

नई दिल्ली: वित्त वर्ष 2025-2026 और 26 के लिए आम बजट आने वाला है। हर एक सेक्टर इस उम्मीद में निर्मला सीतारमण की तरफ देख रहा है जिससे उसे कोई राहत मिल सके। भारतीय अर्थव्यवस्था भी फाइव ट्रिलियन का लक्ष्य लेकर चल रही है। केन्द्र की मोदी सरकार इस दिशा में काम कर रही है। लेकिन इन सबके बीच भारत की विकास दर को लेकर बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने जो दावा किया है वह जानकर आप हैरान रह जाएंगे।
एक तरफ केन्द्र की मोदी सरकार साल 2047 तक भारत पांच ट्रिलियन की इकोनॉमी वाला देश बनाने का दावा कर रही है लेकिन दूसरी तरफ बीजेपी नेता ही इस दावे की पोल खोल रहे हैं। सुब्रमण्यम स्वामी ने जो नया दावा किया है वह अगर सच है तो इसे भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़ा झटका माना जाएगा। उन्होंने कहा कि है भारत की जीडीपी वृद्धि दर लगातार घट रही है।
सुब्रमण्यम स्वामी ने एक्स पर एक पोस्ट करते हुए लिखा है। वित्त मंत्रालय के आर्थिक आंकड़ों की समीक्षा की और पाया कि 2012-13 के मंत्रालय के मूल्य सूचकांक के अनुसार, भारत की जीडीपी की वृद्धि दर 2016 से लेकर अप्रैल-जुलाई, 2024 की अंतिम तिमाही तक सांख्यिकीय रूप से घट रही है। स्वामी ने आगे लिखा कि यह महज अनुमान है गिरावट इससे और भी अधिक है। अंत में उन्होंने इसे 'भयानक' करार भी दिया है।
आपको बता दें कि पिछले कई सालों की तरह इस बार भी वित्त मंत्री 1 फरवरी को सुबह 11 बजे केंद्रीय बजट 2025 पेश करेंगी, ऐसी उम्मीद जताई जा रही है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का यह लगातार आठवां बजट होगा, जिसमें छह वार्षिक और दो अंतरिम बजट शामिल हैं।
जैसे-जैसे केंद्रीय बजट 2025 की तारीख नजदीक आ रही है, नौकरीपेशा लोगों में आयकर में राहत मिलने की उम्मीदें बढ़ती जा रही हैं। दरअसल, सुनने में आ रहा है कि इस साल के बजट में आयकर छूट की सीमा बढ़ाई जा सकती है। कर छूट की सीमा को बढ़ाकर 10 लाख रुपये किया जा सकता है। अगर वाकई ऐसा होता है तो करदाताओं को काफी फायदा होगा। बजट में किसानों के लिए भी कई घोषणाएं हो सकती हैं। आपको बता दें कि किसानों की मांग है कि सरकार न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी एमएसपी की कानूनी गारंटी दे।