
कॉन्सेप्ट फोटो (डिजाइन)
Parliamentary Committee on UGC: यूजीसी ने 13 जनवरी को एक नोटिफिकेशन जारी किया, जिसमें सभी यूनिवर्सिटीज, कॉलेज और हायर एजुकेशन संस्थानों को अपने संस्थानों में एक इक्विटी कमेटी बनाने का आदेश दिया गया है। यह कमेटी तय समय सीमा के अंदर एससी-एसटी और ओबीसी कैटेगरी के छात्रों, शिक्षकों, या नॉन-टीचिंग स्टाफ के खिलाफ भेदभाव की शिकायतों को सुनेगी और उनका समाधान करेगी।
देश भर में सवर्ण समुदाय इस यूजीसी नियम का विरोध कर रहा है। खास बात यह है कि जिस संसदीय समिति की सिफारिशों के आधार पर यह यूजीसी नियम बना है उसकी अध्यक्षता कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह कर रहे हैं। इस समिति में संसद के दोनों सदनों के 30 सदस्य हैं, जिनमें कई बीजेपी सांसद भी शामिल हैं जो सवर्ण समुदाय से हैं।
दरअसल, यह सिफारिश शिक्षा, महिला, बाल, युवा और खेल मामलों की संसदीय स्थायी समिति ने की थी। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह इस समिति के अध्यक्ष हैं। इसमें 21 लोकसभा और 9 राज्यसभा सांसद शामिल हैं। कुछ नाम काफी चौंकाने वाले हैं।
| क्रम संख्या | सांसद का नाम | पार्टी |
|---|---|---|
| 1 | दिग्विजय सिंह | कांग्रेस |
| 2 | भीम सिंह | भाजपा |
| 3 | घनश्याम तिवाड़ी | भाजपा |
| 4 | रेखा शर्मा | भाजपा |
| 5 | सी. सदानंदन मास्टर | भाजपा |
| 6 | सिकंदर कुमार | भाजपा |
| 7 | बिकास रंजन भट्टाचार्य | CPM |
| 8 | सुनेत्रा पवार | एनसीपी (AP) |
| 9 | स्वाती मालीवाल | पूर्व ‘आप’ सांसद |
पार्टी प्रतिनिधित्व के मामले में समिति में बीजेपी के 16 सदस्य, कांग्रेस के 4, समाजवादी पार्टी के 3, तृणमूल कांग्रेस के 2, सीपीआई(एम) के 1, डीएके के 1, एनसीपी (अजित पवार गुट) के 1, एनसीपी (शरद पवार गुट) के 1 और आम आदमी पार्टी के 1 पूर्व सदस्य शामिल हैं। दूसरे शब्दों में, सत्ताधारी बीजेपी का इस समिति में 50 प्रतिशत से ज़्यादा प्रतिनिधित्व है।
| क्रम संख्या | सांसद का नाम | पार्टी |
|---|---|---|
| 1 | अभिजित गंगोपाध्याय | भाजपा |
| 2 | रविशंकर प्रसाद | भाजपा |
| 3 | संबित पात्रा | भाजपा |
| 4 | बांसुरी स्वराज | भाजपा |
| 5 | बृजमोहन अग्रवाल | भाजपा |
| 6 | दग्गुबाती पूरंदेश्वरी | भाजपा |
| 7 | दर्शन सिंह चौधरी | भाजपा |
| 8 | हेमांग जोशी | भाजपा |
| 9 | कामाख्या प्रसाद तासा | भाजपा |
| 10 | करण भूषण सिंह | भाजपा |
| 11 | शोभनाबेन महेंद्र सिंह बरैया | भाजपा |
| 12 | अमर शरदराव काले | एनसीपी (SP) |
| 13 | अंगोमचा बिमोल अकोईजाम | कांग्रेस |
| 14 | डी. एन. कुरियाकोसे | कांग्रेस |
| 15 | वर्षा एकनाथ गायकवाड़ | कांग्रेस |
| 16 | जितेंद्र कुमार दोहरे | सपा |
| 17 | जियाउर्रहमान बर्क | सपा |
| 18 | राजीव राय | सपा |
| 19 | कालिपाड़ा सरेन खेरवाल | टीएमसी |
| 20 | रचना बनर्जी | टीएमसी |
| 21 | थमिझाची थंगापांडियन (उर्फ टी. सुमथि) | डीएमके |
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यूजीसी नियमों की सिफारिश करने वाली संसदीय समिति की अध्यक्षता कांग्रेस से राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह जरूर कर रहे थे, लेकिन संख्याबल के आधार पर देखा जाए तो इस स्थायी संसदीय समिति में भारतीय जनता पार्टी के सांसद आधे से ज्यादा थे। वहीं, कुछ सांसद एनडीए गठबंधन के दलों से भी थे। यही वजह है कि इस मुद्दे पर बीजेपी को नाराजगी झेलनी पड़ रही है।






