AAP MP Sanjay Singh In Parliament: आम आदमी पार्टी (AAP) के सांसद संजय सिंह ने राज्यसभा में देश के उच्च शिक्षण संस्थानों और न्यायपालिका में जातिगत प्रतिनिधित्व की कमी को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। सदन में आंकड़े पेश करते हुए उन्होंने कहा कि देश की 45 केंद्रीय विश्वविद्यालयों (Central Universities) में से 38 के कुलपति (VC) सवर्ण समाज से हैं, जबकि दलित, पिछड़े और आदिवासी समुदायों से केवल 7 लोग ही इन पदों तक पहुंच पाए हैं। उन्होंने सरकार की मानसिकता पर सवाल उठाते हुए कहा कि क्या सरकार को लगता है कि इन वर्गों के लोग कुलपति बनने के योग्य नहीं हैं? आप सांसद ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालयों में पिछड़ों और आदिवासियों के लिए आरक्षित 80% से ज्यादा पद खाली पड़े हैं । योग्य उम्मीदवारों को जानबूझकर ‘नॉट फाउंड सूटेबल’ की श्रेणी में डाल दिया जाता है। संजय सिंह ने सुप्रीम कोर्ट और 25 हाई कोर्टों में भी दलितों और पिछड़ों के कम प्रतिनिधित्व पर चिंता जताई। उन्होंने सरकार को सुझाव दिया कि विश्वविद्यालयों में दो तरह की कमेटियां बनाई जानी चाहिए: एक जो केवल जातिगत भेदभाव (Cast Discrimination) को देखे, और दूसरी जो अन्य प्रकार के भेदभावों (जैसे भाषा या लिंग) पर नजर रखे ।
AAP MP Sanjay Singh In Parliament: आम आदमी पार्टी (AAP) के सांसद संजय सिंह ने राज्यसभा में देश के उच्च शिक्षण संस्थानों और न्यायपालिका में जातिगत प्रतिनिधित्व की कमी को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। सदन में आंकड़े पेश करते हुए उन्होंने कहा कि देश की 45 केंद्रीय विश्वविद्यालयों (Central Universities) में से 38 के कुलपति (VC) सवर्ण समाज से हैं, जबकि दलित, पिछड़े और आदिवासी समुदायों से केवल 7 लोग ही इन पदों तक पहुंच पाए हैं। उन्होंने सरकार की मानसिकता पर सवाल उठाते हुए कहा कि क्या सरकार को लगता है कि इन वर्गों के लोग कुलपति बनने के योग्य नहीं हैं? आप सांसद ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालयों में पिछड़ों और आदिवासियों के लिए आरक्षित 80% से ज्यादा पद खाली पड़े हैं । योग्य उम्मीदवारों को जानबूझकर ‘नॉट फाउंड सूटेबल’ की श्रेणी में डाल दिया जाता है। संजय सिंह ने सुप्रीम कोर्ट और 25 हाई कोर्टों में भी दलितों और पिछड़ों के कम प्रतिनिधित्व पर चिंता जताई। उन्होंने सरकार को सुझाव दिया कि विश्वविद्यालयों में दो तरह की कमेटियां बनाई जानी चाहिए: एक जो केवल जातिगत भेदभाव (Cast Discrimination) को देखे, और दूसरी जो अन्य प्रकार के भेदभावों (जैसे भाषा या लिंग) पर नजर रखे ।






