
ट्रंप ने भारत को वेनेजुएला से तेल खरीदने का ऑफर दिया (सोर्स- सोशल मीडिया)
Trump offers India to Buy oil Venezuela: अमेरिका ने भारत को संकेत दिया है कि वह जल्द ही वेनेजुएला से कच्चा तेल खरीदना फिर से शुरू कर सकता है। रॉयटर्स से जुड़े सूत्रों के अनुसार, यह कदम भारत के लिए रूसी तेल के विकल्प के रूप में पेश किया जा रहा है, क्योंकि भारत आने वाले महीनों में रूस से तेल के आयात में बड़ी कटौती करने जा रहा है।
इस पहल का समय ऐसे में आया है जब वॉशिंगटन ने रूसी तेल आयात पर टैरिफ बढ़ा दिए हैं। सूत्रों के अनुसार, भारत रूसी तेल के आयात को पहले जनवरी में लगभग 12 लाख बैरल प्रतिदिन से घटाकर फरवरी में 10 लाख और मार्च में करीब 8 लाख बैरल प्रतिदिन तक कम करने की तैयारी में है। भविष्य में यह संख्या 5 से 6 लाख बैरल प्रतिदिन तक भी आ सकती है।
मार्च 2025 में तत्कालीन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला का तेल खरीदने वाले देशों, जिनमें भारत भी शामिल था, पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाया था। इसके साथ ही अमेरिका ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ अभियान तेज किया था। लेकिन अब अमेरिका ने संकेत दिए हैं कि भारत वेनेजुएला से तेल की आपूर्ति फिर से कर सकता है, जिससे रूस से आय घटाने और यूक्रेन युद्ध को फंडिंग रोकने की अमेरिकी रणनीति को मदद मिलेगी।
हालांकि, सूत्रों ने यह स्पष्ट नहीं किया कि वेनेजुएला का तेल निजी ट्रेडिंग कंपनियों के माध्यम से बेचा जाएगा या सीधे सरकारी तेल कंपनी से। भारत के तेल मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने रूस से तेल खरीदने को संकेत दिए थे कि भारत रूसी तेल आयात घटाने के साथ ही कच्चे तेल के स्रोतों में विविधता ला रहा है।
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पिछले साल पश्चिमी प्रतिबंधों के बीच भारी छूट मिलने के कारण भारत रूस का बड़ा तेल खरीदार बन गया था, लेकिन बाद में अमेरिका ने टैरिफ बढ़ा दिए। दिसंबर में भारत का रूसी तेल आयात पिछले दो साल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया, जिससे ओपेक देशों के तेल की हिस्सेदारी बढ़ गई। भारतीय रिफाइनरियों ने कमी पूरी करने के लिए मिडिल ईस्ट, अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका से तेल की खरीद बढ़ा दी है।






