-
मंगल, 14 जुलाई 2026 ई-पेपर
Top News
- Hindi News »
- Religion »
- Vat Savitri Vrat Katha Puja Importance
Vat Savitri Vrat Katha : आज वट सावित्री व्रत में अवश्य पढ़ें यह कथा, इसके बिना अधूरी मानी जाती है पूजा
- Written By: सीमा कुमारी
Vat Savitri Vrat Katha Hindi: वट सावित्री व्रत में सावित्री और सत्यवान की पौराणिक कथा का विशेष महत्व माना जाता है। मान्यता है कि इस कथा के बिना व्रत और पूजा अधूरी रहती है।

वट सावित्री व्रत (सौ. सोशल मीडिया)
Vat Savitri Vrat Ki Kahani: आज 16 मई 2026 को वट सावित्री व्रत रखा जा रहा है। यह व्रत सुहागिन महिलाओं के लिए बेहद खास माना जाता है। यह व्रत पति की लंबी उम्र और अखंड सौभाग्य की कामना के लिए रखा जाता है। धर्म शास्त्रों में वट सावित्री व्रत प्रेम, त्याग और एक पत्नी के अडिग संकल्प की विजय गाथा का प्रतीक बताया गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन महान पतिव्रत माता सावित्री ने अपने विवेक और पतिव्रत धर्म के बल पर मृत्यु के देवता यमराज को भी झुकने पर मजबूर कर दिया था।
बताया जाता है कि, माता सावित्री ने यम देवता से अपने पति सत्यवान के प्राण वापस ले आई थीं। वट सावित्री का व्रत सावित्री और सत्यवान की पौराणिक कथा (Vat Savitri Vrat Katha) को सुनें बिना अधूरा माना जाता है।
सावित्री और सत्यवान की कथा से जुड़ा ‘ वट सावित्री व्रत’
पौराणिक कथा के अनुसार, मद्र देश के राजा अश्वपति ने संतान प्राप्ति के लिए अपनी पत्नी सहित देवी सावित्री की कठोर तपस्या और विधिपूर्वक पूजन किया, जिसके फलस्वरूप उन्हें पुत्री रत्न की प्राप्ति हुई। देवी के नाम पर ही उन्होंने पुत्री का नाम सावित्री रखा।
सम्बंधित ख़बरें
Tulsi Plant: राम तुलसी या श्याम तुलसी? घर के लिए कौन-सी मानी जाती है अधिक शुभ, जानिए धार्मिक मान्यता
Dream Astrology: सपने में शिवलिंग दिखना शुभ या अशुभ? स्वप्न शास्त्र में बताए गए हैं इसके खास संकेत
Hanuman Chalisa Benefits: रोज हनुमान चालीसा का पाठ करने से मिल सकते हैं ये 5 आध्यात्मिक लाभ, मन होगा शांत
Ashadha Amavasya 2026: आषाढ़ अमावस्या पर इन 5 गुप्त दानों से बदल सकती है किस्मत! पितरों का मिलेगा आशीर्वाद
देवर्षि नारद की भविष्यवाणी
सावित्री के विवाह योग्य होने पर राजा अश्वपति ने उन्हें स्वयं अपना वर चुनने के लिए मंत्रियों के साथ भ्रमण पर भेजा। वहां उन्होंने निर्वासित राजा द्युमत्सेन के पुत्र सत्यवान को अपने पति के रूप में चुना। जब सावित्री लौटकर आईं, तो उसी समय देवर्षि नारद वहां उपस्थित हुए। नारदजी ने भविष्यवाणी की कि सत्यवान अल्पायु हैं और विवाह के ठीक एक वर्ष पश्चात उनकी मृत्यु हो जाएगी।
सावित्री ने पति धर्म को सबसे ऊपर रखा
यह सुनकर राजा अश्वपति चिंतित हो गए और उन्होंने सावित्री को किसी अन्य वर को चुनने की सलाह दी, परंतु सावित्री अपने निर्णय पर अडिग रहीं। उन्होंने कहा, “पिताजी, कन्यादान एक ही बार होता है।” अंततः उनका विवाह सत्यवान से हुआ। नारदजी से सत्यवान की मृत्यु का निश्चित समय जानकर सावित्री राजमहल त्यागकर अपने पति और दृष्टिहीन सास-ससुर की सेवा के लिए तपोवन (जंगल) में रहने लगीं।
पतिव्रता सावित्री ने यमराज से वापस ले आए सत्यवान के प्राण
जैसे-जैसे देवर्षि नारद द्वारा बताई गई घड़ी निकट आने लगी, सावित्री ने कठोर व्रत, उपवास और तपस्या आरंभ कर दी। नियत दिन जब सत्यवान जंगल में लकड़ी काटते समय अचेत होकर गिर पड़े, तभी यमराज उनके प्राण लेने पहुंचे। यमराज जब सत्यवान की आत्मा को लेकर आगे बढ़ने लगे, तो सावित्री भी अटूट निष्ठा के साथ उनके पीछे-पीछे चल पड़ीं। उनकी पतिव्रता शक्ति, धर्म के प्रति समर्पण और दृढ़ संकल्प को देखकर यमराज अत्यंत प्रसन्न हुए और उन्हें वरदान मांगने का अवसर दिया।
यह भी पढ़ें-Shani Jayanti Deepak: शनि जयंती की शाम बस इन 5 जगहों पर जलाएं दीपक, खिंची चली आएगी लक्ष्मी
सावित्री ने बड़ी बुद्धिमानी और धैर्य से एक-एक कर वरदान मांगे। पहले वरदान में उन्होंने अपने नेत्रहीन सास-ससुर की आंखों की रोशनी और उनके दीर्घायु जीवन की कामना की। दूसरे वरदान में उन्होंने अपने ससुर राजा द्युमत्सेन का खोया हुआ राज्य और वैभव वापस दिलाने की प्रार्थना की। अंत में सावित्री ने अत्यंत चतुराई से स्वयं को “सौ पुत्रों की माता” बनने का वरदान मांग लिया। यमराज ने यह वरदान तो दे दिया, लेकिन तुरंत समझ गए कि बिना सत्यवान के जीवित हुए यह संभव नहीं हो सकता।
अपनी ही वाणी के बंधन में बंधकर यमराज को सत्यवान के प्राण लौटाने पड़े। इस प्रकार सावित्री ने अपने पतिव्रत, बुद्धिमत्ता और अटूट विश्वास के बल पर अपने पति को मृत्यु के मुख से वापस लाकर पूरे परिवार का उद्धार किया।
Vat savitri vrat katha puja importance
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
दतिया उपचुनाव: भाजपा के स्टार प्रचारकों में बाहरी चेहरों की भरमार, कांग्रेस ने लोकल लीडर्स पर लगाया दांव
Jul 14, 2026 | 02:07 PMमुंबई में खुले मैनहोल हादसों पर BMC का बड़ा कदम, ‘मैनहोल रेलगार्ड’ का होगा पायलट ट्रायल
Jul 14, 2026 | 02:03 PMFIFA 2026: सेमीफाइनल में फिर आमने-सामने होंगे इंग्लैंड और अर्जेंटीना, 24 साल बाद लौटेगी ऐतिहासिक टीमें
Jul 14, 2026 | 01:58 PMWimbledon 2026: विंबलडन में ग्लैमर का तड़का! परिवार संग पहुंचीं प्रियंका, अनन्या-श्रीलीला के लुक्स हुए वायरल
Jul 14, 2026 | 01:54 PMगड़चिरोली में वन महोत्सव पर विद्यार्थियों ने किया सीडबॉल प्रसारण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
Jul 14, 2026 | 01:53 PMयवतमाल नगर परिषद चुनाव के 6 महीने बाद भी विकास कार्य ठप, नगराध्यक्ष और पार्षदों पर उठ रहे सवाल
Jul 14, 2026 | 01:53 PMआमिर खान की तीसरी शादी पर सियासत तेज, नितेश राणे के लव जिहाद बयान पर वारिस पठान का पलटवार
Jul 14, 2026 | 01:47 PMवीडियो गैलरी

रात के 2 बजे बेंगलुरु की सड़कों पर घूमती नोएडा की लड़कियों ने खोली पोल! देखें VIDEO
Jul 13, 2026 | 11:18 PM
असली राम के बाद अब TV वाले राम का दरबार भी सुरक्षित नहीं! अरुण गोविल के PA के यहाँ 10 लाख की चोरी, देखें VIDEO
Jul 13, 2026 | 11:04 PM
आगरा बना दुनिया का सबसे बड़ा नकली दवाओं का अड्डा! सेना और अस्पतालों तक फैली नकली दवाईयां, देखें VIDEO
Jul 13, 2026 | 10:42 PM
तिरंगा चौराहा नाम रखने पर कानपुर पुलिस ने की बर्बरता, युवक को घर में घुसकर पीटा! देखें VIDEO
Jul 13, 2026 | 10:42 PM
मंच पर फूट-फूटकर रो पड़े नरोत्तम मिश्रा, बाहुबली का यह आंसू BJP को पड़ेगा भारी! देखें VIDEO
Jul 13, 2026 | 10:29 PM
आशू शर्मा नाम बताने वाले युवक के साथ तालिबानी बर्बरता! लड़की से भी सरेआम हुई मारपीट, VIDEO वायरल
Jul 13, 2026 | 10:16 PM














