

Donald Trump News: अमेरिका में तीन दिनों से जारी शटडाउन के चलते अरबों रुपये का नुकसान हो चुका है, लेकिन इस बीच राष्ट्रपति ट्रंप बिल्कुल अलग मूड में दिखे। उनका एक डांस वीडियो सामने आया है जो अमेरिकी नेवी की 250वीं सालगिरह के अवसर पर रिकॉर्ड किया गया।
वर्जीनिया के नोरफॉक में करीब 10,000 से अधिक नेवी कर्मियों के सामने मंच पर ट्रंप म्यूजिक सुनते ही थिरकने लगे। उन्होंने अपने खास डांस मूव्स दिखाए, जिन्हें देखकर सेना के जवान तालियां और सीटियां बजाकर उनका उत्साह बढ़ाते रहे। उनके इस डांसिंग अंदाज ने नेवी एनिवर्सरी के कार्यक्रम को और भी जीवंत और खुशनुमा बना दिया।
राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिकन नेवी के युद्धपोत USS जॉर्ज, HW बुश और USS हैरी एस. ट्रूमैन के स्टाफ और कर्मियों से बातचीत में भरोसा दिया कि शटडाउन के बावजूद उनका वेतन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि व्यस्त कार्यक्रम के बीच ऐसे मनोरंजन और आराम के आयोजन जरूरी हैं, क्योंकि इससे काम करने की ऊर्जा मिलती है। ट्रंप ने शटडाउन के लिए डेमोक्रेट्स को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि डेमोक्रेट्स हेल्थ इंश्योरेंस धारकों की सब्सिडी बढ़ाने की मांग कर रहे हैं, जिसकी वजह से शटडाउन हुआ। हालांकि, उन्होंने आश्वासन दिया कि इस समस्या का समाधान जल्दी निकाला जाएगा।
राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने ट्रुथ सोशल अकाउंट पर कहा कि 3 अक्टूबर से शटडाउन शुरू हुआ था और अब विपक्ष केवल आरोप-प्रत्यारोप में लगा है। उनका कहना है कि विपक्ष समाधान पर ध्यान नहीं दे रहा। विपक्षी दल साल 2010 में लागू अफोर्डेबल केयर एक्ट के तहत हेल्थ इंश्योरेंस लेने वालों के लिए सब्सिडी बढ़ाने की मांग कर रहे हैं और ट्रंप सरकार की नीतियों की आलोचना कर रहे हैं। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि उनकी सरकार की नीतियां देश और लोगों के हित में हैं, न कि किसी व्यक्तिगत लाभ के लिए।
अमेरिका में 3 अक्टूबर 2025 से सरकारी शटडाउन लागू हो गया है और आज इसे तीन दिन पूरे हो चुके हैं। इस स्थिति के लिए कांग्रेस पर फंडिंग बिल पास करने में विफल रहने का आरोप लगाया जा रहा है। शटडाउन का एक बड़ा कारण ट्रंप प्रशासन और कांग्रेस के बीच चल रही द्वि-दलीय वार्ता का नतीजा न निकलना भी बताया जा रहा है। इसके अलावा हेल्थ इंश्योरेंस, बजट में कटौती और अन्य नीतिगत फैसले भी शटडाउन की वजह हैं। इस बीच, रिपब्लिकन नेता दोबारा चुनावी वोटिंग कराने की मांग कर रहे हैं, जबकि डेमोक्रेट्स फंडिंग जारी रखने पर ध्यान केंद्रित किए हुए हैं। दोनों पार्टियां मिलकर बजट कटौती को लेकर विवाद का समाधान भी नहीं कर पा रही हैं।