- Hindi News »
- Uttarakhand »
- The Report Submitted To Ngt Revealed That Uttarakhand Does Not Have The Necessary Infrastructure To Stop Forest Fires
NGT को सौंपी रिपोर्ट में हुआ खुलासा, उत्तराखंड में नहीं है वनाग्नि को रोकने के लिए जरूरी बुनियादी ढांचा
रिपोर्ट के अनुसार राज्य के दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुंचने के लिए पेट्रोलिंग वाहन और आग की आपात स्थितियों के दौरान कार्रवाई के लिए जरूरी वायरलेस और सैटेलाइट फोन जैसे कम्युनिकेशन डिवाइसेज की भी भारी कमी है।
- Written By: रीना पंवार

(फोटो सोर्स एएनआई)
नई दिल्ली : पिछले कुछ सालों से वनाग्नि से बुरी तरह प्रभावित उत्तराखंड राज्य में वनाग्नि की बढ़ती घटनाओं के लेकर एक बड़ा खुलासा हुआ है। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) में सौंपी गई एक रिपोर्ट में कहा गया है कि राज्य में वनाग्नि की घटनाओं से निपटने के लिए जरूरी बुनियादी ढांचे का पूरी तरह अभाव है। इस कारण यहां वनाग्नि की घटनाओं पर समय रहते काबू पाने में सफलता नहीं मिलती।
ऋषिकेश-देहरादून मार्ग के किनारे बड़कोट वन क्षेत्र में पत्तियों को जलाने के मामले पर NGT को न्यायमित्र द्वारा सौंपी गयी रिपोर्ट में ऐसा कहा गया है। रिपोर्ट के मुताबिक उत्तराखंड में प्रभावी वन अग्नि प्रबंधन के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचे का घोर अभाव है।
जरूरी अग्निशमन उपकरणों की भारी कमी
सम्बंधित ख़बरें
नैनीताल कलेक्ट्रेट में मची सनसनी! पार्किंग में खड़ी कार के अंदर खून से लथपथ मिला वकील का शव
UK Board Result: उत्तराखंड बोर्ड का रिजल्ट जारी, 12th में 85% तो 10th में 98% पास, सीएम धामी ने दी बधाई
UK Board Result Out: उत्तराखंड बोर्ड 10वीं और 12वीं के परिणाम घोषित, इन 3 आसान तरीकों से चेक करें अपना रिजल्ट
गर्मियों में भीड़ से हैं परेशान? उत्तराखंड के इन हिडन हिल स्टेशनों का बनाएं प्लान
गौरतलब है कि अप्रैल माह में NGT ने इस मामले में सहयोग के लिए वकील गौरव बंसल को न्याय मित्र नियुक्त किया था। उन्होंने पिछले सप्ताह ही इस संबंध में एनजीटी को यह रिपोर्ट सौंपी। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि उन बड़ी कमियों का समाधान करना बहुत जरूरी है जो राज्य में वन अग्नि के प्रभावी प्रबंधन के मार्ग में रोड़ा अटका रही हैं। रिपोर्ट में कहा गया है, ‘‘ उत्तराखंड में फॉरेस्ट फायर मैनेजमेंट के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचे की कमी है। इसमें अग्निशमन उपकरणों जैसे सुरक्षात्मक चश्मे, सुरक्षात्मक गियर, हथियार आदि की भारी कमी है। इसके साथ ही दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुंचने के लिए अपर्याप्त पेट्रोलिंग वाहन और आग की आपात स्थितियों के दौरान समन्वय और समय पर कार्रवाई के लिए जरूरी वायरलेस और सैटेलाइट फोन जैसे कम्युनिकेशन डिवाइसेज की भी भारी कमी है।”
ट्रिब्यूनल अधिकारियों को लगाई फटकार
इस बीच, ट्रिब्यूनल ने उत्तर प्रदेश के कछुआ वाइल्ड लाइफ सैन्चुरी में खनन कार्य के लिए मशीनी तरीके से अनुमति देने को लेकर राज्य के तीन जिलाधिकारियों एवं राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य सचिव की खिंचाई की है। अधिकरण प्रयागराज, मिर्जापुर और संत रविदास नगर (भदोही) जिलों में गंगा नदी के किनारे 30 किलोमीटर लंबे अभयारण्य में अवैध रेत खनन से संबंधित दो संबंधित मामलों की सुनवाई कर रहा था।
यह भी पढ़ें-टिहरी में नाबालिग का अपहरण कर जबरन धर्मांतरण के मामले में 3 गिरफ्तार, इलाके में तनाव
ट्रिब्यूनल ने पूर्व में गठित दो ज्वाइंट कमेटी की रिपोर्ट सहित अपने समक्ष पेश साक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए 24 अक्टूबर के अपने आदेश में कहा था कि ये खनन पट्टे अधिसूचित अभयारण्य के अंदर तथा उसके आसपास के निषिद्ध क्षेत्र में थे। अधिकरण ने इसे सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का सीधा उल्लंघन भी बताया।
(एजेंसी इनपुट के साथ)
The report submitted to ngt revealed that uttarakhand does not have the necessary infrastructure to stop forest fires
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
लंबी दूरी की परेशानी खत्म? नागपुर-वाराणसी ट्रेन की मांग फिर तेज, कर्मचारियों की रेल मंत्री से अपील
May 01, 2026 | 02:41 PMसांप का डर और मौत की धमकी; अशोक खरात ने कैसे जाल में फंसाया कारोबारी को? कोर्ट में हुआ चौंकाने वाला खुलासा
May 01, 2026 | 02:40 PMघर बैठे कमाई के चक्कर में बड़ा खतरा, एक क्लिक से खाली हो सकता है बैंक अकाउंट
May 01, 2026 | 02:38 PMThane Mulund New Railway Station: ठाणे में नए रेलवे स्टेशन के लिए 149 घरों पर खतरा, पुनर्वसन की मांग तेज
May 01, 2026 | 02:33 PMChhatrapati Sambhajinagar में संपत्ति कर पर 10% छूट की समयसीमा बढ़ी, अब 31 मई तक मौका
May 01, 2026 | 02:32 PM‘मिसिंग लिंक नहीं अब ये कनेक्टिंग लिंक है’, लोकार्पण के बाद CM फडणवीस का बड़ा बयान
May 01, 2026 | 02:32 PMनागपुर केस: रिटायरमेंट से 15 दिन पहले बड़ा झटका, जाति दावा अमान्य, ट्रिब्यूनल ने खारिज की याचिका
May 01, 2026 | 02:28 PMवीडियो गैलरी

‘खुशबू को बड़े सपने देखना सिखाएंगे’, इंटर्न वकील के प्रयास ने बदली चाय बेचने वाली बच्ची की किस्मत, देखें VIDEO
Apr 30, 2026 | 11:33 PM
Exclusive: सुरंगों का राजा है मुंबई-पुणे ‘मिसिंग लिंक’! डॉ. गायकवाड़ ने इसे बताया अपना सबसे बड़ा माइलस्टोन
Apr 30, 2026 | 10:10 PM
जबलपुर में कोहराम! बरगी डैम में पर्यटकों से भरा क्रूज पलटा, 5 की मौत, कई लापता; देखें दिल दहला देने वाला VIDEO
Apr 30, 2026 | 09:55 PM
नागपुर में RSS मुख्यालय को रेडिएशन की धमकी, किसके निशाने पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ? VIDEO
Apr 30, 2026 | 09:50 PM
‘मेट्रो, एसी और 3 कड़क चाय…’, AMU में अफ्रीकी छात्र अय्यूबा के अनोखे चुनावी वादों ने लूटी महफिल, VIDEO वायरल
Apr 30, 2026 | 08:35 PM
‘मिनी पाकिस्तान’ बनाने की साजिश भड़के नितेश राणे; कहा- अब नया नगर में भी होगा ‘ऑपरेशन सिंदूर’, देखें VIDEO
Apr 30, 2026 | 08:00 PM














