
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Foreign Currency Scam: महाराष्ट्र पुलिस ने ऑनलाइन विदेशी मुद्रा और सोने की निवेश योजनाओं के जरिए 200 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह का भंडाफोड़ किया। पालघर की मीरा भायंदर-वसई-विरार पुलिस ने सात आरोपियों को गिरफ्तार कर जांच तेज कर दी है।
महाराष्ट्र पुलिस ने विदेशी मुद्रा और सोने के ऑनलाइन कारोबार से जुड़ी योजनाओं के जरिए सैकड़ों लोगों को ठगने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह का खुलासा किया। अधिकारियों के मुताबिक, गिरोह ने झांसे में लेकर पीड़ितों से कथित तौर पर 200 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी की।
पुलिस ने अब तक महाराष्ट्र से सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें रोशन कुमार सिद्धराम शेट्टी, अबीर उर्फ सचिर मोहम्मद खान, सनद संजीव दास, राहुल कुमार उर्फ कैलाश राकेश कुमार, आमिर करम शेरखान, अभिषेक अनिल नारकर उर्फ गोपाल और मोहम्मद राशिद फकीर मोहम्मद बलूच उर्फ लकी शामिल हैं। सभी का संबंध 51 अलग-अलग आपराधिक मामलों से है, जो महाराष्ट्र और अन्य राज्यों में दर्ज हैं।
मीरा भायंदर-वसई-विरार पुलिस आयुक्त निकेत कौशिक ने बताया कि गिरोह सदस्य वैवाहिक वेबसाइट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के जरिए पीड़ितों का भरोसा जीतते थे। इसके बाद उन्हें निवेश के बहाने धोखाधड़ी वाली योजनाओं में फंसाया जाता था।
पुलिस को अहम सफलता 12 नवंबर 2025 को मिली, जब मुंबई-अहमदाबाद हाईवे पर स्थित ‘शिवसाई रेजिडेंसी लॉज एंड बोर्डिंग’ में छापेमारी की गई। शुरुआती जांच में पांच लोगों को बैंक खातों के जरिए धन शोधन और कर चोरी के आरोप में हिरासत में लिया गया था। इसके बाद और दो लोगों को गिरफ्तार किया गया।
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जांच में पता चला कि गिरोह का प्रभाव महाराष्ट्र के मुंबई, ठाणे, नागपुर के अलावा दिल्ली, तेलंगाना, कर्नाटक, हरियाणा, मध्य प्रदेश, गुजरात, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल और गोवा तक फैला हुआ था। पुलिस अब इन मामलों को समेकित कर विदेश में बैठे हैंडलरों की पहचान करने में जुटी है।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के बैंक खातों की जांच जारी है और 200 करोड़ रुपये से अधिक के लेनदेन का पता लगाया जा रहा है। साइबर प्रकोष्ठ और विभिन्न राज्यों की पुलिस के सहयोग से गिरोह के नेटवर्क को पूरी तरह उजागर किया जाएगा।






