-
गुरु, 2 जुलाई 2026 ई-पेपर
- Hindi News »
- World »
- Iran Nuclear Bomb War Impact Tehran Shifting Calculus Npt Withdrawal
परमाणु बम की दहलीज पर ईरान! महायुद्ध ने बदला तेहरान का गेमप्लान, क्या अब टूटेगा दशकों पुराना ‘परमाणु फतवा’?
- Written By: अमन उपाध्याय
Iran US War: ईरान-इजरायल युद्ध के बीच तेहरान ने अपना परमाणु रुख बदल दिया है। सैन्य दबाव और परमाणु ठिकानों पर हमलों के बाद अब ईरान में परमाणु हथियार को ही 'अस्तित्व की गारंटी' माना जा रहा है।

इजरायल-अमेरिका-ईरान जंग, (डिजाइन फोटो)
US Iran Nuclear Tensions: पश्चिम एशिया में जारी भीषण संघर्ष ने एक ऐसा विरोधाभास पैदा कर दिया है जिसने पूरी दुनिया की नींद उड़ा दी है। जिस युद्ध का उद्देश्य ईरान के परमाणु कार्यक्रम को रोकना था वही युद्ध अब ईरान को परमाणु बम बनाने के लिए उकसा रहा है। 30 मार्च 2026 तक की स्थिति के अनुसार, विशेषज्ञों का मानना है कि तेहरान अब अपनी उस पुरानी नीति पर पुनर्विचार कर रहा है जिसके तहत उसने परमाणु कार्यक्रम को केवल नागरिक उद्देश्यों तक सीमित रखने का दावा किया था।
सैन्य हमलों का उल्टा असर
फरवरी 2026 में युद्ध शुरू होने से पहले ईरान को एक ‘थ्रेसहोल्ड न्यूक्लियर स्टेट’ माना जाता था जिसके पास तकनीक तो थी लेकिन बम बनाने का राजनीतिक इरादा नहीं था। हालांकि, अमेरिका-इजरायल द्वारा ईरान के परमाणु ठिकानों पर किए गए हमलों ने इस सोच को बदल दिया है। सैन्य विशेषज्ञों के अनुसार, इन हमलों ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को खत्म करने के बजाय उसे और अधिक गुप्त और जमीन के भीतर धकेल दिया है। अब तेहरान अपनी बुनियादी संरचना को भविष्य के हमलों के प्रति अधिक प्रतिरोधी बनाने के लिए उसे और मजबूत कर रहा है।
राजनीतिक बदलाव
ईरान के भीतर अब एक बड़ा राजनीतिक बदलाव देखा जा रहा है। दशकों से ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई का वह धार्मिक ‘फतवा’ एक ढाल की तरह काम करता था जिसमें परमाणु हथियारों को ‘हराम’ या इस्लाम में वर्जित बताया गया था। लेकिन अब ईरान के कट्टरपंथियों की आवाजें तेज हो गई हैं जो सार्वजनिक रूप से परमाणु बम बनाने की वकालत कर रहे हैं। ईरानी सांसदों के बीच अब परमाणु अप्रसार संधि (NPT) से बाहर निकलने की मांग जोर पकड़ रही है जो अंतरराष्ट्रीय निरीक्षणों को पूरी तरह खत्म कर सकती है।
सम्बंधित ख़बरें
Explainer: कल तक आलोचना, आज ‘फरिश्ता’! जानिए PM मोदी को लेकर क्यों अचानक बदल गए डोनाल्ड ट्रंप के सुर
हम न डरते हैं और न… अफगान मंत्री ने पाकिस्तान को दी खुली धमकी, कहा- हमने बड़ी ताकतों को हराया
Explainer: खामेनेई के जनाजे में क्यों शामिल नहीं हो रहे PM मोदी? जानिए क्या है भारत की ‘डेलिगेशन’ डिप्लोमेसी
फिर बिल से बाहर निकले बिलावल भुट्टो, सिंधु जल संधि पर भारत को दी परमाणु धमकी, कहा- पानी रोकना अस्तित्व पर हमला
अस्तित्व की लड़ाई
तेहरान में अब यह सोच हावी हो रही है कि केवल Nuclear Deterrent ही शासन के अस्तित्व की रक्षा कर सकता है। यह तर्क दिया जा रहा है कि जिन देशों के पास परमाणु हथियार नहीं हैं वे बाहरी हमलों के प्रति अधिक संवेदनशील हैं। इस प्रकार, परमाणु बम अब ईरान के लिए एक ‘बीमा पॉलिसी’ की तरह देखा जा रहा है। दूसरी ओर, अमेरिका ने संघर्ष विराम के बदले ईरान के मुख्य परमाणु ठिकानों को बंद करने की शर्त रखी है, जिसे तेहरान ने सिरे से खारिज कर दिया है।
यह भी पढ़ें:- ईरान को एक और करारा झटका! लारीजानी के बाद अब नौसेना कमांडर तंगसीरी की भी गई जान; तेहरान ने की मौत की पुष्टि
क्षेत्रीय परमाणु दौड़ का खतरा
विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान परमाणु बम बनाने की दिशा में आगे बढ़ता है, तो यह मध्य पूर्व में ‘न्यूक्लियर प्रोलिफरेशन’ की एक खतरनाक श्रृंखला शुरू कर देगा। क्षेत्र के अन्य देश भी सुरक्षा के लिए अपने स्वयं के परमाणु हथियार विकसित करने की कोशिश करेंगे जिससे पूरा क्षेत्र एक ‘मल्टी-न्यूक्लियर’ जोन बन जाएगा। फिलहाल, युद्ध की आग ईरान को उस अंतिम रेखा को पार करने के लिए मजबूर कर रही है जिससे दुनिया दशकों से बचने की कोशिश कर रही थी।
Iran nuclear bomb war impact tehran shifting calculus npt withdrawal
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
Aaj Ka Rashifal 02 July 2026: सिंह-कन्या को मिलेगा लाभ, धनु-मकर रहें सतर्क, पढ़ें सभी 12 राशियों का राशिफल
Jul 02, 2026 | 12:08 AMEXCLUSIVE: राजधानी भोपाल में रिहायशी इलाकों के बीच गौस गोदाम, फायर सेफ्टी के नाम पर फेल व्यवस्थाएं- VIDEO
Jul 01, 2026 | 11:49 PMसलमान खान की क्रिएटिविटी का खुला राज, ‘दबंग 3’ के डायलॉग्स और वन-लाइनर्स खुद करते थे इम्प्रोवाइज
Jul 01, 2026 | 11:23 PMJammu & Kashmir: राज्य का दर्जा बहाल करने के लिए विपक्ष को साथ लाएगी नेशनल कॉन्फ्रेंस, सभी पार्टियों को बुलाव
Jul 01, 2026 | 11:14 PMनागपुर में झमाझम बारिश का धमाका: 2 घंटे की मूसलाधार बारिश ने उमस को किया छूमंतर, पारे में भारी गिरावट
Jul 01, 2026 | 11:11 PM‘वेलकम टू द जंगल’ का बॉक्स ऑफिस पर धमाका, छठे दिन 85 करोड़ के पार पहुंचकर बनाए 6 बड़े रिकॉर्ड
Jul 01, 2026 | 11:10 PMबुरहानपुर में कीचड़ में बैठे पार्षद: जलभराव के विरोध में ‘जल आंदोलन’, महापौर के खिलाफ जमकर नारेबाजी
Jul 01, 2026 | 11:05 PMवीडियो गैलरी

पुणे मर्डर केस में नया मोड़! केतन का मजाक उड़ाने वाली फीमेल डॉक्टर 5 साल के लिए ब्लैकलिस्ट
Jul 01, 2026 | 11:00 PM
वाराणसी दालमंडी कॉरिडोर का रास्ता साफ, भारी फोर्स के बीच 5 मस्जिदों पर कार्रवाई शुरू; देखें VIDEO
Jul 01, 2026 | 10:45 PM
Atiq Ahmed: अतीक की जमीन पर बनेगा गरीबों का आशियाना, PDA लाने जा रहा प्लान; देखें VIDEO
Jul 01, 2026 | 10:34 PM
‘मरने के बाद कोई…’, सना खान के ‘कयामत’ वाले VIDEO ने इंटरनेट पर मचाया बवाल; सोशल मीडिया पर खूब हो रहा वायरल
Jul 01, 2026 | 08:43 PM
Indus Water Treaty: भारत की सिंधु जल स्ट्राइक से पाकिस्तान में डर! आने वाला है बड़ा संकट?-VIDEO
Jul 01, 2026 | 06:30 PM
दिहाड़ी मजदूर की बेटी को मिला 21 करोड़ का टैक्स नोटिस, पैन कार्ड के दुरुपयोग से हैरान परिवार, video वायरल
Jul 01, 2026 | 02:49 PM














