कैरिबियन सागर की ओर बढ़ रहा अमेरिकी युद्धपोत, किसे मिटाने वाले हैं ट्रंप? दुनियाभर में मचा हड़कंप!

Venezuela News: अमेरिका ने कैरेबियन क्षेत्र में सात युद्धपोत और एक न्यूक्लियर सबमरीन तैनात कर वेनेजुएला पर दबाव बढ़ा दिया है।
American Warship
कैरिबियन सागर की ओर बढ़ रहा अमेरिकी युद्धपोत(सांक्तिक तस्वीर)
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America Attack Plan: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मानो वेनेजुएला पर हमले की पूरी योजना बना रहे हैं। इस तेल उत्पादक देश के करीब अमेरिका अपनी सैन्य उपस्थिति को लगातार बढ़ा रहा है। एक और अमेरिकी युद्धपोत को शुक्रवार रात अटलांटिक सागर की ओर बढ़ते हुए देखा गया है। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि यह तैनाती वेनेजुएला की समुद्री सीमा के पास दक्षिण कैरेबियन सागर में एंटी-ड्रग ट्रैफिकिंग ऑपरेशन का हिस्सा है। तथाकथित ड्रग ट्रैफिकिंग को रोकने के लिए अब तक सात युद्धपोतों की तैनाती की गई हैं, जिनमें कुछ तो क्रूज मिसाइलों से लैस हैं। इनके अलावा न्यूक्लियर-पावर्ड सबमरीन भी इस तैनाती में शामिल हैं।

अमेरिकी युद्धपोत लेक ईरी; के बारे में बताया जा रहा है कि यह पिछले दो दिनों से पोर्ट ऑफ रोडमैन (पनामा नहर के पैसिफिक एंट्रेंस पॉइंट) पर खड़ा था। सिग्नल मिलने के बाद पनामा लोकल टाइम के मुताबिक, रात 9.30 बजे अटलांटिक के लिए रवाना हुआ। अमेरिका ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो पर ड्रग कार्टेल चलाने का आरोप लगाया है, और सैन्य तैनाती का उद्देश्य इलाके में ड्रग तस्करों से निपटना है। दूसरी तरफ, वेनेजुएला शासन का मानना है कि असल निशाना उनका देश ही है।

ट्रंप ने सरकार को गैरकानूनी बताया

राष्ट्रपति ट्रंप अपने पिछले कार्यकाल से ही निकोलस मादुरो पर ड्रग ट्रैफिकिंग के आरोप लगाते रहे हैं। यहां तक कि उनकी सरकार को गैरकानूनी तक बताते रहे हैं। इसी अगस्त की शुरुआत में अमेरिका ने मादुरो को गिरफ्तार करने वालों के लिए इनाम दोगुना कर 50 मिलियन डॉलर यानी 440 करोड़ रुपये से ज्यादा कर दिया था। अमेरिकी युद्धपोत लेक ईरी ने पनामा नहर में प्रवेश किया है और कैरेबियन की ओर बढ़ रहा है। अमेरिकी व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेटरी कैरोलीन लीविट ने गुरुवार को कहा था, मादुरो शासन वैध सरकार नहीं है. यह एक नार्को-टेरर कार्टेल है। मादुरो वैध राष्ट्रपति नहीं हैं, बल्कि इस ड्रग कार्टेल के भगोड़े सरगना हैं।

ड्रग ट्रैफिकिंग से निपटने के लिए अमेरिका की तैयारी

अब तक अमेरिका की तरफ से वेनेजुएला पर हमले की सार्वजनिक धमकी नहीं दी गई है, लेकिन ट्रंप की धमकियां खासतौर पर देश के ताकतवर आपराधिक गिरोहों पर केंद्रित रही हैं, खासकर कोकेन तस्करी करने वाले कार्टेल दे लॉस सोलेस पर, जिसे ट्रंप प्रशासन ने एक आतंकी संगठन घोषित कर रखा है और इसका नेतृत्व मादुरो पर करने का आरोप लगाया गया है। वर्तमान में सात अमेरिकी युद्धपोत और एक न्यूक्लियर-पावर्ड फास्ट अटैक सबमरीन इस क्षेत्र में हैं या जल्द पहुंचने वाले हैं।

इनके साथ 4,500 से ज्यादा सेलर्स और मरीन्स भी हैं। अमेरिकी नौसैनिक बल में शामिल युद्धपोतों में यूएसएस सैन एंटोनियो, यूएसएस इवो जीमा और यूएसएस फोर्ट लॉडरडेल शामिल हैं। कुछ युद्धपोत हवाई संसाधनों जैसे हेलिकॉप्टर ले जा सकते हैं, जबकि कुछ टॉमहॉक क्रूज मिसाइल भी दागने में सक्षम हैं। अमेरिकी मिलिट्री ने हाल ही में P-8 स्पाई प्लेन्स भी क्षेत्र में तैनात किए हैं, जो इंटरनेशनल वॉटर के ऊपर उड़ान भरकर इंटेलिजेंस इकट्ठा कर रहे हैं।

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