वीवीपैट के बगैर होंगे निकाय चुनाव! शरद पवार संग विपक्ष का फूटा गुस्सा, जताई घोटाले की आशंका

निकाय चुनावों में वीवीपैट मशीनों का नहीं होगा। इस घोषणा के बाद विपक्ष आक्रामक हो गया है। शरद पवार के साथ कई विपक्षी नेताओं ने मतदान में गड़बड़ी की आशंका जताई है।
राकां प्रमुख शरदचंद्र पवार (pic credit; social media)
राकां प्रमुख शरदचंद्र पवार (pic credit; social media)
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Maharashtra Nikay Chunav: राज्य चुनाव आयोग के दिनेश वाघमारे ने मंगलवार को कहा था कि महाराष्ट्र के निकायों के चुनाव तीन चरणों में कराए जाएंगे। चुनावी प्रक्रिया आगामी अक्टूबर महीने से शुरू की जाएगी। निकाय चुनाव ईवीएम पर कराए जाएंगे लेकिन मतदान के दौरान वीवीपैट (वीवीपीएटी) मशीनों का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। क्योंकि प्रत्येक वार्ड में अधिक उम्मीदवार होने की वजह से मतदाताओं को एक बार में चार वोट डालने होंगे, इसलिए प्रक्रिया में समय लगेगा और मतदान केंद्र पर भीड़ होने की संभावना है।

इसी वजह से निकाय चुनावों में वीवीपैट मशीनों का इस्तेमाल पहले से ही नहीं किया जाता है। वाघमारे की इस घोषणा के बाद विपक्ष आक्रामक हो गया है। राकां शरदचंद्र पवार सहित विपक्षी गठबंधन महाविकास आघाड़ी में शामिल सभी प्रमुख दलों के नेताओं ने वीवीपैट के बगैर मतदान कराए जाने पर गड़बड़ी की आशंका व्यक्त की है।

रोहित चव्हाण ने चुनाव आयोग पर लगाये आरोप

चुनाव आयोग की घोषणा पर सोशल मीडिया में प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए शरद पवार की राकां के विधायक रोहित चव्हाण ने कहा है कि चुनाव आयोग हर चुनाव में एक नया खेल खेलता है। कभी नाम काट दिए जाते हैं तो कभी नए नाम बढ़ा दिए जाते हैं और कभी सूचियों में हेराफेरी कर दी जाती है। और जब इस पर आपत्ति जताई जाती हैं, तो उनका जवाब भी नहीं दिया जाता।

अगले चुनाव के दौरान, पिछली आपत्तियों को दरकिनार कर दिया जाता है। एक नई रणनीति अपनाई जाती है। उन्होंने सवाल किया कि क्या इसी तरह आपने स्थानीय निकाय चुनावों वीवीपैट मशीनों के बगैर कराने का निर्णय लिया है? यह फैसला किसी को जिताने के लिए तो नहीं लिया गया है? रोहित ने कहा है कि जब चुनाव आयोग से निष्पक्ष रहने की अपेक्षा की जाती है, तो आयोग अपने ही कार्यों से बार-बार खुद को पक्षपाती क्यों साबित कर रहा है?

कोर्ट जाएगी राकां शरदचंद्र पवार

रोहित ने आगे कहा इस समय जिस तरह से चुनावी खेल चल रहा है, उसे देखते हुए मुझे डर है कि कल सत्ताधारी पार्टी का चुनाव चिन्ह #EVM ही आएगा और वही चुने जाएंगे, है ना? किसी भी स्थिति में, चुनाव #VVPAT मशीनों से ही कराना होगा। इस बीच, राकां शरदचंद्र पवार पार्टी राज्य चुनाव आयोग के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी कर रही है। पार्टी एक याचिका के माध्यम से इस फैसले पर पुनर्विचार की मांग करने की तैयारी कर रही है। विधानसभा चुनाव में ईवीएम और वीवीपैट को लेकर जो गड़बड़ी हुई, उसे अदालत के सामने पेश किया जाएगा। हालांकि इस संबंध में अभी परिणाम आना बाकी है, लेकिन वह इस ओर ध्यान आकर्षित करने की तैयारी में है कि राज्य चुनाव आयोग इस फैसले से क्या हासिल कर रहा है।

तो बैलेट से कराएं मतदान

मुंबई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करने के दौरान कांग्रेस विधायक दल के नेता विजय वडेट्टीवार ने सरकार पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि मतदाताओं को यह अधिकार है कि उनका वोट किस उम्मीदवार को मिला है। इसलिए राज्य में स्थानीय निकायों के चुनाव वीवीपैट मशीनों के बिना नहीं होने चाहिए और यदि पर्याप्त मशीनें उपलब्ध नहीं हैं, तो चुनाव मतपत्रों से कराए जाने चाहिए।

वोट घोटाला की तैयारी

शिवसेना के उद्धव बालासाहेब ठाकरे (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने कहा कि चुनाव आयोग उनका गुलाम है। मुंबई मनपा चुनाव में ईवीएम मशीनों का इस्तेमाल होगा। लेकिन वीवीपैट मशीनें नहीं लगाई जाएंगी तो चुनाव क्यों हो रहे हैं? यदि मतदान और मतगणना की प्रक्रिया में देरी हो रही है तो सीधे बैलेट पेपर से चुनाव कराएं। उन्होंने कहा कि वोटिंग के लिए ईवीएम मध्य प्रदेश से लाएंगे, जहां सबसे बड़ा चुनाव आयोग घोटाला हुआ है। आयोग ने उन ईवीएम को महाराष्ट्र लाकर स्थानीय निकाय चुनाव कराने का फैसला किया है।

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