ISIS कैदियों पर इराक की EU से अपील: साझा जिम्मेदारी उठाएं, अकेले बोझ उठाना मुश्किल
ISIS Prison Crisis: इराक ने IS कैदियों की सुरक्षा और खर्च के लिए यूरोपीय संघ से मदद मांगी है। सीरिया से करीब 7,000 कैदियों को इराक स्थानांतरित करने की योजना है, जिसमें साझा जिम्मेदारी जरूरी है।
- Written By: प्रिया सिंह
ISIS कैदियों पर इराक की EU से अपील (सोर्स-सोशल मीडिया)
Security Responsibility Of ISIS Detainees: इराक के विदेश मंत्री फुआद हुसैन ने हाल ही में अंतरराष्ट्रीय समुदाय और विशेष रूप से यूरोपीय संघ के सामने IS बंदियों का मुद्दा उठाया है। वर्तमान में इराक ISIS बंदियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी को लेकर गंभीर चिंता जता रहा है क्योंकि इन कैदियों का रखरखाव एक बड़ा आर्थिक बोझ है। इराकी सरकार का कहना है कि IS कैदियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी केवल उनकी नहीं है बल्कि इसमें सभी संबंधित देशों का सहयोग जरूरी है। इराक ने स्पष्ट किया है कि वह अकेले इस वैश्विक समस्या का प्रबंधन और सुरक्षा का पूरा खर्च नहीं उठा सकता है।
साझा जिम्मेदारी की गुहार
इराक के विदेश मंत्री फुआद हुसैन ने यूरोपीय संघ की प्रतिनिधि काजा कालास के साथ फोन पर हुई बातचीत में इस मुद्दे को प्रमुखता से रखा है। उन्होंने साफ कहा कि इस्लामिक स्टेट के बंदियों की सुरक्षा और उनके रखरखाव का पूरा आर्थिक बोझ इराक अकेले वहन नहीं कर सकता है। इस समस्या की जिम्मेदारी उन सभी देशों की है जिनके नागरिक इन आतंकी गतिविधियों में शामिल होकर पकड़े गए हैं।
सीरिया की जेलों पर चिंता
बातचीत के दौरान सीरिया की मौजूदा स्थिति और खासकर कुर्द नेतृत्व वाली सीरियन डेमोक्रेटिक फोर्सेज (SDF) के नियंत्रण वाली जेलों पर चर्चा हुई है। हाल ही में SDF की जेलों से IS सदस्यों के फरार होने के मामलों ने सुरक्षा को लेकर इराक की चिंता और बढ़ा दी है। इराक चाहता है कि इन जेलों की सुरक्षा पुख्ता हो ताकि ये आतंकी दोबारा क्षेत्र में किसी प्रकार की अस्थिरता न फैला सकें।
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7,000 बंदियों का स्थानांतरण
एक व्यापक सुरक्षा योजना के तहत भविष्य में करीब 7,000 IS बंदियों को सीरिया से इराक की नियंत्रित जेलों में स्थानांतरित किया जा सकता है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड की सहायता से अब तक पहले बैच के 150 IS बंदियों को सुरक्षित रूप से इराक ले जाया जा चुका है। यह कदम क्षेत्र में लंबे समय से चल रहे सुरक्षा संकट को हल करने के प्रयासों का एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
शांतिपूर्ण समाधान की मांग
इराकी और यूरोपीय नेताओं ने सीरिया के उत्तर-पूर्वी हसाका प्रांत में संघर्षविराम बनाए रखने और विवादों के शांतिपूर्ण समाधान की आवश्यकता पर बल दिया है। वे SDF और सीरिया की अंतरिम सरकार के बीच वार्ता को समर्थन देने में यूरोप की सक्रिय भूमिका को बहुत अहम मानते हैं। इससे दोनों पक्षों के बीच बाध्यकारी समझौते हो सकेंगे जो क्षेत्र की स्थिरता के लिए भविष्य में बहुत आवश्यक साबित होंगे।
नागरिकों की वापसी की अपील
इराक के प्रधानमंत्री मोहम्मद शिया अल-सुदानी ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से भी इस विषय पर विस्तार से चर्चा की है। उन्होंने यूरोपीय संघ के सदस्य देशों से अपील की कि वे IS से जुड़े मामलों में हिरासत में लिए गए अपने नागरिकों को वापस लें। इराक का मानना है कि विदेशी नागरिकों को उनके अपने देश ले जाकर वहां कानूनी कार्रवाई करना ही सबसे बेहतर और टिकाऊ समाधान है।
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क्षेत्रीय तनाव और सहयोग
हुसैन ने अपनी हालिया ईरान यात्रा के नतीजों और क्षेत्र के खतरनाक हालातों के मद्देनजर EU के साथ संबंधों पर अपने विचार साझा किए हैं। काजा कालास ने सीरिया से IS बंदियों को स्वीकार करने के लिए इराक सरकार की प्रारंभिक सहमति की सराहना करते हुए आभार भी जताया है। दोनों पक्ष आने वाले समय में इस सुरक्षा चुनौती से निपटने के लिए एक मजबूत सहयोग तंत्र बनाने पर पूरी तरह सहमत हुए हैं।
