
नेशनल हैंडराइटिंग डे (सौ. सोशल मीडिया)
Handwriting Improvement Tips: छोटे बच्चों की शिक्षा को लेकर अभिभावक की खास जिम्मेदारी होती है। जहां पर 3 साल की उम्र होने के बाद माता-पिता स्कूल में दाखिला दिला देते है जहां पर बच्चा लिखना, पढ़ना और समझना सिखता है। पढ़ना तो ठीक है लेकिन बच्चे की लिखावट भी अच्छी होना जरूरी होता है। आज नेशनल हैंडराइटिंग डे है जो हैंडराइटिंग के महत्व और सीखने और लिखावट सुधारने के टिप्स के बारे में जानकारी देती है।
हैंडराइटिंग, अगर बच्चे की बचपन से ही सही रहेगी तो बड़े होने पर वह बेहतर विकास कर पाता है। कई बार गंदी हैंडराइटिंग की वजह से बच्चे को कम नंबर मिलते है तो वहीं पर पढ़ाई पर भी बुरा असर पड़ता है। आज हम आपको गंदी हैंडराइटिंग की वजह और लिखावट सुधारने के टिप्स के बारे में जानकारी दे रहे है।
बच्चों की गंदी हैंडराइटिंग होने की कई वजहें सामने आती है जिसके बारे में जान लेना जरूरी होता है।
1- अगर सही पेंसिल का इस्तेमाल ना किया जाए तो इससे भी हैंडराइटिंग खराब हो सकती है, इसके लिए अच्छे ब्रांड की पेंसिल या पेन का ही इस्तेमाल करें।बच्चा उसे पेपर पर जरूरत से ज्यादा घिसेगा या टाइट पकड़ेगा।
2-अगर बच्चा सही पोश्चर में बैठकर लिखता है तो हैंडराइटिंग खराब नहीं होती है। लेटकर काम करने पर लिखावट गंदी दिखती है।
3- पेन या पेंसिल को गलत तरीके से पकड़ने पर बच्चे की हैंडराइटिंग खराब हो सकती है।
4-अगर सही तरह से कॉपी या पेपर नहीं रखा जाए तो लिखावट बिगड़ सकती है।
5-कई बार बच्चे को बेमन से काम करने या लिखने के लिए बिठाया जाता है. ऐसा करने पर बच्चे की लिखावट बिगड़ने लगती है।
आप हैंडराइटिंग सुधारने के लिए इन टिप्स को अपना सकते है जो यह 6 गोल्डन रूल्स है बड़े काम के।
1- बच्चे की हैंडराइटिंग सुधारने के लिए पेन या पेंसिल पकड़ने के तरीके के बारे में जान लेना चाहिए। बहुत उंचाई पर या पेंसिल की नोक के बहुत पास से पेंसिल को पकड़ा जाए तो इससे भी लिखावट खराब हो जाती है।
2- बच्चे की लिखावट के लिए अक्षर बनाना पहले बेहद जरूरी होता है। जब बच्चा शुरुआत में लिखना शुरु करता है तो उसके शब्दों की बनावट पर ध्यान देना जरूरी होता है। बच्चा किसी शब्द को सही नहीं लिखता तो उसे वो शब्द सही से लिखना सिखाएं। कई बार बच्चा किसी शब्द को उल्टा या गलत लिखना शुरू करता है तो उसे हमेशा ही इस तरह लिखने की आदत हो जाती है।
3- छोटे बच्चों को शुरुआत में शब्द बनाने में परेशानी आती है। शुरुआत में बच्चों को 3 या 4 लाइनों वाली कॉपी खरीदकर दें सकते है। बच्चे को सिखाएं कि लाइनों की मदद से कैसे लिखा जाता है,सही तरह से लिखने पर शब्दों को बच्चा सही लिखना सीखता है और इससे उसकी हैंडराइटिंग भी साफ और सुंदर नजर आती है।
हैंडराइटिंग टिप्स (सौ.सोशल मीडिया)
4- जल्दबाजी में लिखना भी हैंडराइटिंग को खराब कर सकता है। लंबे समय तक लिखना ना रहें इसके लिए बच्चे अक्सर ही काम से छुटकारा पाने के लिए तेजी से लिखना शुरू कर देते हैं. इससे काम तो जल्दी खत्म हो जाता है लेकिन पेपर पर ऐसा लगता है जैसे मक्खी या मच्छर चिपके हों क्योंकि हैंडराइटिंग बुरी नजर आती है।
5-बच्चे का हैंडराइटिंग करते समय मन शांत रहना भी बेहद जरूरी होता है. प्रैक्टिस के समय पूरा ध्यान काम पर ही होना चाहिए इसीलिए ध्यान रखें कि बच्चे के खेल के समय या टीवी देखने के समय उसे प्रैक्टिस करने के लिए ना कहें।
6- हैंडराइटिंग अच्छी करने के लिए बच्चे से कहें कि वह बैठकर रोजाना 1-2 पन्ने अपनी राइटिंग सुधारने के लिए लिखे. लेकिन, यह काम उसे बोझ की तरह नहीं लगना चाहिए। इस दौरान देखें बच्चे ने पूरे शब्द लिखे हैं या नहीं।






