- Hindi News »
- Religion »
- How Many Types Of Shraadh Are There Each Has Its Own Distinct Feature And Benefit
रविवार से पितृपक्ष शुरू, जानिए कितने प्रकार के होते हैं श्राद्ध, सबकी अलग विशेषता और लाभ
Pitru Paksha: आपको बता दें कि श्राद्ध पक्ष की जो अवधि होती है, वह हिन्दू धर्म में विशेष महत्व रखती है, ऐसे में आपको जानना चाहिए श्राद्ध कितने प्रकार की होती है सबकी क्या है विशेषता और लाभ है।
- Written By: सीमा कुमारी

12 प्रकार के होते है श्राद्ध (सौ.सोशल मीडिया)
Pitru Paksha Significance: पितृपक्ष सनातन धर्म में विशेष महत्व रखता हैं। यह वह समय होता है जब हम अपने पूर्वजों को श्रद्धा, सम्मान और कृतज्ञता के साथ याद करते हैं। मान्यता है कि इस अवधि में पितर यमलोक से धरती पर आते हैं और अपनी संतान की भक्ति-भावना से प्रसन्न होकर उन्हें सुख, समृद्धि और आशीर्वाद प्रदान करते हैं।
हर साल पितृपक्ष भाद्रपद मास की पूर्णिमा से शुरू होकर अश्विन मास की अमावस्या तक चलता हैं। इस बार पितृपक्ष की शुरुआत 7 सितंबर 2025 से हो रही है जो आगामी 21 सितंबर 2025 तक चलेगी।
यह अवधि पितरों का आशीर्वाद पाने के लिए श्रेष्ठ मानी गई है। पितृजन्य समस्त दोषों की शांति के लिए पूर्वजों की मृत्यु तिथि के दिन श्राद्ध कर्म किया जाता है। इसमें ब्राह्मणों को भोजन कराने का विधान है। भविष्य पुराण में 12 प्रकार के शास्त्रों का उल्लेख मिलता है, जिन्हें पितरों की तृप्ति और उनकी कृपा प्राप्त करने के उद्देश्य से किया जाता है। ये 12 प्रकार इस प्रकार हैं। आइए जानते हैं श्राद्ध कितने प्रकार के होते हैं।
सम्बंधित ख़बरें
नवरात्रि के पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा कैसे करें, जानें शुभ मुहूर्त, विधि और आरती का सही समय
कब है रामनवमी 2026? तिथि को लेकर कंफ्यूज़न? यहां जानिए सटीक तिथि और पूजा का शुभ मुहूर्त
Chaitra Navratri में भूल से भी न करें ये काम, वरना पड़ेगा बहुत भारी! जानिए क्या करें और क्या नहीं?
Hindu New Year पर करें ये 7 काम, पूरे साल बने रहेंगे शुभ-लाभ के योग
12 प्रकार के होते है श्राद्ध
भविष्य पुराण में 12 प्रकार के श्राद्ध क्रम का वर्णन किया गया है जिसका अलग अलग महत्व है।
नित्य श्राद्ध
ज्योतिषयों के अनुसार, भविष्य पुराण में नित्य श्राद्ध का वर्णन किया गया है यह श्राद्ध नित्य श्राद्ध कहलाता है क्योंकि यह श्राद्ध जल और अन्न द्वारा प्रतिदिन होता है। श्रद्धा भाव से माता-पिता एवं गुरुजनों के नियमित पूजन को नित्य श्राद्ध कहते हैं। ऐसा माना जाता है कि अन्न के अभाव में जल से भी श्राद्ध किया जा सकता है।
काम्य श्राद्ध
काम्य श्राद्ध किसी विशेष उद्देश्य की पूर्ति के लिए किया जाता है। उदाहरण के लिए, किसी की लंबी उम्र, पुत्र प्राप्ति या जीवन में सुख-संपत्ति की प्राप्ति के लिए। इसे विशेष मनोकामना की पूर्ति के लिए किया जाता है।
नैमित्तिक श्राद्ध
पितृ पक्ष में किया जाने वाला श्राद्ध ‘नैमित्तिक श्राद्ध’ कहलाता है।
वृद्धि श्राद्ध
मुंडन,विवाह,उपनयन आदि के अवसर पर किया जाने वाला श्राद्ध ‘वृद्धि श्राद्ध’ कहलाता है इसे नान्दीमुख भी कहते हैं।
सपिंडीकरण श्राद्ध
यह श्राद्ध मृत्यु के 12वें दिन या कुछ स्थानों पर 13वें दिन किया जाता है। इस श्राद्ध से पितरों का सम्मिलन पूर्वजों की पिंडियों में होता है। इसे करने से पितरों को मोक्ष प्राप्ति में सहायता मिलती है।
पार्वण श्राद्ध
पार्वण श्राद्ध अमावस्या, पूर्णिमा या संक्रांति जैसे विशेष दिनों में किया जाता है। इसे पारिवारिक श्राद्ध भी कहा जाता है, जिसमें सभी पितरों के लिए तर्पण और पूजा की जाती है।
गोष्ठी श्राद्ध
गौशाला में वंशवृद्धि के लिए किया जाने वाला श्राद्ध ‘गोष्ठी श्राद्ध’ कहलाता है।
शुद्धि श्राद्ध
यह श्राद्ध पवित्रता और शुद्धि के लिए किया जाता है। इसे तब किया जाता है जब किसी अशुद्ध या अपवित्र स्थिति के बाद शुद्धिकरण की आवश्यकता होती है। यह घर या परिवार के शुद्धिकरण के लिए महत्वपूर्ण होता है।
कर्मांग श्राद्ध
गर्भाधान,सीमंत,पुंसवन संस्कार के समय किया जाने वाला श्राद्ध कर्म ‘कर्मांग श्राद्ध’ कहलाता है।
दैविक श्राद्ध
सप्तमी तिथियों में हविष्यान्न से देवताओं के लिए किया जाने वाला श्राद्ध ‘दैविक श्राद्ध’ माना गया है।
यात्रार्थ श्राद्ध
तीर्थ यात्रा पर जाने से पहले और वहां पर किए जाने वाले श्राद्ध को ‘यात्रार्थ श्राद्ध’ कहा जाता है।
ये भी पढ़े–सितंबर में इस दिन है भाद्रपद पूर्णिमा, इस शुभ मुहूर्त में करें श्रीहरि की पूजा
पुष्टयर्थ श्राद्ध
अपने वंश और व्यापार आदि की वृद्धि के लिए किया जाने वाला श्राद्ध ‘पुष्टयर्थ श्राद्ध’ की श्रेणी में आता है।
How many types of shraadh are there each has its own distinct feature and benefit
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
महा-भुखमरी की ओर बढ़ रही है दुनिया? ईरान संकट से आपकी थाली से गायब हो सकती है रोटी, 4.5 करोड़ लोगों पर खतरा!
Mar 19, 2026 | 02:16 PMअसम में कांग्रेस को ‘डबल झटका’: पिता प्रद्युत के BJP में जाते ही बेटे प्रतीक ने लौटाया टिकट, कहां फंसा पेच?
Mar 19, 2026 | 02:08 PMतकनीक की भेंट चढ़ रहा बच्चों का निवाला? अमरावती सांसद बलवंत वानखड़े ने दिल्ली में उठाई आवाज
Mar 19, 2026 | 02:08 PMजलगांव: अंतरराष्ट्रीय तनाव का असर, निर्यात संकट से अंडों के दाम गिरे, पोल्ट्री उद्योग में संकट
Mar 19, 2026 | 02:03 PMखडकवासला-फुरसुंगी सुरंग परियोजना दो साल में पूरी होने की उम्मीद, 370 हेक्टेयर जमीन के उपयोग पर बनेगी नीति
Mar 19, 2026 | 02:01 PMबोर टाइगर रिजर्व में मचा हड़कंप! नियमों को ताक पर रखने वाले 4 जिप्सी चालक और 4 गाइड सस्पेंड
Mar 19, 2026 | 02:01 PMअकोला में गर्मी का टॉर्चर: पारा 39°C के पार, दोपहर में सड़कों पर पसरा सन्नाटा, मार्च में ही लू जैसे हालात
Mar 19, 2026 | 01:59 PMवीडियो गैलरी

‘हिम्मत है तो रोक कर दिखाओ’, हैदराबाद के मुस्लिम उपदेशक ने CM योगी को दी चुनौती; सड़क पर नमाज पढ़ने पर अड़ा
Mar 18, 2026 | 10:05 PM
इंदौर में चार्जिंग के दौरान इलेक्ट्रिक कार में धमाका, 8 लोगों की मौत; एक गलती से उजड़ा परिवार- VIDEO
Mar 18, 2026 | 09:41 PM
‘भारत विरोधी ताकतों के साथ हैं राहुल गांधी’, विदेशी रिपोर्ट को लेकर गौरव भाटिया का तीखा हमला- VIDEO
Mar 18, 2026 | 09:36 PM
इंदौर में EV कार के चार्जिंग पॉइंट में धमाका, पूरे घर में लग गई आग, 7 लोग की दर्दनाक मौत
Mar 18, 2026 | 01:41 PM
राज्यसभा में सांसदों की विदाई पर भावुक हुए PM मोदी, बोले- राजनीति में नहीं होता कोई फुलस्टॉप
Mar 18, 2026 | 01:25 PM
बिहार का ‘टोपीबाज’ रंजीत यादव गिरफ्तार, खुद को बताया था UPSC टॉपर; अब पहुंचा सलाखों के पीछे- VIDEO
Mar 17, 2026 | 09:29 PM














