- Hindi News »
- World »
- Mars Reconnaissance Orbiter Finds Water Flowed On Mars Around 3 Billion Years Ago
नासा के अंतरिक्ष यान ने मंगल ग्रह पर खोजा पानी, तस्वीरों में दिखा सबूत
वैज्ञानिकों का मानना है कि करोड़ों साल पहले मंगल पर नदियां और तालाब थे।
- Written By: काजल चोपड़े

कैलिफोर्निया, हाल ही में अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी ‘नासा’ के यान ने मंगल ग्रह पर पानी होने का सबूत भेजा। इसके बाद कैलिफोर्निया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (Caltech) के वैज्ञानिकों ने इस बात की जांच की। इस जांच पता चला कि, 200 करोड़ साल पहले मंगल की सतह पर पानी बहता था। इस पानी के साथ बहकर आए साल्ट मिनिरल्स (Salt Minerals on Mars) आज भी अपने बहाव के रास्ते में मौजूद हैं।
नासा के मार्स रिकॉइनेंस ऑर्बिटर (Mars Reconnaissance Orbiter) ने मंगल की सतह पर पानी के बहाव (Water Flowed on Mars) के रास्ते में मौजूद मिनिरल्स की तस्वीर भी भेजी है। वैज्ञानिकों का मानना है कि करोड़ों साल पहले मंगल पर नदियां और तालाब थे।
कैल्टेक इंस्टीट्यूट के वैज्ञानिकों ने कहा कि, मंगल पर पानी की मौजदूगी होने से माइक्रोबियल जीवन होने की संभावना पैदा होती है। जैसे-जैसे मंगल का वातावरण पतला होता गया, वहां का पानी भाप बनकर उड़ गया। इस वजह मंगल ग्रह रेगिस्तान में बदल गया। अब नासा का मार्स रिकॉइनेंस ऑर्बिटर (एमआरओ) मंगल के वातावरण को समझने की कोशिश कर रहा है।
सम्बंधित ख़बरें
हुस्न ऐसा कि कोई शक न करे, लेकिन नाम सुनते ही कांप उठती थी दुनिया; कौन हैं वो 5 सबसे खतरनाक महिला आतंकी
इंडोनेशिया में फिर फटा ज्वालामुखी, आसमान में 5,000 मीटर ऊपर तक उड़ा राख का गुबार; हाई अलर्ट जारी
राष्ट्रपति ने चंद्रपुर की उज्ज्वला सोयाम को दिया राष्ट्रीय फ्लोरेंस नाइटिंगेल पुरस्कार, सेवा को सम्मान
सड़कों में आ रही हैं दरारें… क्या पाताल में समा रहा है ये शहर? सैटेलाइट रिपोर्ट से मचा हड़कंप
पहले ऐसा माना जाता है कि, मंगल ग्रह से पानी 300 करोड़ साल पहले खत्म हुआ होगा। लेकिन अब पता चला कि नहीं, मंगल की सतह पर पानी 200 करोड़ साल पहले खत्म हुआ। इस बात का खुलासा करने के लिए कालटेक के 2 वैज्ञानिकों ने MRO से मिले पिछले 15 साल के डेटा का एनालिसिस किया गया। जिससे पता चलता है कि मंगल ग्रह की सतह पर पानी की मौजूदगी 200 से 250 करोड़ साल पहले तक थी। यह पिछले अनुमानों की तुलना में लगभग एक अरब साल का अंतर दिखाता है।
मंगल ग्रह की सतह पर नमक की यह लकीरें पहली बार देखी गई है। इसके साथ ही इस बात का भी खुलासा हुआ है कि, मंगल पर खनिज भी हैं। लेकिन, अब सवाल यह है कि, मंगल ग्रह पर कितने दिनों तक सूक्ष्मजीव रहे होंगे।
##MarsReconnaissanceOrbiter finds water flowed on Mars longer than previously thought @NASAJPL @theAGU https://t.co/I8BrAm7JHB — Phys.org (@physorg_com) January 26, 2022
यह स्टडी साइंटिस्ट इलेन लीस्क ने की है। वह पासाडेना स्थित Caltech में अपनी PHD पूरी कर रही हैं। उनकी मदद प्रोफेसर बिथैनी एलमैन ने की है। इन दोनों ने MRO में लगे कॉम्पैक्ट रिकॉन्सेंस इमेजिंग स्पेक्ट्रोमीटर फॉर मार्स (CRISM) के डेटा का सहारा लिया है। जिससे पता चला कि मंगल के दक्षिणी गोलार्ध में स्थित इम्पैक्ट क्रेटर यानी गड्ढों में क्लोराइड साल्ट (Chloride Salt) और क्ले से भरे हुए हाईलैंड्स हैं।
बता दें कि, मंगल की सतह पर बने गड्ढे उम्र पता करने में मदद करते है। इस तरह क्रेटर की गिनती करके इलाके की उम्र का अंदाजा लगाया जा सकता है। MRO के पास दो कैमरे हैं। दोनों अलग-अलग कामों में उपयोग किए जाते हैं। पहला कॉनटेक्स्ट कैमरा (Context Camera) जो सिर्फ काले और सफेद रंग की वाइड एंगल तस्वीरें लेता है। इसी ने क्लोराइड की मौजूदगी बताई।
क्लोराइड की मौजूदगी होने का पता चलने के बाद उस इलाके में हाई-रेजोल्यूशन इमेजिंग साइंस एक्सपेरीमेंट (HiRISE) कलर कैमरा तैनात किया गया। ताकि जहां पर कॉनटेक्स्ट कैमरा ने सफेद लकीरें दिखाई दी थी, वहां पर HiRISE ने बारीकी से और जांच की। इलेन लीस्क और एलमैन ने बताया कि मंगल ग्रह की सतह पर मौजूद गड्ढों की तलहटी में क्लोराइड की मात्रा काफी ज्यादा है।
एलमैन ने बताया कि MRO के कैमरों ने एक दशक से ज्यादा समय में कई तरह की तस्वीरें भेजीं। हाई-रेजोल्यूशन, स्टीरियो, इंफ्रारेड डेटा आदि। इसी कैमरे की मदद से पता चला है कि मंगल ग्रह की सतह पर नदियां और तालाब थे। नासा के मार्स ओडिसी ऑर्बिटर ने मंगल ग्रह पर सॉल्ट खनिजों की सबसे पहले खोज की थी।
Mars reconnaissance orbiter finds water flowed on mars around 3 billion years ago
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
Aaj Ka Rashifal: कुंभ राशि वालों को करियर में मिलेगी बड़ी सफलता, जानें मेष से मीन तक का व्यापार और भाग्यफल
May 19, 2026 | 12:15 AMचेपॉक में ईशान किशन का जलवा, अर्धशतकीय पारी खेलकर चेन्नई के जबड़े से छीनी जीत, SRH ने 5 विकेट से जीता मुकाबला
May 18, 2026 | 11:36 PMMorning Dreams:सुबह के इन सपनों को न करें इग्नोर, स्वप्न शास्त्र में माना गया है बेहद शुभ
May 18, 2026 | 11:34 PMबायोमाइनिंग प्रोजेक्ट में 67 करोड़ का घोटाला? भाजपा नगरसेवक राज गौरव वानखेड़े ने प्रशासन और एजेंसी को घेरा
May 18, 2026 | 11:17 PMMP News: देवास पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट में MP सरकार का बड़ा एक्शन, हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज करेंगे न्यायिक जांच
May 18, 2026 | 11:17 PMमतीन पटेल की संपत्तियों पर चले बुलडोजर का मामला, हाईकोर्ट ने दी याचिका में संशोधन की अनुमति, 15 जून को सुनवाई
May 18, 2026 | 11:04 PMबाबरी बना जैन मंदिर, कृष्ण नगर के नाम से जाना जाएगा इस्लामपुरा, जानें क्यों सड़कों से मुस्लिम नाम हटा रहा पाक
May 18, 2026 | 11:04 PMवीडियो गैलरी

आगे ऑटो में विधायक, पीछे फॉर्च्यूनर से शूटिंग! PM मोदी की अपील का ऐसा असर देख चकराए लोग- VIDEO
May 18, 2026 | 02:14 PM
रास्ता ब्लॉक करके नमाज अदा करना…हुमायूं कबीर का बड़ा बयान, वंदे मातरम को बताया भारतीय संस्कृति का हिस्सा
May 18, 2026 | 02:00 PM
ऐसे जाहिल गंवारों को…NEET पेपर लीक पर बुरी तरह भड़के विशाल ददलानी, बोले- सत्ता में बैठे लोग खुद शिक्षित नहीं
May 18, 2026 | 01:38 PM
केरलम: वीडी सतीशन ने ली CM पद की शपथ, खरगे-राहुल-प्रियंका-रेवंत रेड्डी समेत कई दिग्गज नेता रहे मौजूद- VIDEO
May 18, 2026 | 11:54 AM
लखनऊ में भारी बवाल, वकीलों के अवैध चैंबरों पर गरजा प्रशासन का बुलडोजर, पुलिस ने की लाठीचार्ज, देखें VIDEO
May 17, 2026 | 01:25 PM
शिक्षामंत्री फुंकवाते हैं और स्वास्थ्य मंत्री…बिहार सरकार पर तेजस्वी का तंज, बोले- सरकार ने जनता को ठगा
May 17, 2026 | 01:09 PM














