रोहित शेट्टी के घर फायरिंग केस में बड़ा खुलासा, बिश्नोई गैंग ने चलाई थी 7.62 MM की गोलियां, शूटर हुए बेनकाब

Rohit Shetty House Firing Case: रोहित शेट्टी के घर हुई फायरिंग में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया कि बिश्नोई गैंग के शूटर ने 7.62 MM की हाई-पावर बुलेट चलाई थी।
Rohit Shetty House Firing Case
रोहित शेट्टी घर फायरिंग केस (फोटो-सोर्स,सोशल मीडिया)
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Rohit Shetty House Firing 7.62 MM Bullet: मशहूर बॉलीवुड निर्माता-निर्देशक रोहित शेट्टी के घर पर हुई फायरिंग की घटना ने फिल्म इंडस्ट्री और सुरक्षा एजेंसियों दोनों को हिला कर रख दिया है। इस मामले में मुंबई क्राइम ब्रांच की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। ताजा जांच में पता चला है कि इस फायरिंग को अंजाम देने के लिए बिश्नोई गैंग से जुड़े शूटर ने अत्याधुनिक और हाई-क्वालिटी कंट्री मेड हथियार का इस्तेमाल किया था।

7.62 MM की पांच गोलियां चलाई गईं

क्राइम ब्रांच की शुरुआती जांच के अनुसार, रोहित शेट्टी के घर पर 7.62 MM कैलिबर की कुल पांच गोलियां चलाई गई थीं। यह बुलेट आम तौर पर बेहद ताकतवर मानी जाती है और इसका इस्तेमाल राइफल व मशीनगन जैसे हथियारों में किया जाता है। विशेषज्ञों के मुताबिक, 7.62 MM बुलेट का व्यास लगभग 0.308 से 0.311 इंच के बीच होता है और यह गहरी पैठ, तेज गति और घातक प्रभाव के लिए जानी जाती है।

किस तरह की 7.62 MM बुलेट का इस्तेमाल?

जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि आखिर शूटर ने 7.62×51 MM नाटो बुलेट का इस्तेमाल किया या 7.62×39 MM बुलेट का। जहां 7.62×51 MM बुलेट का इस्तेमाल एम14, एफएन एफएएल और एम60 जैसे हथियारों में होता है, वहीं 7.62×39 MM बुलेट एके-47 और एसकेएस जैसी राइफलों में प्रयोग की जाती है। क्राइम ब्रांच के अधिकारी बुलेट के वजन, खोल और निशानों के आधार पर यह तय करने की कोशिश कर रहे हैं कि फायरिंग में कौन-सा हथियार इस्तेमाल हुआ।

मौके पर मौजूद थे गैंग के और लोग

सूत्रों के अनुसार, फायरिंग के वक्त शूटर अकेला नहीं था। बिश्नोई गैंग के कुछ अन्य गुर्गों के मौके पर मौजूद होने के संकेत भी जांच में मिले हैं। पुलिस उनकी पहचान करने और भूमिका स्पष्ट करने में जुटी हुई है। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि पुणे से मुंबई स्कूटी पहुंचाने के बदले गिरफ्तार आरोपियों सिद्धार्थ येनपूरे और स्वप्निल सकट को कुल 10 हजार रुपये दिए गए थे। यह रकम फायरिंग के मास्टरमाइंड शुभम लोनकर ने समर्थ पोमाजी को दी थी। समर्थ ने स्कूटी की डिलीवरी पूरी करने के बाद पुणे लौटकर यह पैसे दोनों आरोपियों में बांटे। अब क्राइम ब्रांच यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पूरी वारदात के लिए बिश्नोई गैंग ने कुल कितनी रकम खर्च की थी। इसके लिए आरोपियों के बैंक ट्रांजेक्शन और डिजिटल पेमेंट रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।

फायरिंग के बाद ऐसे भागा शूटर

क्राइम ब्रांच सूत्रों के मुताबिक, फायरिंग के बाद शूटर कुछ दूरी तक स्कूटी से फरार हुआ। इसके बाद उसने एक ऑटो चालक से कल्याण जाने के बारे में पूछा, लेकिन चालक ने मना कर दिया। बाद में एक अन्य ऑटो चालक ने उसे विले पार्ले रेलवे स्टेशन से कुछ पहले छोड़ दिया। लोकल ट्रेनें बंद होने के कारण शूटर ने प्राइवेट ट्रांसपोर्ट का सहारा लिया और मुंबई से बाहर निकलने में कामयाब रहा। पुलिस ने ऑटो चालकों के बयान दर्ज कर लिए हैं।

शूटर की पहचान, गिरफ्तारी की कोशिश तेज

पुलिस सूत्रों का दावा है कि आरोपी शूटर की पहचान कर ली गई है। एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, कई टीमें अलग-अलग जगहों पर दबिश दे रही हैं और जल्द गिरफ्तारी की उम्मीद है। अब तक एक दर्जन से अधिक लोगों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं।

रोहित शेट्टी की सुरक्षा बढ़ाई गई

फायरिंग की इस घटना के बाद मुंबई पुलिस ने रोहित शेट्टी की सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। पहले जहां उनकी सुरक्षा में दो पुलिसकर्मी तैनात थे, अब उनके घर और निजी सुरक्षा में अतिरिक्त जवानों की तैनाती की गई है। यह मामला न सिर्फ बॉलीवुड हस्तियों की सुरक्षा पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि संगठित अपराध नेटवर्क की बढ़ती हिम्मत को भी उजागर करता है।

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