कबीर बेदी का अपमान! ममूटी की फिल्म की वजह से 'कोरगज्जा' की प्रेस मीट रद्द, कोच्चि में मचा बवाल

Kochi Press Meet Controversy: कोच्चि में ममूटी की फिल्म 'चाथापाच' की प्रेस मीट के कारण कबीर बेदी की फिल्म 'कोरगज्जा' का इवेंट रद्द करना पड़ा। टीम ने ममूटी की टीम पर अपमान का आरोप लगाया।
Kabir Bedi Mammootty Controversy
Kabir Bedi Mammootty Controversy (फोटो क्रेडिट-इंस्टाग्राम)
Published on
Updated on

Kabir Bedi Mammootty Controversy: कन्नड़ फिल्म ‘कोरगज्जा’ के प्रमोशन के दौरान केरल के कोच्चि में एक ऐसी घटना घटी, जिसने फिल्म जगत में भाईचारे और पेशेवर नैतिकता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। दिग्गज अभिनेता कबीर बेदी ने इस घटना को "दुर्भाग्यपूर्ण और अपमानजनक" बताया है। आरोप है कि मलयालम सुपरस्टार ममूटी की टीम ने जानबूझकर उसी समय अपनी फिल्म की प्रेस कॉन्फ्रेंस रखी, जिससे 'कोरगज्जा' का पूर्व-निर्धारित कार्यक्रम रद्द करना पड़ा।

यह विवाद तब गहरा गया जब कबीर बेदी जैसे अंतरराष्ट्रीय स्तर के कलाकार को घंटों इंतजार करने के बाद बिना मुख्य कार्यक्रम के वापस लौटना पड़ा।

ममूटी की टीम पर जानबूझकर बाधा डालने का आरोप

‘कोरगज्जा’ की टीम ने बताया कि उन्होंने कोच्चि में अपनी प्रेस मीट के लिए एक सप्ताह पहले ही सभी मीडिया हाउस को निमंत्रण भेज दिया था। हालांकि, इवेंट से ठीक एक दिन पहले ममूटी की आगामी फिल्म ‘चाथापाच’ की प्रेस कॉन्फ्रेंस भी उसी समय घोषित कर दी गई। टीम का दावा है कि आधी रात को उनके पीआर (PR) को फोन कर इवेंट रद्द करने का दबाव बनाया गया, क्योंकि ममूटी के कार्यक्रम के कारण पत्रकार ‘कोरगज्जा’ की मीट में नहीं आ पाएंगे।

"मलयालम इंडस्ट्री की छवि पर सवाल": निर्देशक सुधीर अट्टावर

फिल्म के निर्देशक सुधीर अट्टावर और निर्माता त्रिविक्रम सपल्या ने इस व्यवहार पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि कोच्चि जैसे शहर में जहाँ एक ही पत्रकार कई बीट संभालता है, वहाँ दो बड़े इवेंट एक साथ रखना आपसी समन्वय के खिलाफ है। निर्देशक ने सवाल उठाया कि जब बेंगलुरु में मलयालम फिल्मों को कन्नड़ दर्शकों का पूरा समर्थन मिलता है, तो कोच्चि में कन्नड़ फिल्म के साथ ऐसा भेदभाव क्यों हुआ? यह स्थिति क्षेत्रीय भाषा आधारित तनाव पैदा कर सकती है।

"सम्मान के बदले मिला अनादर": कबीर बेदी

मलयालम सिनेमा के प्रशंसक कबीर बेदी इस खास इवेंट के लिए विशेष रूप से कोच्चि पहुँचे थे। उन्होंने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा, "मैं मलयालम फिल्मों के प्रति सम्मान के चलते यहाँ आया था। संभव है कि ममूटी को इसकी जानकारी न हो, लेकिन उनकी टीम और पीआरओ का एक दिन पहले तय कार्यक्रम को बाधित करना गलत है।" अभिनेत्री भव्या ने भी कबीर बेदी जैसे सम्मानित कलाकार के साथ हुए इस व्यवहार को अस्वीकार्य बताया है। लाखों रुपये खर्च होने के बाद भी टीम को शाम को एक बेहद सीमित मीडिया मीट के साथ संतोष करना पड़ा।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com