
पाकिस्तानी मिसाइल। इमेज-सोशल मीडिया
Pakistan New Anti Ship Ballistic Missile: पाकिस्तान ने हाल में एक एंटी शिप बैलिस्टिक मिसाइल का परीक्षण किया है। स्थानीय मीडिया में कहा गया है कि ये मिसाइल समुद्र और जमीन के टारगेट पर सटीकता से हमला कर सकती है। माना जा रहा कि ये नई एंटी शिप मिसाइल भारत के विमान वाहक पोत INS विक्रांत के खतरे से निपटने के लिए बनाई गई है।
पाकिस्तान द्वारा एंटी शिप मिसाइल की ताकत को बहुत बढ़ा-चढ़ा कर बताया गया है। रिपोर्ट्स में कहा गया है कि मिसाइल हाइपरसोनिक थी और इसकी रेंज 800 किलोमीटर बताई गई। हालांकि, दावे भ्रामक हैं। इस मिसाइल के परीक्षण होते पाकिस्तानी मीडिया ने कहना शुरू कर दिया कि पाकिस्तान के पास अब ऐसा सिस्टम है, जो भारत के एयरक्राफ्ट कैरियर INS विक्रांत को लंबी दूरी से निशाना बना सकता है।
नई मिसाइल के परीक्षण पर पाकिस्तान ने गोपनीयता बरती है। पाकिस्तान ने परीक्षण की जानकारी दी, लेकिन कोई टेक्निकल डिटेल नहीं दी गई। ये भी नहीं बताया कि किस युद्धपोत से मिसाइल लॉन्च की गई। पाकिस्तानी नेवी ने रेंज, स्पीड या सीकर टाइप का ज़िक्र भी नहीं किया। आधा-अधूरा वीडियो पब्लिश किया गया है, जिसमें मिसाइल के हमले से एक शिप को नष्ट होते दिखाया गया है।
पाकिस्तान की ओर से जारी किए गए वीडियो के बाद पाकिस्तानी सोशल मीडिया में इसके बारे में बढ़ा-चढ़ा कर बखान करने वाले एआई जेनरेटेड वीडियोज की बाढ़ आ गई। कुछ वीडियो में मिसाइलों को सिनेमैटिक सीक्वेंस में चलते हुए जहाजों पर हमला करते हुए दिखाया गया। मिसाइल को भारतीय युद्ध पोतों पर निशाना लगाते हुए दिखाया गया। वैसे, स्वतंत्र एनालिस्ट ने इन एआई क्लिप्स को पकड़ लिया और पाकिस्तान की पोल खुल गई। माना जा रहा कि पाकिस्तान अपनी क्षमताओं को बढ़ा कर दिखाते हुए भारत को धोखे में रखने की कोशिश कर रहा।
यह भी पढ़ें: रूक गई थी सांसे…जब अचानक आमने-सामने आए भारत-पाक के युद्धपोत, आखिर क्या हुआ था कोलंबो में?
2 सितंबर 2022 को भारत का पहला स्वदेशी विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रांत को भारतीय नौसेना में शामिल किया गया। यह देश की आत्मनिर्भरता और नौ सैनिक क्षमता में ऐतिहासिक मील का पत्थर है। इस परियोजना में 76% स्वदेशी सामग्री का उपयोग किया गया। इसमें स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड का 30,000 टन विशेष इस्पात शामिल है।






