
Google Warning (Source. Cyber Pass)
Google Warning: गूगल ने एंड्रॉयड स्मार्टफोन यूजर्स को लेकर एक बड़ी चेतावनी जारी की है। रिपोर्ट के मुताबिक दुनियाभर में करीब आधे एंड्रॉयड स्मार्टफोन मैलवेयर और स्पाईवेयर के गंभीर खतरे में हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह फोन में चल रहा पुराना Android OS वर्जन बताया गया है। इस रिपोर्ट की जानकारी फॉर्ब्स ने दी है।
रिपोर्ट में साफ कहा गया है कि जो स्मार्टफोन Android 13 या उससे पुराने OS पर काम कर रहे हैं, वे सबसे ज्यादा जोखिम में हैं। दरअसल, पुराने Android OS को अब नियमित सिक्योरिटी अपडेट नहीं मिलते। इसी वजह से हैकर्स और साइबर अपराधियों के लिए ऐसे फोन आसान निशाना बन जाते हैं। दुनियाभर में ऐसे स्मार्टफोन यूजर्स की संख्या 1 अरब से ज्यादा बताई जा रही है।
दिसंबर तक के आंकड़ों के अनुसार, दुनिया में सिर्फ 7.5% स्मार्टफोन ही Android 16 पर चल रहे हैं। वहीं, Android 15 पर 19.3% फोन, Android 14 पर 17.9% फोन, और Android 13 पर 13.9% स्मार्टफोन काम कर रहे हैं। इसका मतलब साफ है कि बड़ी आबादी अब भी पुराने OS पर निर्भर है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, केवल 58% स्मार्टफोन ही ऐसे हैं जो अभी सिक्योरिटी सपोर्ट के दायरे में आते हैं। वहीं करीब 40% स्मार्टफोन ऐसे हैं, जिनके लिए अब कोई सिक्योरिटी अपडेट उपलब्ध नहीं है। यही फोन यूजर्स के लिए सबसे बड़ा खतरा बने हुए हैं।
गूगल और साइबर एक्सपर्ट्स की सलाह है कि जिन यूजर्स के फोन पुराने Android OS पर चल रहे हैं, उन्हें तुरंत लेटेस्ट एंड्रॉयड वर्जन में अपडेट करना चाहिए। साथ ही सिक्योरिटी अपडेट्स को नियमित रूप से इंस्टॉल करते रहना बेहद जरूरी है।
रिपोर्ट में बताया गया है कि पुराने iPhone मॉडल्स को भी लंबे समय तक सिक्योरिटी अपडेट मिलते रहते हैं, जबकि कई एंड्रॉयड स्मार्टफोन में यह सुविधा जल्दी बंद हो जाती है। अगर किसी एंड्रॉयड फोन के लिए कंपनी ने सपोर्ट बंद कर दिया है, तो नया स्मार्टफोन खरीदना ही सुरक्षित विकल्प माना जाता है।
आमतौर पर स्मार्टफोन कंपनियां अपने डिवाइस को 4 से 5 साल तक सिक्योरिटी अपडेट देती हैं। हालांकि अब Samsung और Google Pixel जैसे ब्रांड्स ने अपने कुछ हैंडसेट्स के लिए 7 साल तक सिक्योरिटी अपडेट देने का ऐलान किया है।
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सिक्योरिटी अपडेट फोन में मौजूद उन कमजोरियों और बग्स को ठीक करता है, जिनका फायदा उठाकर हैकर्स डिवाइस तक पहुंच बना सकते हैं। इनके जरिए डेटा चोरी, जासूसी और फोन हैक होने का खतरा रहता है।
दुनियाभर में Android स्मार्टफोन की संख्या iPhone की तुलना में कहीं ज्यादा है। Samsung, Redmi, Realme, Oppo और OnePlus जैसे ब्रांड Android OS पर फोन बनाकर ग्लोबल मार्केट में बेचते हैं। इसी वजह से Android यूजर्स को सिक्योरिटी को लेकर ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है।






