Pune: गड्ढों से मौत पर बॉम्बे हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, मिलेगा 6 लाख मुआवजा

Bombay High Court ने गड्ढों से मौत पर सख्त रुख अपनाते हुए पीड़ितों को मुआवजा देने और सड़क सुरक्षा को नागरिकों का अधिकार घोषित करने का ऐतिहासिक फैसला सुनाया।
Bombay High Court
बॉम्बे हाईकोर्ट (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Pune News In Hindi: बॉम्बे उच्च न्यायालय की न्यायमूर्ति रेवती मोहिते-डेरे और न्यायमूर्ति संदेश डी। पाटिल की खंडपीठ ने 13 अक्टूबर 2025 को गड्डों के कारण होने वाली मृत्यु और सड़क सुरक्षा के संबंध में एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है।

नागरिक के जीवन और सुरक्षा के अधिकार की रक्षा करने वाले इस ऐतिहासिक फैसले में नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। जिला विधि सेवा प्राधिकरण की सचिव सोनल पाटिल ने नागरिकों से गड्डों या असुरक्षित सड़कों के बारे में तत्काल संबंधित प्राधिकरण से शिकायत करने की अपील की है।

उन्होंने यह भी सूचित किया कि मृत्यु या घायल हुए पीड़ितों के परिवारों को मुआवजे और सहायता के लिए प्राधिकरण की ओर से पूरा सहयोग दिया जाएगा।

न्यायालय का संवैधानिक निर्देश और मुआवजे का प्रावधान

महाराष्ट्र राज्य और अन्य के खिलाफ उच्च न्यायालय में स्वयं की याचिका पर फैसला सुनाते हुए, न्यायालय ने कहा कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत सड़कों को सुरक्षित स्थिति में रखना नागरिक और सड़क निर्माण अधिकारियों का संवैधानिक कर्तव्य है।

न्यायालय ने टिप्पणी की कि गड्ढों के कारण होने वाली मौतें और दुर्घटनाएं, खासकर मानसून में, एक 'बार-बार होने वाली दुर्घटना' बन गई हैं, जिसे सहन नहीं किया जा सकता है। गड्डों, खुले मैनहोल और असुरक्षित सड़कों की स्थिति के कारण होने वाली मृत्यु और चोटों के लिए जिम्मेदारी सुनिश्चित करने हेतु न्यायालय ने व्यापक निर्देश दिए हैं।

पीड़ितों के लिए मुआवजा

मृत्यु होने परः मृतक के कानूनी वारिसों को 6 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाए। घायल होने परः चोट की गंभीरता के अनुसार 50 हजार से 2 लाख 50 हजार रुपये के बीच मुआवजा दिया जाए। यह मुआवजा दावा दायर करने के 6 से 8 सप्ताह के भीतर किया जाना चाहिए, सिविल या आपराधिक कानून के तहत उपलब्ध अन्य कानूनी उपायों के अतिरिक्त होगी। गड्डों, खुले मैनहोल या असुरक्षित सड़कों के संबंध में संबंधित मनपा या सार्वजनिक निर्माण विभाग के आधिकारिक ऑनलाइन या हेल्पलाइन शिकायत पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर सकता है।

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