गाजा में तबाही का मंजर! इजरायली हमलों में अब तक 30 फिलिस्तीनियों की मौत, राफा क्रॉसिंग खुलने से पहले बढ़ा तनाव

Israeli Strikes In Gaza: इजरायली हमलों ने शनिवार को गाजा पट्टी में महिलाओं और बच्चों समेत कम ही 30 लोगों की जान ले ली है। यह हमला शांति समझौते के दूसरे चरण की शुरुआत से ठीक पहले हुआ है।
A scene of devastation in Gaza! 30 Palestinians killed so far in Israeli attacks, tensions rise ahead of the opening of the Rafah crossing.
गाजा में इजरायली हमला, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Gaza Ceasefire Violations News In Hindi: गाजा पट्टी में शनिवार, 31 जनवरी 2026 को इजरायली हवाई हमलों में कम से कम 30 फिलिस्तीनी नागरिकों की मौत हो गई। अस्पतालों से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, अक्टूबर में हुए युद्धविराम समझौते के बाद यह एक दिन में होने वाली मौतों का सबसे बड़ा आंकड़ा है। यह भीषण बमबारी ऐसे समय में हुई है जब क्षेत्र में अमेरिकी मध्यस्थता वाली शांति योजना को आगे बढ़ाने की कोशिशें की जा रही हैं।

रिहायशी इलाकों और पुलिस थानों को बनाया निशाना

इजरायली सेना ने गाजा सिटी में एक अपार्टमेंट और खान यूनिस में विस्थापितों के एक टेंट कैंप को निशाना बनाया। खान यूनिस में हुए हमले के बाद टेंटों में भीषण आग लग गई जिसमें एक ही परिवार के सात लोगों की जलकर मौत हो गई इनमें एक पिता, उसके तीन बच्चे और तीन पोते-पोतियां शामिल थे। वहीं, गाजा सिटी के अपार्टमेंट में हुए हमले में तीन बच्चे, उनकी चाची और दादी की जान चली गई। इसके अतिरिक्त, गाजा सिटी में ही एक पुलिस स्टेशन पर हुए हवाई हमले ने भारी तबाही मचाई। शिफा अस्पताल के निदेशक के अनुसार, इस हमले में कम से कम 14 लोगों की मौत हुई है जिनमें पुलिस अधिकारी सहित आम नागरिक और जेल में बंद कैदी शामिल थे। पूर्वी जबालिया शरणार्थी शिविर में भी एक व्यक्ति के मारे जाने की सूचना है।

राफा क्रॉसिंग और शांति वार्ता पर संकट

बात यह है कि ये हमले ठीक उस दिन से पहले हुए हैं जब गाजा और मिस्र के बीच राफा क्रॉसिंग को खोला जाना प्रस्तावित है। इस क्रॉसिंग का खुलना राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की 20 सूत्रीय शांति योजना के दूसरे चरण का एक महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है। इस चरण में गाजा का विसैन्यीकरण और पुनर्निर्माण के लिए नई सरकार का गठन जैसे चुनौतीपूर्ण मुद्दे शामिल हैं।

आरोप-प्रत्यारोप का दौर

हमास ने इन हमलों को युद्धविराम का 'खुला उल्लंघन' बताया है और मध्यस्थ देशों से इजरायल को रोकने की अपील की है। हमास के वरिष्ठ अधिकारी बासेम नईम ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय एक 'शांति बोर्ड' के बजाय 'युद्ध बोर्ड' के साथ व्यवहार कर रहा है।

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दूसरी ओर, इजरायली सेना का दावा है कि ये हमले युद्धविराम के उल्लंघन का जवाब थे जिसमें उन्होंने राफा में एक सुरंग से निकल रहे चार आतंकवादियों को मारने का जिक्र किया है। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, 10 अक्टूबर को युद्धविराम शुरू होने के बाद से अब तक 524 फिलिस्तीनी इजरायली गोलाबारी में मारे जा चुके हैं।

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