हार कर भी 'बाजीगर' बना जिम्बाब्वे का ये बल्लेबाज, बुमराह को जड़ा कोहली जैसा छक्का, खेली 97 रन की नाबाद पारी

Brian Bennett 97* Runs: भारत के खिलाफ ब्रायन बेनेट ने 59 गेंदों में नाबाद 97 रन बनाकर जिम्बाब्वे के लिए टी20 वर्ल्ड कप इतिहास का सर्वोच्च स्कोर बनाया और सिकंदर रजा के 82 रन का रिकॉर्ड तोड़ दिया।
हार कर भी 'बाजीगर' बना जिम्बाब्वे का यह लाल: बुमराह को जड़ा विराट कोहली जैसा छक्का, अमर हुई 97 रनों की पारी!
सूर्यकुमार यादव और रियान बेनेट (फोटो- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

IND vs ZIM, T20 World Cup 2026: टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 मुकाबले में भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 256 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया, लेकिन लक्ष्य का पीछा करते हुए जिम्बाब्वे के युवा बल्लेबाज ब्रायन बेनेट ने अपनी शानदार बल्लेबाजी से सभी का ध्यान खींच लिया। चेन्नई के चेपॉक स्टेडियम में खेले गए इस मैच में बेनेट ने 59 गेंदों पर नाबाद 97 रन की दमदार पारी खेली। उन्होंने भारतीय गेंदबाजों के खिलाफ बेखौफ अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए मैदान के चारों ओर शॉट लगाए।

बेनेट ने बुमहार को मारा विराट कोहली जैसा छक्का

हालांकि वह शतक से सिर्फ तीन रन दूर रह गए, लेकिन उनकी पारी ने मैच को आखिरी तक रोमांचक बनाए रखा और जिम्बाब्वे क्रिकेट के भविष्य की नई उम्मीद जगाई। भारत के खिलाफ मैच के दौरान उन्होंने स्टार गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को एक छक्का ऐसा मारा जैसे कि विराट कोहली ने पाकिस्तान के गेंदबाज हारिस रऊफ को साल 2022 के टी20 विश्वकप मैच के दौरान मारा था।

सिकंदर रजा का रिकॉर्ड तोड़ा

ब्रायन बेनेट की यह पारी कई मायनों में खास रही। उन्होंने इस दौरान जिम्बाब्वे के अनुभवी ऑलराउंडर सिकंदर रजा का बड़ा रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। बेनेट अब टी20 वर्ल्ड कप इतिहास में जिम्बाब्वे के लिए सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर बनाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। इससे पहले यह उपलब्धि रजा के नाम थी, जिन्होंने साल 2022 में आयरलैंड के खिलाफ 82 रन बनाए थे। चेपॉक की स्पिन मददगार पिच पर बेनेट ने जिस आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी की, उसने भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव की रणनीतियों को भी चुनौती दी। उन्होंने तेज और स्पिन दोनों तरह के गेंदबाजों पर समान रूप से आक्रमण करते हुए कई शानदार छक्के लगाए।

कौन हैं ब्रायन बेनेट?

ब्रायन बेनेट का जन्म 10 नवंबर 2003 को हरारे में हुआ था और वह जिम्बाब्वे क्रिकेट के उभरते सितारों में गिने जाते हैं। क्रिकेट उनके परिवार का अहम हिस्सा रहा है। उनके जुड़वां भाई डेविड बेनेट भी पेशेवर क्रिकेट खेलते हैं। उनके पिता केली बेनेट एक ब्लूबेरी किसान हैं, जिन्होंने अपने बेटों के क्रिकेट करियर को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। बेहतर प्रशिक्षण के लिए दोनों भाइयों को पीटरहाउस बॉयज स्कूल भेजा गया, जो कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर तैयार करने के लिए जाना जाता है। बाद में उन्होंने दक्षिण अफ्रीका के किंग्सवुड कॉलेज में भी अपने खेल को निखारा।

अंडर-19 वर्ल्ड कप से मिली पहचान

ब्रायन बेनेट पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तब चर्चा में आए जब उन्हें 2022 अंडर-19 पुरुष क्रिकेट वर्ल्ड कप में जिम्बाब्वे टीम का उप-कप्तान बनाया गया। इस टूर्नामेंट में उन्होंने छह मैचों में 45.50 की औसत से 273 रन बनाए और तीन अर्धशतक जमाए। शानदार प्रदर्शन के दम पर उन्हें जल्द ही बड़े स्तर पर मौके मिलने लगे। दिसंबर 2022 में उन्होंने कन्कशन सब्स्टीट्यूट के रूप में प्रथम श्रेणी क्रिकेट में पदार्पण किया। भारत के खिलाफ उनकी नाबाद 97 रन की पारी ने यह साफ कर दिया है कि वह आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के बड़े सितारे बन सकते हैं।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com