Nipah Virus Alert: केरल-तमिलनाडु सीमा पर बढ़ाई गई निगरानी, निपाह वायरस के संदिग्ध मामले से मचा हड़कंप

Kerala Nipah Virus Case: केरल के कोझिकोड में निपाह वायरस का संदिग्ध मामला सामने आने के बाद, नीलगिरि ज़िला प्रशासन ने केरल-तमिलनाडु सीमा पर स्थित अहम चेकपोस्ट पर स्क्रीनिंग और निगरानी बढ़ा दी है।
Nipah Virus Alert: Surveillance stepped up at the Kerala-Tamil Nadu border; suspected Nipah virus case sparks alarm.
सांकेतिक तस्वीर( सोर्स-सोशल मीडिया)
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Nipah Virus Alert: तेलंगाना में इबोला वायरस के बढ़ते खतरे के बाद अब केरल के कोझिकोड जिले में निपाह वायरस के एक संदिग्ध मामले की सूचना मिलने के बाद नीलगिरि जिला प्रशासन ने केरल-तमिलनाडु सीमा पर प्रमुख चौकियों पर निगरानी बढ़ा दी है। अधिकारियों ने बताया कि संक्रमण को तमिलनाडु में फैलने से रोकने के लिए एहतियाती कदम उठाए गए हैं। जिला कलेक्टर लक्ष्मी भव्य तन्नेरू ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों को थलूर, नादुगनी, नाम्बियारकुन्नू, सोलाडी और पट्टावयाल सहित सभी प्रमुख सीमा चौकियों पर तैनात किया गया है।

क्या है निपाह वायरस?

केरल स्वास्थ्य सेवा निदेशालय के अनुसार निपाह एक जूनोटिक वायरस है जो हमेशा जानवरों से इंसानों में बहुत तेजी से फैलता है। फ्रूट बैट्स यानी चमगादड़ इसके प्राकृतिक भंडार माने जाते हैं और यह वायरस सूअरों को भी गंभीर रूप से बीमार कर सकता है। इस खतरनाक वायरस के संक्रमण से मरीज के दिमाग में तेज सूजन आ जाती है जिसे मेडिकल भाषा में एन्सेफेलाइटिस कहा जाता है। प्रशासन फिलहाल सभी जरूरी सावधानियां बरत रहा है ताकि यह संक्रमण किसी भी कीमत पर न फैले।

केरल में निपाह के बाद तमिलनाडु अलर्ट

केरल से आने वाले यात्रियों और पर्यटकों की निपाह वायरस संक्रमण से जुड़े लक्षणों के लिए जांच की जा रही है, जबकि अधिकारी स्थिति पर कड़ी नजर रख रहे हैं। केरल से मिली शुरुआती रिपोर्टों के बाद सतर्कता बढ़ा दी गई है, जिनमें बताया गया है कि कोझिकोड में एक मरीज में वायरस की पुष्टि हुई है।

वायरस को लेकर प्रशासन ने उठाए एहतियाती कदम

हालांकि तमिलनाडु में अभी तक किसी खतरे की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन अंतरराज्यीय सीमा पर लोगों की भारी आवाजाही को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाए हैं। अधिकारियों ने बताया कि कई सीमावर्ती गांवों के निवासी काम और व्यापार के लिए अक्सर केरल जाते हैं, जिसके कारण सीमा पार आवाजाही नियमित रूप से होती रहती है।

सीमावर्ती चौकियों पर कड़ी निगरानी

इन कारकों को देखते हुए स्वास्थ्य अधिकारियों ने चेकपोस्ट से आगे बढ़कर निगरानी के प्रयास बढ़ा दिए हैं और प्रवासी कामगारों की बड़ी आबादी वाले क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दे रहे हैं। आवश्यक स्वास्थ्य जांच की जा रही है और इन स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी गई है।

अस्पतालों में हाई अलर्ट

तैयारी के उपायों के तहत, जिले भर के सरकारी अस्पतालों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और निजी अस्पतालों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। चिकित्सा संस्थानों को निर्देश दिया गया है कि वे निपाह से संबंधित किसी भी संदिग्ध लक्षण की सूचना तुरंत स्वास्थ्य विभाग को दें ताकि त्वरित हस्तक्षेप किया जा सके।

निपाह वायरस के लक्षण

प्रशासन ने केरल से आने वाले आगंतुकों से भी अपील की है कि यदि उनमें बुखार, श्वसन संबंधी बीमारी या वायरस से संबंधित अन्य स्वास्थ्य समस्याएं जैसे लक्षण दिखाई दें तो वे स्वेच्छा से चिकित्सा सहायता लें। अधिकारियों ने कहा कि किसी भी संभावित संक्रमण को रोकने के लिए शीघ्र सूचना देना और उपचार कराना महत्वपूर्ण होगा।

जनता से घबराने नहीं, सतर्क रहने की अपील

जिला कलेक्टर तन्नेरू ने इस बात पर जोर दिया कि ये उपाय पूरी तरह एहतियाती हैं और जनता से घबराहट न करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रहा है और केरल में हो रहे घटनाक्रमों की लगातार समीक्षा कर रहा है।

जमीनी स्तर पर की जा रही निगरानी

बढ़ी हुई स्क्रीनिंग, अस्पतालों की तैयारियों और जमीनी स्तर पर निगरानी की व्यवस्था के साथ, अधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि जिला किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने दोहराया कि फिलहाल निवासियों के लिए चिंता का कोई कारण नहीं है और एहतियाती उपाय के तौर पर निगरानी जारी रहेगी।

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