गर तुम भुला ना दोगे, सपने ये सच ही होंगे', 90वें जन्मदिन से पहले धर्मेंद्र ने कहा दुनिया को अलविदा

Dharmendra Latest News: धर्मेंद्र का निधन। 89 की उम्र तक भी कायम रहा 'ही-मैन' का जलवा। दो पत्नियाँ, छह बच्चे और 13 नाती-पोते। 'गरम धरम' ने 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया।
गर तुम भुला ना दोगे, सपने ये सच ही होंगे', 90वें जन्मदिन से पहले धर्मेंद्र ने कहा दुनिया को अलविदा
धर्मेंद्र: 'गरम धरम' से 'ही-मैन' तक का सफर, 90वें जन्मदिन से पहले दुनिया को कहा अलविदा
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Dharmendra Passed Away: बॉलीवुड के महान अभिनेता धर्मेंद्र अब हमारे बीच नहीं रहे। पर्दे पर 90 की उम्र तक भी वही ठसक, वही मर्दानगी और वही जोश बरकरार रखने वाले 'ही-मैन' ने अपने 90वें जन्मदिन से ठीक पहले दुनिया को अलविदा कह दिया। 300 से ज्यादा फिल्मों में अपनी अदाकारी से दर्शकों के दिलों पर राज करने वाले धर्मेंद्र ने हमेशा दर्शकों से कहा था, 'गर तुम भुला ना दोगे, सपने ये सच ही होंगे, हम तुम जुदा ना होंगे'।

89 साल की उम्र में भी उनके चेहरे पर जो चमक और रुतबा था, वह अद्वितीय था। दो पत्नियाँ, छह बच्चे और 13 नाती-पोते होने के बावजूद, वह एक ऐसे कलाकार थे जिनकी आवाज जब-जब पर्दे पर गूँजी, दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए। चाहे वह नायक का किरदार हो या खलनायक का, उनकी दबंगई और पर्दे पर उपस्थिति हमेशा चमकती रही।

दो पत्नियाँ, छह बच्चे और 13 नाती-पोते

धर्मेंद्र ने महज़ 19 साल की उम्र में प्रकाश कौर से शादी रचाई थी। इस शादी से उनके चार बच्चे हुए—दो बेटे सनी देओल और बॉबी देओल एवं दो बेटियाँ, विजेता देओल और अजीता देओल।

70 के दशक में, जब वह हिंदी सिनेमा के शिखर पर थे, उन्होंने फिल्म 'शोले' की को-स्टार हेमा मालिनी से शादी कर ली। अफवाह थी कि प्रकाश कौर से तलाक न मिलने पर उन्होंने इस्लाम धर्म अपनाकर हेमा से ब्याह रचाया, हालाँकि 2004 में धर्मेंद्र ने इन अफवाहों को खारिज कर दिया था। धर्मेंद्र और हेमा मालिनी की दो बेटियाँ हुईं—ईशा और अहाना।

धर्मेंद्र का घर नाती-पोतों से भरा था। उनके सभी बच्चों से मिलाकर उनके कुल 13 नाती-नातिन और पोते-पोतियों की संख्या है।

'गरम धरम' का उदय और शानदार करियर

8 दिसंबर 1935 को पंजाब के लुधियाना जिले के नसराली गाँव में जन्मे केवल कृष्ण देओल (धर्मेंद्र) ने 1958 में फिल्मफेयर टैलेंट कॉन्टेस्ट में हिस्सा लिया था।

डेब्यू: 1960 में आई फ़िल्म 'दिल भी तेरा हम भी तेरे' से उन्होंने बॉलीवुड में डेब्यू किया।

सफलता: अकेले हीरो के तौर पर उनकी पहली फिल्म 'फूल और पत्थर' (1966) थी, जिसके लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ हीरो का फिल्म फेयर पुरस्कार मिला।

एक्शन हीरो: 70 के दशक में वह रोमांटिक हीरो से एक्शन हीरो बन गए, इसी दशक में उन्हें दुनिया के सबसे हैंडसम मर्दों में से एक चुना गया और उन्हें 'वर्ल्ड आयरन मैन' का खिताब भी मिला।

टैगलाइन: 1975 में आई फ़िल्म 'प्रतिज्ञा' के गाने 'मैं जट यमला पगला दीवाना' ने उन्हें 'गरम धरम' का टैग दिया।

पद्म भूषण: 2012 में उन्हें पद्म भूषण से सम्मानित किया गया।

राजनीति: 2004 में उन्होंने भाजपा के टिकट पर राजस्थान के बीकानेर से लोकसभा चुनाव जीता।

प्रोड्यूसर के तौर पर हिट, डायरेक्टर के तौर पर फ्लॉप

धर्मेंद्र और हेमा मालिनी की जोड़ी ने 28 फिल्मों में एक साथ काम किया, जो दर्शकों के बीच खूब लोकप्रिय हुई।

धर्मेंद्र का प्रोडक्शन: उन्होंने अपनी कंपनी विजेता फिल्म्स के तहत 'बेताब', 'घायल' और 'घातक' जैसी तीन सुपरहिट फिल्में प्रोड्यूस कीं। इसी बैनर के तहत बॉबी देओल को भी लॉन्च किया गया।

हेमा मालिनी का डायरेक्शन: वहीं, हेमा मालिनी द्वारा निर्देशित तीन फिल्में—'दिल आशिना है', 'टेल मी ओ खुदा' और 'मोहिनी'— दर्शकों को पसंद नहीं आईं।

दर्शकों को उनकी साल 2025 में आने वाली फिल्म 'इक्कीस' का इंतजार था, लेकिन इस खुशी से पहले ही 'गर तुम भूला ना दोगे, सपने ये सच ही होंगे' कहने वाले 'ही-मैन' अपने चाहने वालों को अकेला छोड़ गए।

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