RSS ने मनाया शताब्दी वर्ष का शुभारंभ, राधेश्याम डॉम में उमड़ी स्वयंसेवकों का हुजूम

Thane RSS: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने अपने शताब्दी वर्ष की शुरुआत भाईंदर (पश्चिम) में भव्य विजयादशमी उत्सव के साथ की। इस अवसर पर शहर के स्वयंसेवक एवं बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
RSS ने मनाया शताब्दी वर्ष का शुभारंभ
RSS ने मनाया शताब्दी वर्ष का शुभारंभ (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Mira-Bhayandar: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने अपने शताब्दी वर्ष की शुरुआत भाईंदर (पश्चिम) में भव्य विजयादशमी उत्सव के साथ की। इस अवसर पर शहर के स्वयंसेवक एवं बड़ी संख्या में उपस्थित थे। कार्यक्रम में उद्योगपति नटवर दाऊदयाल डागा मुख्य अतिथि और लक्ष्मीकांत नकाशे मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित थे।

1925 में विजयादशमी के दिन डॉ। केशव बलिराम हेडगेवार द्वारा स्थापित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने आज 100 गौरवशाली वर्ष पूर्ण किए हैं। विजयादशमी उत्सव, शक्ति, अनुशासन और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक होते हुए, इस वर्ष शताब्दी आरंभ के कारण विशेष महत्व का अवसर बना।स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में शस्त्र पूजन किया और विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ।

विजयादशमी और शताब्दी वर्ष का महत्व

मुख्य वक्ता लक्ष्मीकांत नकाशे ने अपने संबोधन में कहा कि “राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने बीते शताब्दी में राष्ट्र निर्माण, समाज सेवा और सांस्कृतिक जागरण में उल्लेखनीय योगदान दिया है। ‘राष्ट्र प्रथम’ के मूल मंत्र को आत्मसात करते हुए संघ ने हर वर्ग को जोड़कर समाज को एकता, समृद्धि और आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर किया है।”

‘पंच परिवर्तन’ कार्यक्रम

उन्होंने आगे बताया कि संघ आने वाले वर्षों में ‘पंच परिवर्तन’ कार्यक्रम पर विशेष बल देगा, जिसमें पाँच आयाम शामिल हैं। जिनमें स्वदेशी का बोध,नागरिक कर्तव्य,पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन का समावेश है। शताब्दी वर्ष में देशभर में सांस्कृतिक उत्सव, सेवा कार्य, विचार गोष्ठियाँ और युवा जागरण अभियान आयोजित होंगे। संघ का उद्देश्य समाज में एकता, भाईचारा और राष्ट्रभक्ति की भावना को और प्रबल करना है

विकसित भारत, सशक्त समाज

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने देशवासियों से आह्वान किया है कि वे इस ऐतिहासिक अवसर पर सहभागी बनें और “विकसित भारत, सशक्त समाज” के निर्माण में अपना योगदान दें तथा अधिक जानकारी हेतु शहर प्रचार प्रमुख अरुण कुमार सिंह से संपर्क करें।

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