
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Mumbai Grindr Scam News: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के पवई इलाके में नए साल के जश्न के बीच अपराध की दो बड़ी वारदातें हुईं। डेटिंग ऐप ‘Grindr’ पर दोस्ती के बहाने दो युवकों को सुनसान जगह बुलाकर बदमाशों ने न केवल उनके साथ मारपीट की, बल्कि चाकू और कांच की बोतलों के दम पर हजारों रुपये लूट लिए।
मुंबई में साइबर और डेटिंग अपराधों का ग्राफ तेजी से बढ़ रहा है। ताजा मामला पवई का है, जहां 31 दिसंबर की रात दो युवकों के लिए किसी बुरे सपने जैसी रही। पुलिस के मुताबिक, दोनों ही घटनाओं में शिकार बनाने का तरीका (Modus Operandi) लगभग एक जैसा था। आरोपियों ने डेटिंग ऐप पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर पीड़ितों को भरोसे में लिया और फिर सुनसान इलाकों में बुलाकर उन्हें लूट लिया।
पहली एफआईआर (FIR) के अनुसार, तेलंगाना का रहने वाला एक 27 वर्षीय युवक, जो हाल ही में नौकरी की तलाश में मुंबई आया था, इस साजिश का शिकार हुआ। उसने ‘Grindr’ ऐप पर एक व्यक्ति से संपर्क किया, जिसने खुद को IIT बॉम्बे का छात्र बताया।
आरोपी ने युवक को IIT बॉम्बे कैंपस के पास मिलने बुलाया और फिर ‘मेन गेट से एंट्री बंद है’ का बहाना बनाकर उसे एक अंधेरी गली में ले गया। वहां पहले से मौजूद दो अन्य बदमाशों ने युवक को घेर लिया और उस पर ‘चोर’ होने का आरोप लगाकर डराने लगे। जब उसके बैंक अकाउंट में पैसे कम मिले, तो बदमाशों ने उसे मजबूर किया कि वह अपने दोस्तों से पैसे मंगवाए। अंत में, 20,000 रुपये ट्रांसफर करवाने के बाद ही उसे तड़के 4:30 बजे छोड़ा गया।
दूसरी वारदात अंधेरी ईस्ट के एक मशीन ऑपरेटर के साथ हुई। उसे भी उसी ऐप के जरिए दोस्ती के जाल में फंसाया गया। “ऋषिकेश” नाम के एक शख्स ने उसे चांदिवली बस स्टॉप पर बुलाया और फिर अपनी बाइक पर बैठाकर विहार लेक रोड के पास एक सुनसान मैदान में ले गया।
यह भी पढ़ें:- ‘इंटरनेशनल’ शब्द अवैध घोषित! शिक्षा विभाग का बड़ा फैसला, जानें क्या है पूरा मामला
वहाँ पहले से ही तीन युवक मौजूद थे। उन्होंने पीड़ित पर ड्रग्स रखने का झूठा आरोप लगाया और पुलिस के नाम पर धमकाना शुरू कर दिया। हद तो तब हो गई जब एक आरोपी ने टूटी हुई बीयर की बोतल पीड़ित के पेट पर रख दी और जान से मारने की धमकी देकर पैसे मांगने लगा। इस मामले में भी पीड़ित से जबरन 20,000 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवाए गए।
पवई पुलिस ने दोनों मामलों की गंभीरता को देखते हुए 2 जनवरी को अज्ञात आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 309(4) (लूट) और 3(5) के तहत केस दर्ज कर लिया है।






