

Yavatmal School Controversy: यवतमाल जिले के नेर तहसील के खंडाला स्थित जिला परिषद स्कूल में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि स्कूल समय के दौरान प्रधानाध्यापिका अस्त-व्यस्त हालत में सोती हुई मिलीं, जबकि उनके पति, जो स्कूल के कर्मचारी नहीं हैं, कथित रूप से शराब के नशे में प्रधानाध्यापक की कुर्सी पर बैठकर अभिभावकों से अभद्र व्यवहार और धमकाने लगे। घटना से नाराज अभिभावकों ने स्कूल में ताला जड़ दिया और संबंधित शिक्षिका के तत्काल तबादले की मांग की।
स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सुधीर वासुदेव ढोके ने इस संबंध में समूह शिक्षाधिकारी मंगेश देशपांडे को लिखित शिकायत सौंपते हुए कार्रवाई की मांग की है। शिकायत के अनुसार, अध्यक्ष का पुत्र स्कूल से घर लौटने के बाद बोला कि मैडम स्कूल में सो रही हैं। इसके बाद सुधीर ढोके स्कूल पहुंचे तो उन्होंने प्रधानाध्यापिका को सोते हुए देखा। आरोप है कि उसी दौरान उनके पति, जो शिक्षक नहीं हैं, प्रधानाध्यापक की कुर्सी पर बैठे थे और शराब के नशे में अभिभावकों के साथ बदसलूकी कर रहे थे।
ग्रामीणों का कहना है कि संबंधित शिक्षिका के पदभार संभालने के बाद पहली से चौथी कक्षा तक के विद्यार्थियों की शैक्षणिक गुणवत्ता और स्कूल की छात्र संख्या पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। कई अभिभावकों ने अपने बच्चों का नाम इस स्कूल से कटवाकर नेर की अन्य स्कूलों में दाखिला करा दिया है। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि शिक्षिका नियमित समय पर स्कूल नहीं आतीं और सवाल पूछने वालों को धमकाती हैं। साथ ही, चुनाव से संबंधित एसआईआर कार्य की जिम्मेदारी भी उन्होंने नहीं निभाई। घटना की सूचना मिलने पर वटफली केंद्र प्रमुख ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा किया। हालांकि, तब तक संबंधित शिक्षिका अपने पति के साथ वहां से जा चुकी थीं।
समूह शिक्षाधिकारी मंगेश देशपांडे ने शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए बताया कि सोमवार को संबंधित शिक्षिका के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव वरिष्ठ अधिकारियों को भेजा जाएगा। इसके पहले उनका अस्थायी तबादला कर दिया गया है। घटना के समय स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सुधीर ढोके सहित वासुदेव लोखंडे, नाना अंबाडरे, मिलिंद गेडाम, भास्कर ब्राह्मणे, केशव गजघाटे, प्रफुल गायकवाड, कल्पना लोखंडे, कल्पना अंबाडरे, नीलिमा गायकवाड, ज्योति अंबाडरे, मनीषा गजघाटे समेत अनेक अभिभावक मौजूद थे।