25 मिनट, 9 टेरर कैंप और 70 से ज्यादा आतंकवादी ढेर... जानिए ऑपरेशन सिंदुर को कैसे दिया गया अंजाम

खुफिया जानकारी से संकेत मिले थे कि भारत के खिलाफ और हमले होने वाले हैं। इसलिए, आज सुबह भारत ने सीमा पार आतंकवाद को रोकने के लिए जवाब देने के लिए अपने अधिकार का इस्तेमाल किया।
25 मिनट, 9 टेरर कैंप और 70 से ज्यादा आतंकवादी ढेर... जानिए ऑपरेशन सिंदुर को कैसे दिया गया अंजाम
ऑपरेशन सिंदूर, फोटो सोर्स - वीडियो
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Operation Sindoor: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के जवाब में भारत ने पाकिस्तान में बड़ी एयर स्ट्राइक्स को अंजाम दे दिया है, जिसका नाम 'ऑपरेशन सिंदूर' दिया गया है। ऑपरेशन सिंदूर के जरिए भारतीय सशस्त्र बल ने 9 टेरर लोकेशंस को निशाना बनाया, जिसमें पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) के 4 लोकेशन और पाकिस्तान के 5 लोकेशन शामिल हैं। इंडियन एयरफोर्स द्वारा ये एयर स्ट्राइक मंगलवार आधी रात 1:05 बजे की गई। इस हवाई हमले के बाद भारतीय सेना ने एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा,'न्याय हुआ। जय हिंद।'

ऐसे में इस लेख के जरिए जानेंगे कि आखिर ऑपरेशन सिंदूर को भारतीय सशस्त्र बल ने कैसे अंजाम दिया। तो इसके लिए पढ़ते जाइए इस लेख को अंत तक। भारतीय सशस्त्र बलों ने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए पाकिस्तान के नौ आतंकवादी शिविरों को नष्ट कर दिया।

25 मिनट तक चला ऑपरेशन सिंदूर

आपको बता दें, ऑपरेशन सिंदूर कुल 25 मिनट तक चला। 7 मई की देर रात 1.05 बजे से लेकर 1.30 बजे तक ये ऑपरेशन जारी रहा। 25 मिनट की अवधि में किए गए इस ऑपरेशन में लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और हिजबुल मुजाहिदीन से संबंधित प्रमुख बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया गया। विक्रम मिस्री ने कहा कि भारतीय खुफिया एजेंसियां ​​आतंकवादी गतिविधियों पर नजर रख रही थीं और उन्होंने भारत में और अधिक आतंकवादी हमलों के बारे में चिंता जताई। उन्होंने कहा, "हमारी खुफिया जानकारी से संकेत मिला कि भारत के खिलाफ और हमले होने वाले हैं। इसलिए, आज सुबह भारत ने सीमा पार आतंकवाद को रोकने के लिए जवाब देने के लिए अपने अधिकार का इस्तेमाल किया। हमारी कार्रवाई नपी-तुली और गैर-बढ़ाने वाली, आनुपातिक और जिम्मेदाराना थी। उन्होंने आतंकवादियों के बुनियादी ढांचे को नष्ट करने पर ध्यान केंद्रित किया।"

7 मई को 1:05 बजे से 1:30 बजे तक क्या हुआ

कर्नल सोफिया कुरैशी ने लक्षित स्थलों का विस्तृत ब्योरा दिया, उनके विनाश के दृश्य साक्ष्य प्रस्तुत किए। लक्षित नौ आतंकी शिविर के बारे में जानकारी दी -

  • शवाई नाला कैंप, मुजफ्फराबाद (पीओके): यह 2024 में सोनमर्ग, गुलमर्ग और हाल ही में पहलगाम हमले से जुड़ी एक लश्कर प्रशिक्षण सेंटर है।
  • मुरीदके (पाकिस्तान): यह एक कुख्यात शिविर है, जहां साल 2008 के मुंबई हमलों के अपराधियों, डेविड हेडली और अजमल कसाब ने प्रशिक्षण प्राप्त किया था।
  • सरजाल कैंप, सियालकोट (पाकिस्तान): पाकिस्तान के अंदर 6 किलोमीटर की दूरी पर स्थित, इस लश्कर कैंप ने चार जम्मू-कश्मीर पुलिस कर्मियों की हत्या में शामिल आतंकवादियों को प्रशिक्षित किया।
  • मरकज अहले हदीस, बरनाला (भिंबर, पीओके): हथियारों, आईईडी और जंगल में जीवित रहने के प्रशिक्षण के लिए यह एक महत्वपूर्ण केंद्र है।
  • मरकज अब्बास, कोटली (पीओके): एलओसी से 13 किमी दूर स्थित, यह लश्कर कैंप 'फिदायीन' आत्मघाती हमलावरों को प्रशिक्षित करने में माहिर है।
  • मेहमूना जोया कैंप, सियालकोट (पाकिस्तान): हिजबुल मुजाहिदीन का एक प्रमुख कैंप और कठुआ-जम्मू क्षेत्र में आतंकवाद के लिए एक प्रमुख नियंत्रण केंद्र है, जो पठानकोट वायु सेना बेस हमले में भी शामिल है।
  • मरकज सुभान अल्लाह, बहावलपुर (पाकिस्तान): यह जैश-ए-मोहम्मद का मुख्यालय है।
  • सैयदना बिलाल कैंप, मुजफ्फराबाद (पीओके): जैश-ए-मोहम्मद का एक मंचन क्षेत्र जो हथियारों के डिपो, विस्फोटकों के भंडारण और जंगल प्रशिक्षण केंद्र के रूप में कार्य करता है।
  • मस्कर राहील शाहिद गुलपुर कैंप, कोटली (पीओके): एलओसी से 30 किमी दूर स्थित, इस लश्कर कैंप का संबंध 2023 में पुंछ हमले और 2024 में तीर्थयात्रा बस हमले से था।

यहां देखिए वीडियो

विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर के रणनीतिक तर्क को बताया

विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के पीछे रणनीतिक तर्क पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पहलगाम हमले के सीधे प्रतिशोध में "नौ आतंकी शिविरों को निशाना बनाया गया और नष्ट कर दिया गया"। उन्होंने आगे पाकिस्तान द्वारा तीन दशकों तक बनाए गए व्यापक आतंकी बुनियादी ढांचे पर प्रकाश डाला, जिसमें 21 भर्ती और लॉन्च पैड केंद्र शामिल हैं।

विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने पुष्टि की कि ऑपरेशन सिंदूर के लक्ष्य विश्वसनीय खुफिया सूचनाओं और स्थानों पर आधारित थे, जिन्हें नागरिक बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचाने और नागरिक जीवन के नुकसान से बचने के लिए चुना गया था। आपको जानकारी के लिए बताते चलें कि भारतीय सशस्त्र बलों ने SCALP क्रूज मिसाइलों, हैमर सटीक-निर्देशित बमों और उन्नत लोइटरिंग मुनिशन सहित कई हथियारों का इस्तेमाल किया।

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