'कोरियन लव' गेम नहीं...इस वजह से हुई तीनों लड़कियों की मौत, गाजियाबाद 'ट्रिपल सुसाइड' केस में सनसनीखेज ट्विस्ट

Uttar Pradesh Crime News: गाजियाबाद के जिस ट्रिपल सुसाइड केस को 'कोरियन लव' गेम का अंजाम बताया जा रहा था, उस मामले में हुए ताजातरीन खुलासे ने सनसनी फैलाते हुए सबको हैरान कर दिया है।
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संदर्भित बैकग्राउंड के साथ पुलिस को मिली डायरी का पन्ना (डिजाइन)
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Ghaziabad Triple Suicide: गाजियाबाद के जिस ट्रिपल सुसाइड केस ने सनसनी फैला रखी थी उस मामले में हुए ताजातरीन खुलासे ने सबको हैरान कर दिया है। शुरुआत में इस घटना को किसी कथित 'कोरियन लव' गेम का अंजाम माना जा रहा था। लेकिन इस थ्योरी को पुलिस ने पूरी तरह से खारिज कर दिया है। जांच में पता चला है कि तीनों नाबालिग बहनों की मौत किसी ऑनलाइन गेम की वजह से नहीं हुई थी। इसके पीछे कहानी कुछ और है।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक अब तक की जांच में कोरियन लव गेम या ऑनलाइन सुसाइड चैलेंज का कोई ठोस सबूत नहीं मिला है। न तो मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच में और न ही डायरी की एंट्री में किसी ऐसे गेम या टास्क का जिक्र है जिसने सीधे तौर पर आत्महत्या के लिए उकसाया हो। जिससे ये जाहिर हो रहा है कि यह मामला किसी ऑर्गेनाइज्ड ऑनलाइन गेम का नहीं है, बल्कि डिजिटल कंटेंट की लत और उससे दूरी का है। पुलिस ने घटनास्थल से आठ पन्नों की एक डायरी बरामद की है, जिसे इस मामले में सबसे अहम सबूत माना जा रहा है। डायरी में तीनों लड़कियों ने अपनी भावनाओं के बारे में लिखा है।

लड़कियों की लत बना कोरियन कल्चर

सूत्रों के मुताबिक, लड़कियों ने साफ तौर पर लिखा है कि वे कोरियन कल्चर से बहुत ज्यादा प्रभावित थीं और उससे अलग होना उनके लिए असहनीय हो गया था। डायरी में बार-बार कोरियन कल्चर, के-पॉप, कोरियन म्यूजिक, कोरियन फिल्में, कोरियन शॉर्ट फिल्में, कोरियन शो और कोरियन सीरीज का जिक्र है। एक जगह अंग्रेजी में "WE LOVE KOREAN CULTURE" लिखा है। पुलिस का कहना है कि यह सिर्फ पसंद या शौक नहीं था, बल्कि धीरे-धीरे यह एक लत बन गई थी।

मोबाइल के इस्तेमाल पर लगाई गई रोक

जांच में पता चला कि परिवार ने हाल ही में लड़कियों के मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर रोक लगा दी थी। लड़कियों ने इस बारे में अपनी परेशानी डायरी में भी लिखी थी। उन्होंने लिखा कि मोबाइल फोन छीन लिए जाने से वे बहुत दुखी और अकेला महसूस कर रही थीं। सूत्रों के मुताबिक, लड़कियां डिजिटल दुनिया में इमोशनल सपोर्ट ढूंढ रही थीं। जब उनके मोबाइल फोन बंद कर दिए गए तो जिसे वे पूरी दुनिया मानती थी वो तबाह हो गई और वे कोरियन कल्चर अलग होने का दर्द बर्दाश्त नहीं कर पाईं।

कोरियन कंटेंट से इमोशनल अटैचमेंट

अब तक की पुलिस जांच में पता चला है कि लड़कियां कोरियन कंटेंट से इमोशनली जुड़ गई थीं। कोरियन सीरीज और म्यूजिक उनके लिए सिर्फ मनोरंजन नहीं था, बल्कि एक तरह का इमोशनल कनेक्शन था। जब यह कनेक्शन अचानक टूट गया, तो वे इस खालीपन से निपट नहीं पाईं। एक जांच अधिकारी के अनुसार, यह मामला किसी गेम से जुड़ा हुआ नहीं लगता, बल्कि यह मनोवैज्ञानिक निर्भरता का मामला है, जिसमें लड़कियों ने खुद को पूरी तरह अकेला महसूस किया।

कोविड काल से नहीं जा रहीं थी स्कूल

जांच में यह भी पता चला कि तीनों लड़कियां COVID-19 महामारी के बाद से स्कूल नहीं जा रही थीं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, खराब एकेडमिक परफॉर्मेंस और परिवार की आर्थिक दिक्कतों के कारण लड़कियों की रेगुलर पढ़ाई बंद हो गई थी। स्कूल से दूरी और सीमित सोशल सर्कल के कारण, लड़कियों की दुनिया धीरे-धीरे उनके घर और मोबाइल फोन तक सिमट गई थी। पड़ोसियों ने बताया कि लड़कियां ज़्यादा बाहर नहीं जाती थीं और अक्सर अपने कमरे में ही रहती थीं।

दीवार पर लिखा मिला डरावना मैसेज

घटना के बाद जब पुलिस फ्लैट पर पहुंची तो माहौल बहुत अजीब था। कमरे की खामोशी और फर्श पर बिखरी तस्वीरें किसी क्राइम सीन की कहानी बता रही थीं। दीवार पर इंग्लिश में लिखा था "I AM REALLY VERY ALONE. MY LIFE IS VERY VERY ALONE" पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ये शब्द लड़कियों की मानसिक स्थिति की ओर इशारा करते हैं। वे बहुत अकेला महसूस कर रही थीं, जबकि उनका पूरा परिवार घर में साथ रहता था।

पुलिस को नहीं मिला घरेलू हिंसा का सुबूत

इस मामले का पारिवारिक पहलू भी जांच का हिस्सा है। लड़कियों के पिता की दो पत्नियां थीं। उन्होंने अपनी पहली पत्नी की छोटी बहन से दूसरी शादी की थी। घर में दो पत्नियां, पांच बच्चे और एक साथ ज़िंदगी थी। मरने वाली तीन बहनों में से दो दूसरी पत्नी की बेटियां थीं और एक पहली पत्नी की बेटी थी। हालांकि पुलिस का कहना है कि अब तक घरेलू हिंसा या दुर्व्यवहार का कोई सीधा सबूत सामने नहीं आया है, लेकिन पारिवारिक माहौल और मानसिक दबाव के हर पहलू की जांच की जा रही है।

DCP निमिष पाटिल के अनुसार, अब तक किसी ऑनलाइन गेम या सुसाइड चैलेंज की पुष्टि नहीं हुई है। लड़कियां कोरियन कल्चर से प्रभावित थीं और मोबाइल फोन बंद होने के कारण तनाव में थीं। जांच पूरी होने के बाद ही कोई अंतिम नतीजे पर पहुंचा जाएगा।

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