरस्कार दिए गए। साथ ही स्वाधार योजना के लाभार्थियों तथा विवाद निवारण के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले व्यक्तियों का पालकमंत्री संजय राठौड़ के हाथों प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिह्न देकर सम्मान किया गया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ेंः- <a class="title" title="कहाँ से आए तुम…नागपुर में बादलों की मेहरबानी, शाम की बारिश से उमस भरी गर्मी से मिली राहत" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/weather-light-rain-relief-forecast-july-2-nagpur-temperature-1830041.html"> कहाँ से आए तुम…नागपुर में बादलों की मेहरबानी, शाम की बारिश से उमस भरी गर्मी से मिली राहत </a></strong></p>
<p>कार्यक्रम में सामाजिक न्याय दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इससे पूर्व, अंतरराष्ट्रीय नशामुक्ति एवं अवैध मादक पदार्थ तस्करी विरोधी दिवस के अवसर पर समाज कल्याण विभाग तथा &amp;#8216;मेरा युवा भारत&amp;#8217; कार्यालय द्वारा शहर में एक जनजागरूकता बाइक रैली भी निकाली गई थी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल जिले में पल्स पोलियो अभियान सफल; 2 लाख बच्चो को पिलाइ गई दवा,  90.24% बच्चों को पहली खुराक</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/pulse-polio-campaign-2026-vaccination-drive-yavatmal-district-1830386.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 30 Jun 2026 11:45:52 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 30 Jun 2026 11:45:52 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Polio-Abhiyan_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1830386</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Pulse Polio: यवतमाल जिले में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान का जिला स्तरीय शुभारंभ उत्साह के साथ हुआ। 2.07 लाख से अधिक बच्चों को दवा पिलाई गई और शेष के लिए घर-घर अभियान चलेगा।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Polio-Abhiyan_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Pulse Polio Campaign 2026 Vaccination Drive Yavatmal District"     /></figure><p><strong>Yavatmal National Pulse Polio Vaccination: </strong>राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान का जिला स्तरीय उद्घाटन उपकेंद्र लासिना, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सावरगड में उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ। अभियान को सफल बनाने में स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों, नर्सों, डॉक्टरों समेत प्रशासन ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी। अभियान का उद्घाटन यवतमाल स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सुभाष ढोले तथा जिला शल्य चिकित्सक डॉ. सुखदेव राठोड के हाथों किया गया।</p>
<p>इस अवसर पर उपस्थित मान्यवरों ने पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों को पोलियो रोधी दवा की दो बूंदें पिलाकर अभियान का शुभारंभ किया। साथ ही सभी पात्र बच्चों तक पोलियो रोधी टीका पहुंचाकर पोलियो मुक्त समाज बनाने के लिए अभिभावकों से सहयोग करने का आह्वान जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सुभाष ढोले व जिला शल्य चिकित्सक डॉ. सुखदेव राठोड ने किया।</p>
<p>इस अवसर पर माता-बाल संगोपन अधिकारी डॉ. प्रशांत घोडाम, अतिरिक्त जिला स्वास्थ्य अधिकारी व चिकित्सा अधिकारी डॉ. मंगल पवार, जिला महामारी अधिकारी डॉ. स्मिता पेटकर, जिला कार्यक्रम प्रबंधक डॉ. प्रीति दुधे, जिला सार्वजनिक स्वास्थ्य परिचारिका चंचला मुंदाणे, सुचिता ठाकरे, जिला विस्तार व माध्यम अधिकारी कैलास जवंजाल, विस्तार अधिकारी प्रशांत पाटील, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. कोपरकर, टीकाकरण क्षेत्र निरीक्षक सुनीता लाकडे, तालुका स्वास्थ्य सहायक अनंत सावले, स्वास्थ्य सहायक अजय जोगदंड, गौरव सोनोने, सचिन तोडे, स्वास्थ्य सेविका दोडेवार तथा आशा स्वयंसेविकाएं, लाभार्थी व नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।</p>
<h3>सहयोग करने का आह्वान</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-monsoon-rain-deficit-lightning-strikes-three-dead-2026-1817771.html">यवतमाल जिले</a> के सभी पात्र बच्चों तक टीकाकरण सेवा पहुंचाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक योजना तैयार की है और नागरिकों से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी कर अपनी जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया गया। जिले में 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के अपेक्षित लाभार्थियों की संख्या 2,29,832 है। रविवार को अभियान में कुल 2 लाख 7 हजार 391 लाभार्थियों को पोलियो रोधी दवा की खुराक दी गई। यह संख्या कुल अपेक्षित लाभार्थियों का 90.24 प्रतिशत है।</p>
<h3>113 मोबाइल टीमें कार्यरत</h3>
<p>संपूर्ण जिले में इस अभियान को प्रभावी रूप से लागू करने के लिए 2,714 टीकाकरण बूथ, 165 ट्रांजिट टीमें और 113 मोबाइल टीमें कार्यरत की गई थीं। साथ ही अभियान की प्रभावी निगरानी के लिए 577 पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए थे। इस अभियान में शेष बचे बच्चों को ग्रामीण क्षेत्रों में 3 दिन तथा शहरी क्षेत्रों में 5 दिन तक आशा स्वयंसेविकाओं व कर्मचारियों द्वारा घर-घर जाकर पोलियो की दवा पिलाई जाएगी।</p>
<h3>महागांव में 16,000 से अधिक बच्चों को खुराक</h3>
<p>महागांव: तहसील में रविवार को राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। तहसील के महागांव शहर, काली (दौ.), फुलसांगवी और पोहंडूल के 4 केंद्रों तथा आंगनवाड़ी केंद्रों पर 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के 16 हजार 155 बच्चों को पोलियो रोधी दवा की दो बूंदें पिलाई गईं। यह अभियान तहसील स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले के मार्गदर्शन में सफलतापूर्वक चलाया गया।</p>
<div id="attachment_1830429" style="width: 774px" class="wp-caption aligncenter"><img loading="lazy" decoding="async" aria-describedby="caption-attachment-1830429" class="size-large wp-image-1830429" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahagao-Polio--764x430_V_jpg--1280x720-4g.webp" alt="16155 Children Vaccinated In Mahagao" width="764" height="430" srcset="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahagao-Polio--764x430_V_jpg 764w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahagao-Polio--425x240_V_jpg 425w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahagao-Polio--150x84_V_jpg 150w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahagao-Polio--768x432_V_jpg 768w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahagao-Polio-_V_jpg 1280w" sizes="auto, (max-width: 764px) 100vw, 764px" /></p>
<p id="caption-attachment-1830429" class="wp-caption-text">महागांव में बच्चो को पोलियो की खुराक देते हुए डॉक्टर (सोर्स- फोटो नवभारत)</p>
</div>
<p>चिकित्सा अधिकारियों, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों, स्वास्थ्य सहायकों, स्वास्थ्य सेविकाओं, स्वास्थ्य कर्मियों, आशा कार्यकर्ताओं और आशा समूह प्रवर्तकों ने समन्वय के साथ कार्य करते हुए अभियान को सफल बनाया।</p>
<p>टीकाकरण केंद्रों पर अभिभावकों ने भी उत्साहपूर्वक अपने बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने के लिए उपस्थिति दर्ज कराई। टीकाकरण के बाद जो बच्चे छूट गए थे, उनके घर-घर जाकर स्वास्थ्य कर्मियों ने उन्हें भी पोलियो की खुराक पिलाई। इससे पूरे तहसील में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान को बड़ी सफलता मिली।</p>
<p>इस अवसर पर तहसील स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले ने कहा कि &amp;#8216;भारत पोलियो मुक्त&amp;#8217; है, लेकिन इस उपलब्धि को बनाए रखने के लिए प्रत्येक बच्चे को पोलियो रोधी वैक्सीन की दो बूंदें पिलाना अत्यंत आवश्यक है। स्वास्थ्य विभाग के सभी कर्मचारियों और आशा कार्यकर्ताओं के अथक प्रयासों से यह अभियान सफल हुआ। अभियान में सहयोग देने वाले सभी स्वास्थ्य कर्मचारियों, आशा स्वयंसेविकाओं, आंगनवाड़ी सेविकाओं तथा अभिभावकों का स्वास्थ्य विभाग ने आभार व्यक्त किया।</p>
<h3>झरी जामणी में 85.70 प्रतिशत बच्चों को खुराक</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-monsoon-66-percent-rainfall-irrigation-water-level-increase-1825340.html">झरी जामणी तहसील</a> में राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान के तहत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मुकुटबन ने पहले ही दिन उल्लेखनीय सफलता हासिल करते हुए 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के 1,837 पंजीकृत बच्चों में से 1,574 बच्चों को पोलियो रोधी खुराक पिलाई। इसके साथ ही पहले दिन 85.70 प्रतिशत लक्ष्य पूरा कर लिया गया। शेष बचे बच्चों को अगले तीन दिनों तक घर-घर जाकर पोलियो की दवा पिलाई जाएगी।</p>
<div id="attachment_1830435" style="width: 774px" class="wp-caption aligncenter"><img loading="lazy" decoding="async" aria-describedby="caption-attachment-1830435" class="size-large wp-image-1830435" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zari-Jamani-764x430_V_jpg--1280x720-4g.webp" alt="Mukutban Pulse Polio Campaign" width="764" height="430" srcset="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zari-Jamani-764x430_V_jpg 764w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zari-Jamani-425x240_V_jpg 425w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zari-Jamani-150x84_V_jpg 150w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zari-Jamani-768x432_V_jpg 768w, https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Zari-Jamani_V_jpg 1280w" sizes="auto, (max-width: 764px) 100vw, 764px" /></p>
<p id="caption-attachment-1830435" class="wp-caption-text">झरी जामणी में बच्चो को पोलियो की खुराक देते हुए डॉक्टर (सोर्स- फोटो नवभारत)</p>
</div>
<p>स्वास्थ्य विभाग ने &amp;#8220;पोलियो की एक भी बूंद किसी भी बच्चे से न छूटे&amp;#8221; के उद्देश्य के साथ व्यापक तैयारियां की थीं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के अंतर्गत आने वाले नौ उपकेंद्रों के सभी गांवों में पोलियो बूथ स्थापित किए गए थे। आंगनवाड़ी सेविकाओं, आशा कार्यकर्ताओं और स्वास्थ्य कर्मियों ने पूर्व तैयारी कर अभिभावकों को अभियान की जानकारी दी थी।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर SBL ब्लास्ट: सरेंडर की मियाद खत्म होने के बाद भी फरार हैं संचालक; गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने कसी कमर" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/sbl-blast-industrial-accident-case-supreme-court-surrender-accused-nagpur-1830264.html"> <span class="color-red">नागपुर SBL ब्लास्ट</span>: सरेंडर की मियाद खत्म होने के बाद भी फरार हैं संचालक; गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने कसी कमर </a></strong></p>
<p>अभियान के सफल संचालन के लिए 14 कर्मचारी, 2 स्वास्थ्य अधिकारी, 12 पर्यवेक्षक तथा 82 आशा एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं सहित कुल 110 कर्मियों की तैनाती की गई थी। इसके साथ ही 40 पोलियो बूथ, दो मोबाइल टीमें और एक ट्रांजिट टीम भी सक्रिय रही। मुकुटबन बस स्टैंड सहित विभिन्न स्थानों पर सुबह 8 बजे से सूर्यास्त तक बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई गई।</p>
<p>प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मुकुटबन के चिकित्सा अधिकारी डॉ. जीवन कुलमेथे ने विभिन्न बूथों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। तालुका स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मोहन गेडाम के मार्गदर्शन में डॉ. जीवन कुलमेथे, डॉ. शुमायला मिर्जा, सागर देवतड़े एवं भावना सिस्टर ने समन्वय के साथ काम किया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के स्कूलों में आज होगा प्रवेशोत्सव, 78 अधिकारी करेंगे निरिक्षण</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/shala-praveshotsav-78-officers-school-inspection-yavatmal-1830037.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 30 Jun 2026 06:55:41 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 30 Jun 2026 06:55:41 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/School-Students_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1830037</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal School Inspection: यवतमाल जिले में शाला प्रवेशोत्सव 2026 के तहत 78 अधिकारी शालाओं का दौरा करेंगे। वे नए विद्यार्थियों का स्वागत करने के साथ सुविधाओं और गुणवत्ता की जांच भी करेंगे।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/School-Students_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Shala Praveshotsav 78 Officers School Inspection Yavatmal"     /></figure><p><strong>Student Welcome Program In Yavatmal: </strong>राज्य शासन के &amp;#8216;शाला प्रवेशोत्सव-2026&amp;#8217; उपक्रम के अंतर्गत यवतमाल जिले के विभिन्न स्कूलों का निरीक्षण व दौरा करने के लिए वर्ग-1 और वर्ग-2 के 78 अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। ये सभी अधिकारी मंगलवार, 30 जून को निर्धारित शालाओं में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहेंगे। वे यहां नए प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों का आत्मीय स्वागत करेंगे और साथ ही स्कूलों में उपलब्ध विभिन्न मूलभूत सुविधाओं की गहन जांच करेंगे। जिलाधिकारी विकास मीना ने इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी किए हैं। राज्य के शालेय शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार यह उपक्रम पूरे जिले में लागू किया जा रहा है।</p>
<h3>स्कूलों की मूलभूत सुविधाओं पर नजर</h3>
<p>नए शैक्षणिक वर्ष की शुरुआत में विद्यार्थियों के लिए स्कूलों में एक आनंददायी और उत्साहपूर्ण वातावरण का निर्माण करना, छात्रों की उपस्थिति बढ़ाना और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को बढ़ावा देना इस उपक्रम का मुख्य उद्देश्य है। नियुक्त किए गए अधिकारी शालाओं में उपलब्ध भौतिक सुविधाएं, खेल सामग्री, पेयजल (पीने के पानी की) व्यवस्था, शौचालय, पाठ्यपुस्तकों की उपलब्धता, शालेय पोषण आहार (मिड-डे मील) और बच्चों में स्वच्छता की आदतों जैसी महत्वपूर्ण बातों की जांच करेंगे।</p>
<p>निरीक्षण के दौरान यदि स्कूलों में जर्जर इमारतें, उपयोग में न होने के कारण बंद पड़े या पानी की कमी वाले शौचालय जैसी गंभीर मूलभूत समस्याएं पाई जाती हैं, तो संबंधित विभागों को तुरंत आवश्यक कार्रवाई करने और व्यवस्था दुरुस्त करने के कड़े निर्देश दिए जाएंगे। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-monsoon-66-percent-rainfall-irrigation-water-level-increase-1825340.html">यवतमाल जिले</a> के जिलाधिकारी ने सभी नियुक्त अधिकारियों को 30 जून की सुबह 11 बजे निर्धारित शाला में उपस्थित होकर विद्यार्थियों, शिक्षकों, मुख्याध्यापकों और ग्रामवासियों के समन्वय से शाला प्रवेशोत्सव को उत्साहपूर्वक मनाने का आह्वान किया है।</p>
<h3>जनजातीय आश्रमशालाओं में भी मनेगा प्रवेशोत्सव</h3>
<p>आदिवासी विकास विभाग के अंतर्गत एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना, पुसद के कार्यक्षेत्र की 8 शासकीय तथा 12 अनुदानित आश्रमशालाओं में भी मंगलवार, 30 जून को &amp;#8216;स्कूल प्रवेशोत्सव&amp;#8217; बेहद उत्साहपूर्वक मनाया जाएगा। नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के अवसर पर विद्यार्थियों का स्वागत उत्सवी माहौल में किया जाएगा तथा विभिन्न शैक्षणिक, प्रेरणादायी और नवाचार (इनोवेशन) आधारित गतिविधियों का आयोजन होगा।</p>
<p><strong>यह भी पढे़ं:- <a class="title" title="छत्रपति संभाजीनगर में TET पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच की मांग, AIMIM का जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/aurangabad/tet-paper-leak-protest-aimim-demand-fair-probe-chhatrapati-sambhajinagar-maharashtra-1829916.html"> छत्रपति संभाजीनगर में TET पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच की मांग, AIMIM का जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन </a></strong></p>
<p>प्रवेशोत्सव के इस पावन अवसर पर नवप्रवेशित विद्यार्थियों का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया जाएगा, साथ ही गांवों में प्रभात फेरी निकालकर शिक्षा के प्रति जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके अलावा, छात्रों का उत्साह बढ़ाने के लिए सत्र के पहले ही दिन उन्हें पाठ्यपुस्तकें, स्कूल बैग, पेन, पेंसिल, अन्य आवश्यक शैक्षणिक सामग्री तथा नए स्कूल गणवेश (यूनिफॉर्म) का निःशुल्क वितरण किया जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: दहेज प्रताड़ना के आरोप में पति सहित ससुराल पक्ष के 5 लोगों पर मामला दर्ज</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-dowry-harassment-married-woman-suicide-case-1829584.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 29 Jun 2026 22:25:17 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 29 Jun 2026 22:25:17 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Woman-Suicide_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[क्राइम]]></category>
		<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Attemp Suicide]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
		<category><![CDATA[Dowry harassment]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1829584</guid>

					<description><![CDATA[Mahagaon Dowry Harassment: महागांव तहसील के आनंदनगर में 25 वर्षीय विवाहिता ने कथित दहेज प्रताड़ना से परेशान होकर कुएं में कूदकर आत्महत्या कर ली। ]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Woman-Suicide_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mahagaon Dowry Harassment Married Woman Suicide Case"     /></figure><p><strong>Mahagaon Woman Suicide:</strong> महागांव तहसील के ग्राम हिवरा संगम क्षेत्र स्थित आनंदनगर में दहेज प्रताड़ना से तंग आकर 25 वर्षीय विवाहिता द्वारा कुएं में कूदकर आत्महत्या किए जाने की दर्दनाक घटना सामने आई है। इस मामले में मृतका के पिता की शिकायत पर पति सहित ससुराल पक्ष के पांच लोगों के खिलाफ महागांव पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, मृतका का विवाह लगभग पांच वर्ष पूर्व आनंदनगर निवासी शिवा श्यामराव जाधव के साथ हुआ था।</p>
<p>विवाह के समय नकद राशि, सोनाचांदी तथा घरेलू उपयोग का सामान दिया गया था। इसके बावजूद विवाह के बाद कम दहेज मिलने का आरोप लगाते हुए पति और ससुराल पक्ष के लोग बारबार नकदी और सोने की मांग करते थे तथा मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करते थे। शिकायत के अनुसार, मृतका के दो छोटे बच्चे हैं, जिनमें तीन वर्ष की एक बेटी और डेढ़ वर्ष का एक बेटा शामिल है।</p>
<h3>दो मासूम बच्चों की मां ने की आत्महत्या</h3>
<p>आरोप है कि ससुराल पक्ष के लोग उसके साथ<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/cp-ravindrakumar-singal-farewell-operation-thunder-nagpur-crime-data-1822476.html"> लगातार मारपीट</a> </strong>करते थे, गालीगलौज करते थे तथा मायके से पैसे लाने का दबाव बनाते थे। परिवार के लोगों द्वारा कई बार समझाने का प्रयास किए जाने के बावजूद प्रताड़ना का सिलसिला नहीं रुका। बताया गया है कि घटना से एक दिन पहले शाम को मृतका ने पड़ोसी के मोबाइल फोन से अपने पिता से संपर्क कर ससुराल में हो रही प्रताड़ना की जानकारी दी थी।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="मैंने कोई नियम नहीं तोड़ा… नागपुर CP का पदभार संभालते ही RSS विवाद पर क्या बोले विश्वास नांगरे पाटिल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/vishwas-nangare-patil-nagpur-police-commissioner-statement-on-rss-controversy-1829288.html"> मैंने कोई नियम नहीं तोड़ा… नागपुर CP का पदभार संभालते ही RSS विवाद पर क्या बोले विश्वास नांगरे पाटिल? </a></strong></p>
<h3>दहेज प्रताड़ना के आरोप में परिवार पर केस</h3>
<p>अगले दिन सुबह उसके आत्महत्या कर लेने की सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे, जहां उसका शव कुएं में मिला। मृतका के पिता सुरेश जेताराठौड़ की शिकायत पर <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-police-crackdown-on-illegal-liquor-shops-women-protest-2026-1785394.html">महागांव पुलिस</a> </strong>ने पति शिवा श्यामराव जाधव, विलास श्यामराव जाधव, श्यामराव जाधव, रेणुका श्यामराव जाधव तथा जेठानी शीतल विलास जाधव के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने, दहेज प्रताड़ना तथा अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>महागांव में मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना पर उठे सवाल, स्वीकृत पुल के बजाय रपटे की मरम्मत का आरोप</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/hivardari-phata-missing-rural-bridge-cmgsy-mahagaon-investigation-1828777.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 29 Jun 2026 16:36:15 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 29 Jun 2026 16:36:15 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Hivardari-Phata-Rural-Bridge_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1828777</guid>

					<description><![CDATA[Rural Bridge Project: महागांव के हिवरदरी फाटा मार्ग पर वर्षों पहले स्वीकृत पुल का निर्माण नहीं होने का आरोप है। ग्रामीणों ने मामले की उच्चस्तरीय जांच और शिप नदी पर स्थायी पुल बनाने की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Hivardari-Phata-Rural-Bridge_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Hivardari Phata Missing Rural Bridge Cmgsy Mahagaon Investigation"     /></figure><p data-start="313" data-end="741"><strong>Hivardari Phata Rural Bridge Construction Controversy</strong>: यवतमाल के महागांव तहसील के हिवरदरी फाटा से ग्राम हिवरदरी को जोड़ने वाली सड़क पर मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत लगभग 10 से 12 वर्ष पहले शिप नदी पर पुल निर्माण को स्वीकृति मिली थी। लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि निर्धारित स्थान पर आज तक पुल का निर्माण नहीं किया गया। इसके बजाय पहले से मौजूद रपटे की मरम्मत कर कार्य पूरा होने का दावा कर दिया गया। इसको लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है और वे पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग कर रहे हैं।</p>
<h3 data-section-id="1d8mwph" data-start="748" data-end="792"><span role="text"><strong data-start="752" data-end="792">स्वीकृत योजना में</strong> पुल<strong data-start="752" data-end="792"> का था प्रावधान</strong></span></h3>
<p data-start="793" data-end="1161">ग्रामीण प्रल्हाद बुचडे के अनुसार, मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत हिवरदरी फाटा से हिवरदरी तक करीब 1.50 किलोमीटर सड़क का डामरीकरण किया गया था। स्वीकृत अनुमान पत्र में शिप नदी पर पुल निर्माण का स्पष्ट प्रावधान था, लेकिन सड़क का काम पूरा होने के बावजूद पुल नहीं बनाया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि केवल पुराने रपटे की मामूली मरम्मत कर निर्माण कार्य पूरा दिखा दिया गया।</p>
<p data-start="1237" data-end="1750">शिप नदी क्षेत्र की प्रमुख नदियों में शामिल है। बरसात के दौरान नदी में तेज बहाव और बाढ़ आने से रपटा पूरी तरह जलमग्न हो जाता है। ऐसे में ग्रामीणों को आवश्यक कार्यों के लिए जान जोखिम में डालकर नदी पार करनी पड़ती है। इस मार्ग से बड़ी संख्या में विद्यार्थी, किसान, महिलाएं और अन्य ग्रामीण आवागमन करते हैं। बारिश के समय विद्यार्थियों को स्कूल और कॉलेज जाने के लिए घंटों पानी उतरने का इंतजार करना पड़ता है, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित होती है। वहीं मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भी गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।</p>
<h3 data-section-id="1dzxkwy" data-start="1757" data-end="1808"><span role="text"><strong data-start="1761" data-end="1808">स्वीकृत पुल नहीं</strong> बना<strong data-start="1761" data-end="1808"> तो राशि कहां खर्च हुई?</strong></span></h3>
<p data-start="1809" data-end="2184">ग्रामीणों का कहना है कि यदि अनुमान पत्र में पुल स्वीकृत था तो उसका निर्माण क्यों नहीं किया गया। उन्होंने मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के वरिष्ठ अधिकारियों से निर्माण कार्य से जुड़े दस्तावेज, स्वीकृत निधि, खर्च का पूरा विवरण और मौके पर हुए वास्तविक कार्यों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। साथ ही यह सवाल भी उठाया है कि पुल निर्माण के लिए स्वीकृत राशि आखिर खर्च कहां हुई।</p>
<p data-start="1809" data-end="2184"><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sanjay-rathod-replies-uddhav-thackeray-operation-todwa-yavatmal-1826208.html">‘जो गरजते हैं, वो बरसते नहीं’, उद्धव ठाकरे के दौरे पर यवतमाल के पालकमंत्री संजय राठौड़ का पलटवार</a></strong></p>
<h3 data-section-id="1iz4pof" data-start="2191" data-end="2259"><span role="text"><strong data-start="2195" data-end="2259">प्रशासन से स्थायी पुल</strong> निर्माण<strong data-start="2195" data-end="2259"> और दोषियों पर कार्रवाई की मांग</strong></span></h3>
<p data-start="2260" data-end="2582">ग्रामीण प्रल्हाद बुचडे ने प्रशासन से <a href="https://navbharatlive.com/madhya-pradesh/ujjain/shipra-river-mahidpur-mama-bhanja-drowned-while-saving-life-1794846.html">शिप नदी</a> पर स्थायी और गुणवत्तापूर्ण पुल का निर्माण कर वर्षों पुरानी समस्या का समाधान करने की मांग की है। उनका कहना है कि बरसात शुरू होते ही यह समस्या और गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों ने पूरे मामले की गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने तथा जल्द पुल निर्माण शुरू करने की मांग की है।</p>
<h3 data-section-id="o1rxmr" data-start="2589" data-end="2641"><span role="text"><strong data-start="2593" data-end="2641">ग्रामीणों को हर</strong> साल<strong data-start="2593" data-end="2641"> उठानी पड़ती है परेशानी</strong></span></h3>
<p data-start="2642" data-end="2991" data-is-last-node="" data-is-only-node="">प्रल्हाद बुचडे ने कहा कि <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-chamorshi-talodhi-pavimuranda-road-condition-repair-demand-1827327.html">मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना</a> के अनुमान पत्र में शिप नदी पर पुल स्वीकृत होने की जानकारी दी गई थी, लेकिन आज तक उसका निर्माण नहीं हुआ। इसके कारण हर वर्ष बरसात के दौरान ग्रामीणों और विद्यार्थियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग दोहराई।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>दारव्हा में बिजली संकट गहराया, महावितरण की अव्यवस्थित कार्यप्रणाली से उपभोक्ताओं में भारी नाराजगी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/darwha-frequent-power-cuts-msedcl-electricity-supply-smart-meter-concerns-1828705.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 29 Jun 2026 16:07:48 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 29 Jun 2026 16:07:48 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Frequent-Power-Cuts-In-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1828705</guid>

					<description><![CDATA[Electricity Supply: दारव्हा में लगातार हो रही बिजली कटौती से नागरिक परेशान हैं। बढ़ते बिजली बिल, अतिरिक्त शुल्क और स्मार्ट मीटर को लेकर उपभोक्ताओं ने महावितरण की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Frequent-Power-Cuts-In-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Darwha Frequent Power Cuts Msedcl Electricity Supply Smart Meter Concerns"     /></figure><p data-start="425" data-end="795"><strong>Frequent Power Cuts In Yavatmal&amp;#8217;s Darwha City</strong>: यवतमाल के दारव्हा शहर में महावितरण की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। राज्य स्तर पर आधिकारिक रूप से लोड शेडिंग (बिजली कटौती) नहीं होने का दावा किया जा रहा है, लेकिन इसके बावजूद दारव्हा शहर के नागरिकों को प्रतिदिन बिजली बाधित होने की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। बिना किसी पूर्व सूचना के बार-बार बिजली आपूर्ति बंद किए जाने से आम जनता में भारी नाराजगी देखी जा रही है।</p>
<h3 data-section-id="1r8plyr" data-start="802" data-end="859"><span role="text"><strong data-start="806" data-end="859">मरम्मत और</strong> तकनीकी<strong data-start="806" data-end="859"> खराबी के नाम पर घंटों आपूर्ति ठप</strong></span></h3>
<p data-start="860" data-end="1232">स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि महावितरण द्वारा कभी मरम्मत कार्य, कभी तकनीकी खराबी और कभी रखरखाव के नाम पर शहर के कई क्षेत्रों में घंटों तक बिजली आपूर्ति बंद रखी जाती है। इस अनियमित और अव्यवस्थित बिजली आपूर्ति का सीधा असर विद्यार्थियों, व्यापारियों, किसानों, लघु उद्योगों तथा आम नागरिकों के दैनिक जीवन पर पड़ रहा है। कई लोगों को इसके कारण आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है।</p>
<h3 data-section-id="8kv7vm" data-start="1239" data-end="1288"><span role="text"><strong data-start="1243" data-end="1288">बिजली बिल में बढ़ते</strong> अधिभार<strong data-start="1243" data-end="1288"> पर उठ रहे सवाल</strong></span></h3>
<p data-start="1289" data-end="1656">उपभोक्ताओं का कहना है कि वास्तविक बिजली खपत अपेक्षाकृत कम होने के बावजूद बिजली बिल में विभिन्न प्रकार के अधिभार, स्थायी शुल्क और अन्य चार्ज लगातार बढ़ते जा रहे हैं। नागरिकों का सवाल है कि जब उन्हें गुणवत्तापूर्ण और निर्बाध बिजली आपूर्ति नहीं मिल रही है, तो फिर इतनी अधिक राशि अधिभार के रूप में क्यों ली जा रही है। इस मुद्दे पर लोगों में असंतोष लगातार बढ़ता जा रहा है।</p>
<p data-start="1289" data-end="1656"><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-120-crore-water-bill-pending-45000-consumers-mjp-recovery-drive-1826112.html">120 करोड़ का पानी का बिल! यवतमाल में महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण ने बकायेदारों के खिलाफ शुरू किया वसूली अभियान</a></strong></p>
<h3 data-section-id="vzrfsz" data-start="1663" data-end="1717"><span role="text"><strong data-start="1667" data-end="1717">स्मार्ट मीटर योजना</strong> को<strong data-start="1667" data-end="1717"> लेकर उपभोक्ताओं में भ्रम</strong></span></h3>
<p data-start="1718" data-end="2026">इस बीच <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/mahavitaran-smart-meter-awareness-appeal-consumers-nagpur-smart-meter-1824442.html">महावितरण की ओर</a> से उपभोक्ताओं को स्मार्ट मीटर लगाने संबंधी मोबाइल संदेश भी भेजे जा रहे हैं। इससे नागरिकों में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई है। पहले से ही बार-बार बिजली बाधित होने और बढ़ते बिजली बिल से परेशान उपभोक्ताओं को आशंका है कि स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद भविष्य में बिजली बिल और अधिक बढ़ सकता है।</p>
<p data-start="2093" data-end="2426">नागरिकों का कहना है कि महावितरण को <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/smart-meter-confusion-postpaid-not-prepaid-meter-replacement-mandatory-nagpur-1805494.html">स्मार्ट मीटर योजना</a> के संबंध में स्पष्ट और पारदर्शी जानकारी देनी चाहिए, ताकि लोगों के मन में फैला भ्रम दूर हो सके। साथ ही बिजली आपूर्ति व्यवस्था को सुधारकर नियमित और निर्बाध बिजली उपलब्ध कराई जाए। लगातार हो रही बिजली कटौती और बढ़ते बिलों के कारण उपभोक्ताओं का महावितरण पर भरोसा कमजोर होता जा रहा है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल का सावली-अकोला बाजार मार्ग बना हादसों का रास्ता, जर्जर सड़क पर फिर उठी मरम्मत मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sawali-akola-bazar-road-condition-accident-risk-yavatmal-1828217.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अंकिता पटेल]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 29 Jun 2026 10:18:40 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 29 Jun 2026 10:18:40 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/yavatmal-sawali-akola-bazar-road_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Accident]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[road damaged]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1828217</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Sawali Akola Bazar Road: यवतमाल के सावली-अकोला बाजार मार्ग की जर्जर हालत से दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। सड़क की तत्काल मरम्मत और सुरक्षा उपायों की मांग तेज हो गई है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/yavatmal-sawali-akola-bazar-road_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sawali Akola Bazar Road Condition Accident Risk Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Sawali Road Damage:</strong> यवतमाल सार्वजनिक निर्माण विभाग के अंतर्गत आने वाला सावली-अकोला बाजार मार्ग की स्थिति दिन प्रतिदिन खराब होती जा रही है। येडशी, पलशी, साखरातांडा और सुधाकरनगर क्षेत्र के मार्ग यात्रियों के लिए खतरनाक बन गए हैं। सड़क की जर्जर हालत, गहरे गड्डे, कमजोर शोल्डर और अपर्याप्त सुरक्षा उपायों के कारण इस मार्ग पर दुर्घटनाओं की संख्या बढ़ गई है।</p>
<p>जिससे नागरिकों में भारी नाराजगी है। हाल ही में यवतमाल से सावली सदोबा की ओर खाद लेकर जा रहा ट्रक पलट गया था। सौभाग्य से इसमें कोई गंभीर हानि नहीं हुई। हालांकि ट्रक को नुकसान हुआ। इस मार्ग पर वाहन चलाना बेहद कठिन हो गया है। इस पृष्ठभूमि में संबंधित विभाग को तत्काल ध्यान देकर आवश्यक मरम्मत और सुरक्षा उपाय करने की मांग बहुजन मुक्ति पार्टी के आर्णी केलापूर विधानसभा प्रभारी भुवन मुनेश्वर ने की है।</p>
<h3>जर्जर सड़क बनी हादसों का केंद्र, स्थायी सुधार और सुरक्षा उपायों की मांग</h3>
<p>पिछले एक वर्ष में इस मार्ग पर औसतन हर महीने दो से तीन दुर्घटनाएं हुई हैं। इन दुर्घटनाओं में कई वाहन चालक और यात्री गंभीर रूप से घायल हुए हैं और कुछ को स्थायी अपंगता भी हुई है। कुछ लोगों की मृत्यु की घटनाएं भी सामने आई हैं। इसलिए इस मार्ग को अब दुर्घटना प्रवण क्षेत्र के रूप में जाना जाने लगा है। बरसात के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।</p>
<p>सड़क किनारे डाला गया मुरूम बह जाने से वाहन किनारे नहीं ले जा पाते, कई स्थानों पर सड़क किनारे गहरे गड्ढे बन गए हैं जिससे सामने से आने वाले वाहनों को रास्ता देने में दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा सड़क के दोनों ओर बढ़े हुए पेड़ और कांटेदार झाड़ियां दृश्यता कम कर देती हैं। जिससे मोड़ों पर वाहन चालकों को कठिनाई होती है।</p>
<p>संबंधित मार्ग पर यातायात का दबाव अधिक होने के बावजूद<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/airport-nagpur-msf-security-personnel-lack-basic-facilities-outside-terminal-area-1798850.html"> बुनियादी सुरक्षा</a> उपायों की कमी दिखाई देती है। कई स्थानों पर चेतावनी बोर्ड, रिफ्लेक्टर, सुरक्षा रेलिंग और गति नियंत्रण की व्यवस्था नहीं है जिससे दुर्घटनाओं की संभावना बढ़ जाती है। इसलिए केवल मरम्मत नहीं बल्कि दीर्घकालिक और प्रभावी उपायों की आवश्यकता है ऐसा भुवन मुनेश्वर ने कहा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="नवभारत संपादकीय: पेपर लीक के कलंक से कब मिलेगी मुक्ति " href="https://navbharatlive.com/special-coverage/tet-paper-leak-exam-integrity-candidates-affected-education-system-1828185.html"> नवभारत संपादकीय: पेपर लीक के कलंक से कब मिलेगी मुक्ति ? आखिर अभ्यर्थियों की मेहनत को कब मिलेगा न्याय </a></strong></p>
<h3>अन्यथा तीव्र आंदोलन</h3>
<p>इस मार्ग पर बढ़ती दुर्घटनाओं के कारण स्थानीय नागरिकों में भय का माहौल है। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/senior-citizen-writes-to-nagpur-road-infrastructure-high-court-over-potholed-roads-and-waterlogging-1818581.html">सार्वजनिक निर्माण विभाग</a> को तुरंत मौके का निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत कार्य शुरू करना चाहिए डॉट यदि उपायों में देरी हुई तो बहुजन मुक्ति पार्टी की ओर से तीव्र आंदोलन का इशारा दिया गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में दूध की शुद्धता पर उठे सवाल, ग्राहक पंचायत ने नियमित जांच की मांग की</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-milk-adulteration-concerns-consumer-council-demands-regular-inspection-1826978.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 28 Jun 2026 17:30:51 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 28 Jun 2026 17:30:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Milk-Adulteration-Claims-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1826978</guid>

					<description><![CDATA[Milk Adulteration: यवतमाल में दूध और दुग्ध उत्पादों की शुद्धता पर सवाल उठाते हुए अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत ने पूरे जिले में नियमित जांच अभियान चलाने और मिलावटखोरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Milk-Adulteration-Claims-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Milk Adulteration Concerns Consumer Council Demands Regular Inspection"     /></figure><p><strong>Milk Adulteration Claims In Yavatmal</strong>: यवतमाल में सामान्य जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले मिलावटखोर उत्पादक और विक्रेताओं के खिलाफ अन्न व औषध प्रशासन द्वारा शुरू किए गए अभियान को अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत का पूर्ण समर्थन है। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत की यवतमाल जिला शाखा के डेलिगेशन ने विदर्भ प्रांताध्यक्ष डॉ. नारायण मेहरे के नेतृत्व में सहायक आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर इस अभियान को यवतमाल शहर सहित पूरे जिले में सख्ती से लागू करने की मांग की।</p>
<h3>दूध की उपलब्धता पर उठे सवाल</h3>
<p>जिले में हजारों लीटर दूध और पनीर सहित बाकि दूध से बने पदार्थ बाजार में बिक्री के लिए उपलब्ध हैं। दूध और उससे बने पदार्थ सभी दुकानों में हमेशा बड़ी मात्रा में उपलब्ध होते हैं। एक समय रात नौ बजे के बाद ग्राहकों को दूध नहीं मिलता था, लेकिन वर्तमान में रात किसी भी समय ग्राहक की मांग पर दूध आसानी से उपलब्ध हो रहा है।</p>
<p>जिले में दुधारू पशुधन की क्षमता की तुलना में कई गुना अधिक दूध और उससे बने पदार्थ उपलब्ध होने से यह स्पष्ट है कि बाहर के जिलों से भी बड़े पैमाने पर इन पदार्थों का आयात हो रहा है।</p>
<h3>कई बार उठाया गया जांच का मुद्दा</h3>
<p>स्थानीय उत्पादकों के साथ-साथ विभिन्न कंपनियों का दूध भी जिले में बड़े पैमाने पर बेचा जा रहा है। जिले में बिक्री के लिए उपलब्ध यह दूध और दुग्धजन्य पदार्थ वास्तव में शत-प्रतिशत शुद्ध हैं या नहीं, यह प्रश्न बार-बार उठता रहा है।कुछ ग्राहकों ने अपने अनुभव साझा कर अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के स्थानीय कार्यकर्ताओं से कई बार शिकायतें भी की हैं।</p>
<p>इन शिकायतों के आधार पर जिला ग्राहक संरक्षण परिषद की कई बैठकों में ग्राहक पंचायत के अशासकीय सदस्यों ने यह मुद्दा उठाते हुए शहर और जिले से नमूने लेकर जांच करने की मांग बार-बार की है। अन्न व औषध प्रशासन ने इससे पहले यवतमाल जिले के किसी भी संबंधित प्रतिष्ठान या विक्रेता से दूध या दुग्ध पदार्थों के नमूने लेकर कार्रवाई किए जाने की जानकारी नागरिकों को नहीं है।</p>
<h3>अभियान को लगातार जारी रखने की मांग</h3>
<p>वर्तमान में राज्य में चल रहे <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/collector-directs-strict-action-against-nagpur-food-adulteration-1801362.html">मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान</a> को केवल अस्थायी न रखते हुए विभिन्न विक्रेताओं और प्रतिष्ठानों से नमूने लेकर समय-समय पर आवश्यक प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करने की मांग भी की गई है। सहायक आयुक्त आनंद महाजन ने अन्न व औषध प्रशासन द्वारा जिले में चलाए जा रहे अभियान और की जा रही कार्रवाई के बारे में ग्राहक पंचायत कार्यकर्ताओं को जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की कमी के बावजूद यह अभियान चल रहा है और आगे भी प्रभावी तरीके से जारी रहेगा।</p>
<p>इस अवसर पर निवेदन देते समय प्रांत कार्यालय प्रमुख हितेश सेठ, कोषाध्यक्ष संतोष डोमाले, प्रचार प्रमुख विरेंद्र चौबे, एड. राजेश पोहरे, जितेंद्र बंगाले, प्रवीन पाटिल, संजय जोशी, विपुल पोबारू, अनंत भिसे, सचिव डॉ. केशव चेटुले, प्रो. मतीन खान, डॉ. कैलास वर्मा आदि उपस्थित थे।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-season-fertilizer-price-hike-maharashtra-farmers-1824314.html">बारिश के बाद यवतमाल में खरीफ ने पकड़ी रफ्तार, फर्टिलाइजर की कीमत बढ़ने से किसान परेशान</a></strong></p>
<h3>जिलाधिकारी पहले ही दे चुके हैं जांच के निर्देश</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/bhandara/tumsar-adulterated-milk-health-risk-food-department-investigation-1785757.html">दूध में मिलावट</a> के संदर्भ में जिलाधिकारी ने इस मामले का संज्ञान लेते हुए अन्न व औषध प्रशासन के अधिकारियों को नमूने लेकर नियमित जांच करने के निर्देश दिए थे। संबंधित यंत्रणा को बैठक में इसकी रिपोर्ट प्रस्तुत करने को भी कहा गया था। लेकिन यह भी आरोप है कि बैठक में उपस्थित “उन” अधिकारियों ने कथित तौर से टालमटोल जवाब दिया और कर्मचारियों की कमी का कारण बताकर सवालों को सही उत्तर नहीं दिया।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Polio Campaign: महागांव में पल्स पोलियो अभियान की सभी तैयारियां पूरी, 29 जून को बच्चों को पिलाई जाएगी दो बूंद</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-pulse-polio-immunization-campaign-dr-nimish-dhuldhule-health-1826639.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[रूपम सिंह]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 28 Jun 2026 15:17:49 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 28 Jun 2026 15:17:49 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/National-Pulse-Polio-Campaign_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Child Care]]></category>
		<category><![CDATA[Health News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[National Pulse Polio Campaign]]></category>
		<category><![CDATA[Vaccine For Children]]></category>
		<category><![CDATA[WHO]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1826639</guid>

					<description><![CDATA[National Pulse Polio Campaign: महागांव तहसील स्वास्थ्य विभाग ने 29 जून को होने वाले राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान की तैयारियां पूरी कर ली हैं। डॉ. निमिष धुलधुले ने अभिभावकों से सहयोग की अपील की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/National-Pulse-Polio-Campaign_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mahagaon Pulse Polio Immunization Campaign Dr Nimish Dhuldhule Health"     /></figure><p><strong>Yavatmal Polio Campaign:</strong> राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान के सफल संचालन के लिए महागांव तहसील स्वास्थ्य विभाग ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। अभियान के तहत रविवार, 29 जून को 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के सभी बच्चों को पोलियो रोधी वैक्सीन की दो बूंद पिलाई जाएगी। स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे।</p>
<h3>प्रशिक्षण और नियोजन बैठक में बनी रणनीति</h3>
<p>अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए गुरुवार को तहसील स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले की अध्यक्षता में प्रशिक्षण एवं नियोजन बैठक आयोजित की गई। बैठक में चिकित्सा अधिकारी, स्वास्थ्य विस्तार अधिकारी, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, स्वास्थ्य सहायक, स्वास्थ्य सेविकाएं, स्वास्थ्य सेवक तथा आशा समूह प्रवर्तक शामिल हुए। सभी को अभियान की जिम्मेदारियों और कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी दी गई।</p>
<h3>बूथ से लेकर घर-घर सर्वे तक बनाई योजना</h3>
<p>बैठक के दौरान टीकाकरण बूथों की व्यवस्था, घर-घर सर्वेक्षण, निगरानी व्यवस्था और किसी भी बच्चे के टीकाकरण से वंचित न रहने के लिए विशेष रणनीति तैयार की गई। स्वास्थ्य विभाग ने सभी टीकाकरण केंद्रों पर वैक्सीन, प्रशिक्षित स्वास्थ्य कर्मियों और आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित कर दी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="केतन अग्रवाल मर्डर केस में बड़ा खुलासा, डिलीट चैट्स की होगी फॉरेंसिक जांच, मुख्य आरोपी सिया गोयल पर गहराया शक" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/ketan-agarwal-murder-case-lonavala-police-siya-goyal-forensic-investigation-1826247.html"> केतन अग्रवाल मर्डर केस में बड़ा खुलासा, डिलीट चैट्स की होगी फॉरेंसिक जांच, मुख्य आरोपी सिया गोयल पर गहराया शक </a> </strong></p>
<h3>पोलियो मुक्त भारत बनाए रखना सामूहिक जिम्मेदारी</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-police-crackdown-on-illegal-liquor-shops-women-protest-2026-1785394.html">महागांव तहसील</a> स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले ने कहा कि भारत को पोलियो मुक्त देश का दर्जा मिल चुका है, लेकिन इस उपलब्धि को बनाए रखना सभी नागरिकों की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन बच्चों को नियमित टीकाकरण के तहत पहले ही पोलियो की सभी खुराक मिल चुकी हैं, उन्हें भी राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के दौरान दो बूंद पोलियो रोधी वैक्सीन अवश्य पिलाई जानी चाहिए।</p>
<h3>अभिभावकों से सहयोग की अपील</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/pulse-polio-nagpur-immunization-drive-june-28-under-five-children-1824562.html/amp">स्वास्थ्य विभाग</a> ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे 0 से 5 वर्ष तक के अपने बच्चों को 29 जून को निकटतम पोलियो टीकाकरण केंद्र पर अवश्य लेकर जाएं। विभाग का कहना है कि हर बच्चे तक पोलियो की दो बूंद पहुंचाना ही इस अभियान की सफलता और भविष्य में पोलियो मुक्त भारत को सुरक्षित बनाए रखने की सबसे बड़ी कुंजी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>&amp;#8216;जो गरजते हैं, वो बरसते नहीं&amp;#8217;, उद्धव ठाकरे के दौरे पर यवतमाल के पालकमंत्री संजय राठौड़ का पलटवार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/sanjay-rathod-replies-uddhav-thackeray-operation-todwa-yavatmal-1826208.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अंकिता पटेल]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 28 Jun 2026 09:13:54 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 28 Jun 2026 09:13:54 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/yavatmal-operation-todwa_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Eknath Shinde]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra Politics]]></category>
		<category><![CDATA[Uddhav Thackeray]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1826208</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Sanjay Rathod: यवतमाल में संजय राठौड़ ने ऑपरेशन तुडवा पर उद्धव ठाकरे को जवाब देते हुए कहा कि उनकी पार्टी आलोचना नहीं, विकास कार्यों से जवाब देती है व शिवसेना का जनाधार लगातार बढ़ रहा है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/yavatmal-operation-todwa_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Sanjay Rathod Replies Uddhav Thackeray Operation Todwa Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Operation Todwa:</strong> महाराष्ट्र सरकार के मंत्री Maharashtra Politicsएवं यवतमाल के पालकमंत्री संजय राठौड़ ने शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) प्रमुख उद्धव ठाकरे के यवतमाल दौरे और कथित &amp;#8216;ऑपरेशन तुडवा&amp;#8217; को लेकर हो रही राजनीतिक बयानबाजी पर तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक धमकियों या आरोपों का जवाब उनकी पार्टी शब्दों से नहीं, बल्कि विकास कार्यों से देगी।</p>
<p>राठौड़ ने कहा, &amp;#8220;जो गरजते हैं, वो बरसते नहीं।&amp;#8221; उन्होंने स्पष्ट किया कि कोई कितना भी आरोप लगाए या राजनीतिक बयानबाजी करे, उनकी पार्टी जनता के हित में किए जा रहे कार्यों पर ही ध्यान केंद्रित रखेगी। उनके अनुसार विरोधियों की आलोचना का जवाब देने में समय गंवाने के बजाय सरकार विकास योजनाओं को गति देने का काम कर रही है।</p>
<h3>40 से बढ़कर 60 विधायक हुए</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-maharashtra-budget-2026-reaction-airport-expansion-1596216.html">संजय राठौड़</a> ने शिवसेना में हुए राजनीतिक घटनाक्रम का उल्लेख करते हुए कहा कि जब पार्टी में 40 विधायकों ने अलग रास्ता अपनाया था, तब विरोधियों ने तरह-तरह की बातें की थीं, लेकिन आज उनकी संख्या बढ़कर 60 तक पहुंच चुकी है। उन्होंने दावा किया कि पार्टी का जनाधार लगातार मजबूत हो रहा है और आने वाले समय में इसमें और विस्तार होगा।</p>
<h3>बालासाहेब के विचारों से जुड़ रहे लोग</h3>
<p>राठौड़ ने कहा कि <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/shiv-sena-split-fifth-time-balasaheb-to-eknath-shinde-era-explained-1805459.html">बालासाहेब ठाकरे</a> के विचारों में विश्वास रखने वाले अनेक नेता और कार्यकर्ता पार्टी से जुड़ने के इच्छुक हैं। उन्होंने दावा किया कि निकट भविष्य में कई बड़े राजनीतिक चेहरे और कार्यकर्ता शिवसेना में शामिल होंगे, जिससे संगठन और अधिक मजबूत होगा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="चंद्रपुर कोल इंडस्ट्री अपडेट: महामाया वॉशरी को मिलेगा क्लोजर नोटिस, मानसून सत्र में पंकजा मुंडे का सख्त रुख" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/mahamaya-coal-washery-pollution-assembly-political-row-chandrapur-1826191.html">चंद्रपुर कोल इंडस्ट्री अपडेट: महामाया वॉशरी को मिलेगा क्लोजर नोटिस, मानसून सत्र में पंकजा मुंडे का सख्त रुख</a></strong></p>
<h3>विकास कार्यों से देंगे जवाब</h3>
<p>पालकमंत्री ने कहा कि उनकी पार्टी का उद्देश्य राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप में उलझना नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप विकास कार्यों को प्राथमिकता दे रही है और भविष्य में भी इसी दिशा में कार्य करती रहेगी। उन्होंने दोहराया कि जनता के बीच किए गए काम ही किसी भी राजनीतिक आलोचना का सबसे प्रभावी जवाब होते हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>120 करोड़ का पानी का बिल! यवतमाल में महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण ने बकायेदारों के खिलाफ शुरू किया वसूली अभियान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-120-crore-water-bill-pending-45000-consumers-mjp-recovery-drive-1826112.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 28 Jun 2026 07:40:19 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 28 Jun 2026 07:40:19 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-120-Crore-Water-Bil_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1826112</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal 120 Crore Water Bill: यवतमाल शहर के 45 हजार से अधिक उपभोक्ताओं पर 120 करोड़ से अधिक पानी बिल बकाया। महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण ने बड़े बकायेदारों के खिलाफ वसूली अभियान शुरू किया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-120-Crore-Water-Bil_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal 120 Crore Water Bill Pending 45000 Consumers Mjp Recovery Drive"     /></figure><p><strong>Yavatmal Water Bill Dues To 120 Crores: </strong>जल मानव जीवन की सबसे आवश्यक बुनियादी जरूरतों में से एक है। इसके बिना दैनिक जीवन का कोई भी कार्य सुचारु रूप से पूरा नहीं हो सकता। इसके बावजूद यवतमाल शहर के अनेक नागरिक जलकर (वॉटर टैक्स) का भुगतान करने में घोर उदासीनता बरत रहे हैं। परिणामस्वरूप, शहर को जलापूर्ति करने वाले &amp;#8216;महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण&amp;#8217; (मजीप्रा) पर आर्थिक संकट लगातार गहराता जा रहा है। वर्तमान में शहर के 45 हजार से अधिक उपभोक्ताओं पर कुल 120 करोड़ रुपये से अधिक की राशि बकाया है, जिससे प्राधिकरण को विभिन्न विकास एवं रखरखाव (मेंटेनेंस) कार्यों में भारी वित्तीय कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<h3 class="text-text-100 mt-2 -mb-1 text-base font-bold">श्रेणीवार बकाया राशि का विवरण</h3>
<p>प्राप्त आधिकारिक जानकारी के अनुसार,<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-underground-drain-leakage-first-rain-corruption-allegation-1822421.html"> यवतमाल शहर</a> में सबसे अधिक बकाया घरेलू श्रेणी के उपभोक्ताओं पर है। इस श्रेणी के 44 हजार 439 नल कनेक्शनधारकों पर 50 करोड़ 71 लाख 35 हजार 694 रुपये की मूल बकाया राशि है। इसके अलावा, बिल जमा करने में देरी के कारण विलंब शुल्क (डीपीसी) के रूप में 23 करोड़ 83 लाख 32 हजार 200 रुपये अलग से जोड़े गए हैं। इस प्रकार घरेलू उपभोक्ताओं की कुल बकाया राशि 74 करोड़ 54 लाख 67 हजार 894 रुपये तक पहुंच गई है।</p>
<p>वहीं, व्यावसायिक (कमर्शियल) श्रेणी के 509 उपभोक्ताओं पर 2 करोड़ 40 लाख 37 हजार 487 रुपये की मूल बकाया राशि है। इस पर 2 करोड़ 37 लाख 42 हजार 914 रुपये विलंब शुल्क लगाया गया है, जिससे इस श्रेणी की कुल बकाया राशि 4 करोड़ 77 लाख 80 हजार 401 रुपये हो गई है।</p>
<p>इसके अतिरिक्त, शहरी चैरिटी श्रेणी के 393 उपभोक्ताओं पर 27 करोड़ 14 लाख 29 हजार 706 रुपये की मूल बकाया राशि है। इस पर 14 करोड़ 49 लाख 74 हजार 436 रुपये डीपीसी जोड़ने के बाद कुल बकाया 41 करोड़ 64 लाख 4 हजार 142 रुपये हो गया है। इन तीनों श्रेणियों को मिलाकर कुल 45 हजार 341 उपभोक्ताओं पर 120 करोड़ 96 लाख 52 हजार 437 रुपये की भारी-भरकम बकाया राशि निकल चुकी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="मध्य रेल की 12 लोकल होगी रद्द! हजारों आम यात्री राम भरोसे, नॉन एसी की जगह चलेगी एसी लोकल" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/mumbai-central-railway-12-non-ac-local-cancelled-ac-local-service-1825840.html"> मध्य रेल की 12 लोकल होगी रद्द! हजारों आम यात्री राम भरोसे, नॉन एसी की जगह चलेगी एसी लोकल </a></strong></p>
<h3>बड़े बकायादारों के खिलाफ चलेगा कड़ा वसूली अभियान</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/maharashtra-jeevan-pradhikaran-pension-delayed-retired-staff-protest-1698115.html">महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण</a> (मजीप्रा) कार्यकारी अभियंता प्रफुल्ल व्यवहारे &amp;#8220;लगातार बढ़ती बकाया राशि के कारण विभाग के सभी दैनिक और आर्थिक व्यवहार बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। मजीप्रा द्वारा अब बड़े बकायादारों के विरुद्ध एक विशेष वसूली अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत डिफ़ॉल्टर्स को अंतिम नोटिस जारी करना, उनके नल कनेक्शन काटना तथा आवश्यकतानुसार कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की प्रशासनिक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>वर्धा से शेगांव और शिर्डी के लिए नई ST बस सेवा शुरू, पालकमंत्री पंकज भोयर ने किया शुभारंभ</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/wardha-shegaon-shirdi-new-st-bus-service-launch-1825752.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 20:26:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 20:26:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bus-Service_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[ST Bus]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1825752</guid>

					<description><![CDATA[Wardha ST Bus: वर्धा से शेगांव और शिर्डी के लिए नई एसटी बस सेवाओं का शुभारंभ पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर ने किया। इस सेवा के साथ वर्धा आगार में पांच नई राजमाता जिजाऊ बसें भी शामिल की गई हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Bus-Service_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Wardha Shegaon Shirdi New St Bus Service Launch"     /></figure><p><strong>Wardha Bus Stand:</strong> वर्धा जिले के साई भक्तों एवं गजानन महाराज के भक्तों की सुविधा के लिए वर्धा से शेगांव तथा वर्धा से शिर्डी मार्ग पर अलगअलग नई बस सेवाएं शुरू की गई हैं। इन नई बस सेवाओं का शुभारंभ पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर के द्वारा किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि एसटी महामंडल ग्रामीण क्षेत्रों के गरीब नागरिकों को शहरों एवं तहसीलों से जोड़ने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहा है। वर्धा के मुख्य बस स्थानक पर आयोजित वर्धा से शेगांव तथा वर्धा से शिर्डी नई बस सेवा के शुभारंभ एवं राजमाता जिजाऊ बसों के लोकार्पण समारोह में पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर बोल रहे थे।</p>
<p>इस अवसर पर नगराध्यक्ष सुधीर पांगुल, विभाग नियंत्रक भगवान जगनोर, साई सेवा मंडल के विश्वस्त डॉ. विजय बोबडे, सयाजी महाराज, विभागीय परिवहन अधिकारी स्वाति तांबे, यांत्रिक अभियंता प्रताप राठोड़, विभागीय लेखा अधिकारी श्री गायगोवाड, आगार प्रबंधक युधिष्ठिर रामचवरे, विभागीय भंडार अधिकारी करुणा वानखेडे तथा विभागीय परिवहन अधीक्षक उजवणे प्रमुख रूप से उपस्थित थे। परिवहन मंत्री ने की मांग पूरीपालकमंत्री डॉ. भोयर ने कहा कि जिले में बड़ी संख्या में साई भक्त एवं गजानन महाराज के भक्त हैं।</p>
<h3>साई और गजानन भक्तों को बड़ी सौगात</h3>
<p>प्रत्येक वर्ष हजारों श्रद्धालु शेगांव एवं शिर्डी दर्शन के लिए जाते हैं। श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा उपलब्ध हो, इसके लिए परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक से बस सेवा शुरू करने की मांग की गई थी। उन्होंने तत्काल सकारात्मक निर्णय लेते हुए यह सेवा उपलब्ध कराई। उन्होंने बताया कि बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही वाले<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/wardha-barbadi-bus-night-halt-bela-morning-service-1535987.html"> वर्धा बस स्थानक</a> </strong>तथा सेलू बस स्थानक का आधुनिकीकरण किया गया है। नागरिकों की मांग के अनुसार पुरानी बसों के स्थान पर नई बसें उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है और पांच नई राजमाता जिजाऊ बसें वर्धा आगार में शामिल की गई हैं। ये बसें पर्यावरण अनुकूल हैं।</p>
<h3>वर्धा से शेगांव-शिर्डी सीधी बस सेवा शुरू</h3>
<p>इस अवसर पर पालकमंत्री ने राज्य परिवहन महामंडल के कर्मचारियों के कार्यों की भी सराहना की। जिले के नागरिकों एवं वरिष्ठ नागरिकों को संतों के दर्शन के लिए सीधी बस सेवा उपलब्ध कराने पर नगराध्यक्ष सुधीर पांगुल ने पालकमंत्री का आभार व्यक्त किया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="तालाब और नदी सफाई में नई तकनीक की एंट्री, पुणे में ‘फ्लोटिंग स्पाइडर मशीन’ का सफल परीक्षण" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/pmc-floating-spider-machine-jambhulwadi-lake-hyacinth-cleanup-pune-1824421.html"> तालाब और नदी सफाई में नई तकनीक की एंट्री, पुणे में ‘फ्लोटिंग स्पाइडर मशीन’ का सफल परीक्षण </a></strong></p>
<p>उन्होंने नागरिकों से<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/st-sang-teerthatan-akola-religious-tour-package-maharashtra-1540232.html"> शेगांव-शिर्डी</a></strong> बस सेवा का लाभ उठाने की अपील भी की। इस अवसर पर डॉ. विजय बोबडे एवं सयाजी महाराज ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में साई सेवा मंडल की ओर से बस चालक एवं परिचालकों का सम्मान किया गया। साथ ही अंतरराष्ट्रीय कराटे प्रतियोगिता में तीन पदक जीतकर जिले का गौरव बढ़ाने वाली ईशिता रहाटे का पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर के हाथों सम्मान किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में मानसून सक्रिय, औसतन 66% वर्षा दर्ज; सिंचाई परियोजनाओं में जलस्तर बढ़ा, किसानों में उम्मीदें बढ़ीं</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-monsoon-66-percent-rainfall-irrigation-water-level-increase-1825340.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 18:25:47 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 18:25:47 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Monsoon-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Monsoon News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1825340</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Monsoon Rainfall Update: यवतमाल में मानसून सक्रिय है और जून में अब तक 66% वर्षा दर्ज हुई है। सिंचाई परियोजनाओं में जलस्तर बढ़ा है, जिससे किसानों में खरीफ बुवाई को लेकर उम्मीदें बढ़ गई है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Monsoon-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Monsoon 66 Percent Rainfall Irrigation Water Level Increase"     /></figure><p><strong>Yavatmal Monsoon Improvement expect Better Kharif Sowing</strong> : यवतमाल जिले में मानसून की गतिविधियां तेज हो गई हैं। शनिवार सुबह तक प्राप्त वर्षा आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटों में जिले में औसतन 22.1 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके साथ ही जून माह में अब तक जिले की संचयी वर्षा 97.3 मिमी पहुंच गई है, जो सामान्य वर्षा का 66 प्रतिशत है।</p>
<h3>तहसीलों में असमान वर्षा वितरण</h3>
<p>जिले में सबसे अधिक दैनिक वर्षा यवतमाल तहसील में 51.5 मिमी दर्ज की गई। इसके बाद रालेगांव में 43.4 मिमी, झरी-जामनी में 41.7 मिमी, मारेगांव में 28.3 मिमी तथा दारव्हा में 27.1 मिमी वर्षा हुई। वहीं वणी में केवल 1.7 मिमी बारिश दर्ज की गई।<br />
सामान्य वर्षा की तुलना में झरी-जामनी तहसील 152.1 प्रतिशत वर्षा के साथ जिले में सबसे आगे है। इसके बाद नेर (105.5 प्रतिशत), मारेगांव (92.9 प्रतिशत) और वणी (85.1 प्रतिशत) का स्थान है। दूसरी ओर घाटंजी (38.9 प्रतिशत), केलापुर (45.9 प्रतिशत) और महागांव (46.2 प्रतिशत) में अब भी सामान्य से कम वर्षा हुई है।<br />
अमरावती संभाग में अब तक 89.4 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है, जो सामान्य वर्षा का 67.3 प्रतिशत है। मौसम विभाग के अनुसार आगामी दिनों में भी जिले में वर्षा की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है, जिससे खरीफ फसलों की बुवाई में और तेजी आने की उम्मीद है।</p>
<h3>
जिले के प्रमुख और मध्यम सिंचाई परियोजनाओं में बढ़ा जलस्तर</h3>
<p>यवतमाल जिले में लगातार हो रही बारिश के चलते प्रमुख एवं मध्यम सिंचाई परियोजनाओं के जलाशयों में पानी की आवक बढ़ रही है। 27 जून की दैनिक जलाशय रिपोर्ट के अनुसार जिले की अधिकांश परियोजनाओं में जल भंडारण में वृद्धि दर्ज की गई है।</p>
<h3>सायखेड़ा परियोजना में सबसे अधिक जल भंडारण</h3>
<p>रिपोर्ट के अनुसार सायखेड़ा परियोजना में सबसे अधिक 47.24 प्रतिशत उपयोगी जल भंडारण दर्ज किया गया है। इसके बाद अडाण परियोजना में 46.54 प्रतिशत, वाघाड़ी में 44.91 प्रतिशत, अधरपूस में 44.39 प्रतिशत, अरुणावती में 38.25 प्रतिशत, नीलकी में 36.64 प्रतिशत, बेंबला में 36.48 प्रतिशत, नवरगांव में 33.32 प्रतिशत, पुस में 32.16 प्रतिशत तथा बोरगांव में 26.48 प्रतिशत उपयोगी जल भंडारण दर्ज किया गया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-season-fertilizer-price-hike-maharashtra-farmers-1824314.html">बारिश के बाद यवतमाल में खरीफ ने पकड़ी रफ्तार, फर्टिलाइजर की कीमत बढ़ने से किसान परेशान</a></strong></p>
<h3>वर्षा और जलाशयों की स्थिति</h3>
<p>बारिश की बात करें तो पुस परियोजना क्षेत्र में सर्वाधिक 58 मिमी वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा अरुणावती में 42 मिमी, गोकी में 31 मिमी, अधरपूस में 18 मिमी, बोरगांव में 10 मिमी, बेंबला में 6 मिमी तथा अडाण में 2 मिमी वर्षा हुई। वहीं नवरगांव में वर्षा दर्ज नहीं हुई। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि वाघाड़ी और सायखेड़ा परियोजनाओं में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-monsoon-rain-gauge-machines-crop-damage-assessment-2026-1802834.html">वर्षामापक यंत्र</a> उपलब्ध नहीं है, जबकि नवरगांव परियोजना का वर्षामापक यंत्र खराब होने के कारण वर्षा का आंकड़ा उपलब्ध नहीं हो सका। जिले में लगातार हो रही वर्षा से जलाशयों के भराव में सुधार हो रहा है, जिससे किसानों में खरीफ फसलों की बुवाई को लेकर उम्मीदें और बढ़ गई हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: यवतमाल में उद्धव ठाकरे का भाजपा पर हमला, बोले- हमें भाजपामुक्त राम चाहिए</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/uddhav-thackeray-bjp-mukt-ram-statement-yavatmal-rally-1824736.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 17:56:08 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 17:56:08 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Uddhav-Thackeray-4_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Udhhav Thackeray]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1824736</guid>

					<description><![CDATA[Maharashtra Politics: यवतमाल में शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने भाजपा पर हिंदुत्व और राम मंदिर चंदा विवाद को लेकर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि 'हमें भाजपामुक्त राम चाहिए'।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Uddhav-Thackeray-4_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Uddhav Thackeray Bjp Mukt Ram Statement Yavatmal Rally"     /></figure><p><strong>Yavatmal Rally:</strong> शिवसेना यूबीटी के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने अयोध्या के राम मंदिर को मिले चंदे में कथित गबन का मुद्दा उठाते हुए हिंदुत्व को लेकर भाजपा पर शनिवार को निशाना साधा और उस पर हिंदुओं की भावनाओं से खिलवाड़ कर उन्हें धोखा देने का आरोप लगाया।</p>
<p>ठाकरे ने भाजपामुक्त राम के लिए आंदोलन का नेतृत्व करने का भी संकल्प लिया। उन्होंने शिवसेना में शामिल हो चुके पार्टी के बागी सांसद संजय देशमुख के यवतमाल-वाशिम <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nagpur-vidhan-parishad-by-election-2026-rajeev-potdar-vs-atul-londhe-voting-preparations-district-administration-1805116.html"><strong>निर्वाचन क्षेत्र </strong></a>में एक रैली को संबोधित करते हुए भाजपा पर वास्तविक मुद्दों से लोगों का ध्यान भटकाने के लिए राजनीतिक दलों को तोड़ने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि असली हिंदुत्व मानवता की शिक्षा देता है।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="नासिक जिले के बांधों में पानी घटकर केवल 20% रहा, दारणा समूह सबसे कमजोर जबकि नांदूरमध्यमेश्वर में 98% जल भंडारण" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nashik/district-nashik-dams-water-level-drops-to-twenty-percent-monsoon-delay-1824614.html"> नासिक जिले के बांधों में पानी घटकर केवल 20% रहा, दारणा समूह सबसे कमजोर जबकि नांदूरमध्यमेश्वर में 98% जल भंडारण </a></strong></p>
<h3>असली हिंदुत्व मानवता की शिक्षा देता है: उद्धव ठाकरे</h3>
<p>हम मंदिरों को लूटने वाले आपके भाजपा के हिंदुत्व को खारिज करते हैं। हम भाजपामुक्त राम चाहते हैं और शिवसेना उबाठा ऐसे आंदोलनों का नेतृत्व करेगी। अयोध्या के राम मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए दान के कथित गबन के मामले में गिरफ्तार सभी आठ आरोपियों को शुक्रवार को<strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/roshan-kule-kidney-case-dr-ravindra-pal-singh-surrenders-1822066.html/amp"> न्यायिक हिरासत</a></strong> में भेज दिया गया।</p>
<blockquote class="twitter-tweet" data-media-max-width="560">
<p dir="ltr" lang="en">“BJP betrayed Hindus by playing with their emotions.</p>
<p>The rebels cheated everyone including their mother.”</p>
<p>&amp;#8211; Shiv Sena (UBT) Chief Uddhav Thackeray at rally in Yavatmal, Maharashtra <a href="https://t.co/JAe8D6oEHF">pic.twitter.com/JAe8D6oEHF</a></p>
<p>— News Arena India (@NewsArenaIndia) <a href="https://x.com/NewsArenaIndia/status/2070776724233621782">June 27, 2026</a></p></blockquote>
<p><script async src="https://platform.x.com/widgets.js" charset="utf-8"></script></p>
<p>इस मामले को लेकर राजनीतिक विवाद छिड़ा हुआ है। इस बीच जांचकर्ताओं ने आरोपियों के पास से अब तक 79.85 लाख रुपये बरामद करने का दावा किया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पेट्रोल-डीजल की महंगाई से नागरिकों का झुकाव Electric Vehicles की ओर, सड़कों पर दौड़ रहे हैं 368 ई-रिक्शा</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/petrol-diesel-price-hike-electric-vehicles-demand-yavatmal-1824398.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 12:18:37 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 12:18:37 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Increased-EVs-in-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Electric Vehicle]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1824398</guid>

					<description><![CDATA[Rise In Electric Vehicles: यवतमाल में पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों व ईंधन संकट के बीच EV's की मांग बढ़ रही है। जिले में 368 ई-रिक्शा संचालित हैं और इनके पंजीकरण में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Increased-EVs-in-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Petrol Diesel Price Hike Electric Vehicles Demand Yavatmal"     /></figure><p><strong>Electric Vehicles Becoming Popular In Yavatmal</strong> : यवतमाल पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों तथा हाल के दिनों में ईंधन की कमी जैसी परिस्थितियों के कारण लोगों का रुझान तेजी से इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर बढ़ रहा है। जिले में वर्तमान में 368 ई-रिक्शा संचालित हो रही हैं, हालांकि जिले के आकार और जरूरतों को देखते हुए यह संख्या अभी भी कम मानी जा रही है।</p>
<p>पेट्रोल की कीमतें लंबे समय से 100 रुपये प्रति लीटर के पार बनी हुई हैं। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण समय-समय पर ईंधन की उपलब्धता प्रभावित होने से नागरिकों ने वैकल्पिक परिवहन साधनों की तलाश शुरू कर दी है। परिणामस्वरूप कार, मालवाहक वाहन, यात्री वाहन और रिक्शा जैसे क्षेत्रों में इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग तेजी से बढ़ी है।</p>
<h3>पर्यावरण-अनुकूल विकल्प बन रहे इलेक्ट्रिक वाहन</h3>
<p>यवतमाल में भी ई-वाहनों की संख्या लगातार बढ़ रही है। आने वाले समय में धुआं और शोर फैलाने वाले पारंपरिक वाहनों की तुलना में शांत, पर्यावरण-अनुकूल और ईंधन की बचत करने वाले इलेक्ट्रिक वाहन अधिक दिखाई देने की संभावना है।</p>
<h3>कम खर्च और आसान संचालन से बढ़ी लोकप्रियता</h3>
<p>आसान परमिट व्यवस्था और कम संचालन खर्च के कारण ई-रिक्शा को विशेष पसंद मिल रही है। जिले में वर्तमान में यात्री और मालवाहक मिलाकर 368 ई-रिक्शा सड़कों पर दौड़ रही हैं। शुरुआती दौर में ई-रिक्शा को लेकर कई तरह की शंकाएं थीं। लोगों को लगता था कि ये भारी सामान ढोने में सक्षम नहीं हैं, बारिश के मौसम में बंद पड़ सकती हैं और चार्जिंग की सुविधा भी मुश्किल होगी। लेकिन समय के साथ इलेक्ट्रिक वाहनों की उपयोगिता और किफायत लोगों के सामने स्पष्ट होने लगी है।</p>
<h3>इलेक्ट्रिक मालवाहकों की संख्या भी बढ़ रही</h3>
<p>पेट्रोल-डीजल की बढ़ती महंगाई ने भी लोगों को इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर आकर्षित किया है। उप प्रादेशिक परिवहन कार्यालय में <a href="https://navbharatlive.com/automobile/ev-market-india-craze-has-surged-companies-going-all-in-1768480.html">इलेक्ट्रिक वाहनों</a> के पंजीकरण में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। संचालन में सरलता, कम खर्च और एक हाथ से आसानी से नियंत्रित होने जैसी विशेषताओं के कारण ई-रिक्शा परिवहन व्यवसायियों की पहली पसंद बनती जा रही हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-season-fertilizer-price-hike-maharashtra-farmers-1824314.html">बारिश के बाद यवतमाल में खरीफ ने पकड़ी रफ्तार, फर्टिलाइजर की कीमत बढ़ने से किसान परेशान</a></strong></p>
<h3>इलेक्ट्रिक माल वाहकों की संख्या भी बढ़ रही</h3>
<p>यवतमाल के उप प्रादेशिक <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-electric-vehicle-demand-rises-rto-registration-data-1639575.html">परिवहन अधिकारी प्रशांत देशमुख</a> का कहना है कि आसानी से मिलने वाले परमिट और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों के कारण नागरिक अब इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर तेजी से आकर्षित हो रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि मालवाहक और यात्री परिवहन के लिए उपयोग होने वाले ई-वाहनों की संख्या में धीरे-धीरे वृद्धि हो रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बारिश के बाद यवतमाल में खरीफ ने पकड़ी रफ्तार, फर्टिलाइजर की कीमत बढ़ने से किसान परेशान</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-kharif-season-fertilizer-price-hike-maharashtra-farmers-1824314.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 11:31:52 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 11:31:52 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Fertilizer-Price-Hike-in-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Chemical Fertilizers]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Vidarbha Farmers]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1824314</guid>

					<description><![CDATA[Fertilizer Price Hike Yavatmal: यवतमाल में बारिश के बाद खरीफ सीजन की कृषि गतिविधियां तेज हो गई हैं। जिले में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता है, लेकिन बढ़ती कीमतों से किसानों का बजट प्रभावित हुआ है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Fertilizer-Price-Hike-in-Yavatmal_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Kharif Season Fertilizer Price Hike Maharashtra Farmers"     /></figure><p class="isSelectedEnd"><strong>Fertilizer Price Increased For Farmers In Yavatmal</strong>: यवतमाल में खरीफ सीजन के दौरान बारिश होने के बाद कृषि गतिविधियों ने रफ्तार पकड़ ली है। जिले में सोयाबीन और कपास जैसी प्रमुख फसलों के लिए केमिकल फर्टिलाइजर का बड़े पैमाने पर आवंटन किया गया है। कृषि विभाग के अनुसार कुल 2 लाख 53 हजार मीट्रिक टन फर्टीलाइजर का आवंटन किया गया है। इनमें से अब तक 1 लाख 27 हजार 574 मीट्रिक टन की बिक्री हो चुकी है, जबकि करीब 74 हजार 442 मीट्रिक टन उर्वरक अभी भी उपलब्ध है।</p>
<h3 class="isSelectedEnd">मानसून में देरी से बढ़ी किसानों की परेशानी</h3>
<p class="isSelectedEnd">पिछले दिनों मानसून में देरी के कारण किसानों को बुवाई और कृषि सामग्री खरीदने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इसी दौरान कुछ कृषि केंद्रों पर कृत्रिम कमी पैदा कर किसानों से जबरन अतिरिक्त सामग्री खरीदवाने और लिंकिंग करने की शिकायतें भी सामने आई थीं। इसके बाद कृषि विभाग ने कई केंद्रों पर कार्रवाई करते हुए निरीक्षण किया और कुछ के लाइसेंस भी निलंबित किए।</p>
<h3 class="isSelectedEnd">मांग के मुकाबले आपूर्ति और बिक्री का हाल</h3>
<p class="isSelectedEnd">जिले में जून अंत तक 1 लाख 10 हजार 650 मीट्रिक टन उर्वरक की मांग दर्ज की गई थी, जबकि वास्तविक आपूर्ति 94 हजार 586 मीट्रिक टन रही। पिछले सीजन का बचा हुआ 1 लाख 7 हजार 430 मीट्रिक टन स्टॉक मिलाकर खरीफ सीजन के लिए कुल 2 लाख 2 हजार मीट्रिक टन फर्टिलाइजर उपलब्ध हुआ। इसमें से अब तक बड़ी मात्रा में बिक्री हो चुकी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/rain-season-disease-alert-clean-water-waste-management-yavatmal-1823490.html">यवतमाल: बरसात में संक्रामक रोगों से बचाव की अपील, स्वास्थ्य अधिकारी ने नागरिकों को दी सावधानी बरतने की सलाह</a></strong></p>
<h3 class="isSelectedEnd">बफर स्टॉक लक्ष्य लगभग पूरा</h3>
<p class="isSelectedEnd">MAIDC ने अपने बफर स्टॉक लक्ष्य का 99 प्रतिशत, वीसीएमएफ ने 95 प्रतिशत और MCDC ने 55 प्रतिशत लक्ष्य पूरा कर लिया है। खरीफ सीजन के बीच <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/chandrapur-farmers-demand-fifty-percent-subsidy-agriculture-inputs-2026-1820727.html">केमिकल फर्टिलाइजर</a> के दाम बढ़ने से किसानों का बजट प्रभावित हुआ है। 20:20:0:13 उर्वरक की कीमत में करीब 350 रुपये की बढ़ोतरी के बाद इसका दाम 1800 रुपये हो गया है। 12:32:16 और 10:26:26 उर्वरकों की कीमतों में 200 से 300 रुपये की वृद्धि दर्ज की गई है। अमोनिया उर्वरक के दाम भी 200 से 300 रुपये बढ़े हैं। इससे किसानों में नाराजगी देखी जा रही है।</p>
<p>जिला अधीक्षक <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahavistar-ai-app-yavatmal-one-lakh-farmers-download-2026-1820011.html">कृषि अधिकारी मनोजकुमार ढगे</a> ने किसानों और नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं भी संदिग्ध या नकली कृषि सामग्री की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत कृषि विभाग को दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>उद्धव ठाकरे आज यवतमाल और वाशिम का अहम दौरे पर, शिवसैनिक सम्मेलन के साथ किसानों से करेंगे सीधा संवाद</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/uddhav-thackeray-yavatmal-washim-tour-shivsena-ubt-farmers-conclave-1824219.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[रूपम सिंह]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 09:08:42 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 09:08:42 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Uddhav-Thackeray-Yavatmal-Tour_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Uddhav Thackeray]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1824219</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Farmers News: यवतमाल-वाशिम के सांसद संजय देशमुख के शिंदे गुट में जाने के बाद उद्धव ठाकरे आज विदर्भ दौरे पर हैं। वे शिवसैनिक सम्मेलन को संबोधित कर किसानों से संवाद साधेंगे।
]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Uddhav-Thackeray-Yavatmal-Tour_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Uddhav Thackeray Yavatmal Washim Tour Shivsena Ubt Farmers Conclave"     /></figure><p><strong>Yavatmal Tour Uddhav Thackeray:</strong> महाराष्ट्र की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों के बीच शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के प्रमुख उद्धव ठाकरे शनिवार को यवतमाल जिले के दौरे पर रहेंगे। इस दौरे को जिले की राजनीति के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हाल ही में यवतमाल-वाशिम लोकसभा क्षेत्र के सांसद संजय देशमुख के शिंदे गुट में शामिल होने के बाद क्षेत्र के राजनीतिक समीकरण बदल गए हैं। ऐसे में ठाकरे का यह दौरा संगठन को मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।</p>
<h3>शिवसैनिक सम्मेलन को करेंगे संबोधित</h3>
<p>कार्यक्रम के अनुसार उद्धव ठाकरे शुक्रवार रात नागपुर से यवतमाल पहुंचेंगे। शनिवार सुबह 10:30 बजे वे कृषि उत्पन्न बाजार समिति के बड़े यार्ड में आयोजित शिवसैनिक सम्मेलन को संबोधित करेंगे। सम्मेलन में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता और समर्थकों के शामिल होने की संभावना है। माना जा रहा है कि ठाकरे संगठन को लेकर आगामी रणनीति और राजनीतिक दिशा पर भी कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन करेंगे।</p>
<h3>किसानों के मुद्दों पर होगा विशेष फोकस</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-yashaswini-lok-sanchalita-sadhan-kendra-annual-meeting-1807859.html">यवतमाल कार्यक्रम</a> के बाद उद्धव ठाकरे दोपहर में वाशिम पहुंचेंगे, जहां वे किसानों के साथ संवाद करेंगे। इस दौरान कर्जमाफी, कृषि संकट, फसल से जुड़े मुद्दों और किसानों की अन्य समस्याओं पर चर्चा की जाएगी। पार्टी का उद्देश्य किसानों की समस्याओं को सुनकर उनके समाधान के लिए अपनी रणनीति स्पष्ट करना है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="अमरावती में उदय सामंत का बड़ा दावा: सभी 6 बागी सांसदों को दोबारा चुनकर लाएंगे CM शिंदे, असली शिवसेना हमारी ही" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/uday-samant-on-operation-tiger-eknath-shinde-shivsena-mps-amravati-1824210.html"> <span class="color-red">अमरावती में उदय सामंत का बड़ा दावा</span>: सभी 6 बागी सांसदों को दोबारा चुनकर लाएंगे CM शिंदे, असली शिवसेना हमारी ही </a></strong></p>
<h3>राजनीतिक घटनाक्रम पर भी रह सकती है प्रतिक्रिया</h3>
<p>हाल के दिनों में शिवसेना (यूबीटी) के कुछ सांसदों के अलग रुख अपनाने के बाद राज्य की राजनीति में नई चर्चाएं शुरू हुई हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि उद्धव ठाकरे अपने संबोधन के दौरान इन राजनीतिक घटनाक्रमों पर भी पार्टी का पक्ष रख सकते हैं। इसके अलावा संगठन को मजबूत करने और आगामी राजनीतिक चुनौतियों को लेकर भी वे कार्यकर्ताओं को संदेश दे सकते हैं।</p>
<h3>दौरे को लेकर बढ़ी राजनीतिक हलचल</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/uddhav-thackeray-emergency-meeting-matoshree-operation-tiger-eknath-shinde-1793893.html">उद्धव ठाकरे</a> के यवतमाल और वाशिम दौरे को लेकर स्थानीय राजनीतिक हलकों में हलचल तेज है। राजनीतिक विश्लेषकों की नजर इस बात पर रहेगी कि ठाकरे अपने संबोधन में संगठन, किसानों और मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों को लेकर क्या संदेश देते हैं। माना जा रहा है कि यह दौरा क्षेत्र में शिवसेना (यूबीटी) की आगे की रणनीति तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: बरसात में संक्रामक रोगों से बचाव की अपील, स्वास्थ्य अधिकारी ने नागरिकों को दी सावधानी बरतने की सलाह</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/rain-season-disease-alert-clean-water-waste-management-yavatmal-1823490.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 26 Jun 2026 18:39:17 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 26 Jun 2026 18:39:17 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Dr.-Nimish-Dhuldhule_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1823490</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Monsoon: तालुका स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले ने बरसात में संक्रामक रोगों से बचाव के लिए पानी‑स्रोत शुद्धिकरण, कचरा निपटान व त्वरित जांच की अपील की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Dr.-Nimish-Dhuldhule_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Rain Season Disease Alert Clean Water Waste Management Yavatmal"     /></figure><p><strong>Yavatmal Monsoon Disease Prevention: </strong>यवतमाल जिले के महागांव तालुका में विलंब से ही सही, लेकिन आखिरकार बारिश की शुरुआत हो चुकी है। वर्तमान में बरसात के मौसम में तेजी से फैलने वाले संक्रामक रोगों के खतरे से बचने के लिए आम नागरिकों, नगर पंचायत और ग्राम पंचायत प्रशासन को आवश्यक सावधानियां बरतनी चाहिए, ऐसा आह्वान तालुका स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले ने किया है।</p>
<p>राष्ट्रीय कीटजन्य रोग नियंत्रण और मलेरिया जनजागरण अभियान के अंतर्गत तथा संक्रामक रोग प्रतिबंधात्मक उपायों के तहत तालुका के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, उपकेंद्रों और गांवों में बड़े पैमाने पर जनजागृति की जा रही है। प्लास्टिक का बढ़ता उपयोग और कचरे का उचित प्रबंधन न होने के कारण गंदे पानी का निकास बाधित हो रहा है, जिससे मच्छरों की उत्पत्ति बढ़ रही है। इसलिए घरों के आसपास जमा हुआ पानी, गड्ढे, नालियां और गटर साफ रखना बेहद आवश्यक है, ऐसा उन्होंने जनता से अपील करते हुए कहा।</p>
<p>नागरिकों को बरसात में संक्रामक रोगों के खतरे से बचाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में कचरा और गोबर के ढेर, जो गांव के आसपास बड़ी मात्रा में दिखाई देते हैं, उनकी उचित निपटान व्यवस्था कर गांव और परिसर को स्वच्छ रखना बेहद जरूरी है। इसके साथ ही, पीने के पानी के स्रोतों को नियमित रूप से ब्लीचिंग पाउडर से शुद्ध किया जाना चाहिए। सार्वजनिक जलस्रोतों के परिसर को स्वच्छ रखने के साथ-साथ हर ग्राम पंचायत को अपने पास कम से कम तीन महीने का ब्लीचिंग पाउडर का अग्रिम भंडार (स्टॉक) उपलब्ध रखना चाहिए, ऐसे कड़े निर्देश दिए गए हैं।</p>
<h3>कुओं में बाढ़ का दूषित पानी</h3>
<p>डॉ. धुलधुले ने आगे बताया कि कोई भी बुखार मलेरिया हो सकता है। इसलिए बुखार आने पर लापरवाही न बरतते हुए तुरंत सरकारी <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-gondwana-university-vaidya-chikitsalay-tribal-healer-recognition-1822936.html">स्वास्थ्य केंद्र</a> में जाकर रक्त की जांच करानी चाहिए। नल के लीकेज और जलापूर्ति व्यवस्था के रिसाव को तुरंत दुरुस्त किया जाना चाहिए। नदी और नालों के किनारे स्थित कुओं में बाढ़ का दूषित पानी न घुसे, इसके लिए आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय करने चाहिए।</p>
<p>बरसात के दिनों में बासी भोजन, सड़ी हुई सब्जियां, दूषित मांस और मछली का सेवन करने से बचना चाहिए। हमेशा शुद्ध और उबला हुआ पानी ही पीने के लिए उपयोग में लाना चाहिए, जिससे गैस्ट्रो, दस्त और पीलिया जैसी जलजन्य (पानी से फैलने वाली) बीमारियों से बचाव संभव हो सके। गांव-गांव में ढिंढोरा (डुग्गी) पिटवाकर और अन्य माध्यमों से ग्रामीणों में जनजागृति करने का आह्वान भी किया गया है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="पुणे जिले में 121 ब्लैक स्पॉट चिह्नित, सड़क हादसे रोकने के लिए प्रशासन ने शुरू किया विशेष अभियान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/district-pune-highways-121-black-spots-identified-solapur-highway-danger-zones-1823381.html"> पुणे जिले में 121 ब्लैक स्पॉट चिह्नित, सड़क हादसे रोकने के लिए प्रशासन ने शुरू किया विशेष अभियान </a></strong></p>
<h3>अति जोखिम वाले गांवों की सूची तैयार</h3>
<p>तालुका स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय ने क्षेत्र के अति जोखिम वाले (हाई-रिस्क) गांवों की सूची तैयार कर ली है। संभावित प्राकृतिक आपदा व संक्रामक रोगों के फैलने की स्थिति में सभी स्वास्थ्य कर्मियों को अनिवार्य रूप से अपने मुख्यालय में उपस्थित रहकर तत्परता से सेवा देने के निर्देश दिए गए हैं। इस दौरान छोटे बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं के लिए आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं [Omitted] प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध रखने पर विशेष जोर दिया गया है।</p>
<p>बदलते मौसम और आपदा संबंधी पूर्व सूचनाओं को ध्यान में रखते हुए किसानों को कृषि कार्य करते समय विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। विशेषकर आकाशीय बिजली गिरने की संभावना को देखते हुए सभी को सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करना चाहिए, ऐसा आह्वान तालुका स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. निमिष धुलधुले ने किया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में पीएम आवास योजना की किस्त अटकी, आशियाना तोड़ तिरपाल के नीचे रहने को मजबूर हुए कई परिवार</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-pm-awas-yojana-installment-stuck-beneficiaries-plastic-tent-rain-1822498.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sat, 27 Jun 2026 13:46:51 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sat, 27 Jun 2026 13:46:51 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/PM-Awas-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1822498</guid>

					<description><![CDATA[PM Awas Yojana Stuck: मारेगांव में PM आवास योजना की किस्त न मिलने से लाभार्थी बारिश में प्लास्टिक टेंट में रहने को मजबूर। नगर पंचायत में न मुख्याधिकारी, न अभियंता, योजना लावारिस साबित।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/PM-Awas-Yojana_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Pm Awas Yojana Installment Stuck Beneficiaries Plastic Tent Rain"     /></figure><p><strong>Yavatmal PM Awas Yojana Installment Stuck: </strong>यवतलाल जिले के मारेगांव शहर में &amp;#8216;प्रधानमंत्री आवास योजना&amp;#8217; के तहत घर बनाने वाले कई लाभार्थियों को योजना की अगली किस्त समय पर न मिलने के कारण भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। किस्त अटकने की वजह से अनेक परिवार अपने अधूरे मकानों के बीच ही बारिश के इस मौसम में प्लास्टिक का टेंट लगाकर रहने को मजबूर हो गए हैं।</p>
<p>लाभार्थियों ने योजना का लाभ मिलने की उम्मीद में अपने पुराने कच्चे आशियाने तोड़ दिए थे और पक्के घर का सपना संजोया था। लेकिन नगर पंचायत प्रशासन की लापरवाही के चलते उनका यह सपना अधूरा रह गया। अब स्थिति यह है कि कई परिवारों के सिर पर पक्की छत तक नहीं है और उन्हें झुग्गीनुमा अस्थायी ठिकानों में दिन गुजारने पड़ रहे हैं।</p>
<p>स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-water-crisis-jal-jeevan-mission-failure-tribal-villages-thirst-1703992.html"> मारेगांव नगर पंचायत</a> में न तो कोई स्थायी मुख्याधिकारी (सीओ) मौजूद हैं और न ही निर्माण (बांधकाम) अभियंता। पूरा प्रशासन प्रभारियों के भरोसे चल रहा है, जिसके कारण आवास योजना से जुड़े कार्यों में अत्यधिक देरी हो रही है।</p>
<h3>अधिकारियों की कमी और प्रशासन की उदासीनता</h3>
<p>अधिकारियों की कमी और प्रशासनिक उदासीनता का सीधा खमियाजा गरीब लाभार्थियों को भुगतना पड़ रहा है। बारिश के इस चुनौतीपूर्ण मौसम में छोटे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। पीड़ित लाभार्थियों ने जिला प्रशासन से जल्द से जल्द लंबित किस्त जारी करने और आवास निर्माण कार्य को गति देने की पुरजोर मांग की है।</p>
<h3>बुढ़ापे में तिरपाल के नीचे गुजारा करना पड़ रहा है</h3>
<p>लाभार्थी लीलाबाई किनाके ने कहा है कि &amp;#8220;हम पहले जिस कच्चे मकान में रह रहे थे, वही अच्छा था। अब इस बुढ़ापे में तिरपाल के नीचे दिन गुजारने पड़ रहे हैं। नगर पंचायत प्रशासन ने हमारे साथ दगा किया है। नपं के बार-बार चक्कर काटने पर भी हमें कोई राहत नहीं मिली।&amp;#8221;</p>
<h3>नीचे से ऊपर तक सारा सिस्टम फेल है: पार्षद</h3>
<p>मारेगांव पार्षद छाया किनाके ने कहा है कि &amp;#8220;नगर पंचायत में मुख्याधिकारी और बांधकाम अभियंता, दोनों के ही पद प्रभारी के भरोसे हैं। यहां तक कि अनुबंध (ठेके) पर काम कर रहे अभियंता ने भी काम छोड़ दिया है। प्रधानमंत्री आवास योजना मारेगांव में पूरी तरह &amp;#8216;लावारिस&amp;#8217; साबित हो रही है। अधिकारियों को लिखित निवेदन और ज्ञापन सौंपकर भी कुछ नहीं हुआ; नीचे से लेकर ऊपर तक सारा सिस्टम फेल हो चुका है।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="‘जल्दी घर क्यों आए…’ पार्टी के बाद छोटी सी बात पर बड़े भाई ने पेट में घोंपा चाकू, अमरावती में मची सनसनी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/amravati-brother-stabs-brother-four-times-rajura-serious-condition-1822305.html"> ‘जल्दी घर क्यों आए…’ पार्टी के बाद छोटी सी बात पर बड़े भाई ने पेट में घोंपा चाकू, अमरावती में मची सनसनी </a></strong></p>
<h3>प्रशासन ने हमें फंसाया, योजना फेल साबित हुई</h3>
<p>मारेगांव लाभार्थी पुष्पा गोपाल उईके ने कहा है कि  &amp;#8220;आज हमें प्लास्टिक और ग्रीन नेट बांधकर खुले में रहना पड़ रहा है। नगर पंचायत प्रशासन ने हमें बुरी तरह फंसाया है। हमारे लिए तो यह प्रधानमंत्री आवास योजना पूरी तरह फेल साबित हुई है।&amp;#8221;</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल TB हॉस्पिटल क्वार्टरधारकों को हाईकोर्ट से राहत, 9 सितंबर तक जबरन बेदखली पर रोक</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-tb-hospital-quarters-highcourt-relief-eviction-stay-bot-dispute-1822477.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 26 Jun 2026 13:42:33 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 26 Jun 2026 13:42:33 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Nagpur-Court_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1822477</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal TB Hospital News: यवतमाल TB हॉस्पिटल क्वार्टर खाली कराने के नोटिस के खिलाफ हाईकोर्ट ने 9 सितंबर तक बेदखली रोकी। BOT शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के 90 साल के करार पर भी विवाद गहराया।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Nagpur-Court_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Tb Hospital Quarters Highcourt Relief Eviction Stay Bot Dispute"     /></figure><p><strong>Yavatmal TB Hospital Quarters Eviction: </strong>यवतमाल टीबी हॉस्पिटल परिसर स्थित सरकारी क्वार्टरों में वर्षों से रह रहे निवासियों को मुंबई उच्च न्यायालय की नागपुर खंडपीठ से बड़ी राहत मिली है। क्वार्टर खाली करने के नोटिस के खिलाफ दायर रिटयाचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायालय ने 9 सितंबर तक संबंधित परिवारों को कानूनी संरक्षण प्रदान किया है तथा इस अवधि में किसी भी प्रकार की जबरन बेदखली पर रोक लगा दी है।</p>
<p>नगर परिषद यवतमाल द्वारा इस परिसर में एक व्यावसायिक संकुल (शॉपिंग कॉम्प्लेक्स) विकसित करने का प्रस्ताव तैयार किए जाने के बाद यहाँ के रहवासियों को स्थान खाली करने के नोटिस जारी किए गए थे। टीबी हॉस्पिटल परिसर के कई परिवार पिछले तीन से चार दशकों से इन क्वार्टरों में रह रहे हैं। वैकल्पिक आवास की उचित व्यवस्था किए बिना की जा रही इस प्रशासनिक कार्रवाई से इन परिवारों के सामने बेघर होने का संकट खड़ा हो गया था।</p>
<p>इसी कार्रवाई के विरोध में रहवासियों की ओर से<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/bombay-high-court-concern-over-water-crisis-in-maharashtra-1815883.html"> मुंबई उच्च न्यायालय</a> की नागपुर खंडपीठ में एक रिट याचिका दायर की गई। याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता वैभव गोविंद एडके और अधिवक्ता ऋषिकेश एस. भोयर ने पक्ष रखा। उन्होंने न्यायालय को बताया कि बिना किसी पूर्व व्यवस्था के तत्काल बेदखली करने से निवासियों के आवास, बच्चों की शिक्षा, रोजगार और अन्य मूलभूत अधिकार बुरी तरह प्रभावित होंगे।</p>
<h3>9 सितंबर तक खाली करने की तैयारी का हलफनामा</h3>
<p>सुनवाई के दौरान रहवासियों ने न्यायालय में एक शपथपत्र (हलफनामा) प्रस्तुत कर कहा कि यदि उन्हें वैकल्पिक व्यवस्था करने के लिए थोड़ा समय दिया जाए, तो वे 9 सितंबर 2026 तक स्वयं क्वार्टर खाली करने को तैयार हैं। न्यायालय ने इस हलफनामे को रिकॉर्ड पर लेते हुए 23 जून 2026 को दिए गए अपने अंतरिम संरक्षण आदेश को आगे भी बरकरार रखा। न्यायालय के इस निर्णय से प्रभावित परिवारों को फिलहाल बड़ी राहत मिली है, लेकिन उनके स्थायी पुनर्वास का प्रश्न अब भी अनसुलझा बना हुआ है। आगामी महीनों में नगर परिषद इन परिवारों के पुनर्वास को लेकर क्या कदम उठाती है, इस पर सभी की निगाहें टिकी हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="‘जल्दी घर क्यों आए…’ पार्टी के बाद छोटी सी बात पर बड़े भाई ने पेट में घोंपा चाकू, अमरावती में मची सनसनी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/amravati-brother-stabs-brother-four-times-rajura-serious-condition-1822305.html"> ‘जल्दी घर क्यों आए…’ पार्टी के बाद छोटी सी बात पर बड़े भाई ने पेट में घोंपा चाकू, अमरावती में मची सनसनी </a></strong></p>
<h3>बीओटी शॉपिंग कॉम्प्लेक्स को लेकर बढ़ा विवाद</h3>
<ul>
<li>टीबी हॉस्पिटल परिसर की नगर परिषद के स्वामित्व वाली बहुमूल्य भूमि पर बीओटी (बिल्ड-ऑपरेट-ट्रांसफर) आधार पर शॉपिंग कॉम्प्लेक्स निर्माण के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद राजनीतिक विवाद और तेज हो गया है।</li>
<li>विपक्षी नगरसेवकों का दावा है कि शहर के मध्य स्थित यह भूमि बाजार मूल्य के अनुसार सैकड़ों करोड़ रुपये की है। ऐसे में मात्र 95 करोड़ रुपये के करार के तहत, पूरे 90 वर्षों के लिए किसी निजी डेवलपर को यह भूमि सौंपे जाने के निर्णय पर गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं।</li>
<li>कांग्रेस के नगरसेवकों ने इस समझौते का कड़ा विरोध करते हुए करार की शर्तों, भूमि के वास्तविक मूल्यांकन और नगर परिषद को होने वाले संभावित भारी आर्थिक नुकसान की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है।</li>
</ul>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पहली बारिश में सामने आया भ्रष्टाचार, यवतमाल में 50 लाख की भूमिगत नाली लीक, जलभराव से तालाब जैसी स्थिति</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/maregaon-underground-drain-leakage-first-rain-corruption-allegation-1822421.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 26 Jun 2026 13:31:00 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 26 Jun 2026 13:31:00 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Drain-Leakage-Corruption_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1822421</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Corruption News: मारेगांव के प्रभाग 4 में 50 लाख की भूमिगत नाली पहली बारिश में ही लीक हो गई। जलभराव से तालाब जैसी स्थिति, घटिया सामग्री और भ्रष्टाचार के आरोप, जांच की मांग।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Drain-Leakage-Corruption_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Maregaon Underground Drain Leakage First Rain Corruption Allegation"     /></figure><p><strong>Yavatmal Underground Drain Leakage Corruption: </strong>यवतमाल जिले के मारेगांव शहर के प्रभाग नंबर 4 में पिछले दिनों लगभग 50 लाख रुपये की लागत से भूमिगत (अंडरग्राउंड) नाली का निर्माण कराया गया था। लेकिन निर्माण कार्य पूरा होने के कुछ ही समय बाद, पहली ही बारिश में इसमें लीकेज की गंभीर समस्या सामने आने लगी है। इसके कारण पूरे प्रभाग में कई स्थानों पर पानी जमा हो गया है और तालाब जैसी स्थिति बन गई है।</p>
<p>स्थानीय नागरिकों का कहना है कि नाली निर्माण कार्य में भारी अनियमितता बरती गई है और घटिया सामग्री का उपयोग किया गया है। जगह-जगह लीकेज होने से संबंधित ठेकेदार द्वारा किए गए कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। इस मामले ने निर्माण कार्य में संभावित भ्रष्टाचार को उजागर कर दिया है।</p>
<p>साथ ही, इस समस्या ने नगर पंचायत की लापरवाही को भी सामने ला दिया है। समय रहते कार्य का निरीक्षण न किए जाने और समय पर मरम्मत न होने के कारण आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जलभराव से लोगों का आवागमन बाधित हो रहा है और गंदगी बढ़ने से स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है।</p>
<p>प्रभाग के मुहम्मद शेख, खलील शेख, नितिन खैरे, मुजफ्फर शेख सहित अन्य नागरिकों ने नगर पंचायत प्रशासन से मांग की है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए तथा लीकेज की समस्या का तत्काल समाधान कर लोगों को राहत दी जाए।</p>
<h3>घटिया सामग्री का उपयोग कर हुआ भ्रष्टाचार: पार्षद</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/who-will-form-power-over-maregaon-nagar-panchayat-will-the-army-be-an-alliance-of-congress-or-will-a-different-equation-be-seen-494489.html">मारेगांव नगर पंचायत</a> पार्षद अंजुम नबी शेख ने कहा है कि &amp;#8220;मैंने बड़ी मेहनत और लगन से इस क्षेत्र का विकास करने के उद्देश्य से लगभग एक करोड़ रुपये के आसपास का फंड मंजूर कराया था। परंतु, संबंधित ठेकेदार ने भूमिगत नाली के निर्माण में बेहद घटिया सामग्री का उपयोग कर सरासर भ्रष्टाचार किया है। पहली ही बारिश में भूमिगत नाली लीक होने के कारण जगह-जगह जलजमाव हो गया है। इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार दोषियों पर तुरंत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।&amp;#8221;</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a title="गड़चिरोली की 5 एम्बुलेंस के इंजन समेत कलपुर्जे गायब! सिर्विसिंग के लिए भेजी थी चंद्रपुर, जानें पूरा मामला" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/garchiroli/gadchiroli-ambulance-scam-missing-engine-parts-chandrapur-servicing-delay-1820191.html"> गड़चिरोली की 5 एम्बुलेंस के इंजन समेत कलपुर्जे गायब! सिर्विसिंग के लिए भेजी थी चंद्रपुर, जानें पूरा मामला</a></strong></p>
<h3>किए गए कार्य की उच्च स्तरीय जांच हो: नपा अध्यक्ष</h3>
<p>मारेगांव नगर पंचायत अध्यक्ष डॉ. मनीष मरकी ने कहा है कि  &amp;#8220;हाल ही में हुए इस भूमिगत नाली के निर्माण कार्य में निश्चित रूप से बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ है, जिस वजह से पहली ही बारिश में यह नाली जगह-जगह से लीक हो गई। संबंधित ठेकेदार द्वारा किए गए इस पूरे कार्य की नगर पंचायत के मुख्याधिकारी (सीओ) को स्वयं संज्ञान लेकर बारीकी से जांच-पड़ताल करनी चाहिए।&amp;#8221;</p>
<p>-नवभारत लाइव के लिए उमर शरीफ की रिपोर्ट</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल की 515 दुकानों की लीज विवाद: डॉ. वाघमारे ने हाईकोर्ट में दाखिल की जनहित याचिका</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-515-shops-lease-pil-highcourt-dr-waghmare-auction-1822236.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Fri, 26 Jun 2026 10:30:34 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Fri, 26 Jun 2026 10:30:34 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Municipal-Counci_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1822236</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Municipal Council News: यवतमाल नगर परिषद की 515 दुकानों की लीज समाप्त होने के बाद भी 6 साल से नीलामी नहीं। हाईकोर्ट आदेश की अनदेखी पर नगरसेवक डॉ. वाघमारे ने दाखिल की PIL।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Municipal-Counci_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal 515 Shops Lease Pil Highcourt Dr Waghmare Auction"     /></figure><p><strong>Yavatmal Shops Lease PIL In High Court: </strong>यवतमाल नगर परिषद की 34 बाजारपेठों में स्थित 515 दुकान गालों (दुकानों) की लीज (पट्टा) समाप्त होने के बावजूद, पिछले छह वर्षों से उनकी सार्वजनिक नीलामी नहीं किए जाने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। इस संबंध में मुंबई उच्च न्यायालय की नागपुर खंडपीठ के वर्ष 2019 के स्पष्ट आदेशों के बावजूद कार्रवाई न होने का आरोप लगाया गया है। इस मामले में नगरसेवक एवं गटनेता डॉ. नीरज वाघमारे ने उच्च न्यायालय में एक जनहित याचिका (रिट याचिका क्र. 4776/2026) दाखिल की है। याचिका में नगर परिषद प्रशासन पर अदालत के आदेशों की अवहेलना और गंभीर वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाया गया है।</p>
<p>याचिका के अनुसार, यवतमाल नगर परिषद क्षेत्र की कुल 34 बाजारपेठों में 744 दुकान गाले हैं। इनमें से 515 दुकानों की लीज अवधि समाप्त हो चुकी है, जबकि केवल 129 दुकानें ही वैध लीज पर हैं। लीज समाप्त होने के बावजूद कई कब्जेदारों द्वारा दुकानों पर नियंत्रण बनाए रखने से नगर परिषद को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है।</p>
<h3>कम किराया और कथित अनियमितताएं</h3>
<p>जानकारी के अनुसार,<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-monsoon-rain-deficit-lightning-strikes-three-dead-2026-1817771.html"> यवतमाल शहर</a> के मुख्य बाजारों में दुकानों का मासिक किराया मात्र लगभग 5 हजार रुपये है, जिसमें वर्षों से कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। आरोप है कि कई दुकानों को मूल लीजधारकों द्वारा आगे 2 से 4 करोड़ रुपये में हस्तांतरित (ट्रांसफर) कर दिया गया, जबकि नगर परिषद को बेहद कम किराया ही मिलता रहा।</p>
<p>डॉ. नीरज वाघमारे ने कहा कि शहर में कई गरीब व्यापारी सड़क किनारे या छोटे शेड में व्यवसाय कर रहे हैं, जबकि कुछ चुनिंदा लोगों को नियमों की अनदेखी कर अनुचित लाभ दिया गया है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि पारदर्शी नीलामी प्रक्रिया लागू कर सभी को समान अवसर दिया जाए।</p>
<h3>तत्काल सार्वजनिक नीलामी कराने की मांग</h3>
<p>याचिका में सभी 34 बाजारपेठों की 515 दुकानों का पुनः किराया निर्धारण (रेडी रेकनर के अनुसार) कर पारदर्शी निविदा प्रक्रिया के माध्यम से तत्काल सार्वजनिक नीलामी कराने की मांग की गई है। साथ ही, नगर परिषद के आर्थिक हितों की रक्षा के लिए आवश्यक निर्देश देने की अपील भी अदालत से की गई है।</p>
<p>याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता एम. पी. खाजांची ने यह याचिका दायर की है। इसमें नगर विकास विभाग के प्रधान सचिव, नगर परिषद प्रशासन संचालक, जिलाधिकारी यवतमाल तथा नगर परिषद मुख्याधिकारी (सीओ) को प्रतिवादी बनाया गया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं, क्योंकि इससे नगर परिषद की कार्यप्रणाली और राजस्व नीति पर महत्वपूर्ण निर्णय संभावित है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर के तरोडी, बिडगाव व खरबी के निवासियों को मिला मालिकाना हक; राज्य सरकार ने दी सीधे आवंटन की नीतिगत मंजूरी" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/nit-land-direct-allotment-tarodi-bidgaon-kharbi-ownership-rights-nagpur-improvement-trust-1820510.html"> नागपुर के तरोडी, बिडगाव व खरबी के निवासियों को मिला मालिकाना हक; राज्य सरकार ने दी सीधे आवंटन की नीतिगत मंजूरी </a></strong></p>
<h3>न्यायालय के आदेश के बावजूद कार्रवाई नहीं</h3>
<p>18 फरवरी 2019 को उच्च न्यायालय ने इन दुकानों का पुनः किराया निर्धारण कर सार्वजनिक नीलामी प्रक्रिया लागू करने के आदेश दिए थे। इसके अलावा, 22 जनवरी 2021 को यवतमाल नगर परिषद प्रशासन के संचालक ने भी नीलामी के निर्देश जारी किए थे। इसके बावजूद, स्थानीय प्रशासन द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।</p>
<p>याचिका में दावा किया गया है कि इस लापरवाही के कारण नगर परिषद को करोड़ों रुपये के संभावित राजस्व का नुकसान हो रहा है, जिसका उपयोग शहर के विकास कार्यों में हो सकता था। <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/akola/maharashtra-municipal-election-results-vikas-yoddha-manch-bjp-performance-1812992.html">महाराष्ट्र नगरपरिषद</a> अधिनियम के तहत तय अवधि से अधिक समय तक लीज पर संपत्ति देने की वैधता पर भी सवाल उठाए गए हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal News: पुसद नगर परिषद में पगडंडी सड़क पर कब्जे का आरोप, आनंदाशिष नगर लेआउट की मंजूरी रद्द करने की मांग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/pusad-nagar-parishad-pagdanndi-road-encroachment-layout-approval-controversy-yavatmal-1821297.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 25 Jun 2026 19:47:52 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 25 Jun 2026 19:47:52 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Pagdandi-Road-Encroachment-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1821297</guid>

					<description><![CDATA[Layout Approval Controversy: पुसद में पगडंडी सड़क पर कब्जे के आरोप के बाद आनंदाशिष नगर लेआउट की मंजूरी रद्द करने की मांग उठी है। सामाजिक कार्यकर्ताओं ने मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Pagdandi-Road-Encroachment-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Pusad Nagar Parishad Pagdanndi Road Encroachment Layout Approval Controversy Yavatmal"     /></figure><div class="text-base my-auto mx-auto [--thread-content-margin:var(--thread-content-margin-xs,calc(var(--spacing)*4))] @w-sm/main:[--thread-content-margin:var(--thread-content-margin-sm,calc(var(--spacing)*6))] @w-lg/main:[--thread-content-margin:var(--thread-content-margin-lg,calc(var(--spacing)*16))] px-(--thread-content-margin)">
<div class="[--thread-content-max-width:40rem] @w-lg/main:[--thread-content-max-width:48rem] mx-auto max-w-(--thread-content-max-width) flex-1 group/turn-messages focus-visible:outline-hidden relative flex w-full min-w-0 flex-col agent-turn" data-conversation-screenshot-content="">
<div class="flex max-w-full flex-col gap-4 grow">
<div class="min-h-8 text-message relative flex w-full flex-col items-end gap-2 text-start break-words whitespace-normal outline-none keyboard-focused:focus-ring [.text-message+&amp;]:mt-1" dir="auto" data-message-author-role="assistant" data-message-id="5bc636de-ae82-42ba-9e7d-9b8416a754f4" data-message-model-slug="gpt-5-5">
<div class="flex w-full flex-col gap-1 empty:hidden">
<div class="markdown prose dark:prose-invert wrap-break-word w-full light markdown-new-styling">
<p data-start="170" data-end="527"><strong>Municipal Layout Approval Controversy in Yavatmal District</strong>: यवतमाल के पुसद नगर परिषद क्षेत्र में विकसित की जा रही एक आवासीय परियोजना को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि सार्वजनिक उपयोग की पगडंडी सड़क पर कब्जा कर प्लॉटिंग की गई है। उन्होंने आनंदाशिष नगर लेआउट की अंतिम मंजूरी रद्द कर पगडंडी सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराने तथा प्लॉट खरीदारों के साथ कथित धोखाधड़ी को रोकने की मांग की है।</p>
<p data-start="577" data-end="955">प्राप्त जानकारी के अनुसार, पुसद खंड-2 अंतर्गत सर्वे नंबर 10/4, क्षेत्रफल 0.40 हेक्टेयर भूमि के अकृषक (एनए) विकास एवं अंतिम अभिन्यास (लेआउट) मंजूरी के लिए लेआउट धारक आनंद अशोकराव शिरमवार और आशिष अशोकराव शिरमवार ने 12 अगस्त 2024 को नगर परिषद के मुख्याधिकारी के समक्ष आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन प्रस्तुत किया था। इसके बाद 13 नवंबर 2024 को लेआउट को अंतिम मंजूरी प्रदान कर दी गई।</p>
<h3 data-section-id="xrxnnc" data-start="957" data-end="1006"><span role="text"><strong data-start="961" data-end="1006">पगडंडी सड़क</strong> पर<strong data-start="961" data-end="1006"> प्लॉटिंग कर बिक्री का आरोप</strong></span></h3>
<p data-start="1008" data-end="1284">शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि मंजूरी मिलने के बाद लेआउट धारकों ने सार्वजनिक पगडंडी सड़क पर कब्जा कर वहां प्लॉटिंग की और प्लॉटों की बिक्री शुरू कर दी। उनका कहना है कि इससे प्लॉट खरीदने वाले लोगों के साथ धोखाधड़ी हो रही है तथा भविष्य में कानूनी विवाद की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।</p>
<p data-start="1346" data-end="1704">निवेदन में कहा गया है कि उप अधीक्षक भूमि अभिलेख, पुसद द्वारा 1 दिसंबर 2023 को पत्र क्रमांक 1587 के माध्यम से आशिष शिरमवार को सूचित किया गया था कि सर्वे नंबर 15, 46, 10, 47, 4 और 3 से सटी हुई एक पगडंडी सड़क मौजूद है। यह सड़क अंग्रेजकालीन पुसद-मोहा मार्ग का हिस्सा बताई गई है, जिसकी चौड़ाई 33 मीटर है और इसका उल्लेख भूमि अभिलेख विभाग के रिकॉर्ड में भी दर्ज है।</p>
<h3 data-section-id="1wifjot" data-start="1706" data-end="1748"><span role="text"><strong data-start="1710" data-end="1748">नक्शे में सड़क</strong> नहीं<strong data-start="1710" data-end="1748"> दिखाने का आरोप</strong></span></h3>
<p data-start="1750" data-end="2043">शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि उक्त पगडंडी सड़क को लेआउट की नापजोख शीट और नक्शे में दर्शाया ही नहीं गया। उनका कहना है कि सड़क पर कब्जा कर प्लॉटिंग की गई तथा वहां सीमेंट और ईंटों की पक्की दीवार भी खड़ी कर दी गई है। इस मामले में भूमि अभिलेख विभाग के कुछ अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल उठाए गए हैं।</p>
<p data-start="1750" data-end="2043"><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahavistar-ai-app-yavatmal-one-lakh-farmers-download-2026-1820011.html">एक क्लिक में दूर होगी खेती की हर समस्या, यवतमाल में Mahavistar AI App से जुड़े 1 लाख से अधिक लोग</a></strong></p>
<h3 data-section-id="jf0r2j" data-start="2045" data-end="2088"><span role="text"><strong data-start="2049" data-end="2088">मंजूरी की शर्तों</strong> के<strong data-start="2049" data-end="2088"> उल्लंघन का दावा</strong></span></h3>
<p data-start="2090" data-end="2562"><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/pusad-np-order-of-the-district-magistrate-to-take-action-on-the-chief-officer-of-559144.html">नगर परिषद मुख्याधिकारी</a>, पुसद द्वारा 13 नवंबर 2024 को जारी अंतिम मंजूरी आदेश की शर्त क्रमांक 4 में स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि लेआउट की सीमा और क्षेत्रफल भूमि अभिलेख विभाग द्वारा प्रमाणित सीमांकन नक्शे (नापजोख क्रमांक 113880/2024, दिनांक 18 अक्टूबर 2024) के अनुसार ही मान्य होंगे। आदेश में यह भी कहा गया है कि यदि सीमा या क्षेत्रफल को लेकर कोई विवाद अथवा भिन्नता पाई जाती है, तो मंजूरी स्वतः निरस्त मानी जाएगी। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि इन शर्तों का उल्लंघन किया गया है।</p>
<h3 data-section-id="rtazif" data-start="2564" data-end="2627"><span role="text"><strong data-start="2568" data-end="2627">कार्रवाई नहीं होने</strong> पर<strong data-start="2568" data-end="2627"> जिलाधिकारी के पास जाने की चेतावनी</strong></span></h3>
<p data-start="2629" data-end="2968">सामाजिक कार्यकर्ता लक्ष्मण कांबले ने 29 जनवरी 2026 को इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद 4 मई 2026 को स्मरण पत्र भी सौंपा गया। आरोप है कि शिकायत के पांच माह बाद भी नगर परिषद, उपविभागीय अधिकारी और तहसीलदार स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसी कारण शिकायतकर्ता ने अब मामले को लेकर जिलाधिकारी,<a href="http://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-monsoon-rain-deficit-lightning-strikes-three-dead-2026-1817771.html"> यवतमाल </a>के समक्ष जाने की चेतावनी दी है।</p>
<p data-start="3025" data-end="3309">उप अधीक्षक, भूमि अभिलेख कार्यालय, पुसद अशोक राठोड़ ने कहा कि यदि पगडंडी सड़क से संबंधित मामला है तो उसकी जांच की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि नगर परिषद ने इस लेआउट को एनए अनुमति प्रदान की है, इसलिए यह उनकी जिम्मेदारी थी। उनका यह भी कहना है कि यदि किसी प्रकार की अनियमितता पाई जाती है तो जांच कर आगे आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।</p>
</div>
</div>
</div>
</div>
</div>
</div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>Yavatmal: एक महीने के इंतजार के बाद बारिश से किसानों को राहत, गाज गिरने से 4 लोगों की मौत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/farmers-relief-after-heavy-rainfall-four-deaths-in-rain-related-incidents-1820292.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 25 Jun 2026 13:39:34 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 25 Jun 2026 13:39:34 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Heavy-Rainfall-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Heavy Rains]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1820292</guid>

					<description><![CDATA[Heavy Rainfall: 1 महीने के इंतजार के बाद हुई जोरदार बारिश से किसानों को राहत मिली। 11 राजस्व मंडलों में अतिवृष्टि दर्ज हुई। आकाशीय बिजली और अन्य घटनाओं में चार लोगों की मौत हुई और 16 मकान उजड़े।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Heavy-Rainfall-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Farmers Relief After Heavy Rainfall Four Deaths In Rain Related Incidents"     /></figure><p class="isSelectedEnd"><strong>Heavy Rainfall Affects Several Villages</strong>: पिछले एक महीने से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों को आखिरकार 23 जून को राहत मिली। यवतमाल जिले में दोपहर बाद शुरू हुई जोरदार बारिश ने किसानों के चेहरे खिला दिए। 23 और 24 जून को जिले में कुल 24 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जबकि 11 राजस्व मंडलों में 65 मिमी से अधिक बारिश होने से अतिवृष्टि की स्थिति बन गई।</p>
<p class="isSelectedEnd">हालांकि, बारिश के साथ हुई आकाशीय बिजली और अन्य घटनाओं में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि 16 मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं।</p>
<h2>आद्रा नक्षत्र में बरसे मेघ, बुवाई कार्य ने पकड़ी रफ्तार</h2>
<p class="isSelectedEnd">मृग नक्षत्र के दौरान अपेक्षित वर्षा नहीं होने से किसान चिंतित थे और आद्रा नक्षत्र में अच्छी बारिश की उम्मीद लगाए बैठे थे। 23 जून को हुई जोरदार वर्षा ने किसानों को बड़ी राहत दी है। 24 जून से जिलेभर में खरीफ फसलों की बुवाई का कार्य तेज हो गया है।</p>
<h2>बारिश के दौरान चार लोगों की मौत</h2>
<p class="isSelectedEnd">बारिश के दौरान हुई विभिन्न घटनाओं में जनहानि भी हुई। यवतमाल के आशीष जयकुमार कापसे की तालाब में डूबने से मृत्यु हो गई।</p>
<p class="isSelectedEnd">वहीं, कलंब तहसील के उमरी निवासी भीमराव काटकर और निखिल भोयर तथा उमरखेड तहसील के महेश गणेश आडे की आकाशीय बिजली गिरने से मौत हो गई। दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।</p>
<p class="isSelectedEnd">रालेगांव तहसील में बिजली गिरने से एक पशुधन की भी मौत हुई है।</p>
<h2>16 मकान हुए क्षतिग्रस्त</h2>
<p class="isSelectedEnd">23 जून को जिले की कई तहसीलों में हुई मूसलाधार बारिश के कारण 11 राजस्व मंडलों में 65 मिमी से अधिक वर्षा दर्ज की गई। पुसद तहसील के एक गांव में 5 मकान, वणी तहसील में 7, बाभुलगांव तहसील में 1 और नेर तहसील में 3 मकान क्षतिग्रस्त हुए। इस प्रकार जिले के 5 गांवों में कुल 16 मकानों को आंशिक अथवा पूर्ण नुकसान पहुंचा है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/chandrapur-heavy-rainfall-kharif-crops-relief-waterlogging-taluka-wise-data-2026-1820260.html">चंद्रपुर में मोनसून की दस्तक; 2 दिन तक हुई मुसलधार बारिश</a></strong></p>
<h2>छह हेक्टेयर क्षेत्र की फसलें प्रभावित</h2>
<p class="isSelectedEnd"><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/jalna/jalna-climate-change-drought-excessive-rainfall-history-14-years-1773703.html">अतिवृष्टि</a> के कारण जिले में लगभग 6 हेक्टेयर क्षेत्र की फसलें और कृषि भूमि प्रभावित हुई हैं। नेर तहसील के एक गांव में 0.70 आर कृषि भूमि बह गई।</p>
<p class="isSelectedEnd">वहीं, दारव्हा तहसील के दो गांवों में 2.71 हेक्टेयर क्षेत्र की फसलें नुकसानग्रस्त हुईं तथा 0.72 आर कृषि भूमि का कटाव हुआ है।</p>
<h2>वणी में सबसे अधिक बारिश</h2>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-monsoon-rain-deficit-lightning-strikes-three-dead-2026-1817771.html">यवतमाल जिले</a> में एक ही रात में औसतन 23.3 मिमी वर्षा दर्ज की गई। सबसे अधिक 72.0 मिमी वर्षा वणी तहसील में दर्ज की गई, जिससे वहां अतिवृष्टि जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, महागांव की देशी शराब दुकान बंद करने का आदेश रद्द</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/high-court-stays-mahagaon-liquor-shop-shutdown-order-1820211.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 25 Jun 2026 12:55:37 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 25 Jun 2026 12:55:37 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Liquor-Shop-shutdown-_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Bombay High Court]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1820211</guid>

					<description><![CDATA[Liquor Shop Shutdown: महागांव की देशी शराब दुकान बंद करने का जिलाधिकारी का आदेश हाईकोर्ट ने रद्द किया। मतदाता सूची में संशोधन पर सुनवाई न होने को आधार बनाया, हालांकि दुकान फिलहाल बंद ही रहेगी।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Liquor-Shop-shutdown-_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="High Court Stays Mahagaon Liquor Shop Shutdown Order"     /></figure><p><strong>Court Grants Stay On Liquor Shop Shutdown Directive:</strong> यवतमाल जिले के महागांव नगरपंचायत क्षेत्र के वसंतराव नाईक चौक स्थित देशी शराब दुकान को बंद करने के संबंध में जिलाधिकारी द्वारा जारी आदेश को मुंबई उच्च न्यायालय की नागपुर खंडपीठ ने रद्द कर दिया है। अदालत ने कहा कि मतदाता सूची में संशोधन करते समय संबंधित पक्षों को सुनवाई का उचित अवसर नहीं दिया गया।</p>
<p>अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि नए निर्णय होने तक यह देशी शराब दुकान बंद ही रहेगी। महागांव नगरपंचायत के वार्ड क्रमांक-1 की कुछ महिलाओं ने देशी शराब दुकान बंद करने की मांग की थी। इसके बाद राज्य आबकारी विभाग ने नियमों के तहत गुप्त मतदान कराया।</p>
<p>इस में कुल महिला मतदाता की संख्या 145 थी जिसमे से दुकान बंद करने के समर्थन में 69 वोट और दुकान बंद करने के विरोध में 7 वोट आए ,1 वोट अवैध घोषित किया गया।</p>
<h3>मतदाता सूची में संशोधन को लेकर विवाद</h3>
<p>प्रारंभिक गणना में यह माना गया कि 145 मतदाताओं के आधार पर 69 वोट 50 प्रतिशत से कम हैं। बाद में कुछ महिलाओं ने शिकायत की कि मतदाता सूची में 5 महिलाओं को मृत दर्शाया गया है और 3 नाम दोहराए गए हैं। तहसीलदार महागांव की जांच रिपोर्ट में मतदाताओं की संख्या 145 के बजाय 137 बताई गई। इसी आधार पर जिलाधिकारी ने 69 वोटों को 50 प्रतिशत से अधिक मानते हुए देशी शराब दुकान बंद करने का आदेश जारी किया था।</p>
<p>दुकान संचालकों ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर कहा कि मूल मतदाता संख्या 145 थी। आठ नाम बिना सुनवाई का अवसर दिए सूची से हटाए गए। कथित मृत महिलाओं के मृत्यु प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं थे और दोहरे नामों का दावा भी तथ्यात्मक रूप से गलत है।</p>
<p>सरकारी पक्ष ने अदालत में कहा कि वास्तविक मतदाता संख्या 137 थी। ऐसे में 69 वोट स्पष्ट बहुमत साबित करते हैं और जिलाधिकारी द्वारा जारी आदेश नियमों के अनुरूप है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-illegal-tendu-patta-collection-dispute-pandharkawda-forest-2026-1813803.html">यवतमाल के पांढरकवड़ा वन क्षेत्र में तेंदूपत्ता संकलन पर समिति और ठेकेदार में टकराव</a></strong></p>
<h3>सभी पक्षों को सुनकर लिया जाएगा नया निर्णय</h3>
<p>न्यायमूर्ति रोहित जोशी की अदालत ने कहा कि मतदाता सूची में बदलाव जैसा महत्वपूर्ण निर्णय संबंधित पक्षों को सुनवाई का अवसर दिए बिना नहीं लिया जा सकता। कुछ नामों को हटाए जाने को लेकर संदेह और अस्पष्टता बनी हुई है। इसलिए सभी पक्षों को सुनकर नया निर्णय लिया जाना आवश्यक है। इसी आधार पर अदालत ने जिलाधिकारी का आदेश रद्द कर दिया और मामले को पुनः सुनवाई के लिए वापस भेज दिया है।</p>
<p>अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि अंतिम निर्णय आने तक<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahagaon-police-crackdown-on-illegal-liquor-shops-women-protest-2026-1785394.html"> देशी शराब दुकान बंद</a> ही रहेगी। सभी पक्षों को 1 जुलाई 2026 को जिलाधिकारी कार्यालय में उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, जिलाधिकारी को 15 अगस्त 2026 से पहले अंतिम निर्णय लेने को कहा गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>एक क्लिक में दूर होगी खेती की हर समस्या, यवतमाल में Mahavistar AI App से जुड़े 1 लाख से अधिक लोग</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/mahavistar-ai-app-yavatmal-one-lakh-farmers-download-2026-1820011.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Thu, 25 Jun 2026 09:03:11 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Thu, 25 Jun 2026 09:03:11 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahavistar-AI-App_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1820011</guid>

					<description><![CDATA[Mahavistar AI App: यवतमाल में कृषि विभाग के 'महाविस्तार एआई' ऐप को 1.02 लाख से अधिक किसानों ने डाउनलोड किया है। इसके जरिए किसानों को मौसम, बाजार भाव व योजनाओं की जानकारी मिल रही है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Mahavistar-AI-App_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Mahavistar Ai App Yavatmal One Lakh Farmers Download 2026"     /></figure><p><strong>Mahavistar AI App Downloads In Yavatmal: </strong>यवतमाल कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए कृषि विभाग द्वारा विकसित &amp;#8216;महाविस्तार एआई&amp;#8217; (AI) ऐप किसानों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। जिले में अब तक 1 लाख 2 हजार 680 किसानों ने इस ऐप को डाउनलोड किया है। कुछ तकनीकी समस्याओं को छोड़ दें, तो किसानों को इस डिजिटल प्लेटफॉर्म से काफी लाभ मिल रहा है। &amp;#8216;महाविस्तार एआई&amp;#8217; एक कृत्रिम बुद्धिमत्ता (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) आधारित आधुनिक डिजिटल सहायक ऐप है, जिसे किसानों के जीवन को आसान बनाने और खेती को अधिक लाभदायक बनाने के उद्देश्य से विकसित किया गया है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/amravati/mahavistar-ai-app-digital-farming-revolution-india-1555915.html">महाविस्तार एआई ऐप</a> किसानों की विभिन्न जरूरतों से जुड़ी जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराता है। इसके माध्यम से बुवाई की पद्धति, उर्वरकों का सही उपयोग, जल प्रबंधन तथा फसल सुरक्षा संबंधी समय पर सलाह प्राप्त की जा सकती है। कृषि विभाग के अनुसार, यह ऐप पारंपरिक खेती और आधुनिक तकनीक के बीच की दूरी को कम करने का एक प्रयास है। ऐप में उपलब्ध एआई आधारित चैट-बॉट की मदद से किसान अपनी भाषा में प्रश्न पूछ सकते हैं और तुरंत समाधान प्राप्त कर सकते हैं।</p>
<p>इसके अलावा, मौसम का पूर्वानुमान, बाजार भाव की रियल-टाइम जानकारी, कीट एवं रोग नियंत्रण के उपाय तथा सरकारी योजनाओं की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाती है। ऐप के माध्यम से किसान &amp;#8216;फार्मर आईडी&amp;#8217; का उपयोग कर विभिन्न कृषि योजनाओं और पोकरा योजना सहित अन्य लाभकारी योजनाओं के लिए आवेदन भी कर सकते हैं। मौसम के पूर्वानुमान के आधार पर बुवाई और कटाई की योजना बनाना आसान हो जाता है, वहीं बाजार भाव की जानकारी मिलने से फसल बिक्री के बेहतर निर्णय लिए जा सकते हैं।</p>
<h3>किसानों के लिए डिजिटल क्रांति</h3>
<p>जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-farmer-id-deadline-20-may-2026-agristack-pm-kisan-benefits-mandatory-registration-1708352.html">मनोजकुमार ढगे</a> ने कहा कि &amp;#8216;महाविस्तार एआई&amp;#8217; ऐप किसानों के लिए एक डिजिटल क्रांति साबित हो रहा है। इसके माध्यम से कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं की जानकारी, आवेदन प्रक्रिया, कृषि विशेषज्ञों से संपर्क तथा अन्य किसानों के साथ संवाद की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे एक मजबूत किसान समुदाय का निर्माण होगा और किसानों को आधुनिक तकनीक का अधिक लाभ मिल सकेगा।</p>
<h3>ऐप की प्रमुख विशेषताएं</h3>
<p>एआई आधारित चैट-बॉट, मौसम पूर्वानुमान, फसल सलाह, फसल की प्रमाणित कार्यपद्धति, मृदा स्वास्थ्य पत्रिका, उर्वरक गणना सुविधा, कीट एवं रोग नियंत्रण मार्गदर्शन, डिजिटल कृषि विद्यालय, बाजार भाव की जानकारी, गोदाम उपलब्धता की जानकारी और डीबीटी योजनाओं की जानकारी मिलती है।</p>
<h3>यहां डाउनलोड करे एप</h3>
<p>गूलग प्लेस्टोर लिंक: <a href="https://play.google.com/store/apps/details">Mahavistar AI App</a><br />
ऑफिसियल वेबसाइट: <a href="https://mahavistaraiapp.in/">mahavistaraiapp.in</a></p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="पुणे मनपा की 5 अंग्रेजी स्कूलें 9 साल के लिए आकांक्षा फाउंडेशन को सौंपी जाएंगी, विपक्ष का जोरदार विरोध" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/pmc-pune-english-medium-schools-ppp-model-akanksha-foundation-bjp-oppostion-1818873.html"> पुणे मनपा की 5 अंग्रेजी स्कूलें 9 साल के लिए आकांक्षा फाउंडेशन को सौंपी जाएंगी, विपक्ष का जोरदार विरोध </a></strong></p>
<h3>तहसील अनुसार डाउनलोड करने वाले किसानों की संख्या</h3>
<div id="model-response-message-contentr_d80badbe1521323c" class="markdown markdown-main-panel tutor-markdown-rendering enable-luminous-fast-follows enable-updated-hr-color" dir="ltr" aria-live="polite" aria-busy="false">
<div class="responsive-table"><table data-path-to-node="1">
<thead>
<tr>
<td><strong>तहसील</strong></td>
<td><strong>पंजीकृत किसान (ऐप डाउनलोड)</strong></td>
</tr>
</thead>
<tbody>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,1,0,0"><b data-path-to-node="1,1,0,0" data-index-in-node="0">आर्णी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,1,1,0">6,458</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,2,0,0"><b data-path-to-node="1,2,0,0" data-index-in-node="0">बाभूलगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,2,1,0">4,457</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,3,0,0"><b data-path-to-node="1,3,0,0" data-index-in-node="0">दारव्हा</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,3,1,0">6,962</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,4,0,0"><b data-path-to-node="1,4,0,0" data-index-in-node="0">दिग्रस</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,4,1,0">4,464</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,5,0,0"><b data-path-to-node="1,5,0,0" data-index-in-node="0">घाटंजी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,5,1,0">4,850</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,6,0,0"><b data-path-to-node="1,6,0,0" data-index-in-node="0">कलंब</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,6,1,0">6,245</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,7,0,0"><b data-path-to-node="1,7,0,0" data-index-in-node="0">पांढरकवड़ा (केलापुर)</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,7,1,0">6,948</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,8,0,0"><b data-path-to-node="1,8,0,0" data-index-in-node="0">महागाव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,8,1,0">6,310</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,9,0,0"><b data-path-to-node="1,9,0,0" data-index-in-node="0">मारेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,9,1,0">5,150</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,10,0,0"><b data-path-to-node="1,10,0,0" data-index-in-node="0">नेर</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,10,1,0">6,473</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,11,0,0"><b data-path-to-node="1,11,0,0" data-index-in-node="0">पुसद</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,11,1,0">9,410</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,12,0,0"><b data-path-to-node="1,12,0,0" data-index-in-node="0">रालेगांव</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,12,1,0">5,542</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,13,0,0"><b data-path-to-node="1,13,0,0" data-index-in-node="0">उमरखेड</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,13,1,0">8,592</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,14,0,0"><b data-path-to-node="1,14,0,0" data-index-in-node="0">वणी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,14,1,0">9,464</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,15,0,0"><b data-path-to-node="1,15,0,0" data-index-in-node="0">यवतमाल</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,15,1,0">5,969</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,16,0,0"><b data-path-to-node="1,16,0,0" data-index-in-node="0">झरी जामणी</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,16,1,0">5,386</span></td>
</tr>
<tr>
<td><span data-path-to-node="1,17,0,0"><b data-path-to-node="1,17,0,0" data-index-in-node="0">कुल योग</b></span></td>
<td><span data-path-to-node="1,17,1,0"><b data-path-to-node="1,17,1,0" data-index-in-node="0">1,02,680</b></span></td>
</tr>
</tbody>
</table></div>
<p data-path-to-node="2">
</div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के पांढरकवडा यातायात उपशाखा में स्टाफ का भारी संकट, 12 पदों के मुकाबले केवल 3 कर्मचारी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-pandharkawda-traffic-police-staff-crisis-only-3-employees-1818922.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 24 Jun 2026 17:51:16 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 24 Jun 2026 17:51:16 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Traffic-Police-Staff-Crisis_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1818922</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Traffic Police Crisis: पांढरकवडा यातायात उपशाखा में कर्मचारियों की कमी है। 12 स्वीकृत पदों के लिए केवल 3 कर्मचारी कार्यरत हैं, जिससे 5 थाना क्षेत्रों की यातायात व्यवस्था पर दबाव बढ़ गया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Traffic-Police-Staff-Crisis_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Pandharkawda Traffic Police Staff Crisis Only 3 Employees"     /></figure><p><strong>Yavatmal Traffic Police Staff Crisis</strong> :यवतमाल जिला यातायात नियंत्रण उपशाखा पांढरकवडा के अंतर्गत आने वाले विस्तृत क्षेत्र की यातायात व्यवस्था इन दिनों पूरी तरह चरमराने की स्थिति में पहुंच गई है। उपशाखा में कुल 12 अधिकारियों और कर्मचारियों के पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में मात्र 3 कर्मचारियों के भरोसे पूरा कामकाज चलाया जा रहा है। इनमें एक सहायक पुलिस निरीक्षक, दो सहायक पुलिस उपनिरीक्षक (ASI) और एक चालक शामिल हैं।</p>
<h3>दो एएसआई के तबादले से उपशाखा पर अस्तित्व का संकट</h3>
<p>विशेष बात यह है कि यहां कार्यरत दो एएसआई का अन्य स्थानों पर तबादला भी हो चुका है। यदि उन्हें कार्यमुक्त किया जाता है तो उपशाखा में कर्मचारियों की संख्या शून्य हो जाएगी। इससे पांढरकवडा यातायात उपशाखा के अस्तित्व पर ही संकट खड़ा होने की आशंका जताई जा रही है।</p>
<p>पांढरकवडा यातायात उपशाखा के अधिकार क्षेत्र में पांढरकवडा, वडकी, रालेगांव, घाटंजी और पारवा सहित चार से पांच पुलिस थानों का बड़ा क्षेत्र आता है। राष्ट्रीय और राज्य मार्गों पर यातायात नियंत्रण, दुर्घटनाओं की रोकथाम, वीआईपी बंदोबस्त तथा शहर की आंतरिक यातायात व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी इसी विभाग पर है। लेकिन स्वीकृत पदों की तुलना में बेहद कम स्टाफ होने के कारण इतने बड़े क्षेत्र में प्रभावी नियंत्रण रखना मुश्किल हो गया है।</p>
<h3>साप्ताहिक बाजार और त्योहारों में बढ़ता है दबाव</h3>
<p>वडकी, रालेगांव, घाटंजी, पारवा और पांढरकवडा में लगने वाले साप्ताहिक बाजारों तथा त्योहारों के दौरान यातायात का दबाव काफी बढ़ जाता है। ऐसे समय में उपलब्ध तीन कर्मचारियों के लिए सभी स्थानों पर एक साथ मौजूद रहना संभव नहीं हो पाता। कर्मचारियों की कमी के कारण कार्यरत स्टाफ पर अत्यधिक काम का बोझ बढ़ गया है। यदि जल्द ही अतिरिक्त कर्मचारी उपलब्ध नहीं कराए गए तो क्षेत्र की <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/senior-citizen-writes-to-nagpur-road-infrastructure-high-court-over-potholed-roads-and-waterlogging-1818581.html">यातायात व्यवस्था</a> पूरी तरह प्रभावित हो सकती है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-illegal-tendu-patta-collection-dispute-pandharkawda-forest-2026-1813803.html">यवतमाल के पांढरकवड़ा वन क्षेत्र में तेंदूपत्ता संकलन पर समिति और ठेकेदार में टकराव</a></strong></p>
<h3>वरिष्ठ कार्यालय को भेजी गई विस्तृत जानकारी</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/22-personnel-will-be-appointed-on-samruddhi-mahamarg-will-handle-traffic-security-system-at-2-points-557363.html">जिला यातायात नियंत्रण</a> उपशाखा, पांढरकवडा के एपीआई प्रकाश तायडे ने बताया कि उपलब्ध कर्मचारियों के साथ वडकी, रालेगांव, घाटंजी, पारवा और पांढरकवडा क्षेत्रों में साप्ताहिक बाजारों सहित अन्य दिनों में भी यातायात व्यवस्था की जिम्मेदारी निभाई जा रही है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में उपशाखा में केवल तीन कर्मचारी कार्यरत हैं। रिक्त पदों के संबंध में वरिष्ठ कार्यालय को विस्तृत जानकारी भेजी गई है। वरिष्ठ अधिकारियों ने जल्द नए कर्मचारियों की नियुक्ति का आश्वासन दिया है, जिससे निकट भविष्य में स्टाफ की कमी दूर होने की उम्मीद है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में मानसून सुस्त, 69.5% बारिश की कमी, गाज गिरने से 3 की मौत, कई तहसीलों में झमाझम बारिश से राहत</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-monsoon-rain-deficit-lightning-strikes-three-dead-2026-1817771.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Wed, 24 Jun 2026 16:37:10 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Wed, 24 Jun 2026 16:37:10 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Wearther-Update_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1817771</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Weather Update: यवतमाल जिले में 23 जून तक सामान्य से 69.5% कम बारिश हुई है, जिससे किसान चिंतित हैं। इसी बीच अलग-अलग जगहों पर बिजली गिरने से 3 लोगों की मौत हो गई और 3 गंभीर घायल हो गए।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Wearther-Update_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Monsoon Rain Deficit Lightning Strikes Three Dead 2026"     /></figure><p><strong>Yavatmal Rainfall Shortage: </strong>यवतमाल जिले में मानसून की शुरुआत अपेक्षा के अनुसार नहीं हुई है। 23 जून तक यवतमाल जिले में औसत 125.7 मिमी सामान्य वर्षा के मुकाबले केवल 38.3 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य वर्षा का मात्र 30.5 प्रतिशत है। इससे जिले में अब तक 69.5 प्रतिशत वर्षा की कमी दर्ज की गई है।</p>
<p>यवतमाल जिला प्रशासन द्वारा जारी वर्षा रिपोर्ट के अनुसार, जिले की विभिन्न तहसीलों में वर्षा की स्थिति असमान बनी हुई है। दारव्हा तहसील में सर्वाधिक 66.3 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो सामान्य वर्षा का 56.3 प्रतिशत है। इसके अलावा नेर में 53.2 मिमी, मारेगांव में 48.8 मिमी तथा दिग्रस में 45.3 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई है।</p>
<p>वहीं, बाभुलगांव में 19.9 मिमी, महागांव में 24.0 मिमी तथा यवतमाल तहसील में केवल 22.5 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। ये आंकड़े सामान्य वर्षा की तुलना में काफी कम हैं। 23 जून को हुई वर्षा की बात करें तो दारव्हा तहसील में सबसे अधिक 54.8 मिमी बारिश हुई। इसके बाद नेर में 34.1 मिमी, मारेगांव में 28.8 मिमी और रालेगांव में 24.9 मिमी वर्षा दर्ज की गई।</p>
<p>रिपोर्ट के अनुसार, अमरावती संभाग में भी अब तक सामान्य 113.2 मिमी वर्षा के मुकाबले केवल 31.5 मिमी वर्षा हुई है, जो सामान्य का 27.8 प्रतिशत है। कृषि क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी दिनों में अच्छी बारिश नहीं होने पर खरीफ फसलों की बुआई प्रभावित हो सकती है। किसान अब मानसून के तेज होने की उम्मीद लगाए बैठे हैं।</p>
<h3>दारव्हा और नेर में अतिवृष्टि</h3>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-water-crisis-dams-water-level-drops-drinking-water-supply-restricted-1813371.html">यवतमाल जिले</a> के दारव्हा और नेर तहसील में 22 जून को अतिवृष्टि दर्ज की गई। दारव्हा तहसील के लाड़खेड़ और महागांव में 71 मिमी बारिश दर्ज की गई। तहसील के शिरजगांव में 74 मिमी बारिश दर्ज की गई है।</p>
<h3>गाज गिरने से युवक की दर्दनाक मौत</h3>
<p>यवतमाल जिले के उमरखेड़ मंगलवार को दोपहर करीब 2:30 बजे अमडापुर धरण के पास खेत परिसर में हुई दर्दनाक घटना में आकाशीय बिजली गिरने से एक 23 वर्षीय युवक की मौत हो गई, जबकि उसके पिता सहित दो अन्य लोग झुलस गए। इनमें एक बुजुर्ग की हालत गंभीर बताई जा रही है, जानकारी के अनुसार, भोज नगर तांडा निवासी महेश गणेश आहे (23) अपने पिता गणेश फकीरा आड़े (55) और कालु कनिराम पवार (70) के साथ मवेशी चराने के लिए खेत में गए थे।</p>
<p>इसी दौरान अचानक मौसम बदल गया और गरज-चमक के साथ तेज बारिश शुरू हो गई। इसी बीच आकाशीय बिजली गिरने से तीनों लोग इसकी चपेट में आ गए। घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों और किसानों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर सभी को फुलसावंगी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने जांच के बाद महेश आड़े को मृत घोषित कर दिया और शव को पोस्टमार्टम के लिए सवना भेज दिया गया। गंभीर रूप से घायल कालु पवार को आगे के इलाज के लिए उपजिला अस्पताल रेफर किया गया है।</p>
<h3>घाटंजी तहसील में मानसून की एंट्री</h3>
<p>यवतमाल जिले के घाटंजी शहर सहित पूरे तहसील में मंगलवार दोपहर के समय मानसून ने जोरदार दस्तक दी। लगभग डेढ़ घंटे तक हुई मूसलाधार बारिश ने लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे नागरिकों और बुवाई कर चुके किसानों को बड़ी राहत दी है। जून महीने के अंतिम चरण तक भी पर्याप्त बारिश न होने से किसान चिंतित थे, लेकिन इस तेज बारिश ने खरीफ सीजन को नई ऊर्जा दी है। मुख्य बाजार, बस स्टैंड परिसर, तहसील कार्यालय मार्ग, पंचायत समिति क्षेत्र और विभिन्न कॉलोनियों में पानी भर गया। ऐसे समय में हुई इस बारिश ने फसलों को जीवनदान दिया है और किसानों के चेहरों पर राहत व खुशी देखने को मिल रही है।</p>
<h3>बिजली गिरने से 2 की मौत, एक गंभीर घायल</h3>
<p>यवतमाल जिले के कलंब तहसील अंतर्गत उमरी गांव में सोमवार दोपहर 4 बजे के दौरान आसमानी गाज गिरने से दो लोगों की मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को उपचार के लिए यवतमाल भेजा गया है। प्राप्त प्राथमिक जानकारी के अनुसार, उमरी निवासी भीमराव रामभाऊ लाकडे (55) तथा निखिल वाल्मिक भोयर (32) खेत में मौजूद थे।</p>
<p>इसी दौरान दोपहर करीब 4 बजे अचानक आकाशीय बिजली गिर गई। घटना में दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं साहिल भीमराव लाकडे (20) गंभीर रूप से झुलस गया। स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल उपचार के लिए यवतमाल के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="नागपुर पुलिस महकमे में बड़ा बदलाव: रमेश धुमाल संभालेंगे विशेष शाखा, जानें गृह मंत्रालय की नई ट्रांसफर लिस्ट" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/vishwas-nangare-patil-appointed-as-nagpur-police-commissioner-in-major-reshuffle-1817772.html"> <span class="color-red">नागपुर पुलिस महकमे में बड़ा बदलाव</span>: रमेश धुमाल संभालेंगे विशेष शाखा, जानें गृह मंत्रालय की नई ट्रांसफर लिस्ट </a></strong></p>
<h3>मारेगांव में मूसलाधार बारिश की दस्तक</h3>
<p>यवतमाल जिले के मारेगांव शहर में मंगलवार दोपहर करीब 2 बजे तेज बारिश ने जोरदार दस्तक दी। इस बारिश से भीषण गर्मी और उमस से परेशान नागरिकों को बड़ी राहत मिली, वहीं किसानों में भी खुशी का माहौल देखने को मिला। मृग नक्षत्र समाप्ति की ओर होने के बावजूद अपेक्षित बारिश नहीं होने से किसानों पर दोबारा बुवाई का संकट मंडरा रहा था। बारिश की कमी के कारण किसान चिंतित थे, लेकिन आज हुई जोरदार बारिश से फसलों को नई जीवनदायिनी मिलने की उम्मीद जगी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल: पुसद में अवैध साहूकारी पर सहकार विभाग का शिकंजा, 16 घंटे की छापेमारी में कोरे चेक व अहम दस्तावेज जब्त</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/pusad-yavatmal-illegal-moneylending-raid-blank-cheques-seized-1815915.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[रूपम सिंह]]></dc:creator>
				<pubDate>Tue, 23 Jun 2026 12:22:32 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Tue, 23 Jun 2026 12:22:32 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-News-10_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Revenue workers]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1815915</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal News: यवतमाल के पुसद में अवैध सूदखोरी के खिलाफ प्रशासन का बड़ा एक्शन। नांदपुर में 16 घंटे चली छापेमारी में कोरे चेक, डायरी सहित वित्तीय लेन-देन के 20 अहम दस्तावेज जब्त।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-News-10_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Pusad Yavatmal Illegal Moneylending Raid Blank Cheques Seized"     /></figure><p><strong>Yavatmal Illegal Moneylending:</strong> यवतमाल में अवैध साहूकारी (सूदखोरी) के खिलाफ सहकार विभाग ने पुसद तहसील के नांदपुर (मोहा) गांव में बड़ी कार्रवाई करते हुए छापेमारी की। इस दौरान कथित अवैध साहूकारी से जुड़े 20 महत्वपूर्ण दस्तावेज, कोरे चेक, डायरी तथा अन्य कागजात जब्त किए गए हैं। जब्त सामग्री की जांच के बाद संबंधित कानून के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। जानकारी के अनुसार, कैलास दुर्गासिंह पवार, निवासी नांदपुर (मोहा) के खिलाफ अवैध साहूकारी की शिकायत प्राप्त हुई थी।</p>
<p>गांव के प्रल्हाद जाधव और संतोष गोपीचंद जाधव ने सहायक निबंधक, सहकारी संस्था, पुसद कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के आधार पर 22 जून को सहकार विभाग की विशेष टीम ने कैलास पवार के निवास पर छापा मारा। सहकार विभाग ने बताया कि जब्त दस्तावेजों की गहन जांच की जाएगी और महाराष्ट्र साहूकारी (विनियमन) अधिनियम, 2014 की संबंधित धाराओं के अनुसार आगे की कानूनी कार्रवाई प्रस्तावित की जाएगी।</p>
<p>यह कार्रवाई सहायक निबंधक के। एस। मरके के मार्गदर्शन में की गई। अवैध साहूकारी के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत चार अलग-अलग टीमों ने विभिन्न स्थानों पर एक साथ छापेमारी की। नांदपुर (मोहा) में की गई कार्रवाई लगभग 16 घंटे तक चली, जिसमें कुल 9 सदस्यीय दल शामिल था।</p>
<p>कार्रवाई में सहकार विभाग, <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/mauda-illegal-sand-mining-transportation-night-operations-revenue-loss-nagpur-1766257.html">राजस्व विभाग</a> तथा पुलिस विभाग के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से भाग लिया। टीम में सहकार अधिकारी, सहायक सहकार अधिकारी, ग्राम राजस्व अधिकारी, पुलिस उपनिरीक्षक तथा पंच के रूप में राजस्व विभाग के कर्मचारी शामिल थे। पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी कराई गई।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:-<a title="वर्धा में लंबे इंतजार के बाद हुई झमाझम बारिश, भीषण गर्मी से मिली राहत; अब दमदार मानसून की आस में बैठे किसान" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/wardha/monsoon-wardha-rain-brings-relief-from-heat-farmers-await-heavy-showers-1815900.html"> वर्धा में लंबे इंतजार के बाद हुई झमाझम बारिश, भीषण गर्मी से मिली राहत; अब दमदार मानसून की आस में बैठे किसान </a></strong></p>
<h3>कोरे चेक सहित कई दस्तावेज मिले</h3>
<p>सहकार विभाग के अनुसार यह अभियान <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/pusad-additional-collector-office-yavatmal-district-administration-division-1667337.html">जिलाधिकारी यवतमाल</a>, जिला पुलिस अधीक्षक, जिला उपनिबंधक सहकारी संस्था, तहसीलदार पुसद तथा तहसील स्तरीय प्रशासनिक समन्वय समिति के मार्गदर्शन में हुआ। महाराष्ट्र साहूकारी (विनियमन) अधिनियम, 2014 की धारा 16 के तहत प्राप्त अधिकारों का उपयोग करते हुए की गई इस छापेमारी में अवैध वित्तीय लेन-देन से संबंधित दस्तावेज, कोरे धनादेश (ब्लैंक चेक), डायरी और अन्य महत्वपूर्ण कागजात जब्त किए गए हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>तेंडोली में शॉर्ट सर्किट से भीषण आग, पिकअप वाहन और ट्रांसफार्मर जलकर खाक</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/tendoli-short-circuit-fire-pickup-transformer-burnt-arni-1815204.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[महाराष्ट्र डेस्क]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 22 Jun 2026 21:01:11 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 22 Jun 2026 21:01:11 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Short-Circuit-Fire_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Fire]]></category>
		<category><![CDATA[Fire Brigade]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1815204</guid>

					<description><![CDATA[Short Circuit Fire: आर्णी तहसील के तेंडोली गांव में शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई, जिसमें एक पिकअप वाहन, बिजली वितरण का डीपी ट्रांसफार्मर और आंगनवाड़ी परिसर की पानी की टंकी जलकर खाक हो गई।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Short-Circuit-Fire_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Tendoli Short Circuit Fire Pickup Transformer Burnt Arni"     /></figure><p><strong>Tendoli Fire Incident:</strong> आर्णी तहसील के तेंडोली गांव में सोमवार 22 जून दोपहर करीब 3 बजे शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई। इस हादसे में एक पिकअप वाहन, बिजली वितरण का डीपी ट्रांसफार्मर तथा आंगनवाड़ी परिसर की पानी की टंकी पूरी तरह जलकर खाक हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, शंकर तुकाराम ठाकरे की पिकअप डीपी के पास खड़ी थी।</p>
<p>इसी दौरान अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ और वाहन में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया तथा वाहन के साथसाथ डीपी को भी अपनी चपेट में ले लिया।आग की लपटें पास स्थित आंगनवाड़ी परिसर तक पहुंच गईं, जिससे वहां लगी पानी की टंकी भी जलकर नष्ट हो गई।</p>
<h3>आग की चपेट में आया ट्रांसफार्मर</h3>
<p>घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण बड़ी संख्या में मौके पर जमा हो गए। हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और एक बड़ा अनर्थ टल गया। सूचना मिलते ही आर्णी नगर परिषद का <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/noc-irregularities-high-rise-buildings-nagpur-fire-safety-concerns-1770425.html">अग्निशमन दल</a></strong> तत्काल घटनास्थल पर पहुंचा। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।</p>
<p><strong>ये भी पढ़े: <a class="title" title="पुरंदर एयरपोर्ट परियोजना पर किसानों का सवाल, 75% भूमि अधिग्रहण के दावे पर उठाए गंभीर प्रश्न" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/purandar-airport-land-acquisition-farmers-question-compensation-1813515.html"> पुरंदर एयरपोर्ट परियोजना पर किसानों का सवाल, 75% भूमि अधिग्रहण के दावे पर उठाए गंभीर प्रश्न </a></strong></p>
<h3>आंगनवाड़ी परिसर को भी हुआ नुकसान</h3>
<p>इस दौरान राजस्व विभाग, <strong><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/neet-exam-security-photocopy-shops-closed-nagpur-paper-leak-prevention-1811969.html/amp">पुलिस प्रशासन</a> </strong>के अधिकारी-कर्मचारी तथा गांव के नागरिक भी मौके पर मौजूद रहे। ग्रामीणों का कहना है कि यदि अग्निशमन दल समय पर नहीं पहुंचता तो आग आसपास के घरों तक फैल सकती थी, जिससे बड़ा नुकसान होने की आशंका थी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के पांढरकवड़ा वन क्षेत्र में तेंदूपत्ता संकलन पर समिति और ठेकेदार में टकराव</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal-illegal-tendu-patta-collection-dispute-pandharkawda-forest-2026-1813803.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 22 Jun 2026 16:11:21 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 22 Jun 2026 16:11:21 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Illegal-Tendu-patta-collection_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Department]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1813803</guid>

					<description><![CDATA[Illegal Tendu Patta: यवतमाल के पांढरकवड़ा वन विभाग क्षेत्र में अवैध तेंदूपत्ता फड़ संचालन को लेकर विवाद गहरा गया है। अधिकृत लाइसेंसधारक ने आर्थिक नुकसान का आरोप लगाया और तत्काल कार्रवाई की मांग की।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Illegal-Tendu-patta-collection_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Illegal Tendu Patta Collection Dispute Pandharkawda Forest 2026"     /></figure><p><strong>Illegal Tendu Patta Collection Dispute In Yavatmal Forests</strong>: यवतमाल के पांढरकवड़ा वन विभाग के अंतर्गत आने वाले तेंदू घटक क्रमांक 7 के ढोकी रोड, बोथ और वडनेर गांवों में अवैध रूप से तेंदू फड़ चलाकर वन विभाग के नियमों का खुला उल्लंघन किया जा रहा है। इस संबंध में अधिकृत लाइसेंस धारक द्वारा जिलाधिकारी, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, मुख्य वन संरक्षक, उपवन संरक्षक और गुट विकास अधिकारी को बार-बार लिखित शिकायतें देने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।</p>
<h3><strong>प्रशासन की ढीली</strong> कार्यप्रणाली<strong> से लाखों पत्तों के नुकसान का खतरा</strong></h3>
<p>प्रशासन की इस ढीली और विलंबपूर्ण कार्यप्रणाली के कारण संग्रहण केंद्रों पर रखी लाखों तेंदूपत्तियों के खराब होने का खतरा पैदा हो गया है, जिससे लाइसेंसधारक को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। तेंदू सीजन 2026 के लिए अफरोज ट्रेडिंग कंपनी की लाइसेंस धारक परवीन अब्दुल गिलानी ने ई-निविदा प्रक्रिया में विधिवत भाग लेकर शासन के नियमों के अनुसार सर्वाधिक बोली लगाई थी।</p>
<p>इसके आधार पर मुख्य वन संरक्षक, प्रादेशिक यवतमाल वनवृत्त कार्यालय ने कंपनी को तेंदू घटक 7 पांढरकवडा पेसा विकल्प क्रमांक 1 के लिए अधिकृत लाइसेंसधारक के रूप में मंजूरी प्रदान की। कंपनी ने 29 अप्रैल को विधिवत करार पूरा कर 10 प्रतिशत EMD और 25 प्रतिशत बैंक गारंटी भी उपवन संरक्षक कार्यालय में जमा की।</p>
<h3>अनुमति के बाद शुरू हुआ तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य</h3>
<p>इसके बाद कंपनी को संबंधित गांवों में तेंदूपत्ता संग्रहण की अधिकृत अनुमति प्रदान की गई। अनुमति मिलने के बाद अफरोज ट्रेडिंग कंपनी ने ढोकी रोड, बोथ और वडनेर गांवों में तेंदू फड़ का संचालन शुरू किया। लेकिन प्रशासनिक आदेशों की अनदेखी करते हुए स्थानीय सामूहिक वनाधिकार प्रबंधन समिति ने अपना अलग अवैध तेंदू फड़ शुरू कर दिया।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/campa-fund-scam-dfo-bn-swamy-transfer-forest-department-corruption-news-1813709.html">कैंपा फंड घोटाले के आरोपों के बीच DFO बी. एन. स्वामी का अचानक तबादला, विभाग में मचा हड़कंप</a></strong></p>
<h3>लाइसेंसधारक का आरोप भारी आर्थिक नुकसान</h3>
<p>अफरोज ट्रेडिंग कंपनी के एक लाइसेंसधारक परवीन अब्दुल गिलानी का कहना है कि उन्होंने सभी कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कर और शासन को लाखों रुपये का राजस्व जमा कर यह लाइसेंस प्राप्त किया है। लेकिन इस अवैध<a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/tiger-attack-gondia-woman-injured-tendu-leaf-collection-bondgaon-1723189.html"> तेंदू फड़</a> के कारण उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। उनका मानना है कि प्रशासन को तत्काल हस्तक्षेप कर अवैध खरीदारों से जब्त किए गए तेंदू पुड़े अधिकृत लाइसेंसधारक के रूप में उन्हें सौंपना चाहिए और न्याय दिलाना चाहिए।</p>
<p>एसीएफ विशाल चव्हाण ने बताया कि इस संबंध में गुरुवार को जिला कलेक्टर कार्यालय में बैठक आयोजित की गई थी। दोनों पक्ष अपने-अपने प्रस्तावों को वैध बता रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने मुख्य कार्यकारी अधिकारी से प्राप्त प्रस्ताव के आधार पर <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/pune/samruddhi-mahamarg-greenery-project-transferred-to-forest-dept-1803700.html">वन विभाग</a> ने ‘विकल्प 1’ की कानूनी प्रक्रिया पूरी की थी। उन्होंने कहा कि अब अंतिम समाधान के लिए संबंधित गांवों में जल्द ही विशेष ग्रामसभा आयोजित की जाएगी। उनका कहना है कि ग्रामसभा में जो निर्णय होगा, वही अंतिम माना जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>कैंपा फंड घोटाले के आरोपों के बीच DFO बी. एन. स्वामी का अचानक तबादला, विभाग में मचा हड़कंप</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/campa-fund-scam-dfo-bn-swamy-transfer-forest-department-corruption-news-1813709.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[अनन्या तिवारी]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 22 Jun 2026 15:31:44 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 22 Jun 2026 15:31:44 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/DFO-B.N.-Swamy_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Forest Department]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1813709</guid>

					<description><![CDATA[DFO Transfer: कैंपा निधि में 5 करोड़ की अनियमितता के आरोपों के बाद पुसद वन विभाग के उप वनसंरक्षक B.N. Swamy का अचानक तबादला हुआ। मामले की शिकायत मुख्यमंत्री तक पहुंचने के बाद जांच के आदेश दिए गए हैं।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/DFO-B.N.-Swamy_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Campa Fund Scam Dfo Bn Swamy Transfer Forest Department Corruption News"     /></figure><p><strong>DFO BN Swamy Transfer Forest Department:</strong> पुसद वन विभाग में पिछले तीन वर्षों से कार्यरत उप वनसंरक्षक बी. एन. स्वामी का मुख्यमंत्री के आदेश पर अचानक तबादला हो गया है। इस तबादले से वन विभाग में हलचल मच गई है। कैंपा निधि में कथित 5 करोड़ रुपये की अनियमितता को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता शिलानंद कांबले द्वारा मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को साक्ष्यों सहित शिकायत किए जाने के बाद यह कार्रवाई होने की चर्चा है।</p>
<p>जानकारी के अनुसार, वर्धा-यवतमाल-नांदेड रेलमार्ग परियोजना के लिए दिग्रस, पुसद और शेंबालपिंपरी वन परिक्षेत्रों में काटे गए वृक्षों के बदले नए वृक्षारोपण तथा तीन वर्षों तक उनके संरक्षण के लिए रेलवे विभाग ने वन विभाग को लगभग 5 करोड़ रुपये का कैंपा फंड उपलब्ध कराया था। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इस निधि के उपयोग में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुई हैं।</p>
<h3>वृक्षारोपण कार्यों में भारी खर्च का आरोप और दस्तावेजों में गड़बड़ी का दावा</h3>
<p>शिकायत के अनुसार, बेलगव्हाण नियत क्षेत्र में 107 वृक्षों के पुनर्वनीकरण के लिए 1 करोड़ 79 लाख 21 हजार 240 रुपये का खर्च बताया गया, जबकि शिलोना सर्कल के नागवाडी नियत क्षेत्र में 145 वृक्षों पर लगभग 99 लाख रुपये से अधिक खर्च दिखाया गया। आरोप है कि शासन द्वारा प्रति वृक्ष निर्धारित लगभग 12 हजार 700 रुपये की लागत की तुलना में कई गुना अधिक खर्च दर्शाकर निधि का दुरुपयोग किया गया।</p>
<p>शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि कुल 252 वृक्षों पर 1 करोड़ 78 लाख 21 हजार 543 रुपये खर्च दिखाए गए हैं, जबकि शेष निधि का कोई स्पष्ट हिसाब उपलब्ध नहीं है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-babulgaon-farmers-pray-for-rainfall-delayed-monsoon-1810292.html">यवतमाल के बाभुलगांव में किसानों ने की बारिश के लिए प्रार्थना, बारिश ना होने से बढ़ी परेशानी</a></strong></p>
<h3>मंजूरी प्रक्रिया और अधिकारियों की आपत्ति पर सवाल</h3>
<p>दिग्रस वन परिक्षेत्र में कई कार्यों को वास्तविक रूप से नहीं किए जाने का आरोप भी लगाया गया है। मंजूरी प्रक्रिया को लेकर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। आरोप है कि 11 सितंबर 2024 को प्रस्ताव प्रस्तुत किए जाने के बाद आवश्यक तकनीकी एवं प्रशासनिक स्वीकृतियां प्राप्त होने से पहले ही जल्दबाजी में कार्यों को मंजूरी दे दी गई। वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा आपत्तियां दर्ज किए जाने के बावजूद निधि खर्च किए जाने का भी आरोप है।</p>
<h3>कैंपा निधि मामले का मुख्यमंत्री ने लिया संज्ञान</h3>
<p>उप वनसंरक्षक कार्यालय के अधिकार क्षेत्र में आने वाले <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/yavatmal-farmer-moves-high-court-seeking-nagpur-red-sanders-tree-revaluation-1801339.html">वर्धा-यवतमाल-नांदेड</a> रेलमार्ग परियोजना के लिए रेलवे विभाग द्वारा वृक्षारोपण और संरक्षण हेतु उपलब्ध कराए गए लगभग 5 करोड़ रुपये के कैंपा फंड में कथित अनियमितता को लेकर सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी।</p>
<p>मुख्यमंत्री के निजी सचिव को सौंपी गई शिकायत पर संज्ञान लेते हुए <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/fadnavis-government-decision-on-illegal-land-claims-in-maharashtra-1808998.html">मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस</a> ने वन आयुक्त को मामले की विस्तृत जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं, ऐसी जानकारी सामने आई है। इसके बाद उप वनसंरक्षक स्वामी के तबादले की कार्रवाई होने से वन विभाग में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल में गहराया जलसंकट, बांधों में घटा जलस्तर, अब 3-4 दिन बाद मिल रहा नल का पानी</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-water-crisis-dams-water-level-drops-drinking-water-supply-restricted-1813371.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Mon, 22 Jun 2026 09:31:46 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Mon, 22 Jun 2026 09:31:46 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Water-Level_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Water Crisis]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1813371</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Water Crisis: यवतमाल में बारिश की कमी से जलाशयों का जलस्तर 33.70% रह गया है। प्रशासन ने 31 अगस्त 2026 तक सिंचाई का पानी रोककर केवल पेयजल आपूर्ति को प्राथमिकता देने का फैसला किया है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-Water-Level_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Yavatmal Water Crisis Dams Water Level Drops Drinking Water Supply Restricted"     /></figure><p><strong> Yavatmal Dam Water Level: </strong>मृग नक्षत्र शुरू हुए करीब 15 दिन बीत चुके हैं, लेकिन जिले में अब तक बारिश की एक बूंद भी नहीं गिरी है। लगातार बढ़ती गर्मी और तेज धूप के कारण जलाशयों में वाष्पीकरण की गति बढ़ गई है, जिससे जलस्तर तेजी से नीचे जा रहा है। परिणामस्वरूप जिले में जलसंकट गहराता जा रहा है। पहले एक दिन छोड़कर मिलने वाला नल का पानी अब तीन से चार दिन के अंतराल पर मिल रहा है, जिससे नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/mumbai/mumbai-rain-yellow-alert-thane-raigad-weather-update-1812022.html"> भारतीय मौसम विभाग</a> द्वारा राज्य में एल-नीनो के प्रभाव की संभावना व्यक्त किए जाने के बाद सरकार ने सभी जिला प्रशासन को पेयजल सुरक्षा के लिए सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। 31 अगस्त 2026 तक नागरिकों को निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यवतमाल जिले के बांधों और जलाशयों में उपलब्ध पानी को सुरक्षित रखने का निर्णय लिया गया है।</p>
<h3>केवल पीने के लिए मिलेगा पानी</h3>
<p>इसके तहत सिंचाई के लिए चल रहे अथवा प्रस्तावित जल आवर्तन स्थगित कर दिए गए हैं। सरकारी आदेश के अनुसार पेयजल के लिए आरक्षित जलसंचय का उपयोग अत्यावश्यक परिस्थितियों को छोड़कर अन्य किसी उद्देश्य के लिए नहीं किया जा सकेगा। कुछ गांवों में लोगों को पीने के पानी के लिए भटकना पड़ रहा है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/yavatmal-municipal-council-encroachment-drive-hawkers-rehabilitation-issue-2026-1803295.html">यवतमाल शहर</a> में पहले एक दिन छोड़कर पानी की आपूर्ति होती थी, लेकिन अब तीन से चार दिन बाद पानी मिल रहा है। मृग नक्षत्र बीत जाने के बाद भी बारिश के कोई स्पष्ट संकेत नहीं दिखाई दे रहे हैं। बढ़ते तापमान के कारण जलसंकट और गहरा गया है। जिले की 73 छोटी-बड़ी जल परियोजनाओं में वर्तमान में केवल 33.70 प्रतिशत पानी शेष है। इसमें तीन बड़े प्रकल्पों में 34.90 प्रतिशत, सात मध्यम प्रकल्पों में 43.53 प्रतिशत तथा 63 लघु प्रकल्पों में 22.57 प्रतिशत जलसंचय उपलब्ध है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a title="गोंदिया में गड्ढों में बैठकर किया योग, सड़क मरम्मत की मांग को लेकर युवाओं का अनोखा प्रदर्शन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/gondia/gondia-arjuni-morgaon-youths-perform-yoga-in-potholes-road-repair-protest-1813339.html"> गोंदिया में गड्ढों में बैठकर किया योग, सड़क मरम्मत की मांग को लेकर युवाओं का अनोखा प्रदर्शन</a></strong></p>
<h3>तालाब, नदियों से सिंचाई की तो होगी कार्रवाई</h3>
<p>बांधों, नहरों, नदियों और तालाबों से अवैध जलउपसा रोकने के लिए राजस्व, पुलिस और जलसंपदा विभाग की संयुक्त टीमें विशेष अभियान चलाएंगी। अनधिकृत पंप, मोटर, पाइपलाइन अथवा अन्य साधन पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यवतमाल के वणी में MD ड्रग्स रैकेट का पर्दाफाश, डेढ़ लाख रुपये का माल जब्त</title>
		<link>https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/vani-yavatmal-md-drugs-racket-busted-nagpur-connection-arrest-1812272.html</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[केतकी मोडक]]></dc:creator>
				<pubDate>Sun, 21 Jun 2026 12:43:21 +05:30</pubDate>
		<modifiedDate>Sun, 21 Jun 2026 12:43:21 +05:30</modifiedDate>
				<media:thumbnail url="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-MD-Drugs-Racket_V_jpg--1280x720-4g.webp"/>
						<category><![CDATA[महाराष्ट्र]]></category>
		<category><![CDATA[यवतमाल]]></category>
		<category><![CDATA[Maharashtra News]]></category>
		<category><![CDATA[Yavatmal News]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://navbharatlive.com/?p=1812272</guid>

					<description><![CDATA[Yavatmal Drug Racket: वणी में 1.5 लाख रुपये का एमडी ड्रग्स जब्त; कौतुभ मेश्राम गिरफ्तार। आरोपी के तार नागपुर के सप्लायर प्रज्योत उपरे से जुड़े हैं। पुलिस अब ड्रग्स रैकेट के मास्टरमाइंड की तलाश में है।]]></description>
													<content:encoded><![CDATA[<figure><img width="1280" height="720" src="https://images.navbharatlive.com/wp-content/uploads/2026/06/Yavatmal-MD-Drugs-Racket_V_jpg--1280x720-4g.webp" class="attachment-full size-full wp-post-image" alt="Vani Yavatmal Md Drugs Racket Busted Nagpur Connection Arrest"     /></figure><p><strong>Drug Racket Arrested In Yavatmal: </strong>यवतमाल जिले के वणी शहर में एमडी (मेफेड्रोन) ड्रग्स के बढ़ते जाल का बड़ा खुलासा हुआ है। महंगे नशे के इस कारोबार में शामिल युवाओं के नेटवर्क को तोड़ने के लिए वणी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए डेढ़ लाख रुपये के मादक पदार्थ और अन्य सामग्री जब्त की है।</p>
<p>इस कार्रवाई में सामने आया कनेक्शन अब शहर में चर्चा का विषय बन गया है। नवनियुक्त थाना प्रभारी भानुदास पिदूरकर के नेतृत्व में वणी पुलिस अवैध धंधों और नशे के कारोबार के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाए हुए हैं। पदभार संभालने के कुछ ही दिनों में लगातार हो रही कार्रवाई से ड्रग माफियाओं में खलबली मच गई है।</p>
<p>वणी पुलिस को मिली गुप्त सूचना के आधार पर 19 जून की रात गणेशपुर रोड क्षेत्र में जाल बिछाकर कार्रवाई की गई। इस दौरान कौतुभ उर्फ गोलू दिलीप मेश्राम (28) निवासी तेलीफैल, वणी को हिरासत में लिया गया। तलाशी के दौरान उसके पास से 19।27 ग्राम एमडी (मेफेड्रोन) बरामद हुआ, जिसकी कीमत 1 लाख 34 हजार 890 रुपये बताई गई है। साथ ही 15 हजार रुपये का मोबाइल फोन भी जब्त किया गया।</p>
<h3>पूछताछ में खुला नागपुर कनेक्शन</h3>
<p>कुल 1 लाख 49 हजार 890 रुपये का माल पुलिस ने कब्जे में लिया है। पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि यह ड्रग्स उसे प्रज्योत महेश उपरे (27) ने उपलब्ध कराया था, जो वर्तमान में <a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/nagpur/climate-change-monsoon-nagpur-delayed-expected-after-june-23-humidity-rises-1807397.html">नागपुर जिले</a> में रह रहा है। इसके बाद पुलिस ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8 (सी) और 21 (बी) के तहत मामला दर्ज किया है।</p>
<p><a href="https://navbharatlive.com/maharashtra/yavatmal/wani-shirpur-drug-bust-shreyash-patil-arrested-md-seized-nagpur-syndicate-1564650.html">वणी पुलिस</a> ने इससे पहले दर्ज मामले में भी बड़ी सफलता हासिल करते हुए प्रज्योत महेश उपरे, अविनाश विजय पाटील और रविंद्र धनराज गुप्ता को गिरफ्तार किया है। अब जांच एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क के पीछे छिपे असली मास्टरमाइंड और सप्लाई चेन की कड़ियां जोड़ने में जुटी हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:- <a class="title" title="Chandrapur Wildlife Update: करीब 6 दिन पहले हुई बाघ की मौत! पोंभुर्णा के जंगल में दुर्गंध के बाद सर्च ऑपरेशन" href="https://navbharatlive.com/maharashtra/chandrapur/tiger-death-pombhurna-forest-forensic-investigation-underway-chandrapur-1812233.html"> <span class="color-red">Chandrapur Wildlife Update</span>: करीब 6 दिन पहले हुई बाघ की मौत! पोंभुर्णा के जंगल में दुर्गंध के बाद सर्च ऑपरेशन </a></strong></p>
<h3>पैसे के लालच में फंस रहे युवा</h3>
<p>एमडी जैसे खतरनाक नशीले पदार्थों का बढ़ता चलन युवाओं को अपराध की ओर धकेल सकता है। आसान पैसे की लालच में कई युवक ड्रग्स तस्करी और सप्लाई के जाल में फंसते जा रहे हैं, जो समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय बनता जा रहा है।</p>
<p>यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक कुमार चिता के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी ड्रग्स कारोबारियों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
