'पवित्र मदीना' में अश्लील धंधा! सऊदी पुलिस ने मारा छापा, निकल आई शर्मनाक सच्चाई

Saudi Police Raid: सऊदी अरब के पवित्र शहर मदीना से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। यहां पुलिस ने एक आवासीय अपार्टमेंट में अनैतिक गतिविधियों में लिप्त लोगों पर कार्रवाई की है। इस दौरान दो महिलाओं...
Pornographic business in 'Holy Medina'! Saudi police raid, revealing the shameful truth
'पवित्र मदीना' में अश्लील धंधा, सांकेतिक तस्वीर (सो. सोशल मीडिया)
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Madina Prostitution Case: सऊदी अरब के पवित्र शहर मदीना से एक बड़ी खबर सामने आई है। पुलिस ने एक विशेष सुरक्षा अभियान के दौरान एक अपार्टमेंट में चल रहे जिस्मफरोशी के धंधे का खुलासा किया है। इस दौरान दो महिलाओं समेत तीन प्रवासी नागरिकों को गिरफ्तार किया गया।

मदीना पुलिस के अनुसार, यह छापा जनरल डायरेक्टरेट फॉर कम्युनिटी सिक्योरिटी एंड कॉम्बैटिंग ह्यूमन ट्रैफिकिंग के साथ मिलकर मारा गया था। जांच में पता चला कि आरोपी इस अपार्टमेंट को वेश्यावृत्ति के अड्डे के रूप में इस्तेमाल कर रहे थे। अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार किए गए तीनों प्रवासियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें पब्लिक प्रॉसिक्यूशन के हवाले कर दिया गया है।

पहले भी हो चुकी हैं कई गिरफ्तारियां

यह घटना कोई नई नहीं है। सऊदी गजट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले कुछ महीनों में सऊदी अरब में 50 से अधिक संदिग्धों को वेश्यावृत्ति, मानव तस्करी और भीख मांगने जैसे मामलों में पकड़ा गया था। माना जा रहा है कि इन कार्रवाइयों के पीछे क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के सीधे निर्देश हैं, जिन्होंने देश में सामाजिक सुधारों और सख्त कानूनों की नई मुहिम शुरू की है।

नई यूनिट की सख्त भूमिका

गृह मंत्रालय के अधीन स्थापित कम्युनिटी सिक्योरिटी एंड ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट सऊदी समाज से अनैतिक गतिविधियों को खत्म करने का जिम्मा संभाल रही है। यह विभाग विशेष रूप से मानव तस्करी, बाल श्रम, और जिस्मफरोशी जैसे अपराधों पर नजर रखता है। इसी यूनिट की कार्रवाई में अब तक 11 महिलाओं को वेश्यावृत्ति के मामलों में पकड़ा जा चुका है।

धार्मिक पुलिस से तुलना

कई लोग इस नई व्यवस्था की तुलना पुराने दौर की कमिटी फॉर द प्रमोशन ऑफ वर्च्यू एंड द प्रिवेंशन ऑफ वाइस से कर रहे हैं, जिसे कभी सऊदी की धार्मिक पुलिस कहा जाता था। यह संस्था देश में कठोर नैतिक और लैंगिक नियमों को लागू करने के लिए जानी जाती थी। हालांकि, 2016 में क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने इसकी शक्तियों को काफी हद तक सीमित कर दिया था।

अब सरकार की नई यूनिट को आधुनिक और कानूनी ढांचे के तहत काम करने की छूट दी गई है। इसका मकसद न केवल अपराधियों को पकड़ना है, बल्कि समाज में व्याप्त ऐसे अपराधों को जड़ से खत्म करना भी है।

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