खुद आतंक के आका...अब शांति दूत बनेंगे मुनीर, हमास को खत्म करने के लिए उतारेंगे 20 हजार PAK सैनिक

Hamas-Israel War: पाकिस्तान गाजा में 20 हजार सैनिक भेजेगा। यह टुकड़ी हमास से हथियार सरेंडर करवाकर क्षेत्र की सुरक्षा बनाए रखेगी। यह ट्रंप की शांति योजना का हिस्सा है।
खुद आतंक के आका...अब शांति दूत बनेंगे मुनीर, हमास को खत्म करने के लिए उतारेंगे 20 हजार PAK सैनिक
गाजा में 20 हजार सैनिक तैनात करेगा पाकिस्तान (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Pakistan Army in Gaza: गाजा में शांति बहाल करने के लिए पाकिस्तान करीब 20 हजार सैनिक भेजेगा। इन सैनिकों का दायित्व हमास से हथियार सरेंडर करवाना और क्षेत्र की सुरक्षा बनाए रखना होगा। बताया गया है कि पाकिस्तान और इजरायल के बीच इस संबंध में एक गुप्त समझौता हुआ है, जिसके तहत यह टुकड़ी अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल (ISF) के रूप में कार्य करेगी।

जानकारी के अनुसार, इस समझौते को अंतिम रूप देने के लिए काहिरा में एक गुप्त बैठक आयोजित की गई थी, जिसमें इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद के वरिष्ठ अधिकारी, पाकिस्तान और अमेरिकी खुफिया एजेंसी के प्रतिनिधि शामिल थे। यह बैठक इस्टेबिलाइजेशन फोर्स की संरचना, संचालन और जिम्मेदारियों पर चर्चा के लिए आयोजित हुई।

तुर्की, अजरबैजान और कतर नाराज

यह कदम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 29 सितंबर को पेश की गई 20 सूत्री शांति योजना के तहत आया है, जिसमें हामास द्वारा हथियार डालना सबसे अहम शर्त थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह योजना गाजा में युद्ध को रोकने, बंदकों को रिहा करवाने और वहाँ शांति व्यवस्था स्थापित करने की दिशा में थी। इस तरह पाकिस्तान की तैनाती इस योजनात्मक प्रक्रिया का हिस्सा मानी जा रही है। हालांकि, इस फैसले से तुर्की, अजरबैजान और कतर नाराज हैं ये देश नहीं चाहते कि पाकिस्तान गाजा में सैनिक तैनात करे। पाकिस्तान का तुर्की के साथ गहरा संबंध रहा है, लेकिन दूसरी ओर वह ट्रंप को भी नाखुश नहीं करना चाहता। बताया गया है कि पाकिस्तान, इंडोनेशिया और अज़रबैजान के सैनिकों के साथ मिलकर गाजा में सुरक्षा प्रबंधन, इमारतों का निर्माण और हामास को नियंत्रण में रखने का काम करेंगे।

पाकिस्तान-इजरायल में तनाव

पाकिस्तान ने इजरायल को अभी तक देश की मान्यता नहीं दी है, उसके नेता कई बार मुस्लिम देशों को इजरायल के खिलाफ एकजुट होने की अपील कर चुके हैं। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने 10 अक्तूबर को कहा था कि इजरायल का मकसद मुस्लिम दुनिया की ताकत को कमजोर करना है और उसके साथ नरमी बरतना गलत होगा।

वहीं ट्रंप की योजना के अंतर्गत गाजा में युद्ध रोका जाना, सभी बंदकों को छोड़ा जाना और गाजा में प्रशासन चलाने के लिए एक अस्थायी बोर्ड बनाने का प्रस्ताव शामिल है। इस बोर्ड की अध्यक्षता ट्रंप खुद करेंगे और इसमें पूर्व ब्रिटिश प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर भी शामिल होंगे।

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