
बिहार में पुलिसकर्मियों पर एक्शन, फोटो- सोशल मीडिया
Vaishali Police Gold Theft: बिहार के वैशाली जिले में पुलिस ही ‘लुटेरी’ बन गई है, जहां लालगंज थाने की पुलिस ने एक घर में रेड मारकर भारी मात्रा में सोना-चांदी बरामद किया, लेकिन उसे रिकॉर्ड से गायब कर दिया। जांच में आरोप सही पाए जाने पर DIG ने सख्त कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
बिहार के वैशाली जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने पूरी पुलिस व्यवस्था को शर्मसार कर दिया है। मामला लालगंज थाना क्षेत्र के विलनपुर गांव का है, जहां 31 दिसंबर 2025 को पुलिस ने रामप्रीत सहनी नामक व्यक्ति के घर पर छापेमारी की थी। उस समय पुलिस ने दावा किया था कि उन्होंने एक बड़े चोर गिरोह का खुलासा किया है और मौके से चोरी के बर्तन, टीवी और कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस ने इस मामले में आरोपी की पत्नी को गिरफ्तार कर जेल भी भेज दिया था।
इस पूरी कार्रवाई में मोड़ तब आया जब आरोपी के रिश्तेदार गेना लाल सहनी ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने बताया कि पुलिस घर से केवल बर्तन या टीवी ही नहीं ले गई थी, बल्कि रेड के दौरान 2 किलोग्राम सोना, 6 किलोग्राम चांदी और लाखों रुपये की नकदी भी बरामद की गई थी। हालांकि, जब पुलिस ने आधिकारिक जब्ती सूची (Seizure List) तैयार की, तो उसमें इस भारी-भरकम कीमती सामान और कैश का कहीं कोई जिक्र नहीं था। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने मिलीभगत कर इस कीमती सामान को आपस में बांटने के इरादे से छिपा दिया।
मामले के तूल पकड़ते ही तिरहुत रेंज के DIG चंदन कुमार कुशवाहा और वैशाली के SP ललित मोहन शर्मा खुद जांच के लिए विलनपुर गांव पहुंचे। अधिकारियों ने रामप्रीत सहनी के घर की सघन तलाशी ली और स्थानीय लोगों से पूछताछ की। जांच के बाद DIG कुशवाहा ने स्पष्ट किया कि शुरुआती तफ्तीश में पुलिसकर्मियों पर लगे सामान गायब करने के आरोप सही पाए गए हैं। इस खुलासे के बाद महकमे में हड़कंप मच गया है।
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जांच में दोषी पाए जाने के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। DIG ने लालगंज के थानाध्यक्ष संतोष कुमार और दारोगा सुमनजी झा के खिलाफ तत्काल प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने का आदेश दिया है। इसके साथ ही वैशाली के SP ने दोनों अधिकारियों को निलंबित करते हुए लाइन हाजिर कर दिया है। फिलहाल बिहार पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गायब किया गया सोना-चांदी और नकदी वर्तमान में कहाँ है। इस घटना ने एक बार फिर बिहार में ‘वर्दी’ की साख पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।






