-
मंगल, 7 जुलाई 2026 ई-पेपर
- Hindi News »
- Maharashtra »
- Mumbai »
- Bombay High Court Slams Navy Over Ins Shikra Building Construction
INS शिकरा के पास 23 मंजिला इमारत, हाईकोर्ट ने लापरवाही के लिए नेवी के अफसरों को लगाई फटकार
- Written By: अनिल सिंह
Bombay High Court INS Shikra Case: बॉम्बे हाई कोर्ट ने INS शिकरा के पास 23 मंजिला इमारत के निर्माण पर नौसेना को फटकारा। सुरक्षा चिंताओं के बीच अधिकारियों की देरी पर उठाए गंभीर सवाल।

Building Dispute Near INS Shikra (फोटो क्रेडिट-X)
Building Dispute Near INS Shikra: दक्षिण मुंबई के कोलाबा स्थित भारतीय नौसेना के अत्यंत संवेदनशील बेस आईएनएस शिकरा (INS Shikra) के पास बन रही एक 23 मंजिला इमारत को लेकर बॉम्बे हाई कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। न्यायमूर्ति रविंद्र घुगे और न्यायमूर्ति अभय मंत्री की खंडपीठ ने इस मामले में नौसेना के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाते हुए पूछा कि जब सुरक्षा के लिए खतरा बनी यह इमारत उनके ठीक बगल में बन रही थी, तब क्या अधिकारी “सो रहे थे”? हाई कोर्ट ने सुरक्षा के पहलू को सर्वोपरि मानते हुए फिलहाल निर्माण कार्य पर अस्थायी रोक लगा दी है, लेकिन नौसेना की देरी और निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
यह विवाद तब गहराया जब नौसेना ने ‘जाधवजी मेंशन’ (ओपुल कंस्ट्रक्शंस) नामक इमारत को सुरक्षा दिशानिर्देशों का उल्लंघन बताते हुए चुनौती दी। नेवी का तर्क है कि वीवीआईपी हेलीपोर्ट और संवेदनशील नौसैनिक हवाई अड्डे के 500 मीटर के भीतर इतनी ऊंची इमारत का निर्माण सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है। हालांकि, कोर्ट ने इस बात पर हैरानी जताई कि निर्माण कार्य 2021 से चल रहा था और नौसेना ने 2025 के मध्य में जाकर इस पर आपत्ति जताई, तब तक इमारत 15वीं मंजिल तक पहुँच चुकी थी।
हाई कोर्ट की सख्त टिप्पणी: सुरक्षा और सतर्कता में चूक
सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति रविंद्र घुगे ने मौखिक रूप से कहा कि सुरक्षा पहलू महत्वपूर्ण है, लेकिन नौसेना को अधिक सतर्क रहना चाहिए था। कोर्ट ने पूछा कि सैन्य अड्डे के आसपास नियमित निगरानी क्यों नहीं की गई? पीठ ने तंज कसते हुए कहा, “क्या आप इस पूरे समय सो रहे थे? आपको यह सुनिश्चित करना चाहिए था कि ऐसा निर्माण कार्य शुरू ही न हो।” अदालत ने स्पष्ट किया कि सुरक्षा चिंताओं के बावजूद, प्रशासन और सैन्य अधिकारियों की लापरवाही को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता, विशेषकर तब जब बीएमसी ने वर्षों पहले इसकी अनुमति दे दी थी।
सम्बंधित ख़बरें
संभाजीनगर SIR मैपिंग में लगे BLO को राहत देने की मांग, समीर साजिद बिल्डर ने कहा- BLO मशीन नहीं, इंसान हैं
अब अतिक्रमण नहीं चलेगा: 12 प्रमुख मार्गों पर दिनभर रहेगी छत्रपति संभाजीनगर मनपा की पैनी नजर, 5 दल करेंगे गश्त
संभाजीनगर में कारोबारी के घर डकैती, नकाबपोश बदमाशों ने चाकू की नोक पर दंपती को बंधक बनाकर लूटें 4.60 लाख
छत्रपति संभाजीनगर मनपा में 10 लाख से अधिक की फाइलों पर प्री-ऑडिट विवाद, स्थायी समिति ने लगाई तत्काल रोक
ये भी पढ़ें- महाराष्ट्र में 5 मार्च से स्कूल बसों का चक्का जाम, बोर्ड एग्जाम के बीच ट्रांसपोर्टरों का हड़ताल का अल्टीमेटम
बिल्डर का पक्ष और दिशानिर्देशों का विवाद
आईएनएस शिकरा के पास बन रही इमारत के बिल्डर ओपुल कंस्ट्रक्शंस के वरिष्ठ वकील जनक द्वारकादास ने कोर्ट में दलील दी कि 2011 के दिशानिर्देशों के अनुसार नौसेना से एनओसी (NOC) लेना अनिवार्य नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि 15 वर्षों से जब कागजी प्रक्रिया चल रही थी और निर्माण शुरू हुआ, तब नौसेना ने हस्तक्षेप क्यों नहीं किया? बिल्डर के वकील ने यह भी तर्क दिया कि आसपास कई झुग्गियां हैं, जो सुरक्षा के लिए खतरा क्यों नहीं मानी जातीं? उनके अनुसार, 53.07 मीटर तक निर्माण की अनुमति पहले ही मिल चुकी थी और अब अचानक इसे रोकना अवैध है।
बीएमसी की भूमिका और आईआईटी की रिपोर्ट
नौसेना के वकील आर.वी. गोविलकर ने बॉम्बे हाई कोर्ट को बताया कि उन्होंने जुलाई 2025 में ही बीएमसी (BMC) को काम रोकने के लिए कहा था, लेकिन नगर निगम ने पूर्व स्वीकृतियों का हवाला देते हुए कार्रवाई नहीं की। नेवी का दावा है कि आईआईटी की एक रिपोर्ट के अनुसार इस इमारत की ऊंचाई 76 मीटर तक जा सकती है, जो हवाई अड्डे के संचालन और दृश्यता (Visibility) के लिए खतरा है। पीठ ने फिलहाल सुझाव दिया है कि अंतिम सुनवाई होने तक 15 मंजिलों (लगभग 53 मीटर) तक के निर्माण की अनुमति दी जा सकती है, बशर्ते यह 2010 की मूल शर्तों के अधीन हो। मामले पर अंतरिम आदेश शुक्रवार को आने की उम्मीद है।
Bombay high court slams navy over ins shikra building construction
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
Apple यूजर्स की टेंशन खत्म, 5 साल बाद App Store और iCloud पर लौटा Debit-Credit Card पेमेंट
Jul 07, 2026 | 04:30 AMAaj Ka Rashifal 07 July 2026: 7 जुलाई 2026 का दैनिक राशिफल, पढ़ें सभी 12 राशियों का भविष्यफल
Jul 07, 2026 | 12:05 AMसावधान: भोपाल में ATM फ्रॉड का बड़ा खुलासा, मास्टर-की से कैश फंसाकर उड़ाते थे रुपये; 6 बिहारी युवक गिरफ्तार
Jul 06, 2026 | 11:46 PMप्रमोशन में आरक्षण: 7 जुलाई को MP हाईकोर्ट में अहम सुनवाई, लाखों कर्मचारियों की बढ़ीं उम्मीदें
Jul 06, 2026 | 11:24 PMआगरा में बाथरूम हत्याकांड का खौफ! पत्नियों के डर से कॉलोनी के मर्दों ने छोड़ी शराब, देखें VIDEO
Jul 06, 2026 | 11:12 PMSlipper Theft Meaning: मंदिर के बाहर से चप्पल चोरी होना शुभ है या अशुभ? इसका सच जानकर उड़ जाएंगे आपके होश
Jul 06, 2026 | 11:05 PMगर्भवती होने की दलील और मानवीय आधार…TCS धर्मांतरण केस की आरोपी निदा खान को मिली बेल, कोर्ट ने क्या कहा?
Jul 06, 2026 | 11:02 PMवीडियो गैलरी

आगरा में ट्रैफिक पुलिस का बड़ा एक्शन! 49 बसों के चालान, 17 बसें सीज, मचा हड़कंप। देखें VIDEO
Jul 06, 2026 | 11:00 PM
असली वारंटी फरार, बेगुनाह को पुलिस ने दिया थर्ड डिग्री! UP पुलिस की गंभीर लापरवाही पर उठे सवाल- देखें VIDEO
Jul 06, 2026 | 09:55 PM
हादसा या नशे का मजा? लखनऊ में कार सवार युवतियों ने बाइक को मारी टक्कर, ड्रिंक एंड ड्राइव का आरोप- VIDEO वायरल
Jul 06, 2026 | 09:36 PM
सीहोर में आशा कार्यकर्ताओं का हंगामा! भोपाल-इंदौर रोड जाम, सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन। देखें VIDEO
Jul 06, 2026 | 09:20 PM
जिस बाथरूम में रोज नहाती रही कातिल पत्नी, उसी के नीचे दफन थी पति की लाश; पुलिस की सूझबूझ से सच आया सामने-VIDEO
Jul 06, 2026 | 09:18 PM
मोबाइल टॉर्च के सहारे 84 KM दौड़ी सरकारी बस! कर्नाटक में यात्रियों की जान से खिलवाड़। देखें VIDEO
Jul 06, 2026 | 08:54 PM














