- Hindi News »
- World »
- Mali Burkina Faso Ban Us Citizens Response Trump Travel Ban
माली और बुर्किना फासो का अमेरिका को करारा जवाब, अमेरिकी नागरिकों की एंट्री पर लगाया बैन
US Citizens Banned: माली और बुर्किना फासो ने अमेरिकी नागरिकों की एंट्री बैन कर दी। यह कदम अमेरिका द्वारा इन देशों पर लगाए गए बैन के जवाब में 'पारस्परिकता के सिद्धांत' के तहत उठाया गया है।
- Written By: प्रिया सिंह

अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प (सोर्स-सोशल मीडिया)
Mali Burkina Faso Ban US Citizens: अफ्रीका के दो प्रमुख देशों माली और बुर्किना फासो ने अमेरिका की सख्त वीजा नीति के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए अमेरिकी नागरिकों के अपने देश में प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। यह फैसला राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस आदेश के जवाब में आया है जिसमें सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए अफ्रीकी देशों पर यात्रा प्रतिबंध बढ़ा दिए गए थे। दोनों पश्चिमी अफ्रीकी देशों के विदेश मंत्रियों ने आधिकारिक बयान जारी कर स्पष्ट किया कि वे अब अंतरराष्ट्रीय संबंधों में ‘पारस्परिकता के सिद्धांत’ का पालन करेंगे। इस कूटनीतिक टकराव ने अमेरिका और सैन्य शासित अफ्रीकी देशों के बीच तनाव को एक नए स्तर पर पहुंचा दिया है।
पारस्परिकता के सिद्धांत पर फैसला
माली के विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा कि वे अमेरिकी नागरिकों पर ठीक वही शर्तें लागू करेंगे जो अमेरिका ने माली के लोगों पर लगाई हैं। बुर्किना फासो के विदेश मंत्री करमोको जीन-मैरी ट्राओरे ने भी इसी तरह के आदेश पर हस्ताक्षर करते हुए प्रतिबंध की पुष्टि की है। यह निर्णय तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है जिससे दोनों देशों के बीच कूटनीतिक दरार बढ़ गई है।
ट्रंप प्रशासन की सख्त वीजा नीति
बीती 16 दिसंबर को ट्रंप सरकार ने सुरक्षा और आतंकवाद का हवाला देते हुए यात्रा प्रतिबंध की सूची में 20 नए देशों को शामिल किया था। इसमें माली, बुर्किना फासो और नाइजर जैसे सैन्य शासित देशों पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया था ताकि अवैध घुसपैठ को रोका जा सके। अमेरिका का मानना है कि इन देशों में सशस्त्र समूहों की बढ़ती सक्रियता उसकी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा है।
सम्बंधित ख़बरें
चीन को घेरने निकला US! फिलीपींस,जापान और फ्रांस के साथ दक्षिण चीन सागर में शुरू करेगा युद्धाभ्यास
ग्रीक पुलिस का खौफनाक चेहरा! पाक-अफगान प्रवासियों को बनाया ‘नकाबपोश सैनिक’, सीमा पर कर रही इस तरह इस्तेमाल
तुर्की के स्कूल में पूर्व छात्र का खूनी तांडव, 16 लोगों को गोलियों से भूना; फिर खुद को मारी गोली
जिनेवा या इस्लामाबाद… गुरुवार को फिर आमने-सामने होंगे US और ईरान, अमेरिकी अधिकारी का बड़ा दावा!
सैन्य शासन और सुरक्षा की चुनौतियां
व्हाइट हाउस ने यात्रा प्रतिबंधों के पीछे इन देशों में सक्रिय सशस्त्र समूहों के बढ़ते हमलों और असुरक्षा को मुख्य कारण बताया है। माली और बुर्किना फासो वर्तमान में अपनी सीमाओं के भीतर विद्रोही समूहों को नियंत्रित करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं और वहां सैन्य सरकारें कार्यरत हैं। सेना ने नागरिक सरकारों को हटाने के बाद सुरक्षा बहाल करने का वादा किया था लेकिन हालात अब भी तनावपूर्ण हैं।
प्रतिबंधित देशों की लंबी सूची
अमेरिका ने जून में पहले ही 12 देशों पर पूर्ण और सात देशों पर आंशिक प्रतिबंध लगाए थे जिसमें ईरान, अफगानिस्तान और लीबिया शामिल थे। हालिया विस्तार में फिलिस्तीनी अथॉरिटी सहित कई अन्य देशों को भी इस सूची में जोड़कर अमेरिकी सीमाओं को और भी सख्त कर दिया गया है। आंशिक प्रतिबंधों की सूची में भी सेनेगल, नाइजीरिया और तंजानिया जैसे 15 नए देशों को जोड़कर वीजा नियमों को कठोर बनाया गया है।
यह भी पढ़ें: India-Pakistan में 2026 में छिड़ सकता है महायुद्ध; अमेरिकी थिंक टैंक ने दी आतंकियों की बड़ी चेतावनी
कूटनीतिक संबंधों पर गहरा असर
अफ्रीकी देशों द्वारा उठाया गया यह जवाबी कदम वाशिंगटन के लिए एक बड़ा संदेश है कि वे एकतरफा प्रतिबंधों को अब बिना किसी विरोध के स्वीकार नहीं करेंगे। इस विवाद से न केवल पर्यटन और व्यापार प्रभावित होगा बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अमेरिका की छवि पर भी प्रभाव पड़ सकता है। अब देखना यह होगा कि क्या ट्रंप प्रशासन इस जवाबी कार्रवाई के बाद अपनी वीजा नीति में कोई बदलाव करेगा या तनाव और बढ़ेगा।
Mali burkina faso ban us citizens response trump travel ban
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
Aaj Ka Rashifal 15 April: कन्या राशि वाले सावधान! तुला को मिलेगी चुनौती, जानें आपकी राशि में क्या छिपा है?
Apr 15, 2026 | 12:05 AMहार के सिलसिले को नहीं रोक पाई KKR, चेपॉक में झेली चौथी शिकस्त, चेन्नई सुपर किंग्स ने 32 रन से जीता मुकाबला
Apr 14, 2026 | 11:30 PMट्रेन के जनरल कोच में शख्स का कमाल जुगाड़, रस्सी से बना ली अपनी सीट, वीडियो वायरल
Apr 14, 2026 | 11:22 PMCucumber Benefits: गर्मियों में क्यों सुपरफूड है खीरा? जानें फायदे, सही तरीका, पानी की मात्रा और नुकसान!
Apr 14, 2026 | 10:55 PM‘बहुत ज्यादा शोर…’, स्ट्राइक रेट के सवाल पर फिर भड़के बाबर आजम, प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिखा गुस्सा
Apr 14, 2026 | 10:52 PMमेट्रो में रील बनाना पड़ा भारी, ‘दादी’ की फटकार का वीडियो हुआ वायरल; लोगों ने किया दादी का समर्थन
Apr 14, 2026 | 10:34 PMपहले दिखा आयुष म्हात्रे का तूफान, वैभव अरोड़ा को जड़े 3 चौके, फिर उसी ओवर में गेंदबाज ने किया खेल खत्म
Apr 14, 2026 | 10:15 PMवीडियो गैलरी

मैं कहाँ खड़ा हूँ? शराब के नशे में चूर दिखे दरोगा जी, VIDEO हुआ वायरल
Apr 14, 2026 | 10:02 PM
मेरठ में हाई वोल्टेज ड्रामा, बाबा साहेब की प्रतिमा पर दूध चढ़ाने पहुंचे सपा नेताओं को पुलिस ने रोका- VIDEO
Apr 14, 2026 | 09:56 PM
मोदी और ममता एक ही सिक्के के दो पहलू…ओवैसी ने ममता बनर्जी और भाजपा पर साधा निशाना
Apr 14, 2026 | 09:53 PM
क्या आप केवल नाम के हिंदू रह गए हैं? गौ हत्या पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का सवाल
Apr 14, 2026 | 09:47 PM
क्या मुझे इंसाफ मिलेगा? अरविंद केजरीवाल ने जज पर लगाए 7 गंभीर आरोप, सुनवाई से हटने की मांग- VIDEO
Apr 14, 2026 | 09:39 PM
Noida Protest: नोएडा मजदूर आंदोलन के पीछे ‘पाकिस्तानी’ साजिश? यूपी के मंत्री अनिल राजभर के दावे से मचा हड़कंप
Apr 14, 2026 | 09:30 PM














