- Hindi News »
- Maharashtra »
- Mumbai »
- Bombay High Court Slams Navy Over Ins Shikra Building Construction
INS शिकरा के पास 23 मंजिला इमारत, हाईकोर्ट ने लापरवाही के लिए नेवी के अफसरों को लगाई फटकार
Bombay High Court INS Shikra Case: बॉम्बे हाई कोर्ट ने INS शिकरा के पास 23 मंजिला इमारत के निर्माण पर नौसेना को फटकारा। सुरक्षा चिंताओं के बीच अधिकारियों की देरी पर उठाए गंभीर सवाल।
- Written By: अनिल सिंह

Building Dispute Near INS Shikra (फोटो क्रेडिट-X)
Building Dispute Near INS Shikra: दक्षिण मुंबई के कोलाबा स्थित भारतीय नौसेना के अत्यंत संवेदनशील बेस आईएनएस शिकरा (INS Shikra) के पास बन रही एक 23 मंजिला इमारत को लेकर बॉम्बे हाई कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। न्यायमूर्ति रविंद्र घुगे और न्यायमूर्ति अभय मंत्री की खंडपीठ ने इस मामले में नौसेना के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाते हुए पूछा कि जब सुरक्षा के लिए खतरा बनी यह इमारत उनके ठीक बगल में बन रही थी, तब क्या अधिकारी “सो रहे थे”? हाई कोर्ट ने सुरक्षा के पहलू को सर्वोपरि मानते हुए फिलहाल निर्माण कार्य पर अस्थायी रोक लगा दी है, लेकिन नौसेना की देरी और निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
यह विवाद तब गहराया जब नौसेना ने ‘जाधवजी मेंशन’ (ओपुल कंस्ट्रक्शंस) नामक इमारत को सुरक्षा दिशानिर्देशों का उल्लंघन बताते हुए चुनौती दी। नेवी का तर्क है कि वीवीआईपी हेलीपोर्ट और संवेदनशील नौसैनिक हवाई अड्डे के 500 मीटर के भीतर इतनी ऊंची इमारत का निर्माण सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है। हालांकि, कोर्ट ने इस बात पर हैरानी जताई कि निर्माण कार्य 2021 से चल रहा था और नौसेना ने 2025 के मध्य में जाकर इस पर आपत्ति जताई, तब तक इमारत 15वीं मंजिल तक पहुँच चुकी थी।
हाई कोर्ट की सख्त टिप्पणी: सुरक्षा और सतर्कता में चूक
सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति रविंद्र घुगे ने मौखिक रूप से कहा कि सुरक्षा पहलू महत्वपूर्ण है, लेकिन नौसेना को अधिक सतर्क रहना चाहिए था। कोर्ट ने पूछा कि सैन्य अड्डे के आसपास नियमित निगरानी क्यों नहीं की गई? पीठ ने तंज कसते हुए कहा, “क्या आप इस पूरे समय सो रहे थे? आपको यह सुनिश्चित करना चाहिए था कि ऐसा निर्माण कार्य शुरू ही न हो।” अदालत ने स्पष्ट किया कि सुरक्षा चिंताओं के बावजूद, प्रशासन और सैन्य अधिकारियों की लापरवाही को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता, विशेषकर तब जब बीएमसी ने वर्षों पहले इसकी अनुमति दे दी थी।
सम्बंधित ख़बरें
मुंबई के मालाड में भारी बवाल! दो गुटों में जमकर हुई मारपीट के बाद पुलिस का लाठीचार्ज, इलाके में फोर्स तैनात
मातोश्री के गेट पर खड़े थे शाह, संजय राउत ने खोल दिए अतीत के पन्ने, मोदी-पवार की मीटिंग का भी खोला राज!
मुंबई में ‘भजन जैमिंग’ का जादू, भक्ति और आधुनिकता के संगम में झूमी युवा पीढ़ी
बारामती में सियासी जंग, सुनेत्रा के सामने कांग्रेस का दांव, आकाश मोरे को बनाया उम्मीदवार
ये भी पढ़ें- महाराष्ट्र में 5 मार्च से स्कूल बसों का चक्का जाम, बोर्ड एग्जाम के बीच ट्रांसपोर्टरों का हड़ताल का अल्टीमेटम
बिल्डर का पक्ष और दिशानिर्देशों का विवाद
आईएनएस शिकरा के पास बन रही इमारत के बिल्डर ओपुल कंस्ट्रक्शंस के वरिष्ठ वकील जनक द्वारकादास ने कोर्ट में दलील दी कि 2011 के दिशानिर्देशों के अनुसार नौसेना से एनओसी (NOC) लेना अनिवार्य नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि 15 वर्षों से जब कागजी प्रक्रिया चल रही थी और निर्माण शुरू हुआ, तब नौसेना ने हस्तक्षेप क्यों नहीं किया? बिल्डर के वकील ने यह भी तर्क दिया कि आसपास कई झुग्गियां हैं, जो सुरक्षा के लिए खतरा क्यों नहीं मानी जातीं? उनके अनुसार, 53.07 मीटर तक निर्माण की अनुमति पहले ही मिल चुकी थी और अब अचानक इसे रोकना अवैध है।
बीएमसी की भूमिका और आईआईटी की रिपोर्ट
नौसेना के वकील आर.वी. गोविलकर ने बॉम्बे हाई कोर्ट को बताया कि उन्होंने जुलाई 2025 में ही बीएमसी (BMC) को काम रोकने के लिए कहा था, लेकिन नगर निगम ने पूर्व स्वीकृतियों का हवाला देते हुए कार्रवाई नहीं की। नेवी का दावा है कि आईआईटी की एक रिपोर्ट के अनुसार इस इमारत की ऊंचाई 76 मीटर तक जा सकती है, जो हवाई अड्डे के संचालन और दृश्यता (Visibility) के लिए खतरा है। पीठ ने फिलहाल सुझाव दिया है कि अंतिम सुनवाई होने तक 15 मंजिलों (लगभग 53 मीटर) तक के निर्माण की अनुमति दी जा सकती है, बशर्ते यह 2010 की मूल शर्तों के अधीन हो। मामले पर अंतरिम आदेश शुक्रवार को आने की उम्मीद है।
Bombay high court slams navy over ins shikra building construction
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
वकील नहीं अब खुद मोर्चा संभालेंगे केजरीवाल, हाई कोर्ट में जज के सामने दी ऐसी अर्जी कि मच गया हड़कंप
Apr 06, 2026 | 07:18 AMगर्मी में डार्क कलर्स हैं आपके दुश्मन? जानें क्यों एक्सपर्ट्स देते हैं सिर्फ सूती और हल्के कपड़ों की सलाह
Apr 06, 2026 | 07:11 AMमुंबई के मालाड में भारी बवाल! दो गुटों में जमकर हुई मारपीट के बाद पुलिस का लाठीचार्ज, इलाके में फोर्स तैनात
Apr 06, 2026 | 07:10 AMनवभारत विशेष: बमों की बारिश के बीच कैसा धरोहर दिवस, कुछ तथ्य और कई चुनौतियां
Apr 06, 2026 | 07:10 AM80 के दशक में रोपा गया पौधा…आज कैसे बन गया सियासी बरगद? जनसंघ से मोदी युग तक BJP की सफलता के टर्निंग प्वाइंट
Apr 06, 2026 | 07:09 AMमॉडलिंग से की फिल्मों में एंट्री, झंकार बीट्स से मिली पहचान, फिर भी स्टारडम से दूर ही रहे संजय सूरी
Apr 06, 2026 | 06:59 AMनवभारत निशानेबाज: Hindi विरोध की घातक राजनीति, कब आएगी नेताओं को सन्मति
Apr 06, 2026 | 06:56 AMवीडियो गैलरी

‘मुझ पर लगाए गए आरोप सफेद झूठ, मैं घायल हूं इसलिए घातक हूं’, राघव चड्ढा का अपनी ही पार्टी पर पलटवार- VIDEO
Apr 05, 2026 | 10:33 PM
MP में फिर ‘दूषित पानी’ का कहर…कटनी में नल से निकले कीड़े, दहशत में लोग
Apr 05, 2026 | 10:33 PM
सोमनाथ से लेकर अयोध्या तक…CM Yogi ने बताया कौन था असली विलेन और कैसे किया गया था उसका ‘इलाज’
Apr 05, 2026 | 10:27 PM
इंदौर में क्राइम ब्रांच का बड़ा एक्शन, लाखों की एमडी ड्रग्स के साथ इवेंट ऑर्गेनाइजर समेत 4 गिरफ्तार- VIDEO
Apr 05, 2026 | 10:27 PM
‘जेल के डर से रात भर सो नहीं पाते हिमंता बिस्वा सरमा, जल्द होगी कानूनी कार्रवाई’, राहुल गांधी की सीधी चेतावनी
Apr 05, 2026 | 10:22 PM
मेरठ के पिता ने पेश की मिसाल, तलाक लेकर घर लौटी बेटी का ढोल-नगाड़ों से स्वागत; जश्न में बदला दुख- VIDEO
Apr 05, 2026 | 10:14 PM













