नीरज मल्टीपर्पज निधी बैंक फ्रॉड घोटाला: ग्राहकों को 28.37 लाख रुपए से ठगा

Neeraj Multipurpose Nidhi Bank Fraud Case:आर्वी में सामने आए नीरज मल्टीपर्पज निधी लिमीटेड बैंक के फ्रॉड का आंकडा 28 लाख 37 हजार 245 रुपये पर पहुंचा है़।
नीरज मल्टीपर्पज निधी बैंक फ्रॉड मामला
नीरज मल्टीपर्पज निधी बैंक फ्रॉड मामला (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Wardha News: आर्वी में सामने आए नीरज मल्टीपर्पज निधी लिमीटेड बैंक के फ्रॉड का आंकडा 28 लाख 37 हजार 245 रुपये पर पहुंचा है़। इस प्रकरण में आरोपियों ने अनेक निवेशकर्ताओं को चुना लगाया है़। अब तक शिकायत के बाद पुलिस ने छह लोगों के बयान दर्ज किये गए है़। फ्रॉड के मुख्य आरोपी को पुलिस ने हिरासत में लिया है़।

आगे की जांच पडताल के लिए अन्य निवेशकर्ताओं को उनके कागजाद शिघ्र प्रस्तुत करने का आह्वान आर्वी पुलिस ने किया है़। ज्ञात हो कि, प्रकरण में प्रफुल काले ने आर्वी थाने में शिकायत दर्ज की थी़। नीरज मल्टिपर्पज निधी लि. मुख्य ब्रांच अमरावती की आर्वी की शाखा थी़। काले ने एजन्ट के माध्यम से इस बैंक में खाता खोला था़। प्रतिदिन इसमें वे राशी जमा करते थे़।

एफडी के रुपये बैंक ने गबन कर लिए

जब वे जमा राशी निकालने बैंक में पहुंचे। तब यह गडबडी उजागर हुई़ इसके बाद बैंक के एक एक कारनामे उजागर हुए़। बैंक की अन्य जिले व तहसील की ब्रांच में भी यही स्थिति थी़। अनेकों के एफडी के रुपये बैंक ने गबन कर लिए थे़। अवधी खत्म होने पर भी ग्राहकों की पुंजी नहीं लौटाई गई़। बैंक के कुछ दस्तावेज पुलिस ने जब्त किए़। इसमें कई प्रलोभन देकर ग्राहकों को चुना लगाने की बात सामने आयी़।

कई लोगों को लगाया लाखो का चुना

प्रकरण में पुलिस ने बैंक के डायरेक्टर युवराज गिर्हे निवासी अमरावती, आकाश बोबडे व अन्य दीपक इंगोले, तानाजी ठोंबरे, प्रणय मुडे व प्रीतम पडोले ने समय समय पर बैंक से रुपये उठाने की बात सामने आयी़। शिकायत के बाद 6 लोगों के बयान दर्ज किये गए है़ बैंक के पदाधिकारी व सदस्यों ने शिकायतकर्ता काले समेत कई लोगों को लाखो का चुना लगाया है़।

7 दिन के भितर पेश करे कागजाद

आर्वी के थानेदार सतीष डेहणकर ने कहा कि नीरज मल्टीपर्पज निधी ली। ब्रांच आर्वी में शहरी व ग्रामीण अंचल के ग्राहकों द्वारा राशी निवेश की गई है़। जिन निवेशकर्ताओं से धोखधडी हुई है वे 7 दिन के भितर अपने कागजाद आर्वी पुलिस थाने में प्रस्तुत करे. ताकि प्रकरण में आगे की जांच प्रक्रिया को गति मिल सके़।

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