संकट की मार झेल रही IndiGO को नया झटका, अब 58 करोड़ रुपये का मिला GST नोटिस; क्या है पूरा मामला?

Indigo Airlines: पिछले 15 दिनों में इंडिगो की कई फ्लाइट्स कैंसिल हो चुकी हैं। जिससे यात्रियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इंडिगो ने भारतीय घरेलू विमानन सेक्टर को भी प्रभावित किया है।
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इंडिगो एयरलाइंस, (फाइल फोटो)
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GST Notice to IndiGo Airlines: पिछले कुछ दिनों से भारी संकट से गुजर रही इंडिगो एयरलाइंस के लिए एक बुरी खबर है। दरअसल, जीएसटी विभाग की ओर से कंपनी को एक नोटिस मिला है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इंडिगो (InterGlobe Aviation Ltd) को वित्त वर्ष 2020-21 के लिए GST विभाग का 58.75 करोड़ का पेनल्टी नोटिस मिला है। यह आदेश CGST, दिल्ली साउथ कमिशनरेट के अतिरिक्त आयुक्त की ओर से जारी किया गया है, जिसमें मूल GST टैक्स की मांग के साथ पेनल्टी भी शामिल है।

हालांकि, इंडिगो ने इस नोटिस को गलत करार दिया है और इसे कानूनी रूप से चुनौती देने की घोषणा की है। इंडिगो ने BSE फाइलिंग में बताया कि यह ऑर्डर गलत है और इसके खिलाफ उसकी दलील मजबूत है, जिस पर बाहरी टैक्स सलाहकारों की सलाह भी आधारित है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह नोटिस उसके आर्थिक वित्तीय स्थिति, रोजाना संचालन या फिर कारोबार गतिविधियों पर कोई असर नहीं डालेगा।

विंटर शेड्यूल में 10% कटौती का आदेश

दरअसल, यह GST पेनल्टी मामला ऐसे समय सामने आया है, जब इंडिगो पहले से ही परिचालन संबंधी चुनौतियों से जूझ रही है। दिसंबर के पहले हफ्ते में फ्लाइट्स लगातार कैंसिल होने की वजह से अब DGCA ने एयरलाइन को अपने विंटर 2025 शेड्यूल का 10% कटौती करने का आदेश दिया था, जिससे उसकी परिचालन क्षमता प्रभावित हुई। उसी दौरान कंपनी के सीईओ पीटर एल्बर्स को DGCA समिति के सामने हाजिर होने के लिए बुलाया गया।

एक महीने में 16% गिरा कंपनी का शेयर

वहीं, अगर इंडिगो के शेयर की बात करें, तो शुक्रवार को शेयर 0.50 फीसदी की तेजी के साथ 4,845 रुपये पर कारोबार कर रहा था। पिछले एक महीने शेयर 16 फीसदी से ज्यादा गिर चुका है। फिलहाल कंपनी का मार्केट कैप 1.87 लाख करोड़ रुपये है।

ब्रोकरेज फर्म ने दी शेयर खरीदने की सलाह

इस बीच ब्रोकरेज Jefferies ने इंडिगो के शेयर के टारगेट प्राइस को 6,035 रुपये पर बनाए रखा है और 'Buy' रेटिंग दी है। ब्रोकरेज के अनुसार हाल के परिचालन संकट और बढ़ती लागतें निकट-अवधि की कमाई पर दबाव डाल सकती हैं, लेकिन एयरलाइन की मजबूत बाजार में हिस्सेदारी और अंतरराष्ट्रीय विस्तार इसे लंबे समय में समर्थन प्रदान करते हैं।

पिछले 15 दिनों में कई प्लाइट्स कैंसिल

बता दें, पिछले 15 दिनों में इंडिगो की कई फ्लाइट्स कैंसिल हो चुकी हैं। जिससे यात्रियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इंडिगो ने भारतीय घरेलू विमानन सेक्टर को भी प्रभावित किया है। इंडिगो के पास घरेलू एविएशन मार्केट की 64 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी है। ऑपरेशनल सिस्टम में अचानक आई समस्या से देश के अलग-अलग एयरपोर्ट पर अफरा-तफरी का माहौल हो गया था।

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