ऑपरेशन मुस्कान: नासिक में 21 बाल श्रमिक मुक्त, 33 बच्चों का रेस्क्यू; पुलिस की बड़ी कार्रवाई

Nashik Operation Muskan: नासिक में ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत पुलिस ने 16 जगहों से 21 बाल श्रमिकों को मुक्त कराया। भीख मांगते 33 बच्चों को भी रेस्क्यू किया गया।
Operation Muskan: 21 child laborers freed in Nashik, 33 children rescued; major police operation underway
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
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Nashik Child Labour Rescue News: नासिकशहर पुलिस द्वारा 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत चलाए गए विशेष तलाशी अभियान में 16 अलग-अलग स्थानों से 21 बाल श्रमिकों को मुक्त कराया गया है। इस मामले में संबंधित दुकान और होटल मालिकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक के मार्गदर्शन में गुरुवार को शहर भर में इस मुहिम को अंजाम दिया गया।

पुलिस की विशेष टीमों ने शहर के उन संवेदनशील इलाकों में जांच की जहां बाल श्रम की अधिक आशंका रहती है। गोदाघाट, बस स्टैंड, होटल, चाय की टपरियों और रेलवे स्टेशन जैसे इलाकों में पुलिस ने औचक छापेमारी की। अभियान के दौरान विभिन्न सिग्नल्स और चौराहों पर भीख मांगते पाए गए 33 बच्चों को भी सुरक्षित मुक्त कराया गया है।

होटल से लेकर टायर की दुकान तक छापे

बाल न्याय बोर्ड के आदेशानुसार भिक्षा मांग रहे बच्चों को आधार आश्रम (शेल्टर होम) में दाखिल कराया गया है, अन्य बाल श्रमिकों को काउंसलिंग के बाद उनके माता-पिता के सुपुर्द कर दिया गया।

पुलिस विवरण के अनुसार, शहर के विभिन्न थाना क्षेत्रों में यह कार्रवाई की गई। आडगाव में मोटर सर्विसेज, मासरूळ में राज स्वीट्स, नासिकरोड में महाराष्ट्र बेकरी और अंबड में निर्माण स्थलों से चाल श्रमिकों को छुड़ाया गया है।

इसके अलावा पंचवटी के अभिषेक मार्ट से 3, सरकारवाडा के वडापाव स्टॉल से 2 और भद्रकाली के होटलों से भी बच्चों को मुक्त कराया गया। कुल 21 ऐसे बच्चों को मजदूरी के दलदल से बाहर निकाला गया है जो स्कूल जाने की उम्र में काम करने को मजबूर थे, अभियान के दौरान पुलिस ने केवल बाल श्रमिकों ही नहीं, बल्कि कचरा बीनने वाले बच्चों और संदिग्ध रूप से घूम रहे नाथालिगों से भी पूछताछ की।

पुलिस ने उनके दस्तावेजी की जांच कर डेटा अपडेट किया है ताकि लापता बच्चों का सुराग लगाया जा सके। पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि बच्चों से मजदूरी कराने वाले प्रतिष्ठान मालिकों को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।

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