

New Delhi: राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह ने सोमवार को संसद भवन में ब्रिटेन के हाउस ऑफ कॉमन्स की उपसभापति नुसरत गनी से मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच भारत और ब्रिटेन के मध्य व्यापक द्विपक्षीय सहयोग तथा नियमित संसदीय आदान-प्रदान को लेकर चर्चा हुई।
उप सभापति कार्यालय से जारी एक बयान में यह जानकारी दी गयी। बयान के अनुसार मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की हालिया ब्रिटेन यात्रा और उस दौरान हुए भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (सीईटीए) को द्विपक्षीय व्यापार संबंधों के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया और उम्मीद जताई कि इससे दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश को नई गति मिलेगी।
ब्रिटेन के हाउस ऑफ कॉमन्स की उपसभापति गनी ‘एआई इन पार्लियामेंट स्टीयरिंग ग्रुप' की अध्यक्ष हैं और इन दिनों भारतीय संसद में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के उपयोग की संभावनाओं का अध्ययन करने भारत दौरे पर हैं।
इस मौके पर सिंह ने कहा, "भारत और ब्रिटेन अपनी साझी लोकतांत्रिक विरासत और मूल्यों के चलते संसद में जिम्मेदार प्रौद्योगिकी ढांचे के निर्माण में वैश्विक नेतृत्व करने के लिए विशेष रूप से सक्षम हैं।" उन्होंने कहा, "संसदीय कार्य प्रणाली के संदर्भ में एआई एक क्रांतिकारी जरिया है, जो सांसदों को अपने दायित्वों को अधिक प्रभावी ढंग से निभाने में सहायता करता है। हम अपने कर्मचारियों के लिए एआई उपकरणों के उपयोग पर नियमित रूप से विशेषज्ञ सत्र और कौशल विकास कार्यक्रम भी आयोजित करते हैं।"
उन्होंने आगे कहा कि संसद में डिजिटलीकरण और एआई के उपयोग को लेकर व्यापक कार्य हुआ है और आने वाले समय में इसे और अधिक रचनात्मक तरीकों से आम नागरिकों के लिए सुलभ बनाया जाएगा।
ब्रिटिश उपसभापति नुसरत गनी ने लोकसभा और राज्यसभा सचिवालय द्वारा एआई के उपयोग को लेकर दी गई प्रस्तुतियों की तारीफ की और संसद में प्रौद्योगिकी को अपनाने के मामले में भारत की प्रगति की प्रशंसा की।
बता दें कि, गनी की यह भारत यात्रा इस साल जनवरी में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के ब्रिटेन दौरे के बाद हो रही है, जिसमें भारतीय संसद में एआई के उपयोग को लेकर ब्रिटिश संसद के साथ संवाद हुआ था।