
Technology Impact on Children (सोर्सः सोशल मीडिया)
Maharashtra Government Initiative: महाराष्ट्र के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री एडवोकेट आशिष शेलार ने बच्चों में बढ़ती डिजिटल लत और इसके दुष्प्रभावों के गहन अध्ययन के लिए विशेषज्ञों की एक टास्क फोर्स गठित करने के निर्देश दिए हैं।
केंद्रीय वित्त मंत्रालय द्वारा 29 जनवरी 2026 को जारी आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 में युवाओं और नाबालिगों में सोशल मीडिया की बढ़ती लत को गंभीर चिंता का विषय बताया गया है। सर्वेक्षण में बच्चों के लिए सोशल मीडिया उपयोग पर आयु सीमा तय करने तथा नाबालिगों को लक्षित डिजिटल विज्ञापनों पर प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की गई है।
मंत्री आशिष शेलार ने बताया कि महाराष्ट्र में 18 वर्ष से कम आयु के लगभग 4 करोड़ बच्चे हैं, जिनमें से करीब 3 करोड़ बच्चे 15 वर्ष से कम उम्र के हैं। इंडियन साइकियाट्रिक सोसाइटी की 77वीं वार्षिक राष्ट्रीय परिषद में प्रस्तुत निष्कर्षों के अनुसार, 50 प्रतिशत से अधिक मानसिक बीमारियां 18 वर्ष की आयु से पहले शुरू हो जाती हैं।
मंत्री शेलार ने कहा कि डिजिटल युग में बच्चों के मानसिक, शारीरिक और सामाजिक कल्याण के लिए सरकार को संतुलित, वैज्ञानिक और जागरूक दृष्टिकोण अपनाते हुए प्रभावी नीतिगत कदम उठाने की आवश्यकता है।
ये भी पढ़े: सावरकर सदन को केंद्र संरक्षित स्मारक का दर्जा नहीं, एएसआई का बॉम्बे हाई कोर्ट में जवाब
उन्होंने बताया कि प्रस्तावित टास्क फोर्स में शिक्षाविद, मनोचिकित्सक, बाल परामर्शदाता, प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ, डॉक्टर, कानूनी विशेषज्ञ तथा संबंधित सरकारी विभागों के अधिकारी शामिल होंगे। यह टास्क फोर्स बच्चों की डिजिटल सुरक्षा, मानसिक स्वास्थ्य, शिक्षा पर प्रभाव, ग्रामीण-शहरी अंतर और राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय डिजिटल मानकों का व्यापक अध्ययन करेगी।






