-
शनि, 11 जुलाई 2026 ई-पेपर
Top News
- Hindi News »
- Religion »
- Scientific Reasons Behind Considering Solar Eclipse Inauspicious And Vedic References
सूर्य ग्रहण को अशुभ मानने के पीछे छुपे हैं ये वैज्ञानिक कारण, जानिए हमारे शास्त्रों में भी हैं इसके प्रमाण
- Written By: सीमा कुमारी
Solar Eclipse Significance: सूर्य ग्रहण को अशुभ मानने के पीछे केवल धार्मिक मान्यताएं ही नहीं, बल्कि कुछ वैज्ञानिक कारण भी जुड़े हैं। जानिए शास्त्रों में क्या उल्लेख मिलता है।

सूर्य ग्रहण (सौ.सोशल मीडिया)
Surya Grahan Kyon Ashubh Mana Jata Hai : आज 17 फरवरी 2026 को साल का पहला सूर्य ग्रहण लग रहा है। भले ही सूर्य ग्रहण को एक खगोलीय घटना बताया जाता है। लेकिन, इसे हिंदू धर्म में एक महत्वपूर्ण आध्यात्मिक और पौराणिक दृष्टि से भी देखा जाता है। आस्था और ज्योतिष के नजरिए से यह एक बहुत ही प्रभावशाली समय होता है।
अक्सर ग्रहण का नाम आते ही घर के बड़े-बुजुर्ग और पंडित हमें सावधान रहने की सलाह देने लगते हैं। ऐसे में आइए जानते हैं सूर्य ग्रहण क्यों माना जाता है अशुभ समय?
सूर्य ग्रहण क्यों माना जाता है अशुभ समय?
सूर्य ग्रहण को भारतीय परंपरा में एक विशेष और संवेदनशील समय माना गया है। यद्यपि यह एक खगोलीय घटना है, लेकिन धार्मिक ग्रंथों और शास्त्रों में इसके कई आध्यात्मिक अर्थ बताए गए हैं।
सम्बंधित ख़बरें
Shani Mahadasha: क्या होती है शनि की महादशा? जानिए 19 साल तक चलने वाली इस दशा के प्रभाव और उपाय
Yogini Ekadashi: योगिनी एकादशी व्रत का पारण कब करें? जानें स्मार्त-वैष्णव व्रत की तिथि, शुभ समय और पारण विधि
Raksha Bandhan 2026: क्या पत्नी अपने पति को बांध सकती है राखी? जानें हिंदू धर्म की मान्यता
Jagannath Temple: रथ यात्रा के बाद होती है ‘अधर पाना’ पूजा, जहां भगवान के सम्मान में फोड़ दिए जाते हैं घड़े
राहु-केतु की कथा
पौराणिक मान्यता के अनुसार, समुद्र मंथन के समय असुर राहु ने देवताओं के बीच अमृत पी लिया था। जब भगवान विष्णु ने सुदर्शन चक्र से उसका सिर धड़ से अलग किया, तब से राहु और केतु सूर्य और चंद्रमा को ग्रसते हैं। इसी घटना को ग्रहण से जोड़ा जाता है।
नकारात्मक ऊर्जा का समय
शास्त्रों में कहा गया है कि ग्रहण काल में वातावरण में सूक्ष्म नकारात्मक ऊर्जा बढ़ जाती है। इसलिए इस दौरान शुभ कार्य, पूजा-पाठ या नए कार्यों की शुरुआत से बचने की सलाह दी जाती है।
सूतक काल का महत्व
- ग्रहण से कुछ समय पहले सूतक काल शुरू माना जाता है।
- सूतक काल को पवित्र नहीं माना जाता, इसलिए इस दौरान कुछ कार्यों को करने की मनाही होती है।
- शास्त्रों के अनुसार, सूतक लगने के बाद भगवान की मूर्तियों को छूना और उनकी पूजा करना वर्जित है।
- इसके अलावा, इस दौरान भोजन पकाने और उसे खाने से भी बचना चाहिए, क्योंकि सूर्य की शक्ति कम होने से हमारे पाचन तंत्र पर बुरा असर पड़ने की आशंका रहती है।
- सूतक के समय सोने, नाखून काटने या कैंची-चाकू जैसी नुकीली चीजों का उपयोग करने से बचना चाहिए।
- खासतौर से गर्भवती महिलाओं को इस दौरान अधिक सावधानी बरतने और घर के अंदर ही रहने की प्यार भरी सलाह दी जाती है।
- इस अवधि में भोजन न करने, मंदिर के कपाट बंद रखने और मंत्र-जप करने की परंपरा है।
यह भी पढ़ें:- Surya Grahan 2026: सूर्य ग्रहण क्यों होता है गर्भवती महिलाओं के लिए बड़ा खतरा? जानिए क्या सावधानी बरतें
वैज्ञानिक दृष्टिकोण
विज्ञान के अनुसार सूर्य ग्रहण तब होता है जब चंद्रमा सूर्य और पृथ्वी के बीच आ जाता है। इसका धार्मिक अशुभता से सीधा संबंध सिद्ध नहीं है, लेकिन परंपराओं में सावधानी और आत्मचिंतन का महत्व बताया गया है। सूर्य ग्रहण को अशुभ से अधिक एक सावधानी और आध्यात्मिक जागरूकता का समय माना गया है।
Scientific reasons behind considering solar eclipse inauspicious and vedic references
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
Animesh Kujur: अनिमेष कुजूर ने रचा इतिहास, विदेश में 100 मीटर में सबसे तेज दौड़ने वाले पहले भारतीय बने
Jul 11, 2026 | 01:37 PMVaranasi Air Show: नमो घाट पर अक्टूबर में वायुसेना का भव्य एयर शो, तीन जैगुआर विमानों ने शुरू की हवाई रिहर्सल
Jul 11, 2026 | 01:36 PMफिरोजाबाद में मेयर के सामने सफाईकर्मी का बड़ा खुलासा, ‘डेढ़-दो साल से नहीं मिली तनख्वाह’-VIDEO
Jul 11, 2026 | 01:31 PMलाल किले को बम से उड़ाने की धमकी निकली फर्जी, जांच के बाद पुलिस ने बताया अफवाह; कॉलर की तलाश जारी
Jul 11, 2026 | 01:29 PMBMC में दो और नगरसेवकों की सदस्यता रद्द: मेयर रितू तावड़े की घोषणा; AIMIM और NCP को बड़ा राजनीतिक झटका
Jul 11, 2026 | 01:28 PMShani Mahadasha: क्या होती है शनि की महादशा? जानिए 19 साल तक चलने वाली इस दशा के प्रभाव और उपाय
Jul 11, 2026 | 01:27 PMगड़चिरोली: प्रार्थना के दौरान 5 छात्रों की अचानक बिगड़ी तबीयत, दो जिला अस्पताल रेफर
Jul 11, 2026 | 01:26 PMवीडियो गैलरी

मथुरा में पुलिस को मिली एक सफलता! अपहरण के मामलों में वांछित कुख्यात अपराधी ओमप्रकाश उर्फ भूरा गिरफ्तार-VIDEO
Jul 11, 2026 | 01:05 PM
जगन्नाथ रथ यात्रा विवाद: ISKCON की तारीखों पर भड़के साधु-संत, लगाए गंभीर आरोप, देखें VIDEO
Jul 11, 2026 | 12:32 PM
मास्टर प्लान पर भिड़े विधायक, कांग्रेस ने बीच बैठक किया वॉकआउट-VIDEO
Jul 11, 2026 | 12:31 PM
आदित्य ठाकरे का महाराष्ट्र सरकार पर बड़ा हमला, डॉक्टर पिटाई से लेकर UCC तक लगाए गंभीर आरोप-VIDEO
Jul 11, 2026 | 11:51 AM
संविधान के आंदोलन के अधिकार का हवाला देकर चंद्रशेखर ने उठाए बड़े सवाल-VIDEO
Jul 11, 2026 | 11:03 AM
गजपति महाराज ने राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री को लिखा पत्र, ISKCON की अलग तिथियों पर जताई कड़ी आपत्ति-VIDEO
Jul 11, 2026 | 10:31 AM













