<rss version="2.0" xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/" xmlns:media="http://search.yahoo.com/mrss/" xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"><channel><title>प्रयागराज</title><description></description><atom:link href="https://navbharatlive.com/api/v1/collections/prayagraj-uttar-pradesh.rss" rel="self" type="application/rss+xml"></atom:link><link>https://navbharatlive.com</link><language>hi-in</language><lastBuildDate>Thu, 24 Sep 2026 22:09:06 +0530</lastBuildDate><item><title>तब्लीगी जमात से जुड़े मामले में हाई कोर्ट ने खारिज की याचिका, कोरोना संक्रमण के आरोप में दर्ज था मुकदमा</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-rejects-plea-quash-tablighi-jamaat-covid-case-jaunpur-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-rejects-plea-quash-tablighi-jamaat-covid-case-jaunpur-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">6059c515-a9c9-470b-b20b-9616098ed4db</guid><pubDate>Thu, 24 Sep 2026 17:47:41 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-24T17:47:41.315+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,High Court,Allahabad High Court,COVID-19</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-24/9fxubjj4/Allahabad-High-Court-2.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाई कोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Rejects Plea to Quash Tablighi Jamaat COVID 19 Case in Jaunpur]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-24/9fxubjj4/Allahabad-High-Court-2.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad High Court Tablighi Jamaat Case:</strong> इलाहाबाद हाई कोर्ट ने जौनपुर के शाहगंज थाने में तब्लीगी जमात से जुड़े लोगों के खिलाफ कोरोना संक्रमण के आरोप में दर्ज आपराधिक मुकदमे को रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी। बता दें कि यह मामला अप्रैल 2020 में कोरोना संक्रमण के शुरुआती दौर में दर्ज एफआईआर से जुड़ा है। याचियों ने मुकदमे की कार्रवाई को निरस्त करने की मांग की थी।</p><h3>निजामुद्दीन मरकज से लौटने का लगाया गया था आरोप </h3><p>शाहगंज थाने के तत्कालीन थाना प्रभारी ने दो अप्रैल 2020 को आठ लोगों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के साथ आपदा प्रबंधन अधिनियम और महामारी रोग अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज कराई थी। आरोप लगाया गया था कि याची दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन स्थित मरकज में धार्मिक जलसे में शामिल होकर लौटे थे। इसके बाद वे अपने घरों में परिवार के साथ छिपकर रह रहे थे।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/varanasi-illegal-construction-bulldozer-action-questions-notice-period-sns03">वाराणसी में अवैध निर्माण पर चला बुलडोजर; 24 घंटे पहले नोटिस देने पर उठे सवाल, कोर्ट की गाइडलाइन का दिया हवाला</a></aside><h3>चिकित्सकीय जांच के बाद भेजा गया था क्वारंटीन सेंटर</h3><p>मामले में अदालत को बताया गया कि आरोपितों की चिकित्सकीय जांच कराई गई थी और इसके बाद उन्हें क्वारंटीन सेंटर भेजा गया। हालांकि, <a href="https://navbharatlive.com/india/corona-cases-are-decreasing-rapidly-in-india-know-the-new-update-1264819.html">कोरोना संक्रमण </a>की जांच में सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई थी। इसके बावजूद उनके खिलाफ दर्ज मुकदमे की कार्रवाई जारी रही। याचियों की ओर से अधिवक्ता मंसूर अहमद ने दलील दी कि एफआईआर झूठे आरोपों के आधार पर दर्ज की गई थी।</p><h3>कोर्ट ने संक्रमण नहीं पाए जाने के तथ्य का किया उल्लेख</h3><p>याचिका पर सुनवाई के दौरान <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/high-court-verdict-lawyer-professional-fee-cannot-be-treated-proceeds-of-crime-1836534.html">इलाहाबाद हाई कोर्ट</a> के समक्ष जांच रिपोर्ट का भी उल्लेख किया गया। इसमें आवेदकों के कोरोना संक्रमित नहीं पाए जाने की बात सामने आई। याचियों की ओर से इसी आधार पर आपराधिक कार्रवाई को रद्द करने की मांग की गई थी। हालांकि, हाई कोर्ट ने उपलब्ध तथ्यों और मामले की परिस्थितियों के आधार पर लंबित याचिका को खारिज कर दिया।</p>]]></content:encoded></item><item><title>30 साल की सेवा के बाद पेंशन से इनकार नहीं कर सकती सरकार, इलाहाबाद HC ने सरकार को दिया भुगतान का आदेश</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-hc-verdict-pension-right-based-on-service-period-not-post-pilibhit-employee-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-hc-verdict-pension-right-based-on-service-period-not-post-pilibhit-employee-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">f5ec94a3-1eb3-4ea6-a7fb-0edf2121cc3f</guid><pubDate>Thu, 24 Sep 2026 14:11:29 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-24T14:11:29.004+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Pilibhit news,Allahabad High Court</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-24/4nr7wvk7/Allahabad-High-Court-Pension-Verdict.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ पेंशन और सेवानिवृत्ति लाभ पर इलाहाबाद हाई कोर्ट की अहम टिप्पणी]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Pension Verdict]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-24/4nr7wvk7/Allahabad-High-Court-Pension-Verdict.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Pension Right Service Period News:</strong> सरकारी विभाग में करीब 30 साल तक सेवा देने वाले कर्मचारी को केवल इस आधार पर पेंशन और सेवानिवृत्ति लाभ से वंचित नहीं किया जा सकता कि उसकी नियुक्ति जिस पद पर हुई थी, वह पद बाद में अस्तित्व में नहीं था। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि पेंशन का अधिकार पद से नहीं, बल्कि कर्मचारी की सेवा अवधि से बनता है। कोर्ट ने राज्य सरकार को कर्मचारी की पेंशन, ग्रेच्युटी समेत सभी सेवानिवृत्ति लाभों की गणना कर भुगतान करने का निर्देश दिया है।</p><h3>30 साल की सेवा के बाद पेंशन से किया गया था इनकार</h3><p>यह आदेश न्यायमूर्ति सरल श्रीवास्तव और न्यायमूर्ति सिद्धार्थ नंदन की खंडपीठ ने पीलीभीत निवासी बालकृष्ण शर्मा, कनिष्ठ लिपिक की विशेष अपील स्वीकार करते हुए दिया। कोर्ट ने एकलपीठ के 31 अगस्त 2012 के उस आदेश को निरस्त कर दिया, जिसमें उनकी याचिका खारिज कर दी गई थी।</p><p>याची की ओर से कहा गया कि उन्होंने करीब 30 साल तक बिना किसी शिकायत के सेवा की। इसके बावजूद सेवानिवृत्ति लाभ और पेंशन देने से इनकार किया जा रहा था। हाई कोर्ट ने कहा कि सेवानिवृत्ति लाभ कर्मचारी का अधिकार है और इसकी गणना उसकी सेवा अवधि के आधार पर की जानी चाहिए।</p><h3>1997 में हुई थी नियुक्ति, लीव वैकेंसी का था मामला</h3><p>मामले के अनुसार वित्त एवं राजस्व के अपर आयुक्त, बरेली जोन की ओर से कनिष्ठ क्लर्क के दो पदों के लिए 11 जुलाई 1997 को विज्ञापन जारी किया गया था। लिखित परीक्षा और साक्षात्कार के बाद बालकृष्ण शर्मा का नाम 31 जुलाई 1997 की चयन सूची में दूसरे नंबर पर आया। उन्हें 12 सितंबर 1997 को नियुक्ति पत्र जारी कर ज्वाइन कराया गया।</p><p>कोर्ट को बताया गया कि सामान्य वर्ग के दो पदों में से एक पर <a href="https://navbharatlive.com/india/tamil-nadu-karur-stampede-compassionate-jobs-supreme-court-slp-1898182.html">अनुकंपा नियुक्ति</a> के जरिए विमल सक्सेना को 25 जुलाई 1997 को रखा गया था, जबकि दूसरा पद चयनित अभ्यर्थी सैयद अकरम अली को दिया गया था। बाद में बालकृष्ण की नियुक्ति कर्मचारी प्रतिमा सक्सेना की लीव वैकेंसी पर होने की बात सामने आई।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/akhilesh-yadav-pda-rath-yatra-raebareli-rahul-lodhi-shri-krishna-poster-up-election-2027-amm02">जो पीड़ित, वो पीडीए... राहुल के गढ़ में अखिलेश की हुंकार, 2027 चुनाव से पहले दलित-पिछड़ों पर बड़ा दांव</a></aside><h3>सुप्रीम कोर्ट के फैसले का दिया हवाला</h3><p>सुनवाई के दौरान बताया गया कि बालकृष्ण शर्मा की सेवा 13 सितंबर 2000 को समाप्त कर दी गई थी। इसके बाद उन्होंने न्यायिक प्रक्रिया का सहारा लिया। हाई कोर्ट ने जग्गो बनाम यूनियन ऑफ इंडिया मामले में <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/the-dm-is-not-the-only-one-at-fault-supreme-court-statement-on-the-medha-rupam-case-nkr24">सुप्रीम कोर्ट</a> के फैसले का हवाला देते हुए कहा कि कर्मचारी से लगातार जरूरी काम कराना और उसकी सेवा का लाभ लेना, फिर सेवा अवधि के आधार पर मिलने वाले वैधानिक लाभों से वंचित करना उचित नहीं है।</p><p>खंडपीठ ने राज्य सरकार को निर्देश दिया कि 30 दिन के भीतर पेंशन, ग्रेच्युटी सहित सभी सेवानिवृत्ति लाभों की गणना कर उनका भुगतान किया जाए।</p>]]></content:encoded></item><item><title>UP TGT-PGT Exam: डीएम के आश्वासन पर 19 दिन बाद अनशन खत्म, प्रतियोगी छात्र बोले- अनशन थमा है आंदोलन नहीं</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-hunger-strike-called-off-dm-assurance-protest-continues-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-hunger-strike-called-off-dm-assurance-protest-continues-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">ba21b140-04ae-4fb3-b253-6e903b5ca264</guid><pubDate>Thu, 24 Sep 2026 10:25:09 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-24T10:25:09.106+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Students Protest</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-24/w2lk9av2/TGT-PGT-Hunger-Strike-Allahabad.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ प्रयागराज में टीजीटी-पीजीटी अभ्यर्थियों ने अनशन खत्म किया]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ TGT PGT Hunger Strike Allahabad Update]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-24/w2lk9av2/TGT-PGT-Hunger-Strike-Allahabad.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>TGT PGT Hunger Strike Allahabad Update:</strong> टीजीटी-पीजीटी परीक्षा पुरानी नियमावली और पुराने पैटर्न से कराने की मांग को लेकर पिछले 19 दिनों से अनशन कर रहे प्रतियोगी छात्रों ने प्रशासन के साथ वार्ता और मांगों पर सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद अनशन समाप्त कर दिया। हालांकि छात्रों ने साफ किया है कि अनशन खत्म हुआ है, आंदोलन नहीं। उनका कहना है कि शासन या प्रशासन की ओर से अभी तक लिखित आश्वासन नहीं मिला है, इसलिए जब तक मांगों के संबंध में लिखित आदेश जारी नहीं होता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।</p><h3>शिक्षा निदेशालय में 3 दिन से चल रहा आंदोलन</h3><p>शिक्षा निदेशालय में तीन दिन से चल रहे अनशन के बीच आंदोलनकारी छात्रों और जिला प्रशासन के अधिकारियों के बीच वार्ता हुई। आंदोलन का नेतृत्व कर रहे आशुतोष पांडेय समेत कई छात्रों ने जिलाधिकारी और जिला प्रशासन के उच्चाधिकारियों से बातचीत की। छात्रों के मुताबिक जिलाधिकारी ने उनकी मांगों को लेकर सकारात्मक रुख अपनाते हुए लिखित आश्वासन दिलाने की जिम्मेदारी ली। साथ ही शासन की ओर से पुराने पैटर्न पर परीक्षा कराने की मंशा से भी छात्रों को अवगत कराया गया।</p><h3>19 दिन के अनशन के बाद प्रशासन ने दिखाई गंभीरता</h3><p>छात्रों का कहना है कि लगातार 19 दिनों तक चले अनशन के दौरान कई छात्रों की तबीयत बिगड़ी। बीती रात अनशन पर बैठे छात्रों का मेडिकल चेकअप कराया गया। इसके बाद प्रशासन की ओर से छात्रों की मांगों और अनशन समाप्त कराने को लेकर गंभीर पहल शुरू हुई। अधिकारियों के साथ वार्ता के बाद छात्रों ने फिलहाल अनशन समाप्त करने का निर्णय लिया। 16 दिन पत्थर गिरिजाघर स्थित धरना स्थल पर विरोध प्रदर्शन करने के बाद छात्र शिक्षा निदेशालय परिसर पहुंचे थे।</p><h3>आशुतोष को गोद में उठाकर लगाए नारे</h3><p>वार्ता के बाद <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-tgt-pgt-protest-candidates-exam-under-old-rules-pattern-sns03">शिक्षा निदेशालय</a> के गेट से बाहर निकले आंदोलन का नेतृत्व कर रहे आशुतोष पांडेय को साथी छात्रों ने गोद में उठा लिया। छात्रों ने नारेबाजी करते हुए अपनी खुशी और उत्साह का इजहार किया। लंबे समय से चल रहे आंदोलन के बीच आश्वासन मिलने के बाद छात्रों में उम्मीद दिखाई दी। हालांकि छात्र नेताओं ने स्पष्ट किया कि वे लिखित आदेश मिलने तक पूरी तरह आंदोलन समाप्त नहीं मान रहे हैं।</p><h3>मौखिक आश्वासन से संतुष्ट नहीं छात्र</h3><p>प्रतियोगी छात्रों का कहना है कि उनकी मुख्य मांग <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-recruitment-requisition-for-23899-pgt-principal-posts-1878445.html">टीजीटी-पीजीटी</a> परीक्षा को पुरानी नियमावली और पुराने पैटर्न के अनुसार कराने की है। वार्ता के दौरान उन्हें मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन मिला है, लेकिन अभी तक कोई लिखित आदेश उनके हाथ में नहीं है। छात्रों के अनुसार आंदोलन की अगली दिशा शासन की ओर से जारी होने वाले लिखित आदेश पर निर्भर करेगी।</p><h3>जिलाधिकारी से हुई अहम वार्ता</h3><p>आंदोलनकारी छात्रों और जिलाधिकारी समेत जिला प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारियों के बीच वार्ता हुई। छात्रों के मुताबिक जिलाधिकारी ने लिखित आश्वासन दिलाने की जिम्मेदारी लेने के साथ शासन की मंशा से भी उन्हें अवगत कराया। पुराने नियमावली और पुराने पैटर्न से टीजीटी-पीजीटी परीक्षा कराने की मांग को लेकर प्रतियोगी छात्र 19 दिनों से अनशन पर बैठे थे। आंदोलन के दौरान बड़ी संख्या में छात्रों ने धरना-प्रदर्शन में हिस्सा लिया।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-hc-ruling-pending-criminal-case-not-ground-to-deny-passport-amm02">आपराधिक केस में भी जारी हो सकता है पासपोर्ट? इलाहाबाद HC की बड़ी टिप्पणी, विदेश यात्रा को बताया अलग विषय</a></aside><h3>अनशन खत्म, आंदोलन जारी</h3><p>छात्रों ने सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद अनशन तो खत्म कर दिया है, लेकिन आंदोलन समाप्त नहीं किया। उनका कहना है कि लिखित आदेश जारी होने तक वे अपनी मांग को लेकर संघर्ष जारी रखेंगे।</p>]]></content:encoded></item><item><title>UP Board: 9वीं से 12वीं की किताबों के लिए नहीं लगाने पड़ेंगे चक्कर, पोर्टल से होगी डिलीवरी; जानें डिटेल्स</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-textbooks-ncert-pattern-dealers-online-home-delivery-portal-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-textbooks-ncert-pattern-dealers-online-home-delivery-portal-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">703d89b5-5707-4a63-a47a-4c398710db6f</guid><pubDate>Thu, 24 Sep 2026 07:36:57 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-24T07:36:57.581+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Latest Hindi News,Prayagraj</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2026/07/up-board-1.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP Board Books Home Delivery Portal]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2026/07/up-board-1.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP Board Books Home Delivery Portal:</strong> उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) अब विद्यार्थियों तक पाठ्यपुस्तकों की आसान और समयबद्ध उपलब्धता सुनिश्चित करने की तैयारी में है। एनसीईआरटी की तर्ज पर प्रदेश के सभी जिलों में पुस्तकोंजी के डीलर तय किए जाएंगे। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि स्कूल खुलने के समय विद्यार्थियों को उनकी निर्धारित किताबें आसानी से मिल सकें।</p><p>शैक्षिक सत्र 2027-28 के लिए एक करोड़ से अधिक विद्यार्थियों की पढ़ाई को ध्यान में रखते हुए किताबों की छपाई की प्रक्रिया अक्टूबर में शुरू करने की तैयारी है।</p><h3>अक्टूबर में टेंडर, जनवरी में बाजार में आएंगी किताबें</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-introduce-online-answer-sheet-evaluation-teachers-digital-training-1879956.html">यूपी बोर्ड</a> की ओर से कक्षा नौ से 12 तक की पाठ्यपुस्तकों के प्रकाशन की तैयारियां पूरी की जा रही हैं। किताबों की छपाई का टेंडर अक्टूबर में होने की उम्मीद है। इसके बाद प्रकाशन का कार्य तेजी से कराया जाएगा और जनवरी 2027 में किताबें बाजार में उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।</p><p>जनवरी के अंतिम सप्ताह तक पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की तैयारी है। बोर्ड का प्रयास है कि विद्यार्थियों को सत्र शुरू होने के साथ ही आवश्यक पाठ्यसामग्री मिल जाए और पढ़ाई प्रभावित न हो।</p><h3>कक्षा नौ से 12 तक इन विषयों की होंगी किताबें</h3><p>बोर्ड के अनुसार, हाईस्कूल स्तर पर अंग्रेजी, विज्ञान, गणित और सामाजिक विज्ञान की पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराई जाएंगी। इंटरमीडिएट स्तर पर अंग्रेजी, भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान, गणित, इतिहास, भूगोल, नागरिक शास्त्र, समाजशास्त्र, अर्थशास्त्र, व्यवसाय अध्ययन, लेखाशास्त्र, मनोविज्ञान और गृह विज्ञान सहित विभिन्न विषयों की किताबें तैयार कराई जाएंगी। इनका उपयोग राजकीय, सहायता प्राप्त और वित्तविहीन मान्यता प्राप्त विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए किया जाएगा।</p><h3>ऑनलाइन ऑर्डर कर घर बैठे मंगा सकेंगे किताबें</h3><p>दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले विद्यार्थियों को भी पुस्तकें आसानी से उपलब्ध कराने के लिए <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/kanpur/kanpur-rottweiler-dog-attack-woman-delivery-boy-rescue-1812986.html">ऑनलाइन होम डिलीवरी</a> की व्यवस्था प्रस्तावित है। अधिकृत प्रकाशकों के सहयोग से ऑनलाइन माध्यम से कक्षा नौ और दस की किताबें मंगाने की सुविधा दी जाएगी। इसके लिए Pioneerbooks.in नाम से ऑनलाइन पोर्टल विकसित किया गया है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-hc-ruling-pending-criminal-case-not-ground-to-deny-passport-amm02">आपराधिक केस में भी जारी हो सकता है पासपोर्ट? इलाहाबाद HC की बड़ी टिप्पणी, विदेश यात्रा को बताया अलग विषय</a></aside><p>विद्यार्थी अपनी आवश्यकता के अनुसार पुस्तक सेट का चयन कर संबंधित ऑनलाइन विक्रय पृष्ठ से ऑर्डर कर सकेंगे। इससे किताबों के लिए बाजारों में भटकने की समस्या कम होने की उम्मीद है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>आपराधिक केस में भी जारी हो सकता है पासपोर्ट? इलाहाबाद HC की बड़ी टिप्पणी, विदेश यात्रा को बताया अलग विषय</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-hc-ruling-pending-criminal-case-not-ground-to-deny-passport-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-hc-ruling-pending-criminal-case-not-ground-to-deny-passport-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">29f30f37-8836-49dd-9224-337ac41ac553</guid><pubDate>Thu, 24 Sep 2026 07:17:57 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-24T07:17:57.624+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Allahabad High Court</media:keywords><media:content height="675" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2020/10/Hathras-victims-family-leaves-for-Lucknow-hearing-in-Allahabad-High-Court-today.jpg" width="1200"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाई कोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Passport Ruling]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2020/10/Hathras-victims-family-leaves-for-Lucknow-hearing-in-Allahabad-High-Court-today.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Criminal Case Pending Passport Rules:</strong> इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पासपोर्ट जारी करने को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा है कि किसी व्यक्ति के खिलाफ केवल आपराधिक मुकदमा लंबित होने के आधार पर उसका पासपोर्ट जारी करने से स्वतः इनकार नहीं किया जा सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि आपराधिक मामले की लंबितता मात्र किसी व्यक्ति को पासपोर्ट प्राप्त करने के अधिकार से वंचित करने का पर्याप्त आधार नहीं है।</p><h3>हाई कोर्ट ने सुनाया अहम फैसला</h3><p>न्यायमूर्ति जे.जे. मुनीर और न्यायमूर्ति इरशाद अली शुक्ल की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक मुकदमा लंबित है, तो भी पासपोर्ट जारी करने पर पूर्ण रोक नहीं लगाई जा सकती। हालांकि, मामले की परिस्थितियों में यदि संबंधित व्यक्ति के विदेश भागने की वास्तविक आशंका हो तो पुलिस या अभियोजन पक्ष उचित कानूनी प्रक्रिया के तहत संबंधित अदालत से पासपोर्ट जमा कराने का अनुरोध कर सकता है।</p><h3>विदेश यात्रा के लिए वीजा, अन्य औपचारिकताएं जरूरी</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-election-counting-underway-president-race-sns03">इलाहाबाद हाईकोर्ट</a> ने यह भी स्पष्ट किया कि पासपोर्ट होना अपने आप में किसी व्यक्ति को विदेश जाने का अधिकार नहीं देता। विदेश यात्रा के लिए संबंधित देश का वीजा, अनुमति और अन्य आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करना अनिवार्य होता है। ऐसे में महज इस आधार पर कि किसी व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक मुकदमा लंबित है, पासपोर्ट जारी करने से इनकार करना उचित नहीं माना जा सकता।</p><h3>मामले की परिस्थितियों के आधार पर हो कार्रवाई</h3><p>अदालत की टिप्पणी का मूल आधार यह है कि पासपोर्ट जारी करने और विदेश यात्रा की अनुमति को एक ही विषय नहीं माना जा सकता। यदि किसी आपराधिक मामले में अदालत ने संबंधित व्यक्ति की विदेश यात्रा पर कोई विशेष शर्त या रोक लगाई है तो उसका पालन करना होगा। इसी तरह, जांच या सुनवाई के दौरान व्यक्ति के विदेश जाने से न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित होने की आशंका हो तो संबंधित अदालत से आवश्यक आदेश प्राप्त किया जा सकता है।</p><h3>आपराधिक मुकदमा लंबित होना पर्याप्त आधार नहीं</h3><p>हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि किसी व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक मुकदमा लंबित होना अपने आप में पासपोर्ट जारी करने पर रोक लगाने का पर्याप्त आधार नहीं है। <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/abdullah-azam-passport-case-court-accepts-appeal-against-7-year-sentence-1762314.html">पासपोर्ट प्राधिकरण</a> को मामले की परिस्थितियों और कानून में निर्धारित आधारों के अनुरूप निर्णय लेना होगा।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/tgt-pgt-recruitment-protest-prayagraj-hunger-strike-day-17-education-directorate-gherao-amm02">प्रयागराज में TGT-PGT आंदोलन तेज: साथी की मौत पर कफन ओढ़कर लेटे छात्र, JNU छात्रों ने भी खोला मोर्चा</a></aside><p>अदालत के इस आदेश से उन लोगों को राहत मिल सकती है जिनके खिलाफ आपराधिक मामले लंबित हैं, लेकिन उनके विरुद्ध विदेश यात्रा या पासपोर्ट से संबंधित कोई विशिष्ट न्यायिक प्रतिबंध नहीं है। कोर्ट ने यह भी रेखांकित किया कि आपराधिक मुकदमे की लंबितता और विदेश यात्रा पर रोक, दोनों अलग-अलग कानूनी पहलू हैं।</p>]]></content:encoded></item><item><title>फतेहपुर में निजी स्कूल छोड़कर सरकारी विद्यालय पहुंचे 25 बच्चे, 168 नामांकन और 90% उपस्थिति ने बदली तस्वीर</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/fatehpur-government-school-gains-parents-trust-students-shift-private-schools-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/fatehpur-government-school-gains-parents-trust-students-shift-private-schools-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">147dcb3f-1639-48e8-b9a9-e4d6da1545e2</guid><pubDate>Wed, 23 Sep 2026 19:17:57 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-23T19:17:57.200+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Today Hindi News,Prayagraj,School News</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/x1slgnvj/governemnt-school.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ हसवा विकासखंड स्थित प्राथमिक विद्यालय]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Fatehpur Government School Gains Parents Trust as 25 Students Shift from Private Schools]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/x1slgnvj/governemnt-school.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Fatehpur Government School:</strong> सरकारी विद्यालयों को लेकर अभिभावकों के बीच बनी झिझक अब धीरे-धीरे भरोसे में बदल रही है। फतेहपुर के हसवा विकासखंड स्थित प्राथमिक विद्यालय एकारी द्वितीय इसका उदाहरण बनकर सामने आया है। शिक्षकों की मेहनत, नवाचारपूर्ण शिक्षण, बेहतर शैक्षिक माहौल और अभिभावकों से लगातार संवाद का असर विद्यालय में साफ दिखाई दे रहा है। वर्तमान में विद्यालय में 168 बच्चों का नामांकन है और करीब 90 प्रतिशत बच्चे नियमित रूप से विद्यालय पहुंच रहे हैं। खास बात यह है कि इनमें 25 बच्चे निजी विद्यालयों से पढ़ाई छोड़कर यहां दाखिला लेने पहुंचे हैं।</p><h3>चार वर्षों से लगातार बढ़ रही छात्र संख्या </h3><p>विद्यालय के शिक्षकों के अनुसार पिछले करीब चार वर्षों से यहां छात्र संख्या लगातार बढ़ रही है। अभिभावक अब बच्चों को निजी विद्यालयों के बजाय प्राथमिक विद्यालय एकारी द्वितीय में पढ़ाने में रुचि दिखा रहे हैं। अभिभावकों का कहना है कि यहां बच्चों की पढ़ाई के साथ उनकी गतिविधियों और व्यक्तिगत जरूरतों पर भी ध्यान दिया जाता है। शिक्षकों द्वारा बच्चों के साथ नियमित संवाद और अभिभावकों से संपर्क का भी सकारात्मक असर पड़ा है।</p><h3>वातानुकूलित कक्षाओं से बेहतर हुआ शैक्षिक माहौल </h3><p>विद्यालय में बच्चों को गर्मी से राहत देने के लिए वातानुकूलित कक्षाओं की व्यवस्था की गई है। ग्राम प्रधान के सहयोग से विद्यालय में टाइल्स सहित अन्य कार्य भी कराए गए हैं। शिक्षकों का कहना है कि बेहतर भौतिक वातावरण का सीधा असर बच्चों की उपस्थिति और पढ़ाई में रुचि पर पड़ता है। कक्षा शिक्षण को रोचक बनाने के लिए शिक्षण सामग्री, गतिविधियों और नवाचारों का प्रयोग किया जाता है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-prof-sangeeta-srivastava-appointed-vice-chancellor-sns03">स्थापना दिवस पर इलाहाबाद विश्वविद्यालय को बड़ा तोहफा, प्रो. संगीता श्रीवास्तव को फिर मिली कुलपति की कमान </a></aside><h3>सुपर-30 में 10 और सुपर-20 में 20 बच्चों का चयन</h3><p>विद्यालय के बच्चों ने पढ़ाई के साथ पठन-पाठन आधारित गतिविधियों में भी अपनी प्रतिभा दिखाई है। बेसिक शिक्षा विभाग के सुपर-30 और सुपर-20 रीडर्स अभियान में विद्यालय के बच्चों का चयन हुआ है। विद्यालय के अनुसार सुपर-30 में 10 और सुपर-20 में 20 बच्चों का चयन किया गया है। अभियान के तहत बच्चों को पुस्तकालय की किताबें पढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। एक महीने में 30 पुस्तकें पढ़ने वाले बच्चों को सुपर-30 और 20 पुस्तकें पढ़ने वाले बच्चों को सुपर-20 में चयनित किया जाता है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर चयनित बच्चों को खंड शिक्षा अधिकारी ने सम्मानित भी किया।</p><h3>बिना कारण अनुपस्थित बच्चों से फोन पर संपर्क</h3><p>विद्यालय में बच्चों की नियमित उपस्थिति को लेकर भी शिक्षक सक्रिय रहते हैं। बिना कारण विद्यालय नहीं आने वाले बच्चों के अभिभावकों से फोन पर संपर्क कर अनुपस्थिति की वजह पूछी जाती है। जरूरत पड़ने पर बच्चों को विद्यालय लाकर पढ़ाई से जोड़ा जाता है। इसके अलावा समय-समय पर अभिभावक बैठक आयोजित कर बच्चों की पढ़ाई और उपस्थिति पर चर्चा की जाती है। शिक्षकों के मुताबिक इन प्रयासों का परिणाम 90 प्रतिशत के करीब नियमित उपस्थिति के रूप में सामने आया है।</p><h3>तीन कमरों में 168 बच्चों की पढ़ाई, अतिरिक्त कक्षों की जरूरत</h3><p>विद्यालय की बढ़ती छात्र संख्या के बीच कमरों की कमी बड़ी चुनौती बनी हुई है। विद्यालय में वर्तमान में केवल तीन कमरे हैं। प्रधानाध्यापक का अलग कार्यालय भी नहीं है। जिस स्थान का इस्तेमाल कार्यालय के लिए होना चाहिए, वहां बच्चों के लिए भोजन तैयार किया जाता है। प्रधानाध्यापक संत शरण सिंह चौहान के अनुसार विद्यालय में कम से कम दो अतिरिक्त कमरों की आवश्यकता है। जगह की कमी के कारण कई बार इच्छुक बच्चों को प्रवेश देना भी मुश्किल हो जाता है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/mathura/mathura-soldier-suraj-singh-died-leh-road-accident-cremated-state-honours-sns03">Mathura: तिरंगे में लिपटा पहुंचा शहीद सूरज सिंह का पार्थिव शरीर, अंतिम दर्शन को उमड़ा जनसैलाब</a></aside><h3>प्रधान और बीईओ ने की शिक्षकों के प्रयासों की सराहना</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-panchayat-election-row-over-500-names-missing-from-voter-list-1800751.html">ग्राम प्रधान </a>मंजू देवी ने बताया कि विद्यालय के शिक्षक बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के लिए लगातार मेहनत कर रहे हैं। ग्राम पंचायत की ओर से भी विद्यालय को आवश्यक सहयोग दिया जा रहा है। वहीं, खंड शिक्षा अधिकारी हसवा श्रवण कुमार पाल ने विद्यालय के शैक्षिक और भौतिक परिवेश में हुए सुधार की सराहना की। उन्होंने विद्यालय के प्रधानाध्यापक, शिक्षक ज्ञानेंद्र सिंह और पूरे स्टाफ के प्रयासों को महत्वपूर्ण बताया।</p><p>विद्यालय के सहायक अध्यापक ज्ञानेंद्र सिंह के मुताबिक बच्चों को रोचक गतिविधियों और नवाचार के माध्यम से पढ़ाया जाता है। निजी विद्यालय छोड़कर आए 25 बच्चों का दाखिला और लगातार बढ़ती छात्र संख्या शिक्षकों के प्रयासों के प्रति अभिभावकों के बढ़ते भरोसे को दर्शाती है।</p><h3>168 नामांकन, करीब 90% उपस्थिति</h3><p>प्राथमिक विद्यालय एकारी द्वितीय में वर्तमान में 168 बच्चे पंजीकृत हैं। विद्यालय के अनुसार करीब 90 प्रतिशत बच्चे नियमित रूप से स्कूल पहुंचते हैं। पिछले चार वर्षों से छात्र संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है।</p><h3>निजी विद्यालय छोड़कर आए 25 बच्चे</h3><p>विद्यालय में पढ़ने वाले 25 बच्चे पहले निजी विद्यालयों में पढ़ रहे थे। अभिभावकों ने शिक्षकों की मेहनत, बच्चों पर व्यक्तिगत ध्यान और गतिविधि आधारित शिक्षण को देखते हुए अपने बच्चों का दाखिला यहां कराया। सुपर-30 और सुपर-20 रीडर्स अभियान में विद्यालय के 30 बच्चों का चयन हुआ है। इनमें 10 बच्चे सुपर-30 और 20 बच्चे सुपर-20 में शामिल हुए। पुस्तकालय की पुस्तकों को पढ़ने के लिए बच्चों को लगातार प्रोत्साहित किया जा रहा है।</p><h3>बढ़ता भरोसा, लेकिन कमरों की कमी</h3><p>विद्यालय की बढ़ती छात्र संख्या के बीच तीन कमरों में पढ़ाई कराना चुनौती बना हुआ है। प्रधानाध्यापक के अनुसार कम से कम दो अतिरिक्त कमरों की जरूरत है। अतिरिक्त कक्ष उपलब्ध होने पर अधिक बच्चों को प्रवेश देने और <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lucknow/up-government-to-provide-teacher-guides-diaries-to-improve-classroom-teaching">शिक्षण व्यवस्था</a> को विस्तार देने में मदद मिलेगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>स्थापना दिवस पर इलाहाबाद विश्वविद्यालय को बड़ा तोहफा, प्रो. संगीता श्रीवास्तव को फिर मिली कुलपति की कमान </title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-prof-sangeeta-srivastava-appointed-vice-chancellor-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-prof-sangeeta-srivastava-appointed-vice-chancellor-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">52749464-037a-4b7f-beac-dba53841e711</guid><pubDate>Wed, 23 Sep 2026 18:13:23 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-23T18:13:23.475+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Droupadi Murmu,university campus,President&apos;s Rule</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/epmp0mzn/Prof.-Sangeeta-Srivastava.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ प्रो. संगीता श्रीवास्तव]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad University: Prof. Sangeeta Srivastava Appointed Vice Chancellor for Second Term]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/epmp0mzn/Prof.-Sangeeta-Srivastava.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad University Vice Chancellor Sangeeta Srivastava:</strong> पूरब का ऑक्सफोर्ड कहे जाने वाले इलाहाबाद विश्वविद्यालय के लिए 23 सितंबर का दिन इस बार दोहरी खुशी लेकर आया है। विश्वविद्यालय के 140वें स्थापना दिवस के मौके पर प्रो. संगीता श्रीवास्तव को दूसरे कार्यकाल के लिए कुलपति नियुक्त किए जाने का आदेश जारी हुआ है। राष्ट्रपति एवं विश्वविद्यालय की विजिटर द्रौपदी मुर्मू की मंजूरी के बाद शिक्षा मंत्रालय ने नियुक्ति संबंधी आदेश जारी किया है। उनका नया कार्यकाल 16 सितंबर 2026 से पांच वर्ष के लिए होगा या 70 वर्ष की आयु पूरी होने तक, जो पहले हो। </p><p>यह नियुक्ति इलाहाबाद विश्वविद्यालय के इतिहास में इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि प्रो. संगीता श्रीवास्तव विश्वविद्यालय की पहली ऐसी कुलपति हैं, जिन्हें लगातार दूसरे पूर्ण कार्यकाल के लिए नियुक्त किया गया है। वह 30 नवंबर 2020 को विश्वविद्यालय की पहली महिला कुलपति के रूप में पदभार संभाल चुकी हैं। साथ ही केंद्रीय विश्वविद्यालय का दर्जा मिलने के बाद विश्वविद्यालय के अपने ही किसी नियमित शिक्षक का कुलपति बनने का भी यह पहला मामला था। </p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/bulandshahr-ganesh-visarjan-loud-dj-causes-damage-shops-hospital-sns03">बुलंदशहर में गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान तेज डीजे से हिली दुकानें, अस्पताल के खिड़की-दरवाजे भी खड़खड़ाए..</a></aside><h3>आज ही के दिन 1887 में हुई थी विश्वविद्यालय की स्थापना</h3><p>इलाहाबाद विश्वविद्यालय की स्थापना 23 सितंबर 1887 को हुई थी। विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक यह देश के सबसे पुराने विश्वविद्यालयों में चौथे स्थान पर है। इसके पीछे तत्कालीन संयुक्त प्रांत के लेफ्टिनेंट गवर्नर सर विलियम म्योर की पहल महत्वपूर्ण रही। विश्वविद्यालय की स्थापना से पहले 1873 में म्योर सेंट्रल कॉलेज की आधारशिला रखी गई थी। 1887 में विश्वविद्यालय की स्थापना के बाद यहां से उच्च शिक्षा की एक लंबी परंपरा शुरू हुई, जिसने इसे देश के प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों में स्थापित किया।</p><h3>होम साइंस से शुरू हुआ सफर, बनीं पहली महिला कुलपति</h3><p>प्रो. संगीता श्रीवास्तव का विश्वविद्यालय से संबंध कुलपति बनने से काफी पहले का है। वह <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-phd-scheme-phase-advanced-research-semiconductor-cybersecurity-sns03">इलाहाबाद विश्वविद्यालय</a> के होम साइंस विभाग से जुड़ी रहीं और विभाग को स्वतंत्र पहचान दिलाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। विश्वविद्यालय के अनुसार उनके प्रयासों से विभाग ने 1998-99 में अपनी स्वतंत्र पहचान दोबारा हासिल की। बाद में टेक्सटाइल एंड अपैरल डिजाइनिंग तथा फूड एंड न्यूट्रिशन जैसे पाठ्यक्रम भी शुरू हुए। वह लंबे समय तक विभागाध्यक्ष रहीं। उनका शोध क्षेत्र नेचुरल डाई, एरोमैटिक फिनिश और फंक्शनल क्लोदिंग से संबंधित रहा है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/bulandshahr-ganesh-visarjan-loud-dj-causes-damage-shops-hospital-sns03">बुलंदशहर में गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान तेज डीजे से हिली दुकानें, अस्पताल के खिड़की-दरवाजे भी खड़खड़ाए..</a></aside><p>कुलपति बनने से पहले वह रज्जू भैया विश्वविद्यालय की कुलपति भी रह चुकी थीं। 2020 में इलाहाबाद विश्वविद्यालय की पहली महिला कुलपति बनकर उन्होंने कार्यभार संभाला।</p><h3>पहले कार्यकाल में भर्ती, पदोन्नति और NAAC उपलब्धि</h3><p>प्रो. श्रीवास्तव के पहले कार्यकाल में विश्वविद्यालय में बड़े स्तर पर शिक्षकों और कर्मचारियों की नियुक्तियां हुईं। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार उनके कार्यकाल में 377 शिक्षक और 616 गैर-शिक्षण कर्मचारियों की नियुक्ति हुई, जबकि करीब एक हजार कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ मिला। विश्वविद्यालय में नए छात्रावास, शैक्षणिक भवन, सांस्कृतिक केंद्र और अन्य सुविधाओं का भी विस्तार हुआ।</p><p>उनके पहले कार्यकाल की प्रमुख उपलब्धियों में विश्वविद्यालय का NAAC में A+ ग्रेड हासिल करना भी शामिल है। नवंबर 2025 में पुनर्मूल्यांकन के बाद विश्वविद्यालय को 3.26 CGPA के साथ A+ ग्रेड मिला। इससे पहले विश्वविद्यालय को A ग्रेड प्राप्त हुआ था। NAAC के पुनर्मूल्यांकन में शोध, शिक्षण, डिजिटल संसाधन, बुनियादी ढांचे और विद्यार्थी-केंद्रित पहलों में सुधार का उल्लेख किया गया था।</p><p>अब दूसरे कार्यकाल में विश्वविद्यालय के सामने अपनी शैक्षणिक गुणवत्ता, शोध, नियुक्तियों, आधारभूत ढांचे और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय अकादमिक पहचान को और मजबूत करने की चुनौती होगी।<a href="https://navbharatlive.com/india/cm-yogi-adityanath-swarna-bharat-trust-25th-foundation-day-venkaiah-naidu-speech-amm02"> स्थापना दिवस </a>पर जारी हुआ यह नियुक्ति आदेश विश्वविद्यालय के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ता है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>TGT-PGT अभ्यर्थियों का आंदोलन 18वें दिन भी जारी, शिक्षा निदेशालय के गेट पर तालाबंदी के विरोध में राष्ट्रगान </title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-tgt-pgt-protest-candidates-exam-under-old-rules-pattern-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-tgt-pgt-protest-candidates-exam-under-old-rules-pattern-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">4a078c08-ec7c-4dd3-ab42-c4afe0a4f1cc</guid><pubDate>Wed, 23 Sep 2026 15:22:11 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-23T15:22:11.627+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Students Protest</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/cqfrgaat/TGT-PGT-.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ अभ्यर्थियों का आंदोलन]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Prayagraj TGT PGT Protest: Candidates Demand Exam Under Old Rules and Pattern]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/cqfrgaat/TGT-PGT-.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj TGT PGT Student Protest:</strong> टीजीटी-पीजीटी परीक्षा पुरानी नियमावली और पुराने पैटर्न से कराने की मांग को लेकर प्रतियोगी छात्रों का आंदोलन बुधवार को 18वें दिन भी जारी रहा। पत्थर गिरजाघर स्थित धरना स्थल से शिक्षा निदेशालय पहुंचे अभ्यर्थी पिछले दो दिनों से निदेशालय के बाहर धरना दे रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि शासन-प्रशासन उनकी मांगों पर ठोस निर्णय लेने के बजाय आंदोलन और अनशन समाप्त कराने पर जोर दे रहा है। बुधवार को शिक्षा निदेशालय के गेट बंद किए जाने के विरोध में छात्रों ने गेट के सामने राष्ट्रगान गाया और नारेबाजी की।</p><h3>16वें दिन शिक्षा निदेशालय पहुंचे थे छात्र </h3><p>प्रतियोगी छात्र पिछले 18 दिनों से टीजीटी-पीजीटी परीक्षा को पुरानी व्यवस्था के तहत कराने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। आंदोलन के 16वें दिन छात्रों ने पत्थर गिरजाघर स्थित धरना स्थल से निकलकर शिक्षा निदेशालय का रुख किया था। इसके बाद से बड़ी संख्या में अभ्यर्थी निदेशालय के बाहर धरने पर बैठे हैं। छात्रों का कहना है कि उनकी मांग पर अब तक कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lucknow/cm-yogi-launches-bharat-taxi-mukhyamantri-krishak-samriddhi-yojana-zero-commission-loan-relief-amm02">CM योगी का बड़ा तोहफा: भारत टैक्सी से चालकों को जीरो कमीशन व 5 लाख का बीमा, किसानों को 6% ब्याज पर लोन</a></aside><h3>मौखिक आश्वासन के बजाय लिखित भरोसे की मांग</h3><p>आंदोलनकारी छात्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/meerut/yogi-adityanath-meerut-announces-one-lakh-jobs-for-youth-six-months-sns03">योगी आदित्यनाथ </a>की ओर से उन्हें मौखिक आश्वासन मिला है, लेकिन वे अपनी मांगों के संबंध में लिखित आश्वासन चाहते हैं। छात्रों का आरोप है कि लिखित आश्वासन के लिए लगातार मांग किए जाने के बावजूद शासन-प्रशासन की ओर से कोई स्पष्ट पहल नहीं हुई है। छात्रों ने कहा कि लिखित आश्वासन मिलने तक अनशन और आंदोलन जारी रहेगा।</p><h3>गेट बंद होने पर छात्रों ने गाया राष्ट्रगान</h3><p>शिक्षा निदेशालय पहुंचने के बाद छात्रों को परिसर में प्रवेश से रोकने के लिए गेट बंद किए जाने को लेकर भी विवाद बना हुआ है। छात्रों का आरोप है कि निदेशालय के गेट पर तालाबंदी कर उन्हें अंदर जाने से रोका जा रहा है। </p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/the-dm-is-not-the-only-one-at-fault-supreme-court-statement-on-the-medha-rupam-case-nkr24">सिर्फ DM दोषी नहीं! मेधा रूपम मामले में सुप्रीम कोर्ट का बयान, क्या और भी अधिकारियों पर होगी कार्रवाई? </a></aside><p>बुधवार को बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं गेट पर पहुंचे और तालाबंदी के विरोध में राष्ट्रगान गाया। इसके बाद छात्रों ने नारेबाजी करते हुए अपनी मांगें दोहराईं। छात्रों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग सरकार तक पहुंचाना चाहते हैं।</p><h3>आंदोलन जारी रखने पर अड़े छात्र</h3><p>प्रतियोगी छात्रों ने कहा कि जब तक पुरानी नियमावली और पुराने पैटर्न से टीजीटी-पीजीटी परीक्षा कराने को लेकर लिखित आश्वासन नहीं मिलता, उनका आंदोलन जारी रहेगा। छात्रों का आरोप है कि शासन-प्रशासन वार्ता के जरिए समाधान निकालने के बजाय उन्हें अनशन समाप्त करने के लिए मनाने का प्रयास कर रहा है। वहीं, <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/fire-broke-out-in-directorate-of-education-in-prayagraj-1201028.html">शिक्षा निदेशालय</a> के बाहर छात्रों की मौजूदगी के कारण आंदोलन लगातार जारी है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>AU Foundation Day: 140वें वर्ष में इलाहाबाद यूनिवर्सिटी, ऐतिहासिक गौरव के साथ आधुनिक तकनीक में बढ़े मजबूत कदम</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-foundation-day-140th-year-academic-evolution-ai-courses-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-foundation-day-140th-year-academic-evolution-ai-courses-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">105a74ad-1015-43f6-950a-b9feba9da4ff</guid><pubDate>Wed, 23 Sep 2026 10:33:09 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-23T10:33:09.533+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,university campus</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/rrnepbil/Allahabad-University-1.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद विश्वविद्यालय]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad University Foundation Day]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-23/rrnepbil/Allahabad-University-1.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad University Foundation Day:</strong> देश की प्रशासनिक, बौद्धिक और अकादमिक चेतना को दिशा देने वाला इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) अब अपनी गौरवशाली विरासत को संग्रहालय में संजोने के बजाय उसे नए भारत की जरूरतों से जोड़कर आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। 23 सितंबर को स्थापना के 139 वर्ष पूरे कर विश्वविद्यालय 140वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है।</p><p>विश्वविद्यालय में पिछले कुछ वर्षों में हुए बदलावों के जरिए पुरानी प्रतिष्ठा को नए संदर्भ में स्थापित करने का प्रयास किया जा रहा है।</p><h3>ए-प्लस ग्रेड से बढ़ी अकादमिक सक्रियता</h3><p>नैक से ए-प्लस ग्रेड मिलने के बाद विश्वविद्यालय में एनआईआरएफ के अनुरूप पाठ्यक्रम तैयार किए गए हैं। 400 से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति से शिक्षण और शोध को नई ताकत मिली है। शोध परियोजनाओं में बढ़ोतरी के साथ विश्वविद्यालय में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों की संख्या भी बढ़ी है।</p><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/ugc-netjrf-june-2026-293-students-of-allahabad-university-qualify-sns03">नेट-जेआरएफ</a> समेत प्रतियोगी परीक्षाओं में 100 से अधिक छात्रों की सफलता को विश्वविद्यालय अपनी बदलती अकादमिक संस्कृति का संकेत मानता है। इविवि की स्थापना से लेकर अब तक की यात्रा में शैक्षणिक विस्तार के कई चरण आए हैं।</p><h3>12 साल में तैयार हुआ था ‘पूरब का ऑक्सफोर्ड’</h3><p>इलाहाबाद विश्वविद्यालय की ऐतिहासिक इमारतें आज भी उसके गौरवशाली अतीत की कहानी कहती हैं। इतिहासकार प्रो. योगेश्वर तिवारी के अनुसार, म्योर सेंट्रल कॉलेज की आधारशिला 23 सितंबर 1873 को रखी गई थी। भवन का निर्माण 1875 में शुरू हुआ और इसे पूरा होने में करीब 12 वर्ष लगे।</p><p>1888 में सेंट्रल ब्लॉक तैयार हुआ, जिस पर करीब आठ लाख 89 हजार 627 रुपये खर्च हुए थे। बाद में यही परिसर उच्च शिक्षा के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित हुआ और विश्वविद्यालय को ‘पूरब का ऑक्सफोर्ड’ कहा जाने लगा।</p><h3>बीए-बीएससी से एआई और डेटा साइंस तक</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-university-phd-scheme-phase-advanced-research-semiconductor-cybersecurity-sns03">इलाहाबाद विश्वविद्यालय</a> करीब 200 इलेक्टिव पाठ्यक्रमों के जरिए विद्यार्थियों को अपने मूल विषय से आगे नई विधाओं को समझने का अवसर दे रहा है। लगभग 10 इंटीग्रेटेड पाठ्यक्रम, योग एवं पोषण, डेटा साइंस, आपदा प्रबंधन, खाद्य एवं पोषण जैसे विषय शुरू किए गए हैं। बीए-बीएड जैसे कार्यक्रमों के जरिए शिक्षा को रोजगार और कौशल से जोड़ने की कोशिश है।</p><p>हाईड्रोपोनिक खेती, हर्बल कॉस्मेटिक्स, एआई एवं डिजिटल साक्षरता, जैव उर्वरक, उद्यमिता, जीआईएस, पाइथन, कोडिंग, भूगोल विज्ञान और डेटा विश्लेषण जैसे पाठ्यक्रम भी विद्यार्थियों को बदलती तकनीकी जरूरतों से जोड़ रहे हैं।</p><h3>पांच करोड़ के इनक्यूबेशन सेंटर से नए अवसर</h3><p>विश्वविद्यालय में करीब पांच करोड़ रुपये के अनुदान से इनक्यूबेशन सेंटर को मजबूत करने की पहल की गई है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों और शोधार्थियों को नवाचार, स्टार्टअप और उद्यमिता से जोड़ना है। एआई, डेटा साइंस, साइबर सुरक्षा, जलवायु परिवर्तन, अर्बन प्लानिंग, पर्यटन और सांस्कृतिक अर्थव्यवस्था जैसे क्षेत्रों में भविष्य की संभावनाओं पर काम किया जा रहा है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/tgt-pgt-recruitment-protest-prayagraj-hunger-strike-day-17-education-directorate-gherao-amm02">प्रयागराज में TGT-PGT आंदोलन तेज: साथी की मौत पर कफन ओढ़कर लेटे छात्र, JNU छात्रों ने भी खोला मोर्चा</a></aside><p>विश्वविद्यालय की स्थापना से लेकर अब तक देश को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, वैज्ञानिक, साहित्यकार, न्यायविद और प्रशासक देने वाली यह संस्था अब अपनी ऐतिहासिक विरासत को आधुनिक ज्ञान-विज्ञान से जोड़ने की दिशा में आगे बढ़ रही है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>प्रयागराज में 50 हजार का इनामी हत्यारोपी गिरफ्तार, STF ने सिविल लाइंस से दबोचा, कई जिलों में 19 मुकदमें दर्ज</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-stf-arrests-rewarded-murder-accused-ravi-pasi</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-stf-arrests-rewarded-murder-accused-ravi-pasi#comments</comments><guid isPermaLink="false">02b37905-e4d8-4d33-9488-6656dfe5cbb5</guid><pubDate>Tue, 22 Sep 2026 23:09:56 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-22T23:09:56.838+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Crime News,Uttar Pradesh Police</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-22/hq3xndom/crime-news.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ गिरफ्तार ]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Prayagraj STF Arrests 50,000 Rewarded Murder Accused Ravi Pasi]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-22/hq3xndom/crime-news.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>क्राइम</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj STF Arrested Ravi Pasi:</strong> एसटीएफ उत्तर प्रदेश की प्रयागराज फील्ड इकाई ने नवाबगंज थाने में दर्ज हत्या के मामले में वांछित 50 हजार रुपए के इनामी आरोपी रवि पासी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की गिरफ्तारी मंगलवार 22 सितंबर को सिविल लाइंस क्षेत्र में एजी ऑफिस चौराहे के पास चाय की दुकान के सामने से की गई।</p><p>एसटीएफ के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी की पहचान रवि पासी उर्फ हरिओम पासी, निवासी ग्राम मीठी, थाना धूमनगंज, प्रयागराज के रूप में हुई है। उसके खिलाफ नवाबगंज थाने में मुकदमा संख्या 404/2025, धारा 103, 140(1), 61(2), 238 बीएनएस के तहत मामला दर्ज है।</p><h3>22 अगस्त 2025 को की थी हत्या</h3><p>पूछताछ में आरोपी रवि पासी ने बताया कि 22 अगस्त 2025 को उसने अपने साथियों के साथ राम सिंह, उदय सिंह और अन्य लोगों को पकड़कर धूमनगंज थाना क्षेत्र के महेन्द्रमपुर गांव के पास ले जाकर कथित रूप से हत्या की थी। इसके बाद शव को ठिकाने लगाने के प्रयास की बात भी सामने आई। </p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/aligarh-akrabad-bhagousa-factories-pollution-kali-nadi-farmers-protest-amm02">Aligarh News: अकराबाद में फैक्ट्रियों से बर्बाद हो रही धान की फसल, किसानों ने खोला मोर्चा; ACM को सौंपा ज्ञापन</a></aside><p>घटना के बाद पुलिस ने उसके कई साथियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया थे। जबकि रवि पासी फरार चल रहा था। आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था।</p><h3>अलग अलग जिलों में 19 मुकदमें दर्ज</h3><p>जानकारी के मुताबिक आरोपी के खिलाफ<a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/tgt-pgt-recruitment-protest-prayagraj-hunger-strike-day-17-education-directorate-gherao-amm02"> प्रयागराज</a>, रायबरेली और प्रतापगढ़ के विभिन्न थानों में 19 मुकदमें दर्ज है। आरोपी रवि पासी को <a href="https://navbharatlive.com/videos/maulana-arrested-for-making-indecent-remarks-about-cm-yogis-mother-1641197.html">यूपी एसटीएफ</a> ने नवाबगंज पुलिस को सुपुर्द कर दिया गया है।</p><p>कार्रवाई करने वाली टीम में एसटीएफ के पुलिस उपाधीक्षक शैलेश प्रताप सिंह, निरीक्षक जय प्रकाश राय, उपनिरीक्षक विनय तिवारी, मुख्य आरक्षी किशन चन्द्र, प्रवीण जायसवाल, आरक्षी अजीत राय व चालक अखण्ड प्रताप पाण्डेय शामिल रहे।</p>]]></content:encoded></item><item><title>UP Panchayat News: ग्राम प्रधानों को प्रशासक बनाने के खिलाफ सुनवाई टली, इलाहाबाद HC ने तय की अगली तारीख</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/up-gram-pradhan-administrator-appointment-panchayat-election-allahabad-hc-hearing-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/up-gram-pradhan-administrator-appointment-panchayat-election-allahabad-hc-hearing-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">33708e9d-3bdf-49b4-98ab-b9c0458dbec1</guid><pubDate>Tue, 22 Sep 2026 22:12:06 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-22T22:12:06.330+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Allahabad High Court</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2024/09/Allahabad-High-Court-serious-comment-on-the-case-of-80-year-old-couple.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाई कोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP Gram Pradhan Administrator Case]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2024/09/Allahabad-High-Court-serious-comment-on-the-case-of-80-year-old-couple.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>उत्तर प्रदेश</category><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP Panchayat Election News:</strong> उत्तर प्रदेश में ग्राम प्रधानों को प्रशासक नियुक्त किए जाने और पंचायत चुनाव को लेकर दाखिल जनहित याचिकाओं पर मंगलवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति अजीत कुमार और न्यायमूर्ति गरिमा प्रसाद की खंडपीठ कर रही है। सुनवाई के दौरान अपर महाधिवक्ता अदालत में मौजूद नहीं थे।</p><p>वहीं, मामले में न्याय मित्र (एमिकस क्यूरी) बनाए गए वरिष्ठ अधिवक्ता भी अदालत में उपस्थित नहीं हो सके। इसके चलते मामले की सुनवाई आगे नहीं बढ़ सकी और अगली सुनवाई के लिए 7 अक्टूबर 2026 की तारीख निर्धारित की गई।</p><h3>ग्राम प्रधानों को प्रशासक नियुक्त करने की व्यवस्था को चुनौती</h3><p>इस मामले में ग्राम प्रधानों को उनके कार्यकाल की समाप्ति के बाद प्रशासक नियुक्त किए जाने की व्यवस्था को चुनौती दी गई है। इसके अलावा पंचायत चुनाव समय पर नहीं कराए जाने को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। मामले में अब तक छह जनहित याचिकाएं दाखिल हो चुकी हैं, जिनमें सरकार के आदेश और पंचायत राज व्यवस्था से जुड़े कानूनी प्रावधानों को चुनौती दी गई है।</p><h3>छह जनहित याचिकाओं में उठे हैं संवैधानिक सवाल</h3><p>याचिकाकर्ताओं की ओर से मुख्य रूप से यह सवाल उठाया गया है कि निर्वाचित <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lucknow/up-gram-panchayat-officer-2022-aspirants-protest-demand-final-result-1877873.html">ग्राम पंचायतों</a> का कार्यकाल समाप्त होने के बाद निवर्तमान प्रधानों को प्रशासक बनाए रखने की व्यवस्था संविधान और पंचायती राज व्यवस्था की भावना के अनुरूप है या नहीं। एक याचिका में उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 की धारा 12(3-ए) की संवैधानिक वैधता को भी चुनौती दी गई है।</p><h3>चुनाव में देरी और प्रशासक नियुक्ति पर पहले भी उठे सवाल</h3><p>इससे पहले <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-election-counting-underway-president-race-sns03">इलाहाबाद हाईकोर्ट</a> की विभिन्न पीठों में हुई सुनवाई के दौरान पंचायत चुनाव में देरी और निवर्तमान प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने के मुद्दे पर राज्य सरकार से जवाब मांगा जा चुका है। अदालत में यह मुद्दा भी सामने आया कि पंचायतों का कार्यकाल समाप्त होने के बाद लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित प्रतिनिधियों के स्थान पर प्रशासकों की व्यवस्था कितनी वैधानिक है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lakhimpur-kheri-violence-supreme-court-seeks-report-trial-judge-ashish-mishra-bail-amm02">लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में सुप्रीम कोर्ट सख्त, ट्रायल जज के कामकाज पर इलाहाबाद HC से मांगी रिपोर्ट</a></aside><p>अब 7 अक्टूबर को होने वाली सुनवाई में राज्य सरकार का पक्ष और मामले में नियुक्त एमिकस क्यूरी की सहायता महत्वपूर्ण होगी। छह जनहित याचिकाओं में उठाए गए कानूनी और संवैधानिक सवालों पर अदालत आगे की सुनवाई करेगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>इलाहाबाद हाईकोर्ट बार चुनाव: अध्यक्ष पद की मतगणना में कांटे की टक्कर, सीपी उपाध्याय 349 वोट के साथ आगे</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-election-counting-underway-president-race-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-election-counting-underway-president-race-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">a204cef9-b74b-4db3-87e4-012b45bc8b1c</guid><pubDate>Tue, 22 Sep 2026 19:46:31 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-22T19:46:31.733+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Prayagraj,High Court,Election,Bar Council of India,Allahabad High Court,Bar Association</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-22/8zruq85h/highcourt.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ मतगणना लिस्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Bar Election Counting Underway, Four Vote Gap in President Race]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-22/8zruq85h/highcourt.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad High Court Bar Association Election:</strong> इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए मतगणना जारी है। अभी तक हुई गणना में अध्यक्ष पद पर मुकाबला बेहद करीबी नजर आ रहा है। सीपी उपाध्याय 349 वोट प्राप्त कर सबसे आगे चल रहे हैं। वहीं पीसी श्रीवास्तव 345 मतों के साथ दूसरे स्थान पर हैं। दोनों प्रत्याशियों के बीच महज चार वोट का अंतर है।</p><p>मतगणना के मौजूदा रुझानों में राधाकांत ओझा 316 वोट पाकर तीसरे स्थान पर चल रहे हैं। जबकि अशोक सिंह को अब तक 294 वोट मिले हैं और वह चौथे स्थान पर हैं।</p><h3>सीपी उपाध्याय और पीसी श्रीवास्तव के बीच कड़ा मुकाबला</h3><p>अध्यक्ष पद के लिए अब तक सामने आए आंकड़ों के मुताबिक सीपी उपाध्याय और पीसी श्रीवास्तव के बीच कड़ा मुकाबला बना हुआ है। दोनों के वोटों में बेहद मामूली अंतर होने के कारण मतगणना के अगले चरण में तस्वीर बदलने की संभावना बनी हुई है। वहीं राधाकांत ओझा और अशोक सिंह भी मुकाबले में बने हुए हैं।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/two-aero-bridges-to-enhance-passenger-facilities-at-varanasi-airport-sns03">वाराणसी एयरपोर्ट पर बढ़ेगी सुविधा; दो एयरोब्रिज से सीधे विमान तक पहुंचेंगे यात्री, धूप और बारिश से मिलेगी राहत</a></aside><p>इलाहाबाद <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/yogi-adityanath-announces-welfare-measures-advocates-allahabad-high-court-sns03">हाईकोर्ट बार एसोसिएशन</a> की 30 सदस्यीय कार्यकारिणी के लिए मतदान के बाद मतगणना की प्रक्रिया चल रही है। चुनाव में अध्यक्ष, महासचिव, वरिष्ठ उपाध्यक्ष समेत विभिन्न पदों के लिए बड़ी संख्या में प्रत्याशी मैदान में हैं। इससे पहले मतदान के दौरान भी अधिवक्ताओं में खासा उत्साह देखने को मिला था।</p><h3>केवल चार मतों का अंतर होने से परिणाम को लेकर उत्सुकता बढ़ी</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/kanpur/kanpur-bar-association-opposes-e-registration-system-rollback-government-order-1820905.html">बार एसोसिएशन</a> मतगणना के दौरान प्रत्याशियों और उनके समर्थकों की नजर हर राउंड के आंकड़ों पर बनी हुई है। अध्यक्ष पद के मौजूदा रुझानों में शीर्ष दो प्रत्याशियों के बीच केवल चार मतों का अंतर होने से परिणाम को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है।</p><p>हालांकि ये आंकड़े अभी तक की मतगणना के रुझान हैं और अंतिम परिणाम नहीं हैं। मतगणना पूरी होने के बाद ही अध्यक्ष पद पर विजेता की आधिकारिक घोषणा की जाएगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>अतीक के बेटे अली की सुरक्षा में सेंध! पुलिस काफिले के पीछे पहुंचा भाई अहजम, कौशांबी में रोकी गई गाड़ी </title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/ali-ahmed-produced-in-prayagraj-court-amid-tight-security-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/ali-ahmed-produced-in-prayagraj-court-amid-tight-security-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">43476152-90fb-44d0-ac50-a22b888e4431</guid><pubDate>Tue, 22 Sep 2026 14:01:15 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-22T14:01:15.098+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Prayagraj,Court Hearing,Crime News,Atiq Ahmad</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-22/z6tdox88/Ali-Ahmed-Prayagraj-Court-Hearing.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ मौके पर जुटी भीड़]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Ali Ahmed Produced in Prayagraj Court Amid Tight Security]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-22/z6tdox88/Ali-Ahmed-Prayagraj-Court-Hearing.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Ali Ahmed Prayagraj Court Hearing:</strong> झांसी जेल से प्रयागराज अदालत में पेशी के लिए लाए जा रहे अतीक अहमद के बेटे अली अहमद की सुरक्षा को लेकर कौशांबी में पुलिस को अतिरिक्त सतर्कता बरतनी पड़ी। कड़ी सुरक्षा के बीच सड़क मार्ग से अली को प्रयागराज लाया जा रहा था। इसी दौरान सैनी क्षेत्र में पुलिस काफिले के पीछे एक संदिग्ध गाड़ी दिखाई दी। पुलिस टीम ने सतर्कता बरतते हुए गाड़ी को रुकवाकर जांच की तो उसमें अली का भाई अहजम बैठा मिला। इसके बाद पुलिस ने उससे पूछताछ की और गाड़ी की तलाशी ली। पूछताछ के बाद पुलिस ने अहजम को काफिले के साथ आगे नहीं बढ़ने की सख्त हिदायत दी।</p><h3>गोपनीय रखी गई थी अली को प्रयागराज लाने की सूचना </h3><p>अली अहमद को झांसी जेल से प्रयागराज लाए जाने को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। सड़क मार्ग से लाए जाने वाले काफिले की सुरक्षा में पुलिसकर्मियों की कई टीमें लगाई गई थीं। अली को प्रयागराज लाए जाने की सूचना भी गोपनीय रखी गई थी। इसके बावजूद उसके भाई अहजम को इसकी जानकारी हो गई और वह अपनी गाड़ी लेकर पुलिस काफिले के पीछे चलने लगा।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/kanpur/kanpur-divyansh-elected-president-student-union-du-khalsa-college-sns03">कानपुर के दिव्यांश केसरवानी ने DU के खालसा कॉलेज में जीता छात्र संघ अध्यक्ष का चुनाव, समर्थकों ने दी बधाई</a></aside><p>कौशांबी में पुलिसकर्मियों की नजर जब काफिले के पीछे लगातार चल रही गाड़ी पर पड़ी तो उसे संदिग्ध मानकर रोका गया। जांच के दौरान गाड़ी में अहजम के मौजूद होने की जानकारी हुई। पुलिस ने उससे काफिले के पीछे आने का कारण पूछा और वाहन की तलाशी भी ली। पूछताछ के बाद पुलिस ने उसे स्पष्ट रूप से काफिले से दूरी बनाए रखने के लिए कहा। इसके बाद अली को लेकर पुलिस टीम प्रयागराज के लिए रवाना हुई।</p><h3>30 लाख की रंगदारी के मामले में अदालत में पेशी</h3><p>अली अहमद को प्रयागराज जिला न्यायालय में करेली थाने में दर्ज जमीन कब्जाने के प्रयास और 30 लाख रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में पेश किया गया। अदालत में तैयार प्रश्नावली के आधार पर अली से सात सवाल पूछे गए और उसका पक्ष जाना गया। इस मामले में असद कालिया भी आरोपी है। अदालत की कार्यवाही के दौरान दोनों पक्षों के अधिवक्ता मौजूद रहे।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/amu-student-indefinite-hunger-strike-students-union-election-demand-sns03">Aligarh: डक पॉइंट पर जुटे सैकड़ों छात्र, यासिर फहद बोले- चुनाव की तारीख लेकर उठूंगा या मेरी डेड बॉडी उठेगी..</a></aside><p>अदालत में अली का बयान दर्ज होने के बाद मामले में गवाहों की उपस्थिति सुनिश्चित कराने के लिए उनके खिलाफ <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/varanasi-court-issues-non-bailable-warrant-against-kaushambi-co-traffic-satyendra-sns03">गैर-जमानती वारंट</a> जारी करने का आदेश दिया गया। मामले की अगली सुनवाई 28 सितंबर को होगी। अगली तारीख पर गवाहों की मौजूदगी और आगे की न्यायिक कार्यवाही महत्वपूर्ण होगी।</p><h3>कोर्ट परिसर में भी सुरक्षा का कड़ा घेरा</h3><p>अली की पेशी को देखते हुए <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/upssf-conducts-high-level-security-audit-of-agra-metro-and-district-court-1838787.html">जिला न्यायालय परिसर</a> और आसपास भी पुलिस का कड़ा पहरा रहा। पुलिसकर्मियों ने कोर्ट परिसर में आने-जाने वाले लोगों पर नजर रखी। अली से मिलने के लिए उसके समर्थकों की भीड़ जुटने लगी तो पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी। पुलिस ने लोगों को नियंत्रित करते हुए अली को सुरक्षित तरीके से अदालत से बाहर निकाला। न्यायिक कार्यवाही पूरी होने के बाद उसे कड़ी सुरक्षा के बीच वापस झांसी जेल ले जाया गया।</p>]]></content:encoded></item><item><title>प्रयागराज में TGT-PGT आंदोलन तेज: साथी की मौत पर कफन ओढ़कर लेटे छात्र, JNU छात्रों ने भी खोला मोर्चा</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/tgt-pgt-recruitment-protest-prayagraj-hunger-strike-day-17-education-directorate-gherao-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/tgt-pgt-recruitment-protest-prayagraj-hunger-strike-day-17-education-directorate-gherao-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">4b04e5ef-2407-4abb-aa58-498ea5c70b09</guid><pubDate>Mon, 21 Sep 2026 17:55:11 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-21T17:55:11.662+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Prayagraj,School Teacher Jobs,Students Protest,Uttar Pradesh Government</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-21/13707p1f/Prayagraj-TGT-PGT-recruitment-protest.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ प्रयागराज में कफन ओढ़कर लेटे अभ्यर्थी]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Prayagraj TGT PGT Recruitment Protest]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-21/13707p1f/Prayagraj-TGT-PGT-recruitment-protest.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj Hunger strike Update:</strong> टीजीटी-पीजीटी भर्ती पुरानी नियमावली और पुराने परीक्षा पैटर्न के आधार पर कराने की मांग को लेकर प्रयागराज में चल रहा छात्रों का आंदोलन 17वें दिन भी जारी रहा। आंदोलन में शामिल जौनपुर निवासी विजय बहादुर की मौत के बाद अभ्यर्थियों में नाराजगी बढ़ गई है। </p><h3>धरना स्थल से शिक्षा निदेशालय पहुंचे छात्र</h3><p>सोमवार को आमरण अनशन पर बैठे छात्र पत्थर गिरजाघर स्थित धरना स्थल से पैदल शिक्षा निदेशालय की ओर बढ़े। छात्रों को रोकने के लिए सिविल लाइंस एसीपी विद्युत गोयल और सिविल लाइंस थाना प्रभारी रामाश्रय यादव पुलिस बल के साथ आगे आए, लेकिन छात्र शिक्षा निदेशालय पहुंच गए। वहां बड़ी संख्या में जुटे अभ्यर्थियों ने गेट पर तालाबंदी का प्रयास किया और परिसर में ही धरना शुरू कर दिया। छात्र निदेशालय के उच्च अधिकारियों से वार्ता की मांग पर अड़े रहे।</p><h3>आमरण अनशन पर छात्रों की बिगड़ रही तबीयत</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-protest-prayagraj-fast-unto-death-students-demand-amm02">पत्थर गिरजाघर</a> धरना स्थल पर आमरण अनशन कर रहे कई छात्रों की तबीयत बिगड़ने की बात सामने आई है। हालत खराब होने पर प्रशासन की ओर से छात्रों को एंबुलेंस से एसआरएन अस्पताल भेजा जा रहा है। इसके बावजूद अनशनकारी अपनी मांगों पर डटे हुए हैं। आंदोलनकारियों का कहना है कि जब तक सरकार की ओर से उनकी मांगों पर स्पष्ट निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।</p><h3>गीत-संगीत से सरकार पर निशाना</h3><p>शिक्षा निदेशालय में पहुंचे आमरण अनशनकारी छात्रों ने रामनामी ओढ़कर गेट के सामने लेटकर विरोध जताया। छात्रों ने गीत-संगीत के जरिए भी अपनी मांगें उठाईं। प्रदर्शन में जेएनयू से आए छात्र भी शामिल हुए। इससे पहले 17 सितंबर को भी बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों ने शिक्षा निदेशालय का घेराव किया था और अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा था।</p><h3>पुरानी नियमावली से भर्ती की मांग</h3><p>अभ्यर्थियों की मुख्य मांग <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-recruitment-requisition-for-23899-pgt-principal-posts-1878445.html">टीजीटी-पीजीटी</a> के रिक्त पदों पर पुरानी नियमावली और पुराने परीक्षा पैटर्न के आधार पर भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की है। आंदोलनकारी टीईटी/सीटीईटी, सामान्य अध्ययन और शैक्षिक योग्यता से जुड़े नए प्रावधानों का भी विरोध कर रहे हैं। इससे पहले अगस्त में प्रतियोगियों ने शिक्षा निदेशालय में प्रदर्शन कर पुरानी नियमावली से भर्ती की मांग रखी थी।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-mandates-forensic-science-training-up-police-prosecutors-amm02">इलाहाबाद HC का बड़ा आदेश: UP पुलिस और सरकारी वकीलों को मिलेगी फॉरेंसिक साइंस की ट्रेनिंग</a></aside><p>छात्रों का कहना है कि विजय बहादुर की मौत के बाद भी यदि उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन जारी रहेगा। वहीं प्रशासन की ओर से स्वास्थ्य बिगड़ने वाले अनशनकारियों को अस्पताल भेजने की प्रक्रिया जारी है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>इलाहाबाद HC का बड़ा आदेश: UP पुलिस और सरकारी वकीलों को मिलेगी फॉरेंसिक साइंस की ट्रेनिंग</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-mandates-forensic-science-training-up-police-prosecutors-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-mandates-forensic-science-training-up-police-prosecutors-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">9182f3c2-9fda-4c5a-aa46-d4fc090fbbef</guid><pubDate>Mon, 21 Sep 2026 17:35:02 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-21T17:35:02.691+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Allahabad High Court,UP Police News</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-08-22/qqfiqcvt/Allahabad-High-Court-2.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाई कोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Order Forensic Science Training]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-08-22/qqfiqcvt/Allahabad-High-Court-2.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad High Court Order Forensic Science Training:</strong> इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पुलिस और अभियोजन अधिकारियों को फोरेंसिक साइंस का नियमित प्रशिक्षण देने का निर्देश दिया है। न्यायमूर्ति अरुण कुमार सिंह देशवाल ने आतिश उर्फ कृष्णाकांत की याचिका पर सुनवाई करते हुए क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम में तकनीकी सुधार और वैज्ञानिक साक्ष्यों के बेहतर इस्तेमाल को लेकर यह महत्वपूर्ण आदेश दिया।</p><p>कोर्ट ने कहा कि आधुनिक जांच व्यवस्था में फोरेंसिक विज्ञान की जानकारी के बिना पुलिस और अभियोजन पक्ष प्रभावी तरीके से मामलों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत नहीं कर सकता।</p><h3>चार्जशीट से ई-फॉरेंसिक लैब तक तकनीकी सुधार</h3><p>सुनवाई के दौरान एनसीबी नई दिल्ली के डिप्टी डायरेक्टर जनरल शशिकांत शर्मा और यूपी के एडिशनल डायरेक्टर जनरल (टेक्निकल) वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से कोर्ट के समक्ष पेश हुए। अधिकारियों ने बताया कि चार्जशीट के सर्किल ऑफिसर स्तर पर सत्यापन का विकल्प जोड़ा गया है।</p><p>इसके अलावा मेडलीपीआर और ई-फोरेंसिक लैब रिपोर्ट तक पहुंच की व्यवस्था पर भी काम चल रहा है। पोस्टमार्टम, यौन उत्पीड़न और चोट संबंधी रिपोर्ट अब सीसीटीएनएस के माध्यम से पुलिस को सीधे उपलब्ध कराई जा रही हैं।</p><h3>पायलट प्रोजेक्ट से पूरे प्रदेश में लागू होगी व्यवस्था</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/kamlesh-bind-encounter-case-reaches-allahabad-high-court-cbi-probe-sns03">इलाहाबाद हाईकोर्ट</a> ने तिलहर थाने में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर लागू पुलिस केस डायरी तक न्यायालय की पूरी पहुंच वाली व्यवस्था को पूरे उत्तर प्रदेश में लागू करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने फोरेंसिक विज्ञान की जानकारी की कमी पर भी चिंता जताई। न्यायालय ने कहा कि सरकारी वकील मामलों में उचित सहयोग नहीं कर पाते हैं।</p><p>कोर्ट ने प्रयागराज के तत्कालीन पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार और बुलंदशहर के तत्कालीन जिला जज व एसपी के प्रयासों की सराहना की, जिन्होंने मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के सहयोग से फोरेंसिक विज्ञान पर कौशल विकास कार्यशाला आयोजित की थी।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/india/ayodhya-ram-mandir-donation-theft-case-supreme-court-sit-status-report-chargesheet-amm02">Ayodhya Ram Mandir: राम मंदिर में 105 बार चोरी हुई, CCTV से खुला राज; 25 सितंबर तक चार्जशीट दाखिल करेगी SIT</a></aside><h3>सरकारी वकीलों और पुलिस अधिकारियों का नियमित प्रशिक्षण</h3><p>कोर्ट ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/up-politics-om-prakash-rajbhar-four-parts-purvanchal-state-claim-ars24">उत्तर प्रदेश</a> के प्रमुख सचिव विधि एवं न्याय और डीजीपी को निर्देश दिया कि राज्य के सभी सरकारी वकीलों और पुलिस अधिकारियों के लिए नियमित प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। जिला न्यायाधीशों को भी अपने-अपने जिलों में न्यायिक अधिकारियों के लिए ऐसी कार्यशालाएं कराने को कहा गया। आदेशों के अधिकांश हिस्से का पालन होने के बाद हाईकोर्ट ने 17 सितंबर को मामले का अंतिम निस्तारण कर दिया।</p>]]></content:encoded></item><item><title>Prayagraj News: दारोगा की अधिवक्ता पत्नी कंचन सिंह ने की खुदकुशी, पारस ग्रीन अपार्टमेंट में मिला शव</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-dhoomanganj-advocate-kanchan-singh-suicide-paras-green-apartment-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-dhoomanganj-advocate-kanchan-singh-suicide-paras-green-apartment-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">aaf441e6-5147-4767-9d12-5682f4ef0544</guid><pubDate>Sun, 20 Sep 2026 17:37:35 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-20T17:37:35.626+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Suicide</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-20/6cpg6ct7/Kanchan-Singh-And-Jitendra-Singh.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ दरोगा की वकील पत्नी ने की आत्महत्या]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Advocate Kanchan Singh Suicide]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-20/6cpg6ct7/Kanchan-Singh-And-Jitendra-Singh.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Advocate Kanchan Singh Suicide:</strong> धूमनगंज थाना क्षेत्र के मुंडेरा स्थित पारस ग्रीन अपार्टमेंट में अधिवक्ता कंचन सिंह की मौत से सनसनी फैल गई। बताया जा रहा है कि कंचन सिंह ने अपने आवास में फांसी लगाकर जान दे दी। घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।</p><p>कंचन सिंह के पति जितेंद्र सिंह धूमनगंज थाने में सब इंस्पेक्टर के पद पर तैनात बताए जा रहे हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस अधिकारी और थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से भी जानकारी जुटाई। फिलहाल महिला के इस कदम के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है।</p><h3>अपार्टमेंट में घटना से मचा हड़कंप</h3><p>मुंडेरा स्थित पारस ग्रीन अपार्टमेंट में अधिवक्ता कंचन सिंह की मौत की खबर फैलते ही वहां रहने वाले लोगों में हड़कंप मच गया। घटना की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल से जुड़े तथ्यों की जांच की।</p><p>पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मौत के कारणों की पुष्टि <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/reason-behind-prateek-yadav-death-postmortem-report-came-out-1730365.html">पोस्टमार्टम रिपोर्ट</a> और जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस परिवार के सदस्यों और परिचितों से भी जानकारी जुटा रही है, ताकि घटना की परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।</p><h3>पुलिस ने शुरू की जांच</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/kaushambi-mla-pooja-pal-bank-account-cyber-fraud-upi-theft-amm02">प्रयागराज पुलिस</a> ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों को भी जांच का हिस्सा बनाया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/rajasthan-state-properties-prayagraj-registry-ban-revenue-board-investigation-amm02">प्रयागराज प्रशासन का बड़ा एक्शन! राजस्थान स्टेट की 1263 संपत्तियों की रजिस्ट्री रुकी, लेखपाल जुटा रहे रिकॉर्ड</a></aside><p>अधिवक्ता कंचन सिंह की मौत की खबर से उनके परिचितों और अधिवक्ता समुदाय में भी शोक की लहर है। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस घटना के पीछे किसी तरह के दबाव, पारिवारिक परिस्थिति या अन्य कारण की पुष्टि के लिए जांच कर रही है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>सत्य परेशान हो सकता है, पराजित नहीं...सीओ जियाउल हक मर्डर केस में राजा भैया को स्पेशल CBI कोर्ट से बड़ी राहत</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/dsp-zia-ul-haq-murder-case-cbi-court-relief-raja-bhaiya-closure-report-accepted-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/dsp-zia-ul-haq-murder-case-cbi-court-relief-raja-bhaiya-closure-report-accepted-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">ce6c9ee7-478d-4d50-987e-7627a56d172f</guid><pubDate>Sun, 20 Sep 2026 12:20:54 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-20T12:20:54.213+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>अमन मौर्या</atom:name><atom:uri>/api/author/2548009</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,CBI,Raja Bhaiya</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-20/xg8netug/Raja-Bhaiya-Zia-ul-Haq.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ दिवंगत सीओ जियाउल हक और राजा भैया]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Raja Bhaiya Zia Ul Haq Case]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-20/xg8netug/Raja-Bhaiya-Zia-ul-Haq.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>उत्तर प्रदेश</category><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Raja Bhaiya Zia Ul Haq Case:</strong> प्रतापगढ़ के कुंडा में चर्चित सीओ जियाउल हक हत्याकांड में विधायक राजा भैया को राहत मिली है। लखनऊ सीबीआई के स्पेशल कोर्ट ने जनसत्ता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष और कुंडा के विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया सहित पांच लोगों को राहत दी है। इनके खिलाफ चल रही कार्यवाही को कोर्ट ने रद्द कर दिया है।</p><p>बता दें, इस प्रकरण में दिवंगत सीओ जियाउल हक की पत्नी परवीन आजाद ने सीबीआई की पहली क्लोजर रिपोर्ट का विरोध किया था। साथ ही इस हत्याकांड में सभी आरोपियों की भूमिका पर दोबारा जांच की मांग भी की थी।</p><h3>कोर्ट में साक्ष्य नहीं दे पाईं परवीन आजाद</h3><p>सीबीआई की स्पेशल न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रतिभा सिंह ने मामले में पर्याप्त कारण न होने का हवाला दिया और विधायक राजा भैया, उनके मीडिया प्रभारी हरिओम श्रीवास्तव, गुड्डू सिंह, रोहित सिंह और सपा नेता गुलशन यादव पर आगे की कार्यवाही समाप्त कर दिया। मामले में दिवंगत सीओ की पत्नी परवीन आजाद विशेष कोर्ट में काेई मौखिक या लिखित साक्ष्य नहीं दे पाईं, जिससे कि सभी आरोपियों पर दोष सिद्ध हो सके।</p><h3>सत्य परेशान हो सकता है, पराजित नहीं- राजा भैया</h3><p>सीबीआई की विशेष कोर्ट का फैसला आने के बाद शनिवार देर शाम राजा भैया का बयान सामने आया। उन्होंने कहा, सत्य परेशान हो सकता है लेकिन पराजित नहीं हो सकता। कोर्ट के फैसले के बाद से राजा भैया के समर्थकों और जनसत्ता दल के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों में खुशी का माहौल है।</p><h3>कार्यकर्ताओं में खुशी का माहौल</h3><p>जनसत्ता दल के नेता और बाबागंज विकास खंड के पूर्व ब्लॉक प्रमुख हितेश प्रताप सिंह ने कोर्ट के फैसले पर कहा कि सीबीआई से पहले भी क्लीनचिट मिल चुकी थी। अब दोबारा क्लीनचिट मिलने से समर्थकों में हर्ष का माहौल है।</p><p>कोर्ट से क्लीन चिट मिलने पर जनसत्ता दल पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और बाबागंज से विधायक विनोद सरोज, पंकज सिंह, विनोद यादव, कुंडा ब्लॉक प्रमुख के प्रतिनिधि संतोष सिंह, प्रतापगढ़ जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि कुलदीप पटेल, हर्षवर्धन सिंह, पंकज यादव ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी।</p><h3>क्या है पूरा मामला?</h3><p>मामला 2 मार्च, 2013 का है। कुंडा के हथिगवां थाना क्षेत्र स्थित बलीपुर के ग्राम प्रधान नन्हे यादव की हत्या के बाद तत्कालीन सीओ जियाउल हक मौके पर गांव पहुंचे थे, जहां जियाउल हक की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।</p><p>इस हत्याकांड में लखनऊ की विशेष सीबीआई अदालत ने 9 अक्तूबर, 2024 को 10 आरोपियों को (घनश्याम सरोज, रामलखन गौतम, फूलचंद यादव, पवन यादव, मंजीत यादव, छोटेलाल यादव, राम आसरे, जगत बहादुर पटेल, पन्नालाल पटेल और शिवराम पासी) दोषी करार दिया। कोर्ट ने इन आरोपियों को जुर्माने के साथ उम्रकैद की सजा सुनाई थी।</p><h3>दोबारा जांच की हुई थी मांग</h3><p>वहीं, सीओ जियाउल हक की पत्नी परवीन आजाद ने इस मामले में पहले दाखिल सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट पर विरोध किया था। विधायक राजा भैया समेत अन्य नामजद लोगों की भूमिका को लेकर उन्होंने दोबारा जांच की मांग की थी। मामला सुप्रीम कोर्ट भी पहुंचा था।</p><p>सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अक्तूबर, 2023 में सीबीआई ने दोबारा मामले की जांच शुरू की थी। हत्याकांड में राजा भैया की भूमिका पर फिर से जांच की गई। जांच के बाद सीबीआई ने कोर्ट में दिसंबर, 2023 में फिर से क्लोजर रिपोर्ट दाखिल कर दी थी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>प्रयागराज प्रशासन का बड़ा एक्शन! राजस्थान स्टेट की 1263 संपत्तियों की रजिस्ट्री रुकी, लेखपाल जुटा रहे रिकॉर्ड</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/rajasthan-state-properties-prayagraj-registry-ban-revenue-board-investigation-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/rajasthan-state-properties-prayagraj-registry-ban-revenue-board-investigation-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">a95c931a-bb10-4228-9381-ce296dffd1ae</guid><pubDate>Sun, 20 Sep 2026 10:28:13 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-20T10:28:13.597+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Today Hindi News,Prayagraj</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-20/hhos5021/Rajasthan-State-Properties-Prayagraj.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[  प्रयागराज स्थित राजस्थान स्टेट की संपत्ति]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Rajasthan State Properties Prayagraj]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-20/hhos5021/Rajasthan-State-Properties-Prayagraj.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Rajasthan State Properties Prayagraj:</strong> राजस्थान स्टेट की प्रयागराज स्थित संपत्तियों की खरीद-फरोख्त पर फिलहाल रोक लगा दी गई है। राजस्व परिषद की ओर से पत्र आने के बाद जिला प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों को इन संपत्तियों के संबंध में किसी भी प्रकार की रजिस्ट्री या हस्तांतरण की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। यह रोक तब तक प्रभावी रहेगी, जब तक संपत्तियों से जुड़े अभिलेखों की जांच पूरी नहीं हो जाती।</p><h3>राजस्व परिषद के पत्र के बाद कार्रवाई तेज</h3><p>राजस्थान स्टेट की <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-police-suspended-officers-discrepancy-bangladeshi-citizens-arrest-sns03">प्रयागराज शहर</a> में करीब 1263 संपत्तियां बताई गई हैं। इन संपत्तियों को लेकर राजस्व परिषद की ओर से पत्र भेजे जाने के बाद जिला प्रशासन सक्रिय हो गया है। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि इन संपत्तियों की खरीद-फरोख्त अथवा हस्तांतरण से जुड़ी कोई भी प्रक्रिया फिलहाल आगे न बढ़ाई जाए।</p><p>प्रशासन ने संबंधित क्षेत्र के लेखपालों को राजस्थान स्टेट की संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज और अभिलेख उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। इन दस्तावेजों के आधार पर संपत्तियों के स्वामित्व, पूर्व में हुए हस्तांतरण और वर्तमान स्थिति की जांच की जाएगी।</p><h3>तहसील से निकलवाए जा रहे पुराने दस्तावेज</h3><p>सदर तहसील में अब पुराना रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है। कर्मचारियों की ओर से सुबह से ही पुराने दस्तावेज निकाले जा रहे हैं। जमीन और खातौनी से जुड़े अभिलेखों को जुटाकर उनकी जांच की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, दस्तावेजों की जांच के आधार पर यह पता लगाया जाएगा कि संबंधित संपत्तियों का स्वामित्व किसके नाम रहा है और पूर्व में उनका हस्तांतरण किस प्रकार हुआ। साथ ही वर्तमान स्थिति का भी सत्यापन किया जाएगा।</p><p>प्रशासन का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही आगे की कार्रवाई के संबंध में निर्णय लिया जाएगा। तब तक संबंधित संपत्तियों की खरीद-फरोख्त की अनुमति नहीं दी जाएगी।</p><h3>बड़े भू-भाग पर राजस्थान स्टेट की दावेदारी</h3><p>जिले में <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/agra-jaipur-house-land-dispute-rajasthan-government-claims-100-bigha-property-amm02">राजस्थान स्टेट</a> की कई संपत्तियां हैं। इनमें से बड़े भू-भाग पर राजस्थान स्टेट की ओर से दावेदारी भी की गई है। इसके बाद राजस्व परिषद ने संपत्तियों का विस्तृत ब्योरा मांगा है। कुछ संपत्तियों को लेकर पहले से विवाद और मुकदमे चलने की जानकारी भी सामने आई है।</p><p>ऐसे में प्रशासन ने अभिलेखों की स्थिति स्पष्ट करने के लिए जांच शुरू कर दी है। लेखपाल संबंधित संपत्तियों की जानकारी और दस्तावेज जुटाने में लगे हैं।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/op-rajbhar-attacks-akhilesh-yadav-pda-yatra-up-politics-amm02">योगी सरकार में अपराधी 48 घंटे में जेल में होते हैं...OP राजभर ने सपा पर कसा तंज, गेस्ट हाउस कांड पर बड़ा दावा</a></aside><p>अधिकारियों के अनुसार, अभिलेखों की जांच पूरी होने तक राजस्थान स्टेट से जुड़ी संपत्तियों की खरीद-फरोख्त पर रोक जारी रहेगी। जांच के बाद ही संपत्तियों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होने और आगे की कार्रवाई तय होने की उम्मीद है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>महिला से पुरुष या पुरुष से महिला बनने पर बदलेगा अंकपत्र और प्रमाणपत्र, प्रयागराज में मिले सबसे ज्यादा मामले</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-process-marksheets-certificates-updated-legal-gender-change-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-process-marksheets-certificates-updated-legal-gender-change-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">05abac1a-0460-4900-aedb-0e21bcd6eac7</guid><pubDate>Sat, 19 Sep 2026 17:59:40 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-19T17:59:40.502+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Gender Change,UP Board Exams</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-19/sz70ps5i/UP-Board-Gender-Change-Process.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ लिंग परिवर्तन के बाद दस्तावेजों में संशोधन की प्रक्रिया]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP Board Gender Change Process: Marksheets-Certificates to Be Updated After Legal Gender Change]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-19/sz70ps5i/UP-Board-Gender-Change-Process.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP Board Gender Change Process:</strong> उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने परीक्षार्थियों के दस्तावेजों में लिंग परिवर्तन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब महिला से पुरुष या पुरुष से महिला के रूप में लिंग परिवर्तन के आवेदन पर बोर्ड अंकपत्र और प्रमाणपत्र में आवश्यक संशोधन कर रहा है। प्रदेशभर में अब तक 10 परीक्षार्थियों ने लिंग परिवर्तन के लिए आवेदन किया है। इनमें आठ आवेदक महिला से पुरुष बने हैं, जबकि दो अन्य मामलों में प्रक्रिया चल रही है।</p><h3>सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद शुरू हुई प्रक्रिया</h3><p>यह व्यवस्था पहली बार लागू की गई है। सुप्रीम कोर्ट के 17 अक्टूबर 2025 के आदेश के बाद यूपी बोर्ड ने लिंग परिवर्तन से संबंधित आवेदनों पर कार्रवाई शुरू की। बोर्ड सचिव ने सभी क्षेत्रीय कार्यालयों के अपर सचिवों और जिला विद्यालय निरीक्षकों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। शिक्षण संस्थानों में ट्रांसजेंडर विद्यार्थियों और कर्मचारियों के लिए सुरक्षित एवं समावेशी वातावरण सुनिश्चित करने की हिदायत भी दी गई है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/agra-sp-monika-naz-khan-party-workers-trade-allegations-up-assembly-elections-sns03">विधानसभा चुनाव 2027 से पहले आगरा सपा में बढ़ी रार, मोनिका नाज खान के आरोपों पर नसीम खातून ने उठाए सवाल </a></aside><h3>पहले डीएम कार्यालय में करना होगा आवेदन</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/world/now-gender-change-will-not-be-possible-white-house-took-a-big-decision-trump-signs-order-1113815.html">लिंग परिवर्तन</a> के इच्छुक अभ्यर्थी को सबसे पहले जिलाधिकारी के यहां आवेदन करना होगा। जिलाधिकारी के निर्देश पर मेडिकल बोर्ड बैठता है और चिकित्सकीय जांच के बाद रिपोर्ट दी जाती है। इसके आधार पर जिलाधिकारी प्रमाणपत्र जारी करते हैं। आवेदक को यह प्रमाणपत्र समाचारपत्र में प्रकाशित कराना होता है। इसके बाद यूपी बोर्ड में आवेदन किया जाता है। बोर्ड प्रमाणपत्र और अंकपत्र में आवश्यक बदलाव करता है। इस पूरी प्रक्रिया के लिए फिलहाल कोई निश्चित समय-सीमा तय नहीं है।</p><h3>प्रयागराज में सबसे अधिक मामले</h3><p>बोर्ड सचिव भगवती सिंह के अनुसार, सबसे अधिक पांच मामले क्षेत्रीय कार्यालय <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-police-suspended-officers-discrepancy-bangladeshi-citizens-arrest-sns03">प्रयागराज </a>में आए हैं। इनमें सभी को हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के नए अंकपत्र व प्रमाणपत्र जारी किए जा चुके हैं। क्षेत्रीय कार्यालय मेरठ और वाराणसी में दो-दो तथा बरेली में एक मामला सामने आया है। गोरखपुर क्षेत्रीय कार्यालय में अभी तक इस तरह का कोई आवेदन नहीं मिला है। बोर्ड की यह प्रक्रिया दस्तावेजों में आवेदक की बदली हुई पहचान को दर्ज करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>विधायक पूजा पाल के खाते में साइबर सेंध! UPI से उड़ाए ₹1.55 लाख, फोन हैक होने की आशंका; जांच में जुटी पुलिस</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/kaushambi-mla-pooja-pal-bank-account-cyber-fraud-upi-theft-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/kaushambi-mla-pooja-pal-bank-account-cyber-fraud-upi-theft-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">fbb50b5d-597e-4800-a5d3-60c3d910a3fb</guid><pubDate>Sat, 19 Sep 2026 17:21:34 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-19T17:21:34.137+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,UPI Payment,Kaushambi News,BJP Leader,Cyber Fraud</media:keywords><media:content height="709" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-19/4kdv48x2/Pooja-Pal.jpg" width="1120"><media:title type="html"><![CDATA[ चायल विधायक पूजा पाल के साथ साइबर ठगी]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Chail MLA Pooja Pal Cyber Fraud]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-19/4kdv48x2/Pooja-Pal.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Chail MLA Pooja Pal Cyber Fraud:</strong> कौशाम्बी की चायल विधानसभा सीट से विधायक पूजा पाल के बैंक खाते से करीब 1.55 लाख रुपये की अनधिकृत निकासी का मामला सामने आया है। आरोप है कि 22 अगस्त से 13 सितंबर के बीच फोन पे और यूपीआई के जरिए कई बार में यह रकम निकाली गई।</p><p>मामले की जानकारी होने के बाद विधायक की ओर से प्रयागराज के धूमनगंज थाने में अज्ञात साइबर अपराधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।</p><h3>कई बार में खाते से निकली रकम</h3><p>विधायक की शिकायत के अनुसार, उनके बैंक खाते से 22 अगस्त से 13 सितंबर के बीच कई अनधिकृत UPI लेनदेन हुए। इन लेनदेन के माध्यम से कुल करीब 1.55 लाख रुपये खाते से निकल गए। 14 सितंबर को बैंक खाते का विवरण देखने पर अनधिकृत निकासी की जानकारी हुई। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस से की गई।</p><h3>मोबाइल में सेंध की आशंका</h3><p>शिकायत में विधायक ने आशंका जताई है कि उनके मोबाइल फोन में किसी तरह अनधिकृत प्रवेश किया गया। इसके बाद फोन पे और यूपीआई के माध्यम से खाते से रकम निकाली गई। उन्होंने मोबाइल में मौजूद व्यक्तिगत और महत्वपूर्ण डेटा तक भी अनधिकृत पहुंच बनाए जाने अथवा उसके दुरुपयोग की आशंका जताई है। विधायक की ओर से <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/one-killed-in-clash-over-money-dispute-in-mathura-1800422.html">संदिग्ध UPI लेनदेन</a> की तकनीकी जांच और रकम की रिकवरी की मांग की गई है।</p><h3>साइबर सेल की मदद से जांच</h3><p>धूमनगंज पुलिस ने तहरीर के आधार पर अज्ञात के खिलाफ <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/kanpur/kanpur-cyber-fraud-international-scam-5600-crore-busted-jajmau-raid-amm02">साइबर अपराध</a> का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच साइबर सेल की मदद से की जा रही है। जांच में बैंक खाते से हुए लेनदेन, यूपीआई ट्रांजैक्शन और संबंधित डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है, ताकि रकम निकालने वाले व्यक्ति या नेटवर्क तक पहुंचा जा सके।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/barabanki-jail-female-inmate-tested-hiv-positive-health-department-alert-amm02">Barabanki Jail HIV Case: जेल में महिला कैदी निकली HIV पॉजिटिव, मचा हड़कंप; संपर्क में आए लोगों की तलाश तेज</a></aside><p>फिलहाल, पुलिस की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि खाते से रकम किस तरीके से निकाली गई और मोबाइल या यूपीआई तक अनधिकृत पहुंच कैसे बनी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>प्रयागराज में बांग्लादेशी नागरिक की गिरफ्तारी पर उठे सवाल, मेजा थाना प्रभारी समेत दो पुलिसकर्मी निलंबित</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-police-suspended-officers-discrepancy-bangladeshi-citizens-arrest-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-police-suspended-officers-discrepancy-bangladeshi-citizens-arrest-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">8239be19-1033-414f-bca7-478a679c6c29</guid><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 19:03:44 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-18T19:03:44.659+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Prayagraj,Uttar Pradesh Police</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-18/dnb98c35/Prayagraj-Police.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ मेजा थाना ]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Prayagraj Police Suspended Two Officers Over Discrepancy in Bangladeshi Citizens Arrest Record]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-18/dnb98c35/Prayagraj-Police.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj Police Action Bangladesh Citizen:</strong> मेजा थाने में बांग्लादेशी नागरिक को हिरासत में लेने और उसकी गिरफ्तारी दर्ज करने के बीच सामने आए अंतर के मामले में प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस आयुक्त पीयूष मोर्डिया के आदेश पर मेजा थाना प्रभारी जितेंद्र शुक्ला और अतिरिक्त प्रभारी कमलेश यादव को निलंबित कर दिया गया है। जांच में सामने आए सीसीटीवी फुटेज के बाद पुलिस की कार्रवाई और अभिलेखों में दर्ज गिरफ्तारी की तारीख को लेकर सवाल उठे थे। </p><h3>15 अगस्त को पकड़ा, 19 अगस्त को गिरफ्तारी दिखाई </h3><p>जानकारी के मुताबिक मेजा क्षेत्र में रहने वाले कमलेश कुमार विश्वास उर्फ सुजल को पुलिस ने उसके क्लीनिक से 15 अगस्त को पकड़ा था। आरोप है कि उसे चार दिन तक थाने में रखा गया, जबकि पुलिस रिकॉर्ड में उसकी गिरफ्तारी 19 अगस्त को दिखाई गई। इसके बाद उसे अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। मामले की जांच के दौरान थाने और आसपास के सीसीटीवी फुटेज सामने आए, जिनसे पुलिस की कार्रवाई की समय-सीमा को लेकर सवाल खड़े हुए।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/kanpur/kanpur-police-crack-down-on-fake-press-and-police-stickers-sns03">फर्जी प्रेस और पुलिस का स्टीकर लगाया तो होगी कार्रवाई... लेकिन फर्जी भारत सरकार लिखने वालों का क्या? </a></aside><h3>जांच में सामने आई बांग्लादेशी नागरिकता</h3><p>पुलिस के अनुसार, कमलेश कुमार विश्वास लंबे समय से मेजा क्षेत्र में रह रहा था और वहां क्लीनिक चला रहा था। एक <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/high-court-refuses-to-stay-eviction-rent-recovery-case-over-waqf-property-sns03">संपत्ति विवाद</a> की जांच के दौरान उसकी नागरिकता और दस्तावेजों को लेकर पुलिस को जानकारी मिली। जांच में उसके पास अलग-अलग नामों से बने आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज मिलने की बात सामने आई। पुलिस के मुताबिक उसके पास भारतीय पासपोर्ट भी था, लेकिन वैध वीजा नहीं मिला। इसके बाद उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई की गई थी।</p><h3>सीसीटीवी फुटेज के बाद विभागीय कार्रवाई</h3><p>मामले में हिरासत और गिरफ्तारी के बीच अंतर सामने आने के बाद पीड़ित पक्ष ने न्यायालय का रुख किया। इसके बाद जांच में सीसीटीवी फुटेज को भी देखा गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस आयुक्त के आदेश पर मेजा <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/vinod-sahani-murder-case-police-officers-suspended-three-arrested-sns03">थाना प्रभारी </a>जितेंद्र शुक्ला और अतिरिक्त प्रभारी कमलेश यादव को निलंबित कर दिया गया। डीसीपी यमुनापार विवेक चंद्र यादव ने दोनों अधिकारियों के निलंबन की पुष्टि की है। अब विभागीय जांच में सामने आने वाले अन्य तथ्यों पर भी नजर रहेगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>कमलेश बिंद एनकाउंटर की CBI जांच की मांग; मां पहुंचीं इलाहाबाद हाईकोर्ट, बोली- पहले पकड़ा फिर किया एनकाउंटर  </title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/kamlesh-bind-encounter-case-reaches-allahabad-high-court-cbi-probe-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/kamlesh-bind-encounter-case-reaches-allahabad-high-court-cbi-probe-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">8d8ac64d-3594-46ff-b8d9-48eba520fdab</guid><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 10:27:17 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-18T10:27:17.418+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>High Court,Encounter,Fake Encounter,Allahabad High Court</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-18/zywopo9b/kamlesh-bind-1.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ कमलेश बिंद का परिवार]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Kamlesh Bind Encounter Case Reaches Allahabad High Court, Mother Seeks CBI Probe]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-18/zywopo9b/kamlesh-bind-1.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Kamlesh Bind Encounter Case:</strong> गाजीपुर में पुलिस मुठभेड़ में मारे गए कमलेश बिंद के एनकाउंटर का मामला अब इलाहाबाद हाईकोर्ट पहुंच गया है। कमलेश बिंद की मां ने एनकाउंटर की परिस्थितियों पर सवाल उठाते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से कराने की मांग को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है। याचिका वरिष्ठ अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय के माध्यम से दाखिल की गई है। मामले में अगले सप्ताह सुनवाई होने की उम्मीद है। </p><h3>3-4 जून की रात मुठभेड़ में मारा गया था कमलेश </h3><p>गाजीपुर में होटल कारोबारी विनीत राय की हत्या के मामले में वांछित कमलेश बिंद को पुलिस ने 3-4 जून की रात मुठभेड़ में मार गिराने का दावा किया था। पुलिस के अनुसार कमलेश पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था। विनीत राय की हत्या 29 मई 2026 को होटल के बाहर गोली मारकर की गई थी। इसके बाद पुलिस ने मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई शुरू की थी। </p><figure><img alt="" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-18/64ttan9o/kamlesh-bind.jpg" /><figcaption>हाईकोर्ट में याचिका दाखिल</figcaption></figure><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/agra-taj-resort-bomb-threat-security-teams-conduct-extensive-hotel-search-sns03">आगरा में ताज रिजॉर्ट को बम से उड़ाने की धमकी; ई-मेल मिलते ही मचा हड़कंप, बम डिस्पोजल टीम ने खंगाला पूरा होटल</a></aside><h3>परिजनों ने एनकाउंटर की कहानी पर उठाए सवाल</h3><p>कमलेश बिंद के परिजनों ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/mathura-police-encounter-robbery-murder-accused-arrested-up-police-1873060.html">पुलिस एनकाउंटर </a>के दावे पर सवाल उठाए थे। परिवार की ओर से आरोप लगाया गया कि कमलेश को पुलिस ने पहले पकड़ लिया था और बाद में एनकाउंटर दिखाया गया। हालांकि यह परिवार का आरोप है, जबकि पुलिस की ओर से मुठभेड़ में कार्रवाई किए जाने की बात कही गई है। इसी विवादित घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की मांग अब हाईकोर्ट में दाखिल याचिका के जरिए की गई है।</p><h3>संजय निषाद भी उठा चुके हैं एनकाउंटर पर सवाल</h3><p>कमलेश बिंद के एनकाउंटर के बाद <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/asim-arun-kannauj-controversy-bjp-protest-administration-lapse-news-1632489.html">उत्तर प्रदेश सरकार</a> के कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने भी पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की थी। उन्होंने कहा था कि एनकाउंटर किन परिस्थितियों में हुआ, पुलिस को इसका स्पष्ट जवाब देना चाहिए। बाद में उन्होंने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित किए जाने की मांग भी की थी।</p><p>अब कमलेश बिंद की मां की ओर से दाखिल याचिका में CBI जांच की मांग की गई है। हाईकोर्ट में सुनवाई के बाद ही स्पष्ट होगा कि अदालत इस मामले में किस तरह की जांच या अन्य कार्रवाई पर विचार करती है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>HC Bar Election 2026: 30 पदों पर वोटिंग पूरी, मतपेटियों में बंद हुआ वकीलों का भविष्य; रिजल्ट का काउंटडाउन शुरू</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-association-election-voting-concludes-85-percent-turnout-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-association-election-voting-concludes-85-percent-turnout-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">116feeff-bc48-4162-8a11-b4f79aca7c97</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 22:54:14 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T22:54:14.070+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Election,Allahabad High Court,Bar Association</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/3ze3bqk7/Allahabad-High-Court-Bar-Association-election.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन चुनाव]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Bar Association Election]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/3ze3bqk7/Allahabad-High-Court-Bar-Association-election.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad High Court Bar Association Election:</strong> इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन की 30 सदस्यीय कार्यकारिणी के लिए गुरुवार को मतदान संपन्न हो गया। हाईकोर्ट क्रिकेट ग्राउंड में बनाए गए मतदान स्थल पर शाम पांच बजे तक वोटिंग हुई। कुल 11,724 पंजीकृत अधिवक्ता मतदाताओं में से 10,050 ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया।</p><p>इस तरह चुनाव में करीब 85 फीसदी मतदान दर्ज किया गया। मतदान के दौरान सुरक्षा और व्यवस्थाओं के साथ-साथ सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की व्यवस्था भी की गई थी।</p><h3>30 पदों के लिए 263 प्रत्याशी</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/yogi-adityanath-announces-welfare-measures-advocates-allahabad-high-court-sns03">बार एसोसिएशन</a> की 30 सदस्यीय कार्यकारिणी के लिए इस बार कुल 263 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। अध्यक्ष पद के लिए आठ, महासचिव पद के लिए 14 और वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद के लिए 15 प्रत्याशी आमने-सामने हैं। संयुक्त सचिव प्रशासन के लिए 13, पुस्तकालय के लिए 12, प्रेस के लिए 10 और महिला पद के लिए पांच प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। कोषाध्यक्ष पुरुष पद के लिए 11 और महिला पद के लिए तीन प्रत्याशी मैदान में हैं।</p><h3>उपाध्यक्ष और गवर्निंग काउंसिल की सीटों पर भी मुकाबला</h3><p>उपाध्यक्ष की छह सीटों के लिए भी बड़ी संख्या में प्रत्याशी मैदान में हैं। इनमें चार पुरुष सीटों पर 50 और दो महिला सीटों पर छह प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। वहीं गवर्निंग काउंसिल की 10 पुरुष सीटों के लिए 100 तथा पांच महिला सीटों के लिए 16 प्रत्याशियों ने चुनाव लड़ा है।</p><h3>महासचिव पद पर 14 प्रत्याशी, दो नामों की ज्यादा चर्चा</h3><p>महासचिव पद पर कुल 14 प्रत्याशियों के बीच मुकाबला है। हालांकि चुनाव प्रचार के दौरान बृजेंद्र कुमार पांडेय और राय साहब यादव के बीच मुकाबले की चर्चा अधिवक्ताओं के बीच अधिक रही। दोनों पक्षों की ओर से अपने-अपने समर्थन में दावे किए गए हैं। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मतदान पूरा होने के बाद अब सभी प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला मतपेटियों में बंद हो गया है।</p><h3>मतदान पूरा, अब परिणाम का इंतजार</h3><p>गुरुवार सुबह से ही मतदान केंद्र पर अधिवक्ताओं की आवाजाही बनी रही। निर्धारित समय शाम पांच बजे मतदान समाप्त होने के बाद चुनाव प्रक्रिया का अगला चरण मतों की गणना और परिणाम की घोषणा का होगा।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-event-dereliction-of-duty-40-policemen-line-hazir-prayagraj-amm02">इलाहाबाद HC में CM योगी के कार्यक्रम से नदारद मिले 40 पुलिसकर्मी, पोल खुलते ही कमिश्नर ने किया लाइन हाजिर</a></aside><p>85 फीसदी मतदान के बाद अब अधिवक्ताओं के साथ-साथ प्रत्याशियों की निगाहें चुनाव परिणाम पर टिकी हैं। <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/saharanpur-mosque-demolition-case-allahabad-high-court-stays-recovery-sns03">इलाहाबाद हाईकोर्ट</a> बार एसोसिएशन की 30 सदस्यीय कार्यकारिणी में कौन-कौन प्रत्याशी जगह बनाएगा, इसका फैसला मतगणना के बाद होगा।</p>]]></content:encoded></item><item><title>इलाहाबाद HC में CM योगी के कार्यक्रम से नदारद मिले 40 पुलिसकर्मी, पोल खुलते ही कमिश्नर ने किया लाइन हाजिर</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-event-dereliction-of-duty-40-policemen-line-hazir-prayagraj-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-event-dereliction-of-duty-40-policemen-line-hazir-prayagraj-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">311e3c4d-d614-4caa-b938-16644f55d306</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 22:10:52 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T22:10:52.395+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Allahabad High Court,UP Police News</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/wonmo9so/Allahabad-High-Court-event-police-dereliction-of-duty-1.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ प्रयागराज में 40 पुलिसकर्मी लाइन हाजिर]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Event Police Dereliction Of Duty]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/wonmo9so/Allahabad-High-Court-event-police-dereliction-of-duty-1.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p>Allahabad High Court Event Police Dereliction Of Duty: इलाहाबाद हाईकोर्ट में 14 सितंबर को आयोजित कार्यक्रम के दौरान ड्यूटी में लापरवाही सामने आने पर पुलिस कमिश्नर पीयूष मोर्डिया ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस आयुक्त ने ड्यूटी से अनुपस्थित मिले 40 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया है। इन सभी की ड्यूटी कार्यक्रम के दौरान यातायात व्यवस्था संभालने के लिए लगाई गई थी।</p><h3>53 पुलिसकर्मियों की लगाई गई थी ड्यूटी</h3><p>14 सितंबर को <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/yogi-adityanath-announces-welfare-measures-advocates-allahabad-high-court-sns03">इलाहाबाद हाईकोर्ट</a> परिसर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य समेत कई जनप्रतिनिधि और विशिष्ट लोग शामिल हुए थे। कार्यक्रम को देखते हुए यातायात और सुरक्षा व्यवस्था के लिए प्रयागराज कमिश्नरेट के विभिन्न थानों से 53 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी अलग-अलग स्थानों पर लगाई गई थी। संबंधित पुलिसकर्मियों को निर्धारित ड्यूटी प्वाइंट पर तैनात रहकर व्यवस्था संभालने के निर्देश दिए गए थे।</p><figure><img alt="Allahabad High Court Event Police Dereliction Of Duty" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/4ompf2cc/Allahabad-High-Court-event-police-dereliction-of-duty-2.jpg" /><figcaption>प्रयागराज में 40 पुलिसकर्मी लाइन हाजिर</figcaption></figure><h3>थाने से रवाना होकर पुलिस लाइन में कराई आमद</h3><p>पुलिस के मुताबिक, ड्यूटी पर लगाए गए पुलिसकर्मियों ने संबंधित थानों से रवाना होकर पुलिस लाइन में आमद भी दर्ज कराई थी। इसके बाद उन्हें निर्धारित ड्यूटी प्वाइंट पर भेजा गया। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने जब ड्यूटी प्वाइंट का निरीक्षण किया तो कई पुलिसकर्मी वहां मौजूद नहीं मिले। इसके बाद उनकी तलाश कराई गई।</p><h3>जांच में 40 पुलिसकर्मी मिले अनुपस्थित</h3><p>अधिकारियों की जांच में 53 में से 40 पुलिसकर्मी अपने निर्धारित ड्यूटी प्वाइंट पर नहीं मिले। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त पीयूष मोर्डिया ने जांच कराई। जांच में ड्यूटी के दौरान अनुपस्थिति और लापरवाही सामने आने के बाद 40 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर करने का आदेश दिया गया।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-protest-prayagraj-fast-unto-death-students-demand-amm02">TGT-PGT Protest: पुराने पैटर्न पर अड़े अभ्यर्थी, प्रयागराज में आमरण अनशन पर बैठे छात्र; छात्रा की बिगड़ी तबीयत</a></aside><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/raebareli-sp-workers-police-clash-sp-office-lathi-charge-abvp-protest-video-amm02">पुलिस विभाग</a> की इस कार्रवाई को वीआईपी कार्यक्रमों में ड्यूटी को लेकर बरती जा रही गंभीरता से जोड़कर देखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि महत्वपूर्ण कार्यक्रमों के दौरान निर्धारित ड्यूटी प्वाइंट पर पुलिसकर्मियों की मौजूदगी और यातायात व्यवस्था बनाए रखना उनकी जिम्मेदारी है। ड्यूटी में लापरवाही मिलने पर विभागीय स्तर पर कार्रवाई की गई है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>Mission 2027: विनोद तावड़े का अवध-पूर्वांचल दौरा शुरू, विधायकों के रिपोर्ट कार्ड और टिकट दावेदारों पर नजर</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/vinod-tawde-up-tour-bjp-election-incharge-mission-2027-gorakhpur-prayagraj-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/vinod-tawde-up-tour-bjp-election-incharge-mission-2027-gorakhpur-prayagraj-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">76179249-6054-43df-974f-f46de52887ec</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 20:25:00 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T20:25:00.505+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>अमन मौर्या</atom:name><atom:uri>/api/author/2548009</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,BJP,Yogi Adityanath,Vinod Tawde</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/952q6j5s/Vinod-Tawde.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ बीजेपी नेता और उत्तर प्रदेश के चुनाव प्रभारी विनोद तावड़े]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP assembly elections 2027 Vinod Tawde]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/952q6j5s/Vinod-Tawde.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>उत्तर प्रदेश</category><category>राजनीति</category><category>प्रयागराज</category><category>गोरखपुर</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Vinod Tawde UP Tour BJP:</strong> भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय महासचिव और उत्तर प्रदेश के चुनाव प्रभारी विनोद तावड़े ने गुरुवार को अवध और पूर्वांचल के कई जिलों के सप्ताहभर के दौरे की शुरुआत की। उनका यह दौरा 2027 के विधानसभा चुनावों की तैयारियों को गति देने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। 18 अगस्त को उत्तर प्रदेश का चुनाव प्रभारी बनाए जाने के बाद तावड़े का यह राज्य का तीसरा दौरा है।</p><h3>विधायकों का लेंगे फीडबैक</h3><p>पार्टी के एक नेता के मुताबिक, इस दौरे के दौरान विधायकों के प्रदर्शन को लेकर फीडबैक लिया जाएगा और संभावित पार्टी उम्मीदवारों को लेकर भी जानकारी जुटाई जाएगी। तावड़े ने इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “यूपी की रफ्तार रहेगी बरकरार; तीसरी बार बनेगी एनडीए सरकार।”</p><h3>गोरखपुर में होगी बूथ स्तर की बैठक</h3><p>तावड़े ने बताया कि गुरुवार और शुक्रवार को गोरखपुर में उनकी बैठकें बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ होंगी। इस दौरान 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा द्वारा हारे गए बूथों की भी समीक्षा की जाएगी। बुधवार को <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/rinku-singh-priya-saroj-wedding-date-hotel-ramada-lucknow-ars24">राजधानी लखनऊ</a> में हुई समन्वय बैठक के एक दिन बाद तावड़े ने जिलास्तरीय जमीनी तैयारियों की शुरुआत की है।</p><p>पार्टी सूत्रों के मुताबिक, तावड़े का फोकस पूरे अवध और पूर्वांचल क्षेत्र पर रहेगा। इस दौरान वह क्षेत्र से लेकर जिला स्तर तक के पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे।</p><h3>फीडबैक के आधार पर तैयार करेंगे रणनीति</h3><p>भाजपा नेता के अनुसार, इन बैठकों में पार्टी की चुनावी तैयारियों की समीक्षा की जाएगी और कार्यकर्ताओं से मिले फीडबैक के आधार पर आगे की रणनीति तैयार की जाएगी। तावड़े 19 सितंबर को अवध क्षेत्र पहुंचेंगे। यहां 19 और 20 सितंबर को पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ उनकी बैठकें प्रस्तावित हैं।</p><p>इसके बाद 21 और 22 सितंबर को प्रयागराज में काशी क्षेत्र की चुनावी रणनीति तैयार करने के लिए बैठकें करेंगे।</p><h3>अखिलेश यादव पर साधा निशाना</h3><p>इससे पहले तावड़े ने समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रमुख <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/agra-sp-dispute-monica-naaz-khan-resigns-shabbir-abbas-allegations-akhilesh-yadav-amm02">अखिलेश यादव</a> पर निशाना साधते हुए विपक्षी दल के ‘पीडीए’ नारे की आलोचना की थी। उन्होंने ‘पीडीए’ का अर्थ ‘पराया धन अपना’ बताते हुए कहा था कि एनडीए ऐसा नहीं होने देगा। तावड़े ने कहा था, “हम सपा-पीडीए के नारों को हराएंगे। पीडीए और एसपी का मतलब ‘पराया धन अपना’ है। एनडीए ऐसा कभी नहीं होने देगा।”</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/india/up-ats-arrests-aqis-terror-module-member-maqsood-ali-coimbatore-transit-remand-amm02">AQIS Terror Module: आजमगढ़ के नबील के बाद अब कोयंबटूर से भी आतंकी गिरफ्तार, ट्रांजिट रिमांड पर लखनऊ लाई UP ATS</a></aside><p>उन्होंने दावा किया था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनी है, जबकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश में विकास की गति को तेज कर रहे हैं। उन्होंने कहा था कि पार्टी के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के मार्गदर्शन में राज्य में एनडीए कार्यकर्ता आगामी विधानसभा चुनाव पूरे उत्साह के साथ लड़ेंगे। <em><strong>एजेंसी इनपुट के साथ...</strong></em></p>]]></content:encoded></item><item><title>UPTET 2026 Result: यूपीटीईटी अभ्यर्थियों को झटका, OMR और नॉर्मलाइजेशन में अंक संशोधन से आयोग ने किया इनकार</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tet-2026-result-upessc-rejects-marks-revision-correction-allowed-certificates-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tet-2026-result-upessc-rejects-marks-revision-correction-allowed-certificates-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">5411380f-7224-4aa0-8318-7c11f13bcd6d</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 16:10:47 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T16:10:47.549+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,TET Exam</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/qgnhkkyp/UPESSC.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP TET OMR Correction Marks Normalisation News]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/qgnhkkyp/UPESSC.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP TET OMR Correction Marks Normalisation News:</strong> शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपी टीईटी) 2026 के परिणाम में संशोधन की उम्मीद लगाए अभ्यर्थियों को उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग से राहत नहीं मिली है। आयोग ने ओएमआर शीट में अनुक्रमांक या प्रश्न पुस्तिका क्रमांक गलत भरने, नॉर्मलाइजेशन के कारण अंक कम होने तथा उत्तरकुंजी के आधार पर अंकों में संशोधन की मांग को स्वीकार नहीं किया है।</p><p>हालांकि, सफल अभ्यर्थियों के प्रमाणपत्र में नाम, पिता या पति का नाम, जन्मतिथि और वर्ग/श्रेणी से जुड़ी त्रुटियों को सुधारने का अवसर दिया जाएगा।</p><h3>छह सदस्यीय समिति ने किया परीक्षण</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/varanasi-teacher-felicitation-ceremony-innovative-honoured-eduleaders-event-sns03">उत्तर प्रदेश</a> शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष डॉ. प्रशांत कुमार ने बताया कि अभ्यर्थियों की ओर से प्राप्त सभी प्रत्यावेदनों को छह सदस्यीय समिति ने चार श्रेणियों में वर्गीकृत कर परीक्षण किया। पहली श्रेणी ओएमआर शीट में अनुक्रमांक, प्रश्न पुस्तिका क्रमांक अथवा दोनों के गोले गलत भरने से संबंधित थी। आयोग के अनुसार मूल्यांकन और स्कोर प्रोसेसिंग की प्रक्रिया पूरी तरह स्वचालित है।</p><p>इसलिए ओएमआर पर निर्धारित जानकारी सही ढंग से भरना अभ्यर्थी की जिम्मेदारी थी। परीक्षा से पहले जारी निर्देशों और ओएमआर मूल्यांकन से संबंधित नियमों में भी इसकी जानकारी दी गई थी।</p><h3>उत्तरकुंजी पर भी संशोधन नहीं</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/career/upsssc-senior-instructor-recruitment-2026-132-post-pet-2025-kns18">चयन आयोग</a> ने उत्तरकुंजी के आधार पर अंकों में संशोधन की मांग को भी स्वीकार नहीं किया। आयोग का कहना है कि परीक्षा के बाद निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रत्यावेदनों का परीक्षण किया गया और उसके आधार पर परिणाम तैयार किया गया।</p><h3>नॉर्मलाइजेशन पर उठे सवाल</h3><p>दूसरी श्रेणी में नॉर्मलाइजेशन प्रक्रिया से प्राप्त अंकों में कमी की शिकायतें शामिल थीं। आयोग ने स्पष्ट किया कि अलग-अलग पालियों में परीक्षा होने की स्थिति में अभ्यर्थियों के तुलनात्मक मूल्यांकन के लिए नॉर्मलाइजेशन प्रक्रिया लागू किए जाने की जानकारी विज्ञापन में पहले ही दी गई थी।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-protest-prayagraj-fast-unto-death-students-demand-amm02">TGT-PGT Protest: पुराने पैटर्न पर अड़े अभ्यर्थी, प्रयागराज में आमरण अनशन पर बैठे छात्र; छात्रा की बिगड़ी तबीयत</a></aside><h3>प्रमाणपत्र की गलतियां होंगी दुरुस्त</h3><p>सफल अभ्यर्थियों को प्रमाणपत्र में नाम, पिता/पति का नाम, जन्मतिथि और वर्ग/श्रेणी से जुड़ी त्रुटियों में सुधार का अवसर दिया जाएगा। आयोग ने स्पष्ट किया कि यह सुविधा निर्धारित प्रक्रिया और नियमों के तहत ही मिलेगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>TGT-PGT Protest: पुराने पैटर्न पर अड़े अभ्यर्थी, प्रयागराज में आमरण अनशन पर बैठे छात्र; छात्रा की बिगड़ी तबीयत</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-protest-prayagraj-fast-unto-death-students-demand-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-tgt-pgt-exam-pattern-protest-prayagraj-fast-unto-death-students-demand-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">ec6c1139-2429-4ebb-b7e7-3e6ed1b307ab</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 15:07:24 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T15:07:24.576+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,School Teacher Jobs,Students Protest</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/1c5s2ysj/Prayagraj-students-hunger-strike-TGT-PGT.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ प्रयागराज में TGT-PGT अभ्यर्थियों का आमरण अनशन]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP TGT PGT Exam Pattern Protest]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/1c5s2ysj/Prayagraj-students-hunger-strike-TGT-PGT.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj Students Hunger Strike:</strong> टीजीटी-पीजीटी भर्ती परीक्षा को पुरानी नियमावली और पुराने पैटर्न के आधार पर कराने की मांग को लेकर प्रयागराज में प्रतियोगी छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। सिविल लाइंस स्थित पत्थर गिरजाघर धरना स्थल पर बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं धरने पर बैठे हैं। मांग पूरी नहीं होने पर पांच छात्र-छात्राओं ने आमरण अनशन शुरू कर दिया है।</p><p>इसी बीच एक अनशनकारी छात्रा की तबीयत बिगड़ने पर सिविल लाइंस पुलिस उसे इलाज के लिए स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल ले गई। आंदोलनकारी छात्रों ने आगे बड़े आंदोलन की तैयारी की भी बात कही है।</p><h3>आमरण अनशन के दौरान छात्रा की तबीयत बिगड़ी</h3><p>आंदोलन के तहत पांच छात्र-छात्राएं आमरण अनशन पर बैठे हैं। अनशन के दौरान एक छात्रा की तबीयत बेहद खराब हो गई। स्थिति को देखते हुए सिविल लाइंस थाने की पुलिस उसे स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल ले गई, जहां उसका उपचार कराया गया। इसके बावजूद आंदोलनकारी छात्र अपनी मांग पर कायम हैं।</p><p>धरना स्थल पर छात्राओं ने संगीत और गायन के माध्यम से भी अपना विरोध दर्ज कराया। उनका कहना है कि उनका उद्देश्य किसी तरह का टकराव पैदा करना नहीं, बल्कि <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/gorakhpur/cm-yogi-adityanath-public-grievances-janta-darshan-gorakhpur-sns03">प्रदेश सरकार</a> तक अपनी मांग पहुंचाना है। छात्र पुराने पैटर्न पर कम से कम दो अवसर देने की मांग कर रहे हैं।</p><figure><img alt="UP TGT PGT Exam Pattern Protest" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/j9rvuxm3/Prayagraj-students-hunger-strike-TGT-PGT-2.jpg" /><figcaption>प्रयागराज में TGT-PGT अभ्यर्थियों का आमरण अनशन</figcaption></figure><h3>पुरानी नियमावली से दो अवसर देने की मांग</h3><p>प्रतियोगी छात्रों का कहना है कि टीजीटी-पीजीटी भर्ती की प्रक्रिया में नियम और परीक्षा पैटर्न में बदलाव से लंबे समय से तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के सामने परेशानी खड़ी हो गई है। छात्रों की मांग है कि नई व्यवस्था लागू करने से पहले पुराने अभ्यर्थियों के हितों को ध्यान में रखा जाए। उनका कहना है कि सरकार कम से कम दो अवसर पुराने पैटर्न के आधार पर उपलब्ध कराए, ताकि पहले से तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों को अचानक हुए बदलाव का नुकसान न उठाना पड़े।</p><p>छात्रों का कहना है कि उन्होंने पुरानी नियमावली के अनुसार अपनी तैयारी की है। ऐसे में भर्ती प्रक्रिया के बीच नियमों में बदलाव उनके लिए गंभीर समस्या पैदा कर सकता है। इसी मांग को लेकर धरना स्थल पर लगातार प्रदर्शन किया जा रहा है।</p><figure><img alt="UP TGT PGT Exam Pattern Protest" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/erp2t3uj/Prayagraj-students-hunger-strike-TGT-PGT-1.jpg" /><figcaption>प्रयागराज में TGT-PGT अभ्यर्थियों का आमरण अनशन</figcaption></figure><h3>मिर्जापुर से मां के समर्थन में पहुंचे नाबालिग भाई बहन</h3><p>आंदोलन को समर्थन देने के लिए मिर्जापुर से दो नाबालिग भाई बहन अपनी मां के साथ <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/tgt-pgt-teacher-recruitment-protest-candidates-intensify-stir-prayagraj-sns03">पत्थर गिरजाघर</a> धरना स्थल पहुंचे। दोनों ने सरकार से प्रतियोगी छात्रों की मांग पर विचार करने और पुराने पैटर्न के आधार पर परीक्षा कराने की अपील की।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-yadav-murder-police-encounter-four-arrested-amm02">हंडिया मर्डर केस में 24 घंटे में हिसाब: 2 शूटरों का एनकाउंटर, प्रधानपति समेत 4 गिरफ्तार; असलहा-बाइक बरामद</a></aside><p>धरना स्थल पर मौजूद छात्रों का कहना है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। प्रतियोगी छात्र महाआंदोलन की तैयारी की बात कह रहे हैं। फिलहाल धरना और आमरण अनशन जारी है और छात्रों की नजर सरकार की ओर से होने वाली पहल पर है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>हाईकोर्ट बार चुनाव में 263 प्रत्याशियों की किस्मत दांव पर, बृजेंद्र पांडेय और राय साहब के बीच मुकाबले की चर्चा</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-association-election-candidates-contesting-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-bar-association-election-candidates-contesting-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">9172297a-b0f0-4e6c-b6d3-ae78254369e4</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 12:21:25 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T12:21:25.205+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,High Court,Allahabad High Court,Bar Association</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/vp7zacra/Allahabad-High-Court.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[  इलाहाबाद हाईकोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Bar Association Election : 263 Candidates Contesting for 30 Posts]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/vp7zacra/Allahabad-High-Court.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad High Court Bar Association Election:</strong> इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के चुनाव में 30 पदों के लिए कुल 263 प्रत्याशी मैदान में हैं। आज गुरुवार को हो रहे मतदान के साथ ही सभी प्रत्याशियों की किस्मत मतपेटियों में बंद हो जाएगी। चुनाव को लेकर हाईकोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के बीच सरगर्मी तेज है। अलग-अलग पदों पर प्रत्याशी अपने समर्थन में अधिवक्ताओं को लामबंद करने में जुटे हैं।</p><h3>महासचिव पद पर 14 प्रत्याशी, दो नामों की सबसे ज्यादा चर्चा </h3><p>महासचिव पद पर इस बार 14 प्रत्याशियों के बीच मुकाबला है। इनमें बृजेंद्र कुमार पांडेय और राय साहब यादव के बीच मुकाबले की चर्चा अधिवक्ताओं के बीच सबसे ज्यादा है। दोनों खेमों की ओर से अपने-अपने पक्ष में मजबूत समर्थन का दावा किया जा रहा है। हालांकि इन दावों की वास्तविक तस्वीर मतदान और मतगणना के बाद ही स्पष्ट होगी। महासचिव पद का यह मुकाबला चुनाव की सबसे चर्चित लड़ाइयों में शामिल हो गया है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/pm-modi-birthday-76-batuks-perform-ganga-milk-abhishek-in-varanasisns03">PM Modi Birthday: वाराणसी में 76 बटुकों ने किया मां गंगा का दुग्धाभिषेक; की दीर्घायु की कामना, देखें तस्वीरें</a></aside><h3>अध्यक्ष पद पर आठ, वरिष्ठ उपाध्यक्ष के लिए 15 उम्मीदवार</h3><p>अध्यक्ष पद के लिए आठ प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं, जबकि वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर 15 उम्मीदवार आमने-सामने हैं। संयुक्त सचिव प्रशासन के लिए 13, संयुक्त सचिव पुस्तकालय के लिए 12, संयुक्त सचिव प्रेस के लिए 10 और संयुक्त सचिव महिला पद के लिए पांच प्रत्याशी मैदान में हैं।</p><h3>उपाध्यक्ष की छह सीटों पर 56 प्रत्याशी</h3><p>उपाध्यक्ष की छह सीटों के लिए भी मुकाबला काफी दिलचस्प है। चार पुरुष पदों के लिए 50 प्रत्याशी और दो महिला पदों के लिए छह प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। कोषाध्यक्ष के पुरुष पद पर 11 और महिला पद पर तीन प्रत्याशी मैदान में हैं।</p><p>गवर्निंग काउंसिल की 15 सीटों के लिए भी बड़ी संख्या में प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। इनमें 10 पुरुष सीटों पर 100 और पांच महिला सीटों पर 16 प्रत्याशी मैदान में हैं। इस तरह <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/yogi-adityanath-announces-welfare-measures-advocates-allahabad-high-court-sns03">बार एसोसिएशन </a>के विभिन्न पदों के लिए कुल 263 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं।</p><p>17 सितंबर को मतदान के बाद मतगणना के साथ ही स्पष्ट होगा कि अधिवक्ताओं ने किसे अपना प्रतिनिधि चुना है। फिलहाल <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/ayodhya/ayodhya-ram-mandir-trust-general-secretary-champat-rai-has-resigned-1822436.html">महासचिव पद</a> की लड़ाई पर सबसे अधिक निगाहें टिकी हैं।</p>]]></content:encoded></item><item><title>आज से शुरू हुआ सेवा संकल्प अभियान, अतीक की बेनामी संपत्ति पर बने आवासों में भी जलेगा &apos;आशीर्वाद का दीया&apos;</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-seva-sankalp-abhiyan-to-run-from-september-to-october-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-seva-sankalp-abhiyan-to-run-from-september-to-october-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">2f8f9e35-82d2-456a-8032-7cd4357f119d</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 10:50:40 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T10:50:40.643+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Narendra Modi,Uttar Pradesh,Prayagraj,Birthday Special,PM Narendra Modi,Atiq Ahmad</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/1av6txq5/prayagraj.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ आशीर्वाद का दीया]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Prayagraj Seva Sankalp Abhiyan to Run from September 17 to October 17]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-17/1av6txq5/prayagraj.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj Seva Sankalp Abhiyan:</strong> प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर जिलेभर में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक सेवा संकल्प अभियान चलाया जाएगा। जनसहभागिता के साथ आयोजित होने वाले इस अभियान के तहत शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन, नगर निगम और नगर पंचायतों समेत विभिन्न विभागों की ओर से कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।</p><p>अभियान के तहत विद्यालयों में शाम सात बजे 60 सेकेंड तक ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाने की पहल शुरू होगी। इसके बाद शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य विभागों की ओर से निर्धारित कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिला प्रशासन ने सभी विभागों को उनकी जिम्मेदारियां सौंप दी हैं।</p><h3>बेनामी संपत्ति पर बने आवासों में भी दीप प्रज्ज्वलन </h3><p>लूकरगंज में अतीक अहमद की बेनामी संपत्ति पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बनाए गए बहुमंजिले भवनों में लाभार्थियों के घरों में भी दीपक जलाए जाएंगे। इस दौरान क्षेत्रीय विधायक और पूर्व मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह भी लाभार्थियों के साथ मौजूद रहेंगे। इन आवासीय योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन मुख्यमंत्री ने किया था।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/bjp-leaders-conduct-cleanliness-drive-varanasi-ahead-pm-modi-birthday-sns03">Varanasi: झाड़ू लेकर उतरे भाजपा नेता, बोले- स्वच्छता को अभियान नहीं, जनआंदोलन बनाना होगा</a></aside><h3>गांवों में दिव्यांग कल्याण कार्यक्रमों की जिम्मेदारी</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/videos/kashi-vishwanath-temple-trust-donation-transparency-controversy-varanasi-1841375.html">जिलाधिकारी</a> मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि नगर निकाय, शहरी वार्ड और ग्राम पंचायतों में विभिन्न कार्यक्रम होंगे। ग्राम पंचायतों में दिव्यांग कल्याण से जुड़े कार्यक्रमों की जिम्मेदारी अपर नगर आयुक्त को दी गई है। उपयुक्त (श्रम रोजगार) को केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं से लाभान्वित परिवारों के घरों में दीप जलाने की तैयारी का जिम्मा सौंपा गया है।</p><h3>स्कूलों, अस्पतालों और पंचायत कार्यालयों में भी जलेगा दीप</h3><p>जिले के विद्यालयों, चिकित्सालयों और नगर पंचायत कार्यालयों में दीप प्रज्ज्वलित किए जाएंगे। नदियों के घाटों पर भी दीप जलाने की तैयारी की जा रही है। <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/meerut/up-government-assurance-committee-reviews-pending-assurances-meerut-sns03">जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी</a> अनिल कुमार के अनुसार प्री-प्राइमरी से कक्षा आठ तक के विद्यालयों, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त विद्यालयों तथा कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में शाम सात बजे ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाया जाएगा।</p><p>कार्यक्रम के अगले दिन से विद्यालयों में गतिविधियां शुरू होंगी। इनमें छात्र-छात्राओं के साथ अभिभावकों, शिक्षकों और ग्रामीणों को भी जोड़ा जाएगा। अभियान के माध्यम से वर्ष 2047 तक प्रधानमंत्री के सपनों का भारत बनाने के संकल्प को जनभागीदारी के साथ आगे बढ़ाने की तैयारी है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>प्रतापगढ़ में दर्दनाक हादसा; ट्रेन की चपेट में आकर करीब 35 बकरियों की मौत, प्रशासन से की मुआवजे की मांग </title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/pratapgarh-train-accident-around-goats-killed-on-railway-track-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/pratapgarh-train-accident-around-goats-killed-on-railway-track-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">8b845eb3-5ea8-47b1-b02e-5aea5b6d6976</guid><pubDate>Thu, 17 Sep 2026 00:13:22 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-17T00:13:22.068+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Accident,Train Accident</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/dtr3yli5/accident.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ रेलवे ट्रैक किनारे बकरियां]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Pratapgarh Train Accident Around 35 Goats Killed on Railway Track]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/dtr3yli5/accident.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Pratapgarh Goat Train Accident:</strong> हथिगवां थाना क्षेत्र के खिदिरपुर गांव के पास बुधवार को दर्दनाक हादसा हो गया। रेलवे ट्रैक के किनारे बकरियां चरा रही महिलाओं की करीब 35 बकरियां अचानक ट्रेन की चपेट में आ गईं। हादसे में सभी बकरियों की मौत हो गई। घटना के बाद पशुपालक परिवारों में कोहराम मच गया। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है।</p><h3> ट्रेन आते ही मची अफरा-तफरी </h3><p>स्थानीय लोगों के मुताबिक, खिदिरपुर गांव की कुछ महिलाएं अपनी बकरियों को रेलवे ट्रैक के आसपास चरा रही थीं। इसी दौरान रेलवे सिग्नल हरा हुआ और कुछ समय बाद दूर से तेज रफ्तार ट्रेन आती दिखाई दी।</p><p>ट्रेन को नजदीक आता देखकर महिलाओं ने बकरियों को रेलवे ट्रैक से हटाने का प्रयास किया। वे घबराकर इधर-उधर भागते हुए बकरियों को पटरी से दूर करने की कोशिश करती रहीं, लेकिन बकरियां समय रहते ट्रैक से नहीं हट सकीं।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/agra-cow-slaughter-allegations-hindu-mahasabha-seeks-police-action">Agra: गांवों में भी बढ़ी गोकशी? हिंदू महासभा ने पुलिस को सौंपा ज्ञापन, कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी</a></aside><p>देखते ही देखते तेज रफ्तार ट्रेन ट्रैक पर मौजूद बकरियों को रौंदते हुए आगे निकल गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रेन कुछ दूरी आगे जाकर रुकी, लेकिन तब तक करीब 35 बकरियों की मौत हो चुकी थी।</p><h3>रोजी-रोटी का सहारा थीं बकरियां</h3><p>हादसे के बाद मौके पर पहुंचे ग्रामीणों और पशुपालक परिवारों में मातम का माहौल रहा। जिन परिवारों की बकरियां हादसे में मारी गईं, उनके लोगों का रो-रोकर बुरा हाल था। ग्रामीणों के मुताबिक, इन परिवारों के लिए बकरियां केवल पशुधन नहीं, बल्कि उनकी रोजी-रोटी का प्रमुख साधन थीं।</p><p>एक साथ बड़ी संख्या में बकरियों की मौत से प्रभावित परिवारों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से घटना का संज्ञान लेकर प्रभावित पशुपालकों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/mathura/fir-on-mathura-sp-leader-rajan-rizvi-woman-bank-employee-complaint-sns03">मथुरा में सपा नेता राजन रिजवी पर महिला बैंककर्मी की शिकायत पर FIR दर्ज, आपत्तिजनक मैसेज भेजने का आरोप</a></aside><h3>मुआवजे की मांग</h3><p>स्थानीय लोगों ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/dm-satyendra-kumar-directs-better-fodder-geotagging-cattle-up-gaushala-sns03">जिला प्रशासन</a> से मृत बकरियों का आकलन कराकर प्रभावित परिवारों को नियमानुसार मुआवजा दिलाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि पशुपालन पर निर्भर परिवारों के लिए यह बड़ा आर्थिक झटका है।</p><p>फिलहाल ट्रेन हादसे को लेकर <a href="https://navbharatlive.com/videos/agra-railway-station-rpf-vs-deputy-ss-dispute-1903531.html">रेलवे बोर्ड</a> और प्रशासन की ओर से आधिकारिक रूप से विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। अधिकारियों की जांच और सत्यापन के बाद मृत बकरियों की संख्या तथा नुकसान की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>हंडिया मर्डर केस में 24 घंटे में हिसाब: 2 शूटरों का एनकाउंटर, प्रधानपति समेत 4 गिरफ्तार; असलहा-बाइक बरामद</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-yadav-murder-police-encounter-four-arrested-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-yadav-murder-police-encounter-four-arrested-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">871dcc14-feeb-493e-9245-a7bc26671075</guid><pubDate>Wed, 16 Sep 2026 21:26:32 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-16T21:26:32.811+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Samajwadi Party,Encounter,UP Police News</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/ua9c215f/Prayagraj-SP-leader-murder-encounter.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ सपा नेता के हत्यारोपियों का एनकाउंटर]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Handia Pawan Yadav Murder Case Accused Arrested]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/ua9c215f/Prayagraj-SP-leader-murder-encounter.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><category>क्राइम</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Handia Pawan Yadav Murder Case Accused Arrested:</strong> हंडिया में सपा नेता और पूर्व प्रधान पवन कुमार यादव की हत्या के मामले में पुलिस ने 24 घंटे के भीतर बड़ी कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बुधवार को बरौत इलाके में पुलिस और हत्यारोपियों के बीच मुठभेड़ हुई। पुलिस के मुताबिक, इस दौरान हिस्ट्रीशीटर लल्ला यादव और निहाल के पैर में गोली लगी।</p><p>दोनों घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मुठभेड़ के बाद प्रधान पति समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी दी है।</p><h3>सरेआम गोली मारकर की गई थी हत्या</h3><p>हंडिया थाना क्षेत्र के मुंगराव गांव निवासी पवन कुमार यादव गांव के पूर्व प्रधान होने के साथ समाजवादी पार्टी के जिला सचिव थे। मंगलवार शाम बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें गोली मार दी थी। वारदात के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए थे। गंभीर हालत में पवन यादव को अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई।</p><p>घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की और हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए कई टीमें गठित की थीं।</p><figure><img alt="Samajwadi leader Murder Case: Three Arrested in Former Pradhan Pawan Yadav Killing" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/m0vu8fri/Sapa-neta.jpg" /><figcaption>सपा नेता पवन यादव  </figcaption></figure><h3>बाइक से पहुंचे थे तीन हमलावर</h3><p>पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया कि पवन यादव की हत्या के लिए तीन हमलावर बाइक से पहुंचे थे। <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-police-arrest-three-cow-theft-slaughter-case">प्रयागराज पुलिस</a> ने मामले की जांच के दौरान लल्ला यादव, बृजेश यादव और निहाल अली को आरोपी बनाया। पुलिस का दावा है कि आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल बाइक और तमंचे भी बरामद किए गए हैं।</p><h3>बरौत में घेराबंदी के दौरान मुठभेड़</h3><p>पुलिस के अनुसार, बुधवार को आरोपियों की तलाश के दौरान बरौत क्षेत्र में उनकी मौजूदगी की सूचना मिली। पुलिस टीम ने घेराबंदी की तो आरोपियों ने फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में लल्ला यादव और निहाल के पैर में गोली लगी। दोनों को पुलिस ने हिरासत में लेकर अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया गया।</p><h3>आपसी रंजिश की बात, जांच जारी</h3><p>पुलिस की जांच में हत्या के पीछे आपसी रंजिश की बात सामने आने की जानकारी दी गई है। हालांकि, हत्या की पूरी वजह और वारदात में अन्य लोगों की भूमिका को लेकर पुलिस जांच कर रही है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर हत्या की साजिश, हथियारों की उपलब्धता और वारदात में शामिल अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटा रही है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/samajwadi-leader-pawan-yadav-murder-case-three-arrested-sns03">हंडिया में पूर्व प्रधान एवं सपा नेता पवन यादव हत्याकांड का खुलासा; 3 आरोपी गिरफ्तार; दो तमंचे और बाइक बरामद</a></aside><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-kumar-yadav-shot-dead-bike-borne-assailants-amm02">पवन यादव</a> की सरेआम हुई हत्या के बाद इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल बन गया था। पुलिस की ओर से 24 घंटे के भीतर आरोपियों की गिरफ्तारी और मुठभेड़ की कार्रवाई को मामले की जांच में अहम प्रगति माना जा रहा है। मामले में पुलिस की आगे की कार्रवाई जारी है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>Ganga Yamuna MAR Project: पाताल में बहेगा बारिश का पानी! वैज्ञानिक तरीके से प्राचीन नदी को रिचार्ज करेगी सरकार</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-ganga-yamuna-doab-200-km-underground-paleochannel-mar-groundwater-project-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-ganga-yamuna-doab-200-km-underground-paleochannel-mar-groundwater-project-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">00ac18ab-3bd0-4a15-915f-2d3bd2beaa3a</guid><pubDate>Wed, 16 Sep 2026 19:32:23 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-16T19:32:23.661+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>राजेश कुमार मिश्र</atom:name><atom:uri>/api/author/2557735</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Prayagraj,Ganga Jamuna,Kanpur,Uttar Pradesh Government</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/rild3c2i/UP-groundwater-recharge-paleochannel.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ गंगा-यमुना दोआब में सरकार का भूजल संरक्षण प्लान]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP Groundwater Recharge Paleochannel]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/rild3c2i/UP-groundwater-recharge-paleochannel.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>कानपुर</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP Groundwater Recharge Paleochannel:</strong> योगी सरकार ने प्रदेश में भूजल संरक्षण और लंबे समय की जल सुरक्षा के लिए वैज्ञानिक तरीके से काम तेज कर दिया है। इसी कड़ी में गंगा-यमुना दोआब में 1.65 करोड़ रुपये की ‘प्रबंधित जलभृत पुनर्भरण (एमएआर) परियोजना’ शुरू की गई है। तीन साल की इस परियोजना के तहत बारिश के पानी को जमीन के अंदर मौजूद जलभृतों (भूमिगत जल भंडार) तक पहुंचाकर भूजल का पुनर्भरण किया जाएगा।</p><p>परियोजना की सबसे अहम कड़ी कानपुर से प्रयागराज के बीच करीब 200 किलोमीटर लंबी भूमिगत प्राचीन नदी/पैलियोचैनल प्रणाली की पहचान हुई है। वैज्ञानिकों के मुताबिक ये पुराने नदी मार्ग आज भी जमीन के अंदर पानी के आने-जाने में मददगार हो सकते हैं।</p><h3>200 किमी लंबी प्राचीन नदी का मिला रास्ता</h3><p>नमामि गंगे और ग्रामीण जलापूर्ति विभाग के विशेष सचिव एवं निदेशक, भूगर्भ जल विभाग डॉ. राजेश कुमार प्रजापति ने कहा कि वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर), राष्ट्रीय भूभौतिकीय अनुसंधान संस्थान (एनसीआरआई) हैदराबाद के वैज्ञानिकों ने आधुनिक तकनीक के जरिए गंगा-यमुना दोआब के नीचे मौजूद जलभृतों और प्राचीन नदी प्रणालियों का अध्ययन किया है। इसके लिए हवाई भू-भौतिकीय सर्वेक्षण और बोरहोल लॉगिंग जैसी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया।</p><p>इस अध्ययन में प्रयागराज से कानपुर के बीच करीब 200 किलोमीटर लंबी भूमिगत प्राचीन नदी यानि पैलियोचैनल प्रणाली की पहचान हुई है। आसान भाषा में कहें तो जमीन के नीचे पुराने नदी मार्गों के निशान मिले हैं, जो आज भी भूजल के प्रवाह में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।</p><figure><img alt="UP Groundwater Recharge Paleochannel" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/qentfi85/Ganga-Yamuna-doab-MAR-project.jpg" /><figcaption>गंगा-यमुना दोआब में सरकार का भूजल संरक्षण प्लान</figcaption></figure><h3>जलभृतों तक पहुंचेगा बारिश का पानी</h3><p>परियोजना का सीधा उद्देश्य बारिश के पानी को बेकार बहने से रोककर उसे जमीन के अंदर मौजूद जलभृतों तक पहुंचाना है। जलभृत जमीन के नीचे पानी जमा रखने वाली प्राकृतिक परतें होती हैं। इन्हीं से कुओं और नलकूपों के जरिए भूजल मिलता है। वैज्ञानिक अध्ययन से यह समझने में मदद मिलेगी कि बारिश का पानी जमीन के अंदर कहां और किस रास्ते आसानी से पहुंच सकता है। इसी आधार पर पुनर्भरण के लिए उपयुक्त स्थानों का चयन किया जाएगा।</p><h3>छह स्थानों से शुरू होगा पायलट प्रोजेक्ट</h3><p>राष्ट्रीय <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/under-swachh-bharat-mission-ganges-will-be-cleaned-new-employment-opportunities-1772559.html">स्वच्छ गंगा मिशन</a> के वित्तीय सहयोग से भूगर्भ जल विभाग, उत्तर प्रदेश द्वारा इस परियोजना को लागू किया जा रहा है। इसकी कुल लागत 1.65 करोड़ रुपये और अवधि तीन वर्ष है। पहले चरण में छह स्थानों का चयन किया गया है। यहां पायलट अध्ययन के साथ भूजल पुनर्भरण की संरचनाएं बनाई जाएंगी। इन संरचनाओं के जरिए पानी को जमीन के अंदर पहुंचाया जाएगा और इसके परिणामों की लगातार निगरानी की जाएगी।</p><h3>पहले परिणाम देखे जाएंगे, फिर बढ़ेगा दायरा</h3><p>छह पायलट स्थानों पर यह देखा जाएगा कि पुनर्भरण संरचनाओं से भूजल स्तर पर कितना असर पड़ता है और स्थानीय जलभृत बारिश के पानी को किस तरह ग्रहण करता है। इससे यह भी पता चलेगा कि अलग-अलग स्थानों पर कौन-सी पुनर्भरण व्यवस्था ज्यादा प्रभावी रहती है।</p><p>पायलट चरण से मिलने वाले परिणामों के आधार पर परियोजना को गंगा-यमुना दोआब के दूसरे उपयुक्त स्थानों तक बढ़ाया जाएगा। इससे भविष्य में बड़े क्षेत्र में भूजल पुनर्भरण की योजनाएं तैयार करने में मदद मिलेगी।</p><h3>नदी और भूजल के संबंध की भी होगी निगरानी</h3><p>एनजीआरआई के अध्ययन में <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-ganga-yamuna-water-level-rises-flood-alert-issued">गंगा और यमुना</a> नदियों तथा जमीन के अंदर मौजूद प्रमुख जलभृतों के बीच हाइड्रोजियोलॉजिकल संबंध के संकेत मिले हैं। प्राचीन नदी मार्ग भी जलभृतों के भीतर भूजल के प्रवाह के महत्वपूर्ण रास्ते हो सकते हैं।</p><p>इस परियोजना से नदी, बारिश के पानी, भूजल और प्राचीन नदी मार्गों के बीच संबंध को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिलेगी। यही जानकारी आगे भूजल संरक्षण की योजनाओं के लिए उपयोगी होगी।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-ruling-premature-release-prisoners-conduct-criteria-up-amm02">सिर्फ जेल आचरण नहीं...समय पूर्व रिहाई पर इलाहाबाद HC ने सुनाया अहम फैसला, UP सरकार के फैसले के किया रद्द</a></aside><h3>वैज्ञानिक निगरानी से मजबूत होगी जल सुरक्षा</h3><p>नमामि गंगे, अतिरिक्त परियोजना निदेशक प्रभाष कुमार ने कहा कि परियोजना में एनजीआरआई के तकनीकी सहयोग से भूजल की निगरानी, शोध एवं विकास और पुनर्भरण संरचनाओं के प्रभाव का वैज्ञानिक आकलन किया जाएगा। इसके साथ लोगों को भूजल संरक्षण के प्रति जागरूक करने के लिए सूचना, शिक्षा और संचार (आईईसी) गतिविधियां भी संचालित की जाएंगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>UP पुलिस को HC की फटकार: गुंडा एक्ट के दुरुपयोग पर की सख्त टिप्पणी, लापरवाह अफसरों से वसूला जाएगा मुआवजा</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-quashes-goonda-act-ghaziabad-police-50000-compensation-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-quashes-goonda-act-ghaziabad-police-50000-compensation-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">2202c1cc-25f5-4b86-96ae-8bbf04525be9</guid><pubDate>Wed, 16 Sep 2026 17:26:11 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-16T17:26:11.551+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Ghaziabad News,Allahabad High Court,Uttar Pradesh Government</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2025/03/Allahabad-High-Court.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाई कोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Cour Observations On Goonda Act]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2025/03/Allahabad-High-Court.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Ghaziabad Police Goonda Act Quashed:</strong> इलाहाबाद हाई कोर्ट ने गाजियाबाद पुलिस की ओर से गुंडा एक्ट के तहत की गई कार्रवाई पर सख्त टिप्पणी की है। न्यायमूर्ति संदीप जैन की एकलपीठ ने अभिषेक त्यागी के खिलाफ उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम, 1970 की धारा 2/3 के तहत की गई कार्रवाई को रद्द कर दिया।</p><p>कोर्ट ने राज्य सरकार को याची को 50 हजार रुपये मुआवजा देने का भी आदेश दिया है। यह राशि एक महीने के भीतर अदा करनी होगी। कोर्ट ने कहा है कि राज्य सरकार चाहे तो मुआवजे की राशि संबंधित अधिकारियों के वेतन से वसूल सकती है।</p><h3>2022 और 2025 में दर्ज हुआ था मुकदमा</h3><p>मामला गाजियाबाद के टीला मोड़ थाना क्षेत्र से जुड़ा है। याची के खिलाफ वर्ष 2022 और 2025 में दो मुकदमे दर्ज हुए थे। इन्हीं मुकदमों के आधार पर पुलिस ने उसके खिलाफ गुंडा एक्ट की 3 कार्रवाई शुरू की थी। अपर पुलिस आयुक्त ने 18 सितंबर, 2025 को आदेश जारी कर याची को छह महीने तक प्रत्येक महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को थाने में हाजिरी लगाने का निर्देश दिया था।</p><p>इस आदेश के खिलाफ याची ने मंडलायुक्त मेरठ मंडल के समक्ष अपील दाखिल की, लेकिन 10 दिसंबर 2025 को अपील खारिज कर दी गई। इसके बाद दोनों आदेशों को हाई कोर्ट में चुनौती दी गई।</p><h3>कोर्ट ने दिया मुआवजा देने का आदेश</h3><p>याची के अधिवक्ता ने कोर्ट में दलील दी कि केवल दो मुकदमों के आधार पर किसी व्यक्ति को अभ्यस्त अपराधी मानकर गुंडा एक्ट के दायरे में नहीं लाया जा सकता। हाई कोर्ट ने इस दलील को स्वीकार करते हुए कहा कि दोनों मुकदमों के बीच करीब तीन वर्ष का अंतर है। इससे यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि याची आदतन अपराधी है।</p><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/high-court-verdict-lawyer-professional-fee-cannot-be-treated-proceeds-of-crime-1836534.html">इलाहाबाद हाई कोर्ट</a> ने कहा कि किसी व्यक्ति के खिलाफ केवल एक या दो मुकदमे दर्ज होने के आधार पर गुंडा एक्ट का इस्तेमाल करना कानून के प्रावधानों का दुरुपयोग हो सकता है। अदालत ने कार्रवाई को निरस्त करते हुए मुआवजा देने का आदेश पारित किया।</p><h3>दो मुकदमों के आधार पर कार्रवाई पर सवाल</h3><p>हाई कोर्ट ने माना कि किसी व्यक्ति को अभ्यस्त अपराधी साबित करने के लिए केवल मुकदमों की संख्या पर्याप्त नहीं है। पुलिस की कार्रवाई के पीछे ऐसे तथ्य और परिस्थितियां होनी चाहिए, जिनसे कानून के तहत आवश्यक आधार स्थापित हो।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-ruling-premature-release-prisoners-conduct-criteria-up-amm02">सिर्फ जेल आचरण नहीं...समय पूर्व रिहाई पर इलाहाबाद HC ने सुनाया अहम फैसला, UP सरकार के फैसले के किया रद्द</a></aside><h3>अधिकारियों के वेतन से वसूली की छूट</h3><p>कोर्ट ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lucknow/up-govt-to-expand-bharat-taxi-model-in-all-75-districts-no-surge-pricing-amm02">राज्य सरकार</a> को 50 हजार रुपये मुआवजा एक महीने में देने का निर्देश दिया है। साथ ही कहा कि सरकार चाहे तो यह राशि उन अधिकारियों के वेतन से वसूल सकती है, जिनकी कार्रवाई को अदालत ने अनुचित माना है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>सिर्फ जेल आचरण नहीं...समय पूर्व रिहाई पर इलाहाबाद HC ने सुनाया अहम फैसला, UP सरकार के फैसले के किया रद्द</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-ruling-premature-release-prisoners-conduct-criteria-up-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/allahabad-high-court-ruling-premature-release-prisoners-conduct-criteria-up-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">c296f3f4-e19e-4ce7-8a93-e276e55346e0</guid><pubDate>Wed, 16 Sep 2026 17:01:49 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-16T17:01:49.988+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Allahabad High Court</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2025/09/Allahabad-High-Court-will-hear-Sri-Krishna-Janmabhoomi-dispute-on-September-26.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ इलाहाबाद हाईकोर्ट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Allahabad High Court Premature Release Ruling]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/import/wp-content/uploads/2025/09/Allahabad-High-Court-will-hear-Sri-Krishna-Janmabhoomi-dispute-on-September-26.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Allahabad High Court Premature Release Ruling:</strong> इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में कहा है कि किसी बंदी की समय पूर्व रिहाई पर फैसला केवल जेल में उसके आचरण के आधार पर नहीं किया जाना चाहिए। इसके लिए सामाजिक-आर्थिक स्थिति, मनोवैज्ञानिक मूल्यांकन, समाज में पुनर्स्थापित होने की संभावना और उसे आगे जेल में रखने की आवश्यकता जैसे व्यापक पहलुओं पर विचार जरूरी है।</p><p>न्यायमूर्ति जे जे मुनीर व न्यायमूर्ति तरुण सक्सेना की खंडपीठ ने हत्या के मामले में 19 साल से अधिक समय से जेल में बंद आजीवन कैदी आदिल उर्फ सीरन की समय पूर्व रिहाई की मांग खारिज करने वाले राज्य सरकार के आदेश को रद्द कर दिया। कोर्ट ने सरकार को मामले पर नए सिरे से विचार कर एक महीने में आदेश पारित करने का निर्देश दिया।</p><h3>सरकार ने तय मानकों पर नहीं किया विचार</h3><p>हाई कोर्ट ने कहा कि समय पूर्व रिहाई पर निर्णय लेते समय केवल जेल के अंदर बंदी के व्यवहार को आधार नहीं बनाया जा सकता। सामाजिक-आर्थिक परिस्थितियों, मनोवैज्ञानिक मूल्यांकन और समाज में पुनर्वास की संभावनाओं समेत अन्य प्रासंगिक पहलुओं पर भी विचार किया जाना चाहिए। कोर्ट ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lucknow/up-govt-to-expand-bharat-taxi-model-in-all-75-districts-no-surge-pricing-amm02">राज्य सरकार</a> को निर्देश दिया कि मामले में नए सिरे से आदेश पारित किया जाए।</p><p>मामला प्रयागराज के थाना कर्नलगंज में दर्ज हत्या के मुकदमे से जुड़ा है। सत्र अदालत ने मामले में आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। आदिल के साथ सह-अभियुक्त सुफियान और रजिया को भी सजा हुई थी, जबकि बीरू सिंह बरी हो गया था।</p><h3>सुप्रीम कोर्ट से भी मिली थी राहत</h3><p><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/allahabad-high-court-compassionate-appointment-up-police-5-percent-quota-test-valid-amm02">इलाहाबाद हाई कोर्ट</a> ने तीन अगस्त 2018 को रजिया को बरी कर दिया था, जबकि आदिल और सुफियान की सजा बरकरार रही। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने 16 सितंबर 2020 को एसएलपी खारिज कर दी। याचिका में कहा गया था कि आदिल बिना किसी छूट के 19 साल पांच महीने जेल में रह चुका है। सह-अभियुक्त सुफियान को 29 जनवरी 2021 को समय पूर्व रिहाई दी गई, लेकिन आदिल को यह लाभ नहीं मिला। वह आठ दिसंबर 2005 से जेल में बंद है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/lucknow/lucknow-hit-and-run-janeshwar-mishra-park-car-hits-girl-video-viral-accused-arrested-amm02">Lucknow Hit And Run: रिलेशनशिप विवाद में युवती पर चढ़ाई कार, VIDEO वायरल होने के बाद आरोपी शहनवाज गिरफ्तार</a></aside><p>राज्य सरकार के अनुसार 16 वर्ष पूरे होने पर पहली जून 2022 को प्रस्ताव भेजा गया था, जिसे राज्यपाल ने 24 फरवरी 2023 को खारिज कर दिया था। अब हाई कोर्ट के आदेश के बाद सरकार को मामले पर निर्धारित मानकों के आधार पर फिर से विचार करना होगा।</p>]]></content:encoded></item><item><title>हंडिया में पूर्व प्रधान एवं सपा नेता पवन यादव हत्याकांड का खुलासा; 3 आरोपी गिरफ्तार; दो तमंचे और बाइक बरामद</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/samajwadi-leader-pawan-yadav-murder-case-three-arrested-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/samajwadi-leader-pawan-yadav-murder-case-three-arrested-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">df9430a0-3d3a-46f8-ae97-44832f99bcf1</guid><pubDate>Wed, 16 Sep 2026 12:14:32 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-16T12:14:32.156+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Samajwadi Party,criminal arrested,Crime News,Murder</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/m0vu8fri/Sapa-neta.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ सपा नेता पवन यादव  ]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Samajwadi leader Murder Case: Three Arrested in Former Pradhan Pawan Yadav Killing]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/m0vu8fri/Sapa-neta.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>क्राइम</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Samajwadi leader Pawan Yadav Murder Case:</strong> प्रयागराज मंडल के हंडिया थाना क्षेत्र में पूर्व प्रधान और समाजवादी पार्टी के जिला महासचिव पवन कुमार यादव की गोली मारकर हत्या के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्याकांड का खुलासा करने का दावा किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान लल्ला यादव, बृजेश यादव और निहाल अली के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक वारदात में इस्तेमाल बाइक और दो तमंचे भी बरामद किए गए हैं।</p><h3>परिचितों से बातचीत के दौरान मारी गई गोली </h3><p>घटना शाम करीब 5:24 बजे हंडिया क्षेत्र में पिलर नंबर 52 के पास हुई थी। मुंगराव गांव के पूर्व प्रधान पवन कुमार यादव अपनी ब्रेजा कार के पास कुछ परिचितों से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान हंडिया की ओर से सुपर स्प्लेंडर बाइक पर सवार तीन लोग वहां पहुंचे। बताया जा रहा है कि इनमें दो ने हेलमेट पहन रखा था।</p><p>पुलिस के मुताबिक बाइक से पहुंचे आरोपियों में निहाल अली बाइक चला रहा था, जबकि बृजेश यादव बीच में और लल्ला यादव सबसे पीछे बैठा था। आरोप है कि लल्ला यादव ने पवन यादव की पीठ से सटाकर गोली मार दी। वारदात के बाद तीनों आरोपी मौके से फरार हो गए।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/mathura/vrindavan-clash-ambulance-staff-attacked-outside-hospital-captured-cctv-sns03">वृंदावन में 108 एंबुलेंस पर तैनात ईएमटी व चालक पर लाठी-डंडों से हमला; CCTV में कैद हुई दबंगई, देखें वीडियो </a></aside><h3>अस्पताल पहुंचने से पहले मौत</h3><p>गोली लगने के बाद पवन यादव गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास मौजूद लोगों ने उन्हें अस्पताल पहुंचाने का प्रयास किया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।</p><p>पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे<a href="https://navbharatlive.com/videos/shankaracharya-avimukteshwaranand-alleges-up-government-cow-shelters-gauraksha-claims-1890873.html"> सीसीटीवी कैमरों </a>की फुटेज खंगाली। इसके साथ ही आरोपियों की पहचान और हत्या के कारणों की जांच शुरू की गई।</p><h3>व्यक्तिगत दुश्मनी की बात सामने आई</h3><p>पुलिस के मुताबिक जांच के बाद तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में मुख्य आरोपी बताए जा रहे लल्ला यादव ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-kumar-yadav-shot-dead-bike-borne-assailants-amm02">पवन यादव</a> से व्यक्तिगत दुश्मनी की बात बताई है। हालांकि हत्या की वजह से जुड़े सभी पहलुओं की पुलिस जांच कर रही है।</p><p>पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त बाइक के अलावा दो तमंचे और कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार पूछताछ में यह भी सामने आया कि वारदात के लिए दो तमंचे और कारतूस करीब 20 हजार रुपये में खरीदे गए थे।</p><p>पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में बरामदगी और अन्य कानूनी कार्रवाई की जा रही है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>UP Board Exam 2027: हाईस्कूल-इंटर परीक्षा फॉर्म भरने की तारीख बढ़ी, अब इस डेट तक होगा पंजीकरण</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/registration-deadline-extended-exam-centre-process-delayed-up-board-exam-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/registration-deadline-extended-exam-centre-process-delayed-up-board-exam-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">4a63d44f-0389-49fc-be6c-aa86a7b298c2</guid><pubDate>Wed, 16 Sep 2026 10:51:06 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-16T10:51:06.688+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Board Exam,UP Board Exams</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/3m4lmk42/UP-Board-Exam.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ यूपी बोर्ड परीक्षा पंजीकरण अपडेट]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP Board Exam: Registration Deadline Extended, Exam Centre Process Delayed]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-16/3m4lmk42/UP-Board-Exam.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP Board Exam Registration Deadline:</strong> माध्यमिक शिक्षा परिषद ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा वर्ष 2027 के लिए अग्रिम पंजीकरण तथा परीक्षा फार्म भरने की तिथि बढ़ा दी है। पंजीयन प्रक्रिया के लिए समय बढ़ाए जाने का असर आगामी बोर्ड परीक्षा के केंद्र निर्धारण पर भी पड़ेगा। अब छात्र संख्या का अंतिम आंकड़ा 30 सितंबर के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। इसके बाद ही ऑनलाइन परीक्षा केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकेगी।</p><p>परिषद की ओर से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों से प्राप्त परीक्षा शुल्क को चालान के माध्यम से कोषागार में जमा करने की अंतिम तिथि 28 सितंबर निर्धारित की गई है। वहीं परीक्षा शुल्क की सूचना सहित विद्यार्थियों के शैक्षिक विवरण को बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड करने की अंतिम तिथि 30 सितंबर तय की गई है।</p><p>बताया गया कि बोर्ड ने पहले ऑनलाइन निर्धारित परीक्षा केंद्रों की सूची 17 अगस्त को जारी करने का निर्णय लिया था। बाद में इसकी तिथि बढ़ाकर 21 सितंबर कर दी गई। अब एक बार फिर केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया प्रभावित होने की संभावना है। संशोधित कार्यक्रम के अनुसार केंद्रों की सूची अक्टूबर के दूसरे सप्ताह में जारी होने की संभावना जताई जा रही है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/noida/noida-cyber-crime-fintech-server-hack-2-42-crore-fraud-pjs00">नोएडा में Fintech कंपनी का सर्वर हैक, 28 बैंकों के 58 खातों में ट्रांसफर हुए ₹2.42 करोड़</a></aside><h3>परीक्षा केंद्रों की अंतिम सूची नवंबर में</h3><p>विभिन्न चरणों की प्रक्रिया पूरी होने के बाद परीक्षा केंद्रों की अंतिम सूची नवंबर में जारी होने की उम्मीद है। इससे पहले विद्यालयों और विद्यार्थियों से संबंधित आंकड़ों को अंतिम रूप दिया जाएगा। छात्र संख्या स्पष्ट होने के बाद ही केंद्रों के निर्धारण की प्रक्रिया पूरी हो सकेगी।</p><h3>18 सितंबर को जारी होनी थी अंतिम सूची</h3><p>बोर्ड की ओर से पहले अंतिम <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/uppsc-gic-lecturer-mains-admit-card-exam-dates-instructions">परीक्षा केंद्र </a>सूची 18 सितंबर को जारी की जानी थी। बाद में इसे बढ़ाकर 29 अक्टूबर किया गया था। अब पंजीयन और विवरण अपलोड करने की समयसीमा बढ़ने के कारण केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया में और समय लग सकता है। <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-introduce-online-answer-sheet-evaluation-teachers-digital-training-1879956.html">यूपी बोर्ड </a>सचिव भगवती सिंह ने केंद्र निर्धारण की समयसीमा बढ़ाने का प्रस्ताव भेजे जाने की जानकारी दी है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>Prayagraj Murder: हंडिया में सपा नेता पवन यादव की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या, इलाके में हड़कंप</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-kumar-yadav-shot-dead-bike-borne-assailants-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-handia-sp-leader-pawan-kumar-yadav-shot-dead-bike-borne-assailants-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">301cf64c-e68b-42ef-80af-4cc380d513fd</guid><pubDate>Tue, 15 Sep 2026 21:25:29 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-15T21:25:29.507+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Samajwadi Party,Murder,UP Police News</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/txm4gpey/SP-Leader-Pawan-Yadav-Shot-Dead-1.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ सपा नेता पवन यादव]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ SP Leader Pawan Yadav Shot Dead]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/txm4gpey/SP-Leader-Pawan-Yadav-Shot-Dead-1.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>SP Leader Pawan Yadav Shot Dead:</strong> प्रयागराज के हंडिया थाना क्षेत्र में पूर्व प्रधान और समाजवादी पार्टी के जिला महासचिव पवन कुमार यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बाइक सवार तीन हमलावरों ने वारदात को अंजाम दिया और गोली मारने के बाद मौके से फरार हो गए। गंभीर रूप से घायल पवन यादव को अस्पताल ले जाने की कोशिश की गई, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई।</p><p>बताया जा रहा है कि मुंगराव गांव के पूर्व प्रधान पवन कुमार यादव की उम्र करीब 50 वर्ष थी। मंगलवार शाम करीब 5 बजकर 24 मिनट पर वह पिलर नंबर 52 के पास अपनी ब्रेजा कार के नजदीक कुछ परिचितों से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान हंडिया की ओर से सुपर स्प्लेंडर बाइक पर सवार तीन हमलावर वहां पहुंचे। बताया जा रहा है कि इनमें से दो बदमाशों ने हेलमेट पहन रखा था।</p><figure><img alt="SP Leader Pawan Yadav Shot Dead" src="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/zewuomh5/SP-leader-Pawan-Yadav-shot-dead.jpg" /><figcaption>सपा नेता पवन यादव</figcaption></figure><h3>तीनों हमलावर बाइक से फरार</h3><p>हमलावरों ने <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/akhilesh-yadav-familyism-benefits-sp-pda-new-definition-yogi-selfie-comment">समाजवादी पार्टी</a> के नेता पवन यादव के बेहद करीब पहुंचकर उनकी पीठ से सटाकर गोली मार दी। गोली लगते ही वह गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़े। वारदात को अंजाम देने के बाद तीनों हमलावर बाइक से मौके से फरार हो गए।</p><p>घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने घायल पवन यादव को अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी।</p><h3>पुलिस कर रही तलाश</h3><p>पुलिस आसपास लगे <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/ayodhya/ayodhya-ram-mandir-donation-theft-case-sit-investigation-ccv-footage-deleted-1807240.html">सीसीटीवी कैमरों</a> की फुटेज खंगाल रही है। इसके जरिए हमलावरों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। साथ ही पुलिस हत्या के पीछे की वजह का भी पता लगाने में जुटी है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-junction-grp-arrests-two-drug-smugglers-ganja-recovered-amm02">Prayagraj News: प्रयागराज जंक्शन पर GRP की बड़ी कार्रवाई, 12 किलो गांजे के साथ 2 अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार</a></aside><p>फिलहाल हत्या की वजह साफ नहीं हो सकी है और आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। दिनदहाड़े हुई इस वारदात के बाद इलाके में हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।</p>]]></content:encoded></item><item><title>Prayagraj News: प्रयागराज जंक्शन पर GRP की बड़ी कार्रवाई, 12 किलो गांजे के साथ 2 अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-junction-grp-arrests-two-drug-smugglers-ganja-recovered-amm02</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-junction-grp-arrests-two-drug-smugglers-ganja-recovered-amm02#comments</comments><guid isPermaLink="false">433f6794-ddf1-4fa7-881e-950acd904c00</guid><pubDate>Tue, 15 Sep 2026 21:05:03 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-15T21:05:03.782+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Drug Seized,Drugs Smugglers</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/e4y4mh6o/Prayagraj-Junction-GRP-ganja-seized.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ प्रयागराज जंक्शन पर GRP ने पकड़े दो तस्कर]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Prayagraj Railway Station Drug Smugglers Arrested]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/e4y4mh6o/Prayagraj-Junction-GRP-ganja-seized.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><category>उत्तर प्रदेश</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Prayagraj Railway Station Drug Smugglers Arrested:</strong> प्रयागराज जंक्शन पर राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) ने नशे की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो गांजा तस्करों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के कब्जे से 12 किलो 419 ग्राम अवैध गांजा बरामद हुआ है। बरामद गांजे की कीमत करीब 3 लाख 12 हजार 500 रुपये बताई गई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है।</p><h3>चेकिंग के दौरान पकड़े गए तस्कर</h3><p>जीआरपी के मुताबिक प्रयागराज जंक्शन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर संदिग्धों और सामान की चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान दो संदिग्ध युवकों पर पुलिस की नजर पड़ी। पूछताछ और तलाशी के दौरान उनके पास मौजूद सामान से गांजा बरामद हुआ। वजन कराने पर कुल मात्रा 12 किलो 419 ग्राम निकली। इसके बाद दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया।</p><p>गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुनील कुमार और पंकज पिपलीवाल के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार दोनों दूसरे राज्यों से गांजा लाकर उसकी सप्लाई करने के नेटवर्क से जुड़े हुए थे।</p><h3>उड़ीसा से लाकर राजस्थान में बेचते थे गांजा</h3><p>प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे उड़ीसा से गांजा लेकर राजस्थान पहुंचाते थे और वहां इसे बेचते थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की खेप किससे खरीदी गई थी और राजस्थान में इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था। इसके साथ ही <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/mathura/agra-mathura-highway-drug-bust-ganja-recovered-truck-car-seized">गांजा तस्करी</a> के नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।</p><h3>नवंबर 34.5 किलो बरामद हुआ था गांजा</h3><p>रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों के जरिए मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए जीआरपी लगातार चेकिंग अभियान चला रही है। नशे के खिलाफ जीआरपी के अभियान में पहले भी <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/prayagraj-friends-of-up-dialogue-decade-of-up-development-law-and-order-tourism-amm02">प्रयागराज जंक्शन</a> पर गांजे की खेप पकड़ी जा चुकी है। नवंबर 2025 में जीआरपी ने एक ट्रेन के कोच से करीब 34.5 किलो गांजा बरामद किया था, हालांकि उस मामले में खेप लावारिस मिली थी।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/allahabad-high-court-compassionate-appointment-up-police-5-percent-quota-test-valid-amm02">UP Police Compassionate Appointment: आश्रितों को देना भी होगा टेस्ट, इलाहाबाद HC ने बरकरार रखा 5 प्रतिशत कोटा</a></aside><p>रेलवे पुलिस का फोकस ट्रेनों और स्टेशन परिसर में संदिग्ध यात्रियों तथा सामान की जांच के साथ मादक पदार्थों की अंतरराज्यीय तस्करी पर शिकंजा कसने पर है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पूछताछ के आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है।</p>]]></content:encoded></item><item><title>इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन समारोह में सीएम योगी ने की बड़ी घोषणाएं, वकीलों को मिलेगा 5 लाख तक कैशलेस इलाज</title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/yogi-adityanath-announces-welfare-measures-advocates-allahabad-high-court-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/yogi-adityanath-announces-welfare-measures-advocates-allahabad-high-court-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">c0fcbb50-04b8-448c-bb61-2db0437d6cdf</guid><pubDate>Tue, 15 Sep 2026 15:42:13 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-15T15:42:13.092+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,Prayagraj,Yogi Adityanath</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/yq6ngzyh/cm-yogi-prayagraj.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[ बार एसोसिएशन समारोह में सीएम योगी]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ Yogi Adityanath Announces Major Welfare Measures for Advocates Allahabad High Court]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/yq6ngzyh/cm-yogi-prayagraj.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>Yogi Adityanath In Allahabad High Court Advocates:</strong> इलाहाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन के समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि नई पीढ़ी के अधिवक्ता संवैधानिक मूल्यों के प्रहरी बनें और न्याय को जमीनी धरातल तक पहुंचाने में अपनी अहम भूमिका निभाएं। फ्यूचर रेडी बार ही फ्यूचर रेडी जस्टिस सिस्टम की मजबूत नींव रख सकती है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के हाईकोर्ट और जिला अदालतों में सक्रिय सभी अधिवक्ताओं को सालाना पांच लाख रुपये तक की कैशलेस मेडिकल इंश्योरेंस सुविधा देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि 10 हजार से अधिक अधिवक्ताओं के चैंबर में फर्नीचर व उपकरण के लिए शासन सहयोग करेगा और 400 राज्य विधि अधिकारियों को टैबलेट दिए जाएंगे। इसके साथ ही राज्य विधि अधिकारियों की फीस में भी 50 फीसदी से अधिक वृद्धि की गई है।</p><p>उन्होंने कहा कि 2017 से पहले यूपी पुलिस में 45 से 50 प्रतिशत पद खाली थे। व्यवस्था में पारदर्शिता-जवाबदेही, कानून-व्यवस्था और न्यायिक इंफ्रास्ट्रक्चर भी चुनौती थे। वहीं अब पुलिस प्रशिक्षण क्षमता 3,000 से बढ़ाकर 60,000 कार्मिक प्रतिवर्ष की गई है। पहले 10 जनपदों में जिला अदालतें अस्थायी व किराए के भवनों में चलती थीं और अधिवक्ताओं के चैंबर जर्जर थे। अब 700 करोड़ रुपये की लागत से 10,000 से अधिक अधिवक्ताओं के लिए एडवोकेट चैंबर बनाए जा चुके हैं। उन्होंने अधिवक्ता कल्याण निधि की राशि 1.5 लाख से बढ़ाकर पांच लाख रुपये और अधिवक्ता के निधन पर परिजनों को आर्थिक सहायता की पात्रता आयु 60 से बढ़ाकर 70 वर्ष करने की घोषणा की है।</p><p>मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज का दिन अत्यंत महत्वपूर्ण है। हिंदी दिवस के साथ हरतालिका तीज और गणेश चतुर्थी का भी अवसर है। उन्होंने आस्था की इस भूमि से प्रदेशवासियों को हिंदी दिवस, हरतालिका तीज और गणेश चतुर्थी की हृदय से बधाई और शुभकामनाएं दीं।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/agra-fake-solvency-certificate-scam-network-behind-government-tender-sns03">Agra: फर्जी हैसियत प्रमाणपत्र से सरकारी टेंडर का खेल? बड़े फर्जीवाड़े का आरोप, DM और ADM से शिकायत</a></aside><h3>स्वाधीनता आंदोलन से राष्ट्र निर्माण तक अधिवक्ता समाज की अहम भूमिका</h3><p>मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अधिवक्ता समाज देश के प्रबुद्ध समाज का महत्वपूर्ण हिस्सा है। वह समाज की राय बनाने के साथ उसके विश्वास का प्रतीक भी माना जाता है। स्वाधीनता आंदोलन से लेकर संविधान निर्माण, स्वतंत्र भारत में शासन-प्रशासन के संचालन, लोकतंत्र के सभी स्तंभों को मजबूती देने और राष्ट्र निर्माण के वर्तमान अभियान तक अधिवक्ता समाज की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि भारत का स्वतंत्रता आंदोलन लंबे समय तक बिखरा रहा। दक्षिण अफ्रीका से अपनी वकालत छोड़कर महात्मा गांधी के आंदोलन की कमान संभालने के बाद इसे नई दिशा और गति मिली। प्रयागराज की धरती भी ऐसे अनेक अधिवक्ताओं की गवाह रही है, जिन्होंने इलाहाबाद हाई कोर्ट में प्रैक्टिस के साथ स्वाधीनता आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाई।</p><p>मुख्यमंत्री ने कहा कि पंडित मोतीलाल नेहरू और महामना पंडित मदन मोहन मालवीय जैसे अधिवक्ताओं ने लंबे समय तक देश और स्वतंत्रता आंदोलन को गति दी तथा क्रांतिकारियों के पक्ष में खड़े दिखाई दिए। सरदार वल्लभभाई पटेल और डॉ. भीमराव आंबेडकर ने भी देश की आजादी के आंदोलन को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।</p><p>डॉ. राजेंद्र प्रसाद के प्रयागराज से जुड़े जीवन का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि संगम तट पर स्थित प्रेसिडेंशियल सूट भारत की संविधान सभा के अध्यक्ष और देश के प्रथम राष्ट्रपति की याद दिलाता है। डॉ. राजेंद्र प्रसाद प्रत्येक कुंभ के दौरान प्रयागराज आते थे और माघ मेले में कल्पवास करते थे। उन्होंने कहा कि स्वतंत्र भारत में सोमनाथ मंदिर के पुनरुद्धार और प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद स्वयं सोमनाथ पहुंचे थे। राष्ट्र के प्रति डॉ. राजेंद्र प्रसाद के योगदान और संविधान निर्माण से लेकर स्वतंत्र भारत के प्रथम राष्ट्रपति के रूप में उनकी भूमिका के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए प्रदेश सरकार ने प्रयागराज में डॉ. राजेंद्र प्रसाद नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी स्थापित करने का निर्णय लिया।</p><p>मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र के तीनों प्रमुख स्तंभ अपनी-अपनी व्यवस्था के तहत काम करते हैं, लेकिन उनके बीच बेहतर समन्वय और संवाद लोकतंत्र को अधिक परिपक्व और मजबूत बनाता है। न्यायपालिका भी विधि के शासन और सुशासन के लक्ष्यों को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि न्याय के रथ के बार और बेंच दो महत्वपूर्ण पहिए हैं। दोनों के बीच बेहतर संवाद और समन्वय हमेशा बना रहना चाहिए।</p><p>मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री और मुख्य न्यायाधीश की बैठकों में केवल न्यायपालिका से जुड़े विषयों पर चर्चा नहीं होती, बल्कि अधिवक्ताओं की समस्याओं को भी समान महत्व दिया जाता है। मुख्य न्यायाधीश, न्यायपालिका के संरक्षक के रूप में, अधिवक्ताओं से जुड़े मुद्दों को भी शासन के सामने प्रभावी तरीके से रखते हैं और उनके समाधान का रास्ता निकालने का प्रयास होता है।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/chandauli-mp-political-controversy-sparks-war-words-social-media-post-sns03">चंदौली सांसद की फेसबुक टिप्पणी से गरमाई सियासत; सपा नेताओं ने किया पलटवार, बोले- यही कारण है कि 2000 के बाद.. </a></aside><h3>बार-बेंच के बीच सम्मान, संवाद और समन्वय जरूरी</h3><p>मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि न्याय प्रशासन के लिए बार और बेंच के बीच आपसी सम्मान, शिष्टाचार, संवाद, समन्वय और सहयोग निरंतर बना रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने भी 2017 से पहले की स्थिति की ओर ध्यान दिलाया। उस समय चुनौती केवल संसाधनों की नहीं, बल्कि व्यवस्था के दृष्टिकोण, प्रशासन में पारदर्शिता और जवाबदेही, कानून-व्यवस्था तथा न्यायिक इंफ्रास्ट्रक्चर की भी थी। न्याय व्यवस्था की पहली कड़ी पुलिस है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के 56 जनपदों में सबसे ऊंची इमारतों में पुलिस इंफ्रास्ट्रक्चर, पुलिस बैरक या प्रशिक्षण संस्थान शामिल हैं। उन्होंने लखनऊ में 2017 में किए गए पुलिस बैरक के अचानक निरीक्षण का प्रसंग सुनाते हुए कहा कि वहां दो पुलिसकर्मी रह रहे थे और छत टूटी होने के साथ जाले लगे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन पुलिसकर्मियों से दिन-रात, सर्दी-गर्मी और बरसात में रक्षक की भूमिका निभाने की अपेक्षा है, उन्हें बुनियादी सुविधाएं देना भी व्यवस्था की जिम्मेदारी है।</p><p>मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश की अधीनस्थ अदालतों की स्थिति भी बेहद खराब थी। कई अदालतें अस्थायी और किराए के भवनों में संचालित होती थीं। सरकार ने प्रभावी विटनेस प्रोटेक्शन की व्यवस्था मजबूत की है। पहले गवाहों के डर के कारण मुकर जाने से गंभीर आपराधिक मामलों में सजा दिलाना चुनौती बन जाता था। अपराधियों को जेल से अदालत लाने के लिए पुराने और असुरक्षित वाहनों की जगह व्यवस्था को सुरक्षित बनाया गया है।</p><p>मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यपालिका और न्यायपालिका के बेहतर समन्वय से व्यवस्था में रिफॉर्म और ट्रांसफॉर्मेशन के परिणाम सामने आ रहे हैं। सुदृढ़ न्यायपालिका सुशासन की आधारशिला को मजबूत करती है और सुशासन चुनी हुई सरकार की पहली प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि पुलिस-प्रॉसिक्यूशन कोऑर्डिनेशन से कन्विक्शन रेट में सुधार हुआ है। अभियोजन प्रणाली को ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से जोड़कर समय पर चार्जशीट दाखिल करने और वैज्ञानिक साक्ष्यों को न्यायालय के समक्ष मजबूती से रखने की व्यवस्था की गई है। जिला अदालतों और जेलों को हाईस्पीड इंटरनेट व वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जोड़ा गया है। न्याय श्रुति प्रणाली के माध्यम से अदालतों में गवाही वर्चुअल दर्ज कराने की शुरुआत हुई है। अदालती दस्तावेजों की स्कैनिंग और डिजिटाइजेशन में भी तेजी लाई गई है।</p><p>मुख्यमंत्री ने कहा कि 10 जनपदों में इंटीग्रेटेड कोर्ट कॉम्प्लेक्स का निर्माण तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने इसके लिए मुख्य न्यायमूर्ति अरुण भंसाली के प्रयासों की सराहना की। इन परिसरों में एक ही छत के नीचे सभी न्यायिक कार्यों के साथ न्यायिक अधिकारियों के आवास, अधिवक्ताओं के चेंबर, स्पोर्ट्स और इंडोर स्टेडियम तथा अधिवक्ताओं के लिए सस्ती कैंटीन जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी।</p><p>उन्होंने बताया कि त्वरित न्याय के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट की व्यवस्था को बढ़ाया गया है और प्रथम चरण में 900 जनपदीय स्तर के न्यायालयों के गठन की मंजूरी दी गई है।</p><h3>700 करोड़ से बने अधिवक्ता चेंबर</h3><p>मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रयागराज में करीब 700 करोड़ रुपये की लागत से 10,000 से अधिक अधिवक्ताओं के लिए एडवोकेट चेंबर बनाए जा चुके हैं। इसके साथ मल्टीलेवल पार्किंग, डाइनिंग हॉल, कॉमन रूम और लाइब्रेरी जैसी सुविधाएं भी विकसित की गई हैं। जनपदीय स्तर पर भी एडवोकेट चेंबर के निर्माण के लिए धनराशि उपलब्ध कराई गई है। कौशांबी, लखनऊ, कासगंज, श्रावस्ती समेत करीब एक दर्जन जनपदों में अधिवक्ताओं के चेंबर बनाए जा चुके हैं या निर्माणाधीन हैं।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/varanasi-to-vadnagar-seva-yatra-youth-to-join-bjp-yuva-morcha-campaign-sns03">17 सितंबर से 7 अक्टूबर तक चलेगी वाराणसी से वडनगर सेवा यात्रा, पीएम मोदी के 25 वर्षों के जनसेवा का होगा बखान</a></aside><h3>न्याय व्यवस्था की सबसे बड़ी ताकत आम आदमी का विश्वास</h3><p>मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में तीन नए कानून लागू हुए हैं। इनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए अधिवक्ताओं को बड़े पैमाने पर प्रशिक्षण की चुनौती थी, लेकिन बार ने जिस तेजी से नए कानूनों को अपनाया, वह सराहनीय है। मुख्यमंत्री ने कहा कि न्याय व्यवस्था की सबसे बड़ी ताकत आम आदमी का विश्वास है। न्यायपालिका, कार्यपालिका और विधायिका तभी लोकतंत्र की कसौटी पर खरी उतरती हैं, जब नागरिकों का विश्वास कायम रहे। इसके लिए समय पर न्याय सबसे महत्वपूर्ण है। नागरिक को निष्पक्ष सुनवाई, भेदभाव रहित व्यवहार और कानून की नजर में समानता का भरोसा होना चाहिए।</p><p>उन्होंने कहा कि संवेदनशील और सशक्त न्याय व्यवस्था के लिए पारदर्शिता, निर्णयों में सत्यनिष्ठा, संस्थाओं में जवाबदेही और नागरिकों का विश्वास जरूरी है। बदलते दौर में कानून के सामने साइबर क्राइम, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा प्राइवेसी, डिजिटल कॉमर्स, फिनटेक, इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी और क्लाइमेट लिटिगेशन जैसी नई चुनौतियां और संभावनाएं सामने हैं। अधिवक्ताओं को टेक्नोलॉजी, बदलती अर्थव्यवस्था और समाज में हो रहे परिवर्तनों की गहरी समझ विकसित करनी होगी।</p><p>मुख्यमंत्री <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/varanasi/cm-yogi-adityanath-visits-flood-varanasi-assures-relief-support-affected-sns03">योगी आदित्यनाथ </a>ने कहा कि इलाहाबाद हाईकोर्ट की समृद्ध परंपरा को आगे बढ़ाने की सबसे बड़ी जिम्मेदारी नई पीढ़ी के अधिवक्ताओं की है। युवा अधिवक्ता केवल सफल लीगल प्रोफेशनल बनने तक सीमित न रहें, बल्कि संवैधानिक मूल्यों के प्रहरी और समाज के प्रति संवेदनशील एवं उत्तरदायी नागरिक बनें। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता की जिम्मेदारी केवल मुकदमे के परिणाम तक सीमित नहीं है। उसके प्रयास किसी व्यक्ति के विश्वास और जीवन की दिशा बदलने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/agra/bjp-leader-bhupendra-singh-chaudhary-target-akhilesh-yadav-agra-sns03">Agra: ‘सपा गठबंधन धर्म नहीं जानती’; परिवार और गठबंधन को लेकर अखिलेश यादव पर जमकर बरसे भूपेंद्र चौधरी </a></aside><h3>चैंबर में सुविधाओं के लिए सरकार देगी पूरा सहयोग</h3><p>सीएम योगी ने इस दौरान अधिवक्ता भवन की चाबी भी सौंपी। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट परिसर में 10 हजार से अधिक अधिवक्ताओं के लिए मल्टीलेवल पार्किंग और चैंबर बनाए गए हैं। चैंबर में फर्नीचर और आवश्यक उपकरणों जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए न्यायपालिका या बार एसोसिएशन के माध्यम से मुख्य न्यायमूर्ति की ओर से जो प्रस्ताव आएगा, राज्य सरकार उसमें हर प्रकार का सहयोग करेगी।</p><h3>निर्दोष को छेड़ेंगे नहीं और अपराधी को छोड़ेंगे नहीं : केशव मौर्य</h3><p>उप मुख्यमंत्री <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/keshav-prasad-maurya-clarification-on-yogi-adityanath-and-cm-face-statement-maa19">केशव प्रसाद मौर्य </a>ने कहा कि प्रयागराज संगम के साथ न्याय की भी भूमि है और यहां के अधिवक्ताओं ने लोकतंत्र की रक्षा में बड़ी भूमिका निभाई है। अधिवक्ताओं और सरकार के बीच संबंध लोगों को न्याय दिलाने की साझा जिम्मेदारी से जुड़े हैं। आज ईज ऑफ जस्टिस को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पुराने औपनिवेशिक कानून बदले गए हैं। आज अपराधी कानून से डरता है और आम आदमी का कानून पर भरोसा बढ़ा है। सरकार की नीति साफ है कि निर्दोष को छेड़ेंगे नहीं और अपराधी को छोड़ेंगे नहीं।</p><p>समारोह में इलाहाबाद हाई कोर्ट के मुख्य न्यायमूर्ति अरुण भंसाली, वरिष्ठ न्यायमूर्ति अरिंदम सिन्हा, प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, महाधिवक्ता अजय मिश्रा, इलाहाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश पांडे, महासचिव अखिलेश कुमार शर्मा आदि उपस्थित रहे।</p>]]></content:encoded></item><item><title>UP Board में बड़ा बदलाव; अब रटने के बजाय ज्ञान और समझ की होगी परख, अनुप्रयोग क्षमता पर आधारित होंगे प्रश्न </title><link>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-new-exam-pattern-for-students-knowledge-analysis-creativity-sns03</link><comments>https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-board-new-exam-pattern-for-students-knowledge-analysis-creativity-sns03#comments</comments><guid isPermaLink="false">32b117a6-1eeb-4836-9e8c-8fde5c8cfcfa</guid><pubDate>Tue, 15 Sep 2026 13:41:15 +0530</pubDate><atom:updated>2026-09-15T13:41:15.051+05:30</atom:updated><atom:author><atom:name>ओमप्रकाश सिंह परिहार</atom:name><atom:uri>/api/author/2557730</atom:uri></atom:author><description></description><media:keywords>Uttar Pradesh,UP Board Exams,School News</media:keywords><media:content height="720" medium="image" url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/0796fx2v/UP-Board-Exam.jpg" width="1280"><media:title type="html"><![CDATA[  यूपी बोर्ड परीक्षा पैटर्न]]></media:title><media:description type="html"><![CDATA[ UP Board New Exam Pattern For Students: Tested on Knowledge, Analysis and Creativity]]></media:description></media:content><media:thumbnail url="https://media.assettype.com/navbharatlive/2026-09-15/0796fx2v/UP-Board-Exam.jpg?w=280" width="280"></media:thumbnail><category>प्रयागराज</category><content:encoded><![CDATA[ <p><strong>UP Board New Exam Pattern 2027:</strong> यूपी बोर्ड ने विद्यार्थियों के मूल्यांकन की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। अब बोर्ड परीक्षा के प्रश्नपत्र तैयार करते समय केवल रटने की क्षमता पर ही जोर नहीं रहेगा, बल्कि विद्यार्थियों के ज्ञान, समझ, अनुप्रयोग, विश्लेषण, मूल्यांकन और सृजनात्मक क्षमता को भी परखा जाएगा। नई व्यवस्था भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय की ओर से स्थापित परख मूल्यांकन केंद्र के निर्देशों के अनुरूप तैयार की गई है। इसके तहत मॉडल प्रश्नपत्रों में छह प्रमुख बिंदुओं को शामिल किया गया है।</p><h3>इन छह क्षमताओं की होगी परख </h3><p>पहले चरण में कक्षा 11 और 12 के इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र और नागरिक शास्त्र विषयों के मॉडल प्रश्नपत्र तैयार किए गए हैं। इनमें ज्ञान व बोध को परखने वाले 17.5 प्रतिशत, अनुप्रयोग क्षमता के 35 प्रतिशत, विश्लेषण संबंधी 22 प्रतिशत तथा मूल्यांकन और सृजन क्षमता को परखने वाले चार-चार प्रतिशत प्रश्न शामिल हैं। </p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/kanpur/kanpur-food-safety-cloud-kitchen-shut-down-spoiled-eggs-food-items-destroyed-sns03">गंदगी में बन रहे थे समोसे और एग करी; 3 किचन पर खाद्य सुरक्षा विभाग का शिकंजा, 418 समोसे और 650 अंडे कराए नष्ट</a></aside><p>वहीं प्रतिशत का शेष हिस्सा समझ और कौशल की जांच से संबंधित है। इस बदलाव का उद्देश्य विद्यार्थियों में केवल विषय याद करने के बजाय उसे समझने और व्यवहार में लागू करने की क्षमता विकसित करना है।</p><h3>प्रश्नपत्र में कम होंगे विकल्प</h3><p>यूपी बोर्ड सचिव भगवती सिंह के अनुसार विद्यार्थियों में रटने की जगह चिंतन, तर्क, मूल्यांकन शक्ति, विश्लेषण और सृजनात्मकता विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है। व्यावहारिक विषयों को छोड़कर प्रत्येक विषय की <a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/prayagraj/up-teacher-recruitment-selection-process-stalls-over-exam-pattern-and-academic-merit">लिखित परीक्षा</a> 100 अंकों की होगी, जबकि नए प्रश्नपत्रों में लिखित परीक्षा के लिए पूर्णांक 80 निर्धारित किए गए हैं। वर्णनात्मक प्रश्नों की संख्या भी कम की गई है। प्रत्येक विस्तृत उत्तरीय प्रश्न में आंतरिक विकल्प के रूप में प्रश्न दिए जाएंगे, जो उसी यूनिट, उद्देश्य और कठिनाई स्तर के होंगे।</p><aside><a href="https://navbharatlive.com/uttar-pradesh/weather-update-rain-and-thunderstorm-warning-issued-districts-sns03">UP Weather: फिर से सक्रिय हुआ मानसून, कई जिलों में वज्रपात की आशंका, 50 KM प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी हवाएं</a></aside><h3>पूरी पुस्तक पढ़ना होगा जरूरी</h3><p>नई व्यवस्था में बाह्य विकल्प के प्रश्न नहीं होंगे। विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम के सभी खंडों का अध्ययन करना पड़ेगा। प्रश्नपत्र में करीब 30 प्रतिशत प्रश्न सरल, 50 प्रतिशत सामान्य और 20 प्रतिशत कठिन श्रेणी के होंगे। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों की समग्र क्षमता का संतुलित मूल्यांकन करना है।</p><h3>पंचकोश विकास पर आधारित व्यवस्था</h3><p>यह बदलाव नई शिक्षा नीति-2020 और परख के तहत विद्यार्थियों के समग्र विकास की अवधारणा से जुड़ा है।<a href="https://navbharatlive.com/videos/ruckus-in-parliament-over-national-education-policy-education-minister-dharmendra-pradhan-1150199.html"> राष्ट्रीय शिक्षा नीति</a> में पंचकोश विकास पर जोर दिया गया है। इसमें भौतिक, प्राणमय, मनोमय, विज्ञानमय और आनंदमय कोश शामिल हैं। नई मूल्यांकन व्यवस्था का लक्ष्य विद्यार्थियों के शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक और आध्यात्मिक विकास को ध्यान में रखते हुए उनकी क्षमताओं का आकलन करना है।</p>]]></content:encoded></item></channel></rss>