Yoga For Spine: कम उम्र में नहीं दिखना चाहते बूढ़े, रीढ़ की हड्डी को मजबूत बनाएंगे ये योगासन
Spine Health: रीढ़ की हड्डियों को मजबूत करने के लिए योग एक प्रभावशाली तरीका है। नियमित रूप से इनका अभ्यास करने से पीठ की मांसपेशियां मजबूत होती हैं और फ्लेक्सिबिलिटी बढ़ती है।
- Written By: रीता राय सागर
रीढ़ के लिए योगा (फोटो.सोशल मीडिया)
Yoga For Flexibility: बैठने और खड़े होने से लेकर चलने, झुकने और सांस लेने तक, एक स्वस्थ रीढ़ हमारी हर एक्टिविटी के लिए जरूरी है, लेकिन रीढ़ की समस्या को नजरअंदाज किया जाता है। इससे रोजमर्रा के कई कामों में बाधा आती है।
बैठने का तरीका, खराब मुद्रा और लॉन्ग वर्किंग ऑवर के कारण पीठ दर्द अब दुनिया भर में सबसे आम स्वास्थ्य समस्याओं में से एक बन गया है। रीढ़ के स्वास्थ्य को अच्छा बनाए रखना केवल दर्द से बचने के लिए ही नहीं, बल्कि शरीर के संतुलन और फ्लेक्सिबिलिटी को बनाए रखने के लिए भी जरूरी है।
ऐसे में इन आसनों की मदद से अपनी बैक मसल्स को स्ट्रॉन्ग बनाया जा सकता है।
सम्बंधित ख़बरें
Skin Whitening Cream: सावधान! रातोंरात गोरा बनाने वाली क्रीम में छिपा है मरकरी-लेड, पूरा शरीर हो सकता है बीमार
Monsoon Snake: बारिश में बढ़ गया है सांपों का खतरा? घर के आसपास लगाएं ये पौधे, कम हो सकता है आने का जोखिम
सावन व्रत में क्या बनाएं? सिर्फ 10 मिनट में तैयार करें सिंघाड़े के आटे की स्वादिष्ट फलाहारी कढ़ी
मानसून का वो हर्बल राज! रोज एक कप तुलसी की चाय पीते ही शरीर में दिख सकते हैं ये 6 चौंकाने वाले बदलाव
मारीच्यासन (फोटो.सोशल मीडिया)
मारीच्य आसन
इस आसान को करना बेहद आसान है। इसका अभ्यास करने के लिए सबसे पहले योगा मैट पर दंडासन की मुद्रा में बैठ जाएं। अब अपना दाहिना घुटना मोड़ें और बाएं हाथ को दाहिनी जांघ के बाहर रखें। अब सांस को छोड़ते हुए दाईं ओर मुड़ें और पीछे की तरफ देखें। संभव हो, तो हाथों को पीठ के पीछे पकड़ें। 5-10 बार गहरी सांस लें और फिर इसे दूसरी ओर से दोहराएं। सांस पर पूरा ध्यान दें, जल्दबाजी न करें।
बालासन (फोटो.सोशल मीडिया)
बालासन
यह आसन रीढ़ की हड्डी को आराम देने के साथ कोर को भी रिलैक्स करता है। इस आसन को करने के लिए सबसे पहले वज्रासन मुद्रा में बैठ जाएं। अब शरीर को आगे की ओर झुकाते हुए अपने माथे को जमीन पर टिकाएं और हाथों को सामने की ओर फैलाएं। इस पोज से पूरा शरीर स्ट्रेच होता है और पीठ के निचले हिस्से में जमी टेंशन को कम करता है और मानसिक शांति देता है। बालासन उन लोगों के लिए भी फायदेमंद है, जो लगातार मानसिक तनाव या थकान से जूझ रहे हैं।
भुजंगासन (फोटो.सोशल मीडिया)
भुजंगासन
यह आसन पीठ के ऊपरी हिस्से को मजबूत बनाता है। इससे रीढ़ की हड्डियों की फ्लेक्सिबिलिटी बढ़ती है और पीठ में लचीलापन आता है। इसे करने के लिए योगा मैट पर पेट के बल लेट जाएं। अब हाथों को कंधों के नीचे रखकर धीरे-धीरे सिर और छाती को ऊपर उठाएं। पीठ को कोहनी के सीध तक उठाएं। इस पोज से पीठ की जकड़न कम होती है और शरीर में एनर्जी का संचार होता है।
नौकासन (फोटो.सोशल मीडिया)
नौकासन
नौकासन से रीढ़ की हड्डियों के साथ-साथ कोर को भी मजबूती मिलती है। नौकासन कोर स्ट्रेंथ बढ़ाने के लिए सबसे असरदार योगासनों में गिना जाता है। इस पोज में शरीर एक नाव के आकार में आता है, जिससे पेट, पीठ और जांघों पर एक साथ असर होता है। पीठ के बल लेटकर धीरे-धीरे पैरों, सिर और हाथों को ऊपर उठाएं और बैलेंस बनाए।
