ऑपरेशन मुस्कान: 21 बाल श्रमिक मुक्त, मालिक नामजद, नासिक पुलिस की बड़ी कार्रवाई

Operation Muskaan Nashik: नासिक पुलिस ने ‘ऑपरेशन मुस्कान-14’ के तहत 21 बाल श्रमिकों को मुक्त कराया और भिक्षा मांग रहे 33 बच्चों को रेस्क्यू कर शेल्टर होम में भेजा।
child labour rescue
Nashik police action (सोर्सः सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Nashik Police Action: नासिक शहर पुलिस द्वारा ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत चलाए गए विशेष तलाशी अभियान में 16 अलग-अलग स्थानों से 21 बाल श्रमिकों को मुक्त कराया गया है। इस मामले में संबंधित दुकानों और होटलों के मालिकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

नासिक शहर पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक के मार्गदर्शन में गुरुवार (5 फरवरी) को शहरभर में ‘ऑपरेशन मुस्कान-14’ के अंतर्गत विशेष मुहिम चलाई गई। पुलिस ने शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों में प्रत्यक्ष जांच की। इस दौरान गोदाघाट, बस स्टैंड, होटल, चाय की टपरी, रेलवे स्टेशन के साथ-साथ प्रमुख चौराहों और सिग्नलों पर पुलिस अधिकारियों व कर्मियों ने दबिश दी।

भिक्षा मांग रहे 33 बच्चों का भी किया रेस्क्यू

अभियान के दौरान विभिन्न सिग्नलों और चौराहों पर भिक्षा मांगते पाए गए 33 बच्चों को भी सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। बाल न्याय बोर्ड के आदेशानुसार इन बच्चों को आधार आश्रम (शेल्टर होम) में दाखिल कराया गया, जबकि शेष बाल श्रमिकों को उनके माता-पिता के सुपुर्द कर दिया गया। अभियान के दौरान लापता बच्चों, भिक्षुकों और कचरा बीनने वाले बच्चों से पूछताछ कर उनके दस्तावेजों और जानकारी को अपडेट किया गया। संदिग्ध पाए गए बच्चों की काउंसलिंग भी की गई।

बच्चों के अधिकारों की रक्षा

ऑपरेशन मुस्कान का उद्देश्य बाल श्रम, भिक्षावृत्ति और लापता बच्चों को सुरक्षित बचाकर उन्हें मुख्यधारा से जोड़ना है। इस अभियान के माध्यम से पुलिस और प्रशासन संयुक्त रूप से ऐसे बच्चों की पहचान कर उन्हें संरक्षण, शिक्षा और बेहतर भविष्य के अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास करते हैं। यह पहल समाज में जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ बच्चों के अधिकारों की रक्षा और उनके सुरक्षित जीवन को सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

Navbharat Live
navbharatlive.com