

Dhanora Tehsil: धानोरा शहर समेत तहसील में निरंतर बिजली आपूर्ति खंडित होने से नागरिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जिससे बिजली समस्या को लेकर शहर के नप पदाधिकारियों के नेतृत्व में धानोरा शहर व तहसील के नागरिकों ने सोमवार को महाराष्ट्र राज्य बिजली वितरण कंपनी धानोरा के पावर हाउस पर आक्रोश मोर्चा निकाला। इस दौरान समस्या की ओर महावितरण के अधिकारियों का ध्यानाकर्षण किया।
इस दौरान समस्या बताते हुए कहा गया कि इन दिनों धानोरा तहसील में बिजली की समस्या काफी बढ़ गई है। जिससे नागरिकों को व्यापक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसा कहते हुए आक्रोश व्यक्त किया। तहसील के विभिन्न गांव तथा धानोरा शहर में निरंतर बिजली आपूर्ति खंडित होने से लोगों का जीवन प्रभावित हो रहा है। वहीं घरेलू उपकरण तथा इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का नुकसान हो रहा है। जिससे ग्राहकों को वित्तीय नुकसान सहना पड़ रहा है। खासकर घर से ही कार्य करने वाले लोगों के लिए (वर्क फ्रोम होम एवं रिमोट वर्कर) बिजली यह एक आवश्यक घटक बना है।
निरंतर बिजली खंडित होने के कारण उनके कार्य में रुकावट आती है। कार्य की गति धीमी होती है। उन्हें तनाव के बीच कार्य करना पड़ता है। धानोरा तहसील खेती पर निर्भर होने से निरंतर बिजली आपूर्ति खंडित होने से किसानों पर भी विपरित परिणाम हो रहा है आदि समस्याएं अधिकारियों के निदर्शन में लायी गई। वहीं शीघ्र समस्या हल कर अखंडित बिजली आपूर्ति करने की मांग की गई। इस समय नगराध्यक्ष पौर्णिमा सयाम, नप उपाध्यक्ष ललित बरछा, पार्षद सीमा काटेंगे, पार्षद विनोद लेनगुरे, राजू मोहुर्ले, समीर कुरेशी आदि समेत बड़ी संख्या में शहर व तहसील के नागरिक उपस्थित थे।
धानोरा शहर समेत तहसील में बिजली की आंखमिचौली होने से नागरिकों को व्यापक परेशानी हो रही है। जिससे बिजली समस्या हल करने की मांग को लेकर नागरिकों ने महावितरण के पावर हाउस पर दस्तक देकर महावितरण के अधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया है। इस दौरान एक सप्ताह के भितर निरंतर खंडित होने वाली बिजली आपूर्ति सुचारू न करने पर तीव्र आंदोलन करने की चेतावनी इस दौरान नागरिकों ने महावितरण को दी है।
इस दौरान धानोरा शहर में डिजिटल मीटर लगाए गए है। यह डिजिटल मीटर लगाते समय ग्राहकों की अनुमति लिए बगैर ही वह मीटर लगाए गए है। इस डिजिटल मीटर के कारण ग्राहकों को व्यापक बिजली बिल आने की शिकायत बढ़ गई है। जिससे ग्राहक त्रस्त हुआ है। इस समस्या की ओर भी नागरिकों ने महावितरण का ध्यान खींचा।