

Amravati Tur Crop Damage: इस वर्ष बारिश की बेरुखी के कारण पहले से ही संकट में घिरे किसानों पर अब जंगली जानवरों के हमले का दोहरा संकट आ पड़ा है। तहसील के गावंडगांव बु. निवासी किसान प्रशांत सदाशिव देशमुख और सुषमा प्रशांत देशमुख की छह एकड़ में लगी अरहर की फसल जंगली सुअरों और हिरणों ने पूरी तरह से बर्बाद कर दी है। इससे उनका पूरा खरीफ सीजन खतरे में पड़ गया है और उन्होंने वन विभाग से नुकसान भरपाई की गुहार लगाई है।
देशमुख दंपति ने अपने छह एकड़ क्षेत्र में अरहर की बुआई की थी। लेकिन, अनियमित बारिश के कारण फसल उगने में देरी हुई। इसी बीच, जंगली सुअरों ने खेत में घुसकर जमीन में बोए गए बीज खोदकर खा लिए, जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा। इसके बाद उन्होंने कड़ी मेहनत कर दोबारा बुआई की और फसल को किसी तरह खड़ा किया। लेकिन, जैसे ही अरहर के पौधे जमीन से ऊपर आए, हिरणों के झुंड ने खेत पर धावा बोल दिया और पूरी फसल को तहसनहस कर दिया।
जंगली जानवरों के लगातार बढ़ते आतंक के कारण किसानों को दिनरात अपने खेतों की रखवाली करनी पड़ रही है, फिर भी फसलों को बचाना मुश्किल हो रहा है। किसानों ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि वे जंगली जानवरों को कोई चोट नहीं पहुंचा सकते, इसलिए उन्हें चुपचाप यह भारी नुकसान सहना पड़ रहा है।
वर्तमान में अंजनगांव सुर्जी तहसील के कई हिस्सों में हिरण, काले हिरण, नीलगाय और जंगली सुअरों की आवाजाही काफी बढ़ गई है, जिससे कृषि फसलों को बड़े पैमाने पर नुकसान हो रहा है। इस वजह से किसान गहरे आर्थिक संकट में फंस गए हैं। किसान प्रशांत देशमुख ने वन विभाग तत्काल पंचनामा करे और हुए नुकसान का पूरा मुआवजा जल्द से जल्द देने की मांग की।