सूचना का अधिकार लोकतंत्र में पारदर्शिता का स्तंभ: संदीप सावंत

Nashik News: नाशिक में सूचना का अधिकार दिवस पर संदीप सावंत ने RTI से लोकतंत्र में पारदर्शिता और प्रशासन में सुधार की अहमियत बताई, सूचना देना हर कार्यालय की जिम्मेदारी।
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नाशिक न्यूज (सौ. डिजाइन फोटो )
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Nashik News: यशवंतराव चव्हाण विकास प्रशासन अकादमी (YASHADA) के सूचना का अधिकार (RTI) व्याख्याता और प्रशिक्षक संदीप सावंत ने कहा कि सूचना का अधिकार एक आम नागरिक को लोकतांत्रिक व्यवस्था में जानकारी उपलब्ध कराने का एक महत्वपूर्ण अधिकार है।

यह सार्वजनिक हित के मामलों पर एक तरह से नियंत्रण रखने का काम करता है, जिससे प्रशासन में पारदर्शिता लाने में मदद मिली है। वे यहां विभागीय आयुक्त कार्यालय में मनाए गए 'सूचना का अधिकार दिवस' के अवसर पर बोल रहे थे। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता अतिरिक्त आयुक्त (सामान्य प्रशासन) अरविंद लोखंडे ने की। इस दौरान, सहायक आयुक्त (भूमि सुधार) विट्ठल सोनवणे, सहायक आयुक्त (विकास) मनोज कुमार चौधरी और तहसीलदार (सामान्य प्रशासन) पल्लवी जगताप मंच पर उपस्थित थे।

इस अवसर पर विभागीय आयुक्त कार्यालय के अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए श्री सावंत ने कहा कि सूचना का अधिकार अधिनियम ने प्रशासन की कार्यक्षमता बढ़ाने में मदद की है। सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों को इस कानून से डरने के बजाय इसे सकारात्मक रूप से देखना चाहिए। सूचना का अधिकार देश के नागरिकों को मिला एक अधिकार है। किसी भी कार्यालय को आवेदक द्वारा मांगी गई जानकारी जैसी है, वैसी ही उपलब्ध कराना आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जानकारी तैयार करके देना अपेक्षित नहीं है।

28 सितंबर को मनाया जाता है 'सूचना का अधिकार दिवस'

अतिरिक्त आयुक्त श्री लोखंडे ने अपने प्रस्तावना भाषण में सूचना का अधिकार दिवस मनाने के उद्देश्य को स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि 20 सितंबर 2008 के सरकारी निर्णय के अनुसार, राज्य स्तर पर 28 सितंबर को 'सूचना का अधिकार दिवस' के रूप में मनाने का निर्देश दिया गया है लेकिन वर्ष 2025 का सूचना का अधिकार दिवस सरकारी छुट्टी, यानी रविवार को पड़ रहा था। इसलिए, इस साल 29 सितंबर 2025 को 'सूचना का अधिकार दिवस' मनाने के लिए राज्य सरकार ने निर्देश दिए थे, जिसके अनुसार इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

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