चुनाव से पहले सुलग रहा बांग्लादेश! अवामी लीग कार्यकर्ता की सरेआम हत्या, बीएनपी-जमात पर आरोप

Bangladesh Political Violence: बांग्लादेश में मुहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार के गठन के बाद कानून-व्यवस्था की स्थिति लगातार सवालों के घेरे में है। चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद राजनीतिक हिंसा बढ़ने...
Bangladesh is simmering ahead of the elections! An Awami League worker was publicly murdered, and the BNP-Jamaat alliance is being blamed.
चुनाव से पहले सुलग रहा बांग्लादेश, सांकेतिक फोटो (सो. आईएएनएस)
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Bangladesh News In Hindi: बांग्लादेश में अंतरिम सरकार के तहत कानून-व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति एक बार फिर चर्चा में है। ताजा घटनाक्रम में अवामी लीग के एक कार्यकर्ता की भीड़ द्वारा हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। इस घटना ने देश में चुनावी प्रक्रिया से पहले बढ़ती राजनीतिक हिंसा को लेकर गंभीर चिंताएं खड़ी कर दी हैं।

अवामी लीग के मीडिया सेल के अनुसार, मृतक की पहचान रियाद हुसैन के रूप में हुई है जो पार्टी की सहयोगी इकाई स्वेच्छासेवक लीग से जुड़े थे। पार्टी का आरोप है कि बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) और कट्टरपंथी इस्लामी संगठन जमात-ए-इस्लामी से जुड़े कार्यकर्ताओं की भीड़ ने रियाद पर अचानक हमला किया। आरोप है कि हमलावर मोटरसाइकिलों पर सवार होकर आए और बिना किसी विवाद या उकसावे के रियाद पर चाकू से वार कर उसकी बेरहमी से हत्या कर दी।

कार्यकर्ताओं में डर का माहौल

अवामी लीग का कहना है कि यह हत्या किसी व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा नहीं बल्कि सुनियोजित राजनीतिक हिंसा का हिस्सा है। पार्टी के अनुसार, इसका उद्देश्य अवामी लीग के नेताओं और कार्यकर्ताओं में डर का माहौल पैदा करना और ‘आतंक की राजनीति’ के जरिए दबदबा कायम करना है। इस मामले को लेकर अवामी लीग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी कड़ा बयान जारी किया। पार्टी ने कहा कि जब भी बीएनपी-जमात की भीड़ सड़कों पर उतरती है उनका मकसद लोकतांत्रिक राजनीति को कमजोर करना विरोधियों को डराना-धमकाना और आम लोगों का खून बहाना होता है। पार्टी ने इस घटना को बीएनपी-जमात के कथित ‘आतंकवादी नेटवर्क’ के दोबारा सक्रिय होने का खुला संदेश बताया।

समर्थकों को चुन-चुनकर बनाया जा रहा निशाना

गौरतलब है कि शेख हसीना की सरकार के पतन के बाद से अवामी लीग लगातार यह दावा करती रही है कि उसके नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों को चुन-चुनकर निशाना बनाया जा रहा है। इससे पहले भी पार्टी ने आरोप लगाया था कि जेल में बंद अवामी लीग नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ हिंसा की घटनाएं हो रही हैं।

अवामी लीग ने मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि सत्ता पर ‘गैरकानूनी तरीके से कब्जा’ करने के बाद देश में हत्या, दुष्कर्म, चोरी, डकैती और लूटपाट की घटनाओं में तेजी आई है। पार्टी का आरोप है कि सरकार सत्ता में बने रहने के लिए ‘आतंकवाद’ का सहारा ले रही है, जिससे आम नागरिकों की जान-माल की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है।

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